184102
Next J&K CM will be from BJP: Ravinder Raina in Kisan Sammelan Kathua
Kathua, Jammu and Kashmir State BJP President Ravinder Raina has proposed to gear up for the upcoming assembly elections. Apart from the state President Raina and Dr. Nirmal Singh were the main attendees. Kisan Morcha President Abhinandan Sharma organized this event in Kathua’s Hiranagar assembly constituency. Raina mentioned the efforts being made by the government regarding the protest of the farmers.0
0
Report
हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|
कानपुर गुजैनी में धर्मांतरण के दबाव पर पांच गिरफ्तार, थाने का घेराव
Kanpur, Uttar Pradesh:कानपुर गुजैनी में धर्मांतरण के दबाव का आरोप पिता-पुत्र समेत 5 आरोपी गिरफ्तार शमीम, शीबू, अरमान, अरसलान और अमिर खान गिरफ्तार सोनू जाटव और परिवार से मारपीट का आरोप घर में जबरन मजार बनवाने का भी आरोप विरोध में हिंदू संगठनों ने किया था थाने का घेराव जांच में धर्मांतरण के आरोपों की भी पड़ताल पुलिस ने धर्मांतरण विरोधी कानून की धारा बढ़ाई फरार आरोपियों की तलाश में दबिश जारी तनाव के चलते इलाके में LIU एक्टिव कानपुर के गुजैनी थाना क्षेत्र में धर्मांतरण के दबाव और मारपीट के मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी पिता-पुत्र समेत पांच लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोप है कि धर्मांतरण का विरोध करने और घर में जबरन बनवाई गई मजार हटाने की बात कहने पर ई-रिक्शा चालक सोनू जाटव और उसके परिवार के साथ मारपीट की गई थी। घटना के बाद भाजपा, हिंदू जागरण मंच, विहिप और बजरंग दल समेत कई हिंदू संगठनों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए थाने का घेराव किया था। तनाव को देखते हुए इलाके में LIU को भी सक्रिय किया गया है।0
0
Report
आजमगढ़ के छह लेन के बीच राधा-कृष्ण मंदिर को बचाते विकास, आस्था कायम
Noida, Uttar Pradesh:सिक्स लेन के बीचो-बीच मंदिर, सरकार ने बीच का रास्ता निकाला, विकास भी नहीं रुका और लोगों के आस्था को भी ठेस नहीं पहुंची। पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर जनपद आजमगढ़ के बिलरियागंज रोड के पास एक अनोखा राधा-कृष्ण मंदिर है, जो दोनों फ्लाईओवर के बीच है। यह मंदिर छह लेन की सड़क के बीचों-बीच नजर आता है। इस प्राचीन मंदिर को तोड़े बिना सुरक्षित रखने के लिए एक्सप्रेसवे के रास्ते को दो हिस्सों में विभाजित किया गया है। जिले के बिलरियागंज में रोड पर बना यह श्रीराधा-कृष्ण शिव मंदिर करीब तीन बिस्वा में स्थापित, लोगों के आस्था का केंद्र है। जहां इस स्थान पर लोग शादी विवाह से लेकर अन्य कार्यक्रम भी करते हैं। मंदिर के केयरटेकर ने बताया कि लोगों के आस्था का केंद्र, सिक्स लेन निर्माण के दौरान सरकार ने बीच का रास्ता निकालकर मंदिर के दोनों तरफ सड़क का निर्माण किया जिससे की विकास भी नहीं रुका और लोगों की मान्यता भी बरकरार रही। यहां के क्षेत्र के लोग बहुत ही खुश हैं।0
0
Report
यूपी सचिवालय प्रशासन में बड़े बदलाव: चार संयुक्त सचिव समेत दो अफसर ट्रांसफर
