Shukroo Keller: A Neglected Gem in Kashmir's Tourism
Imamsahib, Kargam,Shukroo Keller: A Neglected Gem in Kashmir's Tourism Map Lacks Facilities, While Kashmir's renowned destinations like Pahalgam and Gulmarg continue to draw countless tourists, many equally stunning locales remain hidden from the spotlight. One such overlooked gem is Shukroo Keller, a breathtakingly beautiful area in the Shopian district that suffers from a dire lack of basic facilities and infrastructure. Shukroo Keller, known for its lush meadows.
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राजस्थान के छह एयरपोर्ट्स पर एविएशन कनेक्टिविटी पिछले साल से कम
Jaipur, Rajasthan:टूरिज्म की रौनक, एविएशन में सून !, जैसलमेर, उदयपुर, किशनगढ़ एयरपोर्ट से पिछले साल से 40 फीसदी तक घटी फ्लाइट्स - राज्य के एयरपोर्ट्स पर नहीं बढ़ी फ्लाइट्स, उदयपुर, जैसलमेर, किशनगढ़ एयरपोर्ट पर घटी एयर कनेक्टिविटी - उदयपुर, किशनगढ़ से डेस्टिनेशन भी कम हुए, जयपुर एयरपोर्ट पर पिछले साल की तुलना में 11 फ्लाइट कम संचालित जयपुर。 राज्य में पर्यटन की रौनक बढ़ने लगी है। अक्टूबर माह के अंतिम सप्ताह के दौरान अब प्रदेश में पर्यटकों की आवक बढ़ रही है। लेकिन इस बार राज्य के एयरपोर्ट्स पर एविएशन की रौनक नहीं लौट सकी है। पिछले वर्ष की तुलना में लगभग सभी एयरपोर्ट्स पर एयर कनेक्टिविटी कमजोर हुई है। सर्दियों के दौरान राज्य के सभी 6 एयरपोर्ट पर फ्लाइट संचालन में बढ़ोतरी होती है। जैसलमेर एयरपोर्ट से तो केवल सर्दियों के दौरान ही फ्लाइट चलती हैं। वहीं बीकानेर और किशनगढ़ एयरपोर्ट पर भी सर्दियों में ही फ्लाइट बढ़ती रही हैं। लेकिन इस बार हालात सामान्य नहीं दिख रहे। एविएशन एक्सपर्ट प्रकाश मीना की मानें तो ईरान-अमेरिका युद्ध के बाद से ही ग्लोबल लेवल पर एविएशन टरबाइन फ्यूल के दाम बढ़े हैं। किसी भी फ्लाइट संचालन में करीब 40 फीसदी लागत ईंधन की रहती है। ऐसे में एविएशन टरबाइन फ्यूएल की दरें बढ़ने से एयरलाइंस फ्लाइट कम करने के लिए मजबूर हुई हैं। पिछले 8 माह के दौरान ईंधन की दरें 40 फीसदी तक बढ़ी हैं। इस कारण एयरलाइंस ने फ्लाइट संचालन में कटौती की है। राज्य के एयरपोर्ट्स पर इस तरह घटी कनेक्टिविटी - उदयपुर एयरपोर्ट से वर्तमान में रोज औसतन 23 फ्लाइट संचालित - दिल्ली, मुम्बई, बेंगलूरु, हैदराबाद, जयपुर, नोएडा की फ्लाइट संचालित - पिछले वर्ष इंदौर, भोपाल, सूरत और कोलकाता के लिए भी थी फ्लाइट - जोधपुर एयरपोर्ट से फिलहाल रोज औसतन 14 फ्लाइट संचालित - जोधपुर से 10 एयरपोर्ट के लिए फ्लाइट उपलब्ध - इंदौर, नोएडा, दिल्ली, मुम्बई, बेंगलूरु, नवी मुम्बई के लिए फ्लाइट - अहमदाबाद, जयपुर, पुणे और हैदराबाद के लिए भी फ्लाइट उपलब्ध - पिछले वर्ष जोधपुर एयरपोर्ट से इन दिनों में 15 फ्लाइट चल रही थीं - जैसलमेर एयरपोर्ट से वर्तमान में रोज 5 फ्लाइट संचालित - दिल्ली और मुम्बई मात्र 2 शहरों के लिए ही फ्लाइट उपलब्ध - पिछले वर्ष जयपुर और बेंगलूरु के लिए भी फ्लाइट थी संचालित - किशनगढ़ एयरपोर्ट से वर्तमान में रोज औसतन 2 फ्लाइट संचालित - पुणे, नोएडा और दिल्ली की फ्लाइट हो रही संचालित - जबकि पिछले वर्ष हैदराबाद और सूरत की फ्लाइट भी उपलब्ध थी बीकानेर में बदलाव नहीं बीकानेर एयरपोर्ट से एयर कनेक्टिविटी पिछले साल के लगभग समकक्ष ही चल रही है। पिछले वर्ष सर्दियों में बीकानेर से दिल्ली और जयपुर की एक-एक फ्लाइट थी। इस बार भी दोनों शहरों के लिए ही फ्लाइट संचालित हो रही हैं। वहीं राज्य के सबसे बड़े एयरपोर्ट जयपुर एयरपोर्ट पर भी पिछले साल की तुलना में फ्लाइट संचालन कम हुआ है。 