icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
न्यूज़ क्रिएटर बनें

आपकी स्थानीय कहानियाँ, आपकी आवाज़

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back
Pinewz
175001
Manish KumarManish KumarFollow16 Apr 2025, 07:16 am
0
0
Report

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

मलाही गांव में जुआ रोकने पर भिड़ंत: ईंट-पत्थर बरसने से 10-12 घायल

Barh, Bihar:बाढ़ थाना क्षेत्र के मलाही गांव में काली स्थान के पास बच्चों के विवाद में जमकर ईट पत्थर चले, जिसमें महिला समेत दोनों ओर से 10 से 12 लोग घायल हो गए। सभी घायलों को इलाज के लिए अस्पताल लाया गया, जहां लोगों का इलाज चल रहा है। मलाही में छोटे बच्चे जुआ खेल रहे थे। जब गांव के कुछ लोगों ने जुआ खेलने से मना किया, तब कुछ लोग भड़क गए। दोनों पक्ष में विवाद बढ़ गया और देखते देखते पूरा गांव रण क्षेत्र में बदल गया। छत पर से दनादन ईंट पत्थर की बारिश होने लगी, जिसमें दोनों पक्ष से दर्जन भर लोग घायल हो गए। वहीं घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की छानबीन में जुट गई है。
0
0
Report

दरभंगा के मदरसे से भागे चार नाबालिग जंजीर और ताला लगाकर यातना के आरोप

Darbhanga, Bihar:दरभंगा में मदरसे से भागे चार नाबालिग, पैरों में जंजीर और ताला लगा कर यातना देने का आरोप,चाइल्ट लाइन के द्वारा सभी को बाल गृह ले जाय गया। स्थानियो लोगो का मदरसे पर गुस्सा। बहादुरपुर थाना क्षेत्र के सिनुआरा गांव में उस समय सनसनी फैल गई, जब चार नाबालिग बच्चे पैरों में जंजीर और ताला लगे होने की हालत में गांव पहुंच गए। बच्चों ने आरोप लगाया कि उन्हें एक मदरसे में बंधक बनाकर रखा जाता था और विरोध करने पर मारपीट की जाती थी। मिली जानकारी के अनुसार, चारों बच्चे मधुबनी जिले के अररिया संग्राम क्षेत्र के रहने वाले हैं और कुरान की शिक्षा के लिए मदरसे में आए थे। बच्चों का कहना है कि उनसे पढ़ाई के बजाय शौचालय की सफाई, जलावन काटने समेत अन्य काम कराए जाते थे। घर जाने की बात कहने पर उनके साथ मारपीट की जाती थी और पैरों में जंजीर बांध दी जाती थी। बच्चों के अनुसार, शुक्रवार को जुमे की नमाज के दौरान मौलाना के बाहर जाने पर मौका पाकर वे किसी तरह बाउंड्री पार कर भाग निकले और सिनुआरा गांव पहुंच गए। ग्रामीणों ने बच्चों की स्थिति देखकर पुलिस और चाइल्डलाइन को सूचना दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने बच्चों को सुरक्षित बरामद कर चाइल्ड केयर संस्थान को सौंप दिया है। स्थानीय मुखिया ने बताया कि बच्चों के परिजनों को सूचना दे दी गई है और मामले की जांच की जा रही है। आरोप सही पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
0
0
Report

मोहनगढ़ में गाय के बछड़े के सिर मिलने से इलाके में हड़कंप, पुलिस जुटी

Jaisalmer, Rajasthan:मोहनगढ़ के ठाकुर जी मंदिर के पास गाय के बछड़े का मिला सिर, पुलिस मामले की कर रही है जाँच, मोहनगढ़ जैसलमेर मोहनगढ़ में गाय के बछड़े का कटा हुआ सिर मिलने के मामले में पुलिस ने करीब दो घंटे के भीतर प्रारंभिक जांच कर मामले का निस्तारण कर दिया। पुलिस जांच में सामने आया है कि बछड़ा स्थानीय निवासी भीम सिंह भाटी की गाय का बताया जा रहा है, जिसने देर रात बछड़े को जन्म दिया था। प्रारंभिक जांच के अनुसार आशंका जताई जा रही है कि आवारा कुत्तों ने नवजात बछड़े को नोच लिया, जिससे उसका सिर अलग होकर ठाकुर जी मंदिर व पन्नोंधर राय मंदिर के पास पहुंच गया। घटना की सूचना पर पुलिस और गौभक्तों ने आसपास के मोहल्लों में बछड़े के धड़ की तलाश की, लेकिन वह नहीं मिल सका। पुलिस ने बरामद बछड़े के सिर को पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट होगी। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है। बाईट-भीम सिंह गाय मालिक
0
0
Report
Advertisement

