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मिहींपुरवा तहसील मुख्यालय मार्ग पर जेसीबी से खुदे नाले में गिरने से एक 6 वर्षीय बालक की हुई मौत

MLMadan lalFollowJust now
Mihinpurwa, Uttar Pradesh:मिहींपुरवा -नगर पंचायत मिहींपुरवा के तहसील मुख्यालय जाने वाले मार्ग पर एक जेसीबी से खुदे पानी भरे नाले में 6 वर्षीय बालक के डूबने की मौत की खबर से हड़कंप मच गया। तहसील मुख्यालय में धर्मापुर गांव निवासी राधेश्याम एक चाय की दुकान का संचालन कर अपने परिजनों का भरण पोषण करते हैं रविवार शाम उनका पुत्र बसंत बिन बताएं कहीं चला गया परिजनों ने काफी खोजबीन की किंतु उसका पता नहीं चल सका सोमवार की सुबह तहसील मार्ग पर एक पानी भरे गड्ढे में राहगीरों ने उसके शव को देखा तो इसकी सूचना मोतीपुर पुलिस को दी। शव को नाले से बाहर निकाला गया तो उसकी पहचान राधेश्याम के पुत्र बसंत 6 वर्ष के रूप में हुई इस घटना से परिजनों में हड़कंप मच गया सूचना पर पहुंची मोतीपुर पुलिस ने पंचायत नामा की कार्रवाई कर मृतक बालक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बसंत अपने चार भाइयों में तीसरे नंबर का था।
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सिरसा में मानसून धीमा, धान की फसल पर खतरे की आशंका बढ़ी

Sirsa, Haryana:हरियाणा के सिरसा जिले में मानसून की धीमी रफ्तार ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। पिछले साल की तुलना में मई, जून और जुलाई तीनों महीनों में औसत से काफी कम बारिश दर्ज की गई है। कृषि विभाग का कहना है कि फिलहाल फसलों को बड़ा नुकसान नहीं हुआ है, लेकिन अगर आने वाले दिनों में अच्छी बारिश नहीं हुई तो विशेष रूप से धान की फसल प्रभावित हो सकती है। देखिए यह रिपोर्ट। सिरसा जिले में इस बार सूखे की संभावनाएं बढ़ने लगी हैं। मानसून की कमजोर बारिश के कारण खेतों में नमी की कमी महसूस की जा रही है। पिछले वर्ष की तुलना में इस साल मई, जून और जुलाई तीनों महीनों में बारिश का आंकड़ा काफी कम रहा है। कृषि विभाग के अनुसार, मई 2025 में जहां 38 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई थी, वहीं मई 2026 में यह घटकर केवल 10 मिलीमीटर रह गई। इसी तरह जून 2025 में 47 मिलीमीटर बारिश हुई थी, जबकि जून 2026 में केवल 16 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई। जुलाई 2025 में 84 मिलीमीटर बारिश हुई थी, लेकिन जुलाई 2026 में महज 22 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई। जिले में किसानों ने समय पर बुवाई और रोपाई का कार्य लगभग पूरा कर लिया है। सिरसा में करीब 1 लाख 65 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में धान की रोपाई की गई है। इसके अलावा 1 लाख 29 हजार हेक्टेयर में कपास, लगभग 6 हजार हेक्टेयर में बाजरा और करीब 7 हजार हेक्टेयर में मूंगफली की बुवाई की गई है। विशेषज्ञों का कहना है कि कपास की फसल पर कम बारिश का ज्यादा असर नहीं पड़ता, क्योंकि यह अपेक्षाकृत कम पानी में भी अच्छी तरह बढ़ सकती है। लेकिन धान की खेती पूरी तरह पानी पर निर्भर होती है। यदि आने वाले दिनों में पर्याप्त बारिश नहीं हुई तो धान की फसल पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है और किसानों की लागत बढ़ने के साथ-साथ उत्पादन में भी गिरावट आ सकती है। बाइट डॉ सुखदेव सिंह कंबोज उपनिदेशक कृषि विभाग। हालांकि मौसम को लेकर राहत की उम्मीद भी जताई जा रही है। सावन के महीने में बारिश की संभावना बढ़ी है। यदि मानसून सक्रिय होता है और अच्छी बारिश होती है तो खेतों में नमी लौट आएगी और फसलों को संभावित नुकसान से बचाया जा सकेगा। किसान भी अब आसमान की ओर टकटकी लगाए अच्छी बारिश का इंतजार कर रहे हैं। फिलहाल सिरसा में स्थिति नियंत्रण में है और कृषि विभाग लगातार फसलों की निगरानी कर रहा है। लेकिन अगर आने वाले दिनों में मानसून ने रफ्तार नहीं पकड़ी, तो सबसे बड़ा खतरा धान की फसल पर मंडरा सकता है। ऐसे में किसानों की उम्मीदें अब सावन की बारिश पर टिकी हुई हैं।
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घोघा तालाब में लापता युवक Abdul Tavab Sheikh की तलाश तेज, NDRF जुटी

