icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
न्यूज़ क्रिएटर बनें

आपकी स्थानीय कहानियाँ, आपकी आवाज़

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

दिल्ली के सरकारी स्कूलों में प्राथमिक चिकित्सा सुविधाएं, बच्चों की सुरक्षा की नई पहल

New Delhi, Delhi:*दिल्ली के सभी सरकारी स्कूलों में प्राथमिक उपचार के लिए मेडिकल सुविधाएं स्थापित करेगी दिल्ली सरकार।* छात्रों को मिलेगा सुरक्षित और संवेदनशील वातावरण, प्रत्येक स्कूल में तैनात होंगे प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मी कम लागत में विद्यार्थियों के कल्याण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल। दिल्ली सरकार ने राजधानी के सभी सरकारी स्कूलों में समर्पित चिकित्सा सुविधाएं स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कल्याणकारी प्रस्ताव तैयार किया है। दिल्ली के शिक्षा मंत्री श्री आशीष सूद ने कहा कि दिल्ली सरकार, शिक्षा निदेशालय के अंतर्गत आने वाले सभी सरकारी स्कूलों में मेडिकल सुविधाएं स्थापित करेगी। इस पहल का उद्देश्य स्कूल समय के दौरान विद्यार्थियों को तत्काल प्राथमिक उपचार और आवश्यक देखभाल उपलब्ध कराना है। विद्यार्थी अपने दिन का एक बड़ा हिस्सा स्कूलों में बिताते हैं। स्कूल के समय में छोटी-मोटी चोट लगना, अचानक तबीयत खराब होना, थकान, चक्कर आना और असहज महसूस करना जैसी परिस्थितियां सामान्य हैं। वर्तमान में कई सरकारी स्कूलों में ऐसी स्थिति में विद्यार्थियों को तत्काल देखभाल उपलब्ध कराने के लिए निर्धारित स्थान या बुनियादी सुविधाएं नहीं हैं। इसके कारण कई बार उपचार में अनावश्यक देरी होती है और विद्यार्थियों के साथ-साथ उनके अभिभावकों को भी चिंता का सामना करना पड़ता है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के अनुरूप यह योजना स्कूलों को सुरक्षित, समावेशी और विद्यार्थियों की आवश्यकताओं के प्रति संवेदनशील बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। प्रस्ताव की प्रमुख विशेषताएं 1. प्राथमिक उपचार की सुविधा: स्कूलों में स्थापित मेडिकल कक्षों में प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मियों की निगरानी में घाव की ड्रेसिंग, ओआरएस (ORS) देना और आवश्यकता पड़ने पर विद्यार्थियों को कुछ समय आराम करने की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।स्कूलों में जांच संबंधी चिकित्सा सेवाएं या डॉक्टर के पर्चे पर दी जाने वाली दवाएं उपलब्ध नहीं कराई जाएंगी। 2. प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मियों की तैनाती: प्रत्येक स्कूल में एक प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मी, जैसे सहायक नर्स मिडवाइफ (ANM) या बहुउद्देशीय स्वास्थ्यकर्मी (Multipurpose Health Worker), को तैनात किया जाएगा। ये स्वास्थ्यकर्मी विद्यार्थियों की तत्काल स्वास्थ्य संबंधी आवश्यकताओं और किशोरावस्था से जुड़े स्वास्थ्य विषयों में सहायता प्रदान करेंगे। 3. छात्राओं के लिए विशेष सुविधा: मेडिकल कक्ष में छात्राओं को मासिक धर्म से संबंधित आवश्यकताओं के दौरान सुरक्षित, निजी और सुविधाजनक स्थान उपलब्ध कराया जाएगा। 4. चरणबद्ध क्रियान्वयन और वित्तीय प्रावधान: सभी 1,086 सरकारी स्कूलों को इस योजना के दायरे में लाने के लिए अनुमानित वार्षिक वित्तीय व्यय ₹48.87 करोड़ होगा। योजना को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। पहले चरण में उन स्कूलों में मेडिकल सुविधाएं स्थापित की जाएंगी, जहां इसके लिए अलग कमरे उपलब्ध हैं। इसके बाद वैकल्पिक कमरों और पोर्टा केबिन के माध्यम से अन्य स्कूलों में भी यह सुविधा सुनिश्चित की जाएगी। शिक्षा मंत्री श्री आशीष सूद ने बताया की सरकार की दिल्ली सरकार के स्कूलों में पढ़ने वाले प्रत्येक बच्चे को सुरक्षित और देखभालपूर्ण वातावरण मिलना चाहिए। जब स्कूल के समय में किसी विद्यार्थी की तबीयत खराब होती है या उसे चोट लगती है, तो अभिभावकों और शिक्षकों को यह भरोसा होना चाहिए कि स्कूल परिसर में ही तत्काल प्राथमिक उपचार और उचित देखभाल की सुविधा उपलब्ध है। दिल्ली सरकार की यह पहल सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों के स्वास्थ्य, सुरक्षा और कल्याण को प्राथमिकता देने तथा उन्हें बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
0
0
Report
Advertisement

