284001
आम आदमी पार्टी का प्रदर्शन, कहा- केजरीवाल को शुगर है, उन्हें रिहा किया जाए
Jhansi, Uttar Pradesh:झांसी में, दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को शराब घोटाले मामले में जेल में बंद होने पर उन्हें प्रताड़ित करने का आरोप लगाया गया है। उन्होंने अपनी शरीरिक समस्याओं को लेकर चिंता जताई और सही उपचार न मिलने से अपनी जान को खतरे में बताया। इस मामले में उन्हें राष्ट्रपति से रिहा कराने की मांग के साथ ज्ञापन सौंपा गया। आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने झांसी के जिलाधिकारी कार्यालय में प्रदर्शन किया और राष्ट्रपति संबोधित ज्ञापन सौंपा।
0
0
Report
हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|
Bilaigarh के Runkot प्राथमिक स्कूल: जर्जर भवन और शिक्षकों की गैरहाजिरी से बच्चों की पढ़ाई खतरे में
Saiki, Bihar: Slug/अधिकारी लापरवाह, शिक्षक बेलगाम! जर्जर कमरों में कैद बेंच-डेस्क, बरामदे में जमीन पर पढ़ने को मजबूर रनकोट के 35 नौनिहाल। शिक्षक मनमर्जी से आते-जाते हैं? ग्रामीणों का आरोप—रतन कुर्रे,शिक्षक साल में एक-दो बार ही पहुंचते हैं? स्कूल, बच्चों ने कहा- आज भी कोई शिक्षक नहीं था मौजूद। स्थान : आश्रित ग्राम रनकोट, ग्राम पंचायत चारपाली, विकासखंड बिलाईगढ़ बारिश के दिनों में स्कूल जाने में एक,नाला, पार कर जाते है छात्र। एंकर/बिलाईगढ़। शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने और स्कूलों में बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए सरकार लगातार योजनाएं चला रही है, लेकिन बिलाईगढ़ विकासखंड के ग्राम पंचायत चारपाली के आश्रित ग्राम रनकोट में प्राथमिक स्कूल की स्थिति इन दावों पर गंभीर सवाल खड़े कर रही है। यहां करीब 35 बच्चे पढ़ते हैं, लेकिन जर्जर स्कूल भवन, जमीन पर बैठकर पढ़ाई और शिक्षकों की कथित अनियमित उपस्थिति ने पूरी व्यवस्था की पोल खोल दी है। मौके पर पहुंचे तो शिक्षक नदारद, बच्चे खुद कर रहे थे पढ़ाई आज दोपहर करीब 12 बजे जब समाचार कवरेज के लिए टीम रनकोट प्राथमिक शाला पहुंची, तो मौके पर कोई भी शिक्षक मौजूद नहीं मिला। स्कूल परिसर में बच्चे स्वयं अपनी-अपनी पढ़ाई करते नजर आए। बताया गया कि बच्चों को खाना खाने के बाद घर जाने के लिए कह दिया गया था। स्थानीय लोगों के अनुसार, स्कूल में ऐसी स्थिति केवल एक दिन की नहीं है, बल्कि यह सिलसिला लगभग रोजाना देखने को मिलता है। यदि यह आरोप सही है? तो सवाल उठना स्वाभाविक है? कि आखिर बच्चों की नियमित पढ़ाई और स्कूल संचालन की निगरानी कौन कर रहा है؟ जर्जर कमरों में कैद बेंच-डेस्क, बरामदे बना कक्षा स्कूल भवन में दो कमरे हैं, लेकिन दोनों की स्थिति जर्जर बताई जा रही है। दीवारों में दरारें हैं और छत का प्लास्टर गिरने की स्थिति बनी हुई है। बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए उन्हें कमरों के बजाय बरामदे में जमीन पर बैठकर पढ़ाया जा रहा है। विडंबना यह है कि बच्चों के बैठने के लिए उपलब्ध बेंच-डेस्क जर्जर कमरों के अंदर पड़े हैं, लेकिन बच्चे उनका उपयोग नहीं कर पा रहे हैं। बारिश और खराब मौसम के दौरान बरामदे में जमीन पर बैठकर पढ़ना बच्चों के लिए और भी परेशानी भरा हो जाता है। शिक्षक अपने मन से आते हैं? और चले जाते हैं? ग्रामीणों का आरोप है कि स्कूल में शिक्षक नियमित रूप