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RSRakesh Saini Follow21 Jun 2024, 12:59 pm
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कोटा में महिला मीरा लोधी की जयपुर में संदिग्ध मौत, पति पर हत्या का आरोप

Kota, Rajasthan:कोटा शहर के रेलवे कॉलोनी इलाके के सरस्वती कॉलोनी में रहने वाली एक विवाहित महिला मीरा लोधी जयपुर में संदिग्ध हालत में मौत हो गईं। परिवार ने पति वीरेंद्र लोधी पर हत्या का आरोप लगाया है। मृतका के भाई केशव वर्मा ने गुरुवार सुबह 8:00 बजे जानकारी दी कि उनकी बहन की शादी 2013 में वीरेंद्र लोधी से हुई थी। वह जयपुर में उसके पति के साथ रहती थीं, वहीं उसकी संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। इसके बाद वे कोटा आए और पुलिस में रिपोर्ट दर्ज करने के बाद शव मोर्चरी में रखवाए गए। भाई केशव ने बताया कि उन्होंने इस मामले में पुलिस अधीक्षक तेजस्विनी गौतम को भी एक रिपोर्ट दी है। रेलवे कॉलोनी थाना पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए शव को मोर्चरी में रखवाया है जहाँ पोस्टमार्टम करवाया जाएगा। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
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रांची में गर्मी से बेहाल जीवन: अस्पतालों में लू का खतरा बढ़ा

Ranchi, Jharkhand:इन दिनों रांची में गर्मी ने अपना तेवर दिखाना शुरू कर दिया है। अभी गर्मी की शुरुआत ही हुई है, लेकिन हालात ऐसे हैं कि लोगों का घर से निकलना मुश्किल हो गया है। तापमान करीब 38 से 39 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है, और तेज धूप ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। इस बढ़ती गर्मी का असर अब साफ तौर पर अस्पतालों में भी दिखने लगा है। रांची के सदर अस्पताल में मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। डॉक्टरों का कहना है कि इस साल गर्मी का प्रकोप पहले के मुकाबले ज्यादा तेज है, और लू के मामले भी बढ़ सकते हैं। अस्पताल प्रशासन ने भी स्थिति को देखते हुए खास तैयारियां की हैं। लू से प्रभावित मरीजों के लिए अलग बेड की व्यवस्था की गई है, ORS और इलेक्ट्रोल पाउडर उपलब्ध कराए गए हैं, साथ ही पानी की समुचित व्यवस्था भी की गई है। डॉक्टरों की सलाह साफ है— जितना हो सके खुद को हाइड्रेट रखें, ज्यादा से ज्यादा पानी और तरल पदार्थ लें। बहुत जरूरी होने पर ही धूप में बाहर निकलें, और अगर निकलें तो अपने साथ पानी की बोतल जरूर रखें। कोशिश करें कि छांव में रहें, और अगर कमजोरी महसूस हो तो तुरंत आराम करें。 बाइट: डॉ. ए.के प्रताप (सदर हॉस्पिटल रांची)
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दांतड़ा बांध में मछलियों की मौत से ग्रामीण परेशान, बदबू से बढ़ी समस्या

Noida, Uttar Pradesh:दांतड़ा बांध में मछलियों की मौत से ग्रामीण परेशान, बदबू से बढ़ी समस्या आसींद क्षेत्र के दांतड़ा बांध गांव स्थित दांतड़ा बांध में पिछले तीन-चार दिनों से बड़ी संख्या में मछलियों के मरने का मामला सामने आया है। लगातार हो रही मछलियों की मौत से क्षेत्र में चिंता का माहौल है, वहीं ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार बांध के किनारों पर बड़ी संख्या में मरी हुई मछलियां आकर जमा हो रही हैं, जिससे आसपास के क्षेत्र में तेज दुर्गंध फैल गई है। बदबू के कारण लोगों का वहां से गुजरना भी मुश्किल हो गया है। ग्रामीणों ने संबंधित विभाग को इस समस्या से अवगत करा दिया है, लेकिन अभी तक कोई ठोस समाधान नहीं हो पाया है। लोगों ने प्रशासन से जल्द से जल्द समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की है। वहीं ठेकेदार पर्वत सिंह चारण ने बताया कि पिछले दो दिनों से बांध में दवाइयों का छिड़काव किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मछलियों में किसी प्रकार की बीमारी के कारण यह स्थिति बनी है। यह समस्या केवल दांतड़ा बांध तक सीमित नहीं है, बल्कि आसपास के अन्य तालाबों से भी मछलियों के मरने की शिकायतें मिल रही हैं। विभाग द्वारा लगातार दवाइयों का छिड़काव किया जा रहा है और जल्द ही स्थिति नियंत्रण में आने की उम्मीद जताई जा रही है।
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पलवल अनाज मंडी में गेहूं खरीदी रिकॉर्ड, 71 करोड़ किसानों के खातों में जमा