पुलिस का बड़ा एक्शन! दो मुठभेड़ों में 3 इनामी गिरफ्तार,2 के पैर में लगी गोली; असलहे और कारतूस बरामद

ATAlok TripathiFollow32m ago
Ghazipur, Uttar Pradesh:गाजीपुर के भांवरकोल थाना क्षेत्र में 13 अक्टूबर को हुई फायरिंग की घटना में वांछित इनामी अभियुक्तों के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने दो अलग-अलग मुठभेड़ों में 25-25 हजार रुपये के इनामी तीन अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें दो अभियुक्तों आशुतोष राय व सर्वेश राय सगे भाई है और थाने का हिस्ट्रीशीटर है। पुलिस मुठभेड़ के दौरान आशुतोष राय के बाएं पैर में और सर्वेश राय को दाएं पैर में गोली लगी है। जिन्हें उपचार के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। गिरफ्तार अभियुक्तों के कब्जे से पिस्टल, देसी तमंचा और कारतूस बरामद की है। इस बात की पुष्टि सीओ मोहम्मदाबाद सुधाकर पाण्डेय ने की है। इस दौरान उन्होंने बताया कि भांवरकोल थाना क्षेत्र में फायरिंग कर दो चचेरे भाइयों को घायल करने और दहशत फैलाने के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीन इनामी अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। 13 अक्टूबर 2026 को हुई फायरिंग की घटना के बाद से आरोपी वांछित चल रहे थे। इसी मामले में पुलिस ने 25 हजार रुपये के इनामी सर्वेश राय उर्फ सिट्टू को मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार किया। सर्वेश राय सुखडेहरा गांव का निवासी बताया गया है। मुठभेड़ के दौरान उसके दाहिने पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे उपचार के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। वहीं, इसी फायरिंग प्रकरण में पुलिस ने 25-25 हजार रुपये के इनामी आशुतोष राय उर्फ आशु उर्फ बिट्टू और उपेंद्र राय को भी मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार किए जाने की जानकारी दी है। पुलिस के अनुसार, मुठभेड़ में आशुतोष राय के बाएं पैर में गोली लगी और उसे भी इलाज के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। कार्रवाई के दौरान सर्वेश राय के कब्जे से .32 बोर की पिस्टल, एक खोखा कारतूस और एक जिंदा कारतूस बरामद किया गया। वहीं, आशुतोष राय और उपेंद्र राय से संबंधित कार्रवाई में 315 बोर का एक देसी तमंचा, एक खोखा कारतूस और एक जिंदा कारतूस बरामद की गई है। गिरफ्तार अभियुक्तों में कुछ का आपराधिक इतिहास भी रहा है। सर्वेश राय के खिलाफ हत्या, अपहरण, गैंगस्टर एक्ट, हत्या के प्रयास और एससी-एसटी एक्ट समेत विभिन्न मामलों में मुकदमे दर्ज होने का उल्लेख है। वहीं, आशुतोष राय के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, मारपीट, धमकी और आर्म्स एक्ट समेत कई मामलों का जिक्र पुलिस ने किया है। उपेंद्र राय के खिलाफ भी पूर्व का एक मुकदमा दर्ज बताया गया है। फिलहाल, पुलिस मुठभेड़, बरामदगी और संबंधित मुकदमों में आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही है।
0
0
Report

गाजीपुर में PET परीक्षा पर DM-SP का सख्त पहरा, औचक निरीक्षण से मचा हड़कंप, CCTV से चेकिंग तक हर...

