icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
Become a News Creator

Your local stories, Your voice

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

फरक्का पर लालू यादव के बयान से बिहार-गंगा मुद्दे गहराए

Patna, Bihar:फरक्का बराज के सम्बन्ध में लालू यादव का बयान आज आ रहा है... उनका बयान तथ्य से परे है.. पुरे बिहार की जनता जानती है.. भारत और बांग्लादेश के बीच 1996 दिसंबर में समझौता हुईं थी.... सब लोग जनता है लालू जी मुख्यमंत्री थे.. HD देवगौडा PM थे उसमे राजद भी शामिल थी... Lalu जी तो यह भी कहते थे हम जी उनको प्रधानमंत्री बनाए... उस वक्त ये समझौता हुआ था इसमें कोई दो राय नहीं है. बिहार के हितो की अनदेखी की गई थी... इस साल के अंत में वो समय पूरा हो रहा है.. उस सन्धि के नविकारण के लिया बात शुरू हो रहीं है.. उस क्रम में CM सम्राट के नेतृत्व में दिल्ली गए थे... विदेश मंत्री और वित्त मंत्री जी से बात रखा उन्होंने कहा की बिहार की अनदेखी नी होगी.... अब नीतीश कुमार जी काम नाम कहा से आ रहा है.. केंद्र और राज्य में सरकार लालू जी की थी या समर्थन वाली थी.. दोष नीतीश कुमार पर ला रहे है... हमारी शुरू से अपनी भावना रहा है फरक्का को लेकर.. केंद्र की मंत्री को बिहार बुलाकर पूरा दिखाया था गंगा को कितना असर पर रहा है ... कितना भला और कितना नुकसान हो रहा है बिहार का उसका अकलन होना चाहिए... गंगा में पानी कम रहता है तो बिहार सबसे प्रभावित इसी को लेकर होता है.. कई तरह का आरोप लगाया जाता था... बिहार के जरूरत के लिए गंगा से पानी निकलने से मना किया जाता है उसी सन्धि का हवाला देकर.. नीतीश कुमार की जो सोच थी वर्षो से वो कह रहे थे उसी बात को केंद्र सरकार को हमने अवगत करवाया है.. सही समय पर समीक्षा का आश्वासन दिया है... सबसे अधिक प्रभावित होने वाला राज्य बिहार है. जब भी कई रिन्यूअल करने की बात हो बिहार को उसमे शामिल किया जाए .. गाद जमा होने से दिक्कत जो रहीं है गंगा सहित कई नदी मर रहीं है..नदी का जीवन खत्म करने वाले योजनाओं पर इसका निदान करना चाहिए.... नदियाँ गाद से भर रहीं है उसपर विचार होना चाहिए.. बिहार को गाद प्रबंधन में मदद की जरूरत है.. लालू जी देवगौड़ा जी के समय में जो हुआ उसका नुकसान बिहार को हो रहा है इसका आकालन करके ही निर्णय लिया जाए... भागलपुर में बांध टूटने पर बोले की इंजीनियर सचिव और सभी अधिकारी वहां पहुंच गए हैं आगे की कार्रवाई की जा रही है समय रहते सबको ठीक कर लिया जाएगा...
0
0
Report
Advertisement