से उपस्थित नहीं रहते। ग्रामीणों के मुताबिक, "शिक्षक अपने मन से आते हैं और अपने मन से चले जाते हैं।" ग्रामीणों ने रतन कुर्रे नामक शिक्षक की उपस्थिति को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि उक्त शिक्षक साल में एक-दो बार ही स्कूल आते हैं और कई बच्चों ने उन्हें लंबे समय से स्कूल में देखा तक नहीं है। यदि ग्रामीणों के ये आरोप सही पाए जाते हैं तो सवाल यह है कि लंबे समय से कथित रूप से अनुपस्थित शिक्षक के खिलाफ विभागीय स्तर पर अब तक क्या कार्रवाई की गई? बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ का आरोप स्कूल में शिक्षक की नियमित मौजूदगी नहीं होने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होने की बात ग्रामीणों द्वारा कही जा रही है। बच्चों की शिक्षा के लिए बनाए गए सरकारी स्कूल में यदि शिक्षक ही नियमित रूप से उपलब्ध नहीं होंगे तो शिक्षा की गुणवत्ता और बच्चों के भविष्य को लेकर सवाल उठना स्वाभाविक है। ग्रामीणों का कहना है कि स्कूल की स्थिति को लेकर कई बार ध्यान दिलाने के बावजूद व्यवस्था में अपेक्षित सुधार नजर नहीं आया। आखिर किसकी निगरानी में चल रहा स्कूल? पूरे मामले ने शिक्षा विभाग की मैदानी निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। यदि शिक्षक लंबे समय से अनुपस्थित हैं तो उनकी उपस्थिति किस आधार पर दर्ज हो रही है? वेतन का सत्यापन कौन कर रहा है? संकुल समन्वयक और बीईओ द्वारा स्कूल का निरीक्षण कब किया गया? सबसे बड़ा सवाल यह भी है? कि क्या लंबे समय से कथित रूप से अनुपस्थित रहने वाले शिक्षक को विभागीय कार्रवाई का कोई भय नहीं है? ग्रामीणों के आरोपों और मौके की स्थिति ने शिक्षा विभाग के सामने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच की जरूरत रनकोट प्राथमिक शाला की वास्तविक स्थिति की निष्पक्ष जांच की आवश्यकता है। स्कूल में शिक्षकों की उपस्थिति का रिकॉर्ड, निरीक्षण पंजी, बच्चों की वास्तविक उपस्थिति, वेतन सत्यापन और भवन की स्थिति की जांच की जाए तो तस्वीर स्पष्ट हो सकती है। अब देखना यह है कि शिक्षा विभाग मौके की स्थिति और ग्रामीणों के आरोपों को कितनी गंभीरता से लेता है और 35 नौनिहालों के भविष्य के लिए क्या कार्रवाई करता है। बाइट/पालक。 बाइट/पालक बाइट/छात्रा wt GOVIND RAM BARETH ।0
0
Report
गाड़ीघाट जुआ फड़ पर दबिश: 9 गिरफ्तार, नकद बरामद
Datia, Madhya Pradesh:गाड़ीघाट पर जुआ फड़ पर छापा, 9 गिरफ्तार बृजेंद्र कमरिया की फड़ से ही हुई गिरफ्तारी, जहरीली शराब के मामले ने बढ़ाई चर्चा दतिया के थाना सिविल लाइन पुलिस ने दतिया-उनाव रोड स्थित गाड़ीघाट पर चल रहे जुआ फड़ पर दबिश देकर फड़ संचालक बृजेंद्र कमरिया समेत 9 जुआरियों को गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार मौके से 2 लाख 10 हजार 200 रुपए नकद बरामद हुए। गिरफ्तार आरोपियों में बृजेंद्र कमरिया, विक्रम दांगी, गौरव मिश्रा, रवि कुमार कुशवाहा, नीरज कुशवाहा और सुरेंद्र सिंह यादव सहित अन्य शामिल हैं। पुलिस ने पहले सभी आरोपियों का मुख्य मार्ग से जुलूस निकाला सभी आप ए हुआ खेलना पाप की बात कहकर निकले पुलिस ने सभी के खिलाफ जुआ एक्ट के तहत कार्रवाई की। खास बात यह है कि बृजेंद्र कमरिया की फड़ पर पहले भी कई बार कार्रवाई हो चुकी है और उसके खिलाफ 8 अपराध दर्ज बताए गए हैं। इसी कार्रवाई के दौरान बृजेंद्र को जहरीली शराब के साथ भी पकड़े जाने की बात सामने आई है। हालांकि, पुलिस की कार्रवाई में जुआ फड़ के मामले में सभी आरोपियों की गिरफ्तारी की गई, जबकि जहरीली शराब को लेकर बृजेंद्र पर अलग से कार्रवाई चर्चा में है।0
