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Mukesh SinghMukesh SinghFollow23 Jan 2025, 10:47 am

Etawah- दहेज हत्या के मामले में फरार चल रहे मुख्य आरोपी को पुलिस ने किया गिरफ्तार

Chakar Nagar, Uttar Pradesh:चकरनगर थाना क्षेत्र के ग्राम नगला कडोरी में 1 जनवरी को नव विवाहिता अंजू देवी की संदिग्ध परिस्तिथि में मौत हो गई थी।नव विवाहिता की शादी को मात्र 39 दिन ही हुए थे तभी मृतिका के भाई पंकज पुत्र अशोक कुमार ग्राम दौलतपुर मुखी जनपद एटा ने पति,सास,ससुर सहित 7 नामजदों के खिलाफ मुक़दमा दर्ज कराया था तब से लगातार सभी नामजद लोग फ़रार चल रहे थे।उक्त घटना के मुख्य आरोपी यानि मृतिका के पति शैलेन्द्र पुत्र इंदल सिंह निवासी नगला कडोरी को आज गुरुवार 10 बजे मुखबिर की सूचना पर चकरनगर पुलिस ने सगरा मोड़ से गिरफ्तार कर मेडिकल परीक्षण कराते हुए जेल भेज दिया ।
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प्रवेश वर्मा के खिलाफ एफआईआर और वीडियो से साक्ष्य मिलने पर कार्रवाई की मांग

New Delhi, Delhi:तीन दिन से हम लोग पुलिस से माँग कर रहे है की FIR दर्ज की जाए प्रवेश वर्मा के ख़िलाफ़, प्रवेश वर्मा ने थप्पड़ मारा युवक को और उसका मोबाइल भी छीना, जिसमे सारी वीडियो रिकॉर्ड हो रही थी। जब प्रवेश वर्मा वहाँ थे तो वे सड़क के पूरे मामले को डिफेंड कर रहे थे और उसकी रिकॉर्डिंग मोबाइल में हो रही थी इसलिए मोबाइल को छीना, और थप्पड़ मारा। वीडियो दिखाई है, कैसे प्रवेश वर्मा ने थप्पड़ मारा और मोबाइल छीना। प्रवेश वर्मा पर मुक़दमा बनता है, SHO भी इसमें शामिल है उसने धक्का दिया। पुलिस का काम था प्रवेश वर्मा को वही रोका जाता, और उनको हिरासत में लेते। हम ACB ऑफिस 3 बजे जाएँगे और इसकी शिकायत करेंगे, हम माँग करते की सड़क की जाँच किसी एजेंसी से की जाए। प्रवेश वर्मा मोबाइल छीनते हैं। हम लोगो पर मुक़दमा पुलिस दायर कर रह रही है जो भ्रष्टाचार को उजागर कर रहे है हमारे विधायक जेरनेल सिंह पर मुक़दमा कर दिया है। पुलिस ने मेरे ऊपर भी FIR दर्ज कर दी की पुलिस कर्मी को पीटा गया, कांस्टेबल की पिटाई की है, हमने कमिश्नर को शिकायत की है और मामला दर्ज नहीं होगा तो कोर्ट जाएँगे जो व्यक्ति पुलिस कर्मी बताया जा रहा है जिसकी पिटाई की बात कही जा रही है वो जाति सूचक शब्द का इस्तेमाल कर हमारे कार्यकर्ता को भड़का रहा था हमारे लोग पुलिस कर्मी को बता रहे है की यह व्यक्ति गुंडागर्दी कर रहा है हमने उसको पुलिस को पकड़कर दिया । साक्षी गुप्ता, आप कार्यकर्ता मुझे जबरन मेल पुलिस कर्मियों ने घसीटा और पेंट में हाथ डालकर और चेस्ट पकड़कर मुझे खिच रहे थे। सभी ने बताया की यह महिला है। सारिका चौधरी, आप पार्षद यह पहली घटना नहीं है पुलिस कर्मी की इसके पहले भी इसी तरह किया, इनके पास महिला पुलिस कर्मी नहीं थी कल भी कपड़े फाड़े गए। यह गुंडे है दरनिंदे है, हमने कमिश्नर को शिकायत दी है, 6 बजे के बाद महिला को अरेस्ट नहीं कर सकते है इन्होंने हमारी कार्यकर्ता को रात में नजफगढ़ के पास छोड़ा यह हैरेसमेंट है।
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बडगाम जंगलों में LeT कमांडर मूसा फौजी मारा गया: सुरक्षा बलों की बड़ी जीत

