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Prabhanjan Kumar SinghPrabhanjan Kumar SinghFollow11 Aug 2024, 03:35 am
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कासगंज में भीषण मोटरबाइक हादसा: दो युवकों की मौत, एक घायल

Kasganj, Uttar Pradesh:कासगंज यूपी के कासगंज के ग्राम फरौली के निकट दो मोटरसाइकिलों की आमने-सामने जोरदार भिड़ंत हो गई। इस दर्दनाक हादसे में दो युवकों की मौत हो गई, जबकि एक गंभीर रूप से घायल हो गया। दरअसल मामला जनपद कासगंज के सहावर क्षेत्र के फ़रौली के निकट का है मिली जानकारी के अनुसार, कस्बा के नगला लोधी निवासी राजेंद्र (25 वर्ष) पुत्र जगन्नाथ और हसमुख (15 वर्ष) पुत्र हरपाल मोटरसाइकिल से सहावर की ओर आ रहे थे। इसी दौरान, सामने से आ रहे ग्राम सेती निवासी प्रशांत (28 वर्ष) पुत्र विजय की बाइक से उनकी सीधी भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों बाइकों के परखच्चे उड़ गए और तीनों सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गए। घटनास्थल पर पहुंचे स्थानीय लोगों ने आनन-फानन में तीनों घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। वहां डॉक्टरों ने राजेंद्र और प्रशांत को मृत घोषित कर दिया। वहीं, हादसे में गंभीर रूप से घायल हसमुख की नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया है। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। घटना के बाद से मृतकों के परिजनों में कोहराम मचा हुआ है।
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हनुमानपुर में 22 वर्षीय महिला और ढाई वर्षीय बेटे की संदिग्ध मौत से सनसनी

Chandauli, Uttar Pradesh:मां और ढाई वर्षीय मासूम बेटे की संदिग्ध मौत से सनसनी हनुमानपुर अहीरान बस्ती में 22 वर्षीय प्रिया पटेल और उनके ढाई वर्षीय बेटे युवराज की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत महिला का शव घर के अंदर फंदे से लटका मिला, जबकि मासूम बेटा मृत अवस्था में मिला पति फ्रूटी लेने बाजार गया था, लौटने पर देखा दर्दनाक मंजर सूचना पर पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची, साक्ष्य जुटाए गए दोनों शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे गए प्रारंभिक जांच में पारिवारिक कलह की आशंका, लेकिन पुलिस ने किसी निष्कर्ष की पुष्टि नहीं की आत्महत्या, प्रताड़ना समेत सभी पहलुओं पर जांच जारी पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही मौत की असली वजह होगी स्पष्ट फिलहाल पुलिस हर पहलू की गहन जांच में जुटी मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र के हनुमानपुर इलाके का मामला.
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ललितपुर के तालबेहट में मैदान के पास मकान में आग, फायर ब्रिगेड ने बुझाई

Lalitpur, Uttar Pradesh:उत्तर प्रदेश के ललितपुर जिले में तालबेहट कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत रामलीला मैदान के पास स्थित एक मकान में अचानक आग लग गयी , जो देखते ही देखते पूरे मकान में फैल गयी ।आग लगने की वजह से मकान का कच्चा हिस्सा पूरी तरह से जलकर खाक हो गया , वहीं आग को बढ़ता देख मौके पर अफरा तफरी मच गयी । शार्ट सर्किट के चलते आग लगने की आशंका जताई जा रही है , वहीं आग लगने की सूचना पाकर मौके पर पहुँची फायर बिग्रेड की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया , जब तक आग बुझ पाती तब तक मकान के अंदर रखा हुआ गृहस्थी का पूरा सामान जलकर खाक हो गया ।
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हरियाणा सरकार का धमाकेदार कदम: सभी प्रतिष्ठानों में अग्नि सुरक्षा मानक ठोस लागू

