icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
न्यूज़ क्रिएटर बनें

आपकी स्थानीय कहानियाँ, आपकी आवाज़

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back
Pinewz
271210
Krishan BihariKrishan BihariFollow12 Mar 2025, 03:03 pm

BALRAMPUR - सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था को बनाये रखने हेतु क्षेत्राधिकारी द्वारा फ्लैग मार्च

Sonpur, Uttar Pradesh:

बलरामपुर, होली व रमजान में शान्ति, सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था के दृष्टिगत भारी संख्या में पुलिस बल के साथ थाना महराजगंज तराई के मुख्य बाजार व अन्य मुख्य चौराहों पर फ्लैग मार्च कर लोगो में सुरक्षा सहयोग भाव जागृत कर पुलिस व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ करने हेतु पुलिस सहायता एवं सुरक्षा के प्रति आमजन को आश्वत किया गया. फ्लैग मार्च के दौरान व्यापारियो,संभ्रान्त व्यक्तियों व आमजन से वार्तालाप कर उनसे उनकी समस्याएं एवं और बेहतर व्यवस्था हेतु उनसे सुझाव लिया गया, उन्हे सुरक्षा के प्रति जागरूक किया गया तथा क्षेत्राधिकारी द्वारा सभी को आपसी भाईचारा,शांति और सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने की अपील की गयी ।

0
0
Report

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

बहेड़ी रेलवे स्टेशन का कायाकल्प: आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित, यात्रियों को मिलेगा बेहतर अनुभव

Baheri, Uttar Pradesh:जनपद बरेली की तहसील बहेड़ी में स्थित रेलवे स्टेशन अब नए रूप और सुविधाओं के साथ यात्रियों का स्वागत कर रहा है। पुनर्विकास के तहत बहेड़ी रेलवे स्टेशन को आधुनिक स्वरूप दिया गया है, जिससे यहां आने-जाने वाले यात्रियों को पहले से कहीं अधिक सुविधाजनक और आरामदायक यात्रा अनुभव मिल सकेगा। स्टेशन परिसर में किए गए बदलाव न सिर्फ इसकी सुंदरता बढ़ाते हैं, बल्कि यात्रियों की जरूरतों को भी ध्यान में रखते हुए डिजाइन किए गए हैं। स्टेशन पर अब एक आकर्षक और आधुनिक भवन तैयार किया गया है, जिसके साथ ही विशाल सर्कुलेटिंग एरिया विकसित किया गया है। इससे यात्रियों के आवागमन में आसानी होगी और भीड़भाड़ की समस्या से राहत मिलेगी। इसके अलावा, यात्रियों के लिए आरामदायक वेटिंग एरिया की व्यवस्था की गई है, जहां वे अपनी ट्रेन का इंतजार सुविधाजनक तरीके से कर सकते हैं। यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए स्टेशन पर आधुनिक प्रसाधन (टॉयलेट) भी बनाए गए हैं, जिनमें स्वच्छता और बेहतर रखरखाव का विशेष ध्यान रखा गया है। साथ ही पूरे स्टेशन परिसर में बेहतर साइनेज लगाए गए हैं, जिससे यात्रियों को प्लेटफॉर्म, निकास द्वार और अन्य सुविधाओं तक पहुंचने में किसी प्रकार की परेशानी न हो। रात के समय यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा को ध्यान में रखते हुए उन्नत प्रकाश व्यवस्था भी की गई है, जिससे स्टेशन परिसर रोशनी से जगमगाता रहता है। कुल मिलाकर, बहेड़ी रेलवे स्टेशन का यह पुनर्विकास स्थानीय लोगों और यात्रियों के लिए एक बड़ी सौगात साबित हो रहा है, जो क्षेत्र के विकास और आधुनिकता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
0
0
Report

पिथौरागढ़ में ओवर स्पीड बाइक ने बुजुर्ग चालक को टक्कर दी, वीडियो वायरल

Noida, Uttar Pradesh:वायरल वीडियो। पिथौरागढ़ में डाट पुलिया, सरस बाजार के आगे एक तेज बाइक राइडर ने ओवर स्पीड में आते हुए सामने से आ रहे बुजुर्ग बाइक चालक को जोरदार टकर मार दी। टकर लगने से बुजुर्ग व्यक्ति बाइक से रोड पर गिर गया जिसे काफी गंभीर चोट आई। इसका वीडियो सोशल मीडिया में काफी तेजी से वायरल हो रहा है। इन दिनों पिथौरागढ़ की रोडों पर बाइकर्स का ओवर स्पीड का आतंक देखने को मिल रहा है। यह कोई पहला एक्सीडेंट नहीं, पहले भी कई बार इनके कारण कई लोग गंभीर चोटों से घायल हुए हैं और कुछ की जान तक जा चुकी है। ऐसी घटनाएं पुलिस प्रशासन की रोड सेफ्टी और ओवर स्पीड राइडर्स के अभियानों की पोल खोलते हैं।
0
0
Report
Advertisement