Badgam, EXCLUSIVE GROUND REPORT सुरक्षा बलों ने आतंकवाद के खिलाफ अब तक का सबसे बड़ा ऑपरेशन चलाया। लश्कर-ए-तैयबा के फील्ड कमांडर आसिफ उर्फ मूसा फौजी, जिसे 1 करोड़ रुपये का इनाम था, को बडगाम के कैवन जंगलों में रात भर चले ऑपरेशन में मार गिराया गया। मूसा 2023 से सक्रिय था और उसने जम्मू-कश्मीर में कई बड़े हमलों की साजिश रची थी, जिनमें पहलगाम का जानलेवा हमला भी शामिल है। सुरक्षा बलों के एक संयुक्त ऑपरेशन में, मध्य कश्मीर के बडगाम जिले के कैवन जंगलों में लश्कर-ए-तैयबा के फील्ड कमांडर आसिफ मूसा (जिसे आसिफ फौजी के नाम से भी जाना जाता था) को मार गिराया गया। यह ऑपरेशन SOG बडगाम, 53 RR, पैराकमांडो और CRPF बडगाम यूनिट ने मिलकर चलाया था। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, आसिफ मूसा लगभग तीन साल से जम्मू-कश्मीर में सक्रिय था; वह 22 सितंबर 2023 को भारतीय सीमा में दाखिल हुआ था। पिछले तीन सालों में उसने पीर पंजाल रेंज के दोनों तरफ अपने ठिकाने बनाए और बड़े पैमाने पर गतिविधियाँ चलाईं। वह पहले पुंछ जिले के घने जंगलों से गुज़रा और बाद में अपना ध्यान मध्य कश्मीर के बडगाम, गांदरबल, पहलगाम और युसमर्ग इलाकों पर केंद्रित किया। अधिकारियों ने बताया कि मूसा के खिलाफ बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान चलाया गया था क्योंकि वह सुरक्षा बलों पर कई हमलों में शामिल था, जिनमें पहलगाम का जानलेवा हमला, ज़ोजिला टनल हमला और गुलमर्ग हमला शामिल हैं। दो बार घेराबंदी से बच निकलने के बाद उस पर इनाम की राशि 20 लाख रुपये से बढ़ाकर 1 करोड़ रुपये कर दी गई थी। हाल ही में वह बच निकलने में कामयाब रहा था, और फिर 5 सितंबर 2026 को बडगाम के जंगलों में सुरक्षा बलों द्वारा चलाए गए ऑपरेशन अशदार में उसका करीबी साथी यासिर उर्फ अबू तलहा भी मारा गया था। मूसा के खिलाफ ऑपरेशन कैसे चलाया गया? पिछले 5 दिनों से सुरक्षा बलों को कैवन जंगलों में मूसा की गतिविधियों के बारे में जानकारी मिल रही थी। इसलिए, एक ऑपरेशन प्लान तैयार किया गया। SOG बडगाम के स्थानीय लोगों की मदद से उसकी गतिविधियों की पुष्टि की गई। गतिविधि की पुष्टि होने के बाद, घात लगाकर हमला करने की योजना बनाई गई और सुरक्षा के लिए हवाई निगरानी भी रखी गई। सूत्रों के अनुसार, पिछले दो दिनों से मूसा खाना लेने के लिए जंगल से नीचे आ रहा था; यह उसकी नियमित गतिविधि थी, इसलिए इसी आधार पर ऑपरेशन की योजना बनाई गई। जब कल रात मूसा खाने के लिए नीचे आया, तो SOG बडगाम, जम्मू-कश्मीर पुलिस, पैरा कमांडो, भारतीय सेना की RR और CRPF बडगाम यूनिट की स्पेशल ऑपरेशनों पार्टी घात लगाकर बैठी थी। थोड़ी देर चली गोलीबारी में रात 10:30 से 11:00 बजे के बीच मूसा को मार गिराया गया। तब से लेकर अब तक जंगलों में तलाशी अभियान जारी है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इलाके में कोई और आतंकवादी तो मौजूद नहीं है। किसा मूसा फौजी? मोहम्मद आसिफ, उर्फ ​​हाशिम मूसा (जिसे आमतौर पर मूसा फौजी या आसिफ फौजी के नाम से जाना जाता था), मूल रूप से पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के अटक जिले के नसीराबाद इलाके में स्थित ढोक मालियार गांव का रहने वाला था। 22 सितंबर 2023 को डेरा की गली के रास्ते भारत में घुसपैठ करने से पहले, वह पाकिस्तान के रावलपिंडी के न्यू चक्रा इलाके में मोहल्ला कोहिसार कॉलोनी में रहता था। सुरक्षा बलों के पास मौजूद जानकारी के अनुसार, लश्कर-ए-तैयबा कमांडर के तौर पर जम्मू-कश्मीर में घुसपैठ करने से पहले, उसने कई वर्षों तक पाकिस्तान सेना के खास स्पेशल सर्विस ग्रुप में सेवा की थी। सूत्रों के मुताबिक, उसका सर्विस नंबर PA-3106947 था और वह हवलदार के पद पर था। पुलिस सूत्रों ने बताया कि पाकिस्तान सेना ने उसे LeT समूह के ऑपरेशनों को बढ़ावा देने के मकसद से जम्मू-कश्मीर भेजा था। पैरा कमांडो के तौर पर उसकी ट्रेनिंग उसे खास तौर पर खतरनाक बनाती थी, क्योंकि उसे गैर-पारंपरिक युद्ध, गुप्त मिशन और ज़्यादा जोखिम वाले टैक्टिकल ऑपरेशन्स में महारत हासिल थी। अधिकारियों ने बताया कि वह आधुनिक हथियारों को चलाने में माहिर था, आमने-सामने की लड़ाई में कुशल था और उसमें नेविगेशन और सर्वाइवल की बेहतरीन क्षमताएं थीं। मूसा की पृष्ठभूमि और गतिविधियों के बारे में जानकारी तब मिली जब पहलगाम हमले की जांच के दौरान क Kashmir के 14 OGWs में से एक से पूछताछ की गई। उस समय सुरक्षा बलों ने एक तस्वीर जारी की थी जिसमें 4 आतंकवादी दिखाई दे रहे थे; उनमें से एक मूसा फौजी था। सबसे पहले, वह पुंछ-राजौरी में पीर-पंजाल रेंज में रहा। अधिकारियों के मुताबिक, मूसा 2024 की शुरुआत में हुए तीन और हमलों में सीधे तौर पर शामिल था, जिससे इस इलाके में एक अहम आतंकवादी के तौर पर उसकी पहचान पक्की हो गई। उसने पहला हमला 4 अगस्त 2023 को कुलगाम- पुंछ बॉर्डर पर स्थित हालन गांव में किया। गोलीबारी के दौरान सेना के तीन जवान गंभीर रूप से घायल हो गए और बाद में अस्पताल में उनकी मौत हो गई। दूसरा हमला उसने 21 दिसंबर 2023 को पुंछ के डेहरा की गली में किया। यह हमला राजौरी और पुंछ की सीमा से सटे सुरनकोट इलाके में डेरा की गली और बुफलियाज के बीच धत्यार मोड़ पर हुआ था। इस हमले में चार सैनिक शहीद हो गए और तीन अन्य घायल हो गए। तीसरा हमला उसने 4 मई 2024 को पुंछ के शास्तर में IAF के काफिले पर घात लगाकर किया। इसमें IAF का एक कॉर्पोरल मारा गया और चार अन्य एयर वॉरियर्स को गोली लगी। चौथा हमला उसने 24 अक्टूबर 2024 को गुलमर्ग के बुटा पथरी में एक कैंप पर किया। इसमें चार लोग मारे गए - भारतीय सेना के दो सैनिक और सेना के लिए पोर्टर का काम करने वाले दो आम नागरिक। बाद में उसे जम्मू-कश्मीर में LeT का फील्ड कमांडर बनाया गया। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, पहलगाम हमला, ज़ोजिला टनल हमला और कोकरनाग में गाडोल हमला उसी ने करवाया था। सुरक्षा एजेंसियों ने मूसा को कश्मीर में LeT का सबसे ज़्यादा वांछित कमांडर बताया है। वह घाटी में कई हमलों में शामिल रहा है, जिनमें पुंछ-राजौरी, गुलमर्ग, गांदरबल और पहलगाम की घटनाएं शामिल हैं। अप्रैल 2025 में पहलगाम हमले के बाद, जांच एजेंसियों ने हमले से जुड़े चार आतंकवादियों की तस्वीरें जारी कीं। इनमें अबू तलहा, सुलेमान शाह और हाशिम मूसा (सभी पाकिस्तानी) और जुनैद अहमद (स्थानीय) शामिल थे। अधिकारियों ने बताया कि मूसा कश्मीर में LeT के ऑपरेशन्स की कमान संभाल रहा था और पहलगाम हमले की योजना बनाने में उसकी अहम भूमिका थी। सुरक्षा बलों ने अब इन चारों आतंकवादियों को मार गिराया है; मूसा आखिरी आतंकवादी था। कल के ऑपरेशन को कश्मीर में LeT के कमांड स्ट्रक्चर के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है। इस मामले में औपचारिक प्रक्रियाएं और आगे की जांच अभी जारी है। आर्मी की चिनार कॉर्प्स ने X पर मूसा के मारे जाने की पुष्टि की। Based on specific intelligence input, a Joint Search Operation was launched by Indian Army, @JmuKmrPolice and @crpf_srinagar in general area Korag, Yousmarg. Vigilant troops observed suspicious activity and upon being challenged, terrorists opened fire, prompting a fierce exchange of gunfire during which one terrorist was neutralised. Operation is in progress, it said.
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बिलासपुर पुलिस का साइबर जागरुकता कार्यक्रम: फर्जी लिंक और APK से कैसे बचें?