Lucknow, Uttar Pradesh:लखनऊ यूपी सचिवालय प्रशासन में आधा अधिकारियों का स्थानांतरण चार संयुक्त सचिव और दो अनुभाग अधिकारियों के तबादले0
0
Report
Advertisement
फतेहपुर में बेकाबू कार हादसा: एक की मौत, चार घायल
Fatehpur, Uttar Pradesh:फतेहपुर में बेकाबू तेज रफ्तार कार का कहर, एक की मौत बाइक और ई रिक्शा में मारी टक्कर चार लोग घायल,2 की हालत नाजुक तीनों वाहनों के उड़े परखच्चे, जांच में जुटी पुलिस सदर कोतवाली क्षेत्र में 50 नंबर पुल के पास हुआ हादसा0
0
Report
पुनपुन नदी उफान के कारण बाधित पटना-गया रेलखंड फिर बहाल, स्पीड सीमित
Patna, Bihar:पटना पुनपुन नदी के जलस्तर में उफान के कारण पटना-गया रेलखंड पर बीते चार दिनों से बाधित ट्रेन सेवा बुधवार से बहाल हो गई है। रद्द की गई सभी 10 मेमू ट्रेनों का परिचालन होने लगा है। वहीं 10 डायवर्टेड एक्सप्रेस ट्रेनें, पीजी लाइन से चलने लगी हैं। पुनपुन और परसा बाजार स्टेशन के बीच स्थित ब्रिज पर ट्रेनें अधिकतम 30 किमी की स्पीड से गुजरेंगी। 15 सितंबर तक स्थिति का आकलन कर स्पीड में चरणबद्ध तरीके से वृद्धि की जाएगी। पटना गया रेलखंड काफी व्यस्त रेलखंड है ट्रेनों की संख्या भी अधिक है झारखंड को जोड़ने वाली एक प्रमुख कॉरिडोर भी है0
0
Report
भगवानपुर में अतिक्रमण हटाने के दौरान अंचलाधिकारी पर हमला, जांच जारी
Begusarai, Bihar:सरकारी जमीन से अतिक्रमण हटाने पहुंची भगवानपुर की अंचलाधिकारी पर जानलेवा हमला किए जाने का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि बनवारीपुर पंचायत भवन के समीप लखनपुर पुल के पास सरकारी जमीन पर अवैध रूप से लगाई गई गुमटी और दुकान को हटाने के लिए अंचलाधिकारी रानू कुमार कार्रवाई करने पहुंची थीं। इसी दौरान अतिक्रमणकारियों ने विरोध शुरू कर दिया और देखते ही देखते मामला धक्का-मुक्की और मारपीट तक पहुंच गया।आरोप है कि लाठी-डंडे और लोहे की रॉड से लैस लोगों ने अंचलाधिकारी पर हमला कर दिया। घटना में अंचलाधिकारी के साथ अभद्र व्यवहार और मारपीट किए जाने की बात सामने आई है।घटना की सूचना मिलते ही भारी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा और स्थिति को नियंत्रित किया। घायल अंचलाधिकारी को इलाज के लिए भगवानपुर पीएचसी ले जाया गया, जहां उनका प्राथमिक उपचार किया गया।मामला भगवानपुर थाना क्षेत्र के बनवारीपुर पंचायत भवन के समीप लखनपुर पुल का है। अंचलाधिकारी रानू कुमार के अनुसार, सरकारी भूमि पर अवैध रूप से गुमटी और दुकान लगाए जाने की सूचना मिली थी, जिसके बाद प्रशासन की टीम अतिक्रमण हटाने पहुंची थी।इसी दौरान कुछ लोगों ने कार्रवाई का विरोध शुरू कर दिया। आरोप है कि विरोध कर रहे लोगों ने अंचलाधिकारी के साथ पहले धक्का-मुक्की की और फिर लाठी-डंडे तथा लोहे की रॉड से हमला कर दिया।इस मामले में अंचलाधिकारी की ओर से भगवानपुर थाने में सात नामजद और दो-तीन अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है। एफआईआर में गंभीर आरोप लगाए गए हैं। प्राथमिकी के मुताबिक, मारपीट के दौरान अंचलाधिकारी को जान से मारने और पुल के नीचे फेंक देने की धमकी देने का आरोप लगाया गया है।घटना के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला। फिलहाल पुलिस प्राथमिकी में नामजद आरोपितों की भूमिका की जांच कर रही है।सरकारी जमीन से अतिक्रमण हटाने के दौरान अंचलाधिकारी के साथ हुई कथित मारपीट की इस घटना के बाद प्रशासनिक महकमे में भी चर्चा तेज हो गई है।फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर आरोपितों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।0
