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हरदोईः पिहानी में ट्रक और ट्रैक्टर की भिड़ंत
Chandeli, Uttar Pradesh:कस्बा पिहानी जाने खेड़ा रोड पर निदा हॉस्पिटल और हबीबा हॉस्पिटल के बीच में ओवरलोड गन्ने का ट्रक और ट्रैक्टर की आपस में टक्कर हो गई। हादसे के बाद सूचना पर पुलिस पहुंची। हादसे में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है।
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16 मौजों में जल निकासी समस्या हल के लिए प्रशासन ने काम शुरू किया, किसान खुश
Mollar Chak, West Bengal:মাঠের জল নিকাশের কোনও ব্যবস্থা ছিল না।বৃষ্টি হলেই জলে ডুবে থাকে কয়েকশো বিঘা কৃষি জমি।বর্ষার মরসুমে আমন ধান chাষ করতে বিপাকে পড়ে বিধায়ক ও ব্লক প্রশাসনের দ্বারস্থ হয় কৃষকেরা।বিধায়কের উদ্যোগে ১৬টি মৌজায় জল নিকাশির বহু বছরের সমস্যার সমাধান হতে চলেছে।মাঠের জল নিকাশের কাজ শুরু হয়েয়ায় খুশি কৃষকেরা। মাঠে জল নিকাশের কোনও ব্যবস্থা নেই।বৃষ্টি হলেই কৃষি জমিতে জল জমে যায়।যার কারণে ফসল নষ্ট হয়।বর্ষাকালে সব থেকে বেশি সমস্যায় পড়তে হয় কৃষকদের।বৃষ্টির জলে জলে ডুবে থাকে কৃষি জমি।এক-দু বিঘা নই,কয়েকশো বিঘা জমি জলে ডুবে থাকায় বর্ষায় ধান চাষ করতে পারে না কৃষকেরা।কৃষকদের দাবি,মাঠের মাঝ বরাবর রয়েছে একটি সরু খাল।সেই খাল দিয়ে মাঠের জল এলাকায় শিলাবতী নদীতে গিয়ে পড়তো।বাম আমলে খালে একটি সুইস গেট তৈরি করে খালের জল শিলাবতীতে ফেলার ব্যবস্থা করা হয়েছিল।বহু বছর আগে সেই সুইস gate বিকল হয়ে যাওয়ার পর মেরামত করা হয়নি।ফলে খালের জল নিকাশের পথ বন্ধ হয়ে পড়ে।তৃণমূল আমলে একাধিক বার প্রশাসনের কাছে মাঠের জল নিকাশের ব্যবস্থা করার জন্য লিখিত দাবি জানিয়েও কোনও সুরাহা হয়নি বলে অভিযোগ।বর্ষার মরসুম,কয়েকদিনের বৃষ্টিতে জল জমেছে মাঠে।জলে ডুবে রয়েছে কৃষি জমি।আমন ধান চাষ করা নিয়ে বিপাকে পড়েছেন কৃষকেরা।দ্রুত মাঠের জল নিকাশের ব্যবস্থা করার দাবি নিয়ে স্থানীয় বিধায়ক ও ব্লক প্রশাসনের দ্বারস্থ হয় কৃষকদের।শুক্রবার থেকে প্রশাসনের উদ্যোগে মজে যাওয়া খাল সংস্কার করে মাঠের জল নিকাশের উদ্যোগ নেওয়া হয়েছে।প্রশাসন উদ্যোগ নেওয়ায় স্বস্তি ফিরছে চন্দ্রকোণা-২ ব্লকের বসনছোড়া panchayet এর নাড়ুয়া সহ ১৬ টি মৌজার কৃষকদের। সম্প্রতি নাড়ুয়া,ছোটআকনা,বড়আকনা,বৈকুন্ঠপুর,টকাহেদুয়া,হরিসিংপুর,বাচকা,প্রসাদপুর সহ ১৬ টি মৌজার কৃষকেরা চন্দ্রকোণা বিধানসভার বিজেপি বিধায়ক সুকান্ত দোলই ও চন্দ্রকোণা-২ ব্লকের বিডিও'র দ্বারস্থ হন।বৃষ্টির জলে ডুবে থাকা কৃষি জমি থেকে জল নিকাশের ব্যবস্থা করার দাবি জানিয়ে কৃষকেরা বিধায়ক ও বিডিওর কাছে লিখিত আবেদন জানান।শুক্রবার থেকে মাঠের জল নিকাশের কাজ শুরু করেছে প্রশাসন।ব্লক প্রশাসন সূত্রে জানা গিয়েছে,আপাতত মজে যাওয়া খাল জেসিবি মেশিন দিয়ে সংস্কার করে মাঠের জল বের করার ব্যবস্থা করা হবে।যে জায়গায় সুইস গেট ছিল সেখান শিলাবতী নদী অবধি মেশিন দিয়ে কেটে যাতে মাঠের জমা জল নদীতে গিয়ে পড়ে তার ব্যবস্থা করা হবে।кৃষকদের যাতে এই বর্ষায় আমন ধানের চাষটা করতে পারে প্রশাসনের তরফে তার উদ্যেগ নেওয়া হয়েছে।এনিয়ে চন্দ্রকোণার বিধায়ক সুকান্ত দোলই বলেন,'বাম আমলে সুইস গেট তৈরি করা হয়েছিল ওই খালে। সেটি বাম আমলেই বিকল হয়ে যায়।তারপর থেকে মেরামত না করায় বর্তমানে সুইস গেটের কোনও অস্তিত্ব নেই।উল্টে তৃণমূল সরকারের আমলে সুইস কেটের সামনে যেদিকে খালের জল বের হতো সেদিক দিয়ে যাতায়াত রাস্তা তৈরি করে দেয়।চাষিদের ফসল নষ্ট হয়,এই বর্ষায় চাষ করতে পারছে না তাঁরা।আমার কাছে চাষিরা এসেছিলেন,বিডিও সাহেবের সাথে কথা বলে আপাতত খালের মজে যাওয়া অংশ কেটে জল বের করার ব্যবস্থা করা হয়েছে।' এলাকার কৃষকদেরা জানান,১৬ টি মৌজায় কয়েকশো বিঘা কৃষি জমি রয়েছে।সেখানে বিভিন্ন এলাকার জল এসে জমা হয়।মাঠের মাঝখানে রয়েছে কৃষ্ণকুন্ডু নামে একটি সরু খাল।মাঠের জল খাল বেয়ে নাড়ুয়া এলাকায় থাকা সুইস গেট দিয়ে বারুনীঘাট এলাকায় শিলাবতী নদীতে গিয়ে পড়তো।বাম সরকারের আমলে সুইস গেটটি তৈরি করা হয়েছিল।কিন্তু সেটি বাম আমলেই বিকল হয়ে যায়।তার পর থেকে আর সুইস গেট মেরামতের উদ্যোগ নেওয়া হয়নি।বাম আমল হোক বা তৃণমূল জমানা কেউ নজর দেয়নি এদিকে।তৃণমূল আমলে কৃষকেরা একাধিক বার ব্লক থেকে জেলায় লিখিত আবেদন জানালেও মাঠের জল নিকাশের ব্যবস্থা করার জন্য।কৃষকদের অভিযোগ,একাধিক গ্রামের কৃষকের জমির ফসল নষ্ট হয়ে যায়।বারি বৃষ্টি হলেই মাঠে জল জমে গিয়ে চাষের কাজে ব্যাঘাত ঘটে।বর্ষাকালে ধান করতে পারেনা কৃষকেরা।এখনও আমন ধান চাষ শুরু করা যায়নি বৃষ্টির জলে জমি डูबे রয়েছে।ধান চাষ করা না গেলে সমস্যায় পড়তে হতো কৃষকদের।বিধায়ক ও ব্লক প্রশাসনের উদ্যোগে মাঠের জল নিকাশের কাজ শুরু হওয়ায় খুশি কৃষকদের।তবে তাঁরা চাইছেন দ্রুত স্লুইস গেট তৈরি করা হোক।0
