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गोंडाः अज्ञात वाहन की चपेट में आने से एक युवक मौत, एक युवक की हालत गंभीर
Colonelganj, Uttar Pradesh:कर्नलगंज के भंभुआ में अज्ञात वाहन की चपेट में एक बाइक आ गई। इस हादसे में एक युवक की मौत हो गई और एक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। जिसे फिलहाल इलाज के लिए सीएचसी कर्नलगंज में भर्ती कराया गया। हादसे में मरने वाले युवक का नाम मोहम्मद तौहीद बताया जा रहा है जो नई बाजार करनैलगंज का रहने वाला है। पुलिस ने मृतक के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
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बहराइच कतर्नियाघाट में तेंदुआ पिंजरे में कैद, जंगल में छोड़े जाने से ग्रामीण सुरक्षित
Bahraich, Uttar Pradesh:बहराइच.कतर्नियाघाट के सुज़ौली रेंज में आतंक का पर्याय बना तेंदुआ पिंजरे में कैद,जांच के बाद जंगल में छोड़ा जाएगा ख़बर बहराइच से है,जहां कतर्नियाघाट वन्य जीव प्रभाग के अंतर्गत त्रिलोकीगौढी गांव में पिछले कई दिनों से दहशत का पर्याय बना तेंदुआ वन विभाग के द्वारा लगाए गए पिंजरे में कैद कर लिया गया। जिससे ग्रामीणों ने राहत की सांस ली, आपको बता दें कि पिंजरे में कैद हुए ये तेंदुआ जंगल सटे गांव के आसपास कई बार देखा गया था, जिससे किसानों और बच्चों में भय का माहौल था। जानकारी मिलने पर वन विभाग की टीम ने तेंदुए को पकड़ने के लिये गांव के पास पिंजरा लगवाया था। जिसमें बंधी बकरी के शिकार के लालच में जैसे ही तेंदुआ पिंजरे में घुसा फौरन पिंजरे का गेट बंद हो गया,और तेंदुआ पिंजरे में कैद हो गया, तेंदुए के पिंजरे में फंसने की सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और तेंदुए को सुरक्षित कब्जे में लिया। वहीं वन विभाग द्वारा पकड़े गए तेंदुए का स्वास्थ्य परीक्षण और जांच के बाद उसे सुरक्षित स्थान पर जंगल में छोड़ा जाएगा। साथ ही आसपास के गांवों में गश्त बढ़ा दी गई है और ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है, तेंदुआ पकड़े जाने से गांव वालों ने राहत की सांस ली,0
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छत्तीसगढ़ के उद्योगपति नकली नोट फ्रॉड में 1.17 करोड़ खोने, पुलिस ने ठग गिरफ्तार
Raipur, Chhattisgarh:छत्तीसगढ़ का एक उद्योगपति नकली नोट, इन्वेस्टमेंट और फॉरेन फंडिंग के झांसे में ऐसा फंसा कि उसके 1.17 करोड़ रुपये स्वाहा हो गए.... मामले में पुलिस ने दो महिला ठगों को गिरफ्तार किया है0
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सिरसा के किसानों ने सात दिन की चेतावनी के बाद मुआवजे की मांग तेज की
