बुंदेलखंड महाविद्यालय में यातायात जागरूकता सेमिनार, आलोक अग्रहरि ने शपथ ग्रहण कराई
बुंदेलखंड महाविद्यालय के स्वर्ण जयंती सभागार में यातायात जागरूकता पर एक सेमिनार और शपथ ग्रहण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि क्षेत्राधिकारी यातायात आलोक कुमार अग्रहरि और अध्यक्षता बीकेडीके के प्राचार्य प्रोफेसर एसके राय ने की। परिवहन विभाग के आरआई संजय सिंह और यातायात विभाग के टीएसआई प्रेम पाल विशिष्ट अतिथि थे। मुख्य अतिथि आलोक अग्रहरि ने छात्र-छात्राओं से यातायात नियमों का पालन करने की अपील की।
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लकड़ी के मार्बल रन में घूर्णन भंवर, देखें मंत्रमुग्ध कर देने वाला नज़ारा
Noida, Uttar Pradesh:लकड़ी के मार्बल रन में घूर्णन भंवर, देखें मंत्रमुग्ध कर देने वाला नज़ाराइरिडेसेंट बादल का शानदार नमूना, विज्ञान हुआ हैरान
Noida, Uttar Pradesh:A spectacular example of an iridescent cloudदिल्ली के लिए 445 करोड़ स्वच्छता फंड जारी; एमसीडी को वित्तीय सहायता
New Delhi, Delhi:दिल्ली में सफाई व्यवस्था के लिए ₹445 करोड़ मंजूर * शहरी विकास मंत्री आशीष सूद ने एमसीडी के लिए ₹445.08 करोड़ की वित्तीय सहायता को दी मंजूरी। * वित्त वर्ष 2026-27 के लिए दूसरी किस्त के रूप में जारी होगी राशि। * ₹188.36 करोड़ सफाई कर्मचारियों के वेतन के लिए आवंटित। * ₹207.81 करोड़ सफाई कार्यों, कचरा संग्रहण और रखरखाव पर होंगे खर्च। * ₹48.91 करोड़ आधुनिक सफाई मशीनों और उपकरणों की खरीद के लिए मंजूर। * स्वच्छता सेवाओं को मजबूत करने और कचरा प्रबंधन व्यवस्था को बेहतर बनाने पर जोर। * आशीष सूद के अधिकारियों को सख्त निर्देश—स्वीकृत राशि का इस्तेमाल केवल स्वच्छता व्यवस्था सुधारने के लिए हो। * स्वच्छ और सुंदर दिल्ली सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है- आशीष सूदफतेहपुर के ग्राम प्रधान पर जबरन दबाव और वसूली: गैंगस्टर के साथ जुड़े 13 मुकदमे
Fatehpur, Uttar Pradesh:विकास भवन आत्मदाह के प्रयास के मामले में आया नया मोड़। ग्राम प्रधान पर जबरन वसूली का दबाव बना रहा था शिकायतकर्ता। दुकानों के आवंटन के लिए जबरन दबाव बना रहा था शिकायतीकर्ता। दुकानों के आवंटन की विभाग करा रहा था जांच, दबाव के लिए रचा कुचक्र। अधिकारियों पर जबरन दबाव बनाना चाह रहा था। गैंगस्टर और हिस्ट्रीशीटर का है मुलजिम, एनडीपीएस समेत 13 संगीन मुकदमें दर्ज। गाजीपुर थाना क्षेत्र के गाजीपुर कस्बे का मामला।कीवी की दिल्ली तक पहुंच से पहाड़ के किसानों को मिलेगा बड़ा बाजार
Jokhanalagga Bura, Uttarakhand:चमोली के बागानों में तैयार कीवी अब दिल्ली के बाजारों तक पहुंच रही है... पहली बार जिले से 200 कुंतल कीवी आजादपुर मंडी भेजी गई है... अब इस पहल से पहाड़ के किसानों को अपनी उपज का बड़ा बाजार मिल पाएगा या नहीं अब नजर इस बात पर रहेगी कि पहाड़ की यह उपज बाजार में कितनी जगह बनाती है... और क्या बड़े बाजारों तक पहुंच किसानों की आमदनी बढ़ाने का स्थायी रास्ता बन पाती है...चित्तौड़गढ़ में गरबा सुरक्षा अभियान: दो और पांच युवक डिटेन
Begun, Rajasthan:चित्तौड़गढ़ जिले में महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा को लेकर पुलिस का शक्ति सुरक्षा अभियान लगातार जारी है। पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह यादव के निर्देशन में कोतवाली और चंदेरिया थाना क्षेत्र में कालिका यूनिट की महिला पुलिसकर्मियों ने गरबा पंडालों और सार्वजनिक स्थलों पर निगरानी की। इस दौरान भारत बाग के बाहर बुलेट मोटरसाइकिल पर तेज गति से स्टंट करने और युवतियों पर अभद्र टिप्पणियां करने के मामले में दो युवकों को डिटेन किया गया। वहीं, सेतु मार्ग स्थित श्रीनाथ गार्डन गरबा स्थल पर डिकॉय ऑपरेशन के दौरान पांच युवकों को डिटेन किया गया। पुलिस ने स्पष्ट किया कि महिलाओं से अभद्रता, छेड़छाड़ और हुड़दंग करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई जारी रहेगी।बिना लिंक और OTP के भी बैंक खाते से लाखों निकासी: साइबर ठगों की नई चाल
