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मसौढ़ी में बकाया राशि को लेकर किसानों का प्रदर्शन, सड़क पर लेटे विधायक
Masaurhi, Bihar:पुनपुन के पोठही में किसानों के प्रदर्शन के समर्थन में फुलवारी विधायक गोपाल रविदास सड़क पर उतर आए। उन्होंने किसानों के समर्थन में नारेबाजी की और सड़क पर लेटकर विरोध दर्ज कराया। किसान अपनी लीज पर दी गई जमीन की बकाया राशि की मांग कर रहे हैं। उनका आरोप है कि कंपनी ने लीज की शर्तों के अनुसार बकाया राशि का भुगतान नहीं किया और जमीन को कृषि योग्य भी नहीं बनाया।
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CAQM ने दिल्ली में 'ऑपरेशन क्लीन एयर' में 25 सड़कों पर 17 उल्लंघन पकड़े
New Delhi, Delhi:25 सड़कों के निरीक्षण में 17 उल्लंघन मिले दिल्ली में प्रदूषण नियंत्रण को लेकर CAQM ने बड़ा निरीक्षण अभियान चलाया है। CAQM की चार फ्लाइंग स्क्वॉड टीमों ने दिल्ली की इनर और आउटर रिंग रोड के करीब 35 किलोमीटर हिस्से का निरीक्षण किया। 25 स्ट्रेच की जांच के दौरान 17 उल्लंघन सामने आए, जिनमें सड़क पर दिखाई देने वाली धूल और निर्माण एवं विध्वंस यानी C&D वेस्ट का जमा होना शामिल है। यह निरीक्षण CAQM के ‘ऑपरेशन क्लीन एयर’ अभियान के तहत किया गया। टीमों ने PWD के अधिकार क्षेत्र वाली सड़कों पर रोड क्लीनिंग, स्वीपिंग और डस्ट कंट्रोल के इंतजामों का जायजा लिया। CAQM के मुताबिक सड़क किनारे और कैरिजवे पर जमा धूल और C&D वेस्ट वाहनों की आवाजाही से दोबारा हवा में उड़ सकता है, जिससे प्रदूषण बढ़ने का खतरा रहता है। CAQM ने PWD समेत संबंधित एजेंसियों को प्राथमिकता के आधार पर सुधारात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। सड़कों की नियमित सफाई, जमा धूल और C&D वेस्ट को हटाने और समय पर जरूरी कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया है। CAQM ने साफ किया है कि ‘ऑपरेशन क्लीन एयर’ के तहत दिल्ली-NCR में ऐसे निरीक्षण आगे भी जारी रहेंगे।0
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दिल्ली पुलिस पर महिलाओं के साथ harassment का आरोप, संसद मार्ग थाने के बाहर विरोध
Noida, Uttar Pradesh:DELHI WOMEN ALLEGE HARASSMENT BY DELHI POLICE PERSONNEL DURING PROTEST, SUPPORTERS STAGE PROTEST OUTSIDE PARLIAMENT STREET POLICE STATION/POLICE DETAINS PROTESTERS / VISUALS/REAX0
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दिल्ली: बारापुल्ला से सुबह की तस्वीरें वायरल
Noida, Uttar Pradesh:DELHI MORNING VISUALS FROM BARAPULLAH0
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EOW की अंतिम चार्जशीट: कोल घोटाले में 170 करोड़ की संपत्ति जब्त
Begun, Rajasthan:रायपुर कोल घोटाले में आज EOW पेश करेगी अंतिम चार्जशीट नेताओं को 65 करोड़, अफसरों को 36 करोड़ से ज्यादा मिलने का दावा EOW के मुताबिक घोटाले की रकम से जुटाई गई बेनामी संपत्ति पर की जा चुकी है कार्रवाई अब तक करीब 170 करोड़ की बेनामी संपत्ति जब्त 9 आरोपियों को ईओडब्ल्यू ने किया है समन जारी.. कांग्रेस विधायक देवेंद्र यादव, पूर्व विधायक चंद्रदेव राय, रामगोपाल अग्रवाल, IAS जयप्रकाश मौर्य और दीपेश टांक समेत 9 आरोपी शामिल.. सभी आरोपियों को आज विशेष न्यायालय में पेश होने के निर्देश अंतिम चार्जशीट के साथ EOW की जांच का अहम चरण पूरा होने की संभावना0