ATAlok TripathiFollow34m ago
Ghazipur, Uttar Pradesh:गाजीपुर में PET परीक्षा 2026 को निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने परीक्षा केंद्रों पर पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्था का औचक निरीक्षण किया। सनबीम विद्यालय और एवरग्रीन विद्यालय समेत विभिन्न केंद्रों पर अधिकारियों ने सीसीटीवी निगरानी, अभ्यर्थियों की चेकिंग और सुरक्षा इंतजामों का जायजा लिया। अधिकारियों ने साफ निर्देश दिया कि परीक्षा की शुचिता से किसी भी तरह का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। बता दें कि गाजीपुर में PET परीक्षा को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस की पैनी नजर बनी हुई है। रविवार, 25 अक्टूबर 2026 को उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की प्रारंभिक अर्हता परीक्षा को शांतिपूर्ण, निष्पक्ष और पारदर्शी ढंग से संपन्न कराने के लिए जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने संयुक्त रूप से विभिन्न परीक्षा केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने सनबीम विद्यालय और एवरग्रीन विद्यालय सहित परीक्षा केंद्रों पर पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्था की हकीकत परखी। परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों की चेकिंग प्रक्रिया, सीसीटीवी कैमरों से निगरानी और कंट्रोल रूम की व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लिया गया। परीक्षा में किसी भी तरह की गड़बड़ी रोकने के लिए सख्त निर्देश! जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक ने केंद्रों पर तैनात पुलिसकर्मियों को पूरी सतर्कता के साथ ड्यूटी करने और संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी नजर रखने के निर्देश दिए। साथ ही परीक्षा केंद्रों के बाहर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत बनाए रखने पर जोर दिया गया। अधिकारियों ने केंद्र व्यवस्थापकों को स्पष्ट निर्देश दिया कि परीक्षा की पारदर्शिता और शुचिता हर हाल में बनाए रखी जाए। सीसीटीवी निगरानी और निर्धारित चेकिंग प्रक्रिया में किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए। फिलहाल, गाजीपुर में PET परीक्षा को निष्पक्ष और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस मुस्तैद है। अब देखना होगा कि प्रशासन की इस सख्ती के बीच परीक्षा की प्रक्रिया किस तरह संपन्न होती है।
0
0
Report
Advertisement

