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हापुड़ः एचपीडीए कॉलोनी में निकला अजगर, वन विभाग के कर्मचारियों ने किया रेस्क्यू
Hapur, Uttar Pradesh:हापुड़ सिटी कोतवाली क्षेत्र के एचपीडीए की कॉलोनी में एक विशाल का अजगर निकला। अजगर की लंबाई करीब 10 फीट बताई जा रही है। अजगर को देखने के बाद कॉलोनी के लोगों ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची 112 नंबर की पुलिस ने वन कर्मियों को अजगर निकलने की सूचना दी। वन विभाग कर्मचारियों ने अजगर को पकड़ा और सुरक्षित स्थान पर ले जाकर छोड़ दिया।
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महासमुंद गैस गबन केस: जिला खाद्य अधिकारी गिरफ्तार, करोड़ों का घोटाला
Mahasamund, Chhattisgarh:लोकेशन-महासमुंद डेढ़ करोड़ के एलपीजी गैस गबन के मामले में जिला खाद्य अधिकारी निकला मुख्य मास्टरमाइंड, जिला खाद्य अधिकारी अब पुलिस हिरासत में। महासमुंद में डेढ़ करोड़ रुपये की एलपीजी गैस गबन का ऐसा खुलासा हुआ है, जिसमें सरकारी कुर्सी पर बैठा एक अधिकारी ही पूरे खेल का मास्टरमाइंड निकला। जिला खाद्य अधिकारी महासमुंद अजय यादव, जिस पर सरकारी संपत्ति की सुरक्षा की जिम्मेदारी थी, वही करोड़ों के गैस गायब करने की साजिश का सबसे बड़ा खिलाड़ी निकला। महासमुंद पुलिस अधीक्षक प्रभात कुमार की अगुवाई में पुलिस ने 15 दिनों की हाईटेक जांच के बाद पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश कर दिया है। कॉल डिटेल, टेक्निकल एनालिसिस, साइंटिफिक इंटरोगेशन और दस्तावेजी जांच के जरिए पुलिस ने उस षड्यंत्र को उजागर किया, जिसे बेहद शातिर तरीके से अंजाम दिया गया था। दरअसल इस गैस कैप्सूल से गैस की चोरी की शुरुआत 24 दिसंबर 2025 से, जब सिंघोड़ा थाना क्षेत्र में 6 एलपीजी गैस से भरे कैप्सूल ट्रकों को सुरक्षा कारणों से जब्त किया गया था। प्रशासनिक प्रक्रिया के तहत इन कैप्सूल्स को सुपुर्दनामा में देने की तैयारी चल रही थी। लेकिन पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि इसी प्रक्रिया की आड़ में रची गई करोड़ों के गैस गबन की साजिश। 23 मार्च को हुई पहली बैठक में जिला खाद्य अधिकारी अजय यादव ने गौरव गैस एजेंसी संचालक पंकज चंद्राकर के साथ मिलकर पूरे षड्यंत्र की स्क्रिप्ट लिखी। जांच के मुताबिक अजय यादव ने खुद गैस गबन का ब्लूप्रिंट तैयार किया। पंकज चंद्राकर को ऑपरेशन संभालने की जिम्मेदारी दी गई। और रायपुर के मनीष चौधरी को डील फाइनल करने का जम्मा सौंपा गया। “105 मीट्रिक टन गैस और करोड़ों की डील” 26 मार्च,अजय यादव और पंकज चंद्राकर सिंघोड़ा पहुंचे। 6 कैप्सूलों में लगभग 105 मीट्रिक टन गैस मौजूद थी। जैसे ही गैस की मात्रा सामने आई, वैसे ही करोड़ों की कमाई का खेल शुरू हो गया। कई एजेंसीयों से बातचीत हुई, लेकिन आखिरकार ठाकुर पेट्रोकेमिकल्स के साथ 80 लाख रुपये में डील फाइनल हुई। पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि इस रकम का सबसे बड़ा हिस्सा खुद जिला खाद्य अधिकारी अजय यादव के हिस्से में जाना था। जांच में सामने आया कि अजय यादव ने 50 लाख रुपये, पंकज चंद्राकर को 20 लाख रुपये, और मनीष चौधरी को 10 लाख रुपये का बंटवारा तय हुआ। इसमें रकम के लेन-देन को बेहद गोपनीय तरीके से अंजाम दिया गया। 