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Shakti KishorShakti KishorFollow1 Feb 2025, 08:29 am

Hapur - महिलाओं के साथ बदसलूकी करने वाले दबंग भू माफिया की 48 घंटे बाद भी नहीं हुई गिरफ्तारी

Hapur, Uttar Pradesh:

पूर्व दबंग चेयरमैन प्रत्याशी आबिद अपने असलहाधारी साथियों के साथ एक मकान पर कब्जा करने के लिए पहुंच गया. लोगों का आरोप है की जब परिजनों ने इसका विरोध किया तो दबंग पूर्व चेयरमैन प्रत्याशी आबिद ने अपने साथियों के साथ घर की महिलाओं के साथ बदसलूकी व परिजनों के साथ मारपीट की है. इस घटना के बाद पीड़ित परिवार की एक लड़की ने अपने ऊपर मिट्टी का तेल छिड़क कर खुद को समाप्त करने का भी प्रयास किया है. वहीं लड़की को फिलहाल उपचार के लिए एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया है. पुलिस ने मुकदमा तो दर्ज कर लिया है लेकिन बड़ी बात यह है कि 48 घंटे बीतने के बाद भी दबंग पूर्व चेयरमैन प्रत्याशी आबिद व उसके साथियों को गिरफ्तार नहीं किया गया है।

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राजस्थान सरकार से अंग्रेजी माध्यम स्कूलों के लिए स्पष्ट नीति की मांग: एसएफआई नेता

Noida, Uttar Pradesh:Location - Hanumangarh (Rajasthan) अंग्रेज़ी माध्यम विद्यालयों को कमजोर करने प्रयास, एसएफआई के पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष ने साधा निशाना, राजस्थान सरकार द्वारा कम नामांकन वाले महात्मा गांधी राजकीय विद्यालयों में हिंदी माध्यम संचालित करने के संबंध में मांगी गई रिपोर्ट पर एसएफआई के पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार को अंग्रेज़ी माध्यम विद्यालयों के भविष्य को लेकर स्पष्ट नीति सामने रखनी चाहिए। महेंद्र कुमार शर्मा ने अपने बयान में कहा कि पिछले कुछ वर्षों में हजारों विद्यार्थियों एवं अभिभावकों ने बेहतर शिक्षा की उम्मीद के साथ सरकारी अंग्रेज़ी माध्यम विद्यालयों पर भरोसा किया है। यदि इन विद्यालयों की व्यवस्था को कमजोर किया जाता है तो इसका सीधा प्रभाव विद्यार्थियों के भविष्य पर पड़ेगा। शर्मा ने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में सुधार की आवश्यकता है, लेकिन उसका समाधान विद्यालयों को कमजोर करना नहीं, बल्कि रिक्त पदों पर शिक्षकों की शीघ्र नियुक्ति, पर्याप्त संसाधनों की उपलब्धता, आधुनिक सुविधाओं का विस्तार तथा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करना होना चाहिए।
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मुजफ्फरपुर मंदिर में प्रॉपर्टी डीलर की गोली हत्या, पुलिस तैनाती बढ़ी

Muzaffarpur, Bihar:मुजफ्फरपुर में मंदिर में पूजा करने पहुंचे प्रॉपर्टी डीलर श्याम कुमार कुशवाहा उर्फ श्याम सुंदर प्रसाद की पहले से घात लगा कर बैठे अज्ञात बदमाशों ने गोली मारकर बेरहमी से हत्या कर दी है. घटना के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है और स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश देखा जा रहा है. मृतक किताब दुकान चलाने के साथ-साथ प्रॉपर्टी डीलिंग का काम भी करते थे. सूचना मिलते ही मौके पर ग्रामीण एसपी राजेश सिंह प्रभाकर के डीएसपी East One अलय वत्स और स्थानीय थाना की पुलिस पहुंच कर घटनास्थल का निरीक्षण किया गया, जहां से पुलिस ने तीन खोखा बरामद किया है. परिजनों की माने तो दो गोली शरीफ लगी और घटनास्थल से तीन खोखा बरामद हुआ है. पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी को खंगाल रही है ताकि अपराधियों की पहचान की जा सके. SDPO East One अलय वत्स ने बताया कि शुरुआती जांच के आधार पर मामला जमीन रंजीश से जुड़ा होने की प्रबल संभावना है और मौके पर तनाव को देखते हुए पुलिस बल तैनात किया गया है. उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिस टीम के द्वारा तकनीकी साक्ष्यों और सीसीटीवी फुटेज को खंगाला जा रहा है और अपराधी चाहे जो भी हो जल्द ही सलाखों के पीछे होंगे.परिजनों के बयान पर कई संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है. मौके से पूरी जानकारी दे रहे हैं हमारे संवाददाता मणितोष कुमार.
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अमरपाटन के खरमसेड़ा गांव के कुएं हादसे में मीथेन गैस से मौत का संदेह

