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Parvez AlamParvez AlamFollow21 Jan 2025, 02:55 am
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भिंड में आपसी रंजिश के चलते पालतू कुत्ते की क्रूर हत्या, वीडियो वायरल

Bhind, Madhya Pradesh:हेडर-भिंड में हैवानियत की इंतहा… आपसी रंजिश में बेजुबान बना निशाना, पालतू कुत्ते को किडनैप कर बीहड़ में दी दर्दनाक मौत, दरिंदगी का वीडियो वायरल। एंकर-मध्य प्रदेश के भिंड जिले से इंसानियत को शर्मसार कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां आपसी रंजिश का बदला एक बेजूबान से लिया गया। आरोप है कि पहले एक पालतू कुत्ते को घर से उठाकर बीहड़ों में ले जाया गया, फिर उसके साथ ऐसी बर्बरता की गई जिसे देखकर किसी का भी दिल दहल जाए। आरोपी ने न सिर्फ कुत्ते को बेरहमी से लाठी डंडों से पीटा बल्कि पेड़ पर फाँसी लगा कर मार डाला,साथ ही पूरी घटना का वीडियो बनाकर उसे वायरल भी कर दिया। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामला भिंड जिले के ऊमरी थाना क्षेत्र के नुन्हटा गांव का है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में एक युवक पालतू कुत्ते के साथ अमानवीय क्रूरता करता दिखाई दे रहा है। आरोप है कि पहले कुत्ते के मुंह में जंजीर बांधकर उसे पेड़ से लटका दिया गया। इसके बाद भी आरोपी का दिल नहीं पसीजा। वह तड़पते और बिलखते बेजुबान पर लगातार डंडों से वार करता रहा। जब कुत्ता दर्द से छटपटाता रहा, तब भी उसे नहीं छोड़ा गया। आखिर में रस्सी का फंदा बनाकर उसे फांसी पर लटका दिया गया, जिससे उसकी मौत हो गई। बताया जा रहा है कि आरोपी ने इस पूरी घटना का वीडियो खुद बनाया और कुछ दिनों बाद गांव में वायरल कर दिया। वीडियो जब पालतू कुत्ते के मालिक रामनरेश सिंह राजावत तक पहुंचा, तब उन्हें अपने कुत्ते के गायब होने की असली वजह पता चली। इसके बाद उन्होंने तत्काल ऊमरी थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। फरियादी रामनरेश सिंह राजावत के अनुसार, उनका पालतू कुत्ता 17 जुलाई को अचानक घर से गायब हो गया था। काफी तलाश के बावजूद उसका कोई सुराग नहीं मिला। परिवार ने समझा कि शायद वह कहीं भटक गया होगा। लेकिन कई दिन बाद जब उनके भाई शैलेन्द्र सिंह राजावत के मोबाइल पर घटना का वीडियो आया, तो पूरे मामले का खुलासा हुआ और परिवार सन्न रह गया। पुलिस जांच में वीडियो में दिखाई दे रहे युवक की पहचान गांव के ही विवेक बाथम के रूप में हुई है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि विवेक बाथम की पैसे के लेनदेन की लेकर पुरानी रंजिश चली आ रही थी और उसी दुश्मनी का बदला उसने एक बेजुबान जानवर को निशाना बनाकर लिया। फरियादी का कहना है कि वायरल वीडियो आरोपी ने ही कई लोगों को दिखाया था। ऊमरी थाना प्रभारी बृजेंद्र सिंह सेंगर के मुताबिक, फरियादी की शिकायत के आधार पर आरोपी विवेक बाथम के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम सहित संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। वायरल वीडियो और अन्य साक्ष्यों की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद आरोपी के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। आपसी दुश्मनी में यदि बेजुबान जानवरों को निशाना बनाया जाने लगे, तो यह केवल अपराध नहीं बल्कि इंसानियत पर भी बड़ा सवाल है। अब देखना होगा कि इस दिल दहला देने वाली घटना में कानून आरोपी के खिलाफ कितनी सख्त कार्रवाई करता है।
