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Balrampur: विवादित जमीन पर न्यायालय का आदे
Tulsipur, Uttar Pradesh:ग्राम विश्रामपुर गौरा में एक विवादित जमीन पर तुलसीपुर स्थित न्यायालय ने आदेश पारित किया है कि गाटा संख्या 640 में वादिनी के अंश लगभग 872 स्क्वायर फीट में विपक्षी किसी तरह का कब्जा नहीं कर सकते। वादिनी को अपने निर्माण करने की अनुमति दी गई है। जब वादिनी ने न्यायालय के आदेश का पालन करते हुए अपनी जमीन पर सीमेंट की छत डालने और उसे घेरने की कोशिश की, तब त्रिवेनी, संतोष और तवनमती समेत अन्य विपक्षियों ने उन पर हमला कर दिया।
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झुंझुनूं कलेक्ट्रेट में फायर सेफ्टी लापरवाही: एक्सपायरी सिलेंडर और यंत्र गायब
Jhunjhunu, Rajasthan:झुंझुनूं कलेक्ट्रेट का फायर सेफ्टी सिस्टम पूरी तरह फेल! एक्सपायरी डेट का मिला सिलेंडर, ज्यादातर जगह अग्निशमन यंत्र गायब आग के बाद खुली बड़ी लापरवाही, पानी की बाल्टियों से बुझाई गई थी आग झुंझुनूं जिला कैलेक्टेट में शुक्रवार तड़के लगी आग की घटना भले ही समय रहते नियंत्रण हो गई। लेकिन इस घटना ने कलेक्टर के फायर सेफ्टी व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है। घटना के बाद जब पूरे कलेक्ट्रेट परिसर का जायजा लिया गया तो सामने आया कि जिस भवन में जिले का सबसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक रिकॉर्ड रखा हुआ है, वहाँ अग्नि सुरक्षा के नाम पर लगभग कोई व्यवस्था ही नहीं है। सबसे चौंकाने वाली बात यह सामने आई कि पूरे कलेक्ट्रेट में फायर सेफ्टी के लिए लगा एकमात्र अग्निशमन सिलेंडर भी एक्सपायरी डेट का मिला। जबकि अधिकांश स्थानों पर जहां अग्निशमन यंत्र होने चाहिए थे, वहां वे गायब मिले। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि यदि शुक्रवार को आग कुछ मिनट और भड़क जाती या किसी अन्य हिस्से में फैल जाती तो उसे बुझाने के लिए प्रशासन के पास तत्काल क्या व्यवस्था थी? आपको बता दें कि शुक्रवार सुबह करीब 5:15 बजे कलेक्ट्रेट के कमरा नंबर-115 में आग लग गई थी। ड्यूटी पर मौजूद चौकीदार ने धुआं उठता देखा तो सूचना दी। मौके पर मौजूद सिविल डिफेंस टीम ने बाल्टियों से पानी डालकर आग पर काबू पाया। यदि यह टीम समय पर नहीं पहुंचती तो ग्रामीण विकास और पंचायत अनुभाग का महत्वपूर्ण सरकारी रिकॉर्ड आग की चपेट में आ सकता था। पर सवाल यह है कि जिस भवन में प्रतिदिन हजारों लोग आते हैं और जहां करोड़ों रुपए के सरकारी रिकॉर्ड व संवेदनशील दस्तावेज रखे हुए हैं, वहाँ अग्निशमन यंत्रों का नहीं होना गंभीर लापरवाही माना जा रहा है। फायर सेफ्टी के निर्धारित मानकों के अनुसार प्रत्येक ब्लॉक, गलियारे और महत्वपूर्ण कार्यालय में कार्यशील अग्निशमन यंत्र, समय-समय पर उनका रखरखाव और नियमित निरीक्षण अनिवार्य होता है। लेकिन कलेक्ट्रेट में वास्तविक स्थिति इसके बिल्कुल उलट दिखाई दी। यदि भविष्य में किसी बड़े हिस्से में आग लगती है तो केवल बाल्टियों के सहारे आग पर काबू पाना संभव नहीं होगा। ऐसे में सरकारी रिकॉर्ड के साथ-साथ कर्मचारियों और आम लोगों की सुरक्षा भी खतरे में पड़ सकती है। जिला कलेक्टर डॉ. अरुण गर्ग ने माना कि फायर सेफ्टी व्यवस्थाओं को और बेहतर कराने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि फायर सेफ्टी प्रोटोकॉल के अनुरूप सभी आवश्यक व्यवस्थाएं दुरुस्त कराई जाएंगी ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा उत्पन्न होने पर तत्काल प्रभावी कार्रवाई की जा सके। हालांकि बड़ा सवाल यही है कि जब तक आग नहीं लगी थी, तब तक इन व्यवस्थाओं की समीक्षा क्यों नहीं हुई? यदि शुक्रवार की घटना बड़ा रूप ले लेती तो इसकी जिम्मेदारी आखिर किसकी होती? कलेक्ट्रेट जैसी महत्वपूर्ण सरकारी इमारत में फायर सेफ्टी की यह स्थिति प्रशासनिक लापरवाही की ओर साफ इशारा करती है।0