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चलती स्कॉर्पियो से स्टंट: वायरल वीडियो पर अमरोहा पुलिस जांच
Amroha, Uttar Pradesh:एंकर अमरोहा जनपद के सैदनगली थाना क्षेत्र में चलती स्कॉर्पियो कार से युवकों के खतरनाक स्टंट करने का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में कुछ युवक चलती कार की खिड़कियों पर लटककर हवाबाजी करते नजर आ रहे हैं। बताया जा रहा है कि सोशल मीडिया पर व्यूज और लाइक बढ़ाने के चक्कर में युवकों ने सड़क पर जान जोखिम में डालकर स्टंट किया। चलती कार में इस तरह का स्टंट न केवल युवकों के लिए जानलेवा हो सकता है, बल्कि सड़क पर मौजूद अन्य वाहन चालकों और राहगीरों की सुरक्षा के लिए भी बड़ा खतरा है। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस जांच में जुटी है0
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दिल्ली में महिला के साथ पुलिसकर्मी के दुर्व्यवहार के विरोध में संसद मार्ग पर झड़प
Noida, Uttar Pradesh:दिल्ली | एक महिला के साथ पुलिसकर्मी द्वारा कथित दुर्व्यवहार की घटना के विरोध में प्रदर्शन कर रहे लोगों की संसद मार्ग पुलिस स्टेशन के बाहर पुलिस से झड़प हो गई।0
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हापुड़ में गोकशी के खिलाफ जीरो टॉलरेंस: मुठभेड़ में छह बदमाश गिरफ्तार
Hapur, Uttar Pradesh:उत्तर प्रदेश में योगी सरकार के अपराध और अपराधियों के खिलाफ चल रहे जीरो टॉलरेंस अभियान के तहत हापुड़ पुलिस ने बेखौफ गोकशों पर बड़ा प्रहार किया है. थाना गढ़मुक्तेश्वर क्षेत्र में चेकिंग के दौरान पुलिस और गोकशी की फिराक में बैठे शातिर अपराधियों के बीच सीधी मुठभेड़ हो गई. खुद को पुलिस से घिरता देख बदमाशों ने जानलेवा फायरिंग कर भागने की कोशिश की, जिस पर पुलिस ने आत्मरक्षार्थ मुंहतोड़ जवाब दिया. पुलिस की जवाबी फायरिंग में तीन शातिर बदमाश गोली लगने से मौके पर ही लंगड़ाकर गिर पड़े, जिसके बाद पुलिस ने घेराबंदी कर मौके से घायल समेत कुल छह शातिर बदमाशों को दबोच लिया. सर्कार सिटी डीएसपी दीपक चतुर्वेदी ने बताया कि 5 अक्टूबर 2026 को गढ़मुक्तेश्वर पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि ग्राम पावटी स्थित आम के बाग में कुछ गोकश प्रतिबंधित पशु के कटान की तैयारी में हैं. सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने बिना वक्त गंवाए बाग की घेराबंदी शुरू कर दी. पुलिस को अपनी ओर बढ़ता देख बदमाशों ने सीधे पुलिसकर्मियों पर तमंचों से गोलियां दागनी शुरू कर दीं. जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली लगने से आवास विकास कॉलोनी हापुड़ निवासी नईम, देहली गेट मेरठ निवासी जमील और मसूरी गाजियाबाद निवासी बिलाल घायल होकर गिर पड़े. वहीं मौके से पुलिस ने भागने का प्रयास कर रहे इनके तीन अन्य साथियों लिसाड़ीगेट मेरठ निवासी मोहम्मद परवेज, अठसैनी गढ़मुक्तेश्वर निवासी सोनू और मसूरी गाजियाबाद निवासी आहत को भी दबोच लिया. पुलिस ने मौके से एक जीवित प्रतिबंधित पशु, कटान के औजार, 315 बोर के तीन अवैध तमंचे मय तीन जिंदा व तीन खोखा कारतूस बरामद किए