जुलूस मोहम्मदी में डीजे-नृत्य पर फतवा: गैर शरई गतिविधियों से बचें

Bareilly, Uttar Pradesh:जुलूस ए मोहम्मदी में डीजे, डांस, विदेशी मुल्कों के झंडे, और हुड़दंग बाजी , ये सब शरियत की रोशनी में नाजायज है। मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने जारी किया फतवा। 26 अगस्त को हर साल की तरह इस साल भी ईद-मिलादुन्नबी के मौके पर पूरे भारत में जुलूस ए मोहम्मदी हर शहर और गांव में निकाले जाएंगे। जुलूस ए मोहम्मदी में बढ़ती हुई खुराफात और गैर शरई कामों को रोकने के लिए आल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना मुफ्ती शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने फतवा जारी किया है। मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी से मुस्तफा नगर बरेली जंक्शन के निवासी नसीर अहमद नूरी ने सवाल पूछा है कि जुलूस ए मोहम्मदी में डीजे का इस्तेमाल करना कैसा है? इस पर मौलाना ने जुलूस ए मोहम्मदी की सूरते हाल देखते हुए मुस्लिम आवाम के लिए फतवा जारी किया है, इस फतवे में कहा गया है कि जुलूस ए मोहम्मदी को गैर शरई कामों से पाक साफ सुथरा रखें। डीजे और बाजे का इस्तेमाल सरासर नाजायज है। अंजुमने और मुस्लिम नौजवान जुलूस ए मोहम्मदी में डीजे लेकर ना आएं, ये गुनाह का काम है। 26 अगस्त को निकलने वाले जुलूस-ए-मोहम्मदी को लेकर अपील जारी की गई है। सभी अंजुमनों और खासकर नौजवानों से जुलूस को शांतिपूर्ण और अनुशासित तरीके से निकालने की अपील की गई है। फतवे में कहा गया है कि जुलूस में डीजे, बाजे, नाच-गाने, हंगामा और हुरदंग से पूरी तरह बचें। किसी दूसरे देश के झंडे या बैनर न लगाए जाएं, और असलहों, यहाँ तक कि नकली तलवारों के प्रदर्शन से भी parहेज किया जाए। फतवे में कहा गया कि जुलूस मोहम्मदी को शरीअत की रोशनी में मिसाली बनाएं और पैगंबर-ए-इस्लाम की रहमत और भाईचारे की शिक्षाओं को आगे बढ़ाएं। साथ ही नौजवानों से ट्रिपल राइडिंग, तेज आवाज में शोर-शराबा और यातायात व्यवस्था प्रभावित करने वाली गतिविधियों से बचने की अपील की गई है। मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने कहा कि जुलूस ए मोहम्मदी में इस बात का खास तौर पर ध्यान रखें कि झंड़े, बैनर भारतीय लगए, और दूसरे दोशे के झंडे लगाने से खुद बचे और दूसरो को भी बचाएं, अगर भारतीय झंडा तिरंगा लगाते हैं, तो बहुत ज्यादा अच्छा होगा। हर झंडा, चांद सितारा वाला झंडा, तलवार वाला झंडा , ये सब विदेशी मुल्कों के झंडे है।देखा गया है कि रास्तों में रूक रूक कर टोली बनाकर नक़ली तलवारें नौजवान अपने हाथों में लेकर लहराते हैं, इससे भी बचें। डीजे का इस्तेमाल सबसे ज्यादा खतरनाक है, गत वर्षो में डीजे की वजह से कई घटनाएं हो गई, जिन रास्तों से डीजे गुजराता है, उन रास्तों के मकानों के दरवाजे और खिड़कियां टूट जाती है, कमजोर दिल के लोगों की धड़कनें बढ़ जाती है, वो बिमार हो जाते हैं। לכן डिजे के इस्तेमाल से बचें। जुलूस के दरमियान ऐसा कोई काम न करें जिससे दूसरे सम्प्रदाय के लोगों को तकलीफ़ हो य उनकी भावनाओं को ठेस पहुंचे। बाइट मौलाना शाहबुद्दीन बरेलवी, अध्यक्ष, आल इंडिया मुस्लिम जमात
0
0
Report
Advertisement

MMDR बिल पारित: झारखंड में विकास के अवसरों को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज

Dhanbad, Jharkhand:लोकसभा और राज्यसभा से MMDR बिल पारित होने के बाद झारखंड में इसे लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। CPIML विधायक अरूप चटर्जी ने MMDR एक्ट को झारखंड के विकास के लिए प्रतिकूल बताया है। अरूप चटर्जी ने कहा कि झारखंड खनिज संपदा से समृद्ध राज्य है। यहां से कोयला, आयरन और अन्य खनिज देश के दूसरे राज्यों में जाते हैं, लेकिन खनिज संपदा का पर्याप्त लाभ झारखंड को नहीं मिल रहा है। उन्होंने कहा कि झारखंड से निकलने वाले कोयले और आयरन से मिलने वाले टैक्स और अन्य राजस्व से राज्य में कई विकास योजनाएं संचालित होती हैं। वही विधायक ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार MMDR एक्ट के जरिए झारखंड जैसे खनिज संपदा वाले राज्यों के साथ अन्याय कर रही है। उन्होंने कहा कि जिन राज्यों में झारखंड की खनिज संपदा जा रही है, वहां उद्योग और विकास को बढ़ावा मिल रहा है, जबकि झारखंड में अपेक्षित औद्योगिक विकास नहीं हो पा रहा है। अरूप चटर्जी ने कहा कि इस कानून के खिलाफ भविष्य में बड़ी लड़ाई लड़ने की जरूरत है। उन्होंने केंद्र सरकार से झारखंड के हितों को ध्यान में रखते हुए इस मुद्दे पर पुनर्विचार करने की मांग की।
0
0
Report

