मैनपुरीः संत विवेकानंद सीनियर सेकेंडरी स्कूल के बच्चों ने ईशा मसीह का मनाया जन्मदिन
Karhal, Uttar Pradesh:संत विवेकानंद सीनियर सेकेंडरी स्कूल के बच्चों ने क्रिसमस दिवस की पूर्व संध्या पर प्रभु ईशा मसीह का जन्मदिन मनाया। सैंटाक्लॉज का रूप धारण कर तहसील मुख्यालय पहुंचे बच्चों ने एसडीएम नीरज द्विवेदी और नायब तहसीलदार संतोष राजौरिया से मुलाक़ात की। एसडीएम नीरज द्विवेदी सैंटाक्लॉज बने बच्चों को उपहार और चॉकलेट दिए।
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खराहल घाटी की 9 पंचायतों में दिवाली तक पेयजल-सिंचाई योजना न चलने पर धरना की चेतावनी
Kullu, Himachal Pradesh:जिला कुल्लू की खराहल घाटी की 9 पंचायत में बीते 2 सालों से पीने के पानी और सिंचाई के पानी की काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में अगर दिवाली तक विभाग के द्वारा सिंचाई और पेयजल योजना को ठीक नहीं किया गया तो पूरी पंचायत के प्रतिनिधि और ग्रामीण मिलकर ढालपुर में विभाग तथा प्रशासन के खिलाफ धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। ढालपुर में पत्रकारों को जानकारी देते हुए लरांकेलो जिला परिषद वार्ड सदस्य अनिल राणा ने बताया कि खराहल घाटी की नौ पंचायत के लिए एक सिंचाई और पेयजल योजना प्रमुख रूप से शुरू की गई थी। लेकिन साल 2025 से यह दोनों योजनाएं बंद पड़ी हुई है। पेयजल योजना के लिए विभाग बिजली का ट्रांसफार्मर नहीं लगा पा रहा है तो वहीं सिंचाई योजना के लिए पाइप जो टूटी हुई है, उसकी भी मरम्मत नहीं कर पा रहा है। खराहल घाटी के नौ पंचायत के लोगों को प्राकृतिक जल स्रोतों पर ही निर्भर रहना पड़ रहा है। लेकिन उनमें भी पानी की कमी अब नजर आ रही है उन्होंने बताया कि इस मुद्दे को लेकर वह कई बार विभाग के अधिकारियों से मिले, लेकिन उन्हें सिर्फ आश्वासन दिया जा रहा है कि जल्द ही यह दोनों योजनाएं सुचारू रूप से शुरू कर दी जाएंगी। अनिल राणा ने बताया कि खराहल घाटी के लोगों को पहले से ही पानी की समस्या का सामना करना पड़ता है। ऐसे में यह दोनों स्कीमें बंद होने से अब लोगों की मुश्किलें बढ़ गई है। उन्होंने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर दिवाली तक यह दोनों योजनाएं ठीक नहीं की गई तो मजबूरन 9 पंचायत के ग्रामीणों को ढालपुर में धरना प्रदर्शन करना होगा, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन और सरकार की होगी।किसान नेताओं के घरों के बाहर प्रदर्शन, नशा विरोधी संघर्ष तेज