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लखीसराय ड्रग इंस्पेक्टर निलंबित, कृषि मंत्री से ऑडियो वायरल
Lakhisarai, Bihar:लखीसराय के तत्कालीन औषधि निरीक्षक दीपक कुमार राम के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है. स्वास्थ्य विभाग के विशेष कार्य पदाधिकारी सुरेंद्र राय ने निलंबन संबंधी आदेश जारी किया. इससे पूर्व 30 जून को विभाग ने उनका तबादला कर राज्य मुख्यालय, पटना में पदस्थापित किया था. जानकारी के अनुसार 27 मई को रामगढ़ चौक थाना पुलिस ने एक पिकअप वैन से दवाओं की बड़ी खेप बरामद की थी. मामले की जांच तत्कालीन ड्रग इंस्पेक्टर दीपक कुमार राम ने दो अन्य जिलों के औषधि निरीक्षकों के साथ की थी. आरोप है कि उन्होंने जांच प्रतिवेदन न तो वरीय अधिकारियों को उपलब्ध कराया और न ही नियमानुसार आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की. स्वास्थ्य विभाग के निर्देश पर सहायक औषधि नियंत्रक, लखीसराय ने 17 जून को रामगढ़चौक थाना में दीपक कुमार राम के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराई थी. इसके बाद विभागीय स्तर पर कार्रवाई तेज करते हुए उन्हें निलंबित कर दिया गया. निलंबन अवधि में दीपक कुमार रोम का मुख्यालय उप औषधि नियंत्रक, औषधि नियंत्रण प्रशासन, तिरहुत प्रमंडल, मुजफ्फरपुर निर्धारित किया गया है. इस अवधि में उन्हें बिहार सरकारी सेवक (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियमावली, 2005 के प्रविधानों के अनुसार जीवन निर्वाह भत्ता मिलेगा. साथ ही स्वास्थ्य विभाग ने उनके विरुद्ध आरोप-पत्र गठित कर विभागीय कार्रवाई शुरू करने का भी आदेश जारी किया है. कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा से बातचीत का ऑडियो भी किया था वायरल. दरअसल दवा जब्ती मामले में तत्कालीन ड्रग इंस्पेक्टर दीपक कुमार Ram द्वारा दवा दुकानदार से मोटी रकम की मांग की जा रही थी. इसके बाद दवा दुकानदारों ने स्थानीय विधायक सह सूबे के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा से इसकी शिकायत किया. कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने इस मामले में ड्रग इंस्पेक्टर दीपक कुमार राम को फटकार लगाते हुए नियम संगत कारवाई करने का निर्देश दिया. लेकिन ड्रग इंस्पेक्टर ने कारवाई करने के बदले कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा से बातचीत का ऑडियो वायरल कर दिया. लखीसराय से राज किशोर मधुकर की रिपोर्ट।0
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बिहार में मॉनसून कमजोर, बारिश कम से उमस भरी गर्मी बनी रही
Patna, Bihar:बिहार में मॉनसून पहुँचने के बावजूद बारिश का दौर अब तक कमजोर बना हुआ है। दक्षिण बिहार के कई जिलों में सामान्य से कम वर्षा दर्ज की गई है, जिससे उमस भरी गर्मी लोगों की परेशानी बढ़ा रही है। मौसम विभाग ने शनिवार को राज्य के 24 जिलों में तेज हवा, बारिश और वज्रपात की आशंका को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया है। मौस़म विभाग के अनुसार, 5 जुलाई तक अधिकांश जिलों में हल्की से मध्यम बारिश और वज्रपात की संभावना बनी रहेगी, जबकि पटना समेत कई इलाकों में तापमान 38 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने से उमस का असर जारी रहेगा। हालांकि, 6 से 8 जुलाई के बीच राज्यभर में अच्छी बारिश होने की संभावना जताई गई है, जिससे तापमान में गिरावट आएगी और लोगों को गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है। मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक, 3 जुलाई तक बिहार में सामान्य से करीब 40 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है। विशेषज्ञों का कहना है कि बंगाल की खाड़ी से पर्याप्त नमी नहीं मिलने, मॉनसूनी सिस्टम के कमजोर रहने और ट्रफ लाइन या लो-प्रेशर सिस्टम सक्रिय नहीं होने के कारण राज्य में फिलहाल अच्छी बारिश नहीं हो पा रही है।0
