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संत समागम में वन नेशन वन इलेक्शन समर्थन; रामदेव बोले देश के लिए अहम

Haridwar, Uttarakhand:हरिद्वार/उत्तराखंड स्लग- एक राष्ट्र एक चुनाव संत समागम में मिला संतों का समर्थन एंकर - "वन नेशन वन इलेक्शन" को लेकर एक राय बनाने की तैयारी शुरू हो गई है रविवार को हरिद्वार में आयोजित संत समागम में इस पर खुलकर चर्चा की गई एक राष्ट्र एक चुनाव संत समागम कार्यक्रम में हरिद्वार केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी मुख्य रूप से उपस्थित रहे इसके अलावा अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष योग गुरु बाबा रामदेव सहित तमाम बड़े संत मौजूद रहे जिन्होंने एक स्वर में वन नेशन वन इलेक्शन को राष्ट्र की प्रगति के लिए काफी अहम बताया। योग गुरु बाबा रामदेव ने कहा कि वन नेशन वन इलेक्शन को सब संतों ने आशीर्वाद दिया है क्योंकि संतों के लिए देश से बड़ा कुछ भी नहीं है। बाबा रामदेव ने कहा कि इससे देश की शिक्षा व्यवस्था से लेकर अर्थ व्यवस्था सभी में सुधार देखने को मिलेगा। बाबा रामदेव ने कहा कि कुछ नेताओं को लगता है कि कुछ क्षेत्रीय पार्टियों का मोक्ष हो सकता है। बाबा ने देश के मतदाता को समझदार बताते हुए कहा वह भली भांति जनता है कि कौन सा दल स्टेट के लिए सही है और कौन देश के लिए इसलिए तुच्छ राजनीति के लिए इस बात को न उठाकर यह बात देश के वोटरों पर छोड़ दी जाय। अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद अध्यक्ष श्रीमहंत रविंद्रपुरी ने कहा कि देश की आजादी के बाद शुरूआती दौर में एक साथ चुनाव होते थे लेकिन धीरे धीरे यह परम्परा टूटी उन्होंने अपना सुझाव देते हुए कहा कि 6 माह केवल चुनाव के लिए रखा जाना चाहिए जिसमें पहले लोकसभा फिर विधानसभा और उसके बाद नगर पालिका, निगम के चुनाव हो। बाकी समय विकास के कार्यों को गति दी जाए। उन्होंने कहा कि एक राष्ट्र एक चुनाव के लिए सुझाव की शुरूआत हरिद्वार से हुई है और जो भी आंदोलन हरिद्वार से शुरू होते है वे अवश्य ही सफल होते है। बाइट - बाबा रामदेव - योगगुरु बाइट - श्रीमहंत रविंद्रपुरी महाराज- अध्यक्ष, अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद बाइट- आचार्य प्रमोद कृष्णम कल्कि धाम पीठाधीश्वर बाइट - करौली शंकर महादेव, महामंडलेश्वर
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बीएससी छात्रा की मौत के बाद हंगामा।