0
Report
Advertisement
जेन-जी के असर से UP राजनीति में 1980 की तस्वीरें इंस्टा पर वायरल
Noida, Uttar Pradesh:पंकज चौधरी,बृजेश पाठक,विनोद तावड़े स्वतंत्र देव की 1980 की तस्वीर दिखाते हुए वाक थ्रू सोशल मीडिया पर तैरती कुछ तस्वीरों ने सबका ध्यान अपनी ओर खींचा। चेहरे नामचीन हैं, मगर तस्वीरें अस्सी के दशक की थीं। खास बात यह है कि यह सारे चेहरे सियासी थे। फिर चाहे वो भाजपा के यूपी प्रभारी विनोद तावड़े हों या उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष पंकज चौधरी, जलशक्ति मंत्री स्वतंत्रदेव सिंह भी इस फेहरिस्त में शामिल थे। ऐसे तो इंस्टा पर मानो ऐसी तस्वीरों की आंधी सी आ गई लेकिन जेन-जी के हालिया आंदोलन ने यूपी सहित देश की सियासत में काफी कुछ बदल दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी कैबिनेट सहित पार्टी नेताओं से इंस्टा पर अकाउंट बनाने की अपील की थी। उसके बाद भाजपा के तमाम नेताओं और जनप्रतिनिधियों ने इंस्टाग्राम पर अपने अकाउंट बना लिए। फिलहाल यूपी भाजपा भाजपा के तमाम नेताओं की तस्वीरें इस ट्रेंड का हिस्सा बनने दिखाई दीं। यह भाजपाइयों के सिर इस हद तक चढ़कर बोला कि पार्टी के तमाम ऐसे युवा नेताओं ने भी एआई और चैट जीपीटी की मदद से अपनी अस्सी के दशक की तस्वीरें साझा कर दीं, जिनका तब जन्म भी नहीं हुआ था। इस पूरी कवायद को जेन-जी को लुभाने से जोड़कर देखा जा रहा है।0
0
Report
मुंगेर में बाढ़ के बीच बांध मरम्मत, ग्रामीण सतर्क रहने को कहते हैं
Munger, Bihar:मुंगेर: जिले में बाढ़ की स्थिति लगातार गंभीर बनी हुई है। छह प्रखंडों की 38 पंचायतें बाढ़ की चपेट में हैं। वंही जमालपुर प्रखंड की ग्राम पंचायत परहम के प्रेम टोला फ़रदा स्थित सिंचाई बांध का स्लुइस गेट अचानक धंस गया। गेट धंसने के बाद बांध में बड़ी दरार बन गई और टाल क्षेत्र का पानी तेज रफ्तार से गांव की ओर आने लगा। इससे आसपास के ग्रामीणों में अफरातफरी मच गई। घटना की सूचना उप विकास आयुक्त (डीडीसी) अजीत कुमार सिंह को दी गई। उनके निर्देश पर सिंचाई विभाग की टीम मौके पर पहुंची और रात में ही जेसीबी की मदद से बांध की मरम्मत कराई गई। बांध की मरम्मत होने के बावजूद ग्रामीणों की चिंता कम नहीं हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि बांध के आसपास अभी भी पानी लबालब है। ऐसे में दोबारा बांध पर दबाव बढ़ने की आशंका बनी हुई है। ग्रामीण खुद बारी-बारी से बांध की निगरानी कर रहे हैं।ग्रामीणों का आरोप है कि सिंचाई विभाग की ओर से बांध की निगरानी के लिए किसी अधिकारी या कर्मी की स्थायी प्रतिनियुक्ति नहीं की गई है। ग्रामीणों के अनुसार गंगा और टाल क्षेत्र के पानी के बीच सात-आठ गांव फंसे हुए हैं। इन गांवों में करीब 10 से 15 हजार की आबादी प्रभावित बताई जा रही है। पांच टोले बाढ़ की चपेट में स्थानीय ग्रामीण सुभाष कुमार ने बताया कि बाढ़ के कारण जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। परहम पंचायत के करीब पांच टोले बाढ़ की चपेट में हैं। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों और सिंचाई विभाग के प्रयास से रातोंरात बांध की मरम्मत संभव हो सकी, जिससे फिलहाल बड़ी परेशानी टल गई है। हालांकि, आसपास पानी का दबाव बना हुआ है।उन्होंने आरोप लगाया कि परहम पंचायत का वार्ड संख्या एक पूरी तरह बाढ़ प्रभावित है, लेकिन अब तक प्रभावित परिवारों को पर्याप्त राहत सामग्री नहीं मिली है। उनका दावा है कि राहत सूची में कथित तौर पर गैर-बाढ़ प्रभावित लोगों के नाम शामिल कर उन्हें सामग्री दी जा रही है, जबकि वास्तविक प्रभावित परिवार राहत से वंचित हैं।0
0
Report
राधा स्वामी संगठन के प्रमुख- पत्नी रिमांड पर, 8–10 करोड़ की ठगी की नई जांच
Giridih, Jharkhand:8–10 करोड़ की ठगी मामले में जेल में बंद राधा स्वामी संगठन के प्रदेश अध्यक्ष मुकेश सिन्हा और उनकी पत्नी अनिशा सिन्हा को पचंबा थाना पुलिस ने रिमांड पर लिया है. कोर्ट की अनुमति के बाद दोनों को रिमांड पर लेकर पचंबा थाने में गहन पूछताछ की जा रही है. सूत्रों के अनुसार पूछताछ में पुलिस को कई अहम जानकारियां हासिल हुई हैं. पुलिस अब आरोपियों के बैंक खातों की जांच कर रही है. मनी ट्रेल खंगाला जा रहा है कि ठगी का पैसा कहां-कहां ट्रांसफर किया गया है और इस पैसे से कहां-कहां प्रॉपर्टी खरीदी गई है. पुलिस के अनुसार ठगी का पैसा नगद के अलावा सीधे मुकेश, अनिशा और उनकी कंपनी RSOG Foods & Cosmetics Pvt Ltd के खातों में लिया जाता था. बता दें कि अमजद अंसारी की शिकायत पर पचंबा थाना कांड संख्या 141/26 दर्ज कर 2 सितंबर को चार आरोपियों - मुकेश सिन्हा, अनिशा सिन्हा, जितेंद्र सिंह उर्फ सुबोध सिंह और सुमित सिन्हा को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था. ठगी के पैसे से खरीदी गई लग्जरी गाड़ी भी जब्त की गई है. कैसे करते थे करोड़ों की ठगी जांच में खुलासा हुआ है कि राधा स्वामी संगठन कोई धार्मिक संस्था नहीं, बल्कि ठगी का एक सुनियोजित जाल था. संगठन के लोग लाभुकों से 80% छूट का लालच देकर लोगों को लुभाया जाता था कि कोई भी बाइक या एसयूभी खरीदो, सिर्फ 20-40% पैसा दो, बाकी की पूरी ईएमआई संगठन भरेगा. इसके अलावा वाहन योजना के अलावा कन्यादान योजना, टेंट-डेकोरेशन योजना, आवास योजना जैसी कई स्कीमें चलाई जा रही थीं. शुरुआती 3-4 महीने संगठन खुद लाभुकों की किस्तें भरता था, जिससे हजारों लोग जुड़ते चले गए. जब करोड़ों रुपये जमा हो गए तो किस्त देना बंद कर दिया गया. कई महीने से किस्त नहीं जाने पर जब लाभुक पचंबा के बनखंजो स्थित मुख्य कार्यालय पहुंचे तो वहां ताला लगा मिला. प्रदेश अध्यक्ष और जिलाध्यक्ष के मोबाइल स्विच ऑफ मिले. गोड्डा जैसे जिलों के एजेंट तक गिरिडीह आकर धरने पर बैठ गए. पुलिस के अनुसार अभी तक प्रथम दृष्टया 8 से 10 करोड़ की ठगी के पुख्ता साक्ष्य मिले हैं, जबकि पीड़ितों का आरोप 40 करोड़ से अधिक की ठगी का है. पुलिस का कहना है कि रिमांड के बाद इस मामले में और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं.0
0
Report
Advertisement
पानीपत इंडस्ट्री संकट पर प्रशासन की ताबड़तोड़ कार्रवाई, 80% समस्याएं हल