0
Report
अलवर के बुटोली गांव के बोरवेल से मासूम भानु पांच घंटे बाद सुरक्षित बाहर
Alwar, Rajasthan:अलवर के बुटोली गांव में पतंग लूटने के दौरान बोरवेल में गिरा था मासूम, SDRF-NDRF और प्रशासन के संयुक्त रेस्क्यू से बची जान लक्ष्मणगढ़/अलवर। अलवर जिले के लक्ष्मणगढ़ थाना क्षेत्र के बुटोली गांव में सोमवार शाम खुले बोरवेल में गिरे 9 वर्षीय बालक भानु को करीब पांच घंटे चले चुनौतीपूर्ण रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद सकुशल बाहर निकाल लिया गया। बच्चे के सुरक्षित बाहर आते ही घटनास्थल पर मौजूद ग्रामीणों और परिजनों में खुशी की लहर दौड़ गई। एहतियात के तौर पर भानु को नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसका स्वास्थ्य परीक्षण किया। पतंग लूटने के दौरान बोरवेल में गिरा था भानु जानकारी के अनुसार बुटोली गांव निवासी भानु पुत्र शीशराम पतंग लूटने के लिए खेत की ओर दौड़ रहा था। इसी दौरान उसका पैर खेत में बने पुराने बोरवेल के ऊपर रखे पत्थर पर पड़ गया। पत्थर खिसकने से भानु बोरवेल में जा गिरा। बताया जा रहा है कि बोरवेल करीब 400 फीट गहरा था और बच्चा लगभग 40-50 फीट की गहराई पर जाकर फंस गया。 बोरवेल लंबे समय से बंद पड़ा था और उसके ऊपर पत्थर रखा हुआ था। पत्थर के खिसकने से यह हादसा हुआ। जिस खेत में बोरवेल था, वहां लंबे समय से लोगों की आवाजाही नहीं होने के कारण ग्रामीणों को भी इसकी जानकारी नहीं थी。 शाम 6:30 बजे मिली सूचना, तुरंत शुरू हुआ रेस्क्यू अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रियंका रघुवंशी के अनुसार प्रशासन और पुलिस को शाम करीब 6:30 बजे बच्चे के बोरवेल में गिरने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और तत्काल रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया。 मौके पर एसडीएम मनीषा रेशम, तहसीलदार मनीष कुमार शर्मा, डीएसपी नरेंद्र कुमार और थाना प्रभारी राजेश कुमार सहित पुलिस-प्रशासन के अधिकारी मौजूद रहे। SDRF और NDRF की टीमों ने भी रेस्क्यू में मोर्चा संभाला। बोरवेल के आसपास तीन JCB मशीनों की मदद से खुदाई की गई। बच्चे तक लगातार ऑक्सीजन पहुंचाई गई और उसे पानी भी उपलब्ध कराया गया। रेस्क्यू टीम लगातार उसकी स्थिति पर नजर बनाए हुए थी। रात करीब 11 बजे मिली खुशखबरी करीब पांच घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद रात करीब 11 बजे रेस्क्यू टीम ने भानु को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। जैसे ही बच्चा बाहर आया, मौके पर मौजूद ग्रामीणों और परिजनों ने राहत की सांस ली। परिजनों की आंखों में खुशी के आंसू छलक पड़े। एएसपी प्रियंका रघुवंशी ने बताया कि बच्चा सुरक्षित है और बाहर निकलने के बाद बातचीत भी कर रहा था। एहतियात के तौर पर उसे अस्पताल ले जाकर स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया। नौगांवा के सचिन चौधरी की तकनीकी मदद बनी अहम कड़ी रेस्क्यू ऑपरेशन में नौगांवा निवासी सचिन चौधरी की तकनीकी मदद को भी अहम माना जा रहा है। NDRF से जुड़े तकनीकी