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लुधियाणा के प्रताप चौक पर 63 वर्षीय आशा रानी ट्रक के पहिये तले मर गई; CCTV फुटेज चालक फरार

Ludhiana, Punjab:ਲੁਧਿਆਣਾ ਵਿੱਚ ਇੱਟਾਂ ਨਾਲ ਭਰੇ ਟਰੱਕ ਨੇ ਔਰਤ ਨੂੰ ਕੁਚਲ ਦਿੱਤਾ,ਤਸਵੀਰਾ ਸੀਸੀਟੀਵੀ ਵਿੱਚ ਕੈਦ ਸੜਕ ਪਾਰ ਕਰਦੇ ਸਮੇਂ ਹਾਦਸਾ ਕੈਦ; ਔਰਤ ਪਟਿਆਲਾ ਤੋਂ ਲੁਧਿਆਣਾ ਇੱਕ ਘਰੇਲੂ ਪ੍ਰੋਗਾਰਮ ਵਿੱਚ ਸ਼ਾਮਲ ਹੋਣ ਆਈ ਸੀ ਲੁਧਿਆਣਾ ਦੇ ਪ੍ਰਤਾਪ ਚੌਕ 'ਤੇ ਇੱਕ ਸੜਕ ਹਾਦਸੇ ਵਿੱਚ 63 ਸਾਲਾ ਆਸ਼ਾ ਰਾਣੀ ਦੀ ਮੋਤ ਹੋ ਗਈ। ਉਹ ਬੱਸ ਤੋਂ ਉਤਰਨ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਸੜਕ ਪਾਰ ਕਰ ਰਹੀ ਸੀ ਜਦੋਂ ਇੱਟਾਂ ਨਾਲ ਭਰੇ ਇੱਕ ਟਰੱਕ ਨੇ ਉਸਨੂੰ ਕੁਚਲ ਦਿੱਤਾ। ਰਾਹਗੀਰਾਂ ਨੇ ਤੁਰੰਤ ਮੁੱਢਲੀ ਸਹਾਇਤਾ ਦੇਣ ਦੀ ਕੋਸ਼ਿਸ਼ ਕੀਤੀ, ਪਰ ਉਸਦੀ ਮੌਤ ਮੌਕੇ ‘ਤੇ ਹੀ ਹੋ ਗਈ। ਆਸ਼ਾ ਦੀ ਮੌਤ ਉਸ ਸਮੇਂ ਹੋਈ ਜਦੋਂ ਇੱਕ ਟਰੱਕ ਦਾ ਟਾਇਰ ਉਸਦੇ ਸਿਰ ਤੋਂ ਲੰਘ ਗਿਆ। ਲੋਕਾਂ ਨੇ ਟਰੱਕ ਦਾ ਪਿੱਛਾ ਕੀਤਾ, ਪਰ ਡਰਾਈਵਰ ਗੱਡੀ ਛੱਡ ਕੇ ਮੌਕੇ ਤੋਂ ਭੱਜ ਗਿਆ। ਪ੍ਰਤਾਪ ਚੌਕ ’ਤੇ ਬੱਸ ਤੋਂ ਉਤਰਨ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਸੜਕ ਪਾਰ ਕਰਦੇ ਸਮੇਂ ਉਸਨੂੰ ਇੱਕ ਟਰੱਕ ਨੇ ਟੱਕਰ ਮਾਰ ਦਿੱਤੀ। ਟਰੱਕ ਦਾ ਪਹੀਆ ਉਸਦੇ ਸਿਰ ਤੋਂ ਲੰਘ ਗਿਆ। ਹਾਦਸੇ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਮੌਕੇ 'ਤੇ ਭੀੜ ਇਕੱਠੀ ਹੋ ਗਈ। ਸੀਸੀਟੀਵੀ ਫੁਟੇਜ ਵੀ ਸਾਹਮਣੇ ਆਈ ਹੈ। ਸੀਸੀਟੀਵੀ ਫੁਟੇਜ ਤੋਂ ਪਤਾ ਚੱਲਦਾ ਹੈ ਕਿ ਆਸ਼ਾ ਦਾ ਪੈਰ ਡਿਵਾਈਡਰ ‘ਤੇ ਫਿਸਲ ਗਿਆ ਹੋ ਸਕਦਾ ਹੈ, ਜਿਸ ਕਾਰਨ ਉਹ ਆ ਰਹੇ ਟਰੱਕ ਨੂੰ ਦੇਖ ਨਹੀਂ ਸਕੀ ਅਤੇ ਅਚਾਨਕ ਉਸ ਦੇ ਪਹੀਏ ਨਾਲ ਟਕਰਾ ਗਈ। ਲੋਕਾਂ ਨੇ ਪੁਲਿਸ ਨੂੰ ਸੂਚਿਤ ਕੀਤਾ। ਪੁਲਿਸ ਹਾਦਸੇ ਦੇ ਕਾਰਨਾਂ ਦਾ ਪਤਾ ਲਗਾਉਣ ਲਈ ਫੁਟੇਜ ਦੀ ਜਾਂਚ ਕਰ ਰਹੀ ਹੈ। ਪੁਲਿਸ ਨੇ ਆਸ਼ਾ ਰਾਣੀ ਦੀ ਲਾਸ਼ ਨੂੰ ਪੋਸਟਮਾਰਟਮ ਲਈ ਲੁਧਿਆਣਾ ਸਿਵਲ ਹਸਪਤਾਲ ਦੇ ਮੁਰਦਾਘਰ ਵਿੱਚ ਰੱਖ ਦਿੱਤਾ ਹੈ। ਪੁਲਿਸ ਟਰੱਕ ਡਰਾਈਵਰ ਦੀ ਭਾਲ ਕਰ ਰਹੀ ਹੈ ਅਤੇ ਹਾਦਸੇ ਦੀ ਜਾਂਚ ਜਾਰੀ ਹੈ। ਟਰੱਕ ਨੂੰ ਪੁਲਿਸ ਹਿਰਾਸਤ ਵਿੱਚ ਲੈ ਲਿਆ ਗਿਆ ਹੈ
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कोटकपूरा में धर्म शांति मार्च, संत फ्रांसिस असीसी की 800वीं बरसी पर शांति संदेश

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Kot Kapura, Punjab:ਕੋਟਕਪੂਰਾ ਵਿੱਚ ਸਰਵ ਧਰਮ ਸ਼ਾਂਤੀ ਅਤੇ ਏਕਤਾ ਮਾਰਚ da ਆਯੋਜਨ, ਸੰਤ ਫਰਾਂਸਿਸ ਅਸੀਸੀ ਦੀ 800ਵੀਂ ਬਰਸੀ ਨੂੰ ਸਮਰਪਿਤ ਮਾਰਚ ਵਿੱਚ ਵੱਖ-ਵੱਖ ਧਰਮਾਂ ਦੇ ਆਗੂਆਂ ਨੇ ਕੀਤੀ ਸ਼ਿਰਕਤ ਸੇਂਟ ਜੋਸਫ਼ ਕੈਥੋਲਿਕ ਚਰਚ ਕੋਟਕਪੂਰਾ ਵੱਲੋਂ ਸ਼ਾਂਤੀ ਦੇ ਦੂਤ ਸੰਤ ਫਰਾਂਸਿਸ ਅਸੀਸੀ ਦੀ 800ਵੀਂ ਬਰਸੀ ਨੂੰ ਸਮਰਪਿਤ ਸਰਵ ਧਰਮ ਸ਼ਾਂਤੀ ਅਤੇ ਏਕਤਾ ਮਾਰਚ ਕੱਢਿਆ ਗਿਆ। ਇਸ ਵਿੱਚ ਵੱਖ-ਵੱਖ ਧਰਮਾਂ ਦੇ ਆਗੂਆਂ ਅਤੇ ਸੰਤਾਂ ਨੇ ਉਤਸ਼ਾਹ ਨਾਲ ਸ਼ਿਰਕਤ ਕਰਦਿਆਂ ਵਿਸ਼ਵ ਸ਼ਾਂਤੀ ਅਤੇ ਆਪਸੀ ਭਾਈਚਾਰੇ ਦੀ ਕਾਮਨਾ ਕੀਤੀ。 ਇਸ ਮਾਰਚ ਦੀ ਸ਼ੁਰੂਆਤ ਸਿਵਲ ਹਸਪਤਾਲ ਤੋਂ ਹੋਈ, ਜੋ ਸ਼ਹਿਰ ਦੇ ਵੱਖ-ਵੱਖ ਹਿੱਸਿਆਂ ਵਿੱਚੋਂ ਹੁੰਦਾ ਹੋਇਆ ਕੈਥੋਲਿਕ ਚਰਚ ਵਿਖੇ ਸਮਾਪਤ ਹੋਇਆ。 ਇਸ ਮੌਕੇ ਸੇਂਟ ਜੋਸਫ਼ ਕੈਥੋਲਿਕ ਚਰਚ ਦੇ ਮੁਖੀ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਇਸ ਮਾਰਚ ਦਾ ਮੁੱਖ ਉਦੇਸ਼ ਸੰਤ ਫਰਾਂਸਿਸ ਅਸੀਸੀ ਦੀਆਂ ਸਿੱਖਿਆਵਾਂ ਨੂੰ ਯਾਦ ਕਰਦਿਆਂ ਵਿਸ਼ਵ ਸ਼ਾਂਤੀ ਦਾ ਸੰਦੇਸ਼ ਦੇਣਾ ਹੈ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਸ਼ਾਂਤੀ ਅਤੇ ਸਦਭਾਵਨਾ ਕਾਇਮ ਕਰਨ ਲਈ ਸਾਰੇ ਧਰਮਾਂ ਦੇ ਲੋਕਾਂ ਨੂੰ ਮਿਲਜੁਲ ਕੇ ਯਤਨ ਕਰਨੇ ਚਾਹੀਦੇ ਹਨ。 ਗੁਰਦੁਆਰਾ ਪਾਤਸ਼ਾਹੀ ਦਸਵੀਂ ਤੋਂ ਪਹੁੰਚੇ ਪ੍ਰਤੀਨਿਧੀ ਨੇ ਕਿਹਾ ਕਿ ਧਰਮ ਮਨੁੱਖਤਾ ਅਤੇ ਆਪਸੀ ਸਾਂਝ ਦਾ ਸੰਦੇਸ਼ ਦਿੰਦਾ ਹੈ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਕਿਹਾ ਕਿ ਗੁਰਦੁਆਰਾ ਸਾਹਿਬ ਵੱਲੋਂ ਵੱਖ-ਵੱਖ ਧਰਮਾਂ ਦੇ ਸਮਾਗਮਾਂ ਵਿੱਚ ਸ਼ਮੂਲੀਅਤ ਕਰਕੇ ਸਾਂਝੀਵਾਲਤਾ ਦਾ ਸੰਦੇਸ਼ ਦਿੱਤਾ ਜਾਂਦਾ ਹੈ। ਉਨ੍ਹਾਂ ਕੈਥੋਲਿਕ ਚਰਚ ਵੱਲੋਂ ਕੀਤੇ ਇਸ ਉਪਰਾਲੇ ਦੀ ਸ਼ਲਾਘਾ ਕੀਤੀ।
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ह Himachal में डीडीयू-जीकेवाई 2.0 से 78% युवाओं को रोजगार, राज्य टॉप-5 में