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हापुड़ - अंतर्राज्यीय वाहन चोर गिरफ्तार, कई वाहन तमंचा व चाकू बरामद।

UMA RAGHAVUMA RAGHAVFollow8m ago
Hapur, Uttar Pradesh:ख़बर यूपी के हापुड़ से है। जहां थाना देहात पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने अन्तर्राज्यीय वाहन चोर गिरोह का खुलासा करते हुए दो शातिर वाहन चोरों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने वाहन चोरों के कब्जे से आठ चोरी की मोटरसाइकिल,एक स्कूटी, तमंचा और चाकू भी बरामद की है। पुलिस आरोपी शातिर वाहन चोरो से जुड़े अन्य नेटवर्क को भी खंगाल रही है। आपको बता दें कि जनपद हापुड़ के थाना हापुड़ देहात पुलिस ने वाहन चोर गिरोह का खुलासा करते हुए दो शातिर वाहन चोरों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी वाहन चोरों के कब्जे से आठ मोटरसाइकिल, एक स्कूटी, तमंचा और चाकू भी बरामद किया है। आरोपी वाहन चोर एनसीआर क्षेत्र और अन्य जनपदों से वाहनों को चोरी कर बिक्री करते थे। गिरफ्तार आरोपी शातिर किस्म के वाहन चोर हैं जिनके खिलाफ दिल्ली, अमरोहा, मेरठ, बिजनौर, मुरादाबाद और हापुड़ में चोरी लूट, हत्या, गैंगस्टर व गुंडा एक्ट से संबंधित 35 मुकदमें पहले से दर्ज हैं। पुलिस वाहन चोर गिरोह से जुड़े अन्य बदमाशों के नेटवर्क को भी खंगाल रही है और आरोपी शातिर वाहन चोरों के तार किस-किस गैंग से जुड़े हैं यह भी पुलिस जानकारी कर रही है।
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सुप्रीम कोर्ट ने खंडवा के शक्कर तालाब में अतिक्रमण पर बुलडोजर रोक लगाई

Khandwa, Madhya Pradesh:खंडवा में तालाब की जमीन पर वर्षों से रह रहे 25 परिवारों पर नगर निगम की बुलडोजर कार्यवाही पर सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगा दी। अगली सुनवाई तीन अगस्त को होगी। खंडवा के शक्कर तालाब क्षेत्र में पिछले साल नगर निगम ने बुलडोजर कार्रवाई करते हुए 87 मकानों को हटाया था। नगर निगम ने कुल 112 मकान चिन्हित किए थे। 25 परिवारों के पास न्यायालय के स्टे और सरकारी दस्तावेज थे, इस वजह से उन पर कार्यवाही नहीं हुई थी। बाद में जबलपुर हाई कोर्ट ने इन मकानों को हटाने के आदेश दिए थे। इसी आदेश के खिलाफ लीगल सामाजिक संस्था APCR सुप्रीम कोर्ट गई थी। यहां सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार तक इस आदेश पर रोक लगा दी। खंडवा में वर्षों पुराना शक्कर तालाब है शहर के विस्तार होने की वजह से तालाब की जमीन ने जल भराव नहीं होने की वजह से धीरे-धीरे इस पर अतिक्रमण होते गया। पिछले साल जून महीने में नगर निगम ने इस तालाब की जमीन पर पुनःतालाब और पार्क विकसित करने के लिए यहां से अतिक्रमण हटाए थे। लगभग 87 मकानो पर बुलडोजर कार्रवाई हुई थी। लगभग 25 मकान ऐसे थे जिनके पास कुछ शासकीय दस्तावेज मौजूद थे, उन पर कार्यवाही नहीं हो पाई थी। बाद में जबलपुर हाईकोर्ट ने इन मकानों को भी हटाने के आदेश दिए थे। इस कार्रवाई और जबलपुर हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ APCR सामाजिक संस्था सुप्रीम कोर्ट गई थी, जहां सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार तक इन मकानों पर बुलडोजर एक्शन पर स्टे लगा दिया। अब अगली सुनवाई 3 अगस्त को होगी。
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ऑपरेशन प्रहार: 72 घंटे में 44 केस सुलझाकर 45 अपराधी गिरफ्तार