मुरैना में परशुराम जन्मोत्सव: चल समारोह ने शहर में भक्तिमय माहौल बना दिया

Morena, Madhya Pradesh:मुरैना में भगवान परशुराम जन्मोत्सव के मौके पर आज आस्था और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला… जहां हजारों की संख्या में विप्रबंधुओं ने भव्य चल समारोह निकालकर पूरे शहर को भक्तिमय बना दिया… भगवान परशुराम जन्मोत्सव के अवसर पर मुरैना में भव्य चल समारोह का आयोजन किया गया। यह चल समारोह बागचीनी चौखट्टा स्थित भगवान परशुराम मंदिर से शुरू हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में विप्रबंधु शामिल हुए。 हाथों में ध्वज और बैनर लिए श्रद्धालु भगवान परशुराम के जयकारे लगाते हुए पूरे उत्साह के साथ आगे बढ़ते नजर आए। पूरे रास्ते में भक्ति और उल्लास का माहौल बना रहा। चल समारोह शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों से होता हुआ परशुराम मंदिर पर जाकर संपन्न हुआ। इस दौरान जगह-जगह श्रद्धालुओं और सामाजिक संगठनों द्वारा चल समारोह का भव्य स्वागत किया गया。 कहीं फूलों की वर्षा की गई तो कहीं शीतल पेय और प्रसाद वितरित कर श्रद्धालुओं का स्वागत किया गया। पूरे आयोजन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था भी चाक-चौबंद नजर आई।
0
0
Report

सिलफिली गांव में तालिबानी फरमान: सामाजिक बहिष्कार के खिलाफ पुलिस जांच शुरू

Surajpur, Chhattisgarh:सूरजपुर के सिलफिली गांव में सामाजिक कट्टरता और दकियानूसी परंपराओं का एक अमानवीय चेहरा सामने आया है, यहां एक परिवार के विरुद्ध तालिबानी फरमान जारी करते हुए उनका पूर्णतः सामाजिक बहिष्कार कर दिया गया है. पीड़ित परिवार को समाज की मुख्यधारा से अलग करने के इस निर्णय ने न केवल मानवीय संवेदनाओं पर कुठारा घात किया है, बल्कि कानून और व्यवस्था को भी खुली चुनौती दी है. वहीं उसी समाज के लोग और गांवों के सरपंच भी इस फैसले को गलत ठहरा रहे हैं, इस प्रताड़ना से त्रस्त होकर अब पीड़ित ने जयनगर थाने पर न्याय की गुहार लगाई है. सिलफिली निवासी सोमार साय और उसका परिवार इन दिनों जबरजस्त मानसिक प्रताड़ना से गुजर रहा है. दरअसल गांव के कुछ दबंग व्यक्तियों ने एक सामाजिक बैठक आयोजित कर सोमार साय के विरुद्ध बहिष्कार का लिखित फरमान सुना दिया, इस कठोर दंड के पीछे के कारण बेहद मामूली और व्यक्तिगत बताए जा रहे हैं. आरोप है कि सोमार ने अपने घर के एक निजी मांगलिक कार्यक्रम में गांव के तीन रसूखदारों को आमंत्रित नहीं किया था, जिसे समाज के इन ठेकेदारों ने अपनी प्रतिष्ठा का सवाल बना लिया. इसके साथ ही माता के निधन के बाद किये गए अंतिम संस्कार के विधानों पर भी आपत्ति जताई गई है; समाज का तर्क है कि सोमार ने दशगात्र के दिन ही भोज का आयोजन किया जो सामाजिक परंपराओं का उल्लंघन है, जबकि उनके अनुसार यह कार्यक्रम बारहवें दिन संपन्न होना था. सोमार साय, पीड़ित. इस फरमान के बाद जहां पीड़ित Family सामाजिक अलगाव के कारण सदमे में है, वहीं गांव की सरपंच और राजनीतिक संगठनों ने इस कृत्य को गलत बताया है. गोड समाज के प्रतिनिधित्व का दावा करने वाली गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के पदाधिकारियों ने इसे पूरी तरह गैर-संवैधानिक और लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत बताया है. गांव की सरपंच ने भी इस तुगलकी फरमान को सिरे से खारिज करते हुए इसे गलत ठहराया है. जयनगर पुलिस ने पीड़ित की शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी है और जांच के आधार पर दोषियों पर कार्रवाई की बात कर रहे हैं. सभ्य समाज में इस तरह के तालिबानी फरमान के लिए कोई स्थान नहीं है, यह मामला स्पष्ट करता है कि आज भी ग्रामीण क्षेत्रों में कुछ लोग खुद को कानून से ऊपर मानते हैं, अब पुलिस की जांच और कानूनी कार्रवाई ही यह तय करेगी कि सोमार साय के परिवार को समाज में फिर से गौरव और गरिमा प्राप्त होती है या नहीं.
0
0
Report
Advertisement