जयपुर एयरपोर्ट पर इस तरह घटी एयर कनेक्टिविटी - पिछले वर्ष 26 अक्टूबर से लागू विंटर शेड्यूल में थी 76 फ्लाइट - जबकि वर्तमान में रोज औसतन 65 फ्लाइट ही संचालित - यानी पिछले वर्ष की तुलना में 11 फ्लाइट कम संचालित हो रही - जयपुर से अमृतसर, वाराणसी, आगरा, जैसलमेर, भोपाल की फ्लाइट नहीं - गोवा, अहमदाबाद, हैदराबाद, चंडीगढ़ की फ्रिक्वेंसी भी पिछले साल से कमवाराणसी में मायावती के दुर्गा अवतार पोस्टर ने मचाई चर्चा
Varanasi, Uttar Pradesh:वाराणसी के जिला मुख्यालय पर मायावती का पोस्टर बना चर्चा का विषय बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती को दुर्गा रूप में दिखाया गया. वाराणसी के जिलाधिकारी गेट के पास लगा मायावती का दुर्गा अवतार में पोस्टरBJP MLA ने मंच से कबूला, जिला पंचायत अध्यक्ष बनने के लिए खरीदे 10 सदस्य
Ashta, Madhya Pradesh:सीहोर जिले के आष्टा से बीजेपी विधायक गोपाल सिंह इंजीनियर ने मंच से ये कहकर कि जिला पंचायत अध्यक्ष बनने के लिए खरीदे 10 जिला पंचायत सदस्य खरीदे थे, ने खरीद फरोख्त की चर्चाओं को फिर से हवा देती है।
वीडियो में बीजेपी विधायक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान अपने जिला पंचायत अध्यक्ष बनने के पुराने दिनों का जिक्र करते हुए खुलेआम यह स्वीकार कर रहे हैं कि उन्होंने पद हासिल करने के लिए जिला पंचायत सदस्यों को खरीदा था।
वायरल वीडियो में विधायक गोपाल सिंह मंच से हंसते हुए यह कहते नजर आ रहे हैं कि जब वह जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए आशीर्वाद मांगने गए थे, तो उन्होंने 18 में से 10 सदस्यों को खरीद लिया था। उनके इस खुलासे के बाद राजनीतिक गलियारों में हलचल मच गई है।
बीजेपी विधायक का वीडियो
गोपाल सिंह पहले जिला पंचायत अध्यक्ष रह चुके हैं और बाद में विधानसभा चुनाव जीतकर विधायक बनने के बाद उन्होंने वह पद छोड़ दिया था। अब उनका यह वीडियो सामने आने और खुद उनके मुंह से खरीद-फरोख्त की बात स्वीकार किए जाने से विपक्षी दलों को बड़ा सियासी हथियार मिल गया है।
खास तौर पर ऐसे समय में जब देश और प्रदेश में राजनीतिक दलों की कार्यप्रणाली और चुनावी शुचिता पर सवाल उठ रहे हैं, सत्ताधारी दल के विधायक का यह बयान पार्टी की किरकिरी करा रहा है।
सीहोर जिला कांग्रेस अध्यक्ष राजीव गुजराती कहा कि आष्टा के विधायक गोपाल सिंह इंजीनियर पर उन्होंने यह आरोप लगाया है कि वे 10 वोट खरीदकर जिला पंचायत के अध्यक्ष बने थे। यह लोकतंत्र का चीरहरण है, और भाजपा अर्थ और पावर के दम पर वोट चोरी और सीनाजोरी कर रही है, जब शिवराज सिंह चौहान के जिले के यह हाल हैं, तो अन्य जिलों के हालात का अंदाजा लगाया जा सकता है।
(भोपाल से जी न्यूज रिपोर्टर प्रमोद शर्मा की रिपोर्ट)