Sirsa, Haryana:एंकर रीड हरियाणा के सिरसा में किसानों का मुआवजे को लेकर संघर्ष लगातार तेज होता जा रहा है। गांव वैदवाला के किसानों के खेतों में बिजली के टावर लगे हुए है किसान अपने खेतों में लगे हुए टावर के मुआवजे की मांग कर रहे है। जिला प्रशासन द्वारा पीड़ित किसानों को एक करोड़ रुपए का मुआवजा देने की बात कही गई है लेकिन किसानों का आरोप है कि जब दूसरे किसानों को 5 करोड़ का मुआवजा दिया जा रहा है तो उन्हें इस उचित मुआवजे से महफूज क्यों रखा गया है। किसानों का कहना है कि जिला प्रशासन और सीएम से भी बात को लेकर चर्चा हो चुकी है लेकिन ठोस आश्वासन नहीं मिला है। किसानों से सरकार से जल्द उचित मुआवजे की मांग की है। इसके साथ ही सरकार को चेतावनी भी दी है कि अगर सरकार ने जल्द पीड़ित किसानों को मुआवजा नहीं दिया गया तो सरकार के खिलाफ आर पार की लड़ाई लड़ी जाएगी। वोल 1 मीडिया से बातचीत करते हुए किसान नेता जसवीर सिंह भट्टी ने बताया कि गांव वैदवाला में किसान भूपेंद्र सिंह और दूसरे किसानों के खेतों में हाईटेंशन बिजली के टावर लगाए गए, लेकिन उन्हें अन्य गांवों की तरह उचित मुआवजा नहीं दिया गया। प्रशासन को सात दिन का अल्टीमेटम देने के باوجود कोई समाधान नहीं निकला, जिसके बाद किसानों का धरना आठवें दिन भी जारी है। किसान नेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन को और बड़ा किया जाएगा। वोल 2 सिरसा के लघु सचिवालय के बाहर किसानों का धरना लगातार आठवें दिन भी जारी है। गांव वैदवाला के किसान अपनी जमीन पर लगाए गए हाईटेंशन बिजली के टावरों के बदले उचित मुआवजे की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि उनकी उपजाऊ कृषि भूमि पर बिजली के टावर लगाए गए हैं, जिससे खेती पर स्थायी प्रभाव पड़ा है, लेकिन उन्हें आज तक न्यायसंगत मुआवजा नहीं मिला। किसानों का आरोप है कि सरकार और प्रशासन ने कई बार आश्वासन तो दिए, लेकिन धरातल पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इसी वजह से किसानों ने लघु सचिवालय के बाहर अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया, जो अब लगातार आठवें दिन भी जारी है। किसान नेता जसवीर सिंह भट्टी का कहना है कि हरियाणा के कई अन्य गांवों में इसी तरह की परियोजनाओं के दौरान किसानों को जमीन का पांच गुना तक मुआवजा दिया गया, लेकिन गांव वैदवाला के किसानों के साथ भेदभाव किया गया। उनका सवाल है कि जब समान परिस्थितियों में दूसरे किसानों को बेहतर मुआवजा मिल सकता है, तो उन्हें इससे वंचित क्यों रखा जा रहा है। किसानों की मांग है कि उन्हें भी अन्य गांवों की तर्ज पर पांच गुना मुआवजा दिया जाए और उनके साथ समान व्यवहार किया जाए। इस पूरे आंदोलन की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इससे पहले 8 जुलाई को कुछ किसान अपनी मांगों को लेकर हाईटेंशन टावरों पर चढ़ गए थे। उस समय प्रशासन ने किसानों को बातचीत और समाधान का भरोसा देकर किसी तरह नीचे उतारा था। किसानों का कहना है कि प्रशासन ने जल्द समाधान का आश्वासन दिया था, लेकिन एक महीने बीत जाने के बाद भी स्थिति जस की तस बनी हुई है। अब किसानों का कहना है कि यदि इस बार भी केवल आश्वासन ही मिले और कोई ठोस