30 लाख रुपये सिक्योरिटी के तौर पर खाते में ट्रांसफर किए गए। और बाद में वापस कर दिए गए। यानी पूरा खेल सिर्फ गैस चोरी का नहीं, बल्कि संगठित आर्थिक अपराध का था। इस पूरे मामले का सबसे चौंकाने वाला हिस्सा था, फर्जी पंचनामा। पुलिस के मुताबिक गैस निकालने के बाद खाली कैप्सूलों का वजन कराया गया। लेकिन उससे पहले ही फर्जी दस्तावेज तैयार कर लिए गए थे। इतना ही नहीं, खाद्य विभाग के कर्मचारियों को पंचनामा में हस्ताक्षर नहीं करने के निर्देश दिए गए। वास्तविक वजन प्रक्रिया से पहले ही कागजात तैयार कर कलेक्टोरेट में जमा करा दिए गए थे। यानि सरकारी सिस्टम का इस्तेमाल करके पूरे अपराध को वैध दिखाने की कोशिश की गई। लेकिन अपराधी यह भूल गए थे कि महासमुंद पुलिस लगातार उनकी हर गतिविधि पर नजर रख रही थी। पुलिस अधीक्षक प्रभात कुमार ने मामले की गंभीरता को समझते हुए 40 सदस्यीय विशेष टीम बनाई। 15 दिनों तक लगातार टेक्निकल एनालिसिस, सीडीआर जांच, साइंटिफिक इंटरोगेशन, दस्तावेजी मिलान, और सूक्ष्म विवेचना की गई। पुलिस ने कॉल रिकॉर्ड से लेकर पैसों के लेन-देन तक, हर सबूत को जोड़ा, और आखिरकार पूरे गैस गबन कांड का पर्दाफाश कर दिया। पुलिस ने मामले में जिला खाद्य अधिकारी अजय कुमार यादव, पंकज चंद्राकर और मनीष चौधरी को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता यानी BNS की धारा— 316(3), 316(5), 61, 238, 336(3), 338, 340(2) और आवश्यक वस्तु अधिनियम की धारा 3 और 7 के तहत मामला दर्ज किया गया है। मामले में सभी प्रमुख धाराएं गंभीर और गैर-जमानती प्रकृति की हैं। फिलहाल पुलिस इस मामले से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है। और माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में कई और बड़े नाम सामने आ सकते हैं।0
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मंत्रियों के लिए विवादित आमंत्रण पत्र भेजे गए, क्या बदलेगा राजनीतिक समीकरण?
Noida, Uttar Pradesh:मंत्रियों को जा रहे आमंत्रण पत्र0
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नीलकंठ महादेव मंदिर में श्रद्धालु को दौरे के कारण पुलिस ने अस्पताल पहुँचाया
Noida, Uttar Pradesh:ऋषिकेश के प्रसिद्ध नीलकंठ महादेव मंदिर में दर्शन के दौरान राजस्थान के धौलपुर निवासी 52 वर्षीय श्रद्धालु रामप्रसाद की तबीयत अचानक बिगड़ गई। मंदिर मार्ग पर चलते समय उन्हें अचानक दौरा पड़ा और वे चक्कर खाकर गिर पड़े। इस आकस्मिक घटना से मौके पर मौजूद यात्रियों के बीच अफरा-तफरी मच गई। घटना की गंभीरता को देखते हुए वहां तैनात पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई की। पुलिसकर्मियों ने मानवीय संवेदनशीलता का परिचय देते हुए बिना समय गंवाए श्रद्धालु को अपने कंधों के सहारे उठाकर तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुँचाया। चिकित्सकों द्वारा प्राथमिक उपचार और गहन स्वास्थ्य परीक्षण के बाद उनकी स्थिति में सुधार हुआ。 स्वस्थ होने के पश्चात पुलिस ने श्रद्धालु को उनके परिजनों के सुपुर्द कर सुरक्षित रवाना किया। समय पर मिली इस जीवनदायिनी सहायता के लिए परिजनों ने उत्तराखंड पुलिस का सहृदय आभार व्यक्त किया। यह घटना दर्शाती है कि चारधाम और धार्मिक यात्राओं के दौरान पुलिस टीमें न केवल सुरक्षा, बल्कि श्रद्धालुओं की सेवा और स्वास्थ्य संबंधी आपात स्थितियों के लिए भी सदैव तत्पर हैं。0