Panipat, Haryana:पानीपत की इंडस्ट्री की समस्याओं पर प्रशासन सख्त डीसी ने अधिकारियों को दिए त्वरित समाधान के निर्देश पानीपत की इंडस्ट्री की 80% समस्याएं हल पानीपत। पानीपत की औद्योगिक इकाइयों से जुड़ी समस्याओं के समाधान को लेकर जिला प्रशासन ने गंभीरता दिखाई है। हरियाणा चैंबर ऑफ कॉमर्स और पानीपत एक्सपोर्टर्स एसोसिएशन के बैनर तले जिमखाना क्लब में आयोजित बैठक में उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ और नगर निगम आयुक्त डॉ. पंकज यादव सहित जिला प्रशासन के विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने उद्योगपतियों की समस्याएं सुनीं। बैठक में सड़क, बिजली, सीवरेज, सफाई, जल निकासी, अग्निशमन, प्रदूषण, एमएसएमई, जीएसटी रिफंड, एचएसवीपी और एचएसआईआईडीसी से संबंधित समस्याएं प्रमुखता से उठाई गईं। उपायुक्त डॉ. हरीश कुमार वशिष्ठ ने कहा कि औद्योगिक संगठनों के साथ जिला प्रशासन की यह तीसरी बैठक है। इससे पहले भी दो बैठकें कार्यालय में आयोजित की जा चुकी हैं। बैठकों के दौरान सामने आया कि उद्योग जगत की कई समस्याएं और सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन से जुड़े कुछ गैप हैं। इन्हें दूर करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन के सभी संबंधित अधिकारियों को एक मंच पर बुलाया गया है, ताकि समस्याओं का विभागवार समाधान किया जा सके। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार और केंद्र सरकार की ओर से उद्योग एवं निर्यात को बढ़ावा देने के लिए अनेक योजनाएं चलाई जा रही हैं। इन योजनाओं का लाभ उद्योगों तक पहुंचाने में यदि कोई कमी या लूपहोल है तो उसे दूर किया जाएगा। उद्योगों से जुड़ी शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर लिया जा रहा है। डीसी ने कहा कि बिजली और एमएसएमई विभाग से जुड़ी शिकायतों के अलावा कुछ योजनाओं के क्रियान्वयन में कमियां और एचएसवीपी व एचएसआईआईडीसी से संबंधित समस्याएं भी सामने आई हैं। बैठक में एचएसवीपी के अधिकारी मौजूद नहीं थे। इस संबंध में उनसे जवाब मांगा जाएगा। उन्होंने कहा कि यह एक निरंतर चलने वाली प्रक्रिया है। जब तक उद्योग चलते रहेंगे, समस्याएं भी आती रहेंगी, लेकिन प्रशासन और उद्योग जगत मिलकर उनका समाधान निकालते रहेंगे। 80 प्रतिशत समस्याएं पहले ही हल: धमीजा हरियाणा चैंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष विनोद धमीजा ने कहा कि करीब 15 दिन पहले हुई बैठक के बाद विभिन्न विभागों ने उद्योगों से जुड़ी लगभग 80 प्रतिशत समस्याओं का समाधान कर दिया है। इसके लिए उन्होंने जिला प्रशासन और सभी संबंधित विभागों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि शेष समस्याओं में से भी कुछ का समाधान बैठक के दौरान हुआ है, जबकि जिन विभागों के अधिकारी बैठक में शामिल नहीं हो सके, उनसे संबंधित समस्याएं अभी लंबित हैं। धमीजा ने कहा कि उद्योग संगठनों और प्रशासन के बीच यह संवाद नियमित रूप से जारी रहेगा। उन्होंने बताया कि हर दो से तीन महीने में इस प्रकार का सेमिनार आयोजित करने पर सहमति बनी है, ताकि व्यापारियों और उद्योगपतियों की समस्याएं सीधे प्रशासन के सामने रखी