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हरदा में भारी बारिश से माचक नदी उफान, दर्जनों गांव संपर्क से दूर
Harda, Khedi Mahmudabad, Madhya Pradesh:हरदा में बारिश का कहर: अलर्ट के बीच माचक नदी उफान पर, दर्जनों गांवों का संपर्क टूटा हरदा। जिले में मौसम विभाग द्वारा अलर्ट जारी किए जाने के बाद शनिवार सुबह से लगातार तेज बारिश का दौर जारी है। भारी वर्षा के चलते जनजीवन प्रभावित हो गया है। माचक नदी उफान पर होने से मगरधा सहित दर्जनों गांवों का जिला मुख्यालय से संपर्क टूट गया है। मानसून ने एक बार फिर रफ्तार पकड़ ली है। लगातार हो रही बारिश से शहर के निचले इलाकों और कई प्रमुख सड़कों पर जलभराव की स्थिति बन गई है। वहीं वनांचल क्षेत्र में हुई तेज बारिश के कारण ग्राम मगरधा के पास बहने वाली माचक नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। मगरधा से रतनपुर सहित दर्जनों गांवों को जोड़ने के लिए नदी पर पुल का निर्माण कार्य चल रहा है। तेज बहाव के कारण पुल निर्माण के लिए रखी गई सामग्री नदी में बहने लगी। ठेकेदार के कर्मचारी निर्माण सामग्री को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने में जुटे रहे। दूसरी ओर जिले के कई ग्रामीण इलाकों में अधिक बारिश के चलते किसानों की बोई गई फसलों को भी नुकसान पहुंचने की खबर है। प्रशासन ने लोगों से नदी-नालों को पार नहीं करने और अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलने की अपील की है। मौसम विभाग ने अगले कुछ घंटों तक भारी से अति भारी बारिश की संभावना जताई है, जिससे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।0
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UPTET परीक्षा: अमरोहा में तकनीकी गड़बड़ी से अभ्यर्थी छूट गई परीक्षा, दोबारा मौका मांगा
UPTET एग्जाम में अमरोहा की अभ्यर्थी की तकनीकी गड़बड़ी की वजह से छूटी परीक्षा, महिला अभ्यर्थी ने तकनीकी गड़बड़ी की वजह से की दोबारा मौका देने की मांग अमरोहा में UPTET परीक्षा के दौरान कथित तकनीकी गड़बड़ी का मामला सामने आया है। अमरोहा नगर के मोहल्ला मुल्लाना निवासी वायज़ा खान ने आरोप लगाया है कि 2 जुलाई को उनका एग्जाम था एग्जाम के लिए वह निर्धारित समय से एक घंटा पहले बरसात के बीच पहुंची लेकिन वहां पर पता लगा कि कोई सरकारी एग्जाम इस कॉलेज में ना तो आज तक हुआ है और ना ही आज है, एडमिट कार्ड में परीक्षा केंद्र का कोड बदल जाने के कारण उनकी परीक्षा छूट गई। वायज़ा खान का कहना है कि वह पिछले चार वर्षों से UPTET की तैयारी कर रही थीं। उनके अनुसार, पहले डाउनलोड किए गए एडमिट कार्ड में परीक्षा केंद्र मेरठ दर्शाया गया था। निर्धारित समय पर मेरठ पहुंचने पर उन्हें बताया गया कि इस कॉलेज में कोई एग्जाम नहीं है और इस कॉलेज में कोई भी सरकारी एग्जाम होता ही नहीं है। दोबारा एडमिट कार्ड डाउनलोड करने पर परीक्षा केंद्र मुरादाबाद दिखा। अचानक केंद्र बदलने की जानकारी मिलने के कारण वह समय पर मुरादाबाद नहीं पहुंच सकीं और परीक्षा से वंचित रह गईं। वायज़ा ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराए जाने और तकनीकी गड़बड़ी से प्रभावित अभ्यर्थियों को दोबारा परीक्षा देने का अवसर दिए जाने की मांग की है।0
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राजभर के जवाब में अखिलेश-शिवपाल विवाद पर बहुजन समाज की बहस तेज