हैं. इसके अलावा गोकशी के बाद मांस सप्लाई में इस्तेमाल होने वाली होंडा सिटी कार और एक मोटरसाइकिल भी जब्त कर ली गई है. पकड़े गए सभी अभियुक्त बेहद शातिर और पेशेवर अपराधी हैं, जिनके खिलाफ विभिन्न जिलों में गोकशी, जानलेवा हमला, गैंगस्टर एक्ट और आर्म्स एक्ट जैसे संगीन अपराधों के करीब चार दर्जन मुकदमे दर्ज हैं. मुठभेड़ में घायल तीनों बदमाशों को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है. गढ़मुक्तेश्वर पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई तेज कर दी है. जनपद में हुई इस मुठभेड़ ने साफ कर दिया है कि कानून से खिलवाड़ करने वाले गोकशों और अपराधियों के लिए अब केवल दो ही रास्ते बचे हैं या तो अस्पताल या फिर जेल की सलाखें.0
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सुल्तानपुर में निषाद पार्टी अध्यक्ष संजय निषाद के विवादित बयान पर हंगामा
Sultanpur, Uttar Pradesh:निषाद पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष और यूपी सरकार के कैबिनेट मंत्री संजय निषाद ने सुल्तानपुर में एक जनसभा के दौरान एक विवादित बयान दिया है। उन्होंने कहा कि अगर तुम्हारे ऊपर कोई हाथ उठाता है तो उसका हाथ तोड़ दो; जमानत हम करा देंगे। दरअसल संजय निषाद सुल्तानपुर में एक महासम्मेलन को संबोधित करने कु karebhar के पास आए हुए थे। सदर विधानसभा सीट से निषाद पार्टी से जीतने वाले राज बाबू उपाध्याय ने इस जनसभा का आयोजन किया था और उसी को संबोधित करने निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय निषाद आए थे।0
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गयाजी: पिंडदान के साथ पेड़ लगाकर श्रद्धा और पर्यावरण एक साथ
Gaya, Bihar:गयाजी में पितरों के मोक्ष की कामना से होने वाले पिंडदान के बीच इस बार श्रद्धा का एक नया रूप देखने को मिल रहा है। यहां पिंडदानी अपने पूर्वजों की स्मृति में पौधे लगा रहे हैं। आने वाले वर्षों में यही पौधे पेड़ बनकर न सिर्फ पर्यावरण को संवारेंगे, बल्कि अपने नाम से जुड़े पूर्वजों की याद को भी जीवित रखेंगे। विश्व प्रसिद्ध पितृपक्ष मेला 2026 में जिला प्रशासन और नगर निगम की पहल एक पेड़ पूर्वजों के नाम लोगों के बीच आकर्षण का केंद्र बन रही है। इसके तहत पिंडदानी अपने पूर्वजों की स्मृति में पौधे लगाकर उन्हें धरती से जोड़ रहे हैं। यह पहल धार्मिक आस्था के साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दे रही है। गांधी मैदान की टेंट सिटी से लेकर ब्रह्मयोनि पहाड़ के निचले हिस्से खटकाचक तक पितृ वाटिका विकसित की जा रही है। यहां लगाया जा रहा प्रत्येक पौधा किसी न किसी परिवार के पूर्वज की स्मृति से जुड़ा है। ऐसे में यह वाटिका महज हरियाली का क्षेत्र नहीं, बल्कि लोगों की भावनाओं और स्मृतियों का भी हिस्सा बन रही है। पिंडदानियों को पौधे निःशुल्क उपलब्ध कराए जा रहे हैं। इसके लिए श्रद्धालुओं को गांधी मैदान टेंट सिटी में रजिस्ट्रेशन कराकर कूपन लेना होता है। इसके बाद उन्हें पौधा उपलब्ध कराया जाता है, जिसे वे अपने पूर्वज की स्मृति में निर्धारित स्थान पर लगाते हैं। पौधा लगाने के बाद श्रद्धालु को एक विशेष कोड भी दिया जाता है। इस कोड के जरिए वेबसाइट पर अपने पूर्वज के नाम से लगाए गए पौधे की स्थिति