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Ramprakash RathourRamprakash RathourFollow29 Jan 2025, 05:05 pm

हरदोईः शाहाबाद कोतवाली क्षेत्र में अलग-अलग स्थान पर हुई मारपीट में दो महिलाओं सहित पांच पर केस दर्ज

Shahabad, Uttar Pradesh:

शाहाबाद कोतवाली क्षेत्र में अलग-अलग हुई घटनाओं में गाली गलौज कर जान से मार डालने की धमकी देने वाले आरोपियों के खिलाफ कोतवाली पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। कस्बे के मोहल्ला नेकोजई आसरा कालोनी निवासी पिंकी गुप्ता पत्नी सतीश गुप्ता के अनुसार वह नीचे कालोनी में रहती है ।उसके ऊपर तीसरी मंजिल पर रहने वाली शबाना पत्नी बहादुर कुरैशी जीने में कूड़ा फैलाती है। 27 जनवरी की शाम को उसने कूड़ा फैलाने से मना किया तो विपक्षी ने अपने देवर बब्बू कुरैशी और लल्ला उर्फ घसीटे शाह निवासी मोहल्ला नेकोजई को बुलाकर उसे गाली गलौज किया। कालोनी वालों के बीच में आने पर आरोपियों ने उसे जान से मार डालने की धमकी दी और चले गए। कोतवाली क्षेत्र के ग्राम पेढवा निवासी पवन मिश्रा पुत्र रमाकांत मिश्रा गांव के दंपति पर मारपीट का आरोप लगाया।

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गोपालगंज-शीतलपुर में बाढ़ प्रभावितों के लिए बांध निर्माण की मांग तेज

Gopalganj, Bihar:गोपालगंज में गंडक नदी के जलस्तर में कमी आ रही है डुमरिया घाट में पानी एक फिट नीचे उतर गया है वही बैकुंठपुर के शीतलपुर में रिंग बांध टूटने के बाद 4 पंचायतों में बाढ़ का पानी फैल गया है बack_unit_placeholder बैकुंठपुर विधायक सह शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी बाढ़ पीड़ितों के बीच पहुँचे उन्होंने गमहारी,बंजरिया ,डुमरिया गांव में निरीक्षण किया वही सामुदायिक रसोई में बाढ़ पीड़ितों से मुलाकात की व संवाद कर उनकी समस्याएं सुनी राहत व बचाव कार्यों की जानकारी ली मंत्री मिथिलेश तिवारी ने बताया कि शीतलपुर, बंजरिया ,महारानी सहित आधा दर्जन गांव जो नदी के पेट मे है वहाँ के लोगो की मांग है कि प्रोटेक्शन बांध बनाया जाये ,बाढ़ के बाद अधिकारियों की टीम बुलाई जाएगी व निरीक्षण किया जायेगा प्रयास किया जायेगा कि बांध बने अभी हमे आपदा से निपटना है सबको मिलकर साथ काम करना है बाइट- मिथिलेश तिवारी,शिक्षा मंत्री ,बिहार सरकार
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मुजफ्फरपुर साहेबगंज में रिंग बांध टूटने के बाद DM ने बांधों का निरीक्षण किया

Muzaffarpur, Bihar:मुजफ्फरपुर के साहेबगंज में नारायणी-गंडक के रिंग बांध टूटने के बाद मौके पर पहुंचे जिलाधिकारी कुमार गौरव माधोपुर हजारी ने रिंग बांध और मुख्य बांध का निरीक्षण किया, ताकि बाढ़ एवं जलजमाव की स्थिति का जायजा लिया जा सके. निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने रिंग बांध की वर्तमान स्थिति, बांध की सुरक्षा और संवेदनशील स्थलों का बारीकी से अवलोकन किया. उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों एवं अभियंताओं से बांध की स्थिति, जलस्तर तथा संभावित जोखिम वाले क्षेत्रों के बारे में जानकारी प्राप्त की. जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि रिंग बांध की लगातार निगरानी सुनिश्चित की जाए. उन्होंने संवेदनशील स्थलों पर पर्याप्त संख्या में बालू भरे बोरे, मिट्टी और अन्य आवश्यक सामग्री की उपलब्धता सुनिश्चित रखने का निर्देश दिया, ताकि आवश्यकता पड़ने पर तत्काल सुरक्षा कार्य किया जा सके. उन्होंने स्थानीय स्तर पर जलस्तर एवं बांध की स्थिति पर नजर बनाए रखने तथा किसी भी आपात परिस्थिति में त्वरित कार्रवाई के लिए संबंधित विभागों के पदाधिकारियों एवं कर्मियों को अलर्ट मोड में रहने का निर्देश दिया. जिलाधिकारी ने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में प्रशासन की प्राथमिकता आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित करना है. उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए प्रभावित लोगों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराने तथा राहत एवं बचाव कार्यों को प्रभावी ढंग से संचालित करने का निर्देश दिया.
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धनबाद बरमसिया में 75 ट्रक अवैध पार्किंग पर 7 लाख का जुर्माना