चंपारण अगस्त क्रांति: रमना मैदान पर शहीदों को श्रद्धांजलि, झंडा तिरंगा के साथ

Bettiah, Bihar:अगस्त क्रांति की बात हो और चंपारण की बात न हो ऐसा हो ही नहीं सकता बेतिया का शहीद पार्क जिसमें भारत माता के आठ वीर सपूतों की प्रतिमाएं यह गवाही देता है चंपारण अगस्त क्रांति में अपनी कुर्बानियां देश के अग्रणी कतार में रखता है। 9 अगस्त 1942 को महात्मा गांधी ने मुंबई के एक मैदान में अंग्रेजों के खिलाफ "करो या मरो" का नारा दिया था जिसकी आग पूरे देश में फैल गई आजादी का वह नारा चंपारण तक पहुंच गया चंपारण में आजादी के मतवालों ने तिरंगा लेकर सड़को पर निकल गए। अंग्रेजों ने भारत माता के सपूतो के साथ 24 अगस्त 1942 को चंपारण में खून की होली खेली थी आठ eight भारत माता के सपूतों को अंग्रेजों ने गोलियों से छलनी कर दिया लेकिन वे भारत माता के वीर सपूतों ने तिरंगा को हाथ से नहीं गिरने दिया। भारत माता के आठ वीर सपूतों में सबसे आगे 12 साल के महान स्वतंत्रता सेनानी भिखारी कोइरी हाथ में तिरंगा लेकर अंग्रेजों के मशीनगन के सामने खड़े हो गए थे अंग्रेजों ने उस 12 साल के भारत माता के सपूत के सीने को गोलियों से छलनी कर दिया लेकिन पीछे खड़े आजादी के सात और मतवालो ने तिरंगा को गिरने नहीं दिया रामेश्वर मिश्रा गणेश राय गणेश राव भगवत उपाध्याय जगन्नाथ पुरी फौजदार अहीर तुलसी राउत अपने सीने पर एक एक कर अंग्रेजों की गोलिया खाते रहे एक दूसरे को तिरंगा थमाते रहे और एक एक कर शहादत दे दी। _____ अगस्त क्रांति ने अंग्रेजों की नींव हिला के रख दी थी 24 अगस्त का वह दिन जब अंग्रेज पुलिस अफसर कमिश्नर पेक भारत माता के आठ सपूतों पर गोलियां बरसा रहा था तो सामने से अंग्रेजों भारत छोड़ो का नारा आसमान में गूंज रहा था दरअसल 24 अगस्त को हजारों क्रांतिकारी बेतिया के ऐतिहासिक रमना मैदान में जुट गए थे बता दे 24 अगस्त से पहले एक सप्ताह तक आंदोलनकारी अंग्रेजों पर भारी पड़े थे अंग्रेजों भारत छोड़ो के नारों के साथ आंदोलनकारियों ने सरकारी कार्यालयों पर तिरंगा फहराने लगे रेल की पटरियों को अवरुद्ध कर दिया ब्रिटिश हुकूमत की नींव हिल गई अदालतों पर तिरंगा लहराने लगा आंदोलनकारियों की "करो या मरो" की स्थिति को देखते हुए लंदन तक हिल गया चंपारण में आंदोलन का दमन करने के लिए लंदन से अंग्रेज अफसरों को फरमान आया कि आजादी के मतवालों को गोलियों से छलनी कर दिया जाय आंदोलन को दमन कर कुचल दिया जाय जिसके बाद अंग्रेज पुलिस कमिश्नर पेक 24 अगस्त 1942 को अपनी सेना के साथ रमना जाने वाली सड़क पर खड़ा हो गया सामने हजारों की भीड़ खड़ी थी आंदोलनकारी इंकलाब जिंदाबाद अंग्रेजों भारत छोड़ो के नारों के साथ आगे बढ़ने लगे अंग्रेज पुलिस कमिश्नर पेक ने सेना को फायरिंग का आदेश दिया गोलियों की तड़तड़ाहट और अंग्रेजों भारत छोड़ो के नारों के गूंज से आसमान भी दहल गया और एक एक करके अंग्रेजों ने भारत माता के आठ वीर सपूतों को गोलियों से छलनी कर दिया _____1986 में भारत माता के उन आठ वीर सपूतों के याद में बेतिया के शहीदpark में प्रतिमा लगाई गई हर साल 24 अगस्त को आठों आजादी के मतवालों भारत माता के सपूतों महान स्वतंत्रता सेनानियों को याद किया जाता है उन्हें श्रद्धांजलि दी जाती है इनकी वीर गाथाएं भारत की आजादी में चंपारण की कुर्बानियां अग्रणी कतार में रखता है। ______ आज 24 अगस्त को बेतिया डीएम तरनजोत सिंह ने शहीद पार्क पहुंच महान स्वतंत्रता सेनियों को श्रद्धांजलि अर्पित किया डीएम ने कहा ये शहीद ही हमलोग के प्रेरणा है इन्होंने अपनी कुर्बानियां देकर हमें सिखाया है हमें देश के लिए जीना और मरना चाहिए शहीदों को श्रद्धांजलि देने आए सभी लोगों की आँखे नम थी शहीद पार्क में शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करने शहीद के परिजन और बेतिया नगर निगम मेयर गरिमा देवी सिकरिया ने भी श्रद्धांजलि अर्पित किया सभी की आंखे नम थी
0
0
Report
Advertisement