Amritsar, Punjab:ਕਿਸਾਨ ਆਗੂਆਂ ਵੱਲੋਂ ਮੰਤਰੀਆਂ ਅਤੇ ਵਿਧਾਇਕਾਂ ਦੇ ਘਰਾਂ ਦੇ ਬਾਹਰ ਰੋਸ ਪ੍ਰਦਰਸ਼ਨ, ਸੌਂਪੇ ‘ਲਾਹਨਤੀ ਪੱਤਰ’\n\nਨਸ਼ਿਆਂ ਵਿਰੁੱਧ ਲੜਨ ਵਾਲੇ ਪਰਵਿੰਦਰ ਸਿੰਘ ਝੋਟਾ ਲਈ ਇਨਸਾਫ਼ ਦੀ ਮੰਗ ’ਤੇ ਅੜੇ ਕਿਸਾਨ ਸੰਗਠਨ\n\nਗ੍ਰਹਿ ਮੰਤਰੀ ਅਮਿਤ ਸ਼ਾਹ ਦੇ ਦੌਰੇ ’ਤੇ ਨਿਸ਼ਾਨਾ: “ਸਿਆਸੀ ਆਗੂ ਸਿਰਫ਼ ਆਪਣੀਆਂ roਟੀਆਂ ਸੇਕਣ ਆਉਂਦੇ ਹਨ”\n\nਕਿਸਾਨ ਆਗੂਆਂ ਦਾ ਐਲਾਨ: ਜਦੋਂ ਤੱਕ ਇਨਸਾਫ਼ ਨਹੀਂ ਮਿਲਦਾ, ਸੰਘਰਸ਼ ਪੂਰੀ ਮਜ਼ਬੂਤੀ ਨਾਲ ਜਾਰੀ ਰਹੇਗਾ\n\nਅੰਮ੍ਰਿਤਸਰ:\nਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਨਸ਼ਿਆਂ ਦੇ ਮੁੱਦੇ ਅਤੇ ਸਮਾਜਿਕ ਕਾਰਕੁਨਾਂ ’ਤੇ ਹੋ ਰਹੇ ਕ kathit ਜ਼ੁਲਮਾਂ ਦੇ ਵਿਰੋਧ ਵਿੱਚ ਕਿਸਾਨ ਜਥੇਬੰਦੀਆਂ ਨੇ ਸਰਕਾਰ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਮੋਰਚਾ ਖੋਲ੍ਹ ਦਿੱਤਾ ਹੈ। ਕਿਸਾਨ ਮਜ਼ਦੂਰ ਸੰਘਰਸ਼ ਕਮੇਟੀ ਅਤੇ ਮਾਨਸਾ ਐਕਸ਼ਨ ਕਮੇਟੀ ਦੇ ਸੱਦੇ ’ਤੇ ਕਿਸਾਨ ਆਗੂਆਂ ਅਤੇ ਕਾਰਕੁਨਾਂ ਨੇ ਪੰਜਾਬ ਭਰ ਵਿੱਚ ਆਮ ਆਦਮੀ ਪਾਰਟੀ ਦੇ ਵਿਧਾਇਕਾਂ, ਸੰਸਦ ਮੈਂਬਰਾਂ ਅਤੇ ਮੰਤਰੀਆਂ ਦੀਆਂ ਰਿਹਾਇਸ਼ਾਂ ਦੇ ਬਾਹਰ ਦੁਪਹਿਰ 12 ਵਜੇ ਤੋਂ 3 ਵਜੇ ਤੱਕ ਧਰਨਾ ਦਿੱਤਾ ਅਤੇ ‘ਲਾਹਨਤੀ ਪੱਤਰ’ ਸੌਂਪੇ।\n\nਇਸੇ ਲੜੀ ਤਹਿਤ ਕਿਸਾਨ ਆਗੂ ਸਰਵਣ ਸਿੰਘ ਪੰਧੇਰ ਅਤੇ ਗੁਰਬਚਨ ਸਿੰਘ ਚੱਬਾ ਅੰਮ੍ਰਿਤਸਰ ਵਿੱਚ ਕੈਬਨਿਟ ਮੰਤਰੀ ਹਰਭਜਨ ਸਿੰਘ ਈਟੀਓ ਦੀ ਰਿਹਾਇਸ਼ ਦੇ ਬਾਹਰ ਕੀਤੇ ਗਏ ਰੋਸ ਪ੍ਰਦਰਸ਼ਨ ਵਿੱਚ ਸ਼ਾਮਲ ਹੋਏ।\n\nਪਰਵਿੰਦਰ ਸਿੰਘ ਝੋਟਾ ਦੀ ਮੌਤ ’ਤੇ ਇਨਸਾਫ਼ ਦੀ ਮੰਗ\n\nਧਰਨੇ ਦੌਰਾਨ ਕਿਸਾਨ ਆਗੂਆਂ ਨੇ ਨਸ਼ਿਆਂ ਵਿਰੁੱਧ ਆਵਾਜ਼ ਉਠਾਉਣ ਵਾਲੇ ਸਮਾਜਿਕ ਕਾਰਕੁਨ ਭਾਈ ਪਰਵਿੰਦਰ ਸਿੰਘ ਝੋਟਾ ਦੀ ਮੌਤ ਦੇ ਮਾਮਲੇ ਨੂੰ ਜ਼ੋਰ-ਸ਼ੋਰ ਨਾਲ ਉਠਾਇਆ ਅਤੇ ਇਨਸਾਫ਼ ਦੀ ਮੰਗ ਕੀਤੀ।\n\nਗੁਰਬਚਨ ਸਿੰਘ ਚੱਬਾ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਪਰਵਿੰਦਰ ਸਿੰਘ ਝੋਟਾ ਲੰਬੇ ਸਮੇਂ ਤੋਂ ਨਸ਼ਿਆਂ ਵਿਰੁੱਧ ਲੜਾਈ ਲੜ ਰਹੇ ਸਨ ਅਤੇ ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਦੀਆਂ ਜ਼ਿੰਦਗੀਆਂ ਬਚਾਉਣ ਲਈ ਕੰਮ ਕਰ ਰਹੇ ਸਨ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੋਸ਼ ਲਾਇਆ ਕਿ ਸਰਕਾਰ ਦੀ ਨਾਕਾਮੀ ਅਤੇ ਸਾਜ਼ਿਸ਼ ਤਹਿਤ ਉਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ਨਿਸ਼ਾਨਾ ਬਣਾਇਆ ਗਿਆ।\n\nਉਨ੍ਹਾਂ ਸਵਾਲ ਉਠਾਇਆ ਕਿ ਜਿਸ ਵਿਅਕਤੀ ’ਤੇ ਨਸ਼ਿਆਂ ਦੇ ਕਾਰੋਬਾਰ ਨਾਲ ਜੁੜੇ ਹੋਣ ਦੇ ਦੋਸ਼ ਸਨ ਅਤੇ ਜਿਸ ਖ਼ਿਲਾਫ਼ ਕੇਸ ਦਰਜ ਸਨ, ਉਸ ਨੂੰ ਮੁੜ ਹਥਿਆਰ ਦਾ ਲਾਇਸੈਂਸ ਕਿਵੇਂ ਮਿਲ ਗਿਆ?\n\nਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਜਦੋਂ ਤੱਕ ਪੀੜਤ ਪਰਿਵਾਰ ਅਤੇ ਐਕਸ਼ਨ ਕਮੇਟੀ ਨੂੰ ਪੂਰਾ ਇਨਸਾਫ਼ ਨਹੀਂ ਮਿਲਦਾ, ਉਦੋਂ ਤੱਕ ਅੰਤਿਮ ਸਸਕਾਰ ਨਹੀਂ ਕੀਤਾ ਜਾਵੇਗਾ ਅਤੇ ਸੰਘਰਸ਼ ਜਾਰੀ ਰਹੇਗਾ।