देखी जा सकती है। यानी गयाजी से लौटने के बाद भी श्रद्धालु अपने लगाए पौधे से जुड़ा रह सकता है। गयाजी में पिंडदान और तर्पण के जरिए सदियों से लोग अपने पूर्वजों के प्रति श्रद्धा व्यक्त करते आए हैं। अब उसी भावना को पर्यावरण संरक्षण से जोड़ने की कोशिश की जा रही है। पिंडदानी जब अपने पूर्वज के नाम पर पौधा लगाता है तो उसके लिए यह सिर्फ एक पौधा नहीं, बल्कि स्मृति और श्रद्धा का प्रतीक बन जाता है। आने वाले वर्षों में जब ये पौधे बड़े होकर पेड़ों का रूप लेंगे, तब उनकी छांव में हरियाली के साथ उन पूर्वजों की याद भी मौजूद होगी, जिनके नाम पर उन्हें लगाया गया है। इस तरह ‘एक पेड़ पूर्वजों के नाम’ पहल धार्मिक आस्था को पर्यावरणीय जिम्मेदारी से जोड़कर एक ऐसी विरासत तैयार कर रही है, जिसका लाभ आने वाली पीढ़ियों को भी मिलेगा。0
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बिहार के आठ मदरसों में मदरसा सुदृढ़ीकरण से आधुनिक सुविधाएं, करोड़ों राशि स्वीकृत
Darbhanga, Bihar:बिहार राज्य मदरसा सुदृढ़ीकरण के तहत दरभंगा जिले के आठ मदरसों के दिन अब बहुरेंगे। 16 करोड़ 15 लाख 45 हजार रुपए की लागत से इनके मदरसों में वर्ग कक्ष, प्रायोगिक कक्ष, शौचालय, कंप्यूटर रूम, छात्रावास हॉल, पुस्तकालय, रसोईघर वोकेशनल प्रशिक्षण हॉल, बहुउद्देशीय भवन, सीढ़ी और प्रधानाध्यापक कक्ष सहित अन्य सुविधाओं का निर्माण व विकास किया जाएगा। स्वीकृत मदरसों में सिंहवाड़ा प्रखंड का मदरसा बुस्तानुल उलूम टेकटार, फलाहुल मुस्लिमीन मदरसा कन्हौली, केवटी प्रखंड का मदरसा मुफ्ताहुल उलूम त्रिमुहान, कुशेश्वरस्थान के मदरसा सैफतुल इस्लाम बरी, मदरसा अशरफुल उलूम, गोठानी, जाले का मदरसा कासिमुल उलूम हुसैनिया, दोघरा, हायाघाट का मदरसा मदरसातुल बनात, चन्दनपट्टी, बहेड़ी का मदरसा अमीनिया अजीजुल उलूम, लक्ष्मीपुर बकराईपुर, जोरजा शामिल हैं। इधर स्वीकृत की जानकारी मिलते ही मदरसों के शिक्षकों एवं छात्रों में खुशी देखी जा रही है। सभी लोगों ने इसके लिए सरकार एवं जिला प्रशासन को साधुवाद दिया है। वहीं मूलभूत सुविधाओं से छात्रों को लाभ मिलेगा और कंप्यूटर लैब के आ जाने से तकनीक से भी छात्र रूबरू होंगे। मदरसा बुस्तानुल उलूम टेकटार के सेक्रेट्री मो चांद ने बताया कि डीएम कौशल कुमार की अध्यक्षता में इन आठ मदरसों की स्वीकृति दी गई है। हमें उम्मीद है कि जल्द इसका लाभ भी इन मदरसों को मिलेगा। हमारे मदरसा के लिए एक करोड़ से अधिक की लागत से वर्ग कक्ष, कंप्यूटर रूम आदि बनना है। मैं पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को धन्यवाद देता हूं कि उन्होंने मदरसों एवं अल्पसंख्यकों के लिए काफी योजना दिए हैं। उससे पूर्व कोई सरकार मदरसों पर ध्यान नहीं दिया। कंप्यूटर लैब के आने से हमारे छात्रों को कई नई जानकारियां मिलेगी। मदरसा बुस्तानूल उलूम टेकटार के प्रिसीपल मो इमरान ने कहा कि मदरसा सुदृढ़ीकरण के तहत हमारे मदरसे के लिए जो योजना पास हुआ है, उससे मुझे खुशी मिली है, मैं गर्व महसूस कर रहा हूं। मैं उन लोगों का शुक्रिया अदा करता हूं, जिनके कारण आज यह योजना पटना तक पहुंचा है। उम्मीद है जल्द हम लोगों को इसका लाभ मिलेगा। इससे सुविधाएं बढ़ जाएंगी। बहुत सारे बच्चे आएंगे और उन्हें हम अच्छे से तालीम दे