Bhavnagar, Gujarat:घोघा, भावनगर: घोघा सरतलाव में एक युवक लापता हो गया है, उसकी खोज जारी है। घोघा मच्छीवांडा क्षेत्र में रहने वाले Abdul Tavab Sheikh नाम के युवक अपनी भेँसों को रोज सरतळाव के पास चराने ले जाता था। 2/8/26 रविवार शाम भेँस वापस घर आ गई, पर उसे चराने के लिए निकला यह युवक वापस नहीं लौटा। स्थानीय लोगों ने शुरुआत में अलग-अलग क्षेत्रों में खोज शुरू की लेकिन कुछ भी नहीं मिला। इसके बाद घोघा पुलिस को सूचित किया गया। तलाशी के दौरान सरतळाव के पास युवक के जूतों के छाप मिलने पर आशंका जताई गई कि वह तालाब में डूब गया हो सकता है। फ़ायऱ और SDRF को बुलाया गया, ताकि तलाशी शुरू हो सके। तफ्तीश के लिए तहसीलदार ठूंमर, TDO दिलीप पंड्या समेत अधिकारी घटनास्थल पर पहुँच गए। स्थानीय नाविकों ने भी खोज शुरू की, लेकिन परिणाम नहीं मिला। अब NDRF द्वारा तलाव में रेस्क्यू बोट उतारकर खोज जारी है।
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रत्नागिरी में पोस्टमैन ने नाबालिग के साथ दुष्कर्म किया; पोक्सो के तहत मामला दर्ज

Ratnagiri, Maharashtra:रत्नागिरी जिल्ह्यातील खेड तालुक्यातून एक अत्यंत संतापजनक आणि धक्कादायक प्रकार समोर आला आहे. शासकीय कामाच्या बहाने एका 14 वर्षीय अल्पवयीन शाळकरी मुलीवर वारंवार लैंगिक अत्याचार करून तिला गर्भवती ठेवल्याचा खळबळजनक प्रकार उघडकीस आला आहे. कौटुंबिक ओळखीचा गैरफायदा घेत 56 वर्षीय पोस्टमन नरेश बाबाजी मोरे यांनी आरडी आणि इतर कागदपत्रांच्या कामासाठी मुलीला घर बोलावून एप्रिल 2025 ते जुलै 2026 दरम्यान हा अत्याचार केला. मुलीच्या प्रकृतीत बदल झाल्यामुळे हा संपूर्ण प्रकार उघडकीस आला असून खेड पोलिसांनी आरोपीविरुद्ध 'पोक्सो' कायद्यान्वये गुन्हा दाखल केला आहे. पोलيس निरीक्षक विवेक अहिरे यांच्या मार्गदर्शनाखाली या प्रकरणाचा सखोल तपास सुरू आहे..
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बीड में बारिश के बावजूद पानी की किल्लत, 69 टैंलकरों से जारी पानी सप्लाई