Bilaspur, Chhattisgarh:बिलासपुर।मोबाइल और इंटरनेट के बढ़ते इस्तेमाल के साथ साइबर अपराध के मामले भी लगातार सामने आ रहे हैं। कभी फर्जी लिंक भेजकर तो कभी APK फाइल डाउनलोड कराने के बहाने साइबर ठग लोगों की निजी और बैंकिंग संबंधी जानकारी हासिल करने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे में लोगों को साइबर अपराधों के प्रति जागरूक करने के लिए बिलासपुर पुलिस ने एक विशेष संवाद कार्यक्रम आयोजित किया। लाल बहादुर शास्त्री सभागार में आयोजित इस कार्यक्रम में आईजी रामगोपाल गर्ग और एसपी रजनेश सिंह ने छात्र-छात्राओं, व्यापारियों और आम नागरिकों से सीधे संवाद कर उनकी शंकाओं का समाधान किया। साथ ही संदिग्ध लिंक, अनजान कॉल और फर्जी एप्लीकेशन से सतर्क रहने की अपील की। बिलासपुर के लाल बहादुर शास्त्री सभागार में आयोजित साइबर जागरूकता संवाद कार्यक्रम में आईजी रामगोपाल गर्ग, एसपी रजनेश सिंह सहित पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं, शिक्षकों, बैंक अधिकारियों, सामाजिक संगठनों, व्यापारियों और आम नागरिकों ने हिस्सा लिया। इस दौरान पुलिस अधिकारियों ने साइबर अपराध के बदलते तरीकों की जानकारी देने के साथ ही लोगों की समस्याएं और सवाल भी सुने। विशेष रूप से मोबाइल पर आने वाले अनजान लिंक, फर्जी कॉल और APK फाइल के जरिए होने वाली ठगी को लेकर लोगों को आगाह किया गया। पुलिस ने बताया कि साइबर ठग अलग-अलग बहाने बनाकर लोगों को संदिग्ध एप्लीकेशन डाउनलोड करने के लिए प्रेरित करते हैं और इसके जरिए मोबाइल में मौजूद निजी जानकारी तक पहुंचने की कोशिश करते हैं। ऐसे में किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक करने या अज्ञात स्रोत से एप्लीकेशन डाउनलोड करने से पहले उसकी विश्वसनीयता जांचना जरूरी है। कार्यक्रम में साइबर ठगी के शिकार कुछ लोगों ने अपने अनुभव भी साझा किए, जिससे यह समझने का मौका मिला कि ठग किस तरह लोगों का भरोसा जीतकर या उन्हें डराकर ऑनलाइन धोखाधड़ी करते हैं। पुलिस ने स्पष्ट किया कि किसी भी परिस्थिति में OTP, पासवर्ड और बैंकिंग से जुड़ी गोपनीय जानकारी किसी अनजान व्यक्ति के साथ साझा न करें। यदि कोई संदिग्ध कॉल या संदेश मिले तो जल्दबाजी में कोई कदम उठाने के बजाय उसकी जांच करें। साइबर ठगी का शिकार होने पर तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने की भी अपील की गई।
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झुमरीतिलैया हत्याकांड: तीनों आरोपितों को आजीवन कारावास के साथ जुर्माना

