SC में ममता बनर्जी का आरोप- बंगाल को निशाना, नाम हटाने की राजनीति पर हंगामा
Noida, Uttar Pradesh:हमे कहीं इंसाफ़ नहीं मिल रहा, बंगाल को किया जा रहा टार्गेट, SC में क्या क्या बोली ममता देश के सवैंधानिक इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ कि जब किसी सीटिंग सीएम ने सुप्रीम कोर्ट में अपनी बात रखी।पश्चिम बंगाल SIR मामले में सुनवाई करते हुए कोर्ट ने ममता बनर्जी को कई बार टोका। पर ममता बार बार उन्हें सुनने का आग्रह करती रही। हिस्सों में ही सही, पर करीब 20 मिनट उन्होंने अपनी बात रखी। उनका अंदाज भी वही चिर परिचित आरोप लगाने वाला था。 कोर्ट का काम शुरू होने से पहले पहुंची ममता सुप्रीम कोर्ट में मामलों की सुनवाई साढ़े दस बजे से शुरु होती है लेकिन सुनवाई शुरू होने से 20 मिनट पहले ही ममता बनर्जी सफेद रंग की स्कोर्पियो गाड़ी में कोर्ट पहुंच गई। वो सफेद पोशाक पहने और गले में काला स्कार्फ डाले हुए थी। करीब सवा दस बजे वो कोर्ट नंबर 1 की विजिटिंग गैलरी में सबसे पीछे की सीट पर जाकर बैठ गई। जैसे ही उनका मामला सुनवाई पर आया, वो आगे आई। ममता ने कोर्ट से बार बार आग्रह किया सबसे पहले उनके वकील श्याम दीवान ने SIR प्रकिया में गड़बड़ी का हवाला देते हुए दलील रखी।इसी बीच ममता ने कोर्ट से हाथ जोड़कर अपनी बात रखने की इजाज़त मांगी। ममता ने कहा कि मैं अपनी ओर से कुछ चीज़े साफ करना साफ करना चाहती हूँ। मैं उसी राज्य से आती हूं। बेंच की अध्यक्षता कर रहे चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने हल्के अंदाज में कहा कि इसमे कोई संदेह नहीं है।(आप इसी राज्य से है) हाथ जोड़कर अपनी बात शुरू की ममता बनर्जी ने अपनी बात बेहद विन्रमता के साथ हाथ जोड़कर शुरू की। उन्होंने कहा कि मैं आपकी उदारता के लिए आभारी हूं। मैं चीफ जस्टिस, जस्टिस बागची और जस्टिस पंचोली की आभारी हूँ。 'इंसाफ दम तोड़ रहा' ममता बनर्जी ने कहा कि हमारे वकील शुरुआत से केस लड़ रहे है। लेकिन हमे कहीं इंसाफ नहीं मिल रहा है। इंसाफ दम तोड़ रहा है। मैंने कई बार चुनाव आयोग को लिखा है। उन्हें 6 पत्र लिखें गए है।पर कोई जवाब नहीं आया है। मै कोई बहुत खास नहीं हूं। मैं बेहद सामान्य परिवार से आती हूँ। लेकिन मैं अपनी पार्टी के लिए नहीं लड़ रही हूँ। कोर्ट का आश्वासन ममता के तेवर को देखते हुए चीफ जस्टिस ने उन्हें टोका कि आपके पास पैरवी करने के लिए पहले ही श्याम दीवान और कपिल सिब्बल जैसे वरिष्ठ वकील है। हम पूरी कोशिश करेंगे कि समाधान निकले और किसी वाजिब मतदाता का नाम वोटर लिस्ट न छूटे।पर ममता ने उनसे आग्रह किया कहा कि मुझे सिर्फ 10 मिनट बोलने दीजिए。 सुनवाई के दौरान जब चुनाव आयोग के वकील ने उन्हें टोका तो ममता ने हाथ Joड़कर कहा कि मुझे बोलने दीजिए。 SIR के ज़रिए नाम काटे जा रहे ममता ने कोर्ट से कहा कि मैं आपको कुछ फोटोग्राफ दिखाना चाहती हूँ। ये मेरी तस्वीरें नहीं हैं, बल्कि बड़े अख़बारों में छपी हैं।हकीकत ये है कि SIR की प्रक्रिया सिर्फ नाम हटाने के लिए इस्तेमाल की जा रही है।अगर कोई बेटी शादी के बाद ससुराल चली जाती है, तो उससे सवाल किया जा रहा है कि वह पति का सरनेम क्यों इस्तेमाल कर रही है। ऐसी कई बेटियाँ हैं जो शादी के बाद ससुराल गईं और उनका नाम लिस्ट से हटा दिया गया। गरीब कहीं और शिफ्ट हो जाते हैं,तो उनका नाम भी हटा दिया जा रहा है。 