Dhanbad, Jharkhand:धनबाद के बरमसिया में पिछले दिनों FCI अनाज लोड ट्रक से सड़क हादसे के बाद जिला परिवहन विभाग की टीम एक्टिव हो गई है। परिवहन विभाग की टीम बरमसिया पहुँची सड़क किनारे अवैध पार्किंग किये ट्रको का चालान काटा। सड़क किनारे अवैध रूप से पार्किंग करने पर सख्त हिदायत दी गई। अभय कुमार (एमवीआई) ने बताया कि राज्य सरकार, डीसी और डीटीओ के निर्देश पर सड़क किनारे अवैध पार्किंग के खिलाफ कार्रवाई कर रही है। बरमसिया में सड़क किनारे 75 ट्रक पाया गया, सभी को फाइन किया गया। 7 लाख का फाइन किया गया है। फाइन के बाद भी अगर अवैध तरीके से पार्किंग किया जायेगा तो वाहन को जब्त कर थाना को सुपुर्द किया जाएगा। अवैध पार्किंग के कारण दुर्घटना और सड़क जाम की स्थिति हो जाती है।
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भीलवाड़ा में नो पार्किंग उल्लंघन पर वाहनों की जप्ती, ट्रैफिक सुगम

Jaipur, Rajasthan:भीलवाड़ा राजस्थान भीलवाड़ा केन्द्रीय राज्य रोडवेज परिवहन निगम बस स्टैंड के बाहर मुख्य सड़क पर खड़े बे तरतीप दो पहिया और चार पहिया वाहनों को सुभाष नगर थाना और यातायात पुलिस के संयुक्त रूप से हटाए जाने की कार्यवाही के तहत वाहनों को जप्त किए गए और नो पार्किंग में खड़े करने का चालान बनाए , अचानक पुलिस की कार्यवाही से वाहन चालकों में अफरातफरी मच गई कई वाहन चालक अपने वाहनों को हटाने में लगे तो कई वाहन चालक पुलिस कर्मियों से गुहार लगाते दिखे एकाएक कार्यवाही से जहां यातायात के लिए मार्ग सुगम हो गया वही दूसरी तरफ वाहन मालिकों की परेड हो गई
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जिले में भालू के हमले से दो ग्रामीण घायल, हालत गंभीर

Sukma, Chhattisgarh:जिले में पिछले 12 दिनों से बाघ के खौफ के बीच अब भालू के हमले ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। पोलमपल्ली थाना क्षेत्र के पालामडगू जंगल में भालू के हमले में एक ग्रामीण गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे बचाने पहुंचे साथी ग्रामीण पर भी भालू झपटा, लेकिन ग्रामीण ने हिम्मत नहीं हारी और भालू का सामना करते हुए अपने साथी को उसके चंगुल से छुड़ा लिया। बतया जा रहा है कि दोनों ग्रामीण पालामडगू इलाके में गाय चराने के लिए जंगल गए थे। इसी दौरान भालू ने एक ग्रामीण पर अचानक हमला कर दिया। साथी को बचाने पहुंचे दूसरे ग्रामीण पर भी भालू ने हमला कर दिया। हालांकि उसने हिम्मत और दिलेरी दिखाते हुए भालू का सामना किया, जिसके बाद भालू घायल ग्रामीण को छोड़कर जंगल की ओर भाग गया। समय रहते साथी के पहुंचने से ग्रामीण की जान बच गई। हमलाे में दोनों ग्रामीण गंभीर रूप से घायल हुए हैं। दोनों को तत्काल दोरनापाल अस्पताल लाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए सुकमा जिला अस्पताल रेफर किया गया। बताया जा रहा है कि एक ग्रामीण के शरीर से काफी खून बह जाने के कारण उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। फिलहाल दोनों का उपचार जारी है। वीडियो के साथ घायल ग्रामीण का छोटा सा बाइक भी है
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बैतूल में कम बारिश: रबी फसल संकट के बीच पानी बचाने की योजना जारी