Chandigarh, Chandigarh:  अग्नि सुरक्षा जागरूकता, निरीक्षण और सुरक्षा मानकों का होगा कड़ाई से पालन चंडीगढ़, 26 जून-हरियाणा सरकार ने सभी उपायुक्तों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने-अपने जिलों में अग्नि सुरक्षा की दृष्टि से संवेदनशील एवं अधिक भीड़भाड़ वाले सभी प्रतिष्ठानों की व्यापक पहचान और निरीक्षण के लिए अभियान चलाएं। इसमें कोचिंग सेंटर, पेइंग गेस्ट (पीजी) आवास, होटल, औद्योगिक इकाइयां, व्यावसायिक भवन तथा अन्य ऐसे प्रतिष्ठान शामिल होंगे, जहां अग्नि दुर्घटना की आशंका अधिक रहती है। इस अभियान का उद्देश्य अग्नि सुरक्षा संबंधी कमियों की पहचान कर निर्धारित सुरक्षा मानकों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करना है। मुख्य सचिव श्री अनुराग रस्तोगी ने उपायुक्तों को निर्देश दिए कि वे निर्धारित समय-सीमा के भीतर अपने-अपने जिलों में ऐसे सभी प्रतिष्ठानों की सूची तैयार करें, उनकी अग्नि सुरक्षा व्यवस्था का विस्तृत ऑडिट कराएं तथा जिन प्रतिष्ठानों में सुरक्षा मानकों का पालन नहीं हो रहा है, उनके विरुद्ध तत्काल आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि औद्योगिक इकाइयों के संचालकों, होटल मालिकों, कोचिंग सेंटर संचालकों तथा अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के प्रतिनिधियों के साथ विशेष बैठकें की जाएं। इन बैठकों में उन्हें अग्नि सुरक्षा से संबंधित आवश्यक सावधानियों, अपनाई जाने वाली प्रक्रियाओं तथा आग की रोकथाम, समय पर पहचान और प्रभावी नियंत्रण के लिए उपलब्ध नवीनतम तकनीकों की जानकारी दी जाए যেন। श्री रस्तोगी ने पूरे राज्य में अग्नि सुरक्षा के प्रति व्यापक एवं सतत जन-जागरूकता अभियान चलाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य केवल प्रतिष्ठानों के संचालकों ही नहीं, बल्कि आम नागरिकों में भी अग्नि सुरक्षा के प्रति जागरूकता, सतर्कता और आपदा से निपटने की तैयारी की संस्कृति विकसित करना है। उन्होंने स्थानीय स्तर पर इस अभियान को प्रभावी बनाने के लिए नगर पार्षदों तथा वार्ड समितियों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि ये जनप्रतिनिधि अपने-अपने क्षेत्रों के निवासियों एवं व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से सीधे जुड़े होने के कारण अग्नि सुरक्षा संबंधी जागरूकता बढ़ाने और सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। मुख्य सचिव ने अग्निशमन विभाग को निर्देश दिए कि चिन्हित सभी प्रतिष्ठानों का समय-समय पर औचक निरीक्षण किया जाए तथा उनकी नियमित निगरानी जारी रखी जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि अग्नि सुरक्षा केवल औपचारिक अनुपालन का विषय नहीं, बल्कि मानव जीवन की सुरक्षा से जुड़ा अत्यंत महत्वपूर्ण विषय है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी। बैठक में अग्निशमन सेवाएं विभाग के महानिदेशक श्री शेखर विद्यार्थी ने बताया कि विभाग में अत्याधुनिक अग्निशमन उपकरणों तथा रोबोट एवं ड्रोन आधारित तकनीक से लैस आधुनिक फायर टेंडरों की खरीद की प्रक्रिया जारी है। इन आधुनिक प्रणालियों के उपयोग से खास तौर पर बहुमंजिला इमारतों, औद्योगिक परिसरों तथा अन्य दुर्गम स्थानों पर आपातकालीन स्थिति में त्वरित एवं प्रभावी राहत एवं बचाव कार्य करना आसान होगा। उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा आपातकालीन प्रतिक्रिया तंत्र को और अधिक मजबूत बनाने के साथ-साथ आधुनिक अग्निशमन तकनीकों को अपनाने पर भी विशेष ध्यान दिया रहा है। इससे न केवल परिचालन क्षमता में वृद्धि होगी बल्कि अग्नि दुर्घटनाओं के दौरान प्रतिक्रिया समय में भी उल्लेखनीय कमी लाई जा सकेगी।
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मथुरा के कब्रिस्तान में JCB से नुकसान: प्रति कब्र 100 रुपये मुआवजे पर विरोध