सिर्फ बंगाल ही क्यों, असम क्यों नहीं ममता बनर्जी ने बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि चुनाव से ठीक पहले सिर्फ बंगाल को ही निशाना बनाया जा रहा है। ममता ने कहा कि बंगाल के लोग बहुत खुश थे कि इस कोर्ट ने आधार कार्ड को एक सबूत के रूप में मानने का आदेश दिया, लेकिन उन्होंने इसकी इजाज़त नहीं दी।दूसरे राज्यों में डोमिसाइल सर्टिफिकेट, फैमिली रजिस्टर कार्ड, सरकारी आवास कार्ड, हेल्थ कार्ड जैसे दस्तावेज़ मान्य हैं। लेकिन बंगाल में नहीं ! जो काम दो साल में होता है, उसे दो महीने में किया जा रहा है। जब त्योहारों का मौसम है, जब फसल कटाई का समय है, जब लोग शहर में रहने की हालत में नहीं हैं, तब नोटिस देकर लोगों को परेशान किया जा रहा है।100 से ज़्यादा लोगों की मौत हो चुकी है।बीएलओ ने चुनाव आयोग की परेशानियों के कारण पत्र लिखते-लिखते जान दे दी।कई लोग अस्पताल में भर्ती हैं。 माइक्रो ऑब्ज़र्वर की नियुक्ति पर सवाल ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि 8,000 माइक्रो ऑब्ज़र्वर नियुक्त किए गए हैं, जो बीएलओ के अधिकार को दरकिनार कर नाम हटाने का काम कर रहे हैं। ममता बनर्जी ने यह भी आरोप लगाया कि चुनाव आयोग व्हाट्सऐप के ज़रिये अनौपचारिक निर्देश दे रहा है। उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि ये इलेक्शन कमीशन नहीं बल्कि व्हाट्सएप्प कमीशन है। चुनाव आयोग के वकील की दलील चुनाव आयोग की ओर से पेश वरिष्ठ वकील राकेश द्विवेदी ने कहा कि राज्य सरकार ने SIR के काम के लिए पर्याप्त ग्रुप-बी अधिकारियों को उपलब्ध नहीं कराया, जबकि चुनाव आयोग ने कई बार याद दिलाया था। इसी वजह से चुनाव आयोग को माइक्रो ऑब्ज़र्वर नियुक्त करने पड़े। कोर्ट ने नोटिस जारी किया सुनवाई के अंत में बेंच ने ममता बनर्जी की याचिका पर चुनाव आयोग को नोटिस जारी किया और उनसे अगले सोमवार तक जवाब मांगा।माइक्रो-ऑब्ज़र्वर के मसले पर कोर्ट ने कहा कि अगर राज्य सरकार SIR के काम के लिए उपलब्ध कराए जा सकने वाले ग्रुप-बी अधिकारियों की सूची दे देती है, तो माइक्रो-ऑब्ज़र्वरों को हटाया जा सकता है।हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|
हत्या के प्रयास के मामले में 4 आरोपी गिरफ्तार, तीन तलवारें बरामद
Kanpur, Uttar Pradesh:उन्नाव। गंगाघाट थाना क्षेत्र के रजवाखेड़ा गांव में पुरानी रंजिश को लेकर हुए खूनी संघर्ष के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए हत्या के प्रयास के चार वांछित आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त तीन तलवारें भी बरामद की गई हैं। पुलिस के अनुसार, 19 जुलाई को रजवाखेड़ा स्थित सरकारी प्राथमिक विद्यालय के पास पुरानी रंजिश को लेकर दो पक्षों में विवाद हो गया था। आरोप है कि हरिप्रसाद, ऋतिक, सौरभ, सचिन और शिवकुमार ने संतोष निषाद तथा उनके बेटों विकास और पंकज पर तलवार व लाठी-डंडों से हमला कर दिया। हमले में संतोष और उनका बेटा विकास गंभीर रूप से घायल हो गए थे। घटना के संबंध में संतोषा देवी की तहरीर पर गंगाघाट थाने में मुकदमा संख्या 403/2026 दर्ज किया गया था। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक उन्नाव के निर्देशन में चलाए जा रहे अभियान के तहत गंगाघाट पुलिस ने सोमवार को हरिप्रसाद, ऋतिक, सौरभ और सचिन को रजवाखेड़ा से कटरी जाने वाले मार्ग से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने इनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त तीन तलवारें भी बरामद की हैं। मामले में साक्ष्य संकलन के आधार पर संबंधित धाराओं में वृद्धि भी की गई है। गिरफ्तार सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश कर दिया गया है। पुलिस अन्य आवश्यक विधिक कार्रवाई कर रही है।एक-एक कर निकले 18 कोबरा सांप के बच्चे,देखने वालों के उड़े होश