mathura, Dharamshala, Himachal Pradesh:डीडीयू-जीकेवाई 2.0 में हिमाचल देश के टॉप-5 राज्यों में शामिल, 78 प्रतिशत युवाओं को रोजगार धर्मशाला में डीडीयू-जीकेवाई 2.0 को लेकर राष्ट्रीय स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में ग्रामीण युवाओं के कौशल विकास, प्रशिक्षण और रोजगार के अवसरों पर चर्चा हुई। इस दौरान प्रदेश के ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह ने दावा किया कि अधिकारियों और कर्मचारियों के प्रयासों से हिमाचल प्रदेश इस योजना के क्रियान्वयन में देश के शीर्ष पांच राज्यों में शामिल है। मंत्री के अनुसार, योजना के तहत प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले करीब 78 प्रतिशत युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने में सफलता मिली है। उन्होंने पंचायतों के आधुनिकीकरण, डिजिटल सेवाओं और नए पंचायत भवनों के निर्माण को लेकर भी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। धर्मशाला में डीडीयू-जीकेवाई 2.0 की राष्ट्रीय स्तरीय कार्यशाला के दौरान ग्रामीण युवाओं के कौशल विकास और रोजगार का मुद्दा प्रमुखता से उठा। कार्यशाला में उत्तर भारत के विभिन्न राज्यों के प्रतिनिधियों के साथ केंद्र सरकार के अधिकारी भी मौजूद रहे। ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह ने कहा कि दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल्य योजना केंद्र सरकार द्वारा वित्त पोषित है। इसके तहत युवाओं को ब्यूटी एंड वेलनेस, पर्यटन सहित विभिन्न क्षेत्रों में प्रशिक्षण देकर रोजगार से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले करीब 78 प्रतिशत युवाओं को रोजगार दिलाने में प्रदेश को सफलता मिली है। पंचायत भवनों के निर्माण पर बढ़ाया बजट मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने पंचायतों के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया है। पहले पंचायत भवन के निर्माण के लिए 33 लाख रुपये का प्रावधान था, जिसे बढ़ाकर करीब 1 करोड़ 14 लाख रुपये किया गया है। सरकार ने पंचायत भवनों के लिए न्यूनतम 10 बिस्वा भूमि का मानक भी तय किया है, ताकि पंचायत प्रतिनिधियों को कामकाज के लिए पर्याप्त जगह मिल सके। अनिरुद्ध सिंह के मुताबिक, प्रदेश में करीब 300 आधुनिक पंचायत भवनों का निर्माण पूरा हो चुका है, जबकि अन्य स्थानों पर भी निर्माण कार्य जारी है। उन्होंने कहा कि पंचायत भवनों के नक्शे, रंग और निर्माण शैली को एकरूप बनाया जा रहा है, जिससे पंचायतों को बेहतर और व्यवस्थित आधारभूत सुविधाएं मिल सकें। पंचायतों की सेवाएं ऑनलाइन, कार्यवाही भी डिजिटल पंचायतों के डिजिटलीकरण पर मंत्री ने कहा कि पंचायतों में इंटरनेट कनेक्टिविटी और वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग की सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। अब परिवार रजिस्टर की प्रतियां तथा जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र जैसी सेवाएं ऑनलाइन प्राप्त की जा सकती हैं। उन्होंने पंचायतों की बैठकों की कार्यवाही को भी ऑनलाइन किए जाने की जानकारी दी। मंत्री ने कहा कि इससे पंचायत प्रस्तावों और कार्यवाही को लेकर उठने वाली शिकायतों पर पारदर्शिता सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी। उन्होंने इसे प्रदेश में डिजिटल प्रशासन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया। प्रशासनिक पुनर्गठन पर विपक्ष को जवाब प्रशासनिक इकाइयों के पुनर्गठन को लेकर विपक्ष के सवालों पर अनिरुद्ध सिंह ने कहा कि संबंधित कमेटी ने भौगोलिक परिस्थितियों के आधार पर अपनी सिफारिशें दी हैं और अभी अंतिम स्थिति स्पष्ट होने का इंतजार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस स्तर पर किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। मंत्री ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष का काम विरोध करना है, जबकि सरकार विकास कार्यों को आगे बढ़ा रही है। उन्होंने कहा कि अंततः जनता ही तय करती है कि किस पार्टी और किस प्रतिनिधि को सत्ता में लाना है। बाइट : अनिरुद्ध सिंह, ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री
