Back
गोरखपुर-मोक्ष प्राप्ति के लिये प्रभु नाम ही एक मात्र सहारा: आचार्य हॄदय कृष्ण शास्त्री
Bhainsa Urph Bankata, Uttar Pradesh
गोरखपुर। भक्ति भजन भाव का जब तक शरीर मे समावेश नही हो जाता तब तक उस प्रभु की महिमा का बखान करना एक कोरे कागज के समान है।क्योंकि बिना भजन के भाव और बिना भाव के भक्ति संभव नही अतः हम सभी को पूर्णमनोयोग से भगवान के महिमा को साक्षी मानकर उनके रूप और उनके चरित्र को अंगीकार करना होगा तभी राग,द्वेष आदि गुणों से मुक्ति मिल सकती है।उक्त बातें आचार्य हॄदय कृष्ण शास्त्री महाराज ने गोला तहसील क्षेत्र में कथा दौरान कहा।
0
Report
हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|
Advertisement
0
Report
0
Report
0
Report
0
Report
0
Report
0
Report
0
Report
0
Report
95
Report
40
Report
1
Report
0
Report
0
Report
0
Report
0
Report