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सावन में राजगीर बना आस्था और पर्यटन का संगम
Pariaunna, Bihar:सावन शुरू होते ही अंतरराष्ट्रीय पर्यटन स्थल राजगीर शिवभक्ति और पर्यटन का संगम बन गया है। श्रावणी मेले के उद्घाटन के बाद राजगीर श्रद्धालुओं और पर्यटकों से पूरी तरह गुलजार है। गर्म कुंड, नेचर सफारी, जू सफारी, ग्लास ब्रिज और रोपवे पर भारी भीड़ उमड़ रही है। उमस भरी गर्मी के बावजूद हजारों कांवरिये और पर्यटक हर दिन राजगीर पहुंच रहे हैं, जिससे पर्यटन कारोबार के साथ-साथ सरकारी राजस्व में भी बढ़ोतरी हो रही है। दरअसल सावन के महीने में देवघर और बासुकीनाथ में जलाभिषेक करने के बाद बड़ी संख्या में कांवरियों का जत्था राजगीर पहुंच रहा है। श्रद्धालु गर्म कुंड में स्नान कर खुद को तरोताजा महसूस कर रहे हैं। उनका कहना है कि गर्म कुंड का स्नान लंबी यात्रा की थकान दूर कर नई ऊर्जा का एहसास कराता है। राजगीर रोपवे पर भी श्रद्धालुओं और पर्यटकों की लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। लोग पहाड़ों की खूबसूरती का आनंद लेने के लिए घंटों इंतजार कर रहे हैं। नेचर सफारी, जू सफारी और ग्लास ब्रिज भी पर्यटकों के आकर्षण का प्रमुख केंद्र बने हुए हैं। रोपवे मैनेजर दीपक कुमार ने बताया कि सावन के दौरान प्रतिदिन करीब ढाई से तीन हजार लोग सिर्फ रोपवे का आनंद लेने पहुंच रहे हैं। बढ़ती भीड़ को देखते हुए सुरक्षा, टिकट व्यवस्था और अन्य सुविधाओं को मजबूत किया गया है, ताकि श्रद्धालुओं और पर्यटकों को किसी तरह की परेशानी न हो। सावन में आस्था और पर्यटन का अनोखा संगम राजगीर की रौनक को चार चांद लगा रहा है।0
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शीघ्र दर्शन से 1.40 लाख श्रद्धालुओं की आय मंदिर निर्माण में खर्च
Ujjain, Madhya Pradesh:1.40 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने लिया शीघ्र दर्शन का लाभ, मंदिर की सुविधाओं और निर्माण कार्यों में खर्च होगी राशि उज्जैन। श्रावण-भादौ मास में बाबा महाकाल के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ लगातार बढ़ रही है। दूर-दराज से आने वाले कई श्रद्धालु समय बचाने के लिए शीघ्र दर्शन व्यवस्था का लाभ ले रहे हैं। temple समिति द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार 30 जुलाई से 6 अगस्त तक 1 लाख 40 हजार 228 शीघ्र दर्शन टिकट बेचे गए। इन टिकटों से मंदिर समिति को कुल 3 करोड़ 50 लाख 57 हजार रुपये की आय हुई। इसमें 32,490 टिकट ऑनलाइन और 1 लाख 7 हजार 738 टिकट काउंटर से बेचे गए। मंदिर समिति के अनुसार शीघ्र दर्शन से प्राप्त इस राशि का उपयोग श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं देने और मंदिर में चल रहे विभिन्न निर्माण कार्यों में किया जा रहा है। यानी बाबा के दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं से प्राप्त यह राशि दोबारा भक्तों की सुविधा और मंदिर व्यवस्था को बेहतर बनाने में ही काम आ रही है। श्रावण के पावन महीने में हर दिन हजारों-लाखों श्रद्धालु बाबा महाकाल के दरबार में पहुंच रहे हैं। ऐसे में शीघ्र दर्शन व्यवस्था से जहां श्रद्धालुओं को कम समय में दर्शन का अवसर मिल रहा है, वहीं इससे मिलने वाली आय मंदिर की व्यवस्थाओं को मजबूत करने में भी मदद कर रही है。0
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8 दिन में महाकाल मंदिर के लड्डू प्रसाद ने कमाई 2.35 करोड़