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प्रतापगढ़ हत्या: शादी समारोह के बाद हत्या, दो गिरफ्तार
Pratapgarh, Rajasthan:प्रतापगढ़ जिले की पीपलखूंट थाना पुलिस ने चर्चित डॉ. मोहित मसार हत्याकांड का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि शादी समारोह के दौरान हुए विवाद के बाद आरोपियों ने मारपीट कर डॉ. मोहित की हत्या कर शव कुएं में फेंक दिया था। पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर पीसी रिमांड पर लिया है। प्रतापगढ़ जिला पुलिस अधीक्षक बी. आदित्य के निर्देशन में गठित विशेष टीम ने ब्लाइंड मर्डर केस का खुलासा किया। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी नितेश और कैलाश डामोर को गिरफ्तार किया है. पुलिस के अनुसार 15 अप्रैल को बोरी पी गांव में डॉ. सेवालाल के शादी समारोह में प्रतिभोज और नोत कार्यक्रम आयोजित किया गया था. कार्यक्रम में रिश्तेदारों, दोस्तों और ग्रामीणों के साथ डॉ. मोहित मसार भी शामिल हुए थे। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद वह घर नहीं लौटे, जिस पर परिजनों ने चिंता जताई. 18 अप्रैल को कलसिंह मछार निवासी मछारासात, जिला बांसवाड़ा ने पीपलखूंट थाने में रिपोर्ट देकर बताया कि डॉ. मोहित शादी समारोह के बाद से लापता हैं। पुलिस ने एमपीआर दर्ज कर उनकी तलाश शुरू की. 19 अप्रैल को पुलिस को सूचना मिली कि बोरी पी निवासी दिनेश के कुएं में एक अर्धनग्न शव पानी में तैर रहा है। पुलिस मौके पर पहुंची और परिजनों की मौजूदगी में शव की पहचान डॉ. मोहित मछार निवासी मछारासात, तहसील सज्जनगढ़, जिला बांसवाड़ा के रूप में हुई। शव को बाहर निकालकर मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम कराया गया और बाद में परिजनों को सौंप दिया गया. इसके बाद 20 अप्रैल को पुलिस ने घटनास्थल का दोबारा निरीक्षण कर कुएं का पानी खाली कराया. तलाशी के दौरान मृतक का लोअर, पर्स और मोबाइल फोन बरामद किया गया. मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने शादी समारोह में मौजूद लोगों से पूछताछ की तथा साइबर सेल की मदद से तकनीकी साक्ष्य जुटाए. जांच में सामने आया कि आरोपी नितेश और कैलाश भी उसी समारोह में मौजूद थे. देर रात शराब पार्टी के दौरान डॉ. मोहित और आरोपी नितेश के बीच गाली-गलौज हुई थी. इसके कुछ देर बाद जब डॉ. मोहित वहां से निकले तो दोनों आरोपियों ने उनका पीछा किया. पुलिस जांच के अनुसार डॉ. मोहित खेत की ओर भागे, लेकिन रास्ते में लगी लोहे की जालीदार बाड़ में उलझकर गिर गए. इसी दौरान आरोपियों ने उन्हें पकड़ लिया और पास के बरसाती नाले में गिराकर मारपीट की, जिससे उनकी मौत हो गई। हत्या के बाद आरोपियों ने शव को पास स्थित बिना मुंडेर वाले कुएं में फेंक दिया। सबूत मिटाने के लिए मृतक के कपड़े भी कुएं में डाल दिए गए। वारदात के बाद दोनों आरोपी वापस लौटकर साथियों के साथ शराब पीते रहे. पुलिस ने दस्तावेजी, तकनीकी और मौखिक साक्ष्यों के आधार पर आरोपी नितेश पुत्र देवेन्द्र उर्फ देवचंद मीणा तथा कैलाश डामोर पुत्र अशोक डामोर, निवासी बोरी पी थाना पीपलखूंट जिला प्रतापगढ़ को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में आगे गहन अनुसंधान जारी है.0
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UIDAI अटेंडेंस से सहकारिता दफ्तर में समय पर पहुँचना अनिवार्य, IAS अफसर सस्पेंड