Itia Thok, Uttar Pradesh:इटियाथोक। क्या हो अगर आपके घर में बहुत सारे सांप के बच्चे निकलने लगे।वह भी कोबरा सांप की ऐसी ही एक घटना जिले के इटियाथोक थाना क्षेत्र के नारेमहरीपुर गांव से आई है. जहां पर मोहम्मद इरफान के घर से अट्ठारह बेबी कोबरा सांप निकल आएं. इतने सांपों को एक साथ देख हर कोई हैरान था. गृह स्वामी मोहम्मद इरफान के मुताबिक सुबह नींद से उठने के बाद वह स्नानघर पहुंचे, जहां उन्हें दो कोबरा दिखाई दिए. घबराकर बाहर निकलने पर घर के मुख्य द्वार पर भी तीन कोबरा बैठे मिले. इसके बाद घर के अलग-अलग हिस्सों में और भी सांप दिखाई देने लगे, जिससे परिवार में अफरा-तफरी मच गई.देखते ही देखते कोबरा के बच्चों के बारे में खबर जंगल की आग की तरह फैल गई. उन्हें देखने के लिए लोगों की भीड़ जमा हो गई. इस बारे में गांव के लोगों ने सर्प पकड़ने वालों का निर्णय किया, तब स्नैक केचर अरुण गोस्वामी को बुलाया गया. अरुण ने सांप के बच्चों को पकड़ लिया. पकड़े गए सांपों को जंगल में ले जाकर छोड़ दिया गया. इसके बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली. घर के पास दिखे सांप और उसके बच्चों का वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है।प्रेमी प्रेमिका ने उड़ाये जेवर और पचास हजार नगदी मामले का खुलासा,दोनों गिरफ्तार
Gonda, Uttar Pradesh:प्रेमी प्रमिका ने रची साजिश,पचास हजार नगदी और जेवर चुराये,प्रेमी के घर बरामद,प्रेमी प्रेमिका भेजे गए जेल गोंडा के खरगूपुर थाना क्षेत्र के ग्राम विशुनापुर बाजार में अज्ञात अभियुक्तों के विरूद्ध सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत किया गया था। घटना को संज्ञान में लेकर पुलिस अधीक्षक गोण्डा श्री विनीत जायसवाल द्वारा घटना के सफल अनावरण हेतु क्षेत्राधिकारी नगर के पर्यवेक्षण में पुलिस टीमो का गठन किया गया। गठित टीम द्वारा घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया गया। पुलिस टीम ने घटना से संबंधित साक्ष्य एकत्रित करते हुए परिवार के सदस्यों एवं अन्य संबंधित व्यक्तियों से गहन पूछताछ की। पूछताछ के दौरान पुलिस टीम को वादी की पत्नी पूनम कसौधन की गतिविधियां संदिग्ध प्रतीत हुईं। महिला आरक्षी द्वारा अलग से पूछताछ किए जाने पर उसने अपने रिश्तेदार विकास कसौधन के साथ मिलकर पूर्व नियोजित योजना के तहत अपने ही घर से आभूषण, नगदी एवं मोबाइल फोन चोरी कराए जाने की बात स्वीकार कर ली। उसकी मौसी का लड़का विकास कसौधन पुत्र जमुना, निवासी विशुनापुर, वादी के घर आता-जाता था। इसी दौरान पूनम कसौधन एवं विकास कसौधन के बीच प्रेम संबंध स्थापित हो गए। दोनों ने साथ भाग जाने की योजना बनाई, जिसके लिए धन की आवश्यकता होने पर विकास कसौधन ने घर में रखे आभूषण एवं नगदी चोरी करने की योजना बनाई। पुलिस ने प्रेमी विकास कसौधन,और प्रेमिका पूनम कसौधन को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से चोरी के भारी मात्रा में सोने/चांदी के आभूषण व 50,000 रू0 नकद बरामद किया गया।लखीमपुर खीरी मितौली अधिवक्ता संघ का शपथ ग्रहण समारोह संपन्न।