Kishanganj, Bihar:साइबर ठगों के हौसले इस कदर बुलंद हैं कि अब बिना किसी लिंक पर क्लिक किए और बिना ओटीपी साझा किए भी बैंक खाते से लाखों रुपए निकलने के मामले सामने आने लगे हैं। किशनगढ़ शहर में साइबर ठगी का ऐसा ही चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक युवक के बैंक खाते से 4 लाख 48 हजार रुपए निकाल लिए गए। जानकारी के अनुसार, ईदगाह के पीछे मझेला रोड निवासी पीड़ित राजेश कुमार मेघवाल के बैंक खाते से अज्ञात साइबर ठगों ने कई बार ट्रांजेक्शन कर कुल 4 लाख 48 हजार रुपए निकाल लिए। पीड़ित के मुताबिक, न तो उन्होंने किसी संदिग्ध लिंक पर क्लिक किया और न ही किसी के साथ ओटीपी साझा किया। इसके बावजूद खाते से बड़ी रकम निकलने पर उनके होश उड़ गए। खाते से रकम निकलने की जानकारी मिलने के बाद पीड़ित बैंक पहुंचा, जहां जांच के दौरान साइबर क्राइम का मामला सामने आया। खाते से बार-बार हुए ट्रांजेक्शन ने पीड़ित को सकते में डाल दिया। आखिर बिना लिंक क्लिक किए और ओटीपी साझा किए खाते से इतनी बड़ी रकम कैसे निकल गई, यह जांच का विषय है। पीड़ित राजेश कुमार मेघवाल ने मामले की शिकायत साइबर सेल सहित मदनगंज थाने में दर्ज करवाई है। पीड़ित की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और साइबर ठगों की तलाश में जुट गई है। अब पुलिस जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि रकम किन खातों में ट्रांसफर हुई और इस साइबर ठगी को किस तरीके से अंजाम दिया गया। इस घटना ने एक बार फिर बैंक खातों की सुरक्षा और साइबर अपराधियों के नए तरीकों को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। बाइट पीड़ित राजेश कुमारसूर्यास्त में माउंट फूजी का गहरा लालिमा, मोती-सी चंद्रमा चमका
Noida, Uttar Pradesh:Mount Fuji glows deep crimson in the setting sun, crowned by a pearl moonबारिश में मकान गिरने से बेघर हुआ परिवार,पात्र होने पर भी महिला को नहीं मिला आवास का लाभ
Itia Thok, Uttar Pradesh:इटियाथोक। विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत पारासराय के मजरा गांव चित्ताटांडी में मिथिलेश नाम की महिला जर्जर और टूटे मकान में अपने छोटे-छोटे बच्चों के साथ रहने को मजबूर है। उसे प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ नहीं मिला है, जबकि वह इसकी पात्र है।महिला का आरोप है,कि करीब एक साल पहले बरसात में उसका मकान भरभराकर गिर गया।अब ठंड, बरसात और तेज धूप में परिवार के लिए टूटी दीवारों के बीच रहना मुश्किल हो गया है। मिथिलेश ने बताया कि उसका परिवार पीढियों से इसी जमीन पर रह रहा है।वह ब्लॉक के जिम्मेदारों से पीएम आवास के लिए कई बार गुहार लगाकर थक चुकी है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई।महिला ने प्रशासन से मदद की अपील की है। उसने कहा, कि उसे आवास योजना का लाभ दिलाकर उसका टूटा घर बनवाया जाए। इस संदर्भ में खंड विकास अधिकारी विजय कुमार मिश्र ने नियमों का हवाला देते हुए कहा, कि तहसील प्रशासन से पीडित महिला को आपदा कोष से सहायता मिलने के बाद ही आवास दिया जा सकता है। मामले को लेकर हल्का लेखपाल राजवंत कुमार से दूरभाष पर कई बार संपर्क साधने का प्रयास किया गया लेकिन उनका फोन नहीं उठा।पति को सांप से डसवाकर मारने वाली रविता और प्रेमी अमरदीप को फांसी, जज बोले- '3 बच्चों का ख्याल DM रखें