Vishesh Kr GurejaVishesh Kr GurejaFollow1m ago
Saharanpur, Uttar Pradesh:सहारनपुर के गंगोह थाना क्षेत्र के गांव बिलासपुर में बीएससी की छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद तनाव की स्थिति बन गई है। मृतका के परिजनों ने गांव के दो लोगों पर प्रताड़ना, मारपीट और दुष्कर्म का गंभीर आरोप लगाते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है। परिजनों ने गिरफ्तारी होने तक अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया है।मृतका की पहचान शिवानी विश्वकर्मा के रूप में हुई है। उसके भाई वंश विश्वकर्मा का आरोप है कि गांव का ही कृष्ण कुमार पिछले करीब छह महीने से उसकी बहन को परेशान कर रहा था। परिजनों ने गांव के प्रधान मोनू कुमार पर भी इस मामले में मिलीभगत का आरोप लगाया है। परिजनों का दावा है कि घटना के दिन छात्रा की मां धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए अपने मायके गई थीं। आरोप है कि घर में छात्रा को अकेला पाकर दोनों आरोपी उसे बुलाकर ले गए और उसके साथ कथित तौर पर दुर्व्यवहार, मारपीट और दुष्कर्म किया। परिजनों के मुताबिक, घर लौटने के बाद छात्रा ने आत्महत्या कर ली। हालांकि, ये सभी आरोप मृतका के परिजनों की ओर से लगाए गए हैं। मामले की वास्तविक स्थिति पुलिस जांच और अन्य कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। परिजनों ने गंगोह कोतवाली पुलिस की कार्रवाई पर भी सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि घटना की सूचना देने के बाद पुलिस ने उनकी मदद करने के बजाय उन्हें धमकाया और थाने से भगा दिया। परिजनों का यह भी कहना है कि उनके और रिश्तेदारों के पहुंचने से पहले ही पुलिस शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज चुकी थी। पोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचने पर परिजनों और विश्वकर्मा समाज के लोगों में आक्रोश फैल गया। लोगों ने धलापड़ा पुलिस चौकी पर जाम लगाकर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की और अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया। अधिकारियों के आश्वासन के बाद देर रात जाम तो खोल दिया गया, लेकिन रविवार को भी परिजन अपनी मांग पर कायम रहे। उनका कहना है कि जब तक दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होती, तब तक अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा। परिजनों ने ग्राम प्रधान से जान का खतरा होने का आरोप भी लगाया है। उनका दावा है कि परिवार को जान से मारने की धमकियां दी जा रही हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी सिटी, सीओ गंगोह समेत कई थानों की पुलिस गांव में तैनात है। अधिकारी परिजनों से बातचीत कर स्थिति को शांत कराने और मामले में आगे की कार्रवाई की कोशिश कर रहे हैं। पुलिस की ओर से मामले में की गई कार्रवाई और आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही सामने आएगी।
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दमोह अस्पताल में शव वाहन नहीं, बारिश में भीगते शव, सिस्टम पर सवाल