Noida, Uttar Pradesh:अखिलेश यादव जी आपके चचा श्री 'शिशुपाल' सॉरी शिवपाल यादव जी, आपके ही शब्द बोल रहे हैं। ये इसलिए कह रहा हूं क्योंकि श्री शिवपाल जी को अंदाजा भी नहीं है कि कब आपने उन्हें 'यादवनीति' की गलत घुट्टी पिला दी। बेचारे हैं वो, वयोवृद्ध हो चुके हैं न! खैर, आपकी 'YP' यानी 'यादववादी पार्टी' के कार्यकर्ता हम बहुजन मतलब पाल, प्रजापति, बिंद, केवट, मल्लाह, राजभर, निषाद, मांझी, दर्जी, तेली, लोनिया, फकीर और बंजारा के 'मुंह में पीढ़ियों से डॉट, डॉट, डॉट' ही तो करते आए हैं। गांवों में आज भी हम लोगों की मां, बहन, बेटी, बहू और भाई के साथ 'PDA’ यानी ‘पीट देगा अहीर' और हमारे मुंह में आपके स्वजातीय द्वारा आपके ‘चचा का डॉट, डॉट, डॉट' ही तो होता आ रहा है। अखिलेश जी जितना मन हो हम बहुजनों को गाली दिलवा लीजिए, हमको पिटवा लीजिए…पर हम हार नहीं मानेंगे। आज भी अवध और पूर्वांचल में आपके स्वजातीय हमें यही तो बोलते हैं कि ये तो भर है, गड़ेरिया है, कोइरी है, लोनिया है…मार सारेन का। हम गाली और लाठी खा लेंगे, लेकिन अपना हिसाब जरूर करेंगे। एक बात लिखकर रख लीजिए अखिलेश जी! चाहे मेरठ में दलित पिछड़ों के अपमान की बात हो या पूर्व मंत्री प्रभु दयाल वाल्मीकि जी और अति पिछड़ी जाति से आने वाले आपके पार्टी के जिलाध्यक्ष के हक की बात हो, दलित पिछड़ों के लिए हमेशा आवाज उठाऊंगा, इसके लिए ओम प्रकाश राजभर को अगर गालियां मिलती हैं तो राजभर गाली खाएगा, लेकिन आवाज उठाना बंद नहीं करेगा। अखिलेश जी हो सके तो अपने चचा को भजन सिखा दीजिए। उम्र हो गई है, गाली-गलौच ठीक बात नहीं है।0
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झुंझुनूं डकैती: छह आरोपी शिनाख्त परेड के बाद जेल भेजे, बाकी बरामदगी शेष
Jhunjhunu, Rajasthan:झुंझुनूं झुंझुनूं शहर में हुई डकैती केस के आरोपी कोर्ट में पेश कोर्ट ने जेल भेजा, फिर रिमांड पर लेगी कोतवाली पुलिस 6 आरोपियों की होगी शिनाख्त परेड कराएगी कोतवाली पुलिस हथियारों की बरामदगी बाकी, जेवरात-नकदी अब भी गायब 21 जून को हुई थी झुंझुनूं शहर में सनसनीखेज डकैती 16 लोगों को बनाया था बंधक, 60 तोला सोना, 2 किलो चांदी लूटी थी झुंझुनूं शहर के बिलाल मस्जिद क्षेत्र में प्रॉपर्टी कारोबारी के घर से एक करोड़ रुपए से अधिक की सनसनीखेज डकैती के मामले में गिरफ्तार छह आरोपियों की अब पुलिस शिनाख्त परेड कराएगी। इसके लिए सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है। शिनाख्त परेड पूरी होने के बाद पुलिस उन्हें दोबारा रिमांड पर लेकर वारदात से जुड़े अन्य पहलुओं की पूछताछ करेगी। पुलिस ने उत्तर प्रदेश निवासी अंतरराज्यीय गिरोह के छह आरोपियों राजीव उर्फ राजू खट्टा, आरिफ कुरैशी, राशिद कुरैशी, सरफराज उर्फ भुटन, सतार कुरैशी और जाहिद उर्फ लंबू को प्रारंभिक पूछताछ के बाद कोर्ट में पेश किया। अदालत ने उन्हें शिनाख्त परेड के लिए न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया। जांच के दौरान पुलिस अब तक वारदात में प्रयुक्त दो स्कॉर्पियो गाड़ियां जब्त कर चुकी है। हालांकि, डकैती में इस्तेमाल किए गए रिवॉल्वर, चाकू सहित अन्य हथियार, साथ ही लूटे गए सोने-चांदी के जेवरात और नकदी की बरामदगी अभी बाकी है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों को दोबारा रिमांड पर लेकर बरामदगी और गिरोह के अन्य सदस्यों के संबंध में पूछताछ की जाएगी। गौरतलब है कि 21 जून की रात बिलाल मस्जिद क्षेत्र में बदमाशों ने प्रॉपर्टी कारोबारी के घर में घुसकर परिवार के 16 सदस्यों को रिवॉल्वर और चाकू के बल पर बंधक बना लिया था। इसके बाद बदमाश करीब 60 तोला सोने के जेवर, दो किलो चांदी के आभूषण और दो लाख रुपए की नकदी लेकर फरार हो गए थे। वारदात के बाद जिलेभर में सनसनी फैल गई थी। कोतवाली थाना प्रभारी श्रवण कुमार ने बताया कि जल्द ही आरोपियों की शिनाख्त परेड कराई जाएगी। इसके बाद उन्हें पुनः पुलिस रिमांड पर लेकर डकैती से जुड़े साक्ष्य और शेष माल की बरामदगी की कार्रवाई की जाएगी।0