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जिला अस्पताल में वार्ड ब्वॉय से मारपीट,सीसीटीवी फुटेज आया सामने

VIVEK DUBEYVIVEK DUBEYFollow1m ago
Etawah, Uttar Pradesh:इटावा जिला अस्पताल में ड्यूटी कर रहे एक वार्ड ब्वॉय के साथ मरीज के तीमारदारों ने मारपीट कर दी। घटना 15 अक्टूबर की दोपहर करीब 3 बजकर 40 मिनट की बताई जा रही है। सोरवा प्रयागराज निवासी वार्ड ब्वॉय हरिश्चंद्र जिला अस्पताल के स्ट्रेचर विभाग में दोपहर 2 बजे से रात 8 बजे तक ड्यूटी पर थे। इसी दौरान मरीज के तीमारदारों ने बीच रास्ते में मोटरसाइकिल खड़ी कर दी। वार्ड ब्वॉय ने रास्ता खाली करने के लिए बाइक हटाने को कहा, जिसको लेकर विवाद हो गया। आरोप है कि मरीज के चार तीमारदारों ने गाली-गलौज करते हुए हरिश्चंद्र के साथ लात-घूंसों से मारपीट कर दी। मौके पर मौजूद लोगों ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराया। आरोप है कि जाते समय मारपीट करने वालों ने जान से मारने की धमकी भी दी। घटना की जानकारी अस्पताल प्रशासन को दी गई। जिला अस्पताल पुरुष के सीएमएस डॉ. पारितोष शुक्ल ने बताया कि पुलिस को सूचना दी गई है और पीड़ित कर्मचारी की तहरीर के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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नवनिर्वाचित नगरपालिका अध्यक्ष शांति देवी सैनी का कार्यभार ग्रहण, मंत्री खर्रा ने किया सम्मान

Sikar, Rajasthan:लोकेशन श्रीमाधोपुर सीकर नवनिर्वाचित नगरपालिका अध्यक्ष व पार्षदों का हुआ सम्मान,यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा के मुख्यातिथि में मुख्य बस स्टेंड पर हुआ भाजपा के नव निर्वाचित पार्षद व अध्यक्ष का सम्मान, मंत्री खर्रा ने सम्मान कर नगर आराध्य देव गोपीनाथ मंदिर में दर्शन करवाया कार्य ग्रहण, नगरपालिका में अध्यक्ष शांति देवी सैनी को करवाया कार्यग्रहण, ईओ जुबेर खान, पालिका उपाध्यक्ष रोशनलाल, भाजपा जिला मंत्री अजय सिंह खर्रा भी रहें मौजूद एंकर श्रीमाधोपुर में देर शाम को नगरपालिका में नवनिर्वाचित अध्यक्ष शांति देवी सैनी ने कार्यभार ग्रहण किया। इस अवसर पर मुख्य बस स्टैंड पर भाजपा के नवनिर्वाचित पालिका अध्यक्ष एवं पार्षदों का सम्मान समारोह आयोजित हुआ। कार्यक्रम में यूडीएच मंत्री झाबर सिंह खर्रा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। मंत्री ने अध्यक्ष और पार्षदों का सम्मान कर उन्हें नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं दीं। इसके बाद नगर के आराध्य देव गोपीनाथ मंदिर में दर्शन करवाकर विधिवत कार्यग्रहण की प्रक्रिया संपन्न करवाई गई। इस अवसर पर मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने कहा कि शहर के विकास में कोई कमी नहीं आने दी जाएगी। नगरपालिका क्षेत्र में सड़क निर्माण सहित आवश्यक विकास कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने कहा कि शहर के सभी वार्डों में बिना किसी भेदभाव के विकास कार्य करवाए जाएंगे और सभी को साथ लेकर नगर के विकास को आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जनता की अपेक्षाओं के अनुरूप बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने और शहर की समस्याओं के समाधान के लिए काम किया जाएगा। मंत्री ने कहा कि पूर्व में हुए विकास कार्यों को आगे बढ़ाते हुए शहर को विकास की नई दिशा दी जाएगी। सड़क, सफाई और अन्य नागरिक सुविधाओं से जुड़े कार्यों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, ताकि आमजन को राहत मिल सके। उन्होंने नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों से भी जनता के विश्वास पर खरा उतरने और जनहित को सर्वोपरि रखकर काम करने की बात कही। कार्यग्रहण कार्यक्रम में नगरपालिका ईओ जुबेर खान, पालिका उपाध्यक्ष रोशनलाल, भाजपा जिला मंत्री अजय सिंह खर्रा सहित भाजपा के नवनिर्वाचित पार्षद एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।