\n\nਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਨਸ਼ਿਆਂ ਦੀ ਸਥਿਤੀ ਅਤੇ ਅਮਿਤ ਸ਼ਾਹ ਦੇ ਦੌਰੇ ’ਤੇ ਪ੍ਰਤੀਕਿਰਿਆ\n\nਕਿਸਾਨ ਆਗੂ ਸਰਵਣ ਸਿੰਘ ਪੰਧੇਰ ਨੇ ਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਨਸ਼ਿਆਂ ਦੀ ਗੰਭੀਰ ਸਮੱਸਿਆ ’ਤੇ ਚਿੰਤਾ ਪ੍ਰਗਟਾਈ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਪੰਜਾਬ ਦਾ ਹਰ ਘਰ ਨਸ਼ਿਆਂ ਦੀ ਸਮੱਸਿਆ ਤੋਂ ਪ੍ਰਭਾਵਿਤ ਹੈ ਅਤੇ ਹਜ਼ਾਰਾਂ ਨੌਜਵਾਨ ਇਸ ਦੀ ਲਪੇਟ ਵਿੱਚ ਆ ਕੇ ਆਪਣੀਆਂ ਜਾਨਾਂ ਗੁਆ ਚੁੱਕੇ ਹਨ।\n\nਕੇਂਦਰੀ ਗ੍ਰਹਿ ਮੰਤਰੀ ਅਮਿਤ ਸ਼ਾਹ ਦੇ ਪੰਜਾਬ ਦੌਰੇ ਅਤੇ ਉਨ੍ਹਾਂ ਦੇ ਬਿਆਨਾਂ ਬਾਰੇ Boldਦਿਆਂ ਸਰਵਣ ਸਿੰਘ ਪੰਧੇਰ ਨੇ ਤਿੱਖੀ ਪ੍ਰਤੀਕਿਰਿਆ ਦਿੱਤੀ।\n\nਪੰਧੇਰ ਨੇ ਕਿਹਾ, “ਸਿਆਸੀ ਆਗੂ ਅਤੇ ਨੇਤਾ ਸਿਰਫ਼ ਤਪਦੇ ਤਵੇ ’ਤੇ ਆਪਣੀਆਂ ਰੋਟੀਆਂ ਸੇਕਣ ਆਉਂਦੇ ਹਨ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਨੂੰ ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਅਸਲ ਮੁੱਦਿਆਂ ਨਾਲ ਕੋਈ ਹਮਦਰਦੀ ਨਹੀਂ ਹੈ。”\n\nਉਨ੍ਹਾਂ ਸਵਾਲ ਕੀਤਾ ਕਿ ਅਮਿਤ ਸ਼ਾਹ ਨੂੰ ਦੱਸਣਾ ਚਾਹੀਦਾ ਹੈ ਕਿ ਕੀ ਦਿੱਲੀ ਵਿੱਚ ਨਸ਼ੇ ਨਹੀਂ ਹਨ? ਜੇਕਰ ਦੇਸ਼ ਦੇ 70 ਜ਼ਿਲ੍ਹਿਆਂ ਵਿੱਚ ਨਸ਼ਿਆਂ ਦਾ ਫੈਲਾਅ ਹੈ, ਤਾਂ ਕੀ ਉਨ੍ਹਾਂ ਵਿੱਚੋਂ Sਿਰਫ਼ ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਜ਼ਿਲ੍ਹੇ ਹੀ ਇਸ ਲਈ ਜ਼ਿੰਮੇਵਾਰ ਹਨ? ਉਨ੍ਹਾਂ ਇਹ ਵੀ ਸਵਾਲ ਉਠਾਇਆ ਕਿ ਅੰਤਰਰਾਸ਼ਟਰੀ ਸਰਹੱਦਾਂ ਰਾਹੀਂ ਨਸ਼ੇ ਦੇਸ਼ ਅੰਦਰ ਕਿਵੇਂ ਪਹੁੰਚ ਰਹੇ ਹਨ?\n\nਪੰਧੇਰ ਨੇ ਡਬਲ ਇੰਜਣ ਸਰਕਾਰਾਂ ਵਾਲੇ ਸੂਬਿਆਂ ਵਿੱਚ ਕਾਨੂੰਨ-ਵਿਵਸਥਾ ਦੀ ਸਥਿਤੀ ’ਤੇ ਵੀ ਸਵਾਲ ਚੁੱਕੇ।\n\nਇਨਸਾਫ਼ ਮਿਲਣ ਤੱਕ ਸੰਘਰਸ਼ ਜਾਰੀ ਰਹੇਗਾ\n\nਕਿਸਾਨ ਆਗੂਆਂ ਨੇ ਸਪੱਸ਼ਟ ਕੀਤਾ ਕਿ ਤਿੰਨ ਘੰਟਿਆਂ ਦਾ ਇਹ ਪ੍ਰਦਰਸ਼ਨ ਸਿਰਫ਼ ਸੰਕੇਤਕ ਰੋਸ ਸੀ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਚਿਤਾਵਨੀ ਦਿੱਤੀ ਕਿ ਜੇਕਰ ਸਰਕਾਰ ਨੇ ਨਸ਼ਿਆਂ ਵਿਰੁੱਧ ਠੋਸ ਕਾਰਵਾਈ ਨਾ ਕੀਤੀ ਅਤੇ ਇਨਸਾਫ਼ ਦੇਣ ਵਿੱਚ ਦੇਰੀ ਕੀਤੀ, ਤਾਂ ਅੰਦੋਲਨ ਨੂੰ ਹੋਰ ਵਿਸ਼ਾਲ ਰੂਪ ਦਿੱਤਾ ਜਾਵੇਗਾ।\n\nਆਗੂਆਂ ਨੇ ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਆਮ ਲੋਕਾਂ ਅਤੇ ਨੌਜਵਾਨਾਂ ਨੂੰ ਅਪੀਲ ਕੀਤੀ ਕਿ ਆਉਣ ਵਾਲੀਆਂ ਪੀੜ੍ਹੀਆਂ ਨੂੰ ਬਚਾਉਣ ਲਈ ਪਾਰਟੀਬਾਜ਼ੀ ਤੋਂ ਉੱਪਰ ਉੱਠ ਕੇ ਇਸ ਸੰਘਰਸ਼ ਵਿੱਚ ਇਕਜੁੱਟ ਹੋਣ。UPSTF ने अन्तर्राज्यीय हथियार तस्करी गैंग के एक सदस्य को गिरफ्तार किया