Ujjain, Madhya Pradesh:8 दिन में 2.35 करोड़ रुपये से अधिक का बिका महाकाल मंदिर का लड्डू प्रसाद करीब 497 क्विंटल लड्डू प्रसाद श्रद्धालु अपने साथ ले गए, पहली सवारी के दिन रही सबसे अधिक बिक्री उज्जैन। श्रावण-भादो मास में बाबा महाकाल के दर्शन के साथ श्रद्धालुओं में लड्डू प्रसाद लेने का उत्साह भी लगातार बढ़ रहा है। मंदिर समिति द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार 30 जुलाई से 6 अगस्त तक के 8 दिनों में 497.439 क्विंटल लड्डू प्रसाद का विक्रय हुआ। इससे श्री महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति को 2 करोड़ 35 लाख 26 हजार 650 रुपये की आय प्राप्त हुई। आंकड़ों के अनुसार सबसे अधिक 77.360 क्विंटल लड्डू प्रसाद की बिक्री 3 अगस्त को हुई, जिस दिन बाबा महाकाल की पहली शाही सवारी निकली थी। इस दिन अकेले 36.70 लाख रुपये से अधिक का लड्डू प्रसाद श्रद्धालुओं ने खरीदा। इसके अलावा 2 अगस्त को 76.010 क्विंटल और 1 अगस्त को 69.989 क्विंटल लड्डू प्रसाद का विक्रय हुआ। श्रावण-भादो मास में हर दिन देशभर से बड़ी संख्या में श्रद्धालु बाबा महाकाल के दर्शन के लिए उज्जैन पहुंच रहे हैं। दर्शन के बाद श्रद्धालु बाबा का प्रसाद अपने साथ ले जाकर इसे आस्था और आशीर्वाद का प्रतीक मान रहे हैं। लगातार बढ़ती श्रद्धालुओं की संख्या के साथ लड्डू प्रसाद की बिक्री में भी उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है।0
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सांगली पुलिस ने पिस्तौल तस्करी गैंग का पर्दाफаш, 11 पिस्टल समेत 22 कारतूस जब्त
Sangli, Maharashtra:सांगली की स्थानीय गुन्हे अन्वेषण शाखा ने रिवॉल्वर विक्री करने वाली टोळी का पर्दाफाश करते हुए तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। उनसे 11 पिस्टल और 22 जिंदा कारतूस बरामद हुए हैं, साथ ही लगभग 7.5 लाख रुपये का माल जप्त किया गया है। विटा में रिकॉर्ड पर एक गुन्हेगार के पास pistol लेकर रुके होने की सूचना मिलने पर उसे पकड़ लिया गया, जिसके पास से तीन रिवॉल्वर बरामद हुए। इसके बाद खानापुर तालुक्या से अलग-अलग स्थानों से तीनों को गिरफ्तार कर 11 पिस्टुल, 22 जिंदा कारतूस और 3 दुचाकी जब्त की गई हैं; यह सभी रिवॉल्वर मध्य प्रदेश के सेंधवा से खरीदकर अधिक दामों पर बेची जा रही थीं। इस मामले में मध्यप्रदेश के एक व्यक्ति सहित चार के विरुद्ध विटा थाने में मामला दर्ज किया गया है। बाइट - तुषार दोशी - पुलिस अधीक्षक - सांगली।0
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हापुड़ के लालपुर में मुस्लिम समुदायों के भिड़ंत में पथराव-लाठी, कई घायल
Hapur, Uttar Pradesh:उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले में बच्चों की मामूली कहासुनी ने झगड़े का भयानक रूप ले लिया. धौलाना थाना क्षेत्र के गांव लालपुर में मुस्लिम समुदाय के दो पक्षों के बीच जमकर मारपीट और पथराव हुआ. जिसमें कई लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं. बताया जा रहा है कि बच्चों में हुए विवाद के बाद देखते ही देखते दोनों पक्षों के लोग लाठी-डंडे और ईंट-पत्थर लेकर आमने-सामने आ गए. इस हिंसक झड़प में दोनों पक्षों के 5 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं. घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें दोनों ही मुस्लिम समुदाय के लोग खुलेआम लाठियां भांजते और एक-दूसरे पर पथराव करते हुए लोग नजर आ रहे हैं. विवाद कीे जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को इलाज के लिए पास के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया. एक पक्ष के नजरु का आरोप है कि पड़ोसी आलिम पक्ष के लोगों ने घर में घुसकर हमला किया और महिलाओं के साथ अभद्रता की, जबकि दूसरे पक्ष ने भी मारपीट का आरोप लगाया है. फिलहाल, इस मामले में सीओ पिलखुवा मुनीश चंद्र का कहना कि पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायतें दर्ज कर ली हैं और वायरल वीडियो के आधार पर उपद्रवियों की पहचान की जा रही है. सीओ ने आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई किए जाने की बात कही है.0
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मुजफ्फरपुर में बाइक सवार अपराधियों ने महिला कांस्टेबल से पिस्टल पर लूट की