Betul, Madhya Pradesh:एंकर - बैतूल जिले में इस बार कम बारिश ने रबी सीजन की चिंता बढ़ा दी है। जिले में अब तक करीब 29 इंच बारिश दर्ज हुई है,जबकि मध्यम और लघु जल परियोजनाओं में सिर्फ 51 प्रतिशत जलभराव हुआ है। कई नदी-नाले भी सूखे पड़े हैं। ऐसे हालात में जिला स्तरीय जल उपयोगिता समिति की बैठक में रबी सिंचाई को लेकर कई अहम फैसले लिए गए। बैतूल में कम बारिश और कम जलभराव ने रबी की फसल पर संकट खड़ा कर दिया है। जिले में अब तक करीब 29 इंच बारिश दर्ज की गई है,जबकि जलाशयों में महज 51 प्रतिशत पानी ही उपलब्ध है। नदी-नालों में भी पर्याप्त पानी नहीं है। ऐसे में जिला स्तरीय जल उपयोगिता समिति की बैठक में जलाशयों में उपलब्ध पानी,सिंचाई की जरूरत और रबी सिंचाई कार्यक्रम को लेकर विस्तार से मंथन किया गया। कलेक्टर के अनुसार बैठक में फैसला लिया गया कि किसानों को उपलब्ध पानी के हिसाब से कम पानी में तैयार होने वाली फसलों की बोनी की सलाह दी जाएगी। कृषि विभाग किसानों से लगातार संवाद कर फसल बोनी की योजना तैयार करेगा,ताकि सीमित जल का बेहतर इस्तेमाल हो सके। वहीं जलाशयों और नदियों से अवैध रूप से पानी खींचने वालों पर भी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। अवैध मोटर मिलने पर उसे जब्त करने की कार्रवाई की जाएगी। इधर जिला पंचायत अध्यक्ष ने आने वाले दिनों में संभावित पेयजल संकट को देखते हुए सरकारी और निजी निर्माण कार्यों पर प्रतिबंध लगाने की मांग उठाई है। यानी बैतूल में इस बार चुनौती सिर्फ रबी की फसल बचाने की नहीं,बल्कि आने वाले दिनों के लिए पानी बचाने की भी है।
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बैतूल में कम बारिश से रबी फसलों की सुरक्षा के लिए निर्णायक कदम

Betul, Madhya Pradesh:बैतूल जिले में कम बारिश और जलाशयों में कम जलभराव ने रबी सीजन की चिंता बढ़ा दी है। जिले में अब तक करीब 29 इंच बारिश दर्ज हुई है, जबकि मध्यम और लघु जल परियोजनाओं में सिर्फ 51 प्रतिशत पानी ही जमा है। कई नदी-नाले भी सूखे पड़े हैं। ऐसे हालात में जिला स्तरीय जल उपयोगिता समिति की बैठक में रबी सिंचाई को लेकर अहम फैसले लिए गए हैं। किसानों को उपलब्ध पानी के हिसाब से कम पानी में तैयार होने वाली फसलों की बोनी की सलाह दी जाएगी। वहीं जलाशयों और नदियों से अवैध रूप से पानी खींचने वालों की मोटर जब्त करने के निर्देश दिए गए हैं। जिला पंचायत अध्यक्ष ने आने वाले दिनों में संभावित पेयजल संकट को देखते हुए सरकारी और निजी निर्माण कार्यों पर प्रतिबंध लगाने की मांग भी उठाई है। यानी बैतूल में इस बार चुनौती सिर्फ रबी की फसल बचाने की नहीं, बल्कि आने वाले दिनों के लिए हर बूंद पानी बचाने की भी है।
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भोपाल हत्या केस: आरोपी वरुण कुमार का कैरेक्टर सर्टिफिकेट सामने