Noida, Uttar Pradesh:लखनऊ UPSTF को मिली सफलता अन्तर्राज्यीय स्तर पर अवैध शस्त्रों की तस्करी करने वाले गिरोह के सक्रिय सदस्य को किया गिरफ्तार Stf द्वारा पकड़े गए अभियुक्त-दुर्गेश पाण्डेय उर्फ विशु के पास से 3, 32 बोर अवैध पिस्टल हुवे बरामद Stf ने अभियुक्त को सहारा बाजार के पीछे, बेहनन का पुरवा, वेव माल के पास, थानाक्षेत्र विभूतिखण्ड, कमिश्नरेट लखनऊ से किया गिरफ्तार पूछताछ पर गिरफ्तार व्यक्ति ने अपना नाम दुर्गेश पाण्डेय उर्फ विशु पुत्र रामराज पाण्डेय बताया। उसका एक अवैध शस्त्रों की तस्करी का संगठित गिरोह है, जिसमें उसके कई अन्य मित्र भी शामिल हैं। ये लोग कई बार पूर्व में भी मध्य प्रदेश व बिहार से अवैध पिस्टलें खरीद कर लखनऊ, प्रतापगढ़ व सुलतानपुर जनपदों में बेच चुके हैं। ये लोग 30 से 40 हजार रूपये में पिस्टले खरीद कर 80 हजार से 01 लाख रूपये तक में बेच देते हैं।सीतापुर में 17 साल की शादी के बाद पति ने पत्नी को प्रेमी के साथ जाने दी
Sitapur, Uttar Pradesh:सीतापुर के मिश्रिख में एक अनोखा मामला सामने आया है, जहां 17 साल की शादी के बाद पति ने अपनी पत्नी को उसके प्रेमी के साथ जाने की इजाजत दे दी। पत्नी 22 दिन पहले घर से चली गई थी। वापस लौटी तो उसने पति के सामने प्रेमी के साथ रहने की इच्छा जाहिर की। इसके बाद पति ने खुद उसे विदा कर दिया। मामला मिश्रिख तहसील क्षेत्र का है। विपिन भार्गव के मुताबिक, उसकी शादी 12 मार्च 2009 को हुई थी। उनके दो बच्चे हैं, जिनकी उम्र 16 और 14 साल है। विपिन ने बताया कि पत्नी के घर से चले जाने के बाद उसने गुमशुदगी दर्ज कराई थी। 22 दिन बाद पत्नी लौटी तो उसने अम्बेडकर नगर निवासी राहुल के साथ जाने की बात कही। विपिन के अनुसार, दोनों की दोस्ती फेसबुक के जरिए हुई थी। इसके बाद तहसील परिसर में कागजी कार्रवाई हुई। फिर हनुमान मंदिर के सामने दोनों ने एक-दूसरे को माला पहनाई। विपिन ने खुद पत्नी को गाड़ी में बैठाया और दिल्ली के लिए विदा कर दिया। विपिन का कहना है कि अब उसका पत्नी से कोई लेना-देना नहीं है और दोनों अपनी जिंदगी में खुश रहें।जालौन के खेत में ट्यूबवेल के करंट से बुजुर्ग की मौत, परिवार शोक
Jalaun, Uttar Pradesh:जालौन के सिरसाकलार थाना क्षेत्र के ग्राम लोना में खेत पर बने ट्यूबवेल में काम करते समय बिजली का करंट लगने से 70 वर्षीय बुजुर्ग की दर्दनाक मौत हो गई। हादसे की खबर मिलते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। वहीं, घटना के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। दरअसल, ग्राम लोना निवासी जीत सिंह अपने खेत पर बने ट्यूबवेल में काम कर रहे