Jaipur, Rajasthan:BIAS का वीडियो कॉल और सहकारी अफसर सस्पेंड, सहकारिता में लागू हुआ आधार अटेंडेंस सिस्टम आशीष चौहान, जयपुर - सहकारिता में समय पर दफ्तर आने के नए नियम लागू हो गए हैं. जिसके बाद अब IAS अधिकारी से लेकर कर्मचारियों तक के लिए आधार अटेंडेंस अनिवार्य हो गया है. इससे पहले भी बायोमेट्रिक सिस्टम अटेंडेंस सिस्टम को लागू किया गया था, लेकिन मामला कोर्ट में पहुंचा तो हाजिरी का मसला विवादों में घिर गया. अब आधार अटैडेंस सिस्टम से सहकारिता में हाजिरी देनी होगी. UIDAI अटेंडेंस सिस्टम लागू - सरकारी दफ्तर में आज जनता की अक्सर यही शिकायत होती है कि साहब दफ्तर में नहीं मिलने... हमारे काम कैसे करवाए... लेकिन सहकारिता विभाग में साहब दफ्तर में ही मिलेंगे और आम लोगों का काम भी होगा. सहकारिता सचिव डॉ. समित शर्मा ने केंद्र के UIDAI की तर्ज पर अटेंडेंस सिस्टम लागू किया, जिसमें अब IAS अधिकारी से लेकर कर्मचारियों के लिए आधार अटेंडेंस अनिवार्य की गई है. पहले समय पर दफ्तर में बुलाने के लिए तत्कालीन सचिव मंजू राजपाल ने सख्ती की थी. उन्होंने बायोमेट्रिक अटेंडेंस सिस्टम लागू किया था, लेकिन पूरा मामला कोर्ट में पहुंचा और इस सिस्टम पर स्टे लग गया. जानकारों का कहना है कि फील्ड अधिकारियों को बायोमेट्रिक सिस्टम से परेशानियां थी, जिसके कारण पूरा मामला कोर्ट तक पहुंचा था. लेकिन अब समित शर्मा ने UIDAI अटेंडेंस सिस्टम लागू किया, जिसका पूरा लेखा जोखा उच्च अधिकारी देख पाएंगे कि कौन समय पर आ रहा है या नहीं. मसूरी के IAS ट्रेनिंग सेंटर लबासना में भी यही आधार अटैडेंस सिस्टम लागू है. दफ्तर से नदारद टोंक के डॉक्टर सस्पेंड - IAS समित शर्मा का वीडियो कॉल और सहकारी अफसर सस्पेंड हो गए. सहकारी सचिव समित शर्मा ने 10 दिन तक सहकारी अफसर रविंद्र यादव को ट्रैक किया, जिसके बाद झूठ बोलकर दफ्तर छोड़ने पर टोंक उप रजिस्ट्रार सस्पेंड किया गया. टोंक DR रविंद्र सिंह पर रविंद्र यादव की मॉनिटरिंग के लिए 3 टीमें बनीं. सचिव मॉनिटरिंग टीम, अजमेर AR, टोंक CCB MD को लगाया गया. रविंद्र सिंह 10 दिन में दफ्तर से अधिकतर नदारद मिले. रविंद्र यादव ने AR को झूठा मेडिकल रिपोर्ट प्रस्तुत किया. रजिस्टर में ट्यू르 लिखकर बिना परमिशन जयपुर आए गए. इसके बाद सचिव समित शर्मा ने उन्हें वीडियो कॉल कर लोकेशन जानी तो उनकी पोल खुल गई. पता चला वे बिना परमिशन जयपुर आ गए. दफ्तर में नदारद रहने वाले रविंद्र यादव सस्पेंड कर दिए गए. समित शर्मा ने AMS ऐप से अटेंडेंस लागू की थी - इससे पहले भी समित शर्मा जिस विभाग में रहे वहां उनका पूरा फोकस समय पर दफ्तर आने पर रहा. PHE D, सामाजिक न्याय विभाग में AMS ऐप लागू किया गया. इस ऐप में जिओ मैपिंग का ध्यान रखा गया, जिसमें ऑफिस की परिधि के 250 मीटर तक ही इस ऐप के जरिए अटेंडेंस की जाती है. इस एप में MARK IN, MARK OUT, OUT OF OFFICE और ON LEAVE के विकल्प दिए गए. लेकिन यहां कोर्ट के स्टे कारण आधार अटेंडेंस सिस्टम लागू किया गया.0
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कोटा मेडिकल कॉलेज में प्रसूताओं की मौत पर बवाल; प्रिंसिपल पर कालिख, इस्तीफे की मांग