विशेषज्ञ बताए जा रहे सचिन को सोशल मीडिया के जरिए घटना की जानकारी मिली। वह उस समय छुट्टी पर नौगांवा आए हुए थे। जानकारी मिलते ही सचिन रात करीब 9:30 बजे नौगांवा से बुटोली के लिए रवाना हुए। मौके पर पहुंचकर उन्होंने रेस्क्यू टीम के साथ तकनीकी स्तर पर सहयोग किया और बच्चे को बाहर निकालने की प्रक्रिया में जरूरी तकनीकी सहायता उपलब्ध कराई। उनके मुताबिक मौके पर पहुंचने के करीब 10 मिनट के भीतर बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। ग्रामीणों ने ली राहत की सांस भानु के सुरक्षित बाहर आते ही कई घंटों से तनाव में खड़े ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। प्रशासन, पुलिस, SDRF और NDRF की टीमों की तत्परता और प्रयासों की सराहना की गई। रामगढ़ विधायक सुखवंत सिंह भी मौके पर पहुंचे और रेस्क्यू ऑपरेशन का जायजा लिया。 बुटोली की यह घटना खेतों में लंबे समय से बंद पड़े खुले और असुरक्षित बोरवेलों को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े करती है। समय पर सूचना, प्रशासन की तत्परता, रेस्क्यू टीम की मेहनत और तकनीकी सहयोग के चलते एक मासूम की जान बच सकी। करीब पांच घंटे की बेचैनी के बाद आखिरकार बुटोली में जिंदगी की जीत हुई और 9 वर्षीय भानु सकुशल अपने परिवार के पास लौट आया。0
0
Report
Advertisement
ग्वालियर विवेक मीणा हत्याकांड: पुलिस- बदमाश मुठभेड़, दो गिरफ्तार
Morena, Madhya Pradesh:ग्वालियर विवेक मीणा हत्याकांड का मामला पुलिस की बदमाश से हुआ मुठभेड़ बदमाश सौरव यादव से पुलिस की हुई मुठभेड़ बदमाश और पुलिस के बीच चली गोलियां बदमाश के पैर में गोली लगने से हुआ घायल घायल बदमाश अस्पताल में कराया भर्ती शंकरपुर स्टेडियम के पास हुई मुठभेड़ एक आरोपी राहुल यादव भी हुआ गिरफ्तार बहोड़ापुर और पुरानी छावनी थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई0
0
Report
खरोरा में ट्रक-क्रेटा टक्कर, शिवम साहू की मौत समेत 3 घायल
Begun, Rajasthan:रायपुर खरोरा में दर्दनाक सड़क हादसा रायपुर-बलौदाबाजार मुख्य मार्ग पर ट्रक और क्रेटा कार में जोरदार टक्कर... हादसे में क्रेटा सवार शिवम साहू की मौत, तीन अन्य घायल... घायलों में ओमप्रकाश साहू, संजय साहू और रामेश्वर केंवट शामिल.. सभी घायलों को उपचार के लिए निजी अस्पताल भेजा गया... खरोरा पुलिस मौके पर पहुंची, आवागमन सामान्य रूप से जारी...0
0
Report
फिरोजपुर छावनी मेले में आठ साल की बच्ची करंट से मौत, परिवार ने इंसाफ मांगा
Firozpur, Punjab:फिरोजपुर छावनी में मेला घूमने गई आठ वर्ष की बच्ची को करंट लगने से मौत हो गई। परिवार रो-रो कराह रहा है और इंसाफ की मांग कर रहा है। मेले के प्रबंधकों ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम नहीं किए थे, जिससे एक बच्ची को बिजली के तारों से करंट लगा। इलाज के लिए सिविल अस्पताल लाने पर उसकी मौत हो चुकी थी। शव के पोस्टमार्टम के बाद मौत का कारण स्पष्ट हो पाएगा। परिवार और डॉक्टर माणिक ने भी अस्पताल पहुँचने पर बच्चे की मौत की पुष्टि की।0
0
Report
Advertisement
वलसाड शहर में गणेश आगमन के समय अखलाओं का युद्ध, वीडियो वायरल
Valsad, Gujarat:વલસાડ શહેરમાં ફરી જામ્યું આખલાઓનું યુદ્ધ શહેરના મોગરવાડી ખાતે ગણેશ આગમન દરમિયાન આખલાઓનું યુદ્ધ જામ્યું ગણેશ આગમન દરમિયાન આખલાઓના યુદ્ધના કારણે દોડધામ મચી આખલાઓના યુદ્ધનો વિડ્યો સોસીયલ મીડિયામાં વાયરલ વારંવાર રજુઆત છતાં તંત્ર રખડતા ઢોરોને પાંજરે પુરવામાં નિષ્ફળ0