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भीलवाड़ा के मांडल में शव मिलने से सनसनी, हत्या या दुर्घटना की जा रही जांच
Noida, Uttar Pradesh:जिला भीलवाड़ा लोकेशन: मांडल भीलवाड़ा के मांडल से खबर मांडल चौराहा सर्विस रोड पर मिला शव, किसान कुल्फी के समीप मिला शव, संदिग्ध अवस्था में मिले शव से फैली सनसनी, सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस 108 एंबुलेंस, मांडल निवासी छोटू तंबोली के रूप में हुई शव की शिनाख्त, दुर्घटना या हत्या पुलिस जुटी जांच में,0
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दिल्ली में नाबालिग गैंग का आतंक: संजय बस्ती में चाकूबाजी-लूट
New Delhi, Delhi:दिल्ली की उत्तर पश्चिमी क्षेत्र के तिमारपुर की संजय बस्ती में हालात इतने बदले कि लोग रात में अपने ही घर के दरवाजे खोलने से डरने लगे हैं. आरोप है कि नाबालिग बच्चों के गैंग खुलेआम चाकूबाजी, लूट, स्नैचिंग और हत्या जैसी वारदातों को अंजाम दे रहे हैं. हालात की वजह क्या है? देखें हमारी खास रिपोर्ट. उत्तरी दिल्ली के तिमारपुर थाना क्षेत्र की संजय बस्ती इन दिनों अपराध के साये में जी रही है. स्थानीय居民 का कहना है कि इलाके में सक्रिय नाबालिग गैंग आए दिन लूटपाट, स्नैचिंग, चाकूबाजी और हिंसक वारदातों को अंजाम दे रहे हैं. अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हैं कि कानून का डर नहीं बचा है. स्थानीय निवासियों के अनुसार दिन ढलते ही पूरे इलाके में दहशत रहती है. रात के समय अगर दरवाजा खटखट दे, तो लोग पहले यह देखते हैं कि बाहर खुद उनका है या हमला करने आए बदमाश. लोग संजय बस्ती, पत्राचार झुग्गी और इंद्रा बस्ती में कई नाबालिग गैंग सक्रिय होने की बात कहते हैं. सबसे बड़ा सवाल यह है कि महज कुछ दूरी पर तिमारपुर पुलिस चौकी और थाना मौजूद होते हुए भी अपराध पर लगाम क्यों नहीं लग रही? स्थानीय लोग दावा करते हैं कि हर महीने आधा दर्जन से अधिक चाकूबाजी की घटनाएं होती हैं. कई पीड़ित डर से पुलिस तक नहीं पहुंचते, जबकि कुछ शिकायत दर्ज भी कराते हैं. इलाके में शराब, गांजा और अन्य नशीले पदार्थों की खुलेआम बिक्री के आरोप भी लगाए जाते हैं. साथ ही सट्टेबाजी का अवैध कारोबार भी चल रहा है. करीब दस दिन पहले 24 वर्षीय कैब चालक दिलबर की चाकू मारकर हत्या कर दी गई थी. इसके बाद इलाके में तीन और चाकूबाजी की घटनाएं हो चुकी हैं, जिनमें कई नाबालिग और युवक घायल होकर अस्पताल में भर्ती हैं. कैमरे के सामने लोग खुलकर बोलने से डरते हैं. आरोप है कि अपराध करने वाले नाबालिग कुछ समय बाद फिर बाहर आ जाते हैं, जिससे गैंग मजबूत हो रहे हैं. स्थानीय निवासियों ने कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि न सरकार और न पुलिस इस समस्या पर प्रभावी कार्रवाई कर रही है. लोग मांग कर रहे हैं कि नाबालिग गैंग, नशे और अवैध गतिविधियों पर कड़े अभियान चलाकर संजय बस्ती को भय के माहौल से मुक्त कराया जाए.0
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बीकानेर के सागर रोड पर तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर पलटकर दो की मौत
Noida, Uttar Pradesh:बीकानेर से बड़ी खबर सागर रोड पर भीषण सड़क हादसा उदासर फांटा के पास तेज रफ्तार फॉर्च्यूनर अनियंत्रित होकर पलटी, हादसे के बाद फॉर्च्यूनर हुई अनियंत्रित गाय को टक्कर मारते हुए बिजली के पोल और स्कूटी को भी लिया चपेट में, hोटल के सामने कई फीट उछलकर पलटी फॉर्च्यूनर घटना में दो की मौत एक घायल, स्कूटी के उड़े परखच्चे, घायल अस्पताल में भर्ती पुलिस और एंबुलेंस मौके पर पहुंची, घायलों को कराया अस्पताल में भर्ती ओवरस्पीड को हादसे का कारण माना जा रहा फॉर्च्यूनर में मिले आधार कार्ड के आधार पर पहचान के प्रयास जारी पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी0