Beed, Maharashtra:राज्यात पावसाचा धुमाकूळ, बीड मात्र तहानलेलं! निम्मे पाणी प्रकल्प कोरडे, 69 ठिकाणी टँकर सुरू ANC- राज्याच्या बहुतांश भागात मुसळधार पाऊस सुरू असताना बीड जिल्ह्याने मात्र पावसाला पाठ फिरवली आहे. त्यामुळे जिल्ह्यात पाणीटंचाईचे सावट गडद झाले आहे. जिल्ल्यात एकूण 143 पाणी प्रकल्प आहेत. त्यापैकी अर्ध्याहून अधिक प्रकल्प सध्या कोरडेठाक पडले आहेत. पिण्याच्या पाण्याचा प्रश्न गंभीर बनत चालला आहे. परिस्थितीचे गांभीर्य लक्षात घेऊन प्रशासनाकडून 69 ठिकाणी टँकरद्वारे पाणीपुरवठा सुरू करण्यात आला आहे. पुढील काही दिवसात समाधानकारक पाऊस न दिल्यास बीड जिल्हा भीषण दुष्काळाच्या खाईत जाण्याची शक्यता नाकारता येत नाही. कोरड्या बिंदूसरा नदीपात्रातून आढावा घेतलाय आमचे प्रतिनिधी महेंद्रकुमार मुधोळकर यांनी....
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जालौन: बेटी के अपहरण पर पुलिस कार्रवाई नहीं, मां ने SP से मदद मांगी

Jalaun, Uttar Pradesh:जालौन के माधौगढ़ कोतवाली क्षेत्र के ग्राम हरौली निवासी एक महिला ने पुलिस अधीक्षक विनय कुमार सिंह को शिकायती पत्र देकर आरोप लगाया है कि उसकी पुत्री के कथित अपहरण के मामले में थाना पुलिस द्वारा अब तक प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई है। पीड़िता की मां श्रीमती विनीता देवी के अनुसार, उनकी पुत्री प्रिया को 24 जुलाई 2026 को गांव सिहारी निवासी अंकित राठौर कथित रूप से बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया था। इस संबंध में थाना माधौगढ़ में 31 जुलाई 2026 को मुकदमा दर्ज किया गया, लेकिन घटना के करीब दस दिन बाद भी न तो आरोपी की गिरफ्तारी हुई है और न ही युवती की बरामदगी हो सकी है। शिकायती पत्र में आरोप लगाया गया है कि थाना पुलिस आरोपी के प्रभाव में होने के कारण कार्रवाई नहीं कर रही है। साथ ही आरोप है कि आरोपी के परिजन पीड़ित परिवार को लगातार धमकियां दे रहे हैं और विरोध करने पर उनके बेटे की हत्या करने की चेतावनी दे रहे हैं। इससे पूरा परिवार भय और असुरक्षा के माहौल में जी रहा है। महिला ने आशंका जताई है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो उसकी पुत्री के साथ कोई अप्रिय घटना हो सकती है। पीड़िता की मां ने पुलिस अधीक्षक से आरोपी की जल्द गिरफ्तारी, पुत्री की सकुशल बरामदगी तथा परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित कराने के लिए थाना माधौगढ़ पुलिस को आवश्यक निर्देश देने की मांग की है।
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पाइपलाइन से फसल नुकसान: किसान जिलाधिकारी से सही मुआवजे के सर्वे की मांग