Mathura, Uttar Pradesh:मथुरा में एक नगर निगम के जेसीबी द्वारा क्षतिग्रस्त की गई नौ कब्रों के लिए प्रति कब्र 100 रुपये के आधिकारिक मुआवजे पर मुस्लिम कब्रिस्तान समिति ने कड़ा विरोध जताया है. समिति ने इस मुआवजे को 'मृतकों का अपमान' करार दिया है. घटना अप्रैल महीने में एक वक्फ कब्रिस्तान में हुई थी जब मथुरा-वृंदावन नगर निगम से जुड़ी एक अर्थमूवर मशीन कथित तौर पर कब्रिस्तान के अंदर घुस गई. कब्रिस्तान समिति के सचिव शाकिर हुसैन ने बताया कि आधिकारिक मूल्यांकन पर विश्वास करना मुश्किल है. उन्होंने कहा: 'प्रशासन ने प्रति कब्र 100 रुपये, प्रति पेड़ 100 रुपये और प्रति कंक्रीट पिलर के लिए 100 रुपये का मुआवजा तय किया है. परिजनों ने देखा कि कब्रें कुचल दी गईं, कफन जमीन से बाहर आ गए और कंकाल तक दिखने लगे थे. इसके बावजूद आधिकारिक मूल्यांकन सिर्फ 100 रुपये प्रति कब्र लगाया गया. क्या सरकारी रिकॉर्ड में मृतकों की गरिमा की यही कीमत है?' नगर निगम अधिकारी ने मुआवजे की गणना मौजूदा निर्देशों के अनुसार बताई. नागरिक निकाय धार्मिक या दफन स्थलों को नुकसान का समर्थन नहीं करता है. वक्फ बोर्ड के दस्तावेजों के अनुसार कब्रिस्तान गजटेड वक्फ संपत्ति है. 26 अप्रैल की घटना के बाद जमालुद्द्दीन खान ने उत्तर प्रदेश सरकार के IGRS पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई. नगर निगम की प्रतिक्रिया के बाद पहले शिकायत बंद कर दी गई, लेकिन खराब फीडबैक के बाद मामले को फिर संज्ञान में लिया गया.
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जौनपुर में CCTV से मारपीट, पीड़ित ने निष्पक्ष जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग

Jaunpur, Uttar Pradesh:जौनपुर CCTV में कैद हुई मारपीट की घटना, कार्रवाई को लेकर पुलिस पर उठे सवाल पीड़ित ने एसपी से लगाई न्याय की गुहार, निष्पक्ष जांच की मांग; पुलिस ने कहा– जांच के आधार पर होगी आगे की कार्रवाई जौनपुर के सिकरारा थाना क्षेत्र में मारपीट की एक घटना का सीसीटीवी वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में कुछ लोगों के बीच विवाद और मारपीट होती दिखाई दे रही है। हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। घटना के पीड़ित ने आरोप लगाया है कि स्थानीय पुलिस ने उसकी तहरीर में बदलाव कर मामूली धाराओं में मुकदमा दर्ज किया, जिससे आरोपियों को राहत मिली। पीड़ित का यह भी कहना है कि मामले में निष्पक्ष जांच नहीं की गई और पुलिस ने गंभीर आरोपों को नजरअंदाज किया। इसी को लेकर पीड़ित ने पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है। घटना के बाद क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है。 वहीं, सिकरारा पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि किसी भी पक्ष के साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा और साक्ष्यों के आधार पर निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी。
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मुहर्रम ताजिया जुलूस के दौरान विवाद में दो पक्ष आमने-सामने, पुलिस सतर्क

Chandauli, Uttar Pradesh:ब्रेकिंग : चंदौली.... - मुहर्रम के ताजिया जुलूस के दौरान भड़का विवाद... - पुरानी रंजिश को लेकर एक ही समुदाय के दो पक्ष आमने-सामने आए... - कहासुनी के बाद विवाद ने हिंसक रूप लिया... - जमकर हुई तलवार बाजी और मारपीट... - मारपीट में एक पक्ष के दो लोग गंभीर रूप से घायल... - घायलों को तत्काल अस्पताल में कराया गया भर्ती... - सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस... - पूरे मामले की पड़ताल में जुटी पुलिस... - गांव में तनाव के मद्देनज़र एहतियातन पुलिस बल तैनात... - पुलिस - दोषियों पर होगी कड़ी कार्रवाई... - शहाबगंज थाना क्षेत्र के पखनपुरा गांव की घटना...