Koderma, Jharkhand:कोडरमा के झुमरीतिलैया के बहुचर्चित संजय सिंह हत्याकांड में करीब पौने तीन साल बाद अदालत ने महत्वपूर्ण फैसला सुनाया। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश तृतीय राकेश चंद्रा की अदालत ने मामले में दो सगे भाइयों समेत तीन आरोपितों को हत्या का दोषी करार देते हुए सश्रम आजीवन कारावास की सजा सुनाई। अदालत ने तीनों पर 25-25 हजार रुपये, यानी कुल 75 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माने की राशि जमा नहीं करने पर प्रत्येक दोषी को तीन माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। सजा पाने वालों में झुमरीतिलैया के महात्मा गांधी रोड, मास्टर मोहल्ला निवासी राज कपूर और प्रेम कपूर, दोनों पिता कैलाश प्रसाद यादव तथा उनके फुफेरे भाई सोनू कुमार यादव शामिल हैं। अदालत के समक्ष कुल 16 गवाहों का परीक्षण कराया। घटना दिसंबर 2023 का है, जिसमे गांधी स्कूल रोड के मास्टर मोहल्ला निवासी संजय सिंह का अभियुक्तों के साथ महज ढाई फीट रास्ते की जमीन को लेकर विवाद हुआ था। विवाद के दौरान संजय सिंह के सिर पर रॉड से हमला कर घायल कर दिया गया था, बाद में इलाज के क्रम में उनकी मौत हो गई और मामला हत्या में तब्दिल हो गया। न्यायालय के फैसले पर संजय सिंह की पत्नी ने खुशी जाहिर की और कहा कि पति की कमी की भरपाई तो नहीं हो सकती, लेकिन इस फैसले से उनकी आत्मा को शांति जरूर मिला है। वही अधिवक्ता अरुण कुमार मिश्रा ने कहा कि साक्ष्य और गवाहों के परीक्षण के बाद न्यायालय ने तीनों आरोपियो को आजीवन कारावास के साथ 25-25 हजार रुपए का जुर्माना लगाया है।
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बोकारो में आंदोलन नेशनल हाईवे जाम, समान पेंशन और पलायन रोकने की नीति की मांग

