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Onkar SinghOnkar SinghFollow3 Sept 2024, 04:07 am
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कोटा में 17 वर्षीय छात्रा की संदिग्ध मौत, वीडियो बनाते समय फंदे से लटकना

Kota, Rajasthan:मां काम पर गई, भाई ट्यूशन... पीछे से 17 वर्षीय छात्रा की फंदे से लटकने से मौत वीडियो बनाने के दौरान हादसा होने की आशंका, कोटा के महावीर नगर क्षेत्र में मातम; पुलिस जांच में जुटी कोटा। शहर के महावीर नगर थाना क्षेत्र स्थित रंग विहार इलाके में बुधवार शाम एक 17 वर्षीय किशोरी की संदिग्ध परिस्थितियों में फंदे से लटकने के कारण मौत हो गई। घटना के वक्त किशोरी घर में अकेली थी। उसकी मां मजदूरी पर गई हुई थी, जबकि छोटा भाई ट्यूशन पढ़ने गया था。 शाम करीब 7 बजे जब भाई ट्यूशन से घर लौटा, तो उसने बहन को फंदे से लटका देख परिजनों और पड़ोसियों को सूचना दी। आनन-फानन में किशोरी को न्यू मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। गुरुवार को पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया。 मूल रूप से बिहार का रहने वाला यह परिवार पिछले कई वर्षों से कोटा में रह रहा है। किशोरी 12वीं कक्षा की छात्रा थी और उसने दो-तीन दिन पहले ही सप्लीमेंट्री की परीक्षा दी थी। पिता का निधन पहले ही हो चुका है और मां मजदूरी कर घर चलाती है。 परिजनों ने आशंका जताई है कि घटना के समय किशोरी मोबाइल से वीडियो बना रही थी, जिस दौरान दुर्घटनावश फंदा गले में कस गया। महावीर नगर थाने के एएसआई रामहेत ने बताया कि पुलिस ने मर्ग दर्ज कर लिया है और मोबाइल व अन्य साक्ष्यों की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा।
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डोटासरा के बयान पर घमासान: कृषि घोटाला, नारको टेस्ट की मांग

Jaipur, Rajasthan:कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा का बयान कैबिनेट मंत्री किरोड़ीलाल मीणा को लेकर दिया बयान ये सरकार भगवान भरोसे चल रही है ACB कह रही है कि संगठित भ्र्ष्टाचार चल रहा है Kirodilal अपनी खाल बचा रहे है मुझे बदनाम करके मेरा ओपन काम है, अगर मैंने पेपर लीक किया है तो मैं जेल में होना चाहिए था, लेकिन बाहर हूं कृषि विभाग में है 500 करोड़ रूपये का घोटाला एक IPS ने किया था इनको (किरोड़ीलाल ) को फ़ोन कि नाम आ गया है, गिरफ़्तार करेंगे, तब इन्होने जाकर मैनेज किया किसी को टॉर्चर करने के लिए, बदनाम करने के लिए अपना पाप छुपाने के लिए दूसरे की तरफ अगर उंगली करते हो तो जनता सब समझती है पांच साल में भी गोविन्द सिंह डोटासरा इनसे नहीं पकड़ा गया तो थू है इनके ऊपर इसका मतलब मैं सही हूं ईमानदार हूं,मैंने कोई पेपर लीक नहीं किया एक नारको टेस्ट होता है वो करवा लो, मेरा पेपर लीक का और इनका (किरोड़ी ) का क़ृषि वाला दोनों कोर्ट में लिखकर दे देते है नारको टेस्ट के लिए, पता लग जाएगा कौन किससे मिला हुआ है बाईट - गोविन्द सिंह डोटासरा, कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष
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कश्मीर में आवास-पर्यटन boom: जंगल गायब, कंक्रीट के जंगल खतरे में