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औद्योगिक क्षेत्र विकसित होने से युवाओं को मिलेगा रोजगार आएगी खुशहाल-ी विधायक

Deepak DixitDeepak DixitFollow15m ago
Sawayajpur, Uttar Pradesh:*पर्यटन विभाग द्वारा 72 लाख कराए गए विकास कार्यों का विधायक ने किया लोकार्पण* गंगा एक्सप्रेस के समीप औद्योगिक क्षेत्र का विकास होने से क्षेत्र में आएगी खुशहाली हरदोई जनपद के सवायजपुर के भाजपा विधायक माधवेंद्र प्रताप सिंह रानू ने 72 लाख की लागत से गंगा एक्सप्रेसवे के समीप कौशिया गांव स्थित प्राचीन कन्हैया लाल मंदिर में पर्यटन विकास कार्यों का लोकार्पण शुक्रवार को किया। लोकार्पण में पहुंचे मुख्य अतिथि विधायक रानू ने कहा कि उन्हें खुशी है एक साल पूर्व पर्यटन विभाग द्वारा इस मंदिर में पर्यटन विभाग जीणोद्धार एवं सुंदरीकरण कार्यों का उन्होंने शिलान्यास किया था आज मुख्य मंदिर, यात्री प्रतीक्षालय, सुलभ शौचालय सहित अन्य विकास कार्य समय के भीतर पूरे हो गए हैं । इससे श्रद्धालुओं को काफी सहूलियत मिलेगी। विधायक ने कहा भाजपा सरकार विकास के लिए कृत संकल्प है उन्होंने कहा जहां गंगा एक्सप्रेसवे का निर्माण होने से क्षेत्र में विकास की गति मिल रही है वही यहां औद्योगिक क्षेत्र जल्द विकसित होने से युवाओं को स्थानीय स्तर पर ही रोजगार मिलेगा । कार्यक्रम में ब्लॉक प्रमुख साण्डी अनिल राजपूत, सहकारी गन्ना विकास समिति रूपापुर के अध्यक्ष ओम प्रकाश मिश्रा, डॉ रजनीश त्रिपाठी, प्रधान प्रतिनिधि राकेश कटियार ,गुड्डू सिंह, शिवम तिवारी, रामप्रताप सिंह आदि मौजूद रहे।
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हरियाणा में नशे के खिलाफ संयुक्त टास्क फोर्स बनेंगे; नशा मुक्ति केंद्र मजबूत होंगे

Chandigarh, Chandigarh:मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने हरियाणा विजन-2047 के तहत ‘सेवा’ विभाग के अगले 5 साले के रोडमैप व कार्ययोजना की समीक्षा बैठक में दिए विस्तृत दिशा-निर्देश नशामुक्ति केंद्र से निकले व्यक्तियों को कौशल ट्रेनिंग देकर नौकरी के लायक बनाया जाएगा मुख्यमंत्री ने नशे की रोकथाम में सहयोग देने और परिवार, समाज व देश को नशामुक्त कर पाने में सहयोग देने की शपथ दिलवाई चंडीगढ़, 26 जून- हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि प्रदेश में नशे की रोकथाम के लिए ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में ज्वाइंट टास्क फोर्स बनाई जाएंगी जो नशे की बिक्री को रोकने और इसके कारोबार में लगे व्यक्तियों की धरपकड़ के लिए विशेष अभियान चलाएंगी। इस टास्क फोर्स को इतना सशक्त बनाया जाएगा कि नशे के सौदागरों के मन में इसे लेकर इतना डर पैदा होगा कि वे इस काम से तौबा कर लेंगे। मुख्यमंत्री ने यह बात शुक्रवार को हरियाणा सिविल सचिवालय में हरियाणा विजन-2047 के तहत सामाजिक न्याय तथा अधिकारिता, अनुसूचित जातियां एवं पिछड़े वर्ग