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उत्तर प्रदेश में डेयरी और पशुपालन से सशक्त अर्थव्यवस्था, 2047 का लक्ष्य तेज

VSVISHAL SINGHFeb 03, 2026 07:51:32
Noida, Uttar Pradesh:धर्मपाल सिंह पशुपालन मंत्री यूपी उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था मुख्यतः कृषि एवं पशुपालन पर आधारित हैं। राज्य की लगभग 68 प्रतिशत जनसंख्या जीविकोपार्जन हेतु कृषि एवं पशुपालन कार्यों पर निर्भर है। पशुपालन विभाग पारम्परिक विकास के साथ-साथ 'विकसित उत्तर प्रदेश समर्थ उत्तर प्रदेश 2047" की दीर्घकालिक संकल्पना को साकार करने की दिशा में प्रगति के पथ पर अग्रसर है। उत्तर प्रदेश में पशुधन क्षेत्र राज्य के प्राथमिक सकल घरेलू उत्पाद में महत्वपूर्ण योगदान देता है। प्रदेश में पशुजन्य पदार्थों का सकल मूल्यवर्धन वर्ष 2017-18 में रु० 0.99 लाख करोड़ था, जो बढ़कर वर्ष 2024-25 में रु० 1.72 लाख करोड़ हो गया है। पशुपालन क्षेत्र के कार्यों में सकल मूल्यवर्धन में वर्ष 2017-18 के सापेक्ष वर्ष 2024-25 के अनुमान में 8.2 प्रतिशत वृद्धि दर के साथ विकास परिलक्षित हुआ है। 20वीं पशुगणना 2019 के अनुसार देश में उत्तर प्रदेश विशाल पशु सम्पदा से अच्छादित राज्य है, जिसमें 190.20 लाख गोवंश, 330.17 लाख महिषवंश, 9.85 लाख भेड़, 144.80 लाख बकरी एवं 4.09 सूकर हैं। पशुपालकों के आर्थिक उत्थान एवं बेहतर जीविकोपार्जन के लिए पशुपालन से सम्बन्धित योजनाओं हेतु बजट में वर्ष 2017-18 में स्वीकृत रु0. 137423. 53 लाख के सापेक्ष उल्लेखनीय वृद्धि करते हुए वर्ष 2024-25 में रु0. 411529.86 लाख स्वीकृत (लगभग 3 गुना की वृद्धि) किये गयें हैं। प्रदेश का देश के दुग्ध उत्पादन में 15.66 प्रतिशत का योगदान है तथा उत्पादन की दृष्टि से देश में प्रथम स्थान पर है। प्रदेश का दुग्ध उत्पादन वर्ष 2017-18 में 290.52 लाख मीट्रिक टन से बढ़कर वर्ष 2024-25 में 388. 15 लाख मीट्रिक टन (33 प्रतिशत की वृद्धि) हो गया है। वर्ष 2017-18 में अंडा उत्पादन 244 करोड़ से बढ़कर वर्ष 2024-25 में 611 करोड़ हो गया जो अपेक्षाकृत 367 करोड़ अधिक (लगभग 2.5 गुना की वृद्धि) है। वर्ष 2025-26 हेतु दुग्ध उत्पादन के लिए 447.83 लाख मीट्रिक टन, अंडा उत्पादन-7980.52 मिलियन एवं ऊन उत्पादन 8.49 लाख किलोग्राम का लक्ष्य रखा गया है। पिछले एक दशक में, प्रदेश में पशुधन क्षेत्र में निम्न विकास कार्य परिलक्षित हुये हैं:- अंडा उत्पादन वृद्धि दर वर्ष 2016-17 के 2.6 प्रतिशत से बढ़कर वर्ष 2024-25 में 4.1 प्रतिशत हो गया है, तथा आगामी पाँच वर्षों में इसे बढ़ाकर 10 प्रतिशत तक ले जाने का लक्ष्य है。
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Desi Jugad से जुड़ी कोई खबर नहीं मिली