0
Report
प्रतापगढ़ के कुलथाना में श्रीमद् भागवत कथा का शुभारंभ, कलश यात्रा के साथ भक्ति का माहौल
Pratapgarh, Rajasthan:प्रतापगढ़ जिले के संतों की तपोभूमि ग्राम कुलथाना में सात दिवसीय संगीतमय श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान गंगा महोत्सव का शुभारंभ हुआ। आयोजन की शुरुआत चेतनेश्वर महादेव कुटिया परिसर से निकली भव्य कलश एवं पोथी यात्रा के साथ हुई। यात्रा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। धार्मिक जयकारों और भजनों से पूरा वातावरण भक्तिमय नजर आया। कलश यात्रा के बाद कथा स्थल श्री चारभुजानाथ मंदिर परिसर स्थित कुमावत धर्मशाला में विधि-विधान के साथ श्रीमद् भागवत कथा का शुभारंभ किया गया। कथा वाचक पंडित निरंजन शर्मा गादोला वाले श्रद्धालुओं को भागवत कथा का रसपान करा रहे हैं। आयोजन श्री गणेश उत्सव मित्र मंडल एवं कुलथाना के समस्त ग्रामीणों के संयुक्त तत्वावधान में किया जा रहा है। आयोजकों के अनुसार कथा का आयोजन 31 अगस्त से 6 सितंबर तक होगा। प्रतिदिन सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक संगीतमय कथा का आयोजन किया जाएगा। इस दौरान भगवान श्रीकृष्ण की लीलाओं सहित श्रीमद् भागवत के विभिन्न धार्मिक और आध्यात्मिक प्रसंगों का वाचन किया जाएगा। आयोजन के अंतिम दिन 6 सितंबर को कथा का विराम एवं पूर्णाहुति होगी। इसके बाद शाम 4 बजे से महाप्रसादी का आयोजन किया जाएगा।0
0
Report
प्रतापगढ़ में 995 ग्राम अवैध गांजा जब्त, आरोपी गिरफ्तार; ट्रिनेत्र ऑपरेशन की बड़ी सफलता
Pratapgarh, Rajasthan:प्रतापगढ़ पुलिस ने ऑपरेशन त्रिनेत्र के तहत मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 995 ग्राम अवैध गांजा जब्त किया है। पुलिस ने गांजा परिवहन के आरोप में एक युवक को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से बिना नंबर की मोटरसाइकillus भी जब्त की है। कार्रवाई 30 अगस्त को प्रतापगढ़ थाना पुलिस की टीम ने बांसवाड़ा रोड की तरफ जाने वाले बाईपास पर गश्त के दौरान की। जिला पुलिस अधीक्षक विशाल जॉगिड़के निर्देशन में थानाधिकारी शंभुसिंह की टीम ने यह कार्रवाई की। पुलिस के अनुसार, 30 अगस्त को लक्ष्मणलाल उप निरीक्षक पुलिस जाप्ते के साथ बांसवाड़ा रोड की तरफ जाने वाले बाईपास पर गश्त कर रहे थे। इसी दौरान सामने कच्चे रास्ते से एक व्यक्ति बिना नंबर की मोटरसाइकिल पर आता दिखाई दिया। बाइक की टंकी पर एक पोटलीनुमा थैली रखी हुई थी। पुलिस टीम को देखकर बाइक चालक ने मोटरसाइकिल वापस घुमाने का प्रयास किया। संदेह होने पर पुलिस ने उसे पकड़कर पूछताछ की। युवक ने अपना नाम फिरोज शेख पिता अब्दुल हम्मीद शेख, उम्र 24 वर्ष, निवासी बसाड़, थाना प्रतापगढ़ बताया। मोटरसाइकिल वापस घुमाने का कारण पूछने पर वह संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। इसके बाद पुलिस टीम ने थैली की तलाशी ली तो उसमें गांजे की कुटी हुई हरे रंग की सूखी पत्तियाँ, बीज और डंठल मिले। वजन करने पर गांजा कुल 995 ग्राम पाया गया। पुलिस ने मादक पदार्थ को जब्त कर गांजा परिवहन में इस्तेमाल मोटरसाइकिल भी जब्त कर ली। पुलिस ने आरोपी फिरोज शेख को गिरफ्तार कर थाना प्रतापगढ़ में एनडीपीएस एक्ट की धारा के तहत प्रकरण दर्ज किया है। मामले में आगे की जांच शुरू कर दी गई है।0