कल्याण और अंत्योदय (सेवा) विभाग के अगले 5 साल के रोडमैप व कार्ययोजना की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए दिए। उन्होंने विभाग से संबंधित मुख्यमंत्री घोषणाओं, बजट घोषणाओं तथा संकल्प पत्र के कार्यों की प्रगति की भी समीक्षा की और इनके संबंध में अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने उपस्थितगण को नशे की रोकथाम में सहयोग देने और परिवार, समाज व देश को नशामुक्त करने में सहयोग देने की शपथ भी दिलवाई। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में नशे पर पूर्ण रोक लगाने के लिए इसकी बिक्री के नेटवर्क को तोड़ना आवश्यक है। इसके लिए उन्होंने ‘सेवा’ विभाग के नेतृत्व में ग्रामीण स्तर पर सरपंच, वार्ड सदस्य, बीडीपीओ, एसएचओ व क्षेत्र में कार्यरत किसी एनजीओ को शामिल करते हुए तथा शहरी क्षेत्र में नगर निकाय के सचिव, वार्ड पार्षद, HHO तथा एनजीओ को शामिल करते हुए ज्वाइंट टास्क फोर्स बनाने के निर्देश दिए। यह टास्क फोर्स ऐसे स्थानों को चिह्नित करेंगी जहां नशे की बिक्री होती हो और सख्ती से नशे के सौदागरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करेगी। नशे के कारोबार में लगे लोगों में इस टास्क फोर्स के प्रति भय होना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि नशा पीड़ितों के लिए प्रदेश में और अधिक नशा मुक्ति केंद्र व रिहैबलिटेशन सेंटर खोले जाएंगे। नशा मुक्ति केंद्र में जो व्यक्ति इलाज करवाकर बाहर निकलते हैं उनकी 3 महीने तक विशेष देखरेख की जाए और इनके लिए कौशल ट्रेनिंग तथा रोजगार देने की भी कार्ययोजना तैयार की जाए। नशा पीड़ितों के साथ मैत्री संबंध बनाकर इन्हें फिर से समाज की मुख्य धारा में शामिल करके ही हम आदर्श समाज का निर्माण कर सकते हैं। ‘सेवा’ विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव श्रीमती जी. अनुपमा ने बताया कि राज्य में 119 नशा मुक्ति केंद्र, 29 रिहैबलीटेशन सेंटर तथा 2 मनोरोग अस्पताल चल रहे हैं। कुरुक्षेत्र में PPP मोड पर 6 एकड़ में एक रिहैबलीटेशन सेंटर शुरू किया जाएगा। नशा मुक्ति के लिए विभाग ने ड्रग एडिक्ट मॉनिटरिंग सिस्टम भी बनाया गया है ताकि नशा मुक्ति के बाद व्यक्ति की समुचित निगरानी की जा सके और यह सुनिश्चित किया जा सके कि वह फिर से नशे का आदी न हो। उन्होंने बताया कि ‘सेवा’ विभाग राज्य में 35 प्रकार की योजनाओं के माध्यम से पात्र व्यक्तियों व परिवारों को पेंशन सहित अन्य आर्थिक सहायता प्रदान कर रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पेंशन व अन्य योजनाओं के पात्रों के लिए अपने व्यक्तिगत व पारिवारिक विवरण में संशोधन का प्रावधान किया जाए ताकि कोई पात्र व्यक्ति योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे। ऐसे मॉड्यूले बनाए जाएं जिनके माध्यम से कोई व्यक्ति अपने विवरण को सही करवाने के लिए आवेदन कर सके। इसकी वेरिफिकेशन