Muzaffarpur, Bihar:मुजफ्फरपुर में बाइक सवार अपराधियों ने महिला कांस्टेबल से बीच सड़क पर पिस्टल की नोक पर लूट ली डेढ़ लाख की चेन. विरोध पर अपराधियों ने दहशत फैलाने की नीयत से फायरिंग की. घटना मिठनपुरा थाना क्षेत्र के बीएमपी-6 इलाके में घटी. बताया गया कि बीएमपी-6 में तैनात महिला कांस्टेबल नेहा शाम करीब बीएमपी के समीप से सब्जी खरीदकर अपने स्कूटी से घर लौट रही थीं. जैसे ही वह न्यू दुर्गापुरी कॉलोनी में जानें के लिए मेन रोड से गली में घुसने लगी वैसे ही काले रंग की पल्सर बाइक पर सवार दो अपराधियों ने उनकी स्कूटी के सामने बाइक लगाकर रास्ता रोका और पिस्तौल से लैश होकर लूट की घटना को अंजाम दिया. लूट की कीमत डेढ़ लाख बताई जा रही है. महिला कांस्टेबल नेहा ने विरोध किया और पकड़ने का प्रयास किया, लेकिन दोनों ने फायरिंग कर भाग निकले. घटना के आसपास अफरा-तफरी मच गई. डीएसपी टाउन सुरेश कुमार और मिठनपुरा थाना पुलिस की टीम मौके पर पहुंचकर निरीक्षण कर रही है और आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाल रहे हैं. चिंता जताई जा रही है कि भीड़-भाड़ वाले इलाके में इतनी बड़ी वारदात पर नियंत्रण के बावजूद सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं. पुलिस मौके पर जांच कर रही है और अपराधियों की पहचान कर जल्द गिरफ्तारी की तैयारी है.0
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स्लोगन -मैनपुरी में लुका-छिपी खेल रहे युवक की पीट-पीटकर हत्या / गांव में तनाव, भारी पुलिस बल तैनात
Barnahal, Uttar Pradesh:जनपद- मैनपुरी रिपोर्टर- arun kumar Shakya मो-9761113671 स्लोगन -मैनपुरी में लुका-छिपी खेल रहे युवक की पीट-पीटकर हत्या / गांव में तनाव, भारी पुलिस बल तैनात एंकर-मैनपुरी से सनसनीखेज खबर सामने आई है जहां सिर्फ एक मजाक... एक खेल... एक युवक की जान ले गया। घिरोर थाना क्षेत्र के कोसमा हिनूद गांव में नकाब पहनकर अपने चचेरे भाई के साथ लुका-छिपी खेल रहे 20 साल के युवक को गांव के ही कुछ लोगों ने पकड़कर बेरहमी से पीट दिया। पिटाई का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया और अगली सुबह युवक का शव खेत में पड़ा मिला। घटना के बाद गांव में तनाव है और मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। बीओ-मैनपुरी के घिरोर थाना क्षेत्र के कोसमा हिनूद गांव में गुरुवार रात करीब 9 बजे एक दिल दहला देने वाली घटना हुई। कोसमा मुसलमीन निवासी 20 वर्षीय अनीश पुत्र सलामत अपने 15 साल के चचेरे भाई अप्पू के साथ नकाब पहनकर लुका-छिपी खेलते हुए कोसमा हिनूद गांव में पहुंच गया था। बताया जा रहा है कि गांव के कुछ युवकों ने दोनों को पहचान लिया और पकड़ लिया। आरोप है कि इसके बाद अनीश की जमकर पिटाई की गई। इस पूरी घटना का वीडियो भी बना लिया गया, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। रात में पिटाई के बाद शुक्रवार सुबह अनीश का शव गांव से करीब 500 मीटर दूर खेतों में पड़ा मिला। शव मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। परिजनों ने गांव के ही कुछ लोगों पर पीट-पीटकर हत्या करने का आरोप लगाया है। सूचना मिलते ही सीओ कुरावली भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।फिलहाल पुलिस का कहना है कि अभी तक इस मामले में तहरीर नहीं मिली है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल पाएगा। तनाव को देखते हुए गांव में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। फिलहाल पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है और मामले की जांच में जुट गई है। तहरीर मिलने के बाद आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही जा रही है। बाइट- CO सच्चिदानंद कुरावली0
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CGPSC SI भर्ती में 'NEWS' और 'हे राम' नामों से मचा बवाल, दस्तावेज वैध घोषित
Raipur, Chhattisgarh:छत्तीसगढ़ SI भर्ती परीक्षा में अभ्यर्थियों के अनोखे नामों ने सोशल मीडिया पर चर्चा छेड़ दी है। @cgpsc_official द्वारा NEWS, tufail, भक्त प्रहलाद और हे राम जैसे नामों के सत्यापित दस्तावेज साझा करने के बाद मामला गरमा गया। अभ्यर्थियों ने खुद वीडियो जारी कर अपनी पहचान स्पष्ट की। आयोग ने दस्तावेजों को वैध बताया है। वहीं, प्रारंभिक परीक्षा में सफल हुए NEWS, HeyRam, SpaceRani समेत सभी साथियों को अब मेंस की तैयारी के लिए शुभकामनाएं मिल रही हैं।0