Bokaro Steel City, Jharkhand:बोकारो में झारखंड आंदोलनकारी के द्वारा पूर्व घोषित कार्यक्रम के तहत आज सड़क जाम किया गया। चास स्थित ITI मोड़ के पास नेशन हाईवे को पूरी तरह से जाम कर दिया गया। इस दौरान आंदोलकारियों ने सड़क को घंटो जाम रखा जिसके कारण गाड़ियों की लगी लंबी कतार। वर्ता: वार्ता के बाद जाम हटाया गया। इस दौरान आंदोलनकारियों की मांग सभी को समान रूप से झारखंड सरकार पेंशन दे इसके अलावा विस्थापन नीति झारखंड में बनाया जाय साथ ही झारखंड के युवाओं को राज्य से पलायन करने से रोका जाय। बाइट — बनमाली दत्ता, आंदोलनकारी बाइट — जाफर , झारखंड आंदोलनकारी . बाइट — झारखंड आंदोलनकारी. बाइट --- रेखा महतो, स्थानीय नेत्री।
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दहेज प्रताड़ना: सकरी में विवाहिता दुर्गा निर्मलकर की गला घोंटकर हत्या का खुलासा

Bilaspur, Chhattisgarh:बिलासपुर। सकरी थाना क्षेत्र के सैदा गांव में 26 सितंबर को संदिग्ध परिस्थितियों में हुई विवाहिता दुर्गा निर्मलकर की मौत के मामले में पुलिस ने हत्या का खुलासा किया है। जांच में विवाहिता की गला घोंटकर हत्या किए जाने की बात सामने आई है। पुलिस के अनुसार, दहेज प्रताड़ना के चलते घटना को अंजाम दिया गया। मामले में सकरी थाना पुलिस ने विवाहिता के पति, देवर और सास को गिरफ्तार किया है। घटना के बाद विवाहिता के मायके पक्ष ने उसकी मौत को संदिग्ध बताते हुए हत्या की आशंका जताई थी। शिकायत और जांच के दौरान पुलिस ने मामले से जुड़े तथ्यों को जुटाया, जिसके बाद हत्या का मामला सामने आया। पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस अब घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।
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मुसियारी प्राथमिक शाला में छात्रा के साथ मारपीट; बाल आयोग ने जांच निर्देश दिए