Maihar, Madhya Pradesh:अमरपाटन क्षेत्र के खरमसेड़ा गांव में कुएं में उतरे तीन युवकों की मौत के बाद हादसे का रहस्य और गहरा गया है। वैज्ञानिकों की टीम ने प्रारंभिक जांच में कुएं के भीतर मीथेन जैसी जहरीली गैस और ऑक्सीजन की कमी को मौत की वजह बताया है। हालांकि कई ग्रामीण इस निष्कर्ष से सहमत नहीं हैं। इसी संशय के चलते ग्रामीणों ने लकड़ी का मचान बनाकर एक बकरी को रस्सी से बांधकर उसी कुएं में उतार दिया। कुछ देर बाद बकरी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे गांव में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। ग्रामीणों का कहना है कि यदि कुएं में जहरीली गैस थी तो प्रशासन ने उसे तत्काल सुरक्षित क्यों नहीं कराया। उधर प्रशासन का कहना है कि वैज्ञानिक जांच जारी है और अंतिम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि होगी। फिलहाल पूरे क्षेत्र में इस दर्दनाक हादसे और उसके कारणों को लेकर उत्सुकता बनी हुई है।
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हापुड़: खतरनाक बाइक स्टंट वायरल, पुलिस रही सख्त कार्रवाई

Hapur, Uttar Pradesh:यूपी के हापुड़ से स्टंटबाजी का एक हैरान करने वाला और खतरनाक वीडियो सामने आया है. दिल्ली-लखनऊ नेशनल हाईवे पर एक युवक अपनी जान जोखिम में डालकर चलती बाइक पर खतरनाक स्टंट दिखा रहा है. वायरल वीडियो में साफ देखा जा रहा है कि युवक तेज रफ्तार बाइक पर अचानक दोनों पैर ऊपर रख लेता है. इतना ही नहीं, वह कुछ देर के लिए बाइक के हैंडल से अपने हाथ भी हटा रहा है और हवा में हाथ लहरा रहा है. हाईवे पर उसके आसपास से कई गाड़ियां और ट्रक गुजर रहे हैं, लेकिन युवक बिना किसी डर के अपनी धुन में स्टंट करता हुआ दिखाई दे रहा है. बताया जा रहा है कि ​यह पूरी घटना हापुड़ के पिलखुवा कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत दिल्ली-लखनऊ हाईवे की है. पीछे चल रहे किसी अन्य वाहन चालक ने इस पूरी घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया. वीडियो वायरल होने के बाद स्थानीय पुलिस हरकत में आ गई है और मामले की जांच में जुट गई है. पुलिस वीडियो के आधार पर बाइक के नंबर को ट्रेस कर स्टंटबाज युवक की पहचान करने की कोशिश कर रही है. पुलिस का कहना है कि सड़क पर इस तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और आरोपी युवक के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
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14 फीट विशालकाय किंग कोबरा का रेस्क्यू; वन विभाग ने सुरक्षित स्थान पर छोड़ा