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दिल्ली HC: जंतर-मंतर प्रदर्शन रोक पर सरकार विचार क्यों नहीं कर रही?
Noida, Uttar Pradesh:*दिल्ली HC का सवाल: जंतर-मंतर पर प्रदर्शन बंद क्यों नहीं करती सरकार?* दिल्ली हाई कोर्ट ने सरकार से पूछा हैकि जंतर-मंतर को धरना-प्रदर्शन की जगह के रूप में बंद करने पर विचार क्यों नहीं किया जा रहा है。 जस्टिस अमित महाजन ने कहा कि मेरी व्यक्तिगत राय में जंतर-मंतर या शहर के बीचों-बीच प्रदर्शन नहीं होने चाहिए, क्योंकि इससे पूरे शहर को परेशानी होती है। विरोध-प्रदर्शनों की वजह से सड़कें जाम हो जाती हैं, एंबुलेंस की आवाजाही प्रभावित होती है और आम लोगों के कामकाज में बाधा आती है। यह एक तरह से पूरे शहर को बंधक बनाने जैसा है। हालांकि, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि प्रदर्शन की अनुमति देना या न देना सरकार का काम है। अदालत इस संबंध में कोई फैसला नहीं दे रही है। *कोर्ट के सामने क्या मामला था?* दिल्ली हाई कोर्ट ने यह टिप्पणी ऑल इंडिया दलित क्रिश्चियन राइट्स प्रोटेक्शन कमेटी की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई के दौरान की। कमेटी ने अदालत से मांग की थी कि वह दिल्ली पुलिस को उनके प्रदर्शन की अनुमति संबंधी आवेदन पर जल्द फैसला करने का निर्देश दे। कमेटी ने 10 अगस्त को जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन की अनुमति मांगी थी। इस प्रदर्शन का उद्देश्य दलित ईसाइयों को अनुसूचित जाति (SC) का दर्जा देने की मांग उठाना था। *याचिकाकर्ता की दलील* याचिकाकर्ता की ओर से पेश वकील संजय घोष ने कोर्ट को बताया कि प्रदर्शन में सिर्फ 75 लोग शामिल होंगे और वे केवल इतना चाहते हैं कि दिल्ली पुलिस उनके आवेदन पर जल्द फैसला करे। इस पर जस्टिस महाजन ने कहा कि मेरी राय में शहर के भीतर ऐसे प्रदर्शन नहीं होने चाहिए। आखिर पूरे शहर को बेवजह परेशान करने का क्या औचित्य है? हालांकि, उन्होंने दोहराया कि प्रदर्शन की अनुमति देना या न देना सरकार का अधिकार है और अदालत इस पर कोई आदेश नहीं दे रही है। *सरकार की दलील* केंद्र सरकार की ओर से पेश एडिशनल सॉलिसिटर जनरल (ASG) चेतन शर्मा ने कहा कि इलाके में सुरक्षा कारणों से बीएनएसएस (BNSS) की धारा 163 लागू है। उन्होंने कहा कि 15 अगस्त के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी है और यह कहना मुश्किल है कि 75 लोगों की भीड़ कब बड़ी संख्या में बदल जाए। उन्होंने यह भी बताया कि सुप्रीम कोर्ट पहले से इस मुद्दे पर विचार कर रहा है कि जंतर-मंतर को प्रदर्शन स्थल बनाए रखा जाना चाहिए या नहीं। हालांकि, चेतन शर्मा ने अदालत को आश्वस्त किया कि 8 अगस्त तक प्रशासन प्रदर्शन की अनुमति संबंधी आवेदन पर फैसला ले लेगा।0
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बॉस बनकर व्हाट्सएप धोखा: मुंबई पुलिस ने 1.83 करोड़ बचाकर 92% वापस पाया
Mumbai, Maharashtra:बॉस’ बनकर WhatsApp पर ठगी, मुंबई पुलिस ने साइबर हेल्पलाइन 1930 की मदद से बचाए 92% रुपये मुंबई में ‘बॉस स्कैम’ का एक बड़ा मामला सामने आया है, जिसमें साइबर ठगों ने कंपनी के डायरेक्टर की फोटो और नाम का इस्तेमाल कर एक कर्मचारी को WhatsApp के जरिए झांसे में लिया। ठगों ने खुद को कंपनी का वरिष्ठ अधिकारी बताकर कर्मचारी से तत्काल एक बैंक खाते में 1.98 करोड़ रुपये ट्रांसफर करा लिए। घटना 6 अगस्त 2026 की है। शिकायतकर्ता, जो एक निजी कंपनी में जनरल मैनेजर हैं, को नए मोबाइल नंबर से WhatsApp संदेश मिला। संदेश में कंपनी के डायरेक्टर की प्रोफाइल फोटो और नाम का इस्तेमाल किया गया था। जरूरी भुगतान बताकर कर्मचारी को तुरंत 1.98 करोड़ रुपये ट्रांसफर करने के लिए कहा गया। कर्मचारी ने संदेश को असली समझकर बताए गए बैंक खाते में रकम भेज दी। कुछ देर बाद जब कर्मचारी ने कंपनी के डायरेक्टर के वास्तविक मोबाइल नंबर पर भुगतान की जानकारी दी, तब पता चला कि