Jalaun, Uttar Pradesh:जालौन के माधोढ़गढ़ तहसील क्षेत्र के ग्राम चाकी के किसानों ने जिलाधिकारी राजेश कुमार पांडेय को ज्ञापन सौंपकर गेल इंडिया लिमिटेड, शाखा दिबियापुर द्वारा पाइपलाइन निर्माण के दौरान हुए फसल नुकसान का सर्वे के अनुसार मुआवजा दिलाने की मांग की है। किसानों का आरोप है कि उनकी कृषि भूमि के विभिन्न गाटा नंबरों पर कंपनी द्वारा नई गैस पाइपलाइन बिछाने का कार्य किया जा रहा है। इस दौरान अधिकारियों ने मौके पर सर्वे कर ऑनलाइन फोटो भी लिए थे, जिनमें किसानों की तोरई और लौकी की फसल स्पष्ट रूप से दर्ज है। इसके बावजूद कंपनी ने वास्तविक फसल के बजाय दूसरी फसल का आकलन कर मुआवजा दे दिया, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। किसानों का कहना है कि सर्वे में दर्ज फसल के अनुरूप ही मुआवजा दिया जाना चाहिए। उन्होंने जिलाधिकारी से मामले की निष्पक्ष जांच कराकर गेल इंडिया लिमिटेड को सही फसल के आधार पर मुआवजा भुगतान के निर्देश देने की मांग की है। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांग पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो वे आगे भी प्रशासन के समक्ष अपनी आवाज बुलंद करेंगे। ज्ञापन पर ग्राम चाकी के अनेक किसानों के हस्ताक्षर मौजूद हैं।
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धौलपुर में गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल: 101 लीटर गंगाजल की कावड़ चढ़ाकर दिया भाईचारे का संदेश

Dholpur, Rajasthan:धौलपुर, जब देश के कई हिस्सों में धर्म और जाति के नाम पर वैमनस्य बढ़ाने की कोशिशें हो रही हैं, तब धौलपुर के सैंपऊ से मानवता और सौहार्द की एक प्रेरणादायक तस्वीर सामने आई है। यहाँ कूंकरा गांव निवासी सद्दाम खान ने हिंदू युवकों के साथ मिलकर कंधों पर 101 लीटर गंगाजल की कावड़ उठाई और ऐतिहासिक महादेव मंदिर में भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक कर गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल पेश की। सोमवार को सैंपऊ के प्राचीन शिव मंदिर परिसर में श्रद्धा, आस्था और एकता का अद्भुत संगम देखने को मिला। जानकारी के अनुसार सद्दाम खान के नेतृत्व में 6 युवकों की टोली 5 दिन पूर्व उत्तर प्रदेश के सौरो से कावड़ लेकर पैदल रवाना हुई थी। सभी ने बारी-बारी से कंधों पर कावड़ रखकर लगभग 250 किलोमीटर का सफर तय किया। यात्रा के दौरान रास्ते में पड़ने वाले गांवों और कस्बों में लोगों ने पुष्प वर्षा, फलाहार और स्वागत कर कावड़ियों का उत्साह बढ़ाया। कावड़ यात्रा में शामिल मनीष कुमार ने बताया कि इस यात्रा का विचार सबसे पहले सद्दाम खान ने ही रखा था। उन्होंने कहा कि आज के समय में कुछ लोग समाज में नफरत और कट्टरता फैलाने में लगे हैं, लेकिन भारत की असली पहचान आपसी भाईचारा है। सदियों से हिंदू, मुस्लिम, सिख और ईसाई एक साथ मिलकर इस देश की संस्कृति को आगे बढ़ा रहे हैं। यह कावड़ यात्रा उसी परंपरा को आगे बढ़ाने का एक छोटा सा प्रयास है। सद्दाम खान ने कहा कि भोलेनाथ की भक्ति के लिए किसी धर्म की सीमा नहीं होती। आस्था दिल से होती है। जब मन में सच्ची श्रद्धा हो तो कोई भी भगवान की सेवा कर सकता है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे नफरत को छोड़कर देश की एकता और अखंडता को मजबूत करें। मंदिर पर जलाभिषेक के बाद सभी कावड़ियों और श्रद्धालुओं ने देश में शांति, समृद्धि और आपसी सौहार्द के लिए प्रार्थना की। ग्रामीणों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी घटनाएं समाज में सकारात्मक संदेश देती हैं और आने वाली पीढ़ी के लिए मिसाल बनती हैं।
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अदालत ने ब्रजभूषण शरण सिंह को दोषी नहीं माना; पहलवान अपील की तैयारी