के लिए प्रत्येक जिला में अतिरिक्त उपायुक्त की अध्यक्षता में विवरण को सही करवाने का मौका दिया जाए। उन्होंने पिछले 3 महीने में 63000 अतिरिक्त लाभार्थियों को पेंशन योजनाओं से जोड़ने पर प्रसन्नता व्यक्त की। दिव्यांग बच्चों को दी जा रही सुविधाओं की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में दिव्यांग बच्चों के लिए कार्य कर रही संस्थाओं का रजिस्ट्रेशन होना चाहिए, इसके लिए एक पॉलिसी तैयार की जाए ताकि अच्छा काम करने वाली संस्थाओं को ग्रांट दी जा सके। उन्होंने कहा कि सभी दिव्यांगजनों को सरकारी विभागों की नौकरियों में निर्धारित आरक्षण का लाभ दिया जाए। उन्होंने विशेष जरूरत के बच्चों के शिक्षकों को आवश्यकता अनुसार कोर्स करवाने तथा दिव्यांग सुविधा केंद्रों की कार्यप्रणाली की भी समीक्षा की। श्री नायब सिंह सैनी ने वरिष्ठ नागरिकों के जीवन को आसान बनाने के लिए हर जिले में एक सीनियर सिटीजन क्लब बनाने के निर्देश दिए जहां बुजुर्गों के लिए बैठने, आराम करने व गेम सहित साइकोलोजिस्ट व फिजियोथेरेपिस्ट की भी सुविधाएं हों। उन्होंने बुजुर्गों की देखरेख के लिए केयर गिवर्स तैयार करने के भी निर्देश दिए। इसके प्रथम चरण में प्रदेश में 1000 केयर गिवर्स तैयार किए जाएंगे जिनके लिए श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय व अन्य निजी विश्वविद्यालयों में कोर्स करवाए जाएंगे। उन्होंने निर्देश दिए कि बुजुर्गों के कल्याण में कार्यरत सभी एनजीओ का रजिस्ट्रेशन भी किया जाए ताकि अच्छा काम करने वाली संस्थाओं को प्रोत्साहन दिया जा सके। मुख्यमंत्री ने अनुसूचित जाति, पिछड़ा वर्ग तथा ईडब्ल्यूएस श्रेणी के बच्चों को दी जाने वाली छात्रवृति के वितरण की समीक्षा करते हुए कहा कि अब पात्र विद्यार्थियों के लिए आवेदन व इनकी वेरिफिकेशन का कार्य ऑनलाइन कर दिया गया है जिससे अब विद्यार्थियों को तुरंत छात्रवृति मिलने लगी है। उन्होंने पिछले वर्षों की लंबित छात्रवृति की राशि भी प्राथमिकता के आधार पर वितरित करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी जिलों में विद्यार्थियों के लिए हॉस्टल शुरू करवाए जाएं ताकि शहर में आकर पढ़ने वाले दूरदराज के विद्यार्थियों को रहने व खाने की समस्याओं का सामना न करना पड़े और उनकी पढ़ाई बाधित न हो। मुख्यमंत्री ने लाडो लक्ष्मी योजना की समीक्षा करते हुए कहा कि इस योजना का लाभ लेने वाली महिलाओं को मिल रही पेंशन आदि अन्य किसी सुविधा पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा। इसलिए सभी पात्र महिलाओं को इस योजना में अपना पंजीकरण करके इसका लाभ उठाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस योजना में बजट की कोई कमी नहीं है। पिछले साल इस योजना का बजट 5000 करोड़ था जिसे वर्तमान बजट में बढ़ाकर 6500 करोड़ रुपये कर दिया गया है।
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हरियाणा एनसीआर में वायु अभियान तेज: 925 इलेक्ट्रिक बसें, नो पीयूसीसी लागू