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अरावली में अवैध निर्माण पर बुलडोजर, 200 से अधिक फार्म हाउसों पर कार्रवाई
Faridabad, Haryana:फरीदाबाद अरावली में अवैध निर्माण पर सख्ती, धार्मिक स्थलों से लेकर 200 से अधिक अवैध फार्म हाउस तक चलेगा बुलडोजर अभियान फरीदाबाद। अरावली वन क्षेत्र में अवैध निर्माण के खिलाफ चल रहे अभियान को अब और व्यापक किया जा रहा है। मकानों और मोबाइल टावरों के बाद अब वन विभाग की नजर वन क्षेत्र में बने अवैध धार्मिक स्थलों और उनके आसपास हुए अतिक्रमण पर भी है। विभाग इन सभी निर्माणों की संयुक्त रूप से जांच करेगा और नियमों के विरुद्ध पाए जाने वाले निर्माणों पर बुलडोजर कार्रवाई की जाएगी। वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, अरावली क्षेत्र में अवैध निर्माणों को हटाने के लिए इस महीने संयुक्त निरीक्षण अभियान शुरू किया जाएगा। अभियान के दौरान वन भूमि पर बने धार्मिक स्थलों, उनके आसपास हुए अतिक्रमण और अन्य अवैध निर्माणों का सर्वे कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। विभाग का कहना है कि वन भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा या निर्माण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उधर, टाउन एंड कंट्री प्लानिंग (डीटीपी) विभाग ने भी जिले में अवैध निर्माणों के खिलाफ बड़े स्तर पर कार्रवाई की तैयारी कर ली है। डीटीपी अधिकारियों के अनुसार, फरीदाबाद में 200 से अधिक अवैध फार्म हाउस चिन्हित किए गए हैं, जिन पर जल्द कार्रवाई शुरू होगी। इसके अलावा पंचशील कॉलोनी में भी बड़े पैमाने पर अवैध निर्माणों को हटाने के लिए अभियान चलाया जाएगा। प्रशासन का कहना है कि अवैध कब्जों और नियमों के विपरीत किए गए निर्माणों के खिलाफ यह अभियान लगातार जारी रहेगा। संबंधित विभागों की संयुक्त टीम मौके पर निरीक्षण कर कानून के अनुसार कार्रवाई करेगी, ताकि अरावली क्षेत्र और अन्य स्थानों पर हो रहे अवैध निर्माणों पर प्रभावी रोक लगाई जा सके। वही डीटीपी का कहना है कि अवैध कॉलोनी में मकान ना खरीदे क्योंकि इसका खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ता है इससे पहले भी क्या ही बिल्डरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है और आने वाले समय में भी इसी तरह की कार्रवाई बड़े पैमाने पर होगी बाइट = यजन चौधरी डीटीपी अधिकारी0
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हरियाणा में टोकन-आधारित पंजीकरण से सभी आवेदकों को समान अवसर
Chandigarh, Chandigarh:चंडीगढ़, 3 जुलाई - हरियाणा सरकार ने संपत्ति पंजीकरण की प्रक्रिया को सुव्यवस्थित करने और इसमें होने वाली देरी को खत्म करने के उद्देश्य से एक बड़ा कदम उठाया है। राज्य सरकार ने तहसील और उप-मंडल स्तर पर प्रत्येक पंजीकरण कार्यालय के लिए दैनिक पंजीकरण अपॉइंटमेंट की संख्या को अधिकतम 20 टोकन प्रति कार्यालय तक सीमित कर दिया है। यह नई टोकन-आधारित व्यवस्था 2 जुलाई, 2026 से पूरे राज्य में लागू हो गई है। राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की वित्त आयुक्त डॉ. सुमिता मिश्रा ने सभी उपायुक्तों को इस संशोधित व्यवस्था की जानकारी देते हुए इसे सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बताया कि इस नई प्रणाली के तहत, प्रत्येक जिला मुख्यालय तहसील में जिला राजस्व अधिकारी-सह-संयुक्त उप-पंजीयक के कार्यालय को प्रतिदिन यादृच्छिक (रैंडम) रूप से 20 टोकन आवंटित किए जाएंगे। इसी तरह, उप-मंडल स्तर पर उप-मण्डलीय मजिस्ट्रेट (नागरिक)-सह-उप-पंजीयक के कार्यालय को भी रोजाना नियमित रूप से रैंडम आधार पर 20 टोकन जारी किए जाएंगे। हालांकि, उप-तहसील कार्यालयों में मौजूदा व्यवस्था में कोई बदलाव नहीं किया गया है और वह पहले की तरह ही चलती रहेगी। डॉ मिश्रा ने