New Delhi, Delhi:ऑपरेशन प्रहार में नॉर्थ वेस्ट पुलिस का बड़ा एक्शन, 72 घंटे में 44 केस सुलझाकर 45 अपराधी गिरफ्तार। डीसीपी आकांक्षा यादव के नेतृत्व में चला अभियान, लूट-स्नैचिंग और चोरी के आरोपियों पर कसा शिकंजा। राजधानी दिल्ली में अपराधियों के खिलाफ नॉर्थ वेस्ट जिला पुलिस का अब तक का सबसे बड़ा एक्शन देखने को मिला है। ऑपरेशन प्रहार के तहत 72 घंटे तक चले विशेष अभियान में पुलिस ने अपराधियों के ठिकानों पर ताबड़तोड़ दबिश दी। नतीजा यह रहा कि 44 मामलों का खुलासा हुआ, 45 शातिर अपराधी गिरफ्तार हुए और बड़ी मात्रा में चोरी का सामान भी बरामद किया गया। पुलिस का दावा है कि इस अभियान के बाद जिले में अपराध का ग्राफ नीचे आया है। डीसीपी आकांक्षा यादव की रणनीति और निगरानी में पूरे जिले में 72 घंटे तक एक साथ कई मोर्चों पर कार्रवाई की गई। जिले की तीन स्पेशल टीमों और 12 थाना पुलिस ने समन्वय के साथ ऑपरेशन को अंजाम दिया। दिन-रात चली छापेमारी, तकनीकी निगरानी और लगातार की गई कार्रवाई के दौरान पुलिस ने 44 मामलों का सफलतापूर्वक खुलासा करते हुए 45 अपराधियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपीयों में स्नैचिंग, लूट, चोरी, वाहन चोरी और अवैध शराब के कारोबार में शामिल अपराधी शामिल हैं। पुलिस ने इनके कब्जे से चोरी का सामान, नकदी और अन्य महत्वपूर्ण बरामदगी भी की है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह अभियान केवल गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रहेगा। अब आरोपियों से पूछताछ के आधार पर उनके पूरे नेटवर्क को खंगाला जाएगा, ताकि अपराध की जड़ों तक पहुंचकर बाकी साथियों को भी गिरफ्तार किया जा सके। डीसीपी आकांक्षा यादव का कहना है, ऑपरेशन प्रहार के बाद जिले में लूट, स्नैचिंग और धमकी जैसी घटनाओं में कमी दर्ज की गई है। आने वाले दिनों में भी ऐसे विशेष अभियान लगातार जारी रहेंगे, ताकि अपराधियों में कानून का डर बना रहे
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अंबाला में कांवड़ यात्रा सुरक्षा के कड़े इंतजाम, श्रद्धालु उत्साह से रवाना

Ambala, Haryana:सावन की शुरुआत के साथ ही शिवभक्ति का रंग पूरे देश में दिखाई देने लगा है। हरिद्वार और अन्य पवित्र स्थलों से गंगाजल लेकर लौट रहे कांवड़ियों की आवाजाही लगातार बढ़ रही है। अंबाला पुलिस भी कांवड़ यात्रा को लेकर पूरी तरह अलर्ट मोड में है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुगम यात्रा सुनिश्चित करने के लिए जगह-जगह पुलिस बल तैनात किया गया है। अंबाला कैंट के डीएसपी कुलदीप सिंह ने कांवड़ियों से पहचान पत्र साथ रखने और प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है। पंजाब के लुधियाना से आए कांवड़ियों ने अंबाला पुलिस और जिला प्रशासन की व्यवस्थाओं की जमकर सराहना की। सावन का महीना शुरू होते ही भगवान शिव के भक्त पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ कांवड़ यात्रा पर निकल पड़े हैं। हरिद्वार से पवित्र गंगाजल लेकर अपने-अपने शिवालयों की ओर बढ़ रहे कांवड़ियों का सफर जारी है। श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए अंबाला पुलिस ने सुरक्षा के व्यापक इंतज़ाम किए हैं। प्रमुख मार्गों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है, जबकि कांवड़ यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा के लिए विशेष निगरानी भी रखी जा रही है। अंबाला पुलिस ने सभी कांवड़ियों से यात्रा शुरू करने से पहले नजदीकी थाने में पंजीकरण कराने, पहचान पत्र साथ रखने और जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है। अंबाला कैंट के डीएसपी कुलदीप सिंह ने कांवड़ यात्रियों से सड़क के एक किनारे चलने, यातायात नियमों का पालन करने और अनावश्यक भीड़भाड़ से बचने की अपील की। उन्होंने कांवड़ शिविर लगाने वाले आयोजकों से भी शिविर मुख्य सड़क से सुरक्षित दूरी पर लगाने का आग्रह किया, ताकि यातायात प्रभावित न हो। इसके साथ ही उन्होंने डीजे की तेज आवाज़ से बचने और अत्यधिक ऊंची कांवड़ लेकर यात्रा न करने की सलाह दी। उनका कहना है कि ऊंची कांवड़ बिजली की तारों से टकराने के कारण दुर्घटनाओं का कारण बन सकती है, इसलिए श्रद्धालु पूरी सावधानी बरतें। वहीं पंजाब के लुधियाना से अंबाला पहुंचे कांवड़ियों ने प्रशासन द्वारा की गई व्यवस्थाओं की खुलकर सराहना की। श्रद्धालुओं ने बताया कि यात्रा मार्ग पर सुरक्षा, कांवड़ शिविरों की व्यवस्था और अनुकूल मौसम के कारण उनकी यात्रा बेहद सुगम रही। उन्होंने कहा कि यह उनकी दूसरी कांवड़ यात्रा है और इस बार भी उन्हें पहले की तरह अच्छा अनुभव मिला है।
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भदेसर के नरबदािया स्कूल में शिक्षकों की कमी पर छात्र धरना; पद भरने का आश्वासन

Begun, Rajasthan:भदेसर, चित्तौड़गढ़ क्षेत्र के भदेसर उपखंड स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय नरबदिया में सेकंड ग्रेड शिक्षकों की कमी को लेकर छात्रों का गुस्सा सड़क पर नहीं, बल्कि स्कूल परिसर में फूट पड़ा। छात्र-छात्राओं ने विद्यालय के मुख्य गेट पर ताला जड़कर धरना शुरू किया और शिक्षक नियुक्ति की मांग को लेकर नारेबाजी की। विद्यार्थियों का कहना है कि गणित, विज्ञान और संस्कृत के शिक्षक नहीं होने से पढ़ाई प्रभावित हो रही है, जबकि संस्था प्रधान का पद भी रिक्त है। 1 से 12वीं तक संचालित विद्यालय में 15 शिक्षकों की आवश्यकता के मुकाबले केवल 9 शिक्षक कार्यरत हैं। सूचना पर पुलिस और ब्लॉक शिक्षा अधिकारी सत्यनारायण गर्ग मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने जल्द रिक्त पद भरने का आश्वासन दिया, जिसके बाद छात्रों ने ताला खोलकर आंदोलन समाप्त कर दिया।
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पिलानी की 150 वर्ष पुरानी धर्मशाला पर कब्जे की साजिश: कुआं, मंदिर गेट टूटे

Jhunjhunu, Rajasthan:झुंझुनूं के पिलानी से बड़ी खबर पिलानी की सैंकड़ों साल पुरानी हिंदू धर्मशाला पर संकट! कुआं बंद करने पहुँची जेसीबी का लोगों ने विरोध तीन पिलर, मंदिर और गेट तोड़े गए वार्डवासियों ने जमीन कब्जाने का लगाया आरोप प्रशासन से धरोहर बचाने की लगाई गुहार पुलिस ने मौके पर पहुंच रूकवाया काम, की समझाइश हिंदू धर्मशाला बचाने की मांग, लोगों में आक्रोश झुंझुनूं जिले के पिलानी कस्बे में स्थित करीब 150 से 200 वर्ष पुरानी हिंदू धर्मशाला और उससे जुड़े ऐतिहासिक परिसर पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं। शुक्रवार को कुएं को बंद करने के लिए पहुंची जेसीबी का वार्डवासियों के विरोध के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर काम रुकवा दिया। समझाइश भी की। हालांकि तब तक जेसीबी कुएं के चार में से तीन पिलर, बगीची का मुख्य गेट और परिसर में बने एक छोटे गणेश मंदिर को तोड़ चुकी थी। स्थानीय लोगों का आरोप है कि कुछ लोगों की नजर इस बेशकीमती जमीन पर है। इसी वजह से प्रशासन को गुमराह कर दबंगई के बल पर हिंदू धर्मशाला, सार्वजनिक कुएं, मंदिर और बगीची को खत्म करने की कोशिश की जा रही है। ताकि बाद में