0
Report
Advertisement
जुलूस के बहाने भड़काऊ भाषण: मुफ्ती मुजीब अजहर के मदरसे सीज, दो मदरसों पर ताला
Bahara Boj, Uttarakhand:स्लग-प्रशासन की सख्ती एक और मदरसे पर भी नोटिस चस्पा करके ताला लगा दिया है। चर्चा है कि प्रशासन जल्द ही दोनों मदरसों के खिलाफ सीज की कार्रवाई कर सकता हैं। दरअसल 25 अगस्त को जुलूस ए मोहम्मद कार्यक्रम के दौरान मुफ्ती मुजीब ने धामी सरकार द्वारा मदरसों के खिलाफ की जा रही कार्यवाही पर सवाल उठाया और विवादित टिप्पणी की थी। यह वीडियो वायरल होने के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी सख्त रुख अपनाया था। पुलिस ने भी मुकदमा दर्ज कर मुफ्ती मुजीब अजहर को गिरफ्तार कर जेल भेजा दिया था लेकिन उसके बाद भी मुफ्ती की मुश्किले आसान होती दिखाई नहीं दे रही है जहां पुलिस उत्तर प्रदेश में मुजीब के आपराधिक रिकॉर्ड खंगाल रही है। पुलिस ने आराोरी मदरसा फैजुल मुस्तफा के मुख्य द्वार पर भी ताला जड़ दिया। प्रशासनिक टीम ने वहाँ मौजूद एक कर्मी को नोटिस भी थमाया। चर्चा यह भी है कि पुलिस और जिला प्रशासन इस मदरसे को जल्द सीज करने की कार्रवाई भी कर सकता है। इसके साथ ही प्रशासन ने सीर गोटिया स्थित एक मदरसे पर भी ताला लगाने के साथ नोटिस देने की कार्रवाई की है।0
0
Report
गोवा आधारित AI से राजस्थान साइबर क्राइम पर नियंत्रण तेज, टेक्नोलॉजी से बढ़ी मदद
Jaipur, Rajasthan:राजस्थान पुलिस स्मार्ट बन रही है, साइबर क्राइम से निपटने के लिए गोवा की तर्ज पर AI तकनीक का सहारा ले रही है ... जांच से लेकर अपराधियों को पकड़ने तथा डेटा विश्लेषण में हाईटेक तरीके से काम कर रही है. गोवा पुलिस की AI-आधारित 1930 साइबर हेल्पलाइन और Smart Force Project अब राजस्थान पुलिस के लिए भी मॉडल बन सकता है...गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने पिछले दिनों राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र लिखकर अपनी इन तकनीकी पहलों की जानकारी साझा की है...इसके बाद सीएम भजनलाल शर्मा ने भी संबंधित अधिकारियों को गोवा की इन पहलों का अध्ययन कर जरूरी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं..राजस्थान की साइबर पुलिस के लिए यह तरीका कारगर साबित हो रहा है. साइबर ठगी के दौर में पुलिसिंग का तरीका भी अब हाईटेक हो रहा है.. इसी दिशा में गोवा पुलिस ने AI और क्लाउड टेक्नोलॉजी को पुलिसिंग से जोड़कर नई पहल शुरू की है...गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने 22 जुलाई 2026 को राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र भेजकर इन तकनीकी प्रयोगों की सफलता की जानकारी दी...पत्र में खास तौर पर क्लाउड बेस्ड 1930 साइबर फ्रॉड हेल्पलाइन और स्मार्ट फोर्स प्रोजेक्ट का जिक्र किया है... सबसे खास प्रयोग है AI- बेस्ड कॉल एजेंट .... गोवा पुलिस ने इसका सफल परीक्षण किया है...ये AI एजेंट साइबर फ्रॉड के पीड़ित से शुरुआती बातचीत कर सकता है...शिकायत से जुड़ी शुरुआती जानकारी दर्ज कर सकता है और कॉल टेकर की मदद कर सकता है...हालांकि अंतिम नियंत्रण पुलिसकर्मी के पास ही रहता है...