Pipra Jhala, Uttar Pradesh:लखीमपुर-खीरी।तहसील सभागार मितौली में सेंटर बार एसोसिएशन तहसील मितौली सम्बद्ध जिला अधिवक्ता संघ लखीमपुर खीरी का शपथ ग्रहण समारोह पूर्व अध्यक्ष बार कौंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश अजय कुमार शुक्ल व अध्यक्ष जिला अधिवक्ता संघ लखीमपुर खीरी, कस्ता विधायक सौरभ सिंह सोनू की मौजूदगी में नवीन कार्यकारिणी को पद गोपनीता की शपथ दिलाई गई इस अवसर पर जिला महामंत्री भाजपा अनुराग मिश्र, जिला पंचायत प्रतिनिधि डॉक्टर नरेंद्र सिंह, उपजिलाधिकारी मितौली संतदास पवार, तहसीलदार प्रभारी दिनेश कुमार सहित समस्त आगंतुक व अधिवक्ता मौजूद रहे।सिकंदराराऊ में विश्व हिंदू परिषद-बजरंग दल ने चलाया गौ सम्मान हस्ताक्षर अभियान
Sikandra Rao, Uttar Pradesh:सिकंदराराऊ, हाथरस- विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल द्वारा चलाए जा रहे गौ सम्मान आह्वान अभियान के तहत रविवार को नगर के प्रमुख राठी चौराहे पर हस्ताक्षर अभियान आयोजित किया गया। अभियान का उद्देश्य गौ संरक्षण एवं गौ सम्मान के प्रति जनजागरूकता फैलाना तथा अधिक से अधिक लोगों को इस जनआंदोलन से जोड़ना रहा। अभियान में विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने सक्रिय सहभागिता की। इस दौरान नगर के सैकड़ों नागरिकों ने उत्साहपूर्वक हस्ताक्षर कर गौ संरक्षण के प्रति अपना समर्थन व्यक्त किया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि गौ माता भारतीय संस्कृति, आस्था और सनातन परंपरा की आधारशिला हैं। गौ सम्मान आह्वान अभियान के माध्यम से समाज के विभिन्न वर्गों को जागरूक कर गौ संरक्षण के लिए व्यापक जनसमर्थन जुटाया जा रहा है। उन्होंने लोगों से 27 जुलाई को आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर अभियान को सफल बनाने की अपील की। अभियान का समापन भारत माता एवं गौ माता के जयघोष के साथ हुआ। कार्यक्रम के दौरान क्षेत्र में गौ संरक्षण और गौ सम्मान के प्रति लोगों में विशेष उत्साह देखने को मिला।अब ड्रग सप्लाई करने वालो की खैर नहीं,जिला प्रशासन हुआ सख्त,ऐसे लोगों पर की जाएगी कार्यवाही
Gonda, Uttar Pradesh:अब ड्रग सप्लाई करने वालो की खैर नहीं,जिला प्रशासन हुआ सख्त,ऐसे लोगों पर की जाएगी कार्यवाही,कल रानी बाजार के एक मेडिकल स्टोर पर करोड़ो रूपये के नशीले ड्रग पकड़े जाने पर डीएम की सख्तीमुख्यमंत्री के 21 को प्रस्तावित दौरे का निरीक्षण करते आयुक्त और डीआईजी
Gonda, Uttar Pradesh:मुख्य मंत्री का बहराइच,श्रावस्ती का प्रस्तावित दौरा 21 जुलाई को,प्रस्तावित स्थल का आयुक्त और डीआईजी ने किया निरीक्षण,अवारा पशुओं को दूर रखने का निर्देशप्रसूता की मौत पर बवाल, अस्पताल पर लापरवाही का आरोप, परिजनों ने तीन घंटे किया हंगामा
Mathura, Uttar Pradesh:पहले भी डिलवरी के दौरान एक महिला की बलदेव हॉस्पिटल में हो चुकी है मौत मथुरा । मथुरा के महावन क्षेत्र में एक निजी अस्पताल में प्रसूता की मौत के बाद जमकर हंगामा हो गया। मृतका के परिजनों ने अस्पताल प्रशासन और डॉक्टरों पर इलाज में गंभीर लापरवाही, बिना सहमति ऑपरेशन करने और बिना जानकारी दिए दूसरे अस्पताल रेफर करने का आरोप लगाया। आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल परिसर में करीब तीन घंटे तक प्रदर्शन किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह स्थिति को नियंत्रित किया। जानकारी के अनुसार, थाना बलदेव क्षेत्र के गांव दौलतपुर निवासी राहुल अपनी पत्नी खुशबू को 18 जुलाई की शाम प्रसव पीड़ा होने पर खप्परपुर स्थित श्री बलदेव कॉलेज ऑफ नर्सिंग एंड मेडिकल रिसर्च सेंटर लेकर पहुंचे, जहां उसे भर्ती कराया गया। परिजनों का आरोप है कि डॉक्टरों ने डिलीवरी में जटिलता का हवाला देकर ऑपरेशन