जा सकें और उनका समयबद्ध समाधान हो। अतिक्रमण हटाने की मुहिम कल से धमीजा ने बताया कि एचएसआईआईडीसी क्षेत्र में सड़कों पर हुए अतिक्रमण और झुग्गी-झोपड़ियों से संबंधित समस्या भी प्रशासन के सामने रखी गई। डीसी के निर्देश पर एचएसआईआईडीसी पुलिस बल की मदद से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू करेगा। यह अभियान 11 सितंबर से शुरू किए जाने की बात कही गई है। जीएसटी रिफंड की समस्या में भी राहत उद्योगपतियों की ओर से जीएसटी रिफंड से जुड़ी समस्या भी उठाई गई। धमीजा ने कहा कि पिछले करीब 10 दिनों में इस दिशा में काफी सुधार हुआ है और उद्योगों को लंबित रिफंड मिलना शुरू हो गया है। उन्होंने कहा कि पहले छोटी-छोटी समस्याओं के लिए उद्योगपतियों को अलग-अलग विभागों के चक्कर लगाने पड़ते थे, लेकिन एक मंच पर सभी विभागों के अधिकारियों की मौजूदगी से समाधान की प्रक्रिया आसान हुई है। अनहोनी से निपटने के लिए SOP तैयार करें उद्योग डीसी ने उद्योग संचालकों से अपने-अपने संस्थानों के लिए स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) तैयार करने की भी अपील की, ताकि किसी भी आपात स्थिति या अनहोनी से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके। उन्होंने कहा कि औद्योगिक इकाइयों में सुरक्षा व्यवस्था को प्राथमिकता दी जानी चाहिए और संबंधित विभागों के साथ समन्वय बनाकर आपदा या आपात स्थिति से निपटने की तैयारी रखनी चाहिए। बाइट डॉ हरीश वशिष्ठ उपायुक्त बाइट विनोद धमीजा अध्यक्ष हरियाणा चेम्बर आफ कमर्स एंड इंडस्ट्री0
0
Report
उन्नाव के काली मिट्टी मार्ग कट जाने से बाढ़ पीड़ितों को दिक्कत
Unnao, Uttar Pradesh:स्लग - बाढ़ पीड़ितों का दर्द, देर से खुली प्रशासन की नींद। Zee media लगातार बाढ़ पीड़ितों का दर्द शासन प्रशासन तक पहुंचा रहा है। ऐसे में हमारी टीम बांगरमऊ तहसील क़े काली मिट्टी शिवराजपुर दबौली मार्ग पर पहुंची। ये मार्ग कट जाने से उन्नाव और कानपुर की कई हजार आबादी की कनेक्टिविटी आपस में कट गई है। लोगों के धंधा रोजगार में दिक्कतें आ रही हैं। लोगों का कहना है कि कई बार इस मार्ग के कट जाने को लेकर क्षेत्रीय लोगों ने चिंता जाहिर की थी प्रशासन से मांग की गई थी, लेकिन समय से कदम नहीं उठाया गया। अगर समय से निर्णय लिया गया होता तो आज यह हालत न होते। क्षेत्रीय लोगों का कहना है, बड़ी तादाद में दूधिया इस मार्ग से दूध लेकर कानपुर जाते थे, इसके अलावा बहुत से बच्चे जिनकी पढ़ाई कानपुर में होती हैं वो इसी मार्ग का प्रयोग करते थे, इलाज के लिए इसी मार्ग से लोग आते जाते थें, जो अब कट गया हैं। पीड़ितों का कहना हैं कई बार प्रशासन से इस समस्या के समाधान की मांग उठाई गई। जब पानी नहीं था तभी लग रहा था कि मार्ग यह कट जाएगा। लेकिन इसके बावजूद समय रहते कोई कदम नहीं उठाया गया। 02 PWD क़े अधिशासी अभियंता हरदयाल अहिरवार ने बताया कि HBTI क़े प्रोफेसर की टीम के द्वारा भी निरीक्षण कराया गया था, वित्तीय स्वीकृत मिल गई है, जल्द ही निर्माण कार्य शुरू कराया जाएगा。0
0
Report
विदेश जाने वाले श्रमिक ध्यान से देखें मंत्री जी का यह संदेश