एसडीएम आदेश कुमार एक्शन मोड़ शिकायतों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं, तहसील दिवस में 44 फरियादें

DEEPAK KUMARDEEPAK KUMARFollow7m ago
Mathura, Uttar Pradesh:मथुरा। सदर तहसील परिसर में शनिवार को आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस (तहसील दिवस) में जनसमस्याओं को लेकर बड़ी संख्या में फरियादी पहुंचे। एसडीएम सदर आदेश कुमार की अध्यक्षता में आयोजित इस कार्यक्रम में विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 44 शिकायतें दर्ज की गईं। इनमें से पांच मामलों का मौके पर ही निस्तारण कर फरियादियों को राहत प्रदान की गई, जबकि शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को समयबद्ध कार्रवाई के लिए भेजा गया। तहसील दिवस में राजस्व, नगर निगम, पुलिस, विकास तथा अन्य विभागों से जुड़े मामलों की सुनवाई की गई। इनमें भूमि विवाद, नामांतरण, खतौनी में नाम दर्ज कराने, अवैध कब्जे, जलभराव, सफाई व्यवस्था और अन्य नागरिक समस्याओं से संबंधित प्रकरण प्रमुख रूप से शामिल रहे। एसडीएम आदेश कुमार ने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप तहसील दिवस का उद्देश्य आमजन की समस्याओं का त्वरित, पारदर्शी एवं प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित करना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए प्राथमिकता के आधार पर उनका समाधान किया जाए तथा किसी भी प्रकरण को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए। उन्होंने विशेष रूप से राजस्व विभाग से जुड़े मामलों में सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। खतौनी में नाम दर्ज करने एवं संशोधन संबंधी मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निस्तारित करने को कहा गया, ताकि आम नागरिकों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े। एसडीएम ने कहा कि जिन मामलों में स्थलीय जांच आवश्यक है, उनमें संबंधित अधिकारी स्वयं मौके पर पहुंचकर वास्तविक स्थिति का आकलन करें और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें। उन्होंने लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी भी दी। उन्होंने बताया कि तहसील दिवस में प्राप्त शिकायतों की नियमित मॉनिटरिंग की जाएगी तथा लंबित मामलों की समीक्षा कर उनका शीघ्र निस्तारण कराया जाएगा। इस अवसर पर तहसीलदार सदर अमित त्रिपाठी, नायब तहसीलदार पंकज यादव, राघव गोस्वामी, राकेश उपाध्याय सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
0
0
Report

वीर कुंवर सिंह सेतु पर ट्रक से भारी मात्रा में अवैध शराब बरामद

Buxar, Bihar:एंकर -  बक्सर उत्पाद विभाग को बड़ी सफलता मिली है। गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए उत्पाद विभाग की टीम ने वीर कुंवर सिंह सेतु पर एक ट्रक से भारी मात्रा में अवैध शराब बरामद की है। जब्त ट्रक में सड़े हुए आम की आड़ में शराब की खेप छिपाकर ले जाई जा रही थी। शराब की खेप पंजाब के चंडीगढ़ से मुजफ्फरपुर भेजी जा रही थी।  तलाशी में सड़े हुए आम के नीचे छिपाकर रखे गए करीब 350 कार्टन शराब बरामद किए गए। जब्त शराब की अनुमानित बाजार कीमत करीब 35 लाख रुपये है। कार्रवाई के दौरान ट्रक चालक को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। उससे पूछताछ की जा रही है ताकि शराब तस्करी के नेटवर्क और इसमें शामिल अन्य लोगों की जानकारी मिल सके।
0
0
Report
Advertisement

खूँटी क्षेत्र में जंगल से हाथियों का समूह मुख्य मार्ग पर आकर दहशत फैला रहा

Khunti, Jharkhand:क्षेत्र - खूँटी। आज भी तोरपा के कुलडा जंगल में सुबह 8:00 बजे आसपास जंगल से निकालकर मुख्य पथ पर तीन जंगली हाथी पहुंच गया.जंगली हाथी के मुख्य पथ पर पहुंचकर दहाड़ मारने से राहगिरो में हड़कंप मच और परेशानी बढ़ गई। बताया गया कि पिछले 5 दिनों से कुलडा जंगल में जंगली हाथी डेरा जमाए हुए हैं। जिस कारण स्थानीय लोगों की परेशानी बढ़ती जा रही है। जंगल में हाथी के डेरा जमाई जाने की जानकारी पर क्षेत्रवासी वन उपज और दतवन पत्तल तोड़ने के लिए जंगल जाने से डर रहे हैं।जंगली हाथी के जंगल से मुख्य पथ पर पहुंचने की जानकारी पर वन विभाग के कर्मी कुलडा जंगल पहुँचे और जंगली हाथियों को सुरक्षित वन क्षेत्र में पहुंचने की दिशा में पहल कर रहे हैं। बता दे की तोरपा प्रखंड क्षेत्र में इन दोनों जंगली हाथियों का झुंड जंगल से भटक कर गांव की ओर पहुंच रहा है.जिससे स्थानीय लोगों में भय का माहौल बना हुआ है।जंगली हाथी आसानी लोगों के घरों को तोड़कर और फसलों को नुकसान पहुंचा रहा है.स्थानीय लोगों ने वन विभाग के कर्मियों को मामले की जानकारी देकर हाथियों के आतंक से निजात दिलाने का मांग किया है।
0
0
Report