Korba, Chhattisgarh:कोरबा के पसरखेत वन परिक्षेत्र अंतर्गत कोरबा–हाटी मुख्य मार्ग के किनारे बहने वाले नाले के पास झाड़ियों में लगभग 14 फीट लंबा विशालकाय किंग कोबरा सड़क पार करता हुआ दिखाई दिया। सांप को देखते ही स्थानीय लोगों में दहशत फैल गई और इसकी सूचना तत्काल वन विभाग को दी गई। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू अभियान शुरू किया। मुख्य मार्ग के समीप किंग कोबरा के होने से उसके किसी वाहन की चपेट में आने तथा राहगीरों के लिए खतरा बनने की आशंका थी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए वन विभाग ने सर्प एवं अन्य सरीसृपों के संरक्षण के लिए कार्यरत संस्था RCRS (Reptile Care and Rescuer Society) के सदस्य अविनाश यादव से संपर्क किया। सूचना मिलते ही वे अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। भारी बारिश के बीच करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद विशालकाय किंग कोबरा का सुरक्षित और सफल रेस्क्यू किया गया। रेस्क्यू के बाद किंग कोबरा का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। पूरी तरह स्वस्थ पाए जाने पर उसे उसके प्राकृतिक आवास के समीप सुरक्षित स्थान पर छोड़ दिया गया。
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कवर्धा: फार्महाउस के जुआ फड़ पर छापा, 11 जुआरी गिरफ्तार

Kawardha, Chhattisgarh:फार्महाउस में जुआ फड़ पर पुलिस का छापा, 11 जुआरी गिरफ्तार कवर्धा कबीरधाम पुलिस ने जुआ के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए ग्राम खैरबनाकला स्थित एक फार्महाउस में चल रहे जुआ फड़ पर दबिश देकर 11 जुआरियों को गिरफ्तार किया। संयुक्त कार्रवाई थाना कवर्धा, एएनटीएफ और साइबर थाना की टीम ने की। पुलिस ने मौके से ₹25,700 नकद, 8 मोबाइल, 2 मोटरसाइकिल और ताश के पत्ते जब्त किए। जब्त संपत्ति की कुल अनुमानित कीमत ₹1,50,700 बताई गई है। सभी आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ प्रतिषेध अधिनियम, 2022 की धारा 4 एवं 5 के तहत मामला दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की गई। पुलिस ने कहा है कि जिले में जुआ, सट्टा और अन्य अवैध गतिविधियों के खिलाफ अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।
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पचपदरा रिफाइनरी उद्घाटन: पश्चिमी राजस्थान का उद्योगी भविष्य बनाम राजनीतिक बहस