Kota, Rajasthan:कोटा: मेडिकल कॉलेज में प्रसूताओं की मौत पर बवाल, कांग्रेसियों ने प्रिंसिपल के पोस्टर पर पोती कालिख कोटा | मेडिकल कॉलेज के जेके लोन और एमबीएस अस्पताल में प्रसूताओं की मौत और बिगड़ती तबीयत का मामला अब तूल पकड़ रहा है। इस घटना के विरोध में आज कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मेडिकल कॉलेज परिसर में 'सद्बुद्धि यज्ञ' कर अपना रोष व्यक्त किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने मेडिकल कॉलेज प्रिंसिपल डॉ. निलेश जैन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने डॉ. जैन के पोस्टर पर काली स्याही पोती और उसे एमबीएस अस्पताल के मुख्य प्रवेश द्वार पर लगा दिया। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि महिलाओं की दर्दनाक मौत के बावजूद प्रिंसिपल का संवेदनहीन व्यवहार और उनके चेहरे पर हंसी 'बेशर्मी की पराकाष्ठा' है। प्रमुख मांगें और आरोप: दोषियों पर कार्रवाई: कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि जांच कमेटी ने केवल एक संविदा डॉक्टर (श्रद्धा उपाध्याय) को बलि का बकरा बनाया है, जबकि जिम्मेदार उच्चाधिकारियों को बचाया जा रहा है। इस्तीफे की मांग: प्रिंसिपल डॉ. निलेश जैन को तुरंत सस्पेंड करने या उनके स्वयं इस्तीफे की मांग की गई है। सरकार पर निशाना: चिकित्सा मंत्री की अनदेखी पर भी गहरा आक्रोश जताया गया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही ठोस कार्रवाई नहीं हुई, तो आगामी समय में वे स्वयं प्रिंसिपल के मुंह पर कालिख पोतने से पीछे नहीं हटेंगे। फिलहाल, इस प्रदर्शन ने कॉलेज प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।0
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वाल्मीकि समाज से एकमात्र मंत्री होंगे सुरेंद्र दिलेर, अलीगढ़ विधायक नियुक्ति की खबर
Aligarh, Uttar Pradesh:अलीगढ़ खैर विधानसभा से विधायक सुरेंद्र दिलेर परिवार के सभी लोग विधायक सहित पहुंचे लखनऊ खैर विधानसभा से विधायक सुरेंद्र दिलेर वाल्मीकि समाज से आते हैं उत्तर प्रदेश में वाल्मीकि समाज से इकलौते मंत्री होंगे सुरेंद्र दिलेर मंत्रिमंडल में शामिल होने की सूचना पर पड़ोसियों ने मिठाइयां बाटकर सुरेंद्र दिलेर के मंत्री बनाये जाने की जताई खुशी विधायक सुरेंद्र दिलेर के पिता स्व.राजवीर दिलेर व दादा स्व.किशनलाल दिलेर दोनों ही सांसद व विधायक रह चुके हैं0
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खबर स्पष्ट नहीं मिल पाई
Noida, Uttar Pradesh:0
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लुधियाणा से AAP विरोध के दृश्य वायरल, राजनीति गर्म
Ludhiana, Punjab:AAP Protest Visuals from Ludhiana0
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सुल्तानपुर वेयरहाउस में 70 क्विंटल अमानक गेहूं खरीदा गया; पंचनामा बनाकर उच्च अधिकारियों को भेजा गया
Harda, Khedi Mahmudabad, Madhya Pradesh:सुल्तानपुर वेयरहाउस में 70 क्विंटल अमानक गेहूं खरीदा गया; उपार्जन केंद्र समिति ने यह गेहूं खरीदा और वेयरहाउस प्रबंधक ने पंचनामा बनाकर उच्च अधिकारियों को भेजा गया। इसके अलावा गशल सरकारी वेयरहाउस सुल्तानपुर में बने गेहूं खरीदी केंद्र में 60 से 70 क्विंटल अमानक कीड़े लगा हुआ गेहूं पाया गया, जिसे पंचनामा बनाकर कार्रवाई के लिए उच्च अधिकारियों को भेजा गया है।0
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रायबरेली के ब्यूटी पार्लर में लाठी-डंडों से हमला, CCTV में दबंगों की तस्वीरें कैद