दिल्ली के सरकारी स्कूलों में प्राथमिक चिकित्सा सुविधाएं स्थापित होंगी

New Delhi, Delhi:दिल्ली के सभी सरकारी स्कूलों में प्राथमिक उपचार के लिए मेडिकल सुविधाएं स्थापित करेगी दिल्ली सरकार। छात्रों को मिलेगा सुरक्षित और संवेदनशील वातावरण, प्रत्येक स्कूल में तैनात होंगे प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मी कम लागत में विद्यार्थियों के कल्याण की दिशा में महत्वपूर्ण पहल。 दिल्ली सरकार ने राजधानी के सभी सरकारी स्कूलों में समर्पित चिकित्सा सुविधाएं स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कल्याणकारी प्रस्ताव तैयार किया है। दिल्ली के शिक्षा मंत्री श्री आशीष सूद ने कहा कि दिल्ली सरकार, शिक्षा निदेशालय के अंतर्गत आने वाले सभी सरकारी स्कूलों में मेडिकल सुविधाएं स्थापित करेगी। इस पहल का उद्देश्य स्कूल समय के दौरान विद्यार्थियों को तत्काल प्राथमिक उपचार और आवश्यक देखभाल उपलब्ध कराना है。 विद्यार्थी अपने दिन का एक बड़ा हिस्सा स्कूलों में बिताते हैं। स्कूल के समय में छोटी-मोटी चोट लगना, अचानक तबीयत खराब होना, थकान, चक्कर आना और असहज महसूस करना जैसी परिस्थितियां सामान्य हैं। वर्तमान में कई सरकारी स्कूलों में ऐसी स्थिति में विद्यार्थियों को तत्काल देखभाल उपलब्ध कराने के लिए निर्धारित स्थान या बुनियादी सुविधाएं नहीं हैं। इसके कारण कई बार उपचार में अनावश्यक देरी होती है और विद्यार्थियों के साथ-साथ उनके अभिभावकों को भी चिंता का सामना करना पड़ता है。 राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के अनुरूप यह योजना स्कूलों को सुरक्षित, समावेशी और विद्यार्थियों की आवश्यकताओं के प्रति संवेदनशील बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है。 प्रस्ताव की प्रमुख विशेषताएं 1. प्राथमिक उपचार की सुविधा: स्कूलों में स्थापित मेडिकल कक्षों में प्रशिक्षितhealthकर्मियों की निगरانی में घाव की ड्रेसिंग, ओआरएस (ORS) देना और आवश्यकता पड़ने पर विद्यार्थियों को कुछ समय आराम करने की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।स्कूलों में जांच संबंधी चिकित्सा सेवाएं या डॉक्टर के पर्चे पर दी जाने वाली दवाएं उपलब्ध नहीं कराई जाएंगी। 2. प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मियों की तैनाती: प्रत्येक स्कूल में एक प्रशिक्षित स्वास्थ्यकर्मी, जैसे सहायक नर्स मिडवाइफ (ANM) या बहुउद्देशीय स्वास्थ्यकर्मी (Multipurpose Health Worker), को तैनात किया जाएगा। ये स्वास्थ्यकर्मी विद्यार्थियों की तत्काल स्वास्थ्य संबंधी आवश्यकताओं और किशोरावस्था से जुड़े स्वास्थ्य विषयों में सहायता प्रदान करेंगे। 3. छात्राओं के लिए विशेष सुविधा: मेडिकल कक्ष में छात्राओं को मासिक धर्म से संबंधित आवश्यकताओं के दौरान सुरक्षित, निजी और सुविधाजनक स्थान उपलब्ध कराया जाएगा। 4. चरणबद्ध क्रियान्वयन और वित्तीय प्रावधान: सभी 1,086 सरकारी स्कूलों को इस योजना के दायरे में लाने के लिए अनुमानित वार्षिक वित्तीय व्यय ₹48.87 करोड़ होगा。 योजना को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। पहले चरण में उन स्कूलों में मेडिकल सुविधाएं स्थापित की जाएंगी, जहां इसके लिए अलग कमरे उपलब्ध हैं। इसके बाद वैकल्पिक कमरों और पोर्टा केबिन के माध्यम से अन्य स्कूलों में भी यह सुविधा सुनिश्चित की जाएगी。 शिक्षा मंत्री श्री आशीष सूद ने बताया की सरकार की दिल्ली सरकार के स्कूलों में पढ़ने वाले प्रत्येक बच्चे को सुरक्षित और देखभालपूर्ण वातावरण मिलना चाहिए। जब स्कूल के समय में किसी विद्यार्थी की तबीयत खराब होती है या उसे चोट लगती है, तो अभिभावकों और शिक्षकों को यह भरोसा होना चाहिए कि स्कूल परिसर में ही तत्काल प्राथमिक उपचार और उचित देखभाल की सुविधा उपलब्ध है। दिल्ली सरकार की यह पहल सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों के स्वास्थ्य, सुरक्षा और कल्याण को प्राथमिकता देने तथा उन्हें बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
0
0
Report
Advertisement

गाजियाबाद में PDA सम्मान समारोह और साइकिल वितरण कार्यक्रम बंद, छात्राएं निराश होकर लौटीं

Ghaziabad BureauGhaziabad BureauFollow41m ago
Ghaziabad, Uttar Pradesh:गाजियाबाद के लोनी विधानसभा क्षेत्र के गढ़ी कट्टैया गांव में आयोजित होने वाला PDA सम्मान समारोह और साइकिल वितरण कार्यक्रम प्रशासन ने बंद करा दिया। कार्यक्रम के आयोजक अनुज प्रधान ने आरोप लगाया कि प्रशासन ने उनके कार्यक्रम को जबरन बंद करा दिया, जिसके बाद मौके पर पहुंची छात्राओं को निराश होकर वापस लौटना पड़ा। आयोजक के मुताबिक, कार्यक्रम में पात्र स्कूली छात्राओं को साइकिल वितरित की जानी थी। इसके लिए बड़ी संख्या में छात्राएं कार्यक्रम स्थल पर पहुंची थीं। छात्राओं को उम्मीद थी कि उन्हें स्कूल आने-जाने के लिए साइकिल मिलेगी, लेकिन कार्यक्रम निरस्त होने से उनकी उम्मीदों पर पानी फिर गया। वहीं, लोनी नगर पालिका प्रशासन की ओर से आयोजक को 10 लाख 80 हजार रुपये के जुर्माने का नोटिस जारी किए जाने की जानकारी सामने आई है। इस कार्रवाई को लेकर आयोजक ने प्रशासन पर सवाल उठाए हैं। कार्यक्रम स्थल पर पहुंची छात्राओं ने भी अपनी निराशा जाहिर की। अब इस पूरे मामले में प्रशासन की कार्रवाई और आयोजक के आरोप चर्चा का विषय बने हुए हैं। फिलहाल, कार्यक्रम बंद कराए जाने के कारणों और जुर्माने के नोटिस को लेकर प्रशासन का पक्ष सामने आना बाकी है।
0
0
Report