कॉल टेकर किसी भी वक्त बातचीत को मॉनिटर कर सकता है... जरूरत पड़ने पर हस्तक्षेप कर सकता है और पूरी बातचीत खुद संभाल सकता है... इधर राजस्थान की साइबर क्राइम पुलिस ने भी आर्टिफ़िशल इंटेलीजेंस तकनीक का उपयोग शुरू कर दिया है। साइबर क्राइम डीआईजी शांतनु कुमार सिंह का कहना है कि राजस्थान पुलिस की साइबर क्राइम ब्रांच ने भी एआई का इस्तेमाल शुरू कर दिया है। फिलहाल फर्जी इनवेस्टमेंट का झांसा देकर ठगी करने वालों की पहचान हो पा रही है। एआई की मदद से फेक इन्वेस्टमेंट वेबसाइट की पहचान करते हैं। जब पता चल जाता है कि यह फर्जी है तो पुलिस टेक डाउन की करने की कार्रवाई करती है। बाइट - शांतनु कुमार सिंह, डीआईजी साइबर इधर गोवा की दूसरी बड़ी पहल है स्मार्ट फोर्स प्रोजेक्ट का मकसद पुलिस के फील्ड वर्क और वेरिफिकेशन सिस्टम को डिजिटल बनाना है... इस प्राेजेक्ट की खासियत ये है कि एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म पर नागरिकों से जुड़ी 30 से ज्यादा पुलिसिंग सेवाएं उपलब्ध कराने की क्षमता रखता है... इस से पुलिस सेवाओं की डिलीवरी तेज होती है...डेटा बेहतर तरीके से उपलब्ध हो रहा है... प्रोसेसिंग टाइम कम हो रहा है। सबसे अहम... पुलिस को इंटेलीजेंस बेस्ड पुलिसिंग में मदद मिल रही है... राजस्थान में इसका काम प्राथमिक रूप से शुरू हो चुका है। डीआईजी शांतनु कुमार सिंह कहते हैं कि राजस्थान साइबर क्राइम में भी एआई का इन्वेस्टिगेशन में उपयोग शुरू हो चुका है। इसकी मदद से म्यूूल हंटर अकाउंट का पता लगा रहे हैं। वहीं जिन अकाउंट में पैसा लेयर टू लेयर गया है, उनका पता लगा रहा है। इसके साथ ही कोर्ट में चालान पेश करने से पहले यह भी देखा जा रहा है कि इसमें क्या क्या जोड़ा जा सकता है ताकि केस मजबूत बन सके। साइबर क्राइम में हर दिन कुछ न कुछ बदलता रहता है जिससे एआई टेक्नोलॉजी से बहुत मदद मिल रही है। राज्य की साइबर क्राइम पुलिस ने हाल ही में बड़ी बड़ी कार्रवईयां की है, जिनमें न केवल आरोपियों को पकड़ा है बल्कि उनका पैसा भी होल्ड करवाया है। इसके साथ ही अपराधियों के खिलाफ मजबूत केस भी बनाए जा रहे हैं。0
0
Report
Dehradun की तमसा नदी भारी बारिश के बाद उफान पर
Noida, Uttar Pradesh:Dehradun (Uttarakhand): Tamasa River swells following heavy overnight rainfall. River flowing in spate through Shri Tapkeshwar Mahadev Temple premises. Visuals. रात भर हुई भारी बारिश के बाद तमसा नदी उफान पर. श्री टपकेश्वर महादेव मंदिर परिसर से उफान के साथ बहती नदी. दृश्य0
0
Report
Advertisement
कोसी तटबंध के भीतर जलकटाव से लोग सुरक्षित स्थानों के लिए मजबूर
Bihar:स्लग - कोसी के जलस्तर में लगातार हो रही उतार चढ़ाव से तटबंध के अंदर कटनीया शुरू, खौफजदा है तटबंध के अंदर रहने वाले लोग. नेपाल के जल ग्रहण क्षेत्र में रुक रुक कर हो रही बारिश से कोसी के जलस्तर में लगातार उतार चढ़ाव हो रही है, जिससे कोसी तटबंध के अंदर बसे गांव के लोगों की मुश्किलें बढ़ने लगी है. आज सुबह आठ बजे कोसी बराज से एक लाख 89 हजार 125 क्यूसेक पानी का डिस्चार्ज किया गया है. कोसी के जलस्तर में पिछले कुछ दिनों से लगातार हो रही उतार चढ़ाव के कारण कोसी तटबंध के अंदर बसे गांव के लोगों की परेशानी बढ़ने लगी है, यह तस्वीर कोसी तटबंध के अंदर बसे सदर प्रखंड के घूरन गांव का है जहां कोसी की धारा बस्ती से सटकर बहने लगी है, लिहाजा लोगों में दहशत का आलम है, आलम यह है की घूरन में कोसी से कटाव भी शुरू