जमीन पर कब्जा किया जा सके। स्थानीय लोगों के अनुसार पिलानी का यह स्थान "झूंडा वाला कुआं" या "नायकों की कुई" के नाम से प्रसिद्ध है। करीब 150 से 200 वर्ष पहले हिंदू महासभा द्वारा यहां हिंदू धर्मशाला की स्थापना की गई थी। धर्मशाला का शिलालेख आज भी मौजूद है, जिस पर लिखा है— "हिंदू धर्मशाला — प्रत्येक हिंदू के विश्राम के लिए।" ग्रामीणों का कहना है कि यह स्थान वर्षों से यात्रियों के विश्राम, धार्मिक आयोजनों और सामाजिक कार्यों का केंद्र रहा है। वार्डवासियों ने बताया कि यह कुआं और धर्मशाला उनके परिवारों की सात पीढ़ियों से जुड़ी हुई है। अंतिम यात्रा के दौरान भी लोग यहीं से गंगाजल लेकर जाते हैं और वर्षों तक पूरे मोहल्ले के लोग इसी सार्वजनिक कुएं का पानी पीते रहे हैं। उनका आरोप है कि जेसीबी बुलाकर कुएं के पिलर, बगीची का गेट और गणेश मंदिर को तोड़ दिया? गया। विरोध करने पर संबंधित व्यक्ति ने खुद को प्रशासन से अनुमति प्राप्त होने की बात कही। हालांकि लोगों का कहना है कि यदि अनुमति कुआं बंद करने की थी तो धर्मशाला, मंदिर और अन्य निर्माणों को तोड़ने का अधिकार किसने दिया؟ स्थानीय लोगों का आरोप है कि संबंधित व्यक्ति पहले भी आसपास की भूमि पर कब्जे का प्रयास कर चुका है। इस संबंध में पहले भी शिकायत और मुकदमा दर्ज कराया गया था। लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई। उनका कहना है कि यदि समय रहते प्रशासन ने हस्तक्षेप नहीं किया तो सैकड़ों वर्ष पुरानी हिंदू धर्मशाला और उससे जुड़ी ऐतिहासिक धरोहर पूरी तरह समाप्त हो सकती है। वार्डवासियों ने जिला प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर हिंदू धर्मशाला, सार्वजनिक कुएं, मंदिर और बगीची को संरक्षित करने तथा दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है.
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फतेहपुर सीकर में बनवारीलाल भिंडा की आठवीं पुण्यतिथि श्रद्धांजलि

Sikar, Rajasthan:जिला सीकर लोकेशन फतेहपुर सीकर skr11 आनंद पारीक 7014197914 फतेहपुर सीकर फतेहपुर शहर के गोयनका मंदिर के सभागृह मे आज शुक्रवार को फतेहपुर विधानसभा क्षेत्र से विधायक रहे एव पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष बनवारीलाल भिंडा की आठवीं पुण्यतिथि मनाई गई। श्रदाँजलि सभा को राजस्थान सरकार के नगरीय विकास एवं आवासन मंत्री झाबर सिंह खर्रा, विधायक हाकम अली, विधायक सुभाष मील, लक्ष्मणगढ़ भाजपा के वरिष्ठ नेता दिनेश जोशी, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के क्षेत्रीय बौद्धिक प्रमुख कैलाश, पूर्व सांसद संतोष अहलावत, पूर्व विधायक नंदकिशोर महरिया, पूर्व विधायक शुभकरण चौधरी, मंडावा के पूर्व पालिकाध्यक्ष सज्जन मिश्रा, भाजपा के पूर्व जिलाध्यक्ष महेश शर्मा, कमल सीखवाल, पूर्व महामंत्री तेजप्रकाश सैनी तथा पूर्व प्रदेश प्रवक्ता के.के. जानू सहित अनेक नेताओं ने संबोधित किया। श्रद्धांजलि सभा में वक्ताओं ने बनवारीलाल भिंडा को जनहित की राजनीति का सशक्त चेहरा बताते हुए कहा कि उन्होंने अपने सार्वजनिक जीवन में हमेशा आमजन की आवाज को बुलंद किया। वे स्पष्टवादी, प्रखर, बेबाक और सिद्धांतों पर अडिग रहने वाले जनप्रतिनिधि थे। उन्होंने कभी राजनीतिक मूल्यों से समझौता नहीं किया और जनता की सेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी। वक्ताओं ने कहा कि भिंडा का व्यक्तित्व नई पीढ़ी के जनप्रतिनिधियों और युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है