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ABVP का प्रदर्शन: राष्ट्रहित और संवैधानिक मूल्यों पर बल, अराजकता के खिलाफ एकजुटता

Jaipur, Rajasthan:जयपुर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की राजस्थान विश्वविद्यालय इकाई की ओर से ‘अराजकता हटाओ, संविधान अपनाओ’ विषय पर प्रदर्शन किया गया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रीय एकता, संवैधानिक मूल्यों और राष्ट्रहित से प्रेरित विचारधारा को मजबूत करने का आह्वान किया। परिषद ने दिल्ली सहित देश में कथित तौर पर अस्थिरता का माहौल बनाने और सामाजिक एवं संवैधानिक व्यवस्था को कमजोर करने वाली विचारधाराओं का विरोध किया। कार्यकर्ताओं ने कहा कि लोकतंत्र में विचारों की अभिव्यक्ति का अधिकार सभी को है, लेकिन इसके साथ संवैधानिक मर्यादाओं और राष्ट्रीय एकता के प्रति जिम्मेदारी भी जरूरी है। एबीवीपी के प्रदेश मंत्री शुभेंद्र सिंह निर्वाण ने कहा कि परिषद राष्ट्रहित, राष्ट्रीय एकता और संवैधानिक मूल्यों के संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि देश की एकता और अखंडता को कमजोर करने वाली किसी भी विचारधारा का लोकतांत्रिक तरीके से विरोध किया जाएगा। भारत की तुलना बांग्लादेश और नेपाल की परिस्थितियों से करने वाली सोच का तथ्यों और तर्कों के आधार पर जवाब देना आवश्यक है। निर्वाण ने कहा कि विश्वविद्यालय शिक्षा, संवाद और राष्ट्रनिर्माण के केंद्र हैं। यहां अराजकता के बजाय अनुशासन, वैचारिक स्पष्टता और संवैधानिक मूल्यों को प्राथमिकता मिलनी चाहिए। परिषद ने विद्यार्थियों से राष्ट्र के प्रति अपने कर्तव्यों को समझने तथा देश की एकता, अखंडता और सामाजिक सद्भाव को मजबूत करने की अपील की।
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नाडोल के आशापुरा Mata मंदिर का 1000 वर्ष पुराना इतिहास, चौहान राजपूतों की आस्था

Pali, Rajasthan:पाली जिले में स्थित नाडोल का श्री आशापुरा माताजी मंदिर चौहान वंश का एक अत्यंत प्राचीन धार्मिक स्थल है जिसका इतिहास लगभग 1,000 वर्ष से भी अधिक पुराना माना जाता है, जिसकी स्थापना 10वीं शताब्दी में चौहान वंश के राजा रहे राव लाखन ने की थी। चौहान वंश की मूल कुलदेवी शुरू से ही माता शाकंभरी रही हैं। कथाओं के अनुसार, जब राव लाखन नाडोल में अपना राज्य स्थापित करने का प्रयास कर रहे थे, तब उन्होंने अपनी कुलदेवी शाकंभरी की कठिन आराधना की तब देवी मां ने उनकी भक्ति से प्रसन्न होकर उनकी मनोकामना (आशा) पूर्ण की और उन्हें नाडोल का शासक बनने का वरदान दिया। भक्तों की मनोकामना पूर्ण करने के कारण ही माता शाकंभरी का नाम यहाँ ''आशापुरा माता'' (आशा पूर्ण करने वाली) प्रसिद्ध हो गया। चौहान वंश की कुलदेवी नाडोल का यह धाम चौहान राजपूतों और सोनगरा चौहानों की कुलदेवी के रूप में पूजनीय है। शादी-ब्याह या बच्चे के जन्म के बाद आज भी देश भर से चौहान राजवंश के परिवार यहाँ जात-जडूले और परंपरागत अनुष्ठान करने आते हैं
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युवक की मौत के मामले में पीड़ित परिवार ने लगाया आरोप