कराने का दबाव बनाया और बिना उनकी लिखित या मौखिक सहमति के ऑपरेशन कर दिया। परिजनों का कहना है कि ऑपरेशन के बाद खुशबू की हालत लगातार बिगड़ती रही, लेकिन अस्पताल प्रशासन ने न तो उचित उपचार किया और न ही उसकी वास्तविक स्थिति से परिवार को अवगत कराया। आरोप है कि 19 जुलाई की सुबह अस्पताल प्रशासन ने बिना पूर्व सूचना के मरीज को मथुरा न्यूरो अस्पताल भर्ती कर दिया। जब परिजन वहां पहुंचे तो उन्हें खुशबू की मौत की जानकारी मिली। मृत्यु की सूचना मिलते ही परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा। उन्होंने अस्पताल परिसर में शव रखकर इलाज में लापरवाही और मामले को छिपाने का आरोप लगाते हुए जोरदार हंगामा किया। करीब तीन घंटे तक चले प्रदर्शन के दौरान मौके पर महावन और बलदेव थाना पुलिस पहुंची और समझाइश देकर मामला शांत कराया। मृतका के पति राहुल पुत्र मोहन सिंह ने महावन थाने में लिखित तहरीर देकर अस्पताल के डॉक्टरों, मेडिकल स्टाफ और प्रबंधन के खिलाफ हत्या, धोखाधड़ी और अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की मांग की है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। अस्पताल प्रशासन की ओर से इस मामले में अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।Untitledप्रसूता की मौत पर बवाल, अस्पताल पर लापरवाही का आरोप, परिजनों ने तीन घंटे किया हंगामा
Mathura, Uttar Pradesh:
मथुरा । मथुरा के महावन क्षेत्र में एक निजी अस्पताल में प्रसूता की मौत के बाद जमकर हंगामा हो गया।
मृतका के परिजनों ने अस्पताल प्रशासन और डॉक्टरों पर इलाज में गंभीर लापरवाही, बिना सहमति ऑपरेशन करने और बिना जानकारी दिए दूसरे अस्पताल रेफर करने का आरोप लगाया।
आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल परिसर में करीब तीन घंटे तक प्रदर्शन किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह स्थिति को नियंत्रित किया।
जानकारी के अनुसार, थाना बलदेव क्षेत्र के गांव दौलतपुर निवासी राहुल अपनी पत्नी खुशबू को 18 जुलाई की शाम प्रसव पीड़ा होने पर खप्परपुर स्थित श्री बलदेव कॉलेज ऑफ नर्सिंग एंड मेडिकल रिसर्च सेंटर लेकर पहुंचे, जहां उसे भर्ती कराया गया। परिजनों का आरोप है कि डॉक्टरों ने डिलीवरी में जटिलता का हवाला देकर ऑपरेशन कराने का दबाव बनाया और बिना उनकी लिखित या मौखिक सहमति के ऑपरेशन कर दिया।
परिजनों का कहना है कि ऑपरेशन के बाद खुशबू की हालत लगातार बिगड़ती रही, लेकिन अस्पताल प्रशासन ने न तो उचित उपचार किया और न ही उसकी वास्तविक स्थिति से परिवार को अवगत कराया।
आरोप है कि 19 जुलाई की सुबह अस्पताल प्रशासन ने बिना पूर्व सूचना के मरीज को मथुरा न्यूरो अस्पताल भर्ती कर दिया। जब परिजन वहां पहुंचे तो उन्हें खुशबू की मौत की जानकारी मिली।
मृत्यु की सूचना मिलते ही परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा। उन्होंने अस्पताल परिसर में शव रखकर इलाज में लापरवाही और मामले को छिपाने का आरोप लगाते हुए जोरदार हंगामा किया। करीब तीन घंटे तक चले प्रदर्शन के दौरान मौके पर महावन और बलदेव थाना पुलिस पहुंची और समझाइश देकर मामला शांत कराया।
मृतका के पति राहुल पुत्र मोहन सिंह ने महावन थाने में लिखित तहरीर देकर अस्पताल के डॉक्टरों, मेडिकल स्टाफ और प्रबंधन के खिलाफ हत्या, धोखाधड़ी और अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। अस्पताल प्रशासन की ओर से इस मामले में अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