NIT कुरुक्षेत्र के छात्रों के आत्महत्या मामलों पर केंद्रीय टीम पहुँची

Kurukshetra, Haryana:कुरुक्षेत्र:-NIT ( नेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी) देश के जाने-माने शिक्षण संस्थान में स्टूडेंट द्वारा दो महीने में 4 आत्महत्या के बाद केंद्रीय टीम पहली बार NIT पहुंचीं। मीडिया से बनाई दूरी। इस टीम की अगुआई नेक चेयरमैन प्रो. अनिल सहस्त्रबुद्धे ने की। इस टीम ने सुसाइड मामले की जांच के लिए NIT में बनाई गई वेलविंग टीम के मुलाकात की। साथ ही टीम ने NIT के हॉस्टल में ठहरे कुछ स्टूडेंट्स से भी तथ्य और घटना के पीछे की वजह जानी। इस टीम में NIT जालंधर के डायरेक्टर प्रो. बिनोद कुमार कनोजिया और डॉ. नागपाल शामिल रहे, जबकि रीना सोनवल ऑनलाइन तरीके से जुड़ीं। बिहार की छात्रा दीक्षा आत्महत्या के बाद NIT स्टूडेंट होस्टल को खाली करवा दिया है। इस पूरे घटनाक्रम के बीच स्टूडेट्स ने NIT प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए थे। NIT प्रशासन ने अगले आदेश आने तक छुट्टियों का नोटिस जारी दिया। साथ ही माहौल खराब होने का हवाला देकर कैंपस भी खाली करवा लिया गया, ताकि टीम स्टूडेंट्स से बातचीत ना कर सके। हरियाणा ह्यूमन राइट्स कमीशन (HHRC) ने नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (NIT) कुरुक्षमेत्र में स्टूडेंट्स के लगातार सुसाइड और अटेम्प्ट मामले में सख्त रुख अपनाया है। इस मामले में कमीशन ने खुद संज्ञान लिया है। साथ ही NIT समेत DC और SP से जवाब तलब किया है। कमीशन ने लेटर में एक खबर का जिक्र किया कि 19 अप्रैल को NIT कुरुक्षेत्र में कम समय के भीतर कई स्टूडेंट्स की मौत और सुसाइड की कोशिश हुई। इसमें यह भी बताया गया कि NIT ने स्टूडेंट्स को हॉस्टल खाली करने के निर्देश दिए थे। हाल ही में एक फर्स्ट ईयर की छात्रा ने हॉस्टल की 5वीं मंजिल से कूदकर सुसाइड का प्रयास किया, जिसे समय रहते बचा लिया गया। 16 अप्रैल को हुई सुसाइड 16 अप्रैल को सेंकेंड ईयर की छात्रा का शव उसके कमरे में मिला था। इससे पहले फरवरी और मार्च में भी 2 स्टूडेंट्स की मौत के मामले सामने आए। 8 अप्रैल को भी एक और मामला सामने आया था। लगातार सामने आ रही इन घटनाओं ने स्टूडेंट्स की सुरक्षा और मेंटली हेल्थ को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। नहीं दिख रही पर्याप्त कार्रवाई लिखे गए लेटर में कमीशन के चेयरमैन जस्टिस ललित बत्रा और मेंबर कुलदीप जैन व दीप भाटिया का कहना है कि लगातार घटनाओं के बावजूद NIT की कार्रवाई पर्याप्त नहीं दिखती। सिर्फ प्रोफेसरों के ट्रांसफर जैसे कदम काफी नहीं हैं। यह मामला NIT में मेंटली हेल्थ सपोर्ट सिस्टम की कमी की ओर इशारा करता है। पढ़ाई तक सीमित नहीं कमीशन ने साफ कहा कि संस्थान की जिम्मेदारी सिर्फ पढ़ाई तक सीमित नहीं है, बल्कि छात्रों का मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य भी उतना ही जरूरी है। कमीशन ने इसे गंभीर मानवाधिकार मुद्दा माना है। यह मामला संविधान के अनुच्छेद 21 (जीवन का अधिकार) से जुड़ा है। साथ ही UDHR (मानवाधिकारों की सार्वभौम घोषणा) के अनुच्छेद 3 और 26 का भी उल्लंघन हो सकता है। NIT डायरेक्टर से 9 प्वाइंट पर मांगी जानकारी कमीशन ने NIT कुरुक्षेत्र के डायरेक्टर से 9 प्वाइंट पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। इसमें पहला प्वाइंट चार स्टूडेंट की मौत और एक आत्महतथाी की पूरी परिस्थितियां, कैंपस में मानसिक स्वास्थ्य काउंसलिंग की व्यवस्था और तनाव या आर्थिक परेशानी झेल रहे स्टूडेंट की पहचान कैसे होती है। इसके अलावा मेंटर-मेंटी सिस्टम लागू हुआ या नहीं, हॉस्टल सुरक्षा और निगरानी के इंतजाम, ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए क्या कदम उठाए गए, हॉस्टल खाली कराने के फैसले का कारण, प्रोफेसरों के ट्रांसफर और किसी आंतरिक जांच का विवरण मांगा है। इसके अलावा DC और SP से निर्देश दिए हैं। DC से मांगे 4 प्वाइंट कमीशन ने DC कुरुक्षेत्र से 4 प्वाइंट पर जवाब मांगा है। इसमें पूछा गया कि अब तक क्या कार्रवाई की गई, छात्रों की सुरक्षा के लिए क्या कदम उठाए, जिले में मानसिक स्वास्थ्य सुविधाएं क्या हैं और आर्थिक मदद के लिए क्या व्यवस्था है। इसके अलावा SP कुरुक्षेत्र से 2 प्वाइंट सभी मामलों की जांच की स्थिति और मौत के कारणों को लेकर अब तक क्या निष्कर्ष निकले पर जवाब मांगा गया। 19 से पहले मांगी रिपोर्ट कमीशन ने संबंधित अधिकारियों को अपनी रिपोर्ट 19 मई 2026 की सुनवाई से कम से कम एक सप्ताह पहले आयोग के सामने पेश करनी होगी।
0
0
Report