पाएंगे। कंप्यूटर के आ जाने से बच्चों को नई तकनीक के बारे में जानकारी देंगे। वे नए फील्ड में जाएंगे। इससे हमें बड़ी खुशी होगी। छात्र मोo रजा ने कहा कि हम लोगों को खुशी मिली है। मदरसा में कंप्यूटर आ जाने से मौका मिलेगा। आज दुनिया इतना आगे चली गई है, अच्छा होगा कि हमे भी कंप्यूटर सीखने को मिलेगा। छात्र कमालुद्दीन ने कहा कि नई बिल्डिंग बनेगी। उसका पढ़ाई बेहतर होगी। मदरसा मदरस्तल बनात चन्दनपट्टी के मोहम्मद इरशाद आलम ने कहा कि यह सरकार की अच्छी योजना है। इससे छात्रों को फायदा मिलेगा। नई बिल्डिंग मिल जाएंगे, शौचालय, लाइट सभी हमें मिलेगी। महिला शिक्षिका सैयदा गुलरूक खातून ने कहा कि इससे बच्चों को फायदा मिलेगा। बिल्डिंग नहीं है, छतरी शेड के कारण गर्मी लगती है। बादल छाने पर लाइट भी नहीं होती थी। इन सब से मुक्ति मिलेगी। कंप्यूटर की पढ़ाई यहां होगी। जिसे पढ़ कर बच्चे हर क्षेत्र में जा सकेंगे.0
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विक्रमशिला सेतु टूटने के बाद चेतावनियां अनसुनी, मरम्मत कब होगी पूरी?
Naya Chak, Bihar:पूर्वी बिहार की लाइफलाइन विक्रमशिला सेतु का एक स्लैब ध्वस्त हुआ तो आनन-फानन में लोगों की आवाजाही के लिए बेली ब्रिज बनाया गया। सरकार की ओर से करीब 28 करोड़ रुपये आवंटित किए गए और महज 115 दिनों तक इस ब्रिज से लोगों ने सफर किया। यानी करीब 24 लाख रुपये रोजाना का खर्च इस अस्थायी व्यवस्था पर बैठा। लेकिन सवाल यह है कि क्या इतनी बड़ी रकम खर्च करने के बावजूद पुल की सुरक्षा को लेकर समय रहते उठाई गई चेतावनियों पर ध्यान दिया गया? 2024 से मार्च 2026 तक ज़ी मीडिया के जरिए एक नहीं, बल्कि 10 से ज्यादा बार शासन प्रशासन को आगाह किया गया कि विक्रमशिला सेतु के एक्सपेंशन जॉइंट में लगातार गैप बढ़ रहा है और यह कभी भी बड़े हादसे की वजह बन सकता है। लेकिन इन चेतावनियों पर कार्रवाई कब हुई? तब, जब नवगछिया की तरफ ब्रिज के दूसरे छोर पर पिलर की प्रोटेक्शन वॉल टूट गई। इसके बाद करीब 5 करोड़ रुपये से मरम्मत की बात सामने आई और फिर आया 3 मई की रात का वो वक्त जब विक्रमशिला सेतु के 134 नंबर खंभे के पास स्लैब ध्वस्त हो गया। वही हिस्सा, जिसके एक्सपेंशन जॉइंट में बढ़ते गैप को लेकर लगातार हमने सवाल उठाए थे। पुल का एक हिस्सा ध्वस्त हुआ और उसके साथ ही भागलपुर से लेकर पूरे पूर्वांचल और सीमांचल की कनेक्टिविटी, व्यापार पर संकट खड़ा हो गया। आज हालात यह है कि पुल बंद है लोगों को चिलचिलाती धूप और बढ़े हुए गंगा के जलस्तर के बीच जहाजों से सफर करना पड़ रहा है। दुर्गा पूजा, दीपावली और छठ जैसे बड़े त्योहार सामने हैं। ऐसे में अगले तीन से चार महीने तक लाखों लोग किस तरह इस परेशानी से गुजरेंगे? क्या जहाजों की यह व्यवस्था त्योहारों की भीड़ और बढ़ते जलस्तर का दबाव झेल पाएगी? और क्या इस बार पुल की मरम्मत समय पर पूरी हो पाएगी? दूसरी तरफ, विक्रमशिला सेतु को मजबूत करने के लिए रेट्रोफिटिंग, कार्बन फाइबर और कार्बन प्लेट बदलने जैसे काम किए जा रहे हैं। काम पूरा होने के बाद पुल की 180 टन क्षमता के हिसाब से लोड टेस्टिंग की जाएगी। लेकिन सबसे बड़ा सवाल यही है जब पुल के एक्सपेंशन जॉइंट में बढ़ते गैप को लेकर पहले से चेतावनी दी जा रही थी तो उस चेतावनी पर समय रहते कार्रवाई क्यों नहीं हुई? समय पर कदम उठाए जाते तो 3 मई की रात विक्रमशिला सेतु का स्लैब ध्वस्त होने से रोका जा सकता था और अब जब करोड़ों रुपये खर्च होने के बाद भी लोगों की परेशानी जारी है, तो क्या मरम्मत के बाद विक्रमशिला सेतु पहले से ज्यादा सुरक्षित और भरोसेमंद होकर सामने आएगा?0