उनके नाम और फोटो का दुरुपयोग कर साइबर ठगी की गई है। इसके बाद पीड़ित ने तुरंत मुंबई पुलिस की साइबर हेल्पलाइन 1930 और साइबर पुलिस थाना, दक्षिण विभाग से संपर्क किया। पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए ट्रांजैक्शन को ट्रैक किया और 1,83,03,492 रुपये, यानी कुल ठगी गई राशि का करीब 92 प्रतिशत सुरक्षित बचा लिया। मुंबई पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि कंपनी के किसी वरिष्ठ अधिकारी के नाम या फोटो से WhatsApp, Telegram या अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर आने वाले भुगतान संबंधी निर्देशों पर बिना पुष्टि किए भरोसा न करें। यदि किसी नए मोबाइल नंबर से तत्काल पैसे ट्रांसफर करने का दबाव बनाया जाए, तो पहले संबंधित अधिकारी से उनके पुराने या आधिकारिक नंबर पर बात कर जानकारी की पुष्टि करें। केवल प्रोफाइल फोटो या नाम देखकर किसी भी बैंक खाते में रकम ट्रांसफर न करें। यदि साइबर ठगी की आशंका हो या ऐसी कोई घटना हो जाए, तो बिना देरी किए 1930 हेल्पलाइन पर कॉल करें या राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं, क्योंकि शुरुआती कार्रवाई से रकम वापस मिलने की संभावना काफी बढ़ जाती है।0
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फडणवीस ने नासिक के 34,732 करोड़ विकास प्रोजेक्ट जल्दी पूरे करने के निर्देश दिए
Mumbai, Maharashtra:34,732 करोड़ रुपये की विकास योजना को रफ्तार देने के निर्देश, सभी काम तय समय में पूरे हों: मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने वर्ष 2027 में नासिक में होने वाले सिंहस्थ कुंभ मेले की तैयारियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को 34,732 करोड़ रुपये की विकास योजना के सभी कार्य तय समय सीमा के भीतर, गुणवत्ता और पारदर्शिता के साथ पूरे करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि कुंभ मेले के कार्यों में किसी भी तरह की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी विभाग जिम्मेदारी के साथ समन्वय बनाकर काम करें। सह्याद्री अतिथिगृह में आयोजित समीक्षा बैठक में उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा अजित पवार, जल संसाधन मंत्री गिरीश महाजन, स्कूल शिक्षा मंत्री दादाजी भुसे, खाद्य एवं औषधि प्रशासन मंत्री नरहरी झिरवाल समेत कई जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान में कुंभ मेले से जुड़े कार्यों की प्रगति संतोषजनक नहीं है। सभी विभागों को तेजी और बेहतर समन्वय के साथ काम करना होगा। उन्होंने बताया कि एक महीने बाद फिर से समीक्षा बैठक होगी और तब तक कार्यों में वास्तविक और गुणवत्तापूर्ण प्रगति दिखाई देनी चाहिए। फडणवीस ने कहा कि विभागों के बीच समन्वय की कमी के कारण कोई भी परियोजना लंबित नहीं रहनी चाहिए। उन्होंने नासिक महानगरपालिका को शहर की सड़कों के गड्ढे भरने और सड़क निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। समय पर काम पूरा नहीं करने वाले ठेकेदारों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई करने तथा विकास कार्यों से आम नागरिकों को कम से कम असुविधा हो, इसका भी ध्यान रखने को कहा। उन्होंने महानगर गैस कंपनी को भी निर्देश दिए कि वह नासिक महानगरपालिका के साथ समन्वय स्थापित कर लंबित गैस कनेक्शन के कार्य जल्द पूरे करे। मुख्यमंत्री ने कहा कि सिंहस्थ कुंभ मेला महाराष्ट्र की प्रतिष्ठा से जुड़ा आयोजन है, इसलिए सभी विभाग समयबद्ध योजना और जिम्मेदारी के साथ कार्य करें। बैठक में 12 करोड़ श्रद्धालुओं के सुरक्षित और सुगम दर्शन के लिए यातायात, आवास, स्वच्छता, आपदा प्रबंधन और डिजिटल सुविधाओं की विस्तृत योजना प्रस्तुत की गई। मुख्यमंत्री ने नासिक रिंग रोड, साधुग्राम, रेलवे स्टेशनों के विकास, 4,500 विशेष एसटी बसों की व्यवस्था तथा बड़े पैमाने पर पार्किंग सुविधाओं के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने ‘डिजिटल कुंभ’ की अवधारणा को भी आगे बढ़ाने पर जोर देते हुए कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), ‘कुंभदूत’ एआई सहायक, डिजिटल ट्विन, स्मार्ट पार्किंग, लापता व्यक्तियों की खोज