औरंगाबाद में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम के घर समेत 4 जगहों पर चोरी: लाखों की संपत्ति चोरी

Chhatrapati Sambhajinagar, Maharashtra:औरंगाबाद में वास्तु विहार कॉलोनी स्थित कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम के आवास समेत 4 घरों को चोरों ने अपना निशाना बनाया और वहां से लाखों की संपत्ति की चोरी कर ली। राजेश राम फिलहाल सपरिवार पटना हैं लिहाजा, कितने की चोरी हुई है इस बात का खुलासा अभी तक नहीं हो सका है। यहां तक कि केयरटेकर भी कल अपने गांव चला गया था लेकिन घर में लगे सीसीटीवी फुटेज़ में स्पष्ट देखा जा सकता है कि चार की संख्या में रहे चोरों ने चोरी की इन घटनाओं को अंजाम दिया है। इस पूरे घटनाक्रम ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़ा कर दिए हैं। सूचना मिलते ही मुफस्सिल थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और घटनाक्रम का जायजा लेने में जुट गई है। इस बीच मिली जानकारी के मुताबिक राजेश राम के पड़ोसी के घर से चोरों ने लगभग 20 लाख के गहनों की चोरी की है। वहीं राजेश राम के औरंगाबाद पहुंचने पर ही पता चल पाएगा कि चोरों ने प्रदेश अध्यक्ष के घर से कितने की चोरी की है।
0
0
Report

5000 बच्चों ने सामूहिक रामचरितमानस पाठ, राम के आदर्शों से विकसित भारत का संकल्प

Nawada, Bihar:नवादा के कुंती नगर स्थित मॉडर्न इंग्लिश स्कूल परिसर में स्वामी तुलसीदास जयंती के अवसर पर एक अद्भुत नजारा देखने को मिला। यहाँ 5000 से अधिक बच्चों ने एक साथ सामूहिक रामचरितमानस पाठ किया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में रामायण धारावाहिक में भगवान श्रीराम की भूमिका निभाकर घर-घर में पूजे जाने वाले मेरठ के सांसद अरुण गोविल पहुंचे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सांसद अरुण गोविल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश तेजी से विकास कर रहा है। प्रधानमंत्री ने 2047 तक विकसित भारत बनाने का संकल्प लिया है, लेकिन अगर सभी देशवासी भगवान श्रीराम के बताए मार्ग और आदर्शों पर चलें तो यह लक्ष्य 2047 से पहले ही पूरा किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि रामायण हमें परिवार और समाज में बेहतर रिश्ते निभाने तथा चरित्र निर्माण की सीख देती है। श्रीराम के आदर्शों से ही मजबूत भारत का निर्माण होगा। कार्यक्रम में बिहार सरकार के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा भी मौजूद रहे। उन्होंने कहा कि बच्चों में अच्छे संस्कार और चरित्र निर्माण से समाज की कई समस्याएं स्वतः समाप्त हो सकती हैं। यह पूरा कार्यक्रम डॉ. अनुज सिंह की देखरेख में आयोजित किया गया था।
0
0
Report
Advertisement