Noida, Uttar Pradesh:हमें सड़क पर उतरने और सत्ताधारी पार्टी के एक बाहुबली नेता के खिलाफ FIR दर्ज करवाने के लिए बहुत हिम्मत जुटानी पड़ी थी. और अपने बाहुबल के दम पर बृजभूषण ने कई लड़कियों को डराकर उनके नाम वापस करवाए हैं. पर कई महिला पहलवान खड़ी रहीं और कोर्ट में बृजभूषण के खिलाफ लड़ाई लड़ती रहीं. हमें इस बात का बहुत दुख है कि अदालत ने बृजभूषण शरण सिंह को महिला पहलवानों द्वारा लगाए गए यौन हिंसा आरोपों में दोषी नहीं माना। शुरू दिन से ही सारा तंत्र, सरकार और यह सिस्टम बृजभूषण को बच्च के लिए लगा हुआ है. महिला पहलवानों ने अपने वकीलों को इस फैसले के खिलाफ अपील करने का निर्देश दे दिया है, और यह जल्द से जल्द की जाएगी। हम उम्मीद नहीं छोड़ी है और पहलवान अपनी लड़ाई जारी रखेंगे।
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कोडोली ग्राम विकास सोसायटी में मतदान अधिकार के लिए भारी बोली

Satara, Maharashtra:कराड, सातारा - सातारा जिल्ह्यातील कराड तालुक्यात एक धक्कादायक प्रकार समोर आला आहे. चक्क सातारा जिल्हा बँकेच्या मतदानाचा अधिकार देण्यासाठी पैशाची बोली लावण्याचा प्रकार कराड तालुक्यातील कोडोली गावातील विकास सेवा सोसायटीच्या ठरावामध्ये घडला आहे. सातारा जिल्हा बँकेची निवडणूक येत्या काही दिवसांत होणार असून त्याकरता 5 ऑगस्टपर्यंत विकास सेवा सोसायटी यांनी मतदानाचा अधिकार देण्यासाठी ठराव द्यावयाचा आहे. हा ठराव देण्यासाठी सातारा जिल्ह्यात मोठे राजकारण सुरू आहे. आता चक्क लोकशाहीचा गळा घोटणारी प्रक्रिया सहकार क्षेत्रात पाहायला मिळाली असून 70 हजारापासून सुरुवात झालेली बोली दोन लाख रुपयांनी मताचा अधिकार खरेदी करून पार पडली. कोडोली ग्रामविकास सेवा सोसायटीची संचालक मंडळ मीटिंग सातारा जिल्हा मध्यवर्ती बँक निवडणुकांच्या ठराव संदर्भात आयोजित केली होती. या मीटिंगमध्ये संस्थेला भरघोस पैसे देणाऱ्या सभासदाच्या नावे ठराव देण्याचा निर्णय संचालक मंडळांनी घेतला होता. या अनुषंगाने या ठरावाच्या संदर्भात लिलाव पद्धतीने ठराव पूर्ण झाला ज्यामध्ये आनंदराव जगताप यांनी आपली बोली 1 लाख रुपयांनी सुरू केली... शेवट हा विक्रमसिंह संभाजीराव जगताप यांनी दोन लाख रुपयांची बोली लावून मताचा अधिकार मिळवला. सत्ता मिळवण्यासाठी ज्या पद्धतीने हे सगळं सुरू असल्याचे आणि गावाला निधी मिळवण्यासाठी असे ठराव घेतले जात असतील तर हे दुर्दैवी आहे. लोकशाहीतील निवडणुकां संपल्याचा आरोप देखील राष्ट्रवादीचे शरद पवार पक्षाचे प्रदेशाध्यक्ष शशिकांत शिंदे यांनी केला आहे.
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अकोला में सोयाबीन बीज घोटाले की 10,035 शिकायतें, 12 कंपनियों पर मुकदमा; नुकसान अभी लंबित