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Etawah, Uttar Pradesh:इटावा के बकेवर थाना क्षेत्र के नगला बनी गांव में मारपीट के बाद एक युवक की इलाज के दौरान मौत हो गई। मृतक की पहचान 32 वर्षीय राम नारायण रैदास के रूप में हुई है। परिजनों का आरोप है कि बुधवार रात गांव के ही दीपचंद्र दोहरे, उसके पिता नरेश और बेटे चंदू राम नारायण को घर से अपने साथ ले गए थे। आरोप है कि तीनों ने पहले उसे शराब पिलाई और फिर उसके साथ मारपीट की। परिजनों के मुताबिक, मारपीट के बाद राम नारायण को घर के बाहर छोड़ दिया गया, जहां वह रातभर पड़ा रहा। जानकारी होने पर परिजन उसे बकेवर के 50 शैया अस्पताल लेकर पहुंचे। गुरुवार शाम हालत बिगड़ने पर डॉक्टरों ने उसे जिला अस्पताल रेफर किया, जहां करीब साढ़े सात बजे चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। परिजनों ने मारपीट को ही मौत की वजह बताते हुए तीन लोगों पर आरोप लगाया है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
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रणजीत चौटाला ने अमर्यादित भाषा रोकने की नसीहत दी

Sirsa, Haryana:एंकर रीड पिछले दिनों जजपा सुप्रीमो डॉ. अजय सिंह चौटाला के बयान पर पूर्व मंत्री चौधरी रणजीत सिंह चौटाला ने प्रतिक्रिया देते हुए उन्हें अपनी भाषा पर नियंत्रण रखने की नसीहत दी है। रणजीत सिंह चौटाला ने कहा कि राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं, लेकिन किसी भी व्यक्ति को बातचीत के दौरान अमर्यादित भाषा का प्रयोग नहीं करना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्होंने किसी भी राजनीतिक पार्टी का नाम लेकर कोई बयान नहीं दिया था, बल्कि उनकी बात क्षेत्रीय पार्टियों के राजनीतिक भविष्य को लेकर थी। पूर्व मंत्री ने कहा कि उन्होंने क्षेत्रीय पार्टियों के बदलते राजनीतिक प्रभाव को लेकर अपनी राय रखी थी। विदेशों में भी कई जगह दो प्रमुख राजनीतिक पार्टियों का वजूद कायम रहा है। भारत में भी एक समय ऐसा था, जब क्षेत्रीय पार्टियों का राजनीतिक प्रभाव काफी अधिक था और राष्ट्रीय राजनीति में उनका महत्वपूर्ण योगदान था। रणजीत सिंह चौटाला ने कहा कि वर्ष 1987 में भी क्षेत्रीय पार्टियों का दौर था। उस समय हरियाणा में चौधरी देवीलाल का वर्चस्व कायम था। उत्तर प्रदेश में मुलायम सिंह यादव, बिहार में लालू प्रसाद यादव, आंध्र प्रदेश में चंद्रबाबू नायडू, तमिलनाडु में करुणानिधि और पंजाब में प्रकाश सिंह बादल जैसे नेताओं का अपने-अपने राज्यों में प्रभाव था। रणजीत सिंह चौटाला ने कहा कि उस दौर में कांग्रेस कई राज्यों में हाशिए पर चली गई थी। राजनीतिक परिस्थितियां समय के साथ बदलती रहती हैं और इसी आधार पर उन्होंने क्षेत्रीय पार्टियों को लेकर अपनी बात रखी थी। अंत में उन्होंने डॉ. अजय सिंह चौटाला को नसीहत देते हुए कहा कि उन्हें अपनी बात पर नियंत्रण रखना चाहिए और राजनीतिक चर्चा में मर्यादा बनाए रखनी चाहिए।
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खारियां बस स्टैंड पर बस के टायर तले बुज़ुर्ग यात्री की मौत, हादसा जांच

Sirsa, Haryana: Roadways bus के नीचे आने से यात्री की मौत: सिरसा में बस स्टैंड पर उतरते समय हादसा; 2 बच्चों का पिता था मृतक। खारिया गांव के बस स्टैंड पर बस में चढ़ते समय नीचे गिरने से गांव केहरवाला निवासी भाला राम पुत्र लेखराम उम्र करीब 55 साल के ऊपर चढ़ा बस का टायर ,मौके पर ही मौत।  