जलपाईगुड़ी-शिलिगुड़ी रोड पर भाजपा ने अचल जलाशय कब्जे के आरोपों के खिलाफ सड़क बाधित किया

Jalpaiguri, West Bengal:তৃণমূল আমলে জমি মাফিয়াদের দাপটে ভরাট হয়ে গিয়েছে বিশাল জলাশয়। এর সঙ্গে তৃণমূল, কংগ্রেস ও সিপিএমের নেতারা যুক্ত। এমনই অভিযোগ তুলে আজ সোমবার জলপাইগুড়ির শিরিষতলা এলাকায় পথ অবরোধ করে বিজেপি। জলপাইগুড়ি-শিলিগুড়ি রাস্তা অবরোধের জেরে রাস্তায় যানজট সৃষ্টি হয়। বিজেপির দাবি, জলপাইগুড়ির বিলপাড়া এলাকায় জলাশয় ভরাটের পিছনে যাঁরা যুক্ত, অবিলম্বে তাঁদের গ্রেপ্তার করতে হবে। নতুবা বৃহত্তর আন্দোলন হবে। জলপাইগুড়ি তে জমি মাফিয়াদের জমি দখল, বিল ভরাট, রাস্তা সংস্কারের দাবিতে পুরসভার ২১ নম্বর ওয়ার্ডের শিরীষতলায় পথ অবরোধ বিজেপির। রাস্তার দাঁড়িয়ে বহু গাড়ি দীর্ঘক্ষণ জলপাইগুড়ি শিলিগুড়ি রাস্তা বন্ধ। যানজটের সৃষ্টি হয়েছে। তৃণমূল জামানায় তৃণমূল, সিপিএম এবং কংগ্রেসের নেতারা পুকুর চুরি করেছে, এই অভিযোগ তুলে বিজেপির পথ অবরোধ জলপাইগুড়ি শিলিগুড়ি রাস্তা অবরোধের ফলে বহু গাড়ি দাঁড়িয়ে যায়। শিরিষতলা, বিলপাড়া এলাকায় যেখানে বিরাট জলাশয় সেই এলাকায় বেআইনিভাবে জলাশয় ভরাট করে জমি বিক্রির অভিযোগ। বেআইনিভাবে পুকুর ভরাট করে জমি মাফিয়া রাজ চলছে এই অভিযোগ তুলে আজ বিজেপি নেতাকর্মীরা পথ অবরোধে সামিল হন। দোষীদের গ্রেপ্তারের দাবিতে সরব বিজেপি। দোষীদের দৃষ্টান্তমূলক শাস্তির দাবিতে তাদের এই অবরোধ বলে বিজেপির স্থানীয় নেতৃত্বরা দাবি তোলেন。
0
0
Report