Bilaspur, Chhattisgarh:बिलासपुर। कोटा विकासखंड के मुसियारी प्राथमिक शाला में छात्रा के साथ कथित मारपीट का मामला सामने आने के बाद छत्तीसगढ़ राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने गंभीरता से संज्ञान लिया है। आयोग ने मामले में जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) को नोटिस जारी कर विस्तृत जांच रिपोर्ट मांगी है। स्कूल के एक शिक्षक पर छात्रा के साथ मारपीट कर उसे शारीरिक दंड देने का आरोप है। इस संबंध में छात्रा के परिजनों ने शिकायत की है। शिकायत के आधार पर आयोग ने मामले की जांच कराने और पूरी रिपोर्ट 22 अक्टूबर तक प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। आयोग ने निर्धारित समय सीमा के भीतर जांच रिपोर्ट अपने कार्यालय में जमा कराने को कहा है। मामला कोटा क्षेत्र के मुसियारी प्राथमिक शाला का है।
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NDPS आरोपी आदित्य मिश्रा छुड़ाने वाले बदमाश अभी भी पुलिस गिरफ्त से बाहर

Sidhi, Madhya Pradesh:NDPS आरोपी आदित्य मिश्रा को छुड़ाने वाले बदमाश अब भी पुलिस गिरफ्त से बाहर, 24 घंटे बाद भी हाथ खाली छुहिया घाटी में ओडिशा पुलिस की कस्टडी से आरोपी छुड़ाने का मामला 3 फोर व्हीलर में आए बदमाशों ने पुलिस टीम पर की फायरिंग, आरोपी आदित्य मिश्रा को लेकर हुए फरार ओडिशा पुलिस टीम में 8 पुलिसकर्मी बताए जा रहे, एक सब-इंस्पेक्टर, एक चार का गार्ड और 2 ड्राइवर शामिल सुरक्षा में एक सब-इंस्पेक्टर के पास पिस्टल और 2 पुलिसकर्मियों के पास रायफल होने की बात बदमाशों की फायरिंग के बाद पुलिस वाहन के टायर पंचर होने और पुलिसकर्मी के घायल होने की जानकारी सवाल—हमलावरों के वाहनों पर पुलिस ने जवाबी कार्रवाई क्यों नहीं की? आरोपी को ले जाने वाले रूट की जानकारी बदमाशों तक कैसे पहुंची? क्या पुलिस के रूट और मूवमेंट की जानकारी पहले से लीक हुई थी? क्या इस पूरे मामले में किसी पुलिसकर्मी की मिलीभगत की भी जांच होगी? पुलिस की कार्रवाई और सुरक्षा व्यवस्था पर उठ रहे गंभीर सवाल 24 घंटे से ज्यादा बीतने के बाद भी आरोपी आदित्य मिश्रा और उसके साथियों का सुराग नहीं सबसे बड़ा सवाल: क्या आरोपी को छुड़ाने का पूरा प्लान पहले से तैयार था या पुलिस के रूट की जानकारी किसी अंदरूनी व्यक्ति ने लीक की?
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नोएडा में तमंचेबाजों के हौसले, पुलिस नाकाम, वायरल वीडियो सनसनी

Noida, Uttar Pradesh:उत्तर प्रदेश की शो विंडो कहे जाने वाले नोएडा शहर में तमंचेबाजों के हौंसले हुए बुलंद। उत्तर प्रदेश की एकमात्र आईएसओ सर्टिफाइड कमिश्नरी नोएडा में कानून को ठेंगे पर रखते हैं तमंचेबाज। तमंचेबाजों पर अंकुश लगाने में नोएडा पुलिस हुई पूरी तरह से फेल। अवैध तमंचे व जिंदा कारतूसों के साथ युवक का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर हो रहा है वायरल। वायरल वीडियो में तमंचा लोड करता हुआ नजर आया युवक। वायरल वीडियो को संज्ञान में लेकर जांच में जुटी पुलिस। नोएडा के फेस -1 थाना क्षेत्र के अन्तर्गत सेक्टर -8 स्थित जे.जे. कॉलोनी का बताया जा रहा है वायरल वीडियो।
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लखीमपुर खीरी: मैगलगंज थाने में पैसे के लेनदेन के आरोपियों के साथ सिपाही निलंबित