प्रणाली तथा एकीकृत कमांड एंड कंट्रोल सेंटर के माध्यम से भीड़ और सुरक्षा प्रबंधन को अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश दिए। कुंभ मेले को स्वच्छ, हरित और प्लास्टिक मुक्त बनाने के लिए हजारों अस्थायी शौचालय, कूड़ेदान, चेंजिंग रूम और बड़ी संख्या में सफाई कर्मचारियों की तैनाती की जाएगी। आपदा प्रबंधन के लिए विशेष दल, स्वयंसेवकों और आधुनिक तकनीक का उपयोग किया जाएगा। वहीं स्थानीय युवाओं के लिए कौशल विकास कार्यक्रम चलाकर पर्यटन, आतिथ्य, स्वास्थ्य और आपदा प्रबंधन से जुड़े प्रशिक्षण दिए जाएंगे, ताकि उन्हें रोजगार के अवसर मिल सकें। सूक्ष्म उद्यमियों को भी व्यवसाय बढ़ाने के लिए आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। मुख्यमंत्री फडणवीस ने भूमि अधिग्रहण, रिंग रोड, साधुग्राम और अन्य प्रमुख नागरिक सुविधाओं से जुड़े सभी कार्य मार्च 2027 तक पूरे कर अप्रैल 2027 तक उन्हें उपयोग के लिए उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार, रेलवे, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण तथा स्थानीय प्रशासन से समन्वय के साथ काम करते हुए सिंहस्थ कुंभ मेले को सुरक्षित, भव्य और श्रद्धालुओं के लिए यादगार बनाने का आह्वान किया।0
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हैदराबाद: तेलंगाना गिग-वर्कर्स ने 10 दिनों के लिए हड़ताल स्थगित का निर्णय लिया
Hyderabad, Telangana:Hyderabad, August 7, 2026: The Telangana Gig and Platform Workers Union (TGPWU) and the Telangana App-Based Drivers Forum (TADF) have announced the postponement of the indefinite statewide strike, which was scheduled to begin on August 8, 2026, for 10 days, following assurances from the Telangana government to address the long-pending issues of gig and platform workers. The decision was taken after two key meetings held today to discuss the concerns of gig and platform workers. The first meeting, convened under the chairmanship of the Joint Labour Commissioner, Ranga Reddy Zone, was attended by representatives of TGPWU, TADF, officials from various platform companies, and government departments. During the meeting, officials from the Transport Department sought additional time for the implementation of the Motor Vehicle Aggregator Guidelines–2025. Later, a delegation of union leaders met Labour Minister Sri Gaddam Vivek Venkataswamy, who assured them that the government would coordinate with the Labour and Transport Departments and place the workers' demands before Chief Minister Sri A. Revanth Reddy for an early decision. Key Assurances Given by the Labour Minister: Notification of the Telangana Gig and Platform Workers Rules at the earliest. Constitution of the Gig and Platform Workers Welfare Board. Resolution of pending issues under the Motor Vehicles Act, 1988 and the Motor Vehicle Aggregator Guidelines–2025. Strict action against the use of private (non-commercial) two-wheelers, three-wheelers, and four-wheelers for commercial passenger and goods transport through app-based platforms such as Ola, Uber, Rapido, or ensuring their mandatory conversion to commercial registration. Examination of a minimum base fare and fair per-kilometre and per-minute fare structure for app-based cab and auto services. Respecting the positive assurances given by the government, TGPWU, TADF, and the joint trade unions have decided to postpone the proposed indefinite strike by 10 days. The unions expressed hope that the government would take concrete action within this period, failing which they would announce their next course of action. The meetings were attended by Shaik Salauddin, Ajay Babu, Ramakrishna Reddy, Abdul Raoof, Swamy, Nagesh, Sirajuddin, P. Satish Kumar, along with leaders of TGPWU, TADF, CITU, INTUC-F, ILWF, TMCDA, TGFWDA, IFAT, and other trade unions. Issued by: Shaik Salauddin Founder President Telangana Gig and Platform Workers Union (TGPWU)0