बेतिया में अवैध क्लिनик–जाँच घरों पर छापेमारी, डीएम ने सभी अस्पताल सील कर दिए

Bettiah, Bihar:बेतिया से खबर है जहां झोला छाप डॉक्टरों और अवैध निजी क्लिनिक चलाने वालों की खैर नहीं है. बेतिया डीएम तरनजोत सिंह के निर्देश पर पूरे जिले में अवैध निजी अस्पतालों पर एक साथ छापेमारी की गई. दर्जनों जांच घरों पर भी छापेमारी की गई. जिला में तीन अवैध निजी क्लिनिक को सील किया गया. आधा दर्जन जांच घरों को सील किया गया. पहले से सील हुए निजी क्लिनिक चल रहे थे उन्हें फिर से सील किया गया. बता दे जिलाधिकारी तरनजोत सिंह को गुप्त सूचना मिली थी जिला में कई अवैध निजी क्लिनिक बिना रोक टोक के चल रहे हैं. झोलाछाप डॉक्टरों की वजह से कई मरीजों की मौत चली गई. डीएम के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग ने पूरे जिला में अभियान चलाया. नरकटियागंज में एक निजी क्लिनिक को सील किया गया जो पहले भी सील किया था वह बिना आदेश का संचालित हो रहा था. लौरिया एक जांच घर सील किया गया. बेतिया नौतन मझौलिया गौनाहा सभी जगहों पर स्वास्थ्य विभाग ने एक साथ छापेमारी की जिससे जिला में हड़कंप मच गया. झोला छाप डॉक्टरों और अवैध निजी अस्पताल चलाने वाले अपने अपने अस्पताल से भाग खड़े हुए. टीम ने दर्जनों अस्पताल के कागजात को बारीकी से जांच की. जांच घरों के मानक की जांच की गई. बतादे नरकटियागंज और बेतिया में कई अवैध निजी क्लिनिक और जांच घर धड़ल्ले से चल रहे हैं. झोलाछाप डॉक्टरों की लापरवाही से मरीजों की जान भी चली जाती है. डीएम तरनजोत सिंह की इस कार्यवाही से जिला में हड़कंप मचा हुआ है.
0
0
Report
Advertisement