तथा युवाओं को उनके आदर्शों का अनुसरण करते हुए समाज और राष्ट्र की सेवा के लिए आगे आना चाहिए। कार्यक्रम में फतेहपुर एवं आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लेकर अपने लोकप्रिय नेता को श्रद्धासुमन अर्पित किए। श्रद्धांजलि सभा के दौरान पूरे परिसर में श्रद्धा और सम्मान का वातावरण बना रहा। इससे पूर्व स्वर्गीय बनवारीलाल भिंडा की पुण्य स्मृति में मंडावा रोड स्थित लक्ष्मीनाथ नंदीशाला परिसर में विशाल पौधारोपण अभियान चलाया गया। भिंडा के समर्थकों ने एक साथ हजारों पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया और इसे उनकी स्मृति को समर्पित किया। कार्यक्रम के अंत में फतेहपुर के पूर्व पालिकाध्यक्ष मधुसूदन भिंडा ने सभी अतिथियों, जनप्रतिनिधियों, संत-महात्माओं एवं बड़ी संख्या में उपस्थित नागरिकों का आभार व्यक्त किया। इस दौरान नगर विकास एवं आवासन मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए कहा कि स्वर्गीय बनवारीलाल भिंडा जनसंघ के दौर के ऐसे नेता थे जिनकी राजनीति का आधार राष्ट्रप्रेम, शुचिता और जनसेवा था। उन्होंने कहा कि भिंडा सत्य और न्याय के मसीहा थे तथा उन्होंने जीवनभर सिद्धांतों से समझौता किए बिना जनता की आवाज बुलंद की। खर्रा ने कहा कि आज हजारों की संख्या में लोगों का स्वेच्छा से श्रद्धांजलि सभा में पहुंचना इस बात का प्रमाण है कि भिंडा आज भी फतेहपुर की जनता के दिलों में जीवित हैं। उन्होंने कहा कि वर्तमान राजनीति और उस दौर की राजनीति में बड़ा अंतर है। पहले राजनीति सेवा, सिद्धांत और नैतिक मूल्यों पर आधारित थी, जबकि आज राजनीतिक शुचिता का अभाव महसूस किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि स्वर्गीय बनवारीलाल भिंडा को सच्ची श्रद्धांजलि तभी होगी, जब जनप्रतिनिधि और समाज मिलकर सत्य, न्याय, ईमानदारी और शुचिता के मूल्यों को सार्वजनिक जीवन में स्थापित करने का संकल्प लें तथा आमजन के हितों की रक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दें。
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जयपुर एयरपोर्ट जून में टॉप 15 से बाहर, यात्राओं और फ्लाइट्स में भारी गिरावट

Jaipur, Rajasthan:जयपुर एयरपोर्ट पर यात्रीभार 4 लाख से नीचे आया, पिछले 3 साल में किसी माह में ऐसा पहली बार. ईरान-अमेरिका युद्ध के साइड इफेक्ट से एविएशन सेक्टर उबर नहीं पा रहा है. देश के लगभग सभी प्रमुख एयरपोर्ट्स पर फ्लाइट संचालन में कटौती हुई है. जयपुर एयरपोर्ट देश के 15 सबसे व्यस्त एयरपोर्ट की सूची से बाहर हो गया है. पिछले 3 वर्षों में ऐसा पहली बार हुआ है, जब एक महीने के दौरान यात्रियों की संख्या 4 लाख के आंकड़े तक भी नहीं पहुँच सकी है. जून 2026 में यह संख्या घटकर 370086 रह गई है. फ्लाइट संचालन और यात्रीभार घटने के पीछे सीधा कारण विमानन कंपनियों ने ईंधन की कीमतों के बढ़ने को बताया है. जून से शुरू हुई कटौती के कारण जयपुर एयरपोर्ट पर यात्रीभार में भारी गिरावट है. यह जून माह में देश के टॉप 15 व्यस्त एयरपोर्ट की सूची से बाहर आ गया है. देश के टॉप 15 एयरपोर्ट: दिल्ली, मुंबई, बेंगलूरु, हैदराबाद, चेन्नई, कोलकाता, अहमदाबाद, पुणे, कोच्चि, लखनऊ, नवी मुंबई, गुवाहाटी, गोवा, भुवनेश्वर, चंडीगढ़, जयपुर (16th). फ्लाइट संचालन के लिहाज से भी जयपुर की परफॉर्मेंस कमजोर रही है, लेकिन जून माह में 2741 फ्लाइट्स के साथ 15वें स्थान पर रहा. सितंबर में पर्यटन सीजन शुरू होने पर उम्मीद है कि रैंकिंग सुधरेगी.