बृजभूषण का बड़ा सियासी बयान

VIVEK DUBEYVIVEK DUBEYFollow43m ago
Etawah, Uttar Pradesh:इटावा में क्षत्रिय स्वाभिमान मंच के दशहरा मिलन समारोह में पहुंचे पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने सपा-कांग्रेस के संभावित गठबंधन को लेकर बड़ा बयान दिया है। कांग्रेस को सीटें देने के सवाल पर बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि अगर फैसला लेने का अधिकार उनके हाथ में होता, तो उत्तर प्रदेश में कांग्रेस को 25 से ज्यादा सीटें नहीं देते। उन्होंने दो टूक कहा—“हमको यदि देना होता, तो 25 सीटों से अधिक नहीं देते।” वहीं, फारुख अब्दुल्ला के पाकिस्तान को लेकर दिए बयानों पर भी उन्होंने निशाना साधा और कहा कि पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर भारत का हिस्सा है और आज नहीं तो कल वह भारत का हिस्सा बनेगा। 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर उन्होंने कहा कि प्रदेश में राजनीतिक गतिविधियां जोर-शोर से चल रही हैं और चुनाव में मजा आएगा। ओवैसी और चंद्रशेखर के संभावित गठबंधन पर उन्होंने कहा कि ओवैसी नेता हैं, जबकि सपा को नुकसान के सवाल पर बोले—हम कौन होते हैं यह बताने वाले। वहीं, अखिलेश यादव की आजम खान से मुलाकात पर उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव को आजम खान से थोड़ा पहले मिलना चाहिए था।
0
0
Report

गाजियाबाद पहुंचीं कांग्रेस नेता रागिनी नायक, ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान का किया आह्वान

Ghaziabad BureauGhaziabad BureauFollow48m ago
Ghaziabad, Uttar Pradesh:गाजियाबाद जिला कांग्रेस कमेटी कार्यालय पर पहुंची कांग्रेस की वरिष्ठ नेता रागिनी नायक घर-घर जाकर मतदाता सूची की जांच और गांवों में चौपाल लगाने की बात कही, मुख्य निर्वाचन आयुक्त की भूमिका पर उठाए सवाल इंद्रेश शर्मा, गाजियाबाद। कांग्रेस नेता रागिनी नायक ने गाजियाबाद स्थित जिला कांग्रेस कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ अभियान की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे के नेतृत्व में कांग्रेस विपक्षी दलों के साथ मिलकर देशव्यापी जनजागरूकता अभियान चला रही है। इसके तहत कांग्रेस कार्यकर्ता बूथ स्तर पर घर-घर जाकर मतदाता सूची की जांच करने और पात्र मतदाताओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करने का प्रयास करेंगे। उन्होंने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार की भूमिका पर सवाल उठाते हुए चुनावी प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं के आरोप लगाए। रागिनी नायक ने कहा कि अभियान के तहत एक से 25 तारीख तक गांवों में चौपाल और जनसंपर्क कार्यक्रम आयोजित कर मताधिकार की रक्षा का संदेश दिया जाएगा। उन्होंने 25 और 26 नवंबर को दिल्ली पहुंचने के लिए ‘दिल्ली चलो’ अभियान का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची की पारदर्शिता और नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों का मुद्दा सड़क से संसद तक उठाया जाएगा। कांग्रेस नेता ने चुनावी प्रक्रिया से जुड़े सवालों पर जवाबदेही की मांग करते हुए मुख्य निर्वाचन आयुक्त के इस्तीफे की मांग भी की। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में नागरिकों के मताधिकार और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की रक्षा आवश्यक है। हालांकि, मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं से जुड़े आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि आवश्यक है। बाइट, रागिनी नायक, नेत्री कांग्रेस पार्टी
0
0
Report
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Back to top