हो गया है, जिससे लोग खौफजदा है और अपने घरों को उजाड़ कर दूसरे जगहों पर ले जाने लगे हैं, पानी बढ़ने से लोगों के घर दरवाजे तक कोसी का पानी दस्तक देने लगी है, दूसरी तरफ गांव से सटकर तेज कटाव भी शुरू हो गई है ऐसे में लोग घर उजाड़ कर दूसरे जगह शिफ्ट होने लगे हैं, आलम यह है लोग कटाव के डर से अपना पक्का मकान भी तोड़कर दूसरे जगह ऊँचे स्थानों पर जाने को मजबूर हो चुके हैं. लोगों का कहना है कि कटाव तेजी से हो रहा है जिसके चलते कटाव से पहले ही वो सुरक्षित स्थान पर चले जाना चाहते हैं. स्थानीय लोगों का आरोप है कि हर वर्ष कटाव का सामना लोगों को करना पड़ता है, बाबजूद इसके सरकार या प्रसाशन द्वारा इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं की जाती है,जिससे लोगों में भारी आक्रोश है, फिलहाल लोगों ने जिला प्रसाशन से इस दिशा में समुचित पहल की मांग की है.0
0
Report
तेज़ बारिश से बरसाती नाला उफान, बंसीवाला में घरों में पानी घुसा
Dehradun, Uttarakhand:सहसपुर के झाझरा क्षेत्र में उस वक्त अफ़रा तफरी मच गई... जब लगातार हो रही तेज बारिश के चलते अचानक एक बरसाती नाला उफान पर आ गया... रात के अंधेरे में तकरीबन 2 बजे नाले का पानी बंसीवाला गांव में दाखिल होते ही हड़कंप मच गया... देखते ही देखते कई घरों में पानी घुस गया... घबराे हुए लोग अपने बच्चों को गोद में लेकर घरों से बाहर भागे और ऊंचाई वाले इलाके में रोड पर जमा हो गए... हालांकि बारिश कम होने के कुछ देर बाद ही पानी का जलस्तर भी कम हो गया... जिससे ग्रामीणों ने राहत की सांस ली... दरअसल बंसीवाला गांव एक बरसाती नाले के किनारे पर बसा हुआ है यहां सैकड़ो परिवार रहते हैं... ग्रामीणों का आरोप है कि नाले के किनारे अब तक सुरक्षा के लिए पक्का पुश्ता तक नहीं बनाया गया... बरसात के दिनों में नाला उफान पर आता है और हर बार ग्रामीणों की सांसे अटक जाती हैं...0
0
Report
सड़क तालाब बना, घुटनेभर पानी में बच्चे स्कूल जाने को मजबूर
Ansar Nagar, Jharkhand:सड़क बनी तालाब, घुटनेभर पानी में स्कूल जाने को मजबूर बच्चे चतरा : जिले के इटखोरी प्रखंड के पीतीज गांव में सड़क इन दिनों राहगीरों के लिए मुसीबत बन गई है। पुल से पानी की निकासी नहीं होने के कारण सड़क पर घुटनेभर पानी जमा हो गया है। आलम यह है कि सड़क ने तालाब का रूप ले लिया है और इसी गंदे पानी को पार कर स्कूली बच्चों को स्कूल जाना पड़ रहा है। पानी में चलने से बच्चों की स्कूल ड्रेस भीग जा रही है। वहीं, सड़क से गुजरने वाले छोटे-बड़े वाहनों के पहियों से पानी के छींटे पड़ने के कारण स्कूली बच्चे और राहगीर परेशान हैं। कई बार वाहनों की तेज रफ्तार से गंदा पानी सीधे बच्चों के कपड़ों पर पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर पानी जमा रहने से आवागमन तो प्रभावित है ही, साथ ही बच्चों के गिरने और दुर्घटना होने का भी खतरा बना हुआ है। दरअसल में यह समस्या कुछ ग्रामीनों के द्वारा अपनी जमीन से पुल का पानी नहीं बहने देने की जिद के कारण बनी है। मामले की जानकारी मिलने के बाद इटखोरी अंचल अधिकारी सविता सिंह ने क्षेत्र का निरीक्षण किया और मौके की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने ग्रामीणों से भी जानकारी ली और जल्द ही जल निकासी की समस्या का समाधान कराने का भरोसा दिया।0
0
Report
Advertisement