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ईरान-अमेरिका युद्ध से जयपुर एयरपोर्ट के यात्री घटे, टॉप 15 से बाहर

Jaipur, Rajasthan:जयपुर एयरपोर्ट पर पिछले 3 वर्षों में ऐसा पहली बार हुआ है, जब एक महीने के दौरान यात्रियों की संख्या 4 लाख के आंकड़े तक भी नहीं पहुंच सकी है। जिस जयपुर एयरपोर्ट से सर्दियों में यात्रियों की संख्या 5 लाख 90 हजार तक जा पहुंची थी। जून 2026 में यह संख्या घटकर मात्र 370086 रह गई है। यानी सीधे तौर पर सर्दियों की तुलना में 2 लाख से भी अधिक यात्री कम हुए हैं। जयपुर एयरपोर्ट पर फ्लाइट संचालन और यात्रीभार घटने के पीछे सीधा कारण फ्लाइट संचालन में कटौती को माना जा रहा है। दरअसल 1 जून से ही देशभर में इंडिगो, एयर इंडिया, एयर इंडिया एक्सप्रेस, स्पाइसजेट और अलायंस एयर आदि एयरलाइंस ने फ्लाइट संचालन में कटौती कर दी थी। इसके पीछे विमानों के ईंधन यानी एटीएफ की कीमतें बढ़ने को बड़ा कारण बताया गया था। ईरान-अमेरिका युद्ध के हालातों के बाद से ही एटीएफ की कीमतें बढ़ने से फ्लाइट संचालन घटा है। फ्लाइट संचालन घटने से यात्रीभार में भारी गिरावट आई है। जयपुर एयरपोर्ट पर अपेक्षाकृत रूप से यात्रीभार में बहुत अधिक कमी आई है। यही कारण है कि जयपुर एयरपोर्ट जून माह में देश के टॉप 15 सबसे व्यस्त एयरपोर्ट की सूची से भी बाहर हो गया है।
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प्यावा में खेत के टांके से गिरकर युवक की मौत, गांव में मातम

Didwana, Rajasthan:एंकर - डीडवाना उपखंड क्षेत्र के समीपवर्ती गांव प्यावा में देर रात एक दर्दनाक हादसा सामने आया है, जहां खेत में बने पानी के टांके में गिरने से 32 वर्षीय युवक की मौत हो गई। मिली जानकारी के अनुसार, प्यावा निवासी संतरामाराम पुत्र प्रेमाराम (32 वर्ष) बीती रात अपने खेत पर गया हुआ था। खेत में बने टांके से पानी निकालते समय अचानक उसका पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में गिर गया। देर रात तक युवक के घर न लौटने और सुबह खेत में तलाश करने पर परिजनों को टांके में युवक का शव तैरता हुआ दिखाई दिया। परिजनों ने तुरंत ग्रामीणों की सहायता से शव को बाहर निकाला और राजकीय बांगड़ जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर शव को मोर्चरी में रखवाया। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस अस्पताल पहुंची और परिजनों की रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस ने बांगड़ अस्पताल की मोर्चरी में पोस्टमार्टम के बाद शव अंतिम संस्कार हेतु परिजनों को सौंप दिया है। घटना के बाद से गांव व परिवार में शोक की लहर है।
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