SKShivam Kumar1Feb 03, 2026 07:50:54
Noida, Uttar Pradesh:
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UP में दुग्ध उत्पादन का नया रिकॉर्ड, 2024-25 में 388 लाख मीट्रिक टन

KKKRISNDEV KUMARFeb 03, 2026 07:49:51
Noida, Uttar Pradesh:धर्मपाल सिंह पशुपालन मंत्री यूपी उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था मुख्यतः कृषि एवं पशुपालन पर आधारित हैं। राज्य की लगभग 68 प्रतिशत जनसंख्या जीविकोपार्जन हेतु कृषि एवं पशुपालन कार्यों पर निर्भर है। पशुपालन विभाग पारम्परिक विकास के साथ-साथ 'विकसित उत्तर प्रदेश समर्थ उत्तर प्रदेश 2047" की दीर्घकालिक संकल्पना को साकार करने की दिशा में प्रगति के पथ पर अग्रसर है。 उत्तर प्रदेश में पशुधन क्षेत्र राज्य के प्राथमिक सकल घरेलू उत्पाद में महत्वपूर्ण योगदान देता है। प्रदेश में पशुजन्य पदार्थों का सकल मूल्यवर्धन वर्ष 2017-18 में रु० 0.99 लाख करोड़ था, जो बढ़कर वर्ष 2024-25 में रु० 1.72 लाख करोड़ हो गया है। पशुपालन क्षेत्र के कार्यों में सकल मूल्यवर्धन में वर्ष 2017-18 के सापेक्ष वर्ष 2024-25 के अनुमान में 8.2 प्रतिशत वृद्धि दर के साथ विकास परिलक्षित हुआ है। 20वीं पशुगणना 2019 के अनुसार देश में उत्तर प्रदेश विशाल पशु सम्पदा से अच्छादित राज्य है, जिसमें 190.20 लाख गोवंश, 330.17 लाख महिषवंश, 9.85 लाख भेड़, 144.80 लाख बकरी एवं 4.09 सूकर हैं。 पशुपालकों के आर्थिक उत्थान एवं बेहतर जीविकोपार्जन के लिए पशупालन से सम्बन्धित योजनाओं हेतु बजट में वर्ष 2017-18 में स्वीकृत रु0. 137423. 53 लाख के सापेक्ष उल्लेखनीय वृद्धि करते हुए वर्ष 2024-25 में रु0. 411529.86 लाख स्वीकृत (लगभग 3 गुना की वृद्धि) किये गये हैं। प्रदेश का देश के दुग्ध उत्पादन में 15.66 प्रतिशत का योगदान है तथा उत्पादन की दृष्टि से देश में प्रथम स्थान पर है। प्रदेश का दुग्ध उत्पादन वर्ष 2017-18 में 290.52 लाख मीट्रिक टन से बढ़कर वर्ष 2024-25 में 388. 15 लाख मीट्रिक टन (33 प्रतिशत की वृद्धि) हो गया है। वर्ष 2017-18 में अंडा उत्पादन 244 करोड़ से बढ़कर वर्ष 2024-25 में 611 करोड़ हो गया जो अपेक्षाकृत 367 करोड़ अधिक (लगभग 2.5 गुना की वृद्धि) है। वर्ष 2025-26 हेतु दुग्ध उत्पादन के लिए 447.83 लाख मीट्रिक टन, अंडा उत्पादन-7980.52 मिलियन एवं ऊन उत्पादन 8.49 लाख किलोग्राम का लक्ष्य रखा गया है। पिछले एक दशक में, प्रदेश में पशुधन क्षेत्र में निम्न विकास कार्य परिलक्षित हुये हैं:- अंडा उत्पादन वृद्धि दर वर्ष 2016-17 के 2.6 प्रतिशत से बढ़कर वर्ष 2024-25 में 4.1 प्रतिशत हो गया है, तथा आगामी पाँच वर्षों में इसे बढ़ाकर 10 प्रतिशत तक ले जाने का लक्ष्य है।
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