Baibahamunnusingh, Uttar Pradesh:लखीमपुर खीरी के मैगलगंज थाने में तैनात संजीव कुमार एक उपनिरीक्षक और 6 कांस्टेबल को अनियमितता, पैसे के लेनदेन, लापरवाही के चलते पुलिस अधीक्षक डॉक्टर ख्याति गर्ग ने कड़ी कार्रवाई करते हुए निलंबित कर दिया। मामला 24 सितंबर का है जब पुलिस को सूचना मिली थी कुछ तस्कर दोमुंहा सांप के साथ मौजूद है इस मौके पर पहुंची पुलिस 3 आरोपियों को कार के साथ थाने ले आई। जबकि कुछ आरोपी मौके से भाग गए। इसके बाद मामला मैनेज करने के लिए Bargaining शुरू की गई और आरोपियों से 2 लाख रुपए ट्रांसफर भी कर लिए हुए। पूरे मामले में मैगलगंज थाना पुलिस द्वारा पैसे के लेनदेन की शिकायत पुलिस अधीक्षक किए से की गई। जांच के दौरान तथ्य सही जान पाए जाने के बाद थाना अध्यक्ष संजीव कुमार और थाने में तैनात एक उपनिरीक्षक और 6 सिपाहियों को निलंबित कर दिया गया। साथ ही पूरे प्रकरण में FIR दर्ज कर पुलिस कर्मियों के खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई।
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आवास सूची से गरीब महिला का नाम गायब,तीन दिन पहले ढह गया आशियाना,मुखिया पति ने जताई नाराजगी

NEYAZ ALAM SHAINEYAZ ALAM SHAIFollow5m ago
Majhaulia, Bihar:मझौलिया के हरपुर गढ़वा पंचायत में प्रधानमंत्री आवास योजना की नई सूची को लेकर आयोजित आमसभा में पात्र लाभुकों के नाम नहीं होने का मामला सामने आया। मुखिया पति अली असगर ने आरोप लगाया कि एआई के माध्यम से जारी नई आवास सूची में कई जरूरतमंद परिवारों के नाम कट गए हैं। उन्होंने बताया कि पंचायत के वार्ड नंबर 21 निवासी जरीना खातून, पति शैदुल्लाह का घर लगातार बारिश के कारण दो दिन पूर्व गिर गया। घर गिरने की जानकारी सोशल मीडिया के माध्यम से सीओ डॉली कुमारी को मिली, जिसके बाद सीओ डॉली कुमारी और बीडीओ डॉ. राजीव रंजन ने मौके पर पहुंचकर जरीना खातून को तिरपाल उपलब्ध कराया। जरीना खातून का कहना है कि उसके घर के गिरने का साक्षी स्वयं बीडीओ और सीओ हैं,जिन्होंने मौके पर पहुंचकर उसे तिरपाल दिया,इसके बावजूद प्रधानमंत्री आवास योजना की नई सूची में उसका नाम नहीं है,महिला के अनुसार पहले आवास सूची में उसका नाम था,लेकिन एआई के माध्यम से जारी नई सूची में उसका नाम हटा दिया गया है, मुखिया पति अली असगर ने कहा कि जब लगातार बारिश में एक गरीब महिला का आशियाना गिर चुका है और प्रशासन के अधिकारी स्वयं मौके पर पहुंचकर उसकी स्थिति देख चुके हैं, फिर भी उसका नाम आवास सूची में नहीं होना गंभीर सवाल खड़ा करता है। उन्होंने आरोप लगाया कि नई सूची में कई पात्र और जरूरतमंद लोगों के नाम शामिल नहीं हैं, जबकि वास्तविक लाभुकों को योजना का लाभ मिलना चाहिए,उन्होंने प्रशासन से सूची की पुनः जांच कर गरीब परिवार को आवास योजना नाम शामिल करने की मांग की।वीडियो ने कहा कि जल्द ही आवास सूची में नाम जोड़ दिया जायेगा।
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