Bhopal, Madhya Pradesh:भोपाल रिटायर्ड आईएएस वरुण कुमार हत्या कांड मामले में आरोपी वरुण कुमार का आया कैरेक्टर सर्टिफिकेट सामने एसपी पटियाला ने जारी किया था वरुण कुमार का सर्टिफिकेट केयरटेकर की जॉब के लिए बनवाया था वरुण कुमार ने एसपी पटियाला ऑफिस से सर्टिफिकेट इस सर्टिफिकेट में बताया गया था वरुण कुमार को नैतिक और अपराधमुक्त व्यक्ति पुलिस की कई टीमों की सर्चिंग के बाद भी अब तक नहीं पकड़ाया वरुण शातिर वरुण नहीं रहता था अपने परिवार के संपर्क में भी माता पिता की हो चुकी थी मौत, पटियाला में रहने वाली बहन से भी नहीं रखता था संपर्क पुलिस का अनुमान, हो सकता है शातिराना तरीके से की हो कई वारदात मामले में हो चुकी है एफआईआर दर्ज, वरुण की तलाश जारी इतना शातिर था वरुण की नहीं रखता था अपने पास मोबिल फोन आरोपी का आधार कार्ड और पेन कार्ड के बाद कैरेक्टर सर्टिफिएक्ट सबसे पहले
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ABVP कार्यकर्ताओं ने भर्ती प्रक्रिया की पारदर्शिता पर जांच की मांग की

Burhanpur, Madhya Pradesh:बुरहानपुर में एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय का घेराव कर जमकर नारे बाजी की और अतिथि शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी होने का आरोप लगाया, निष्पक्ष जांच कर योग्य उम्मीदवारों को नियुक्ति देने के लिए प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी रोहिणी पवार को ज्ञापन सौंपा। बुरहानपुर शिक्षा विभाग द्वारा अतिथि शिक्षक भर्ती प्रक्रिया की गई थी जिसमें मेरिट लिस्ट के आधार पर अतिथि शिक्षक भर्ती किए गए लेकिन कुछ उम्मीदवारों का कहना है कि भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं अपनाई गई मेरिट लिस्ट में कम नंबर वाले अभ्यर्थियों को अतिथि शिक्षक बना दिये , ज्यादा नंबर वाले अभ्यर्थियों को अनदेखा किया गया। पीड़ित अभ्यर्थियों ने एबीवीपी कार्यकर्ताओं के साथ जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई वही इस पूरे मामले पर प्रभारी जिला शिक्षा अधिकारी रोहिणी पवार ने बताया कि पोर्टल के आधार पर अतिथि शिक्षक भर्ती प्रक्रिया अपनाई गई है मेरिट लिस्ट के आधार पर ही पूरी भर्ती प्रक्रिया अपनाई गई है।
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खंडवा: अंतरराज्यीय चोर गिरोह के 5 सदस्य गिरफ्तार, 20 लाख रुपए के माल बरामद