Raebareli, Uttar Pradesh:रायबरेली के ब्यूटी पार्लर के भीतर घुसकर मारपीट और तोड़फोड़ हुई है। तोड़फोड़ के बाद भाग रहे दबंगों की तस्वीर पड़ोस के CCTV में कैद हुई है। मामला जगतपुर थाना क्षेत्र के उड़वा गांव का है। यहाँ ज़रीना बानो ने जानकारी देते हुए बताया कि उसकी बेटी ब्यूटी पार्लर चलाती है। बीती शाम कुछ दबंग लाठी डंडों से लैस होकर पार्लर पहुंचे और गाली-गलौज करते हुए लाठी डंडों से तोड़फोड़ की और फरार हो गए। पुलिस ज़रीना बानो की तहरीर और CCTV के आधार पर दबंगों की तलाश में जुट गई है।0
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समस्तीपुर में ट्रैक्टर चालक की मौत: मजदूरी-विवाद के चलते हत्या का शक
Samastipur, Bihar:समस्तीपुर में ट्रैक्टर चालक की संदिग्ध मौत, चिमनी मालिक पर हत्या का आरोप; 6 महीने की मजदूरी मांगने पर मारकर एक्सीडेंट का रूप देने का दावा, ट्रैक्टर से दूर मिला शव ।जांच में जुटी पुलिस । समस्तीपुर जिले के वारिसनगर थाना क्षेत्र से एक संदिग्ध मौत का मामला सामने आया है, जहां ट्रैक्टर चालक का शव चिमनी के पास बरामद होने के बाद परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है। मृतक पिछले छह महीने से ईंट-भट्ठे पर ट्रैक्टर चलाने का काम करता था और मजदूरी के पैसे को लेकर विवाद की बात भी सामने आ रही है। पुलिस शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज मामले की जांच में जुट गई है। पूरी घटना समस्तीपुर जिले के वारिसनगर थाना क्षेत्र के किशनपुर बैकुंठ गांव का है, जहां मुजारी चौर स्थित गोपालपुर चिमनी के पास ट्रैक्टर चालक का शव बरामद किया गया। मृतक की पहचान दरभंगा जिले के बहेरी थाना क्षेत्र निवासी धर्मेंद्र राम के रूप में हुई है, जो पिछले करीब 15 वर्षों से अपने ससुराल किशनपुर बैकुंठ में रहकर मजदूरी करता था। बताया जा रहा है कि मृतक पिछले छह महीने से गोपालपुर चिमनी पर ट्रैक्टर चालक के रूप में काम कर रहा था। परिजनों का आरोप है कि चिमनी संचालक के यहां उसकी करीब छह महीने की मजदूरी बकाया थी। मजदूरी मांगने पर उसे कभी 500 तो कभी 600 रुपये देकर टाल दिया जाता था, जबकि उसकी मासिक मजदूरी 15 हजार रुपये तय थी।मृतक का भतीजा का बताना है कि रात करीब 10 बजे फोन आया कि चाचा का एक्सीडेंट हो गया है। जब हम लोग मौके पर पहुंचे तो ट्रैक्टर अलग खड़ा था और शव कुछ दूरी पर पड़ा हुआ था। मोबाइल भी फेंका हुआ मिला। शरीर पर कई जगह चोट के निशान थे, खासकर सीने और गर्दन पर। हमें लगता है कि पैसों के विवाद में हत्या की गई है और उसे एक्सीडेंट का रूप देने की कोशिश किया जा रहा है ।जहां शव मिला वहां ट्रैक्टर पूरी तरह सही हालत में खड़ा था। मृतक अपने पीछे पत्नी, दो बेटे और दो बेटियों का परिवार छोड़ गया है, जिनमें एक बेटी की शादी हो चुकी है۔ वहीं घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए समस्तीपुर सदर अस्पताल भेज आगे की कार्रवाई में जुट गई है।पुलिस का बताना है कि परिजनों की ओर से अभी आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है। शव को पोस्टमार्टम के लिए समस्तीपुर सदर अस्पताल भेजा गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।0
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निर्मल घोष का खुला रोष: अभिषेक बनर्जी के कारण टीएमसी की दुर्गति?