Palwal, Haryana:मार्किट कमेटी के चेयरमैन पंकज विरमानी ने बताया कि पलवल अनाज मंडी में अभी तक 4 लाख 70 हजार क्विंटल गेहूं की आवक हुई है। सरकार द्वारा 4 लाख 53 हजार क्विंटल गेहूं की खरीद की जा चुकी है। उन्होंने बताया कि मंडी में 3 लाख 84 हजार क्विंटल गेहूं की लिफ्टिंग की जा चुकी है। पलवल मंडी गेहूं की लिफ्टिंग के मामले में जिला की अन्य मंडियों से आगे है। उन्होंने बताया कि पलवल मंडी में फसल खरीद करने के बाद 71 करोड़ रुपए किसानों के खातों में पेमेंट कर दी गई है। किसानों को किसी भी प्रकार की कोई परेशानी नहीं आने दी जाएगी। बाइट : पंकज विरमानी चेयरमैन मार्किट कमेटी पलवल आढ़ती पंकित सिंगला ने बताया कि मंडी में आने वाले किसानों के गेहूं की तुलाई समय पर की गई है। किसानों की फसल की अधिकतम पेमेंट हो गई है। किसानों को किसी भी प्रकार की कोई समस्या नहीं आने दी गई है। जिला के किसान खुश नजर आ रहे है। बाइट : पंकित सिंगला आढ़ती पलवल अनाज मंडी फाइल नं बाइट : किसान धरमू ने बताया कि मंडी में गेट पास कटने के बाद फसल की सरकारी खरीद की गई है। मंडी में फसल बेचने वाले किसानों के खातों में फसल की राशि सरकार द्वारा डाली जा रही है। बाइट : धरमू किसान गांव दूधौला पलवल फाइल नं 5
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रीकेश सेन को फुले जयंती कार्यक्रम की उच्चस्तरीय समिति का सदस्य नियुक्त किया गया

Durg, Chhattisgarh:एंकर-छत्तीसगढ़ के वैशाली नगर से बीजेपी के विधायक रीकेश सेन को भारत सरकार ने महात्मा ज्योतिबा फुले की 200 वी जयंती पर आयोजित होने वाले राष्ट्रीय व्यापी कार्यक्रमों के लिए गठित उच्च स्तरीय समिति का सदस्य नियुक्त किया है संस्कृति मंत्रालय भारत सरकार द्वारा जारी पत्र के अनुसार इस समिति की अध्यक्षता स्वयं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कर रहे हैं समिति में देश की चुनिंदा 126 हस्तियों को शामिल किया गया है जिसमें छत्तीसगढ़ से विधायक रीकेश सेन को भी मनोनीत किया गया है आपको बता दे कि महात्मा ज्योतिबा फुले की 200 जयंती के उपलक्ष में यह आयोजन 11 अप्रैल 2026 से 11 अप्रैल 2028 तक 2 वर्षों तक पूरे देश में मनाया जाएगा इस उत्सव का उद्देश्य ज्योतिबा फुले की सामाजिक न्याय समानता और महिला सशक्तिकरण के आदेशों को नई पीढ़ी तक पहुंचना है फिलहाल राकेश सेन को समिति में सदस्य मनोनीत करने के बाद उनके समर्थकों में खुशी की लहर है.
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हरिद्वार-देहरादून के मदरसों को शिक्षा विभाग के अंतर्गत लाने पर चर्चा