कटारिया गांव बवाल में पुलिस का बड़ा एक्शन, मुख्य आरोपी सत्या यादव समेत 10 आरोपी भेजे गए जेल

ATAlok TripathiFollow30m ago
Ghazipur, Uttar Pradesh:गाजीपुर के करंडा थाना क्षेत्र के कटारिया गांव में कल हुए बवाल के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। इस मामले में सपा विधायक जंगीपुर डॉ वीरेंद्र यादव, सपा विधायक सदर जै किशन साहू, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष सत्या यादव समेत 47 लोगों को नामजद करते हुए 200 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने पूर्व जिला पंचायत सदस्य सत्या यादव समेत 10 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। एसपी गाजीपुर डॉक्टर ईरज राजा ने पूरे मामले में सख्त कार्रवाई की बात कही है। दरअसल कटारिया गांव में हुए बवाल को लेकर पुलिस अब पूरी तरह एक्शन मोड में है। पुलिस के मुताबिक कुछ अराजक तत्वों ने माहौल खराब करने की नीयत से गांव में पत्थरबाजी की और स्थिति को तनावपूर्ण बना दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने 47 लोगों को नामजद करते हुए 200 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी और पूर्व जिला पंचायत सदस्य सत्य यादव समेत 10 लोगों को गिरफ्तार कर आज जेल भेज दिया है। एसपी डॉ. ईरज राजा के मुताबिक इस पूरी घटना को सोची-समझी साजिश के तहत अंजाम दिया गया था। उन्होंने बताया कि प्रतिनिधिमंडल को पहले ही स्पष्ट कर दिया गया था कि तय सीमा में ही जाने की अनुमति है, लेकिन इसके बावजूद करीब 250 से 300 लोगों की भीड़ गांव में पहुंच गई। एसपी ने बताया कि कई लोग लाठी-डंडों के साथ पहुंचे थे और पत्थरबाजी की घटना को अंजाम दिया गया। पुलिस के पास घटना से जुड़े पर्याप्त फोटो और वीडियो फुटेज मौजूद हैं, जिनके आधार पर अन्य लोगों की पहचान कर आगे भी गिरफ्तारी की जाएगी। एसपी डॉ. ईरज राजा ने यह भी कहा कि निशा मामले को लेकर बार-बार गलत तथ्यों को फैलाया गया और गैंगरेप की अफवाहें उड़ाकर इसे जातीय संघर्ष का रूप देने की कोशिश की गई, जबकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में ऐसी कोई पुष्टि नहीं हुई है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है और फरार आरोपियों की तलाश जारी है। पुलिस का कहना है कि फोटो और वीडियो के आधार पर अन्य लोगों को चिन्हित कर जल्द ही सख्त कार्रवाई की जाएगी।
0
0
Report

गाजीपुर में डायरी में ऊपर वाला न्याय करेगा लिखकर युवक ने नीम के पेड़ से लगाई फांसी

ATAlok TripathiFollow35m ago
Ghazipur, Uttar Pradesh:गाजीपुर के दुल्लहपुर थाना क्षेत्र में एक दर्दनाक घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। गांव के एक युवक ने नीम के पेड़ से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतक के पास से डायरी में ऊपर वाला न्याय करेगा लिख कर युवक ने निम के पेड़ पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली । परिजनों की तहरीर के आधार पर बीएनएस की धारा 106 के तहत मामला दर्ज कर जांच में जुटी हुई है। बताया जा रहा है कि गांव के कुछ लोगों की धमकियों और कानूनी कार्रवाई के डर से युवक मानसिक दबाव में था। बता दें कि गाजीपुर के दुल्लहपुर थाना क्षेत्र के शिवपुर गांव में गुरुवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब 25 वर्षीय राजाराम कुमार का शव उसके घर की छत से सटे नीम के पेड़ से लटका मिला। परिजनों की नजर जैसे ही रस्सी से लटके शव पर पड़ी, घर में कोहराम मच गया और पूरे गांव में खबर आग की तरह फैल गई। सूचना मिलते ही दुल्लहपुर थाना अध्यक्ष वागिश विक्रम सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और मौके से नायलॉन की रस्सी और एक डायरी में नोट को साक्ष्य के रूप में जब्त कर लिया। परिजनों के मुताबिक 13 अप्रैल को गांव के ही एक युवक के साथ शराब पीने के दौरान राजाराम की कहासुनी और मारपीट हो गई थी, जिसमें विपक्षी का पैर टूट गया था। आरोप है कि इस घटना के बाद गांव के कुछ लोग राजाराम को लगातार जेल और फांसी की धमकी दे रहे थे, जिससे वह गहरे मानसिक तनाव में आ गया था। हैरानी की बात यह है कि मारपीट की घटना के बाद भी थाने में कोई तहरीर नहीं दी गई थी। विपक्षी पक्ष की ओर से पहली बार 22 अप्रैल को शिकायती पत्र दिया गया। इसी बीच युवक ने यह खौफनाक कदम उठा लिया। घटना की खबर मिलते ही गांव में शोक की लहर दौड़ गई। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि समेत कई जनप्रतिनिधि और ग्रामीण पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। फिलहाल पुलिस डायरी और घटनास्थल से मिले सबूतों के आधार पर पूरे मामले की जांच कर रही है।
0
0
Report
Advertisement