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पटना के हार्डिंग पार्क रेलवे टर्मिनल: लक्ष्य पूरा न हो सकने का डर, निर्माण धीमा
Patna, Bihar:राजधानी पटना के हार्डिंग पार्क में एक नया और आधुनिक रेलवे टर्मिनल बनने का शिलान्यास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के द्वारा 30 मई 2025 को किया गया था. लोगों में काफी खुशी थी क्योंकि लक्ष्य यह था कि पटना जंक्शन पर ट्रेनों का दबाव कम होगा. रेलवे ने इस महत्वाकांक्षी परियोजना के पहले चरण का कार्य तेज़ी से शुरू कर दिया है लेकिन कुछ ही महीने में प्रस्तावित हार्डिंग पार्क पैसेंजर टर्मिनल खुद निर्माण की धीमी रफ्तार में फंस गया है. स्थिति यह है कि परियोजना के लिए टेंडर होने के करीब 24 माह बाद भी 10 प्रतिशत काम पूरा नहीं हो सका है. जबकि प्रारंभिक योजना के अनुसार प्रथम चरण का काम महज 12 माह में पूरा किया जाना था. करीब 95 करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना का टेंडर सितंबर 2024 में हुआ था. इसके बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 30 मई 2025 को परियोजना का ऑनलाइन शिलान्यास किया था. निर्माण शुरू हुआ, लेकिन काम की गति बेहद धीमी रही. रेलवे ने प्रथम चरण को दिसंबर 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा है. अब लक्ष्य की समय सीमा नजदीक है और जमीन पर निर्माण की स्थिति इस लक्ष्य पर सवाल खड़े कर रही है.0
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देवगांव में बंदरों की गोली मारकर हत्या: 22 से अधिक मौतों से ग्रामीणों में उबाल
Bemetara, Chhattisgarh:बेमेतरा जिले के दाढ़ी थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम देवगांव (डोकरबेला) में बंदरों की गोली मारकर हत्या किए जाने का मामला सामने आया है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, गांव में 22 से अधिक बंदरों को गोली मारकर मौत के घाट उतारने का आरोप है। घटना की जानकारी मिलते ही इलाके में हड़कंप मच गया। वहीं, बेजूबान वन्यजीवों की मौत से ग्रामीणों और जीव प्रेमियों में आक्रोश है। मिली जानकारी के अनुसार, गांव में फसलों की सुरक्षा और रखवाली के लिए चौकीदार (रखवार) नियुक्त किए गए थे। आरोप है कि फसलों को बंदरों से बचाने के नाम पर रखवारों ने कथित तौर पर बंदरों पर गोलियां चलाईं, जिससे 22 से अधिक बंदरों की मौत हो गई। हालांकि, घटना में बंदरों की मौत की वास्तविक संख्या और वारदात के पीछे की पूरी वजह जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। घटना से ग्रामीणों में आक्रोश बंदरों की सामूहिक हत्या की खबर फैलते ही ग्रामीणों में नाराजगी देखने को मिल रही है। ग्रामीणों और जीव प्रेमियों ने मामले में आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। उनका कहना है कि फसलों की सुरक्षा के नाम पर बेजुबान वन्यजीवों की जान लेना गंभीर मामला है। दोषियों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत कार्रवाई की जानी चाहिए। पुलिस और वन विभाग कर रहे जांच मामले की सूचना मिलने के बाद पुलिस और वन विभाग की टीम जांच में जुट गई है। घटना में इस्तेमाल किए गए हथियार, बंदरों की मौत के कारण और आरोपियों की भूमिका सहित विभिन्न पहलुओं की जांच की जा रही है। फिलहाल, मामले में जांच के निष्कर्ष और आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है。0