फैसला न हुआ तो आंदोलन पहले से कहीं अधिक व्यापक होगा। धरने पर बैठे किसानों ने प्रशासन को पहले ही सात दिन का समय दिया था। उनका कहना था कि यदि सात दिनों के भीतर उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो वे आंदोलन को और तेज करेंगे। अब चेतावनी की अवधि पूरी हो चुकी है और धरना आठवें दिन भी जारी है। किसानों का कहना है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग उठा रहे हैं, लेकिन यदि सरकार और प्रशासन उनकी बात नहीं सुनते तो उन्हें बड़ा आंदोलन करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा। इसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार और प्रशासन की होगी。 बाइट – किसान नेता जसवीर सिंह भट्टी किसान नेता जसवीर सिंह भट्टी ने कहा कि किसानों की मांग पूरी तरह जायज है। उन्होंने कहा कि सरकार को किसानों के साथ किसी प्रकार का भेदभाव नहीं करना चाहिए। यदि अन्य गांवों के किसानों को पांच गुना मुआवजा दिया गया है तो गांव वैदवाला के किसानों को भी वही अधिकार मिलना चाहिए। उन्होंने बताया कि प्रशासन को सात दिन की चेतावनी दी गई थी, लेकिन अब तक कोई संतोषजनक_solution नहीं आया है। इसलिए किसान अपना धरना जारी रखेंगे और जरूरत पड़ी तो आंदोलन को प्रदेश स्तर तक ले जाया जाएगा। वीओ-5 धरने को अब विभिन्न किसान संगठनों का भी समर्थन मिलने लगा है। भारतीय किसान एकता के प्रदेश अध्यक्ष लखविंद्र सिंह ओळख ने भी धरना स्थल पर पहुंचकर किसानों को अपना समर्थन दिया। उन्होंने कहा कि किसानों की आवाज को दबाया नहीं जा सकता और जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक संगठन उनके साथ मजबूती से खड़ा रहेगा。 उन्होंने कहा कि किसानों की जमीन केवल उनकी आजीविका का साधन नहीं, बल्कि उनके परिवार का भविष्य भी है। ऐसे में यदि विकास परियोजनाओं के लिए जमीन का उपयोग किया जाता है तो किसानों को उचित और सम्मानजनक मुआवजा मिलना ही चाहिए。 धरने के दौरान किसान नेताओं ने राज्य की बीजेपी सरकार पर भी निशाना साधा। उनका आरोप है कि सरकार किसानों के हितों की बात तो करती है, लेकिन जब किसानों को न्याय दिलाने की बात आती है तो केवल आश्वासन दिए जाते हैं। नेताओं ने कहा कि मुख्यमंत्री की ओर से भी किसानों को उचित मुआवजे का भरोसा दिया गया था, लेकिन अब तक उस आश्वासन पर अमल नहीं हुआ। किसानों का कहना है कि यदि मुख्यमंत्री ने वादा किया था तो उसे समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाना चाहिए। लगातार देरी से किसानों का सरकार पर भरोसा कमजोर हो रहा है。 वीओ-7 धरना स्थल पर बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे। किसानों ने एकजुट होकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और अपनी मांगों को दोहराया। उनका कहना है कि जब तक लिखित रूप में उचित मुआवजे का आदेश जारी नहीं होता, तब तक उनका आंदोलन समाप्त नहीं होगा。 किसानों ने यह भी स्पष्ट किया कि उनका आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण रहेगा, लेकिन यदि उनकी अनदेखी की गई तो आने वाले दिनों में जिले और प्रदेश स्तर पर बड़ा प्रदर्शन किया जाएगा, जिसकी रणनीति जल्द घोषित की जाएगी। सिरसा के गांव वैदवाला के किसानों का यह आंदोलन अब लगातार आठवें दिन भी जारी है। किसानों का कहना है कि उन्होंने प्रशासन को पर्याप्त समय दिया, लेकिन समाधान नहीं निकला। अब उनकी मांग है कि अन्य गांवों की तरह उन्हें भी पांच गुना मुआवजा दिया जाए। यदि जल्द कोई सकारात्मक निर्णय नहीं हुआ तो किसानों ने बड़े आंदोलन की चेतावनी दी है। ऐसे में अब सभी की निगाहें प्रशासन और सरकार की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं कि आखिर किसानों की इस लंबे समय से चली आ रही मांग का समाधान कब निकलता है। फिलहाल किसानों का साफ कहना है कि वे पीछे हटने वाले नहीं हैं। उनका संघर्ष तब तक जारी रहेगा, जब तक उन्हें न्यायसंगत और समान मुआवजा नहीं मिल जाता। अब देखना होगा कि सरकार बातचीत का रास्ता अपनाती है या यह आंदोलन आने वाले दिनों में और बड़ा रूप लेता है। बाइट जसवीर सिंह भट्टी , किसान नेता। बाइट लखविंद्र सिंह , किसान नेता।0
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सीतापुर में ऑनलाइन ठगी के शातिर साइबर अपराधी पुलिस ने दबोचा
Sitapur, Uttar Pradesh:सीतापुर। 90 हजार की ऑनलाइन ठगी का खुलासा। अंतरराज्जीय शातिर साइबर अपराधी को पुलिस ने दबोचा। साइबर ठगी और APK फाइल से फोन हैक कर लाखों रुपए की करता था ठगी। अपराधी के पास से दो लैपटॉप, छह स्मार्टफोन, छह फर्जी सिम बरामद। महोली पुलिस और साइबर क्राइम को मिली बड़ी सफलता।0
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दासपुर बस में तलाशी: लगभग 10 किलोग्राम चांदी के साथ एक व्यक्ति गिरफ्तार
Mollar Chak, West Bengal:দাসপুরে বাসে তল্লাশি, প্রায় ১০ কেজি রুপো সহ এক ব্যক্তি আটক দাসপুরे বাসে তল্লাশি চালিয়ে প্রায় ১০ কেজি রুপোসহ এক ব্যক্তিকে আটক করল দাসপুর থানার পুলিশ। পুলিশ সূত্রে জানা গিয়েছে, আটক ব্যক্তির নাম আশিষ সিংহ রায়। তিনি ঘাটালের রত্নেশ্বরবাটি এলাকার বাসিন্দা। অভিযোগ, তিনি ঘাটাল থেকে প্রায় ১০ কেজি রুপো নিয়ে বাসে করে কলকাতার উদ্দেশ্যে রওনা হয়েছিলেন। ঘাটাল–পাঁশকুড়া রাজ্য সড়কের দাসপুর এলাকায় পুলিশ ওই বাসে অভিযান চালায়। তল্লাশির সময় আশিষ সিংহ রায়ের কাছ থেকে বিপুল পরিমাণ রুপো উদ্ধার হয়। পুলিশ רুপোর বৈধ কাগজপত্র দেখতে চাইলে তিনি তা দেখাতে পারেননি বলে দাবি। এরপর পুলিশ রুপোগুলি বাজেয়াপ্ত করে এবং তাঁকে আটক করে। প্রশাসন সূত্রে জানা গিয়েছে এরকম ভাবেই এলাকাজুড়ে তল্লাশি ও চেকিং অভিযান অব্যাহত থাকবে। কোথায়, কখন তল্লাশি চালানো হবে, তা আগে থেকে জানানো হবে না। পুলিশ জানিয়েছে, অবৈধভাবে সোনা বা রুপোর পাচার কিংবা অবৈধ ব্যবসার সঙ্গে কেউ জড়িত থাকলে, আইন অনুযায়ী তার বিরুদ্ধে ব্যবস্থা নেওয়া হবে। এ ধরনের বেআইনি কার্যকলাপ রুখতে সর্বদা নজরদারি চালানো হচ্ছে বলেও প্রশাসন সূত্রে দাবি。0