थे। इसी दौरान अचानक वह बिजली के करंट की चपेट में आ गए। करंट लगने से उनकी हालत गंभीर हो गई और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। हादसे के बाद परिजनों को घटना की जानकारी मिली तो घर में मातम छा गया। जीत सिंह की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। उनके दो बेटे और तीन बेटियां हैं। पिता की असमय मौत से बच्चों के सिर से पिता का साया उठ गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और उन्हें सांत्वना देने के लिए ग्रामीण पहुंच रहे हैं। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बुजुर्ग की अचानक हुई मौत से गांव में शोक का माहौल है।रुदौली में चाय की चर्चा: 2027 के लिए भाजपा बनाम समाजवादी पार्टी का मूड
Ayodhya, Uttar Pradesh:अयोध्या में चाय पर चुनावी चर्चा का माहौल पूरी तरह गरम है भले ही अभी चुनाव की तारीख नही आई है।लेकिन माहौल बनना शुरू हो गया है आज हम बात कर रहे है रूदौली विधानसभा की जहा से रामचंद्र यादव बीजेपी से तीन बार के लगातार विधायक है।और यह सीट पूर्व के दिनों में सपा की गढ़ मानी जाती थी लेकिन इस बार क्या रुदौली में मौजूदा विधायक के कामकाज से जनता संतुष्ट है? क्या सड़क, रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य, किसानों की समस्याएं और स्थानीय विकास चुनावी मुद्दे बनेंगे? समाजवादी पार्टी की दावेदारी और विपक्ष की रणनीति का कितना असर होगा?इन सवालों के जवाब किसी राजनीतिक दफ्तर में नहीं, बल्कि जनता के बीच मिलेंगे। चाय की दुकान होगी, चाय की चुस्की होगी और होगी खुलकर चुनावी चर्चा। तो चलिए, सीधे रुदौली चलते हैं, जहां हमारे संवाददाता प्रवेश पांडेय जनता के बीच पहुंचकर जानेंगे—रुदौली का मूड क्या है और 2027 के लिए जनता के मन में क्या है? जब हमारी टीम ग्राउंड जीरो पर पर उतर कर लोगो की राय टटोलने की कोशिश की तो उसमें बीजेपी का पलड़ा भारी दिखा है यही नही चाय की दुकान पर बैठे मुस्लिम मतदाता ने कहा बीजेपी ने जो किया वह किसी पार्टी ने नही किया बीजेपी में सबका साथ सबका विकास होता है।यही मुस्लिम मतदाता ने अखिलेश यादव को लेकर कही दी बड़ी बातNH-139 फोरलेन मंजूर: पटना-औरंगाबाद से पलामू तक विकास रफ्तार पाएगा