किसान के बेटे ने किया कमाल,गाजीपुर के राजवीर तिवारी ने हाईस्कूल में प्रदेश में हासिल की 6वां स्थान

ATAlok TripathiFollow38m ago
Ghazipur, Uttar Pradesh:गाजीपुर में एक किसान के बेटे ने कड़ी मेहनत और लगन के दम पर यूपी बोर्ड की हाईस्कूल परीक्षा में पूरे प्रदेश में छठा स्थान हासिल किया है। सदर तहसील के औरंगाबाद गांव के रहने वाले राजवीर तिवारी ने 96.83 प्रतिशत अंक प्राप्त कर मेरिट लिस्ट में 6वीं पोजिशन हासिल की है। उनकी इस उपलब्धि से जहां परिवार में खुशी का माहौल है, वहीं पूरे गांव और जिले में भी गर्व महसूस किया जा रहा है। दरअसल गाजीपुर के सदर तहसील क्षेत्र के औरंगाबाद गांव के रहने वाले किसान अभय नारायण तिवारी के बेटे राजवीर तिवारी ने यूपी बोर्ड की हाईस्कूल परीक्षा में शानदार प्रदर्शन करते हुए पूरे प्रदेश की मेरिट लिस्ट में 6वां स्थान हासिल किया है। राजवीर शहर के आदर्श इंटर कॉलेज के छात्र हैं और उन्होंने हाईस्कूल की परीक्षा में 96.83 प्रतिशत अंक प्राप्त किए हैं। उनकी इस शानदार सफलता के बाद परिवार, शिक्षक और गांव के लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई है।राजवीर तिवारी ने अपनी इस सफलता का श्रेय अपने माता-पिता और शिक्षकों को दिया है। उनका कहना है कि नियमित पढ़ाई और शिक्षकों के मार्गदर्शन से ही यह उपलब्धि हासिल हो पाई है। राजवीर का सपना आगे चलकर इंजीनियर बनने का है और साथ ही वह यूपीएससी की तैयारी कर देश की सेवा करना चाहते हैं। वहीं राजवीर की इस उपलब्धि से उनके परिवार में जश्न का माहौल है। पिता अभय नारायण तिवारी, दादी शैव्या देवी और परिवार के अन्य सदस्य बेटे की इस सफलता पर बेहद गर्व महसूस कर रहे हैं। जिला विद्यालय निरीक्षक प्रकाश सिंह ने भी राजवीर को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।
0
0
Report

घाटोल पूर्व विधायक नवनीत निनामा के निधन पर सीएम सहित भाजपा नेताओं ने शोक जताया

Noida, Uttar Pradesh:सीएम भजनलाल शर्मा , बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ और पूर्व बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष डॉ सतीश पूनिया ने एक्स पर पोस्ट कर घाटोल के पूर्व विधायक और बीजेपी नेता नवनीत निनामा ने निधन पर शोक संवेदना व्यक्त की ..... सीएम ने पोस्ट करके लिखा कि भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं घाटोल के पूर्व विधायक श्री नवनीत निनामा जी के निधन का समाचार अत्यंत दुखद है। संगठन के प्रति उनकी अटूट निष्ठा तथा क्षेत्र के सर्वांगीण विकास हेतु उनका समर्पित जीवन हम सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत है। ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोकाकुल परिजनों एवं उनके समर्थकों को यह असहनीय दुःख सहने की शक्ति प्रदान करें। ॐ शांति!
0
0
Report
Advertisement
Advertisement
Back to top