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बारुइपुर के ऑटो चालकों के साथ रंगू मजूमदार, प्रशासन के रवैये पर बढ़ी नाराज़गी
Baruipur, West Bengal:বারুইপুরের অটোচালকদের পাশে রিঙ্কু মজুমদার, প্রশাসনের ভূমিকা নিয়ে ক্ষোভ বারুইপুর: বারুইপুরের অটোচালকদের বিভিন্ন সমস্যার কথা শুনতে সোমবার বিকেলে তাঁদের সঙ্গে সাক্ষাৎ করেন রিঙ্কু মজুমদার। এদিন তিনি অটোচালকদের অভিযোগ শোনেন এবং তাঁদের দাবিদাওয়া নিয়ে বিস্তারিত আলোচনা করেন। অটোচালকদের অভিযোগ, বারুইপুর থেকে চলাচলকারী বিভিন্ন অটো রুটের মধ্যে বিশেষ করে ৯৫ ও ৯৫এ নম্বর রুটের গাড়িগুলি শহরে প্রবেশ করলেই প্রশাসনের পক্ষ থেকে মামলা করা হচ্ছে। তাঁদের দাবি, এক একটি ক্ষেত্রে ১,০০০ টাকা থেকে ৫,০০০ টাকা পর্যন্ত জরিমানা করা হচ্ছে। এর ফলে চালকদের মধ্যে উদ্বেগ ও ক্ষোভ বাড়ছে এবং তাঁদের জীবিকা চরম সংকটের মুখে পড়েছে। এদিন অটোচালকদের পাশে দাঁড়িয়ে রিঙ্কু মজুমদার বলেন, সাধারণ মানুষের যাতায়াতের অন্যতম ভরসা অটো পরিষেবা। তাই এই সমস্যার দ্রুত সমাধানে প্রশাসনের উদ্যোগ নেওয়া উচিত। বারুইপুর মজদুর সংগঠনের সভাপতি উত্তম নস্কর জানান, বর্তমান পরিস্থিতির কারণে শুধু অটোচালকরাই নন, সাধারণ যাত্রীরাও সমস্যার মুখে পড়ছেন। তিনি প্রশাসনের কাছে আবেদন জানান, অটোচালকদের জীবিকা ও সাধারণ মানুষের যাতায়াতের স্বার্থ বিবেচনা করে আলোচনার মাধ্যমে একটি গ্রহণযোগ্য সমাধান বের করা হোক।0
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पिछली सरकार ने विज्ञापन राजनीति की, अस्पतालों की हालत सुधारने पर नहीं दी नजर — विधायक ने surprise निरीक्षण में सुधार की मांग की
Chinsurah, West Bengal:আগের সরকার শুধু অ্যাডের(বিজ্ঞাপন)রাজনীতি করেছে,হাসপাতাল গুলোর দিকে নজরই দেয়নি। হাসপাতাল পরিদর্শনে গিয়ে অব্যবস্থা দেখে বিরক্ত পান্ডুয়ার বিধায়ক। বুধবার পান্ডুয়ার বৈঁচিগ্রাম বি এল মুখার্জি প্রাথমিক স্বাস্থ্য কেন্দ্রে পরিদর্নে যান বিধায়ক তুষার মজুমদার। হাসপাতালের আউটডোর থেকে ইনডোর রোগী পরিষেবা কেমন চলছে তা জানতেই সারপ্রাইজ ভিজিট করেন বিধায়ক।hospitalে রোগী থেকে স্বাস্থ্যকর্মী এমনকি চিকিৎসকদের সঙ্গেও কথা বলেন।অনেকেই বিধায়ককে কাছে পেয়ে একাধিক অভিযোগ জানাতে থাকেন। এক চিকিৎসקকে ধমকের সুরে বিধায়ক বলেন ,পুরো খেয়ে রেখে দিয়েছেন। জঙ্গল পরিষ্কার করাতে হবে। আপনারা পরিষেবা দিচ্ছেন আমরাও মানুষকে পরিষেবা দিচ্ছি। বিধায়ক বলেন, হাসপাতালের ভঙ্গুর দশা। যেমন নেই ডাক্তার ,তেমনি নেই সুইপার। সব দিক দিয়েই হাসপাতালের অবস্থা খারাপ। আগের সরকার কোন কিছুর দিকে নজর রাখেনি। খালি বিজ্ঞাপনের রাজনীতি করে গেছে। হাসপাতালের কোন কর্মী কোন কিছুর দিকে নজর রাখে না। ডাক্তারের অভাব রয়েছে। যাতে ডাক্তার, নার্স নিয়োগ করা যায় তার বিষয়টাও আমি দেখব। পার্সেন্টেজ হিসেবে ওষুধ লেখা হয়। আগের সরকার চুরি ছাড়া