Barmer, Rajasthan:तेरह साल.. कई सरकारें... बदलते राजनीतिक समीकरण... हजारों करोड़ रुपये की लागत... आरोप और प्रत्यारोप... और आखिरकार आज पचपदरा की धरती उस ऐतिहासिक क्षण की गवाह बनी, जिसका पश्चिमी राजस्थान एक दशक से भी अधिक समय से इंतजार कर रहा था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एचआरआरएल राजस्थान रिफाइनरी का राष्ट्र को समर्पण किया। इसके साथ ही एक लाख पांच हजार करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया गया। लेकिन रिफाइनरी की कहानी सिर्फ एक औद्योगिक परियोजना की कहानी नहीं है। यह राजनीति, अर्थव्यवस्था, रोजगार, ऊर्जा सुरक्षा और पश्चिमी राजस्थान के भविष्य की कहानी भी है। सबसे बड़ा सवाल यही है... क्या आज रिफाइनरी का राजनीतिक अध्याय समाप्त हो गया... या अब विकास और रोजगार की असली परीक्षा शुरू होगी? इस समय पचपदरा रिफाइनरी परिसर ख़ास दिखता हैं। कुछ साल पहले नमक की खाने जहां दिखाई दे रही थी अब वहां विशाल इकाइयां, ऊंचे स्टैक, पाइपलाइन का जाल और आधुनिक कंट्रोल सिस्टम केवल इंजीनियरिंग का उदाहरण नहीं हैं, बल्कि लगभग तेरह वर्षों के लंबे इंतजार का परिणाम हैं। इस परियोजना का सफर आसान नहीं रहा। राजस्थान में कच्चे तेल की खोज के बाद पश्चिमी राजस्थान में रिफाइनरी स्थापित करने की मांग लंबे समय तक उठती रही। इसके बाद परियोजना को मंजूरी मिली। वर्ष 2013 में तत्कालीन सरकार के दौरान इसका शिलान्यास हुआ। बाद में परियोजना की संरचना बदली। एचपीसीएल और राजस्थान सरकार के संयुक्त उपक्रम एचआरआरएल के माध्यम से परियोजना को आगे बढ़ाया गया। बीच के वर्षों में लागत लगातार बढ़ती गई। भूमि अधिग्रहण, तकनीकी स्वीकृतियां, वित्तीय पुनर्गठन, ठेका प्रक्रियाएं, कोविड महामारी, वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला की चुनौतियां और बाद में अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा बाज़ार की अस्थिरता जैसी कई परिस्थितियों ने इसकी गति को प्रभावित किया। इसी दौरान यह परियोजना राजस्थान की राजनीति का सबसे बड़ा चुनावी मुद्दा भी बनी रही। एक पक्ष ने आरोप लगाया कि परियोजना को जानबूझकर धीमा किया गया। दूसरे पक्ष ने दावा किया कि परियोजना तकनीकी और वित्तीय कारणों से आगे बढ़ रही थी। आज भी इन दावों और प्रतिदावों को लेकर दोनों राजनीतिक दलों के अपने-अपने तर्क हैं। आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि वर्ष 2018 से 2023 के बीच परियोजना की गति प्रभावित रही और डबल इंजन सरकार बनने के बाद कार्य तेज हुआ। वहीं पूर्ववर्ती सरकारें पहले भी यह कहती रही हैं कि परियोजना का निर्माण कार्य निरंतर जारी था और इतनी बड़ी रिफाइनरी में समय लगना स्वाभाविक था। यानि राजनीतिक बहस अपने स्थान पर है, लेकिन आज का दिन उस बहस से आगे बढ़कर परियोजना के वास्तविक संचालन का दिन बन गया है। प्रधानमंत्री ने अपने भाषण में केवल रिफाइनरी की बात नहीं की। उन्होंने वैश्विक ऊर्जा संकट का उल्लेख करते हुए कहा कि पश्चिम एशिया में युद्ध जैसे हालात के बावजूद भारत ने ऊर्जा आपूर्ति को बाधित नहीं होने दिया। उन्होंने बताया कि भारत ने ईंधन आयात के स्रोतों का विस्तार किया। रिफाइनरियों की उत्पादन क्षमता का उपयोग बढ़ाया। एलपीजी उत्पादन में वृद्धि की। घरेलू उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त बोझ कम रखने के लिए करों और अन्य उपायों का सहारा लिया। प्रधानमंत्री ने इस पूरी प्रक्रिया को भारत की कुूटनीतिक क्षमता और ऊर्जा सुरक्षा की रणनीति का उदाहरण बताया। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि लगभग अस्सी हजार करोड़ रुपये की लागत वाली यह परियोजना राजस्थान की भाग्यरेखा साबित होगी। उनके अनुसार इससे पश्चिमी राजस्थान में पेट्रोकेमिकल उद्योगों का विकास होगा। निवेश आएगा। रोजगार बढ़ेगा। और क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को नई दिशा मिलेगी। केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने इस रिफाइनरी की तकनीकी विशेषताओं का उल्लेख करते हुए कहा कि इसका नेल्सन कॉम्प्लेक्सिटी इंडेक्स 17 है। रिफाइनिंग उद्योग में यह सूचकांक किसी रिफाइनरी की जटिलता और क्षमता को दर्शाता है। उच्च इंडेक्स का अर्थ है कि रिफाइनरी विभिन्न प्रकार के कच्चे तेल को संसाधित कर अधिक मूल्य वाले उत्पाद तैयार करने में सक्षम है। यही कारण है कि इसे तकनीकी रूप से विश्व की उन्नत रिफाइनरियों में गिना जा रहा है। यह रिफाइनरी केवल पेट्रोल और डीजल उत्पादन तक सीमित नहीं रहेगी। इससे पेट्रोकेमिकल फीडस्टॉक भी उपलब्ध होगा। यही वह आधार है जिस पर भविष्य में प्लास्टिक, पैकेजिंग, टेक्सटाइल, रसायन, फार्मा और अन्य डाउनस्ट्रीम उद्योग विकसित हो सकते हैं। यहीं से पश्चिमी राजस्थान के औद्योगिक भविष्य की नई कहानी लिखी जा सकती है। लेकिन तस्वीर का दूसरा पक्ष भी उतना ही महत्वपूर्ण है। स्थानीय लोगों की सबसे बड़ी उम्मीद रोजगार को लेकर है। भूमि देने वाले परिवार यह जानना चाहते हैं कि उनके बच्चों को कितना अवसर मिलेगा। छोटे व्यापारी यह देख रहे हैं कि औद्योगिक गतिविधियां स्थानीय बाजार तक कितना लाभ पहुंचाती हैं। बाइट: स्थानीय लोगों की बाइट परिवहन, होटल, वेयरहाउस, निर्माण, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे क्षेत्रों में कितनी नई आर्थिक गतिविधियां विकसित होती हैं, इस पर भी सभी की नजर रहेगी। पर्यावरण भी एक महत्वपूर्ण विषय रहेगा। मरुस्थलीय क्षेत्र में जल उपलब्धता, औद्योगिक जल प्रबंधन, प्रदूषण नियंत्रण, अपशिष्ट प्रबंधन और हरित विकास जैसे मुद्दे आने वाले वर्षों में लगातार निगरानी के विषय होंगे। बाइट : डॉ जोगेंद्रसिंह सिलोर , बीजेपी नेता आज के कार्यक्रम में प्रधानमंत्री ने एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत पौधारोपण भी किया और पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। रिफाइनरी परिसर से एलपीजी टैंकरों को हरी झंडी दिखाई गई। प्रधानमंत्री ने कंट्रोल रूम का निरीक्षण किया। युवा इंजीनियरों और कर्मचारियों से संवाद किया। श्रमिकों से मुलाकात की। और तकनीकी प्रक्रियाओं की जानकारी भी ली। आज केवल रिफाइनरी ही राष्ट्र को समर्पित नहीं हुई। इसके साथ जयपुर मेट्रो फेज-2, सौर ऊर्जा परियोजनाएं, ट्रांसमिशन परियोजनाएं, रेल परियोजनाएं और सड़क परियोजनाओं सहित एक लाख पांच हजार करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं का भी लोकार्पण और शिलान्यास किया गया। बाईट: निवासी बालोतरा । लेकिन पश्चिमी राजस्थान की पहचान आज सबसे अधिक इसी रिफाइनरी से जुड़ चुकी है। अब राजनीतिक बहस धीरे-धीरे पीछे-छूटेगी। अब असली मूल्यांकन इस आधार पर होगा कि यहां कितने नए उद्योग आते हैं। कितना निजी निवेश होता है। स्थानीय युवाओं को कितना रोजगार मिलता है। पेट्रोकेमिकल कॉरिडोर कितनी तेजी से विकसित होता है। और क्या वास्तव में बाड़मेर और बालोतरा देश के नए औद्योगिक मानचित्र पर मजबूत स्थान बना पाते हैं। क्योंकि किसी भी बड़ी परियोजना की सफलता केवल उद्घाटन से तय नहीं होती। उसकी सफलता अगले दस से बीस वर्षों में पैदा होने वाले उद्योगों, रोजगार, निवेश, निर्यात और स्थानीय जीवन स्तर में बदलाव से मापी जाती है। आज पचपदरा ने अपना राजनीतिक सफर लगभग पूरा कर लिया है। अब शुरू हुआ है विकास का सफर। और इसी सफर पर पूरे पश्चिमी राजस्थान की नजर टिकी हुई है। पचपदरा की यह रिफाइनरी अब केवल एक औद्योगिक परियोजना नहीं है। यह पश्चिमी राजस्थान की अर्थव्यवस्था, रोजगार, ऊर्जा सुरक्षा और औद्योगिक भविष्य की सबसे बड़ी उम्मीद बन चुकी है। तेरह वर्षों तक यह परियोजना राजनीतिक विमर्श का केंद्र रही है। आज उसका उद्घाटन हो चुका है। अब जनता की निगाहें किसी राजनीतिक दावे पर नहीं, बल्कि जमीन पर दिखने वाले परिणामों पर होंगी। रोजगार कितना मिलेगा... निवेश कितना आएगा... पेट्रोकेमिकल उद्योग कितनी तेजी से विकसित होंगे... और क्या बाड़मेर तथा बालोतरा वास्तव में देश के प्रमुख औद्योगिक केंद्रों में शामिल हो पाएंगे... इन सवालों के जवाब ही आने वाले वर्षों में इस परियोजना की वास्तविक सफलता तय करेंगे। दुर्ग सिंह राजपुरोहित ज़ी मीडिया पचपदरा, बालोतरा।
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शामली में शराब ठेके से लूट: 24 घंटे में पांच गिरफ्तार