Damoh, Madhya Pradesh:फिर शव को नहीं मिल पाया शव वाहन, बरसते पानी में भीगता शव, कटघरे में सिस्टम... एंकर/ तमाम दावों और दलीलों के बाद सूबे में शवों तक का सम्मान नहीं हो पा रहा है सरकार ने जिला अस्पतालों में शव वाहन मुहैया कराए है लेकिन सिस्टम की नाकामी अब भी शवों का अपमान कर रही है। जरा ये तस्वीरें देखिए, रोते बिलखते गमगीन लोग आंखों में आंसू लिए अपने प्रियजन के शव को ऑटो रिक्शा में रख रहे है, ऑटो भी अच्छा नहीं मतलब शव ले जाना है तो ऐसा ऑटो आया जिसका छप्पर भी ठीक नहीं हालत भी ठीक नहीं ऊपर से आसमान लगातार पानी बरसा रहा है और जिंदा लोग तो भीग ही रहे है शव भी बारिश के पानी में भीगने को मजबूर है शायद इस शरीर को आखिरी बारिश से नहाने मिल रहा हो, ये दृश्य देखकर आप विचलित जरूर हो रहे होंगे और जब आप ये जानेंगे कि ये तस्वीरें किसी सुदूर ग्रामीण अंचल की नहीं है बल्कि एक जिला मुख्यालय के जिला अस्पताल की है जहां हर सुविधा होने की दलील दी जाती है और इतना ही नहीं मुख्यमंत्री ने कुछ महीनों पहले ही भव्य समारोह में जो शव वाहन विभिन्न जिलों को दिए थे उनमें ये जिला अस्पताल और जिला भी शामिल है जिसे लाखों रुपए कीमत वाले दो शव वाहन उपलब्ध कराए गए लेकिन वो कहां है पता नहीं और यहां शव ऐसे बारिश में भीगते भागते लोग ले जाने मजबूर है। ये दृश्य दमोह के जिला अस्पताल के है जहां एक नौजवान प्रिंस राय की मृत्यु हो गई, संदिग्ध मृत्यु की वजह से उसका पोस्टमार्टम होना था, पुलिस ने अपनी औपचारिकताएं पूरी कर दी और शव को पोस्टमार्टम हाउस यानि चीलघर और फिर प्रिंस के घर ले जाना था, लेकिन साधन नहीं था, रोते बिलखते प्रिंस के बुजुर्ग दादा और दुखी परिजन घंटों तक शव वाहन के लिए काल करते रहे लेकिन शव वाहन नहीं आया, उधर पोस्टमार्टम के लिए डॉक्टर इंतजार कर रहे थे लेकिन जब शव वाहन नहीं आया तो परिजनों ने परस्थिति के हिसाब से ऑटो तलाशना शुरू किया और बमुश्किल एक ऑटो चालक शव ले जाने तैयार हुआ लेकिन उसकी भी हालत ठीक नहीं थी और पानी में भीगता शव पोस्टमार्टम हाउस पहुंचा पीएम के बाद उसके घर तक भी। ये तस्वीरें शर्मसार करने वाली तो है ही सिस्टम को कटघरे में भी खड़ा करती है, इन हालातों पर जिला अपस्ताल प्रबंधन की अपनी दलील है और उनकी माने तो शव वाहन कंट्रोल उनके हाथ में नहीं बल्कि सीधे भोपाल से है और इस सेवा को 108 एंबुलेंस सेवा से जोड़ा गया है और इसकी प्रक्रिया भी ठीक वैसे ही है जैसे 108 एंबुलेंस बुलाने के लिए है, दमोह को सरकार ने दो शव वाहन दिए लेकिन एक बिगड़ा पड़ा है और कहां है किसी को पता नहीं जबकि दूसरा है पर शवों को ले जाने के लिए आता नहीं है। ये हालात आज के नहीं बल्कि कई महीनों से हर दिन कोई न कोई शव इसी तरह से अपमनित होता है, खुद अस्पताल प्रबंधन मानता है कि जिला अस्पताल में आने वाले मरीज 98 फीसदी गरीब तबके के होते है और वो पैसे देकर सेवाएं उपलब्ध नहीं करा सकते शायद इसी लिए खैराती अस्पताल में आते है अस्पताल उन्हें तमाम सेवाएं देने की कोशिश भी करता है लेकिन जब ऐसी तस्वीरें या हालात सामने आते है तो तकलीफ जरूर होती है। बाइट/ विजय राय ( मृतक के दादा दमोह) बाइट/ राजेश राय ( मृतक के चाचा दमोह) बाइट/ डॉ सुरेंद्र विक्रम सिंह ( प्रबंधक जिला अस्पताल दमोह)
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श्याम रजक बोले: नीतीश कुमार की विरासत बिहार-देश के लिए एक विजन

Patna, Bihar:बिहार सरकार के पूर्व मंत्री और जदयू के वरिष्ठ नेता श्याम रजक ने उपेंद्र कुशवाहा के विरासत वाले बयान पर कहा अच्छी बात है नीतीश कुमार जी का जो विजन है नीतीश कुमार जब विचार है वह एक व्यक्ति तक सीमित नहीं होता है पूरे बिहार और पूरे देश के लिए विजन है जो नीतीश कुमार के विरासत के हकदार है इसलिए अगर उपेंद्र कुशवाहा ने कहा है लेकिन वह प्रतीक के रूप में कहा लेकिन पूरा बिहार पूरा देश नीतीश कुमार के विरासत के अधिकारी है छात्रों के द्वारा लगातार आंदोलन किया जा रहा है गर्दनीबाग में पूर्व मंत्री श्याम रजक ने कहा कि मेरी संवेदना छात्रों के प्रति है लेकिन जिस तरह से इसका राजनीतिकरण हो रहा है ये ठीक नही है देश में पहला राज्य बिहार जिसने सहयोग शिविर लगाकर छात्रों की समस्याओं को निराकरण करने के लिए कार्यक्रम बनाया मुख्यमंत्री खुद सभी छात्रों से संवाद कर रहे हैं लेकिन इसके बाद अगर कोई राजनीति कर रहा है उनको मुबारक हो हम छात्रों के हक के लिए है
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NH-19 पर KingWay संस्थान के छात्रों का प्रदर्शन, प्रशासन से उम्मीदें बढ़ीं