ভালো কিছু কাজ করতে শেখায়নি। পার্সেন্টেজ হিসাবে ওষুধ লেখা হয়। হাসপাতালের নার্সদেরও ব্যবহার খারাপ। হাসপাতালের পক্ষ থেকে বিধায়কের কাছে অভিযোগ করা হয় হাসপাতালে চারপাশ জঙ্গলে পরিপূর্ণ। কোন নিরাপত্তা নেই। বিধায়ক বলেন , এটা আমাদেরকে জানাতে হবে আমি লিখित দেওয়ার কথাও বলেছি। আমি এটা দ্রুত সমাধান যাতে হয়, তার ব্যবস্থা করব। প্রয়োজনে CMOH দপ্তর ও স্বাস্থ্য মন্ত্রীর সঙ্গে কথা বলব। ডাক্তাররা banyak সময় একটা নির্দিষ্ট কোম্পানির ওষুধ লেখে যে ওষুধটা অন্য দোকানে পাওয়া যায় না শুধুমাত্র একটি দোকানে পাওয়া যায় । আমি ডাক্তারকে বলেছি এমন ওষুধ লিখবেন যেটা সব দোকানে পাওয়া যায় । মানুষ যাতে হয়রানির শিকার না হয়। তবে তিনি কথা দিয়েছেন এরপর থেকে আর হবেনা। নার্স দিপালী মাঝি সাহা বলেন , এই হাসপাতালে পরিকাঠামো অনেক কম আছে। নার্সিং স্টাফ কম আছে, সুইপার এখানে নেই। স্বাস্থ্য দপ্তর থেকেও চেষ্টা করব সেগুলো বাড়ানোর। এখানকার নার্সরা নিরাপত্তার অভাব বোধ করেন, কোন সিভ civic নেই ।বিধায়কের কাছে অনুরোধ করেছি আশা রাখি আগামী দিনগুলো মিটবে। অন্যদিকে বৈঁচির এক মহিলা বিধায়ককে কাছে পেয়ে ছেলের চিকিৎসার জন্য আবেদন জানান। তিনি আবেদন করেন , তার ছেলের কিডনিতে পাথর হয়েছে। বিধায়ক সেই খবর জানতে পেয়েই দ্রুত তাকে সব রকমের সাহায্যে আশ্বাস দেন।0
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मोहन बागान दिवस: सूर्य घोष चक्रवर्ती को मिला सर्वश्रेष्ठ समर्थक पुरस्कार
Chinsurah, West Bengal:জীবনের রঙ সবুজ মেরুন।মোহনবাগান ক্লাবের সেরা সমর্থক,পুরুষ্কারে সম্মানিত হলেন, তারকেশ্বরের সৌরভ ঘোষ চক্রবর্তী। গত ৩০ জুলাই কলকাতার নেতাজি ইন্ডোর স্টেডিয়ামে পালিত হয় মোহন বাগান দিবস।ওই দিন মোহনবাগানের সেরা সমর্থক হিসাবে উমাকান্ত পালধী পুরষ্কার তুলে দেওয়া হয় সৌরব এর হাতে। ছোট বয়স থেকেই মোহবাগেনের সমর্থক সৌরভ। তবে মোহনবাগান এর প্রতি ভালোবাসা ও আবেগে পাল তোলা নৌকার ক্লাবের জন্য কিছু করার শুরু টা করেছিলেন ২০০৯ সাল থেকে। সৌরভের বাড়ি, গাড়ির রং সবুজ মেরুন। বাড়ির যেকোনো অনুষ্ঠানেই ব্যবহার করা হয় সবুজ মেরুন রং। মেয়ের অন্নপ্রাসন থেকে বাড়ির পূজা অর্চনায় ব্যবহার করা হয় সবুজ মেরুন রং। তবে তার সবথেকে বড় পাওনা তাদের ১০০ বছরের পুরনো বাড়িকে মোহনবাগান বাড়ি নামে রাজ্য সরকারের পক্ষ থেকে স্বীকৃতি দেওয়া। মোহনবাগান ক্লাবের রঙ সবুজ মেরুর রং করা গাড়ি আছে তার। তাজমহলের ভেতরে একবার মোহনবাগানের ফ্ল্যাগ উড়িয়েছিলেন তিনি।এবার তার ইচ্ছা দেশের প্রত্যেক মন্দিরের সামনে মোহনবাগানের ফ্ল্যাগ কে তুলে ধরা।তবে ইতিমধ্যেই কিছু মন্দিরের সামনে মোহনবাগানের ফ্ল্যাগ লাগিয়েছেন সৌরভ। চলতি বছরে মোহনবাগান ক্লাবের সেরা সমর্থক এর পুরষ্কার বাড়তি অক্সিজেন জুগিয়েছে। ভালোবাসার ক্লাবের জন্য আরো কিছু করার প্রবল ইচ্ছা তার。0
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बारिश शुरू होने से पहले ही सड़कों के गड्ढे जलमग्न, लोगों की मरम्मत की मांग