Chaka, चीड़ और चिनार के पेड़ों का स्वर्ग, कश्मीर तेज़ी से कंक्रीट जंगल में बदल रहा है—जानकारों ने चेतावनी दी है कि अगर अधिकारियों ने चुप्पी साधे रखी, तो बड़ी पर्यावरणीय तबाही दूर नहीं है。 कभी घने चीड़ के जंगलों और ऊंचे चिनार के पेड़ों की ठंडी छांव के लिए धरती का स्वर्ग माने जाने वाले कश्मीर को अब कंक्रीट के एक विशाल जंगल में बदला जा रहा है。 पर्यावरणविद् चेतावनी दे रहे हैं कि अगर अधिकारियों ने तुरंत कदम नहीं उठाए, तो घाटी एक बड़ी पर्यावरणीय आपदा की ओर तेज़ी से बढ़ रही है。 कश्मीर के प्रमुख पर्यटन स्थलों पर बेरोकटोक निर्माण ने विशेषज्ञों के बीच गंभीर चिंता पैदा कर दी है। उनका कहना है कि होटलों, होमस्टे और कमर्शियल इमारतों का तेज़ी से विस्तार पर्यावरण के लिए विनाशकारी नतीजे ला सकता है。 पहलगाम, गुलमर्ग और सोनमर्ग जैसे हिल स्टेशन के साथ-साथ गुरेज़ और दूधपथरी जैसी अछूती जगहों पर भी हाल के वर्षों में कंक्रीट की इमारतों का बेतहाशा निर्माण हुआ है। पर्यावरणविदों का कहना है कि इन संवेदनशील पर्यावरणीय इलाकों में बिना नियम-कानून के विकास से आने वाले वर्षों में बड़े पैमाने पर पर्यावरणीय आपदा का खतरा है。 यह चेतावनी और भी अहम हो जाती है क्योंकि खुद जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने माना है कि घाटी के अलग-अलग पर्यटन स्थलों पर पिछले छह वर्षों में बने लगभग 90 प्रतिशत होटल अवैध हैं। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, इस दौरान हर साल औसतन 833 होटल बनाए गए, जिनमें से ज़्यादातर के पास मंज़ूरी नहीं थी。 पहलगाम और सोनमर्ग सबसे ज़्यादा प्रभावित जगहों में शामिल हैं, जहां बड़े पैमाने पर कमर्शियल निर्माण ने वहां के नज़ारे को पूरी तरह बदल दिया है। यह निर्माण कार्य गुरेज़ जैसे दूर-दराज़ इलाकों तक भी पहुँच गया है, जहाँ होटल और होमस्टे धीरे-धीरे प्राकृतिक सुंदरता वाली जगहों की जगह ले रहे हैं। मध्य कश्मीर के बडगाम ज़िले में दूधपथरी, जो हाल के वर्षों में ही एक लोकप्रिय पर्यटन स्थल के तौर पर उभरा है, वहाँ भी निर्माण कार्य में तेज़ी देखी जा रही है。 पर्यावरणविदों ने चिंता जताते हुए कहते हैं कि पर्यटन और अन्य कमर्शियल इंफ्रास्ट्रक्चर का विकास, नागरिक सुविधाओं और पर्यावरण सुरक्षा के उपायों के विकास से कहीं ज़्यादा तेज़ी से हुआ है। बढ़ते पर्यटकों की संख्या के कारण कचरा प्रबंधन सिस्टम, जल संसाधन, सड़कें और दूसरी ज़रूरी सेवाएँ दबाव में हैं। कई जगहों पर पर्यटकों की संख्या पर कोई असरदार रोक नहीं है। जानकारों का कहना है कि अगर सस्टेनेबल टूरिज़्म (टिकाऊ पर्यटन) को बढ़ावा देना है, तो हर जगह की पर्यावरण की क्षमता के हिसाब से पर्यटकों की संख्या को नियंत्रित करना होगा。 जाने-माने पर्यावरणविद् एजाज़ रसूल ने कहा, "हमारे जंगलों पर असर पड़ा है—पिछले दशक में हमने अपने जंगल का लगभग 10% हिस्सा खो दिया है। हालाँकि हमारे पास अभी भी काफी जंगल हैं, लेकिन संरक्षण और पेड़ लगाने की कोशिशें उस रफ़्तार से नहीं हो पाई हैं। आज काटे गए पेड़ को दोबारा उगने में लगभग 20 साल लगते हैं, इसलिए काटे गए हर पेड़ की जगह कई और पेड़ लगाए जाने चाहिए। पर्यटन के बढ़ते दबाव के कारण जंगल वाले इलाकों में गैर-कानूनी निर्माण भी हुआ है, जिसमें गेस्ट हाउस, होटल और झोपड़ियाँ पर्यावरण के लिहाज़ से संवेदनशील ज़मीन पर कब्ज़ा कर रही हैं। ज़मीन के इस्तेमाल में इस तरह के बदलाव ऊपरी मिट्टी को अस्थिर करते हैं, कटाव बढ़ाते हैं और नदियों व उनकी सहायक नदियों को रोकते हैं। कश्मीर पर्यावरण के लिहाज़ से एक नाज़ुक इलाका है और इसके प्राकृतिक संतुलन में किसी भी तरह की गड़बड़ी के गंभीर नतीजे होते हैं। हम पहले ही जलवायु परिवर्तन के असर देख रहे हैं। बादल फटने की घटनाएँ, जो कभी-कभार होती थीं और ज़्यादातर ऊँचे इलाकों तक सीमित थीं, अब कश्मीर और जम्मू दोनों जगहों पर बहुत ज़्यादा और तेज़ी से हो रहीं हैं," जानकारों ने चेतावनी दी है कि अगर निर्माण से जुड़े नियमों को सख्ती से लागू नहीं किया गया, ज़मीन के इस्तेमाल की असरदार प्लानिंग नहीं की गई और पर्यावरण की क्षमता का वैज्ञानिक आकलन नहीं किया गया, तो यह इंसानी लालच क Kashmir के खूबसूरत नज़रों को हमेशा के लिए दफ़न कर देगी।
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श्रावण मेला: देवघर में कांवरियों की पावन यात्रा और सुविधाओं का दावा