खारियां बस स्टैंड पर शुक्रवार को एक दर्दनाक हादसे में हरियाणा रोडवेज की बस के नीचे आने से 60 वर्षीय बुजुर्ग की मौत हो गई। मृतक की पहचान भाला राम पुत्र लेखराम निवासी गांव केहरवाला के रूप में हुई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार हरियाणा रोडवेज की एक बस खारियां बस स्टैंड पर खड़ी थी। जब ड्राइवर ने बस को मोड़कर सिरसा की ओर चलाने की कोशिश की तो बस स्टैंड पर मौजूद भाला राम ने भागते हुए बस में चढ़ने का प्रयास किया। भाला राम ने सोचा कि यह बस केहरवाला की ओर जाएगी । वह जल्दी से बस की अगली खिड़की से चढ़ा तो उसका पैर फिसल गया और वह बस के पिछले टायर के नीचे आ गया। टायर ऊपर चढ़ने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद बस स्टैंड पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। सूचना पाकर एंबुलेंस भी मौके पर पहुंच गई और बाद में पुलिस भी मौके पर पहुंच गई और पुलिस ने शव को अपने कब्जे में ले लिया। हरियाणा रोडवेज की बस के साथ हुए एक्सीडेंट एक यात्री की मौत हो गई। हादसा इतना गंभीर था कि भाला राम की मौके पर ही जान चली गई। घटना के बाद बस स्टैंड पर भीड़ जमा हो गई। मृतक की पहचान करीब 55 साल के भाला राम के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, यह हादसा रानियां के खारियां बस स्टैंड पर हुआ। मृतक भाला राम केहरवाला गांव का रहने वाला था। शुक्रवार को भाला राम सिरसा से अपने गांव लौट रहे थे। गांव खारियां पहुंचने पर वे बस से उतरे और दोबारा चढ़ते समय दरअसल, यह रोडवेज बस सिरसा से संगरिया जा रही थी। उसी दौरान रास्ते में खारियां के पास ये हादसा हो गया। लोगों ने बस को वहीं पर रूकवा लिया और भीड़ जुटना शुरू हो गई। सूचना पर रानियां पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लिया। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए सिरसा के सिविल अस्पताल ले जाया गया। मृतक के परिजन भी वहां पहुंच गए थे। दो बेटों के पिता थे भाला राम पुलिस के अनुसार, भाला राम के दो बेटे हैं। उनके परिवार को सूचना दे दी गई है। जल्द ही पुलिस परिजनों के बयान दर्ज कर आगामी कार्रवाई शुरू करेगी। अभी घटनास्थल से ड्रावइर व कंडक्टर से जानकारी जुटाई जा रही है।पांव फिसलने से बस के टायर के नीचे आ गए। ड्राइवर को इसका पता ही नहीं चला और टायर ऊपर से गुजर गया।
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नवी मुंबई महापालिका के सभी कर्मचारियों को दिवाली उपहार: 45 हजार अनुदान; महासभा ने मंजूरी दी

Navi Mumbai, Maharashtra:नवी मुंबई महापालिकेच्या कर्मचाऱ्यांची दिवाळी गोड! कंत्राटी कामगारांसह सर्व कर्मचारी घटकांना ४५ हजारांचे सानुग्रह अनुदान; महासभेची मंजुरी, २३ कोटींचा बोजा आशा स्वयंसेविकांनाही मोठा दिलासा; कंत्राटी कामगारांना जूनपासूनची थकबाकी मिळणार दिवाळीच्या पार्श्वभूमीवर नवी मुंबई महानगरपालिकेतील अधिकारी, कर्मचारी, शिक्षक, कंत्राटी कामगार आणि आशा स्वयंसेविकांसह विविध कर्मचारी घटकांना प्रत्येकी ४५ हजार रुपये सानुग्रह अनुदान देण्याचा महत्त्वपूर्ण निर्णय शुक्रवारी झालेल्या महासभेत घेण्यात आला. सत्ताधारी पक्षाने मांडलेल्या या प्रस्तावाला मंजुरी मिळाल्याने महापालिकेतील हजारो कर्मचाऱ्यांची दिवाळी गोड होणार आहे. विशेष म्हणजे, कंत्राटी कामगारांना ७,५०० रुपयांचे अतिरिक्त आर्थिक सहाय्य देण्यातील कायदेशीर अडचणी दूर करण्यात आल्या असून, जूनपासूनची थकबाकी देण्याचाही मार्ग मोकळा झाला आहे. या निर्णयामुळे महापालिकेच्या तिजोरीवर सुमारे २३ कोटी रुपयांचा आर्थिक भार पडणार आहे. सभागृहनेते सागर नाईक यांनी ४५ हजार रुपये सानुग्रह अनुदान देण्याचा प्रस्ताव मांडताना महापालिकेतील सर्व स्तरांतील कर्मचाऱ्यांना समान आर्थिक लाभ मिळावा आणि कोणताही कर्मचारी दिवाळीच्या आनंदापासून वंचित राहू नये, या भूमिकेतून हा निर्णय घेण्यात आल्याचे स्पष्ट केले. वनमंत्री गणेश नाईक यांच्या संकल्पनेतून हा प्रस्ताव पुढे आणल्याचेही त्यांनी नमूद केले. चर्चेअंती महापौर सुजाता पाटील यांनी महासभेत सानुग्रह अनुदानाच्या प्रस्तावाला मंजुरी मिळाल्याची घोषणा केली.