Akola, Maharashtra:अकोला जिल्ह्यात बोगस किंवा निकृष्ट दर्जाच्या सोयाबीन बियाण्यांचा फटका बसलेल्या शेतकऱ्यांच्या तक्रारींचा आकडा आता 10 हजार 35 वर पोहोचला आहे. तब्बल 14 हजार 402 هेक्टर क्षेत्र या संकटामुळे प्रभावित झाले असून 12 बियाणे कंपन्यांवर गुन्हे दाखल करण्यात आले आहेत. मात्र आतापर्यंत केवळ सुमारे 7 हजार तक्रारींचे पंचनामे पूर्ण झाले आहेत. दरम्यान, दुबार पेरणीची वेळही निघून गेल्याने अनेक शेतांमध्ये हिरव्यागार पिकाऐवजी ओसाड आणि कोरड़ी जमीन दिसू लागली आहे. या गंभीर प्रश्नाकडे मूर्तिजापूर मतदारसंघाचे भाजप आमदार हरीश पिंपळे यांनी पावसाळी अधिवेशनात सरकारचे लक्ष वेधले होते. काही शेतकऱ्यांनी संबंधित कंपन्यांसोबत परस्पर समझोता केल्याचे त्यांनी सांगितले. मात्र ज्या शेतकऱ्यांना अद्याप नुकसान भरपाई मिळालेली नाही, त्यांना न्याय मिळालाच पाहिजे, अशी भूमिका त्यांनी मांडली. कंपन्यांनी भरपाई दिली नाही तर येणाऱ्या हिवाळी अधिवेशनात दोषी कंपन्यांना ब्लॅकलिस्ट करण्यासाठी सरकारवर दबाव आणण्याचा इशाराही त्यांनी दिला. तसेच बियाण्यांचे नमुने वेळेत तपासले गेले नाहीत, ही कृषी विभागाची चूक असल्याचे सांगत राज्यात बियाणे तपासणीसाठी केवळ चार प्रयोगशाळा असल्याने नवीन प्रयोगशाळा उभारण्याचा प्रस्ताव शासनाकडे दिल्याची माहितीही त्यांनी दिली. गेल्या वर्षी अवर्षण आणि अतिवृष्टीमुळे शेतकऱ्यांचे मोठे नुकसान झाले होते. त्यानंतर यंदाच्या खरीप हंगामाकडून शेतकऱ्यांना मोठ्या अपेक्षा होत्या. मात्र उशिरा झालेला पाऊस आणि त्यानंतर न उगवलेले सोयाबीन बियाणे यामुळे अनेकांना दुबार पेरणी करावी लागली. काही शेतकऱ्यांनी पुन्हा पेरणीची तयारी केली, मात्र वेळ निघून गेल्याने दुबार पेरणीच करता आली नाही. परिणामी अनेक शेत आज हिरवीगार दिसण्याऐवजी पूर्णपणे कोरडी पडली आहेत. खरीप हंगाम हातातून गेल्याने शेतकऱ्यांचे आर्थिक नियोजन कोलमडले असून आता शासनाकडून तातडीच्या मदतीची अपेक्षा व्यक्त केली जात आहे.
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NH-161 के लिए मुआवजे की आठ साल की देरी: किसान 13 अगस्त से उपवास करेंगे

Washim, Maharashtra:वाशीम तालुक्यातील सोनखास येथील सहा शेतकरी राष्ट्रीय महामार्ग-१६१ साठी संपादित झालेल्या जमिनीच्या मोबदल्यासाठी गेल्या आठ वर्षांपासून प्रतीक्षा करत आहेत. शेतीच्या गट क्रमांकातील तफावतीमुळे मोबदला रखडला होता. दोन वर्षांपूर्वी भूमी अभिलेख विभागाने गट क्रमांकात दुरुस्ती करून अहवाल उपविभागीय अधिकाऱ्यांकडे सादर करून घेतला. मात्र, त्यानंतरही शेतकऱ्यांना मोबदला मिळालेला नाही. त्यामुळे संतप्त शेतकऱ्यांनी येत्या १३ ऑगस्टपासून जिल्हाधिकारी कार्यालयासमोर बेमुदत उपोषण करण्याचा इशारा दिला असून, मोबदला मिळेपर्यंत आंदोलन सुरू ठेवण्याचा निर्धार व्यक्त केला है.
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