पटना के 39 हार्डिंग रोड बंगला: मजार के कारण लालू परिवार नहीं करेगा दाखिला

Patna, Bihar:लोकेशन — पटना राबड़ी देवी के नए आवास के अंदर है कब्रिस्तान और रात को भूत की रोने की आवाज आती है। इस वजह से लालू परिवार नहीं रहना चाहता इस आवास में। राबड़ी देवी क्या कोई भी बीजेपी जेडीयू कांग्रेस या किसी भी दल के नेता इस आवास में रहने को तैयार नहीं होंगे। बिहार की राजनीति में इन दिनों सरकारी बंगलों को लेकर माहौल काफी गरमाया हुआ है. पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को उनके 21 साल पुराने आशियाने, '10 सर्कुलर रोड' को खाली करने का सरकारी नोटिस मिला है, लेकिन उन्होंने इसे छोड़ने से साफ इनकार कर दिया है. वैसे सरकार ने उन्हें इसके बदले '39 हार्डिंग रोड' वाला बंगला अलॉट किया है, पर राबड़ी देवी वहां शिफ्ट होने को कतई तैयार नहीं हैं. दरअसल, इस नए बंगले का इतिहास ही कुछ ऐसा रहा है कि कोई भी नेता यहां कदम रखने से कतराता है. राजनीतिक गलियारों में इस बंगले को लेकर एक अजीब सा खौफ है और लोग इसे अपने राजनीतिक करियर के लिए 'अनलकी' या अपशगुनी मानने लगे हैं。 राबड़ी देवी का नया ठिकाना 39 नंबर हार्डिंग रोड में यह मजार है इस मजर की वजह से कोई भी हिन्दू नेता रहने को तैयार नहीं होगा。 इस मजार को लेकर लोगों में तरह-तरह की भ्रांतियां हैं नेताओं का मानना है की रात होते इस आवास में अजीब अजीब सी आवाज आती है。 खास करके हिंदू नेता इस मजार की वजह से इस आवास में रहना नहीं चाहते हैं। ऐसे में लालू प्रसाद यादव धर्मिक रूप से पूजा पाठ करने वाले व्यक्ति हैं तांत्रिक, पंडित ग्रह नक्षत्र में विश्वास रखते हैं。 यही मजार वजह है कि जिस वजह से लालू परिवार इस आवास में रहने को तैयार नहीं है। इस आवास में आखिरी व्यक्ति बीजेपी के पूर्व विधायक और उसे वक्त के तत्कालीन मंत्री रामसूरत राय थे जो इस आवास में रहे थे。
0
0
Report
Advertisement