Chandigarh, Chandigarh:हरियाणा सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में स्वच्छ वायु अभियान में तेजी लाते हुए व्यापक कार्ययोजना पर अमल शुरू कर दिया है। इसके तहत नई इलेक्ट्रिक बसों को शामिल करने के साथ-साथ एनसीआर में वायु गुणवत्ता निगरानी नेटवर्क का विस्तार करते हुए 23 नए निरंतर परिवेशी वायु गुणवत्ता निगरानी केंद्र (सीएएक्यूएमएस) भी स्थापित किए जा रहे हैं। इसके अलावा, 1 अक्टूबर से ‘नो पीयूसीसी, नो फ्यूल’ नीति लागू होगी, लगभग 1,000 किलोमीटर शहरी सड़कों का पुनर्विकास किया जाएगा तथा प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों और उद्योगों के विरुद्ध कार्रवाई और तेज की जाएगी। मुख्य सचिव श्री अनुराग रस्तोगी ने वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) के तहत आयोजित एक उच्च स्तरीय बैठक में इन बहु-क्षेत्रीय पहलों की समीक्षा की। उन्होंने संबंधित सभी विभागों को निर्देश दिए कि सभी कार्य निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरे किए जाएं, ताकि सर्दियों के मौसम से पहले प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े सभी उपाय पूरी तरह लागू हो सकें। परिवहन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री राजशेखर वुंडरू ने बताया कि वर्ष 2026 के दौरान गुरुग्राम, फरीदाबाद, सोनीपत, पानीपत, करनाल और रोहतक में 925 इलेक्ट्रिक बसें संचालित करने की योजना है। वर्तमान में 70 इलेक्ट्रिक बसें पहले से संचालित हैं, जबकि 385 अतिरिक्त बसों के लिए खरीद आदेश जारी किए जा चुके हैं। शेष बसों की खरीद हाई पावर्ड परचेज कमेटी की स्वीकृति के बाद चरणबद्ध तरीके से की जाएगी। इससे वाहनों से होने वाले उत्सर्जन में कमी आएगी और स्वच्छ एवं टिकाऊ सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा मिलेगा। वायु प्रदूषण की प्रभावी निगरानी के लिए राज्य सरकार वायु गुणवत्ता निगरानी नेटवर्क का भी विस्तार कर रही है। वर्तमान में राज्य में 22 निरंतर परिवेशी वायु गुणवत्ता निगरानी केंद्र संचालित हैं, जबकि 23 नए केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं, जिससे इनकी कुल संख्या बढ़कर 45 हो जाएगी। दो स्टेशनों के लिए जुलाई के मध्य तक कार्यादेश जारी होने की संभावना है, जबकि शेष स्टेशनों के लिए शीघ्र ही निविदाएं आमंत्रित की जाएंगी। विस्तारित नेटवर्क को 30 सितंबर से पहले पूरी तरह संचालित करने का लक्ष्य रखा गया है, ताकि सर्दियों के दौरान वायु गुणवत्ता की रियल-टाइम निगरानी सुनिश्चित हो सके। बैठक में वाहनों से होने वाले प्रदूषण नियंत्रण की समीक्षा करते हुए मुख्य सचिव ने 1 अक्टूबर, 2026 से लागू होने वाली ‘नो पीयूसीसी, नो फ्यूल’ पहल की तैयारियों का भी जायजा लिया। अधिकारियों ने बताया कि हरियाणा के एनसीआर जिलों के सभी 2,780 पेट्रोल पंपों