Khandwa, Madhya Pradesh:खंडवा पुलिस ने अंतर्राज्यीय चोर गिरोह के 5 सदस्य गिरफ्तार किए, कार से आकर चोरी की घटना को अंजाम देकर हो जाते थे फरार।खंडवा पुलिस ने अंतर्राज्यीय चोर गिरोह के 5 सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों ने खंडवा में केन्द्रीय विद्यालय स्टाफ क्वार्टर समेत कई घरों को निशाना बनाया था। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 3 लाख रुपए नकद, करीब 9 लाख रुपए के सोने-चांदी के जेवरात और वारदात में इस्तेमाल कार बरामद की है। कुल बरामद मशरूका करीब 20 लाख रुपए का बताया गया है। पुलिस के मुताबिक गिरोह ने मध्यप्रदेश के अलावा महाराष्ट्र और गुजरात में भी वारदातें करना कबूल किया है। एक आरोपी अभी फरार है, जिसकी तलाश जारी है।15 दिन पहले 12 सितंबर को खंडवा के केन्द्रीय विद्यालय स्टाफ क्वार्टर में बदमाशों ने एक साथ पांच आवासों के ताले तोड़े और नकदी के साथ सोने-चांदी के जेवरात चोरी कर फरार हो गए थे। इसके बाद केशव कुंज कॉलोनी, सिविल लाइन और लक्ष्मी नगर-नवकार नगर में भी चोरी की वारदात सामने आई थी। नवकार नगर में बदमाशों ने घर का ताला तोड़कर इलाज के लिए रखे 6 लाख रुपए नकद भी चुरा लिए थे।लगातार हो रही चोरी की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए कोतवाली पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की तलाश शुरू की। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए धार जिले के अलग-अलग इलाकों से पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया।पुलिस के मुताबिक आरोपी क्रेटा कार से दिन के समय मकानों, कॉलोनियों और ऐसे शैक्षणिक संस्थानों की रेकी करते थे, जहां ताले लगे रहते थे। मौका देखकर ताले तोड़ते और सोने-चांदी के जेवरात व नगदी लेकर फरार हो जाते थे।गिरोह ने खंडवा, मूंदी, जावर, सिवनी, देवास और धार के अलावा महाराष्ट्र और गुजरात में भी वारदात करना कबूल किया है।पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 3 लाख रुपए नकद, करीब 9 लाख रुपए कीमत के सोने-चांदी के जेवरात और वारदात में इस्तेमाल क्रेटा कार बरामद की है。
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गांधी जयंती पर अस्पतालों के रसोईघर कड़े निरीक्षण, खाद्य सुरक्षा में सुधार