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साहिबाबाद जमीन विवाद में गोलीकांड: आयुष वाल्मीकि की मौत, राहुल साहनी गिरफ्तार

Ghaziabad, Uttar Pradesh:साहिबाबाद थाना क्षेत्र में जमीन पर कब्जे को लेकर लंबे समय से चल रहा विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया। इस दौरान गोली लगने से आयुष वाल्मीकि की मौत हो गई। मामले में यशोदा हॉस्पिटल ग्रुप से जुड़े राहुल साहनी पर गोली चलाने का आरोप लगा है। पुलिस ने राहुल साहनी को गिरफ्तार कर लिया है। विवाद के दौरान राहुल को भी चोट लगी है। जिस प्लॉट को लेकर विवाद हुआ, वह हिंदू रक्षा दल के अध्यक्ष पिंकी चौधरी की पत्नी पूनम के नाम पर बताया जा रहा है। इस जमीन पर कब्जे को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी विवाद के दौरान गोली चलने की घटना हुई, जिसमें आयुष वाल्मीकि की जान चली गई। घटना के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस गोली चलने की परिस्थितियों, विवाद की वजह और घटनास्थल पर मौजूद लोगों की भूमिका की पड़ताल कर रही है। राहुल साहनी की लाइसेंसी रिवॉल्वर से गोली चलने का आरोप है, जिसकी जांच की जा रही है। लंबे समय से चल रहे जमीन विवाद को देखते हुए पूरे प्रकरण की निष्पक्ष और गहन जांच चल रही है, ताकि घटना के पीछे की वास्तविक वजह और जिम्मेदार लोगों की भूमिका स्पष्ट हो सके.
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बिहार की महिला पॉलिटेक्निक से छात्रों के लिए पांच रुपये फीस, सशक्तिकरण के नये अवसर

Patna, Bihar:बिहार में बेटियों को उच्च शिक्षा और रोजगार से जोड़ने के लिए सरकार की ओर से कई योजनाएं चलाई जा रही हैं, शिक्षाश्रेणी से लेकर सरकारी नौकरियों तक महिलाओं के भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है। तकनीकी शिक्षा को बेहतर बनाने के लिए सरकारी पॉलीटेक्निक संस्थानों में बेहद कम फीस निर्धारित की गई है। पटना के फुलवारी शरीफ स्थित गवर्नमेंट विमेंस पॉलिटेक्निक कॉलेज में छात्राएं इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर अपने भविष्य को नई दिशा दे रही हैं, यहाँ पढ़ाई के साथ प्रेक्टिकल डिजिटल लर्निंग, आधुनिक लैब और हॉस्टल जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध हैं। पटना के फुलवारी शरीफ स्थित गवर्नमेंट वुमेन पॉलिटेक्निक कॉलेज इसकी एक तस्वीर पेश करता है जहाँ केवल छात्राओं को तकनीकी शिक्षा दी जाती है। सिविल इंजीनियरिंग, कंप्यूटर साइंस, इलेक्ट्रिकल और इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग सहित विभिन्न पाठ्यक्रमों के ज़रिये छात्रों को तकनीकी रूप से सक्षम बनाया जा रहा है। यहाँ थ्योरी के साथ प्रेक्टिकल और वर्कशॉप पर भी जोड़ दिया जाता है ताकि छात्राएं किताबें ज्ञान के साथ-साथ तकनीकी कामकाज की समझ भी विकसित कर सके। इस कॉलेज की खास बात है कि यहाँ बेहद कम खर्चे में तकनीकी शिक्षा हासिल करने का अवसर मिलता है। कॉलेज प्रबंधन के मुताबिक पॉलिटेक्निक की फीस महज ₹5, निर्धारित है इससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों को आगे की पढ़ाई करने में मदद मिलती है। कॉलेज में हॉस्टल, लैब, क्लासरूम और खेलकूद जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध हैं। छात्रों को डिजिटल शिक्षा और आधुनिक तकनीक से जोड़ने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI और IOT के सेंटर आफ एक्सीलेंस की व्यवस्था भी की गई है इसके साथ ही कौशल विकास, लैंग्वेज लैब और सर्टिफिकेशन कोर्स के जरिए छात्रों की तकनीकी दक्षता बढ़ाने पर भी जोड़ दिया जा रहा है। बाइट -- डॉ अनुराधा कृष्ण, प्रिंसिपल, गवर्नमेंट विमेंस पॉलिटेक्निक कॉलेज, पटना। बिहार में 46 सरकारी पॉलिटेक्निक संस्थान हैं, इनमें विद्यार्थियों के लिए मात्र पांच रुपये फीस निर्धारित है। बिहार में दो सरकारी महिला पॉलिटेक्निक कॉलेज हैं, एक पटना में और दूसरा मुजफ्फरपुर में। यहाँ ग्रामीण क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में छात्राएं पढ़ने आती हैं। अभिभावकों को महिला संस्थान में अपनी बच्चियों की सुरक्षा का भरोसा रहता है। हमारे संस्थान से पढ़ाई पूरी करने के बाद छात्राएं अच्छे प्लेसमेंट प्राप्त कर रही हैं। इसके अलावा, वे लेटरल एंट्री परीक्षा के माध्यम से बीटेक के तीसरे सेमेस्टर में भी दाखिला ले सकती हैं। तकनीकी शिक्षा के साथ छात्रों को आधुनिक तकनीक से जोड़ने की भी पहल की गई है, मुख्यमंत्री के 7 निश्चय कार्यक्रम के तहत कॉलेज में AI और IOT का सेंटर आफ एक्सीलेंस स्थापित किया गया है। यहाँ छात्राएं नई तकनीक को समझने और अपने कौशल को निखारने का अवसर पा रही हैं, वही कॉलेज में महिला शिक्षकों की मौजूदगी भी छात्राओं के लिए सहज शैक्षणिक माहौल तैयार करती है। शिक्षिकाएं छात्राओं को तकनीक विषयों को समझने, अपनी