Shamli, Uttar Pradesh:शामली जनपद की बाबरी पुलिस ने मात्र 24 घंटे में शराब ठेके के सेल्समैन से हुई हथियारों के बल पर लूट का खुलासा करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपियों ने लूट के रूपों से अपने घर का बिजली का बिल और गर्लफ्रेंड को खुश करने के लिए दिए घटना के बाद पुलिस में आरोपियों के कब्जे से कई हजारों की नगदी, दो बाइक तथा अवैध हथियार बरामद किए हैं। मामला शामली जनपद के बाबरी थाना क्षेत्र के मुजफ्फरनगर शामली रोड का है, जहां कल देर रात एक शराब ठेके के सेल्समैन से लगभग ₹100000 की लूट की घटना को कुछ युवकों ने अंजाम दिया था। घटना के मामले में पुलिस ने पीड़ित की तहरीर पर मामला दर्ज कर तुरंत कार्रवाई करते हुए 24 घंटे में घटना का खुलासा किया और पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए सभी आरोपी 20 से 25 वर्ष के हैं। आरोपियों में अंकुर पुत्र फतेह सिंह, सागर पुत्र कमल सिंह, सावेज पुत्र जमील, इम्तियाज, मोनू पुत्र गोविंद निवासी बंटी खेड़ा बताये गए हैं, जिनमें तीन आरोपी मार्च के महीने में ही 12वीं पास कर चुके हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 53,000 की नगदी, एक चाकू, दो मोटरसाइकिल, एक हिसाब की कॉपी, एक बैग और आधार कार्ड की छाया-लिपि जो सेल्समैन आकाश की है, बरामद की है। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि लूट के बाद मिली रकम से एक युवक ने अपने घर का बिजली का बिल चुकता किया, दूसरे ने अपनी गर्लफ्रेंड को फोन के लिए ₹10,000 दिए, जबकि एक ने अपनी बहन को पैसे दिए। बाकी पैसे पुलिस ने मौके से बरामद कर लिए हैं। पुलिस ने सभी को गिरफ्तार कर अब जेल भेज दिया है। इस मामले में पुलिस अधिकारी एनपी सिंह का कहना है कि बाबरी थाना क्षेत्र में हुए सेल्समैन से लूट के मामले में पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए सभी आरोपी बाबरी थाना क्षेत्र के गांव बनती खेड़ा के रहने वाले हैं और सभी स्टूडेंट हैं तथा अपनी आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए लूट की घटना को अंजाम दिया था। जिसमें से एक ने अपने घर का बिजली का बिल चुकता था, दूसरे ने गर्लफ्रेंड को पैसे दिए, तीसरे ने अपनी बहन को भी पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 53,000 की नगदी, दो मोटरसाइकिल, मोबाइल फोन, चाकू और देसी तमंचा बरामद कर अग्रिम कार्रवाई शुरू कर दी है। बाइट: एनपी सिंह—एसपी शामली
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जोधपुर में महाराजा जसवंत सिंह द्वितीय की प्रतिमा का उद्घाटन, शिक्षा का नया इतिहास