Chinsurah, West Bengal:বর্ষা শুরুর অনেক আগে থেকেই ভেঙেছে রাস্তা খানাখন্দে ভরে বিপদজনক হয়ে উঠেছে। হুগলি জেলা সদর শহর চুঁচুড়া ব্যান্ডেলের অলি গলি বড় রাস্তার এখন ছবিটা এই রকম। প্রায় প্রতিদিনই বৃষ্টি হচ্ছে ফলে ভাঙা রাস্তার গর্তে জল জমে আরো বিপদজনক হয়ে উঠছে। শহরবাসী চাইছেন দ্রুত সংস্কার হোক রাস্তার। pুজোর আগে প্রতিবছরই রাস্তা সংস্কারের কাজ শুরু হয়।এবছর হয়তো তার অনেক আগেই রাস্তার কাজ শুরু করতে হবে。0
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बारिश में डांकुनी राष्ट्रीय मार्ग पर ओवरलोड ट्रक बुरी तरह प्रभावित, लोग परेशान
Chinsurah, West Bengal:বর্ষায় এমনিতে রাস্তার অবস্থা ভাঙাচোর,গোদের উপর বিষফোঁড়া ওভারলোড গাড়ি। ডানকুনিতে দিনে চলছে ওভারলোড গাড়ি , নাজেহাল এলাকার মানুষ। সম্প্রতি পুলিশের তোলাবাজি কাটমানি ও সিন্ডিকেট রুখতে টোল ফ্রি নাম্বার চালু করেছে রাজ্য সরকার। কোথাও তোলাবাজি দেখলেই সাধারণ মানুষ অভিযোগ জানাতে পারবে। এরপরও ডানকুনির জাতীয় সড়ক ধরে দেখা যাচ্ছে দিন রাত চলছে ওভারলোড গাড়ি, ফলে ক্ষতিগ্রস্ত হচ্ছে রাস্তা , দুর্ঘটনার সম্মুখীন হচ্ছে পথচলিত মানুষ গাড়ি। বর্ষার মরসুমে রাজ্য সড়ক থেকে জাতীয় সড়কের পিচ উঠে খানাখন্দ তৈরী হচ্ছে।বাড়ছে দূর্ঘটনার ঝুঁকি। ফেডারেশন অফ ট্রাক ওনার অ্যাসোসিয়েশনের সম্পাদক প্রবীর চট্টোপাধ্যায় বলেন,ওভারলোডিং বন্ধ হোক সেটা আমরাও চাই।যেভাবে পুলিশের জুলুম আর টি ও অফিস, এমভিআই এর এক শ্রেণীর অসাধুদের টাকা তোলা বন্ধে রাজ্য সরকার ব্যবস্থা নিয়েছে তাকে সাধুবাদ জানাই। কিন্তু দেখা যাচ্ছে বালি পাথর ছাই ওভার লোড হয় ট্রাক চলছে রাস্তা দিয়ে।পথ চলতি মানুষের চোখে উড়ে গিয়ে পড়ছে সেসব দুর্ঘটনার আশংকা তৈরি হচ্ছে۔এই বিষয়টা একটু নজরদারি করলে ওভারলোডিং বন্ধ হবে রাস্তা ও খারাপ হবে না।0
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नवग्र्राम की सड़कों की हालत बदतर, विधायक ने पंचायत प्रमुख को चेतावनी दी: जेल
Chinsurah, West Bengal:মহিলা বলে রেয়াত করছি পুরুষ হলে জেল খাটাতাম,পঞ্চায়েত প্রধানকে হুশিয়ারী বিধায়কের。 চাঁদের মত রাস্তা।খানাখন্দ এতটাই পায়ে চলা দায়。 নিকাশি বেআইনি নির্মান নিয়েও অভিযোগ বিস্তর。 কোন্নগরের নবগ্রাম পঞ্চায়েতের বিরুদ্ধে。 আজ উত্তরপাড়ার বিজেপি বিধায়ক দীপাঞ্জন চক্রবর্তী নবগ্রামে গেলে বাসিন্দারা তাকে দেখে ক্ষোভ দেখান।রাস্তার বেহাল অবস্থা নিয়ে সরব হন বাসিন্দারা।তৃনমূল পরিচালিত পঞ্চায়েতের প্রধান সোমা দাসকে বার বার জানিয়েও কোনো লাভ হয়নি。 বিধায়ক পঞ্চায়েত অফিসে গিয়ে প্রধানকে বাইরে নিয়ে আসেন।রাস্তার অবস্থা নিজের চোখে দেখতে বলেন।এরপরই বিধায়ক প্রধানকে হুশিয়ারী দেন,আপনি মহিলা বলে রেয়ারাত করছি পুরুষ হলে জেল খাটাতাম。 বিধায়ক অভিযোগ করেন,পঞ্চায়েত প্রধান কোনো তথ্যই দেখাতে পারছেন না।কেন রাস্তা সংস্কার হয়নি বলতে পারছেন না।তার বিরুদ্ধে নানা অভিযোগ রয়েছে。 চাঁদে যেমন বড় বড় গর্ত রয়েছে নবগ্রামের রাস্তাতেও সেরকম গর্ত।তাই নবগ্রামের রাস্তায় হাঁটলে মনে হয় চাঁদে হাঁটছি。 প্রধান যদিও দাবী করেন,পঞ্চায়েতের সীমিত ক্ষমতায় রাস্তা করা যায়নি।জেলা পরিষদকে লেখা হয়েছে তার উত্তর পাওয়া যায়নি。 বিধায়ক জানান,রাস্তা সারানো হবে।।।।0