Deoghar, Jharkhand:देवघर। एंकर। सावन महीने के पहले दिन के साथ ही विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला का माहौल पूरी तरह भक्तिमय हो गया है। सुल्तानगंज की उत्तरवाहिनी गंगा से पवित्र जल लेकर लाखों कांवरियों का देवघर की ओर आगमन शुरू हो गया है। श्रद्धालु करीब 108 किलोमीटर की पैदल यात्रा तय कर बाबा बैद्यनाथ धाम पहुंचते हैं और भगवान शिव का जलाभिषेक कर अपनी मनोकामनाएं पूर्ण होने की प्रार्थना करते हैं।कांवरिया पथ पर सुबह से ही शिवभक्तों का जत्था लगातार आगे बढ़ता दिखाई दे रहा है। पूरे मार्ग पर "बोल बम" और "हर-हर महादेव" के जयघोष से वातावरण शिवमय हो गया है। श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन द्वारा कांवरिया पथ पर मखमली बालू बिछाई गई है। इसके अलावा पेयजल, प्रकाश व्यवस्था, स्वास्थ्य सेवाएं, सुरक्षा, शौचालय, विश्राम स्थल तथा अन्य आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं। प्रशासन का दावा है कि इस वर्ष श्रावणी मेला में श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुगम और सुविधाजनक यात्रा का अनुभव मिलेगा।
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राष्ट्रीय सम्मान के अपमान रोकथाम बिल पारित, मनोज झा ने केंद्र पर सवाल उठाए

Noida, Uttar Pradesh:DELHI: MANOJ JHA ON THE PREVENTION OF INSULTS TO NATIONAL HONOUR (AMENDMENT) BILL, 2026’ PASSED IN LOK SABHA/SESSION/RAHUL GANDHI दिल्ली। लोकसभा में 'राष्ट्रीय सम्मान के अपमान की रोकथाम (संशोधन) विधेयक, 2026' पारित होने पर RJD सांसद मनोज झा ने कहा, "इन्होंने (केंद्र सरकार) देश में बांटने के अलावा किया क्या है? इन्होंने नेहरू-सुभाष कर लिया, नेहरू-पटेल कर लिया। अब वंदे मातरम बनाम जन-गण-मन। ये लोग बांटने के उस्ताद हैं कि कैसे बांट सकते हो समाज को... इसमें (आंदोलन में) अगर कोई सज्जाद होता मंच पर प्रमुख तो वहां भी बांटते। इनके पास कुछ और है? ही नहीं। यही खेती करते हैं और इसी की फसल काटते हैं मगर अब इस खेती के लिए खाद नहीं मिल रही है。"
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लखनऊ: 9 अगस्त को काकोरी ट्रेन एक्शन की वर्षगांठ, डीएम ने तैयारियों का लिया जायजा