Noida, Uttar Pradesh:जका हाथ पकड़ के मिदनापुर में छात्र राजनीती की शुरुवात की थी पश्चिम बंगाल के वर्तमान मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने आज उसी वरिष्ठ तृणमूल नेता निर्मल घोष अब खुले आम अपना दुःख ज़ाहिर करते दिखे और पार्टी के शीर्ष नेतृत्व के खिलाफ अपना रोष प्रकट किया . शनिवार यानी कल टीवी पर शुभेंदु को मुख्यमंत्री के पद पर शपथ लेते देख अपनी भावनाओ को संभल न पाए मिदनापुर के तृणमूल संगठन जिला के उपाध्यक्ष निर्मल घोष .टीवी के सामने बैठ कर ही बुरी तरह रोने लगे निर्मल घोष .निर्मल घोष ने आरोप लगाया - पार्टी को ख़त्म कर दिया अभिषेक बनर्जी ने , अभिषेक की वजह से ही आज पार्टी की ऐसी दुर्गति है , तृणमूल के पुराने कार्यकर्ताओं का कोई सम्मान नहीं है , जब बात करने गया था तो पुलिस द्वारा धक्का मरवाकर मुझे हटा दिया गया . सिर्फ अभिषेक बनर्जी ही नहीं , राज्य की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की खिलाफ भी निर्मल घोष ने अपना रोष प्रकट किया.निर्मल घोष का दावा पार्टी के अंदर गंगतन्त्र ख़त्म हो चूका है और इसी वजह से एक के बाद एक नेता कर्मी पार्टी से मुँह मोड़ रहे है .0
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5 लाख के बैग लौटाने वाली ईमानदार युवक संदीप कुमार की मिसाल मोहानिया में तारीफ
Khajuria Khurd, Bihar:मोहानिया पुलिस के सहयोग से महिला को मिले अपने जेवरात और नगदी, देवकली गांव के युवक संदीप कुमार की हर तरफ हो रही सराहना। कलयुग के इस दौर में जहाँ छोटी-छोटी चीजों के लिए लोगों की नीयत डोल जाती है, वहीं मोहानिया के देवकली निवासी संदीप कुमार ने ईमानदारी की एक अनूठी मिसाल पेश की है। संदीप ने सड़क पर गिरे लगभग 5 लाख रुपये मूल्य के गहनों और नगदी से भरे बैग को न केवल सुरक्षित रखा, बल्कि पुलिस के माध्यम से उसे उसके असली मालिक तक पहुँचाया। घटना के अनुसार, बीते 9 मई को भिट्ठी गाँव की संगीता कुमारी अपने मायके से ससुराल जा रही थीं। इसी दौरान आरकेटी होटल के समीप उनका बैग मोटरसाइकिल से फिसलकर गिर गया। बैग में सोने का हार, मंगलसूत्र, अंगूठियां, चैन, एक मोबाइल फ़ोन और 4500 रुपये नगद थे। संगीता ने इसकी सूचना तत्काल मोहानिया थाने को दी। थानाध्यक्ष आलोक कुमार ने बताया कि संदीप कुमार को वह बैग मिला था, जिसे उन्होंने पुलिस को सौंप दिया। पुलिस ने बैग की शिनाख्त कर उसे संगीता कुमारी को सौंप दिया है। अपना कीमती सामान वापस पाकर संगीता की खुशी का ठिकाना न रहा। उन्होंने संदीप और पुलिस प्रशासन का तहे दिल से शुक्रिया अदा किया। मोहानिया पुलिस ने संदीप की इस ईमानदारी के लिए उन्हें पुरस्कृत करने की सिफारिश वरिष्ठ अधिकारियों से की है।0
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