Jodhpur, Rajasthan:जोधपुर। मारवाड़ में उच्च शिक्षा की नींव रखने वाले पूर्व महाराजा जसवंत सिंह द्वितीय की प्रतिमा का अनावरण 6 जुलाई को जय नारायण व्यास विश्वविद्यालय (जेएनवीयू) के ओल्ड कैंपस में किया जाएगा। शिक्षा के क्षेत्र में उनके ऐतिहासिक योगदान को सम्मान देने के उद्देश्य से स्थापित की गई साढ़े आठ फीट ऊंची पंचधातु की प्रतिमा का लोकार्पण भव्य समारोह में होगा। महाराजा जसवंत सिंह द्वितीय ने वर्ष 1893 में जोधपुर में उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए जसवंत कॉलेज की स्थापना करवाई थी। यही संस्थान आगे चलकर जोधपुर विश्वविद्यालय और वर्तमान में जय नारायण व्यास विश्वविद्यालय के रूप में विकसित हुआ। बावजूद इसके, अब तक विश्वविद्यालय परिसर में उनकी प्रतिमा नहीं होने से उनकी जयंती और पुण्यतिथि पर कोई औपचारिक आयोजन नहीं हो पाता था। इस कमी को दूर करने का बीड़ा छात्र नेता एवं पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष अरविंद सिंह ने उठाया। उनके प्रयासों से विश्वविद्यालय के ओल्ड कैंपस में महाराजा जसवंत सिंह द्वितीय की भव्य पंचधातु प्रतिमा स्थापित की गई है। अनावरण समारोह में सिक्किम के राज्यपाल ओम माथुर मुख्य अतिथि होंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता केंद्रीय पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत करेंगे। साथ ही जोधपुर के पूर्व महाराजा गज सिंह सहित अनेक जनप्रतिनिधि, शिक्षाविद, गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं समारोह में मौजूद रहेंगे। समारोह की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा चुका है। आयोजकों का कहना है कि यह प्रतिमा केवल एक स्मारक नहीं, बल्कि मारवाड़ में शिक्षा की अलख जगाने वाले महाराजा जसवंत सिंह द्वितीय के योगदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का स्थायी माध्यम बनेगी। बाईट अरविंद सिंह पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष
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ऋषिकেশ में धामी सरकार के पांच साल, सेवा पखवाड़े में विकास योजनाओं की घोषणाएं