Lucknow, Uttar Pradesh:विदेश में रोजगार का सपना देखने वाले श्रमिकों के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने एक अहम जागरूकता संदेश दिया है। श्रम एवं रोजगार मंत्री अनिल राजभर ने श्रमिकों से अपील की है कि विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर होने वाले फर्जीवाड़े से सावधान रहें।मंत्री ने कहा कि कई बार ठग एजेंट और फर्जी कंपनियां विदेश में अच्छी नौकरी और मोटी सैलरी का लालच देकर श्रमिकों से बड़ी रकम ऐंठ लेते हैं। ऐसे में विदेश जाने से पहले नौकरी, कंपनी और एजेंट की पूरी जानकारी की जांच करना बेहद जरूरी है। श्रमिक किसी भी अनजान व्यक्ति के झांसे में आकर पासपोर्ट, जरूरी दस्तावेज या पैसे न दें और विदेश रोजगार से जुड़ी प्रक्रिया में अधिकृत माध्यमों का ही इस्तेमाल करें। सरकार का संदेश साफ है—विदेश में रोजगार का सपना जरूर देखें, लेकिन पूरी जानकारी और सतर्कता के साथ कदम बढ़ाएं, ताकि मेहनत की कमाई और भविष्य दोनों सुरक्षित रहें।0
0
Report
Advertisement
गुमशुदा छात्र सकुशल बरामद, परिजनों को सौंपा गया
Gorakhpur, Uttar Pradesh:प्रेस नोट थाना कैण्ट जनपद गोरखपुर दिनांक बच्चे को सुरक्षित पाने के बाद पुलिस की कार्रवाई को लेकर माँ की प्रतिक्रिया पुलिस अधीक्षक नगर के मार्गदर्शन में, क्षेत्राधिकारी कैण्ट के पर्यवेक्षण में व प्रभारी निरीक्षक कैण्ट मय पुलिस टीम व क्राइम ब्रांच द्वारा गुमशुदा बालक को सकुशल बरामद कर उनके परिजन को सुपुर्द किया गया । घटना का संक्षिप्त विवरण- दिनांक 09.09.2026 को समय करीब 02:00 बजे थाना कैण्ट पर सूचना प्राप्त हुई कि HP डिफेन्स एकेडमी में कक्षा-4 में पढ़ने वाला छात्र, जो स्कूल की छुट्टी के बाद अपने निर्धारित ऑटो से घर जाने के बजाय पिलर्स पब्लिक स्कूल के सामने ऑटो से उतरकर कहीं चला गया है व घर नहीं पहुँचा है। उक्त सूचना पर थाना कैण्ट व क्राइम ब्रांच की संयुक्त टीम का गठन कर तलाश शुरू की गयी। आस-पास के सीसीटीवी देखने पर छात्र रेलवे स्टेशन की तरफ जाते हुए दिखाई दिया। आगे चेक करने पर छात्र छपरा-अमृत भारत एक्सप्रेस में समय करीब 04:00 बजे यात्रा करते हुए दिखाई दिया। तत्काल संबंधित अधिकारियों से सम्पर्क स्थापित कर उक्त छात्र को तमकुही राज जंक्शन से सकुशल बरामद किया गया व छात्र को सकुशल परिजनों को सुपुर्द किया गया। बरामदगी की टीम- 2. थाना कैण्ट मय पुलिस टीम 3. क्राइम ब्राँच टीम 4. जीआरपी टीम0
0
Report
सूरजपुर में वित्तीय अनियमितताओं के चलते सहायक प्रोग्रामर अमित पड़वार बर्खास्त
Surajpur, Chhattisgarh:ब्रेकिंग सूरजपुर वित्तीय अनियमितता मामले में बड़ा प्रशासनिक एक्शन,, समग्र शिक्षा विभाग ने सहायक प्रोग्रामर अमित पड़वार की सेवाएं कीं समाप्त,, कलेक्टर की जांच रिपोर्ट और अनुशंसा के बाद शासन का बड़ा फैसला,, आयुक्त के अनुमोदन के बाद राज्य परियोजना विभाग ने जारी किया बर्खास्तगी आदेश,,0
0
Report
क्वारी नदी के उफान से 18 गांवों में पानी घुसा, मल्लपुरा मार्ग बंद