Khajuria Khurd, Bihar:अनियमितताओं और लचर व्यवस्था के विरोध में सड़क पर उतरे छात्र, अधिकारियों के आश्वासन के बाद खुला राजमार्ग। प्रदर्शन कर रहे बीएससी नर्सिंग सत्र 2023-27 की छात्राओं का आरोप है कि सत्र काफी पिछड़ चुका है और प्रबंधन की लापरवाही से पढ़ाई और परिणाम प्रभावित हो रहे हैं। हाल ही में जारी परिणामों में 90% छात्रों को अनुत्तीर्ण दिखाया गया है, जिससे उनके भविष्य पर सवाल खड़े हो गए हैं। इसके अलावा कॉलेज में योग्य शिक्षकों, प्रोजेक्टर, लैब और प्रैक्टिकल जैसी मूलभूत सुविधाओं का घोर अभाव है, जबकि समय पर पूरी फीस ली जाती है। जाम की सूचना मिलते ही एसडीएम, डीएसपी और दुर्गावती थाना अध्यक्ष पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने छात्रों से वार्ता कर उनकी समस्याएं सुनीं और उचित कार्रवाई का आश्वासन देकर जाम समाप्त करवाया। छात्रों ने चेतावनी दी है कि यदि समय पर परिणाम, पारदर्शी व्यवस्था और बेहतर शैक्षणिक सुविधाएं नहीं मिलीं, तो वे दोबारा आंदोलन के लिए विवश होंगे.
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तरैया में 14 वर्षीय नाबालिग की मौत: हत्या का शक, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार

Chapra, Bihar:तरैया थाना क्षेत्र में 24 घंटे से लापता 14 वर्षीय नाबालिग लड़की का शव नहर से बरामद होने के बाद सनसनी फैल गई है। परिजनों ने पुरानी दुश्मनी में हत्या किए जाने का आरोप लगाया है। वहीं, परिजनों का दावा है कि शव के चेहरे को तेजाब से जलाकर पहचान मिटाने की कोशिश की गई है। घटना तरैया थाना क्षेत्र के मुरलीपुर गांव की है। बताया जाता है कि शत्रुघ्न नट की 14 वर्षीय बेटी खुशबू 22 अगस्त की सुबह करीब चार बजे शौच के लिए घर से निकली थी। इसके बाद वह वापस नहीं लौटी। परिजनों ने दिनभर उसकी काफी खोजबीन की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला। इसी बीच आज गांव के पास स्थित नहर से खुशबू का शव बरामद हुआ। शव मिलने की सूचना के बाद परिजनों में आक्रोश फैल गया। परिजनों ने पुरानी दुश्मनी को लेकर सहावनाजपुर गांव के कुछ लोगों पर हत्या का आरोप लगाते हुए तरैया थाना में शिकायत दर्ज कराई है। परिजनों का यह भी आरोप है कि शव के चेहरे को तेजाब से जलाकर उसकी पहचान मिटाने की कोशिश की गई है। हालांकि, इन आरोपों की पुलिस की ओर से अभी पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए छपरा भेज दिया है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की बात कही जा रही है। फिलहाल नाबालिग की मौत हत्या है या किसी अन्य वजह से हुई है, इसका खुलासा पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही हो सकेगा। मामले को लेकर गांव में तनाव का माहौल है।
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खूँटी के राखी बाज़ार में 10 से 400 रुपए तक राखियाँ, कैसे बढ़ी मांग