Meerut, Uttar Pradesh:अमित पाराशर/मेरठ: यूपी के मेरठ में एक बार फिर रिश्तों को तार-तार करने वाली खौफनाक वारदात पर कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला आया है। पति अमित कश्यप की गला घोटकर हत्या करने और उसे सांप के डसने से हुई मौत का रूप देने वाली रविता और उसके प्रेमी अमरदीप को मेरठ कोर्ट ने फांसी की सजा सुनाई है। सजा सुनते ही दोनों कोर्ट रूम में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान फूट-फूटकर रोने लगे।
मामले में अभियोजन पक्ष की पैरवी करते हुए सरकारी वकील (एडीजीसी) फरजाना खान ने कोर्ट के सामने पुख्ता सबूत रखे। अभियोजन पक्ष के अनुसार, यह मामला 'अति से अति दुर्लभ' (Rarest of Rare) श्रेणी में आता है, क्योंकि इसमें गहरी साजिश के तहत न केवल हत्या की गई, बल्कि कानून और जांच एजेंसियों को गुमराह करने के लिए एक बेकसूर सांप का इस्तेमाल किया गया।सरकारी वकील ने कोर्ट से दोनों दोषियों के लिए सख्त से सख्त यानी मृत्युदंड की मांग की थी, जिसे अदालत ने स्वीकार कर लिया।
मेरठ के बहसूमा थाना क्षेत्र के अकबरपुर सादात गांव के रहने वाले अमित कश्यप की हत्या उसकी पत्नी रविता ने अपने प्रेमी अमरदीप के साथ मिलकर 17 अप्रैल 2025 की रात की थी। अमरदीप मृतक अमित के साथ ही टाइल्स पत्थर लगाने का काम करता था, जिस कारण उसका घर आना-जाना था और इसी दौरान दोनों के बीच अवैध संबंध बन गए। हत्या को स्वाभाविक मौत या सर्पदंश दिखाने के लिए दोनों ने एक सपेरे से एक हजार रुपए में सांप खरीदा था। गला घोटकर मारने के बाद उसके बिस्तर पर सांप छोड़ दिया गया ताकि सबको लगे कि सांप के डसने से मौत हुई है। सुबह शरीर पर निशान देखकर घरवाले भी धोखे में आ गए थे।
जब अमित के शव का पोस्टमॉर्टम हुआ, तो असलियत सामने आई कि उसकी मौत दम घुटने (गला दबाने) से हुई थी। सपेरों ने भी गवाही दी कि जिस सांप को इस्तेमाल किया गया था, उसके दांत ही नहीं थे, जिससे किसी की मौत हो ही नहीं सकती। पुलिस ने वारदात के महज 60 दिनों के भीतर चार्जशीट दाखिल कर दी थी। एसीजेएम-12 / विशेष अदालत में 551 दिनों तक चली सुनवाई के दौरान 87 तारीखें पड़ीं और 12 से ज्यादा गवाहों के बयान दर्ज हुए, जिसके बाद 7 अक्टूबर को इन्हें दोषी करार दिया गया था।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जब जज ने रविता और अमरदीप से पूछा कि उन्हें दोषी ठहराया गया है, वे सजा के तौर पर क्या कहना चाहते हैं, तो दोनों गिड़गिड़ाने लगे: रविता बोली: "मेरे 3 छोटे-छोटे बच्चे हैं, उनका ख्याल रखा जाए।" इस पर जज ने स्पष्ट किया कि बच्चों की देखभाल अब मेरठ के जिलाधिकारी (DM) करेंगे। अमरदीप बोला: "मेरे मां-बाप बूढ़े हैं, उनकी सेवा करने वाला कोई नहीं है।" इसके बाद दोनों वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग स्क्रीन के सामने ही फफक फफक कर रो पड़े।
मेरठ में हाल ही में चर्चित 'नीला ड्रम हत्याकांड' (मुस्कान और साहिल केस) में कोर्ट द्वारा फांसी की सजा सुनाए जाने के बाद, इस 'सांप कांड' ने यह साबित कर दिया है कि क्रूरता की हदें पार करने वाले अपराधियों को न्यायपालिका कतई बख्शने के मूड में नहीं है। समाज में अवैध संबंधों और संपत्ति या अन्य लालच के चलते अपनों को ही रास्ते से हटाने के जघन्य अपराध पिछले कुछ समय में तेजी से बढ़े हैं। इसमें मुस्कान ने अपने प्रेमी साहिल के साथ मिलकर पति सौरभ राजपूत की बेरहमी से हत्या कर दी थी और शव के टुकड़े कर नीले ड्रम में सीमेंट भरकर छिपा दिया था।