Noida, Uttar Pradesh:प्रदेश में चल रहे सभी मदरसों को सरकार शिक्षा विभाग के अधीन करने जा रही है। बुधवार को हरिद्वार में अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री खजान दास से तमाम मदरसा संचालकों ने मुलाकात कर अपनी व्यावहारिक समस्याओं को रखा। राज्य अतिथि गृह डाम कोठी में आयोजित मीटिंग में बसपा विधायक मोहम्मद शहजाद की अगुवाई में हरिद्वार और देहरादून जिले के दर्जनों मदरसा और अन्य इस्लामिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने मंत्री खजान दास से मुलाकात की। इस दौरान मदरसा बोर्ड भंग किए जाने के बाद मदरसों को शिक्षा विभाग से संबद्ध किए जाने के कई बिंदुओं पर चर्चा हुई। मदरसों के मौलानाओं और अन्य इस्लामिक धर्म गुरुओं ने कहा कि उन्हें मदरसे में आधुनिक शिक्षा पढ़ाने में कोई एतराज नहीं है बशर्ते उनकी धार्मिक शिक्षा में कोई हस्तक्षेप ना किया जाए। वहीं मंत्री खजान दास ने भी सभी मदरसा संचालकों को समस्या का समाधान निकालने का आश्वासन दिया। और ये भी स्पष्ट किया कि सरकार का अल्पसंख्यकों की धार्मिक शिक्षा में हस्तक्षेप करने का कोई इरादा नहीं है।
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जयपुर के ठोलियान जैन मंदिर में 500–800 साल पुरानी दुर्लभ जिन प्रतिमाएं पहली बार बाहर निकलीं

Jaipur, Rajasthan:सांगानेर के श्रीशांतिनाथ दिगम्बर जैन मंदिर ठोलियान में ऐसा दृश्य बना, जिसने सैकड़ों श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया। करीब 500 से 800 साल पुरानी दुर्लभ जिन प्रतिमाएं, जो वर्षों से मंदिर के भूगर्भ में सुरक्षित थीं, उन्हें 3 साल 3 महीने बाद पहली बार बाहर निकाला गया। जैसे ही ये अतिशयकारी जिनबिम्ब दर्शन के लिए प्रकट हुए, पूरे परिसर में जयकारों की गूंज और श्रद्धा का सागर उमड़ पड़ा। मंदिर के प्राचीन चैत्यालय में कुल 130 जिनबिम्ब विराजमान हैं, जिनमें से 127 प्रतिमाओं को बाहर लाया गया। ये प्रतिमाएं बहुमूल्य धातुओं, दुर्लभ रत्नों और प्राचीन पत्थरों से बनी हैं, जो इन्हें ऐतिहासिक और आध्यात्मिक दोनों रूप से अद्वितीय बनाती हैं। आचार्य सुन्दर सागर महाराज और शशांक सागर महाराज के सानिध्य में मंत्रोच्चार के बीच इन प्रतिमाओं का पंचामृत अभिषेक और महामस्तकाभिषेक किया गया। श्रद्धालुओं के लिए यह क्षण किसी दिव्य दर्शन से कम नहीं था। आचार्य सुन्दर सागर महाराज ने बताया कि जब भूगर्भ का लोहे का द्वार खोला गया, तो अंदर की वेदियों पर पानी भरा हुआ था और संरचना जर्जर हो चुकी थी। इसे देवों द्वारा किए जा रहे अभिषेक का संकेत माना गया। विशेष बात यह भी रही कि दो प्रतिमाएं अंदर ही छोड़ दी गईं, ताकि देव अभिषेक की परंपरा जारी रह सके। सुबह 7 बजे से नित्य अभिषेक और शांतिधारा के साथ कार्यक्रम की शुरुआत हुई। इसके बाद अष्टद्रव्य पूजा, देव आज्ञा और फिर जिनबिम्बों को बाहर लाने की प्रक्रिया पूरी हुई। विभिन्न श्रद्धालु परिवारों ने कलशाभिषेक, शांतिधारा और पूजन किए। मंदिर समिति के अनुसार यह दुर्लभ अवसर 27 अप्रैल तक उपलब्ध रहेगा। हर दिन सुबह गुरु भक्ति, पाद पक्षालन, प्रवचन और महामस्तकाभिषेक के साथ कार्यक्रम होंगे, जबकि शाम को महाआरती और भक्ति संध्या आयोजित की जाएगी। अंतिम दिन यानी 27 अप्रैल को विधि-विधान के साथ इन सभी प्रतिमाओं को पुनः भू-गर्भ स्थित चैत्यालय में विराजमान किया जाएगा।
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