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सSingarouli के निजी क्लीनिक में 11 माह के बच्चे की मौत, लापरवाही के आरोप
Singrauli, Madhya Pradesh:सिंगरौली में निजी स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े हो गए हैं। सिंगरौली जिले के मिश्रापाली क्लीनिक में इलाज के दौरान 11 माह के मासूम बच्चे की मौत हो गई। परिजनों ने डॉक्टर और क्लीनिक प्रबंधन पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। घटना के बाद परिजनों ने क्लीनिक में हंगामा किया और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। परिजनों के अनुसार, मासूम के हाथ की उंगली में कांच लगने से चोट आई थी, जिसके बाद उसे मिश्रा पाली क्लीनिक में भर्ती कराया गया। आरोप है कि इलाज के कुछ घंटे बाद बच्चे को तेज बुखार, उल्टी और दस्त की शिकायत होने लगी। परिजनों का कहना है कि उन्होंने कई बार डॉक्टर को इसकी जानकारी दी, लेकिन समय पर बच्चे को देखने नहीं पहुंचे। उनका आरोप है कि बाद में एक इंजेक्शन लगाए गए कुछ ही मिनटों के भीतर बच्चे की तबीयत बिगड़ गई तथा उसका शरीर नीला पड़ गया। इसके बाद डॉक्टरों ने बच्चे को मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद परिजनों ने क्लीनिक परिसर में विरोध प्रदर्शन किया और डॉक्टर व अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया। उनका कहना है कि यदि समय पर उचित उपचार मिलता तो मासूम की जान बचाई जा सकती थी। इस घटना ने जिले में संचालित निजी क्लीनिकों की कार्यप्रणाली और स्वास्थ्य विभाग की निगरानी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। परिजनों ने प्रशासन से निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है ताकि भविष्य में किसी अन्य परिवार को ऐसी त्रासदी का सामना न करना पड़े। फिलहाल पुलिस ने शिकायत दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। मासूम के शव का पोस्टमार्टम कराया गया है। जांच रिपोर्ट और चिकित्सकीय तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।0
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उज्जैन: मिलावट के शक में 1272 लीटर घी जब्त, नमूने लैब भेजे
Ujjain, Madhya Pradesh:मिलावट की आशंका पर दो दुकानों से घी के नमूने लिए गए, जांच के लिए राज्य खाद्य प्रयोगशाला भेजे गए उज्जैन। शहर में मिलावटी खाद्य पदार्थों के खिलाफ चल रहे अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा विभाग ने शुक्रवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए 1272 लीटर घी जब्त किया। जब्त किए गए घी की कीमत करीब 8 लाख रुपये से अधिक बताई गई है। घी में मिलावट की आशंका के चलते इसके नमूने लेकर जांच के लिए राज्य खाद्य प्रयोगशाला भेजे गए हैं। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने सबसे पहले तिलक मार्ग, दौलतगंज स्थित सेवकराम घनश्यामदास प्रतिष्ठान का निरीक्षण किया। यहां अलग-अलग पैकिंग में रखा धोलपुर फ्रेश प्रीमियम क्वालिटी देसी घी संदिग्ध मिलने पर करीब 1116 लीटर घी, जिसकी कीमत लगभग 6.90 लाख रुपये है, जब्त कर लिया गया। जांच में सामने आया कि यह घी इंदौर की एक फर्म से खरीदा गया था। इसके बाद टीम ने इंदौर गेट स्थित श्री शिवम इंटरप्राइजेस पर कार्रवाई की। यहां रखे गोवर्धन प्योर घी के 156 लीटर स्टॉक पर भी संदेह होने पर उसे जब्त कर लिया गया। इसकी कीमत करीब 1.20 लाख रुपये बताई गई है। इसके भी नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। खाद्य सुरक्षा विभाग का कहना है कि प्रयोगशाला की जांच रिपोर्ट आने के बाद यदि घी तय मानकों पर खरा नहीं उतरता है तो संबंधित फर्मों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने साफ किया है कि लोगों तक शुद्ध और सुरक्षित खाद्य सामग्री पहुंचे, इसके लिए शहर में ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे।0
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