स्पष्ट किया है कि ये टोकन दैनिक और रैंडम आधार पर जेनरेट किए जाएंगे, जिसका मुख्य उद्देश्य पक्षपात या वीआईपी ट्रीटमेंट को खत्म करना है ताकि सेल डीड (बिक्री विलेख) और अन्य संपत्ति दस्तावेजों के पंजीकरण के लिए आने वाले सभी आवेदकों को समान अवसर मिल सके। इसके साथ ही, राजस्व अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि वे हर आवंटित टोकन का सम्मान करें और तय समय के भीतर पंजीकरण प्रक्रिया को पूरा करना सुनिश्चित करें। यह निर्देश पंजीकरण अधिनियम, 1908 की धारा 17 और 18 के तहत अनिवार्य या वैकल्पिक पंजीकरण वाले सभी दस्तावेजों पर लागू होंगे। डॉ सुमिता मिश्रा ने कहा कि इस टोकन-आधारित व्यवस्था से संपत्ति पंजीकरण की प्रक्रिया अधिक पारदर्शी, अनुमानित और नागरिक-अनुकूल बनेगी, और इससे पंजीकरण कार्यालयों में लगने वाली भारी भीड़ में भी काफी कमी आएगी। इस सुधार से बिचौलियों और एजेंटों के प्रभाव पर भी रोक लगने की उम्मीद है, जो अक्सर आवेदकों को जल्दी अपॉइंटमेंट या प्राथमिकता दिलाने का झांसा देकर उनका शोषण करते हैं। रैंडम तरीके से जेनरेट होने वाले सीमित दैनिक अपॉइंटमेंट लागू करके सरकार का लक्ष्य एक निष्पक्ष और व्यवस्थित प्रणाली स्थापित करना है, जहां हर आवेदक के साथ समान व्यवहार हो सके।0
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हरियाणा में 15 वरिष्ठ अधिकारियों के तबादले: गुरुग्राम, करنال और फरीदाबाद में अहम बदलाव
Chandigarh, Chandigarh:चंडीगढ़ चंडीगढ़: हरियाणा सरकार ने शुक्रवार को बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 15 वरिष्ठ अधिकारियों के तबादले और नई नियुक्तियों के आदेश जारी किए हैं। इस फेरबदल में गुरुग्राम, करनाल और फरीदाबाद मंडलों के आयुक्त बदल दिए गए हैं。 आईएएस रवि प्रकाश गुप्ता को गुरुग्राम मंडल का नया आयुक्त बनाया गया。 आईएएस राजीव रतन को करनाल मंडल का नया आयुक्त नियुक्त किया गया。 आईएएस धीरेन्द्र खड़गटा को फरीदाबाद मंडल का आयुक्त और फरीदाबाद स्मार्ट सिटी लिमिटेड का सीईओ बनाया गया。 आईएएस संजय जून को सैनिक एवं अर्धसैनिक कल्याण विभाग से कार्यमुक्त कर मेवात विकास एजेंसी (नूंह) का चेयरमैन नियुक्त किया गया。 आईएएस सचिन गुप्ता को रोहतक का उपायुक्त, एचएसवीपी रोहतक का प्रशासक और शहरी संपदा विभाग में अतिरिक्त निदेशक की जिम्मेदारी दी गई。 आईएएस सलोनी शर्मा को करनाल के जिला नगर आयुक्त का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया。 आईएएस सुरेंद्र दहिया को नगर निगम रोहतक का आयुक्त, जिला नगर आयुक्त रोहतक तथा कौशल विकास एवं औद्योगिक प्रशिक्षण विभाग का निदेशक बनाया गया。 आईएएस पंकज यादव को हरियाणा जल संसाधन प्राधिकरण का चेयरपर्सन का अतिरिक्त प्रभार दिया गया。 आईएएस शक्ति सिंह को ऑडिट विभाग के निदेशक का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया。 आईएएस समवर्तक सिंह खंगवाल को सूचना प्रौद्योगिकी, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं संचार विभाग का अतिरिक्त सचिव और निदेशक नियुक्त किया गया।0
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एक ही रात तीन घरों में चोरी,लाखों रुपए के ज्वेलरी पर हित साफ
Bbrasi, Uttar Pradesh:मारुफपुर चौकी से 500 मीटर दूर तीन घरों में 15 लाख की चोरी, बेटी की शादी के गहने भी ले उड़े चोर चहनियां । बलुआ थाना क्षेत्र के मारुफपुर पुलिस चौकी से महज 500 मीटर की दूरी पर गुरुवार देर रात चोरों ने तीन घरों को निशाना बनाते हुए करीब 15 लाख रुपये के गहने और नकदी पर हाथ साफ कर दिया। एक ही रात में हुई सिलसिलेवार चोरी की घटनाओं से पूरे इलाके में दहशत फैल गई है। सबसे बड़ी बात यह रही कि एक परिवार ने बेटी की शादी के लिए जो गहने बनवाए थे, वे भी चोर उठा ले गए। गुरुवार रात चोरों ने चकिया बिहारी मिश्र