Prashant TiwariPrashant TiwariFollow6m ago
Lucknow, Uttar Pradesh:लखनऊ। काकोरी ट्रेन एक्शन की वर्षगांठ के अवसर पर 9 अगस्त को बाजनगर स्थित काकोरी स्मृति स्थल पर विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम की तैयारियों का जायजा लेने के लिए जिलाधिकारी विशाख जी ने स्मृति स्थल का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कार्यक्रम स्थल, आवागमन मार्गों तथा अन्य व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर संबंधित अधिकारियों को सभी तैयारियां समय से पूरी करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान साफ-सफाई, मरम्मत, सौंदर्यीकरण, सुरक्षा एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि कार्यक्रम में आने वाले लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो और सभी व्यवस्थाएं निर्धारित समय से पहले पूर्ण कर ली जाएं।
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हनुमगढ़ के खेतों में 11/33 केवी लाइनें लटकीं, किसान प्रशासन से जवाब मांग रहे

Hanumangarh, Rajasthan:Hanumangarh के नजदीकी गांव मक्कासर के निकट स्थित चक 2 एसटीजी में पिछले 14 दिनों से खेतों में 11 केवी और 33 केवी विद्युत लाइनें जमीन पर बिछी होने से किसी भी समय बड़े हादसे की आशंका बनी हुई है। 17 जुलाई को आई तेज आंधी और बारिश के दौरान दो बिजली पोल गिरने से दोनों हाई वोल्टेज लाइनें खेतों में झूल रही हैं। कई स्थानों पर तार धान की फसल में भरे पानी के बीच जमीन को छू रहे हैं, जिससे किसानों में दहशत का माहौल है। चक 2 एसटीजी निवासी किसान अजीत सिंह ने बताया कि आंधी के कारण 33 केवी लाइन के दो पोल गिर गए थे। घटना की सूचना उसी दिन जोधपुर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के सहायक अभियंता को दी गई, लेकिन उन्होंने एक्सईएन से संपर्क करने की बात कहकर पल्ला झाड़ लिया। इसके बाद टोल फ्री नंबर पर भी शिकायत दर्ज करवाई गई, लेकिन आज तक न तो कोई अधिकारी मौके पर पहुंचा और न ही शिकायत पर कोई कार्रवाई की गई। अजीत सिंह ने बताया कि गिरे हुए पोलों से 11 केवी और 33 केवी की दो लाइनें क्रॉस होती हैं। पोल गिरने के बाद दोनों लाइनों के तार खेतों में झूल रहे हैं, जिससे खेत में काम करना जान जोखिम में डालने जैसा हो गया है। करंट लगने के डर से वे अपनी कृषि भूमि की जुताई नहीं कर पा रहे हैं, जबकि दूसरी ओर धान की रोपाई वाले खेत में भी उर्वरक डालने सहित अन्य कृषि कार्य ठप पड़े हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि विभाग की लापरवाही के कारण कोई जनहानि होती है तो इसकी पूरी जिम्मेदारी विद्युत विभाग की होगी। किसानों ने मामले में शीघ्र कार्रवाई कर समस्या का स्थायी समाधान करने की मांग की है。
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राजनांदगांव में गौ चिकित्सालय भूमि पूजन के साथ 75 लाख का अनुदान की घोषणा

Rajnandgaon, Chhattisgarh:विधान सभा अध्यक्ष डा रमन सिंह ने आज अपने राजनांदगांव प्रवास के दौरान गौशाला पिंजरा पोल द्वारा आयोजित प्रस्तावित गौ चिकित्सालय मनोहर गौ छाया परिसर और गौ चारा परिसर का भूमि पूजन किया इस मौके पर उन्होने गौ संरक्षण व संर्वधन के लिए 75 लाख देने की घोषणा की । उन्होंने कहा कि राजनदगांव में गौशाला के तहत गौ सेवा किए जाने का अनुकरणीय उदाहरण है यहां सतत निस्वार्थ भाव से गौ माताओं का संरक्षण संवर्धन किया जा रहा है।उन्होने मिडिया से चर्चा करते हुए लोकसभा मे लोक परीक्षा संशोधन विधेयक पारित होने का स्वागत किया है और देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह का धन्यवाद देते हुए इसे बहुत बडा कदम बताया है और कठोरतम सजा का प्रावधान किया है ।इस विधेयक के पारित हो जाने से यूपीएससी परीक्षा मे पेपर लीक जैसे मामले पर अंकुश लगेगा ।उन्होने यूपीएससी परीक्षा मे छग का हवाला देते हुए कहा कि यूपीएससी परीक्षा मे एक विशेष दल के लोग सलेक्ट हो गए थे ।उन्होने बताया कि इस विधेयक मे पेपर लीक मामले मे दस साल की सजा और 10 करोड रु जुर्माना का प्रावधान किया गया है ।
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