राजस्थान स्वास्थ्य मंत्री जोधपुर दौरे पर कई अस्पताल परियोजनाओं का उद्घाटन कर गये

Jodhpur, Rajasthan:जोधपुर- प्रदेश के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर आज जोधपुर दौरे पर रहे। इस दौरान उन्होंने जोधपुर के अलग अलग अस्पतलों में विभिन्न प्रोजेक्ट का लोकार्पण एवं शुभारंभ किया। इस अवसर पर पत्रकारों से वार्ता करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जोधपुर को लेकर काफी गंभीर है और आज इन प्रोजेक्ट के शुरू होने से हॉस्पिटल में आने वाले मरीजों को काफी सुविधा होगी। जोधपुर के राजकीय दंत चिकित्सालय की मान्यता को लेकर गजेंद्र सिंह खींवसर ने कहा कि वर्तमान में यहां एक बैच चल रहा है, वहीं दूसरे बैच को लेकर कुछ तकनीकी सूचनाएं मांगी गई हैं, जल्द ही आवश्यक सूचना उपलब्ध करवा कर दूसरे बैच में भी प्रवेश प्रक्रिया चालू की जाएगी। राजकीय दंत चिकित्सालय के पूर्व में उद्घाटन किए जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि उन्हें इस बात की जानकारी नहीं है। बीकानेर और कोटा में प्रसुताओं की मौत के मामले में गजेन्द्र सिंह खींवसर ने कहा कि राजस्थान में छोटी-बड़ी मिलाकर लगभग 23000 सरकारी चिकित्सकीय इकाइयां है और इन सभी इकाइयों में राज्य सरकार की ओर से मुफ्त दवा और मुक्त इलाज उपलब्ध कराया जा रहा है। हमारे डॉक्टर एवं मेडिकल स्टाफ पूरी निष्ठा के साथ मरीजों की सेवा कर रहे हैं। बीकानेर में जो प्रसूता की मृत्यु हुई है, वह 15 मई को क्रिटिकल अवस्था में अस्पताल में आई थी, जिसे वेंटिलेटर पर लिया गया था और उसकी गंभीर स्थिति के कारण यह मृत्यु हुई। उन्होंने बताया कि सरकारी अस्पताल में अधिकांश ऐसे केस आते हैं, जो काफी गंभीर होते हैं या जिन मरीजों को निजी अस्पताल इलाज से इनकार कर देते हैं। ऐसे गंभीर एवं आपातकाल परिस्थितियों में मरीज अस्पताल में आता है तो ऐसे मरीजों की सर्वाइवल रेट कम होती है। उन्होंने बताया कि जयपुर मेडिकल कॉलेज में 300 डिलीवरी रोज होती है , वहां 299 बच्चों से कुशल रहते हैं और यदि एक बच्चे की डेथ हो जाती है तो वह बड़ा इशू बना जाता है। उन्होंने कहा कि यदि राजस्थान के होश सरकारी अस्पताल की स्थिति खराब होती तो कौन मरीज इन सरकारी अस्पतालों में आना चाहेगा। सरकारी अस्पतालों के प्रति मरीज का विश्वास है, इसी कारण यहां लाखों मरीज प्रतिदिन इलाज के लिए आते हैं। उन्होंने बताया कि कोटा के जेके लोन अस्पताल में एक साल में 6000 से अधिक डिलीवरी होती है जिनमें से 3000 डिलीवरी सिजेरियन होती है , वहां भी 0.01% डेथ रेट है जो बहुत कम है , लेकिन फिर भी हमने सभी चिकित्सालय को एक बार फिर एसओपी जारी कर दी गई है और उसकी सख्ती से पालना करवाई जा रही है। आरजीएचएस को लेकर गजेन्द्र सिंह खींवसर ने कहा कि पूर्व में यह योजना वित्त विभाग की ओर से संचालित हो रही थी , हाल ही में यह योजना चिकित्सा विभाग को स्थानांतरित हुई है और हम इसमें आवश्यक सुधार कर रहे हैं , जल्द ही आरजीएचएस योजना को पटरी पर लाया जाएगा। बाइट - गजेन्द्र सिंह खींवसर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री, राजस्थान
0
0
Report
Advertisement

बहराइच दरगाह घोटाले में SIT जांच की मांग तेज, कमेटी ने आरोपों को खारिज किया

Bahraich, Uttar Pradesh:बहराइच की दरगाह में गबन का मुद्दा हुआ गरम, कमेटी ने आरोपों को किया खारिज। खबर बहराइच से है, जहां बहराइच में स्थित गाज़ी की दरगाह में आने वाले चढ़ावे की रकम में बड़े पैमाने पर हेराफेरी का मामला गरमा हुआ है, जिसे लेकर भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के अध्यक्ष कुंवर बासित अली ने मामले की SIT जांच की मांग की है, वहीं जिले के प्रभारी मंत्री दिनेश प्रताप सिंह ने मामले को गम्भीरता से लेते हुए पूरे प्रकरण की जांच के लिये बहराइच के जिलाधिकारी को निर्देश दिया है, दरगाह कमेटी ने अपना पक्ष जाहिर करते हुए सारे आरोप को फर्जी और निराधार बताया है, ध्यान दें कि राम मंदिर के चंदे की रकम में कथित हेरफेर को लेकर चल रही राजनीतिक बहस के बीच बहराइच में स्थित सैयद सालार मसूद गाजी की दरगाह का मामला भी सुर्खियों में आ गया है. भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष कुंवर बासित अली ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर बहराइच स्थित वक्फ नंबर-19 दरगाह सैयद सालार मसूद गाजी के मामलों की एसआईटी जांच कराने की मांग की है. पत्र में पिछले करीब 20 वर्षों के दौरान वित्तीय अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोप लगाए गए हैं. दरगाह की आय, चढ़ावे, संपत्तियों और वित्तीय लेन-देन की विस्तृत जांच कराने की मांग की गई है. साथ ही पूर्व और वर्तमान पदाधिकारियों की भूमिका की जांच कराने की अपील भी की गई है.
0
0
Report
Advertisement
Advertisement
Back to top