शंकाओं को दूर करने और आगे की पढ़ाई के लिए मार्गदर्शन देती हैं। सरकार की ओर से तकनीकी शिक्षा में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए आरक्षण की व्यवस्था भी की गई है। बाइट -- चाँदनी, छात्रा। हमारे लिए यह बहुत फायदेमंद है। हम लड़कियां हैं और हमारे घरवालों की आर्थिक स्थिति इतनी अच्छी नहीं है कि वे हमें आगे पढ़ा सकें। सरकार की ओर से महज पांच रुपये में पॉलिटेक्निक में एडमिशन मिला है। इससे हमारे घरवालों ने हमारा एडमिशन कराया है और हमारे भविष्य के लिए यह बहुत अच्छा अवसर है। यहाँ की सुविधाएं भी काफी अच्छी हैं। हमारे शिक्षक बहुत अच्छे तरीके से पढ़ाते हैं। प्रैक्टिकल और वर्कशॉप की व्यवस्था है। हर डाउट को दूर किया जाता है। यहाँ पढ़ाई के साथ-साथ हमारे बेहतर भविष्य के लिए भी अच्छी व्यवस्था है। मैं अभी गवर्नमेंट विमेंस पॉलिटेक्निक कॉलेज में पढ़ाई कर रही हूं। यहाँ मेरा एडमिशन महज पांच रुपये में हुआ है। पॉलिटेक्निक डिप्लोमा करने के बाद मुझे बीटेक भी करना है। इसके लिए भी सरकार की ओर से कई तरह की सुविधाएं दी जा रही हैं। यहाँ पढ़ाई के लिए काफी अच्छी सुविधाएं उपलब्ध हैं। हमारे टीचर्स भी बहुत अच्छे हैं। यहाँ हॉस्टल की सुविधा भी है, जिससे दूर-दूर से आने वाली छात्राएं यहाँ रहकर पढ़ाई कर सकती हैं। कम खर्चे में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुरक्षित माहौल और आगे की पढ़ाई के अवसर छात्रों के आत्मविश्वास को बढ़ा रहे, कॉलेज में पढ़ने वाली छात्राओं का कहना है कि आर्थिक दबाव के बावजूद अब उनके पास अपने सपनों को पूरा करने का अवसर है, डिप्लोमा के बाद बीटेक की पढ़ाई और रोजगार के विकल्प उनके भविष्य की संभावनाओं को भी बढ़ाते हैं।बाइट -- सारा जलिन, छात्रा। एजुकेशन के क्षेत्र में महिला सशक्तिकरण को लेकर जो पहल की गई है, वह काफी अच्छी है। हमारा पॉलिटेक्निक कॉलेज भी अच्छी गुणवत्ता वाली शिक्षा उपलब्ध करा रहा है। इससे हमें बेहतर शिक्षा मिल रही है और महिला सशक्तीकरण को भी बढ़ावा मिल रहा है। इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि हमें कम खर्च में अच्छी शिक्षा मिल पा रही है। साथ ही, हमें पढ़ाई के लिए एक सुरक्षित और सहज माहौल मिल रहा है। ये सभी सुविधाएं हमारे बेहतर भविष्य के लिए काफी फायदेमंद हैं। बाइट -- पटेल रानी, छात्रा। बिहार सरकार ने आरक्षण की व्यवस्था करके महिलाओं को प्रगति की राह पर आगे बढ़ाया है। हम जानते हैं कि पिछले कई सदियों से शिक्षा सहित कई क्षेत्रों में महिलाओं की भागीदारी कम रही है और उन्हें समाज में दबाकर रखा गया है। महिलाओं को आगे बढ़ाने के लिए सरकार ने आरक्षण की व्यवस्था की, जिसका फायदा आज देखने को मिल रहा है। महिलाएं अब पुरुषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं। VO 5–महिला सशक्तिकरण की यह तस्वीर केवल छात्राओं तक सीमित नहीं बल्कि तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में महिला शिक्षकों की भागीदारी भी बढ़ रही है। शिक्षकों के मुताबिक आरक्षण के साथ डिजिटल शिक्षा और कौशल विकास से जुड़ी सुविधाएं छात्रों को आगे पढ़ने में मदद कर रही है। बाइट -- सीमा कुमारी, असिस्टेंट प्रोफेसर, महिला पॉलिटेक्निक कॉलेज। बिहार में आरक्षण की व्यवस्था के तहत महिलाओं को 35 प्रतिशत आरक्षण दिया गया है। यह व्यवस्था हमारे विभाग में भी लागू है। जब मैंने यहां ज्वाइन किया था, तब भी 35 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान था, जिसके तहत लड़कियों को सीटें मिलती हैं। इसके अलावा, जिन छात्राओं के अच्छे अंक होते हैं, वे सामान्य श्रेणी की सीटों पर भी दाखिला ले सकती हैं। डिजिटल शिक्षा को भी प्राथमिकता दी जा रही है। यहाँ कुशल युवा कार्यक्रम (KYP) के साथ Cisco और NASSCOM जैसे प्लेटफॉर्म के माध्यम से सर्टिफिकेशन कोर्स कराए जाते हैं। इसके अलावा, छात्रों के लिए लैंग्वेज लैब की सुविधा भी उपलब्ध है, ताकि तकनीकी शिक्षा के साथ-साथ उनके कौशल को भी विकसित किया जा सके। छात्रों के समग्र विकास के लिए हॉस्टल, लैब, क्लासरूम और खेलकूद जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। योग पर भी विशेष ध्यान दिया जाता है। हमारा उद्देश्य छात्राओं को तकनीकी शिक्षा देने के साथ-साथ उन्हें सक्षम बनाना और उनके व्यक्तित्व का संपूर्ण विकास करना है, ताकि वे शिक्षा के अलावा दूसरे क्षेत्रों में भी बेहतर प्रदर्शन कर सकें। OUT VO बिहार के महिला पॉलिटेक्निक कॉलेज में कम खर्च पर तकनीकी शिक्षा, आधुनिक सुविधाएं और आगे बढ़ाने के अवसर बेटियों के सपनों को नई उड़ान दे रहे हैं। अब छात्राएं केवल डिग्री हासिल करने तक सीमित नहीं बल्कि तकनीकी कौशल के जरिए आत्मनिर्भर बनने और अपने भविष्य का निर्माण खुद करने की दिशा में आगे बढ़ रही है।
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