Rishikesh, Uttarakhand:टॉप : ऋषिकेश सलग : 'जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार' कार्यक्रम के तहत 'सेवा पखवाड़े' का भव्य आगाज़ एंकर : धामी सरकार के 5 साल पूरे होने पर ऋषिकेश में विकास का महाउत्सव मनाया जा रहा है। ऋषिकेश के IDPL ग्राउंड में 'जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार' कार्यक्रम के तहत 'सेवा पखवाड़े' का भव्य आगाज़ हुआ है। इस महाआयोजन में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे, जहाँ उन्होंने ऋषिकेश और पूरे जिले को करोड़ों रुपये की विकास परियोजनाओं की बड़ी सौगात दी है। ग्राउंड पर जनता के लिए बहुउद्देशीय और स्वास्थ्य शिविर भी लगाए गए हैं। वी.ओ(1) : ऋषिकेश का IDPL ग्राउंड आज उत्तराखंड के विकास की नई इबारत का गवाह बना। धामी सरकार के 5 वर्ष पूरे होने के मौके पर राज्य में 'सेवा, सुशासन और समर्पण' के संकल्प के साथ 'सेवा पखवाड़ा' शुरू हो चुका है। इस खास मौके पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह ने जिले को 219.29 करोड़ रुपये की लागत वाली 51 विकास परियोजनाओं की महा-सौगात दी। इसमें 172.78 करोड़ रुपये के 38 विकास कार्यों का शिलान्यास और 46.50 करोड़ रुपये की 13 परियोजनाओं का उद्घाटन शामिल है, जो इलाके में बुनियादी ढांचे की सूरत बदल कर रख देगा। वी.ओ(2) : सरकार सिर्फ मंच तक सीमित नहीं रही, बल्कि 'जन-जन की सरकार' के नारे को सच करते हुए ग्राउंड पर एक विशाल बहुउद्देशीय और मुफ्त स्वास्थ्य शिविर भी लगाया गया। जहाँ सरकारी योजनाओं का लाभ लेने और इलाज कराने के लिए हजारों की संख्या में लोग पहुंचे। वी.ओ(3) : कार्यक्रम में 20 हजार से ज्यादा लोगों की भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन मुस्तैद नजर आया। सुरक्षा के लिए पुलिस बल के साथ-साथ पीएसी के जवानों को भी तैनात किया गया था। कुल मिलाकर धामी सरकार ने इस भव्य आयोजन के जरिए आने वाले दिनों के लिए विकास का एक नया रोडमैप तैयार कर दिया है। बाइट : पुष्कर धामी ( मुख्यमंत्री, उत्तराखंड )
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