Khunti, Jharkhand:क्षेत्र - खूँटी। स्लग - राखी बाजार। एंकर - रक्षा बंधन उत्सव महज पांच दिन शेष बचा हुआ है और खूँटी में राखी की दुकाने सज गयी है। जगह जगह राखी के लिए अतिरिक्त दुकाने लगाई गयी है। दुकानदारों ने इस बार बाजार में तरह तरह की राखियाँ सस्ते और महंगे दामों की राखियाँ उपलब्ध कराया है। जिसमें 10 रुपये से लेकर 400 रुपये तक की राखियाँ मिल रहज है। जिसमें बाबा राखी, लाईट फैंसी राखी, ब्रासलेट राखी, भाभी लूम्बा राखी, कार्टून राखी आदि सुंदर सुंदर मनमोहक पसंदिदा राखियाँ खूँटी की बाजारों में बिकने लगे हैं। दुकानदार ने बताया कि 10 रु से लेकर 400 रु तक की राखियाँ हैं जिसमें भाई की कलाई की राखियाँ और भाभी की चुड़ियों में डालनेवाली लुम्बा भी बाजार में है। जिसकी मांग होती है। वहीं बच्चों के मनमोहक राखियों के अलावा ब्रासलेट राखी जो महंगे राखी हैं。
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मालेगांव में उपवर्गीकरण के विरोध में भव्य मोर्चा, आंबेडकर के नेतृत्व में

Nashik, Maharashtra:मालेगाव ( नाशिक ) विशाल मोरे - मालेगावी उसळला भीम सागर - अनंतराज आंबेडकर यांच्या नेतृत्वाखाली आरक्षण उपवर्गीकरणा विरोधात भव्य मोर्चा... मालेगावात अनुसूचित जातींच्या आरक्षणासाठी उपवर्गीकरणाच्या निर्णया विरोधात मालेगावातील महात्मा गांधी पुतळ्यापासुन ते डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर पुतळ्यापर्यंत डॉ. अनंतराज आंबेडकर यांच्या नेतृत्वाखाली, माजी आमदार बबनराव घोलप यांच्या उपस्थितीत भव्य मोर्चा काढण्यात आला. सकल आंबेडकर वादी मोर्चेकऱ्यांनी यावेळी निदर्शने केली. SC समाज एक आहे उपवर्गीकरणा फेक आहे , संविधानाच्या विरोधात जाणार नाही उपवर्गीकरण मान्य नाही अशा प्रकारच्या पोस्टर मोर्चात झळकले. जातनिहाय जनगणना पूर्ण होण्यापूर्वी उपवर्गीकरणाची प्रक्रिया राबवू नये, अशी मागणी यावेळी शासनाकडे केली आहे.
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मधुबनी में हथियारबंद अपराधियों ने महिला से लूटपाट, पुलिस जांच जारी