Chhatrapati Sambhajinagar, Maharashtra:पटना से अरवल और औरंगाबाद होते हुए झारखंड के पलामू जिले को जोड़ने वाली एन एच-139 के फोरलेन निर्माण योजना को केंद्र सरकार की मंजूरी मिल गई है। स्वीकृति मिलते ही औरंगाबाद वासियों की चीर प्रतीक्षित मांग तो पूरी हो ही गई, इलाके के विकास में एक नया आयाम भी जुड़ गया है। पूर्व सांसद सुशील कुमार सिंह ने बताया कि इसके निर्माण का रास्ता अब साफ हो गया है। जल्द ही इसका टेंडर होगा और निर्माण कार्य की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। उन्होंने कहा कि बिहार को झारखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ तथा उत्तर प्रदेश से जोड़नेवाली इस सड़क का फोरलेन हो जाने से आवागमन तो सुगम होगा ही, विकास को भी रफ्तार मिलेगी। गौरतलब है कि पूर्व में इस फोरलेन को लेकर कई बार फंसे पेंच के बाद इस दफे मिली मंजूरी के बाद अब औरंगाबाद से पटना जाने के समय मे भी राहत मिलेगी और प्रतिदिन हो रहे सड़क हादसों से होनेवाले मौत वे आंकड़ो में भी कमी आएगी।गया के मंगलागौरी शक्तिपीठ में भक्तों की आस्था बरकरार
Gaya, Bihar:पालनपीठ के रूप में प्रसिद्ध है मां मंगलागौरी मंदिर, यहां पूरी होती है भक्तों की हर मनोकामना. गया की पावन नगरी की मान्यता हिन्दू धर्मलबियों के एक अलग ही पहचान और इतिहास के रूप में देखा जाता है और यहां आस्था का मुख्य केंद्र है मां के दरबार में आकर जो भी सच्चे मन से मां की पूजा व अर्चना करते हैं, मां उस भक्त पर खुश होकर उसकी हर मनोकामना को पूर्ण करती है. नवरात्र के मौके पर प्रत्येक देवी स्थानों पर भक्तों की भारी भीड़ इकट्ठा हो रही है. ऐसे में बिहार के गया शहर से कुछ ही दूरी पर भस्मकूट पर्वत पर स्थित शक्तिपीठ मां मंगलागौरी मंदिर पर सुबह से ही भक्तों का तांता लग जाता है. मान्यता है कि यहां मां सती का वक्ष स्थल गिरा था, जिस कारण यह शक्तिपीठ 'पालनहार पीठ' या 'पालनपीठ' के रूप में प्रसिद्ध है. पौराणिक ग्रंथों के मुताबिक, भगवान भोले शंकर जब अपनी पत्नी सती का जला हुआ शरीर लेकर तीनों लोकों में उद्विग्न होकर घूम रहे थे तो सृष्टि को बचाने के लिए भगवान विष्णु ने मां सती के शरीर को अपने सुदर्शन चक्र से काटा था. इसी क्रम में मां सती के शरीर के टुकड़े देश के विभिन्न स्थानों पर गिरे थे, जिन्हें बाद में शक्तिपीठ के रूप में जाना गया. इन्हीं स्थानों पर गिरे हुए टुकड़े में स्तन का एक टुकड़ा गया के भस्मकूट पर्वत पर गिरा था. इस शक्तिपीठ को असम के कामरूप स्थित मां कमाख्या देवी शक्तिपीठ के समान माना जाता है कालिका पुराण के अनुसार, गया में सती का स्तन मंडल भस्मकूट पर्वत के ऊपर गिरकर दो पत्थर बन गए थे. इसी प्रस्तरमयी स्तन मंडल में मंगलागौरी मां नित्य निवास करती हैं जो मनुष्य शिला का स्पर्श करते हैं, वे अमरत्व को प्राप्त कर ब्रह्मलोक में निवास करते हैं. इस शक्तिपीठ की विशेषता यह है कि मनुष्य अपने जीवन काल में ही अपना श्राद्ध कर्म यहां संपादित कर सकता है और उसकी हर मनोकामना को पूर्ण करती हैं. मां मान्यता है कि इस मंदिर में आकर जो भी सच्चे मन से मां की पूजा व अर्चना करते हैं, मां उस भक्त पर खुश होकर उसकी मनोकामना को पूर्ण करती है. ऐसी मान्यता है कि यहां पूजा करने वाले किसी भी भक्त को मां मंगला खाली हाथ नहीं भेजतीं. इस मंदिर में साल भर श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रहती है. यहां गर्भगृह में ऐसे तो काफी अंधेरा रहता है, परंतु כאן वर्षो से एक दीप प्रज्वलित हो रहा है. कहा जाता है कि यह दीपक कभी बुझता नहीं है. इस मंदिर में सिर्फ स्थानीय नहीं, बल्कि विदेशी भी आकर मां मंगला गौरी में पूजा अर्चना करते हैं. माता... चढ़कर ऊपर जाना पड़ता है. पुराणों में भी है इस मंदिर का उल्लेख पद्म पुराण, वायु पुराण, अग्नि पुराण आदि में. तांत्रिक कार्यों में भी इस मंदिर को प्रमुखता दी जाती है. हिंदू संप्रदाय में इस मंदिर में शक्ति का वास माना जाता है. इस मंदिर में उपa शक्ति पीठ भी है, जिसे भगवान शिव के शरीर का हिस्सा माना जाता है. शक्ति पोषण के प्रतीक को एक स्तन के रूप में पूजा जाता है. कई और भी मंदिर हैं...नवरात्र की संधि पूजा खत्म होने के बाद मां-मां कहकर फूट-फूट कर रो पड़े तृणमूल सांसद कल्याण बनर्जी
Hooghly, West Bengal:श्रीरामपुर: तृणमूल सांसद कल्याण बनर्जी श्रीरामपुर 5 और 6 नंबर पल्ली गोष्ठी और व्यवसायी समिति की दुर्गा पूजा के मुख्य संरक्षक थे। हर साल श्रीरामपुर स्टेशन से सटे आरएमएस मैदान में बड़े पैमाने पर पूजा का आयोजन करते थे। कल्याण अष्टमी और नवमी की संधि बेला में इस पूजा में हर साल भावुक होकर रो पड़ते थे।
सत्ता पलट के बाद आरएमएस मैदान की पूजा अब बीजेपी के हाथ में है। इस बार उस पूजा में कल्याण बनर्जी को जगह नहीं मिली। श्रीरामपुर में ही जिस आवास में वे रहते हैं, उसी गंगा दर्शन आवास की पूजा में कल्याण बनर्जी के आंसू देखने को मिले।
(जी न्यूज ब्यूरो रिपोर्ट)