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खरोरा की रायखेड़ा फैक्ट्री में हंगामा, पुलिस पर हमला, कई घायल
Begun, Rajasthan:रायपुर खरोरा के रायखेड़ा फैक्ट्री में हंगामा.. ग्रामीणों और सिक्योरिटी गार्ड के बीच हंगामा.. फैक्ट्री के अंदर शराब बेचने से मना करने पर हुआ हंगामा. रायखेड़ा सरपंच दिनेश वर्मा की गाड़ी में तोड़फोड़... कम्पनी में भी तोड़फोड़ ... मौके पर पहुंची पुलिस पर भी हमला. खरोरा TI समेत कई पुलिसकर्मी घायल.. अतिरिक्त पुलिस बल मौके पर, स्थिति नियंत्रण में खरोरा थाना इलाके का मामला...0
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शाहजहांपुर। बिजेन्द्र यादव बने किसान कल्याण महासंघ के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष, हुआ गर्मजोशी से स्वागत
Shahjahanpur, Uttar Pradesh:शाहजहांपुर के जलालाबाद क्षेत्र के लिए एक बड़ी खबर सामने आई है। पूर्व जिला पंचायत सदस्य बिजेन्द्र यादव को किसान कल्याण महासंघ किसान यूनियन का राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मनोनीत किया गया है। उनके मनोनयन के बाद से ही क्षेत्र के किसानों और यूनियन कार्यकर्ताओं में भारी उत्साह देखने को मिल रहा है। शाहजहांपुर के जलालाबाद निवासी और पूर्व जिला पंचायत सदस्य बिजेन्द्र यादव को किसान कल्याण महासंघ किसान यूनियन में राष्ट्रीय स्तर की अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। उन्हें संगठन का राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है। इस घोषणा के बाद यूनियन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने उनका फूल-मालाएं पहनाकर भव्य स्वागत किया और एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर बधाई दी। नवनियुक्त राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बिजेन्द्र यादव ने शीर्ष नेतृत्व और सभी पदाधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे संगठन की उम्मीदों पर पूरी तरह खरा उतरेंगे। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि वह किसानों के हक और अधिकार की लड़ाई मजबूती से लड़ने के लिए तैयार हैं। बिजेन्द्र यादव ने जोर देकर कहा कि क्षेत्र और देश के अन्नदाताओं की समस्याओं को कतई नजरअंदाज नहीं किया जाएगा। किसानों की मांगों को पूरा कराने के लिए यूनियन रणनीति बनाकर सड़क पर उतरेगी और जरूरत पड़ने पर बड़े स्तर पर धरना-प्रदर्शन और आंदोलन भी किए जाएंगे। "संगठन ने जो भरोसा मुझ पर जताया है, उसके लिए मैं सभी का धन्यवाद करता हूं। हमारा एकमात्र संकल्प किसानों के हितों की रक्षा करना है। अगर किसानों के साथ अन्याय हुआ, तो हम रणनीति बनाकर आंदोलन और धरना-प्रदर्शन करने से पीछे नहीं हटेंगे।"0
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