Madhubani, Bihar:एंकर मधुबनी में अपराधियों का तांदव, हथियारबंद अपराधियों ने कमरे में मौजूद महिला को पीटकर किया लूटपाट। बारदात बेनीपट्टी थाना क्षेत्र के सरिसव गांव की है। देर रात हथियारों से लैस करीब आधा दर्जन अपराधियों ने घर में घुसकर डाका डाला। अपराधियों ने घर में अकेले सो रही महिला को बंधक बनाकर जमकर पीटा फिर नगदी सहित जेवरात लूट लिया। शरीर पर पहने मंगलसूत्र, टॉप्स और नाक का छक भी लूट लिया। अपराधी शुभचन्द्र झा के घर पर धावा बोला,बाउंड्री फांदकर घर में दाखिल हुआ और कमरे को धक्का देकर खोला।घर मे सोयी फूलदाई देवी को जगाकर जेवरात और रुपये के बारे में पूछने लगे। अपराधियों ने महिला को हल्ला करने पर जान से मारने की धमकी भी दी। महिला ने सूझबूझ दिखाते हुए अपराधियों को छत पर सो रहे अपने पति और नवविवाहिता पुत्री के बारे में कोई जानकारी नहीं दी। बताया जा रहा है कि नवविवाहिता पुत्री शादी के सभी जेवरात पहने हुई थी। अपराधियों को जब घर में इधर-उधर कुछ नहीं मिला तो उन्होंने वृद्ध महिला के साथ मारपीट शुरू कर दी और उसके शरीर से सभी जेवर ले लिया। लूटपाट के बाद अपराधी आराम से मौके से फरार हो गए। अपराधियों के जाने के बाद महिला चीखते हुए छत पर पहुंची और पति व पुत्री को घटना की जानकारी दी। इसके बाद गांव में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची।ग्रामीण एसपी शिवम धाकर भी मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का जायजा लिया। घटना की जांच के लिए एफएसएल की टीम को बुलाया गया है। ग्रामीण एसपी शिवम धाकर ने कहा कि घटना की गंभीरता से जांच की जा रही है। जल्द ही मामले का खुलासा कर अपराधियों को गिरफ्तार किया जाएगा।बारदात से इलाके में दहशत है और लोग पुलिस गश्ती पर भी सवाल उठा रहे हैं। बाइट पीड़िता बाइट शिवम धाकड़ ग्रामीण एसपी मधुबनी
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लखीसराय के अशोकधाम मंदिर: सावन की आखिरी सोमवारी के लिए सुरक्षा-व्यवस्थाएं सुदृढ़

Lakhisarai, Bihar:लखीसराय जिले के सुप्रसिद्ध अशोकधाम मंदिर में सावन तीसरी सोमवारी को हुई भगदड़ में आठ श्रद्धालुओं की मौत के बाद जिला प्रशासन ने अंतिम सोमवारी पर संभावित भीड़ को देखते हुए सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन की रणनीति में बड़ा बदलाव किया है। कल यानी 24 अगस्त को होने वाली अंतिम सोमवारी पर श्रद्धालुओं की संभावित भीड़ के मद्देनजर पूर्व की व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ ,व्यवस्थित और सुरक्षित बनाने के लिए नए सिरे से मास्टर प्लान तैयार किया गया है। इसके तहत भीड़ नियंत्रण सुरक्षित आवागमन और आकस्मिक स्थिति से निपटने के लिए विशेष व्यवस्था लागू की जा रही है। डीएम शैलेंद्र कुमार और एसपी प्रेरणा कुमार स्वयं तैयारियों की लगातार समीक्षा कर रहे हैं। दोनों अधिकारी द्वारा निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की कमियों को चिह्नित करते हुए आवश्यक सुधार कराया जा है। प्रशासन का लक्ष्य है कि श्रद्धालुओं को मंदिर पहुंचने और वापस लौटने के दौरान किसी प्रकार की परेशानी न हो और भीड़ के दबाव को नियंत्रित रखा जा सके। इसके लिए संपूर्ण बैरिकेडिंग क्षेत्र पर सीसीटीवी से निगरानी की जाएगी साथ ही भीड़ नियंत्रण को लेकर वाकी-टाकी और हैंडमाइक से लैस मजिस्ट्रेट को तैनात किया जा रहा है।
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रायबरेली दौरे से पहले प्रशासन ने अतिक्रमण के खिलाफ बुलडोजर चला दिया

Raebareli, Uttar Pradesh: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रस्तावित रायबरेली दौरे से पहले शहर में अतिक्रमण के खिलाफ प्रशासन ने बड़ा अभियान चलाया। सड़कों के किनारे किए गए अवैध अतिक्रमण पर बुलडोजर चलाकर रास्ते खाली कराए गए। सिटी मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में पुलिस टीम के साथ प्रशासनिक अमले ने कार्रवाई की। शहर के कानपुर रोड, कैनाल रोड, जेल रोड समेत विभिन्न प्रमुख मार्गों पर अतिक्रमण हटाया गया। प्रशासन की इस कार्रवाई से अतिक्रमणकारियों में हड़कंप मच गया। अधिकारियों ने साफ किया कि सार्वजनिक सड़कों और रास्तों पर अवैध कब्जे बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे。
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