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चतरा में यात्रियों से भरी बस दुर्घटना, बाल-बाल बचे यात्री
Ansar Nagar, Jharkhand:चतरा : यात्रियों से भरी बस हुई दुर्घटनाग्रस्त, बाल बाल बचे सवारी। इस घटना में आधे दर्जन सवारियों को आयी मामूली चोट, सभी हैं सुरक्षित। सदर थाना क्षेत्र के नवोदय विद्यालय के समीप घटी घटना। रांची से चतरा आ रही थी पम्मी बस। बताया जा रहा है कि वाहन जैसे ही गिरवां गांव के समीप पहुंची वैसे ही बस अनियंत्रित हो गई। इस दौरान बस पेड़ से जा टकराई और उसके तने को तोड़ते hुवे जंगल में जा घुसी। गनीमत रही कि बस नहीं पलटी वर्ना कई यात्रियों की जान भी जा सकती थी।0
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कोलकाता हाई कोर्ट ने मदरसों में बंदे मातरम के छह स्तबक अनिवार्य करने का निर्देश सुनवाई के साथ चुनौती
Chinsurah, West Bengal:“আকাশ ভেঙে পড়বে না,” মঙ্গলবার কলকাতা হাইকোর্ট একথা বলে মাদ্রাসায় ‘বন্দে মাতরম’-এর ছয়টি স্তবকই گাওয়া বাধ্যতামূলক করার সিদ্ধান্তের বিরুদ্ধে দায়ের করা একটি জনস্বার্থ মামলার শুনানি করেন। ভারপ্রাপ্ত প্রধান বিচারপতি তাপব্রত চক্রবর্তী আরও মন্তব্য করেন, “এমন হাজার হাজার খ্রিস্টান স্কুল রয়েছে যেখানে সব ছাত্রছাত্রীকে ঈশ্বরের কাছে প্রার্থনা করতে বলা হয়। তখন কি কোনো নির্দিষ্ট ধর্মের পড়ুয়ারা প্রশ্ন তোলে যে, কেন তাদের খ্রিস্টান ধর্মের কোনো বিষয় গাইতে বলা হচ্ছে? এতে তো আকাশ ভেঙে পড়ে না। আজ যদি আমাকে এমন কোনো উদ্ধৃতি আওড়াতে বলা হয় যা আমার ধর্মের অংশ নয়, তবে কী হবে? আমি কি তখন আর আমার ধর্মের অনুসারী থাকব না?” মামলাকারীর পক্ষে সওয়াল করেন প্রবীণ আইনজীবী বিকাশ রঞ্জন ভট্টাচার্য। তিনি জানান, কেন্দ্রীয় সরকার একটি বিজ্ঞপ্তি জারি করে ‘বন্দে মাতরম’-এর ছয়টি স্তবকই গাওয়া বাধ্যতামূলক করেছে। তিনি যুক্তি দেন, “এমনটা কীভাবে করা যায়? সংবিধান গ্রহণের সময় দীর্ঘ আলোচনার পর সিদ্ধান্ত নেওয়া হয়েছিল যে মাত্র দুটি স্তবক gাওয়া হবে... কেউ যদি নিজে থেকে গাইতে চান, তবে আমার কোনো আপত্তি নেই। কিন্তু তা চাপিয়ে দেওয়া যায় না।” বিকাশ রঞ্জন ভট্টাচার্য আরও বলেন, “এর ফলে সাম্প্রদায়িক সম্প্রীতি বিঘ্নিত হবে। বহু রক্তক্ষয়ের বিনিময়ে স্বাধীনতা অর্জিত হয়েছিল। বাধ্যতামক্ষিত হওয়া সত্ত্বেও কেউ যদি এটি গাইতে অস্বীকার করেন এবং কারাবরণের মুখে পড়েন, তবে তিনি কীভাবে আইনি প্রতিকার পাবেন?”0
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तनिष्क लूट प्रयास: सीकर व्यापारी संघ ने जल्द गिरफ्तारी और सुरक्षा मजबूत करने की मांग
Sikar, Rajasthan:सीकर शहर