Noida, Uttar Pradesh:मरीजों की थाली की शुद्धता पर विशेष नजर, गांधी जयंती पर प्रदेशभर में चला खाद्य सुरक्षा अभियान एफएसडीए ने 75 जनपदों में करीब 42 मेडिकल कॉलेजों और 150 जिला व अन्य राजकीय चिकित्सालयों के भोजनालयों-कैंटीनों का किया विशेष निरीक्षण रसोई की स्वच्छता से लेकर कच्चे माल, भंडारण, कीट-रोधक व्यवस्था और अपशिष्ट निस्तारण तक की हुई गहन पड़ताल कमियां मिलने पर 14 दिन में सुधार के निर्देश, फॉलो-अप निरीक्षण में अनुपालन न होने पर लाइसेंस/पंजीकरण निलंबित होगा लखनऊ, 01 अक्टूबर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश में जनस्वास्थ्य से जुड़ी व्यवस्थाओं को सुदृढ़ करने के क्रम में खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने गांधी जयंती के अवसर पर राजकीय चिकित्सालयों एवं मेडिकल कॉलेजों में मरीजों को उपलब्ध कराए जा रहे भोजन की खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रदेशव्यापी विशेष अभियान चलाया। महात्मा गांधी के स्वच्छता, सेवा और जनस्वास्थ्य के मूल्यों को व्यवहार में उतारते हुए विभागीय टीमों ने प्रदेश के सभी 75 जनपदों में राजकीय चिकित्सालयों एवं राजकीय मेडिकल कॉलेजों से संबद्ध भोजनालयों और कैंटीनों का विशेष निरीक्षण किया। अभियान के तहत करीब 42 राजकीय मेडिकल कॉलेजों तथा 150 जिला एवं अन्य राजकीय चिकित्सालयों से संबद्ध भोजनालयों-कैंटीनों की व्यवस्थाओं को परखा गया। इन स्थानों पर भर्ती मरीजों के साथ उनके तीमारदारों के लिए भी भोजन तैयार एवं उपलब्ध कराया जाता है। विभाग ने केवल भोजन की गुणवत्ता की जांच तक अभियान को सीमित न रखते हुए भोजन तैयार होने से लेकर उसके भंडारण, संरक्षण, परिवहन और मरीज तक पहुंचने की पूरी श्रृंखला को खाद्य सुरक्षा के मानकों पर परखा। मरीजों के लिए सुरक्षित भोजन क्यों जरूरी अस्पताल में भर्ती मरीज अपनी उपचार व्यवस्था के लिए अस्पताल प्रशासन पर निर्भर होता है। बीमारी की स्थिति में उसकी खाद्य संबंधी आवश्यकताएं भी सामान्य व्यक्ति से अलग हो सकती हैं। ऐसे में भोजन की गुणवत्ता, स्वच्छता और सुरक्षित रखरखाव सीधे मरीज के स्वास्थ्य और उपचार व्यवस्था से जुड़े विषय हैं। इसीलिए अभियान का उद्देश्य केवल यह देखना नहीं था कि भोजन गुणवत्तापूर्ण है या नहीं, बल्कि यह सुनिश्चित करना भी था कि भोजन जिस रसोई में तैयार हो रहा है, वहां स्वच्छता कैसी है, कच्चा माल सुरक्षित है या नहीं, भोजन किस प्रकार रखा जा रहा है और मरीज तक पहुंचने तक उसकी खाद्य सुरक्षा बनी हुई है या नहीं। रसोई से मरीज की थाली तक, हर स्तर पर हुई जांच निरीक्षण के दौरान भोजन निर्माण स्थल की स्वच्छता, खाद्य पदार्थों के भंडारण एवं संरक्षण, भोजन बनाने वाले कर्मचारियों की व्यक्तिगत स्वच्छता, कच्चे माल की गुणवत्ता, पेस्ट कंट्रोल, तैयार भोजन के परिवहन एवं वितरण, पेयजल, बर्तनों एवं उपकरणों की साफ-सफाई, जल निकासी एवं अपशिष्ट निस्तारण तथा मरीजों की चिकित्सकीय आवश्यकताओं के अनुरूप भोजन की व्यवस्था की जांच की गई। कई भोजनालयों में व्यवस्थाएं संतोषजनक पाई गईं और आवश्यक आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध मिलीं। वहीं, कुछ स्थानों पर सुधारात्मक बिंदु भी सामने आए। निरीक्षण के दौरान कुछ स्थानों पर किचन और खाद्य भंडारण क्षेत्रों में अस्वच्छकर परिस्थितियां पाई गईं। कहीं ड्रेनेज लीकेज तो कहीं आधारभूत ढांचे में कुछ समस्याएं नजर आईं। कुछ जगहों पर पेस्ट कंट्रोल की आवश्यकता महसूस की गई। इन कमियों को खाद्य सुरक्षा के साथ-साथ रसोई के आधारभूत ढांचे के लिए भी सुधार योग्य माना गया। 14 दिन में सुधार, इसके बाद होगा फॉलो-अप निरीक्षण विभाग ने स्पष्ट किया है कि अभियान का उद्देश्य केवल कमियां दर्ज करना नहीं, बल्कि उनका समयबद्ध और प्रभावी निराकरण सुनिश्चित करना है। इसी क्रम में संबंधित अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) या निदेशक को प्रमुख कमियों की जानकारी औपचारिक रूप से दी जा रही है। अस्पतालों को चिन्हित कमियों को दूर करने के लिए 14 दिन का समय दिया गया है। इसके बाद खाद्य सुरक्षा विभाग की टीमों द्वारा फॉलो-अप निरीक्षण किया जाएगा। यदि दोबारा निरीक्षण में अपेक्षित सुधार नहीं पाया जाता है, तो संबंधित खाद्य कारोबारकर्ता के लाइसेंस/पंजीकरण को निलंबित करने की कार्रवाई की जाएगी। यदि किसी रसोई में आवश्यक मरम्मत या आधारभूत सुधार दो सप्ताह में पूरा करना संभव नहीं है, तो मरीजों को भोजन की आपूर्ति प्रभावित किए बिना वैकल्पिक व्यवस्था करना होगी। आवश्यकता पड़ने पर भोजन तैयार करने का काम किसी अन्य सुरक्षित, स्वच्छ और उपयुक्त परिसर में अस्थायी रूप से स्थानांतरित किया जा सकता है。
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