नागर नदी किनारे बाली कारबारी फिर सक्रिय, प्रशासन पर सवाल

Dinajpur, Rangpur Division:নাগর নদীর পাড়ে ফের সক্রিয় বালি কারবারের অভিযোগ, প্রশ্নের মুখে প্রশাসনের ভূমিকা নাগর নদীর দুই পারে অবস্থিত করণদিঘি ও রায়গঞ্জ ব্লকের বিস্তীর্ণ এলাকা। একসময় এই নদীকে ঘিরেই সক্রিয় ছিল বালি কারবারিদের একটি বড় চক্র। অভিযোগ, দীর্ঘদিন ধরে বেআইনিভাবে বালি উত্তোলনের জেরে নদীর গতিপথ বদলেছে। কোথাও কোথাও নদী ভাঙনের কবলে পড়ে নষ্ট হয়েছে কৃষিজমি। বিষয়টি নিয়ে অতীতেও একাধিকবার সরব হয়েছে জি ২৪ ঘন্টা. রাজ্যে বিজেপি সরকার গঠনের পর বেআইনি বালি উত্তোলন অনেকটাই বন্ধ হয়েছিল বলে দাবি স্থানীয়দের। কিন্তু সম্প্রতি ফের নাগর নদীর পাড়ে বালি কারবারিদের সক্রিয়তার অভিযোগ উঠেছে। সেই অভিযোগের সত্যতা যাচাই করতে রায়গঞ্জ থানার জগদীশপুর গ্রাম পঞ্চায়েতের পাঁচভায়া ও খাড়ি জগদীশপুর সংলগ্ন নাগর নদীর পাড়ে পৌঁছনো হয়। সেখানে ক্যামেরায় ধরা পড়ে বালি উত্তোলন ও পরিবহনের ছবি。 অভিযোগ, নদী সংলগ্ন এলাকায় জেসিবি মেশিন ব্যবহার করে বালি তোলা হচ্ছে। একই সঙ্গে একাধিক ট্রাক্টরে করে সেই বালি অন্যত্র নিয়ে যাওয়া হচ্ছে। ক্যামেরার ফ্রেমে একসঙ্গে প্রায় ছয়টি ট্রাক্টর ধরা পড়ে। কোনও ট্রাক্টর বালি নিয়ে এলাকা ছাড়ছে, আবার কোনওটি খালি অবস্থায় ফিরে আসছে। গোটা ঘটনায় পুরনো পদ্ধতিতেই ফের বালি কারবার চলছে বলে অভিযোগ উঠেছে。 বিষয়টি ঘিরে ইতিমধ্যেই শুরু হয়েছে রাজনৈতিক চাপানউতোর। কংগ্রেস নেতা তিলক তীর্থ ভৌমিকের অভিযোগ, নাগর নদীতে ফের বালি কারবারিদের সক্রিয়তা আগামী বর্ষায় রায়গঞ্জ ব্লকের একাধিক গ্রামকে বিপদের মুখে ফেলতে পারে। পাশাপাশি বেআইনি বালি উত্তোলনের কারণে সরকারের রাজস্বেরও ক্ষতি হচ্ছে বলে দাবি তাঁর। তাঁর কথায়, সরকার পরিবর্তনের পর মানুষ আশা করেছিলেন বেআইনি বালি কারবার বন্ধ হবে। কিন্তু একই চক্র নতুন পরিচয়ে ফের সক্রিয় হয়েছে বলে অভিযোগ。 সিপিএম নেতা তীর্থ দাসেরও অভিযোগ, বালি কারবারের পুরনো চক্রের পদ্ধতি বদলায়নি, শুধু রাজনৈতিক পতাকার রং বদলেছে। তাঁর দাবি, প্রশাসনের উচিত অবিলম্বে তদন্ত করে কঠোর পদক্ষেপ করা。 অন্যদিকে বিজেপির জেলা মুখপাত্র কেশবানন্দ পাল বলেন, বিরোধীদের অভিযোগের ভিত্তিতে নয়, তথ্যের ভিত্তিতেই প্রশাসন ব্যবস্থা নেবে। বিজেপি বেআইনি বালি পাচারের বিরুদ্ধে। বেআইনি বালি উত্তোলনের ফলে কৃষিজমির ক্ষতি হয়। সরকার পরিবর্তনের পর মাফিয়ারা গা-ঢাকা দিয়েছিল, ফের কেউ বেআইনি কারবার শুরু করলে প্রশাসন কঠোর ব্যবস্থা নেবে। বিষয়টি খতিয়ে দেখা হচ্ছে বলেও জানান তিনি。 তবে রাজনৈতিক তরাজার মধ্যেই বড় হয়ে উঠছে প্রশাসনের ভূমিকা নিয়ে প্রশ্ন। কার মদতে চলছে এই কারবার? অভিযোগের সত্যতা প্রমাণিত হলে ব্যবস্থা কবে? সব মিলিয়ে স্বাভাবিকভাবেই প্রশ্ন উঠছে—কবে শেষ হবে নাগর নদীকে ঘিরে এই সিন্ডিকেট ও মাফিয়া রাজ?
0
0
Report
Advertisement
Advertisement
Back to top