Bhind, Madhya Pradesh:हेडर-भिण्ड में तीन दिन से वारिश थमी ,फिर भी क्वारी नदी में उफान,18 गांवों पर संकट, मल्लपुरा में मुख्य रास्ता बंद,बीहड़ की पगडंडी भी बारिश में हो जाती है बंद। पावई गांव के पास क्वारी पुल के स्लैब से टकरा रहा नदी का पानी,खतरे के निशान से चार फीट ऊपर बह रही क्वारी। ऐंकर-भिंड जिले में क्वारी नदी का बढ़ता जलस्तर अब नदी किनारे बसे 18 गांवों के लिए मुसीबत बन गया है।इनमें सबसे ज्यादा परेशानी मल्लपुरा गांव के ग्रामीणों को उठानी पड़ रही है। क्वारी नदी का तेज बहाव पुल के स्लैब से टकरा रहा है, जिससे ग्रामीणों ने पुल की सुरक्षा को लेकर भी आशंका जताई है। खतरे को देखते हुए प्रशासन ने मल्लपुरा के मुख्य रास्ते को डिवाइडर लगाकर बंद करा दिया है। क्वारी नदी के उफान का असर मल्लपुरा, बगुलरी, रिदौली, कचोंगरा, जवासा, दैपुरा, मिरचौली, देहरा, पावई, लबेर का पुरा, टिकरी, पांडरी और सिकरौदा सहित नदी किनारे बसे डेढ़ दर्जन गांवों में दिखाई दे रहा है। इन गांवों में कई जगह रास्तों पर पानी भरने से आवागमन बाधित है। ग्रामीणों के मुताबिक कई रास्तों पर कई फीट तक पानी भर गया है। जरूरी काम के लिए लोगों को जोखिम उठाकर पानी से होकर निकलना पड़ रहा है। मल्लपुरा में रास्ता बंद, बीहड़ की पगडंडी बनी सहारा मल्लपुरा गांव की स्थिति सबसे ज्यादा चिंता बढ़ाने वाली है। मल्लपुरा सिकरौदा हरीक्षागड़ी मिरचोली रिदौली बगुलरी और सिकरौदा गांव में आवागमन मुख्य मार्ग से पूरी तरीके से ठप्प है, जिला प्रशासन ने क्वारी नदी के बढ़ते जलस्तर और सुरक्षा को देखते हुए मुख्य रास्ते पर डिवाइडर लगाकर आवागमन बंद करा दिया है। साथ ही खतरे के इलाके में न जाने की मुनादी कराई जा रही है। अब ग्रामीणों को बीहड़ के कच्चे रास्ते और पगडंडी से कई किलोमीटर का अतिरिक्त फेर लगाकर आवागमन करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि सामान्य दिनों में तो किसी तरह पगडंडी से निकल जाते हैं, लेकिन जिस दिन बारिश होती है, बीहड़ का यह कच्चा रास्ता भी कीचड़ और पानी के कारण बंद हो जाता है। ऐसे में ग्रामीणों के सामने गांव से बाहर निकलने और जरूरी कामों के लिए आने-जाने का संकट खड़ा हो जाता है। -पुल के स्लैब से टकरा रहा पानी, सुरक्षा पर सवाल। इधर क्वारी नदी का तेज बहाव पुल के स्लैब से टकरा रहा है। ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि यदि जलस्तर और बढ़ा और पानी का दबाव इसी तरह बना रहातो पुल की सुरक्षा पर भी असर पड़ सकता है। ग्रामीणों की मांग है कि पुल की तकनीकी जांच कराई जाए और जब तक खतरा टल नहीं जाता, तब तक लोगों को सुरक्षित रखने के लिए मौके पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था की जाए। -फसलों पर भी मंडराया संकट, क्वारी नदी का पानी खेतों तक पहुंचने से किसानों की चिंता भी बढ़ गई है। बाजरा, तिल, ज्वार और धान की फसलें जलमग्न होने से किसानों को नुकसान की आशंका है। अगर खेतों से पानी जल्द नहीं निकला तो फसल बर्बाद होने का खतरा बढ़ सकता है। मल्लपुरा समेत 18 गांवों में अब दोहरी चुनौती है,एक तरफ क्वारी नदी का बढ़ता जलस्तर और दूसरी तरफ बंद होते रास्ते। मल्लपुरा के ग्रामीणों के लिए तो हालात ऐसे हैं कि मुख्य रास्ता बंद है, बीहड़ की पगडंडी ही एकमात्र सहारा है और बारिश होते ही वह रास्ता भी बंद हो जाता है। ऐसे में प्रशासन के सामने नदी के जलस्तर पर निगरानी के साथ प्रभावित गांवों के लिए सुरक्षित वैकल्पिक आवागमन की व्यवस्था करना बड़ी चुनौती है।0
0
Report
Advertisement