और पट्टी गांव में तीन घरों में वारदात को अंजाम दिया। पीड़ितों के अनुसार चोरों ने रात करीब 12:30 बजे से 3:30 बजे के बीच सुनियोजित तरीके से उन घरों को निशाना बनाया, जहां परिवार के लोग छत पर सो रहे थे या घर खाली था। पहली घटना अमरीश मिश्र के घर हुई। गर्मी के कारण पूरा परिवार छत पर सो रहा था। इसी दौरान चोर घर में घुस गए और तीन सोने की अंगूठियां, एक मंगलसूत्र, मांगटीका तथा चांदी के बर्तन चोरी कर ले गए। पीड़ित के अनुसार करीब ढाई लाख रुपये का नुकसान हुआ है। सुबह नीचे आने पर घर का सामान बिखरा मिला और अलमारी टूटी हुई थी। दूसरी और सबसे बड़ी चोरी शैलेंद्र चौबे के घर हुई। शैलेंद्र चौबे की एक बेटी की शादी पिछले महीने हुई थी, जबकि दूसरी बेटी की शादी दिसंबर में तय है। चोर 500 ग्राम चांदी की करधनी, 10 ग्राम सोने की सिकड़ी, दो सोने की अंगूठियां, लॉकेट, झुमके, छह जोड़ी मीना, 50 हजार रुपये नकद तथा करीब चार तोला सोने के अन्य गहने चोरी कर ले गए। कुल नुकसान आठ लाख रुपये से अधिक बताया गया है। शैलेंद्र चौबे ने कहा कि बेटी की शादी के लिए वर्षों की कमाई से गहने बनवाए थे, जो एक रात में चोरी हो गए। तीसरी घटना राम अवध चौबे के घर हुई। परिवार के सदस्य वाराणसी के एक अस्पताल में भर्ती होने के कारण घर बंद था। इसका फायदा उठाकर चोर मंगलसूत्र, पायल, सोने का जुतिया, दो अंगूठियां, चांदी के बर्तन और 25 हजार रुपये नकद लेकर फरार हो गए। इस घटना में करीब साढ़े चार लाख रुपये के नुकसान का अनुमान है। सुबह पड़ोसियों ने घर का दरवाजा टूटा देखा तो परिवार को सूचना दी। ग्रामीणों का कहना है कि तीनों घटनाएं मारुफपुर पुलिस चौकी से मात्र 500 मीटर की दूरी पर हुईं, लेकिन रातभर पुलिस को इसकी भनक तक नहीं लगी। लोगों ने पुलिस गश्त पर सवाल उठाते हुए नाराजगी जताई। शैलेंद्र चौबे ने कहा कि यदि नियमित गश्त होती तो चोरों की इतनी बड़ी वारदात करने की हिम्मत नहीं होती। अब गांव के लोग खुद रात में लाठी लेकर पहरा देने को मजबूर हैं। सूचना मिलने पर बलुआ पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। थानाध्यक्ष अरुण प्रताप सिंह ने बताया कि तीनों पीड़ितों की तहरीर मिल गई है। डॉग स्क्वायड, फोरेंसिक टीम और सर्विलांस टीम की मदद से मामले की जांच की जा रही है। जल्द ही घटना का खुलासा करने का दावा किया गया है।0
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अमरोहा में डेयरी संचालक पर दबंगों का हमला, फायरिंग के बाद मारपीट
Amroha, Uttar Pradesh:एंकर अमरोहा में डेयरी संचालक पर दबंगों का हमला, दुकान पर फायरिंग के बाद जमकर मारपीट, बीच-बचाव का बदला लेने का आरोप Amroha नगर कोतवाली क्षेत्र के धनौरा मार्ग पर उस समय हड़कंप मच गया, जब 10 से 12 दबंग युवक एक डेयरी संचालक की दुकान पर पहुंच गए और कथित तौर पर फायरिंग करते हुए दुकानदार के साथ जमकर मारपीट की। शोर-शराबा सुनकर आसपास के दुकानदार मौके पर पहुंचे, जिसके बाद हमलावर वहां से फरार हो गए। पीड़ित डेयरी संचालक पुष्पेंद्र ने बताया कि कुछ दिन पहले वह एक शादी समारोह में गया था, जहां कुछ युवक एक व्यक्ति के साथ मारपीट कर रहे थे। उसने बीच-बचाव कर मामला शांत कराने का प्रयास किया था। आरोप है कि इसी रंजिश में आरोपी युवक उसकी दुकान पर पहुंचे और हमला कर दिया। पुष्पेंद्र का कहना है कि वह सभी आरोपियों को पहचानता है और उनके खिलाफ पुलिस को सूचना दे दी गई है। घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। पुलिस मामले की जानकारी मिलने के बाद आरोपों की जांच में जुट गई है। पीड़ित ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। पुलिस का कहना है कि तहरीर के आधार पर जांच कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।0
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