पर ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन (एएनपीआर) प्रणाली स्थापित की जा रही है। पहले चरण में गुरुग्राम, फरीदाबाद, झज्जर और सोनीपत के 775 पेट्रोल पंपों को कवर किया जाएगा, जबकि शेष 2,005 पेट्रोल पंपों पर भी निर्धारित समय-सीमा से पहले यह प्रणाली स्थापित कर दी जाएगी। इसके लागू होने के बाद ईंधन भरवाने से पहले वाहन के पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल सर्टिफिकेट (पीयूसीसी) का इलेक्ट्रॉनिक सत्यापन किया जाएगा। बैठक में एंड-ऑफ-लाइफ (ईओएल) वाहनों के विरुद्ध की जा रही कार्रवाई की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि इस वर्ष प्रवर्तन अभियान में उल्लेखनीय तेजी लाई गई है। अब तक 2,883 पुराने वाहन जब्त, 2,010 वाहन स्क्रैप किए जा चुके हैं तथा स्वैच्छिक रूप से वाहनों को हटाने के लिए 6,054 अनापत्ति प्रमाण-पत्र (एनओसी) जारी किए गए हैं। मुख्य सचिव ने ‘नया सफर योजना’ की प्रगति की भी समीक्षा की। इसके तहत पात्र वाहनों के लिए सौ फीसदी मोटर वाहन कर छूट की अधिसूचना जारी की जा चुकी है। इस योजना का उद्देश्य पुराने व्यावसायिक वाहनों को स्वच्छ विकल्पों से बदलना है, जिसके लिए प्रोत्साहन, जागरूकता शिविर तथा वाउचर रिडेम्पशन के लिए फ्यूल आउटलेट को सक्रिय किया जा रहा है। बैठक में बताया गया कि सीएक्यूएम ढांचे के अंतर्गत लगभग 490 किलोमीटर सड़कों का पुनर्विकास पहले ही पूरा किया जा चुका है, जबकि लगभग 1,000 किलोमीटर अतिरिक्त सड़कों के लिए कार्यादेश जारी किए जा चुके हैं। वैज्ञानिक सड़क अभियांत्रिकी तथा धूल नियंत्रण उपायों को अपनाने के लिए हरियाणा सरकार शीघ्र ही सीएसआईआर–सेंट्रल रोड रिसर्च इंस्टीट्यूट (CRRI) के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर करेगी। औद्योगिक प्रदूषण नियंत्रण की समीक्षा के दौरान बताया गया कि ऑनलाइन कंटीन्यूअस एमिशन मॉनिटरिंग सिस्टम (OCEMS) स्थापित करने वाले 1,340 उद्योगों में से 1,329 उद्योग पहले ही केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के सर्वर से जोड़े जा चुके हैं। जिन उद्योगों में उन्नत उत्सर्जन नियंत्रण अवसंरचना की आवश्यकता है, वहां एयर पॉल्यूशन कंट्रोल डिवाइस की स्थापना भी तेज़ी से की जा रही है। बैठक में ठोस अपशिष्ट तथा निर्माण एवं विध्वंस (C&D) अपशिष्ट प्रबंधन की भी समीक्षा की गई। अपशिष्ट संग्रहण स्थलों की जियो-टैगिंग तथा C&D अपशिष्ट परिवहन की जीपीएस ट्रैकिंग पहले ही लागू की जा चुकी है। वर्तमान में 23 सेकेंडरी कलेक्शन सेंटर संचालित हैं और अतिरिक्त केंद्र भी विकसित किए जा रहे हैं। एनसीआर के सभी सात शहरों में नगर निगम ठोस अपशिष्ट संग्रहण का शत-प्रतिशत कवरेज सुनिश्चित किया जा चुका है तथा वैज्ञानिक अपशिष्ट प्रबंधन को मजबूत करने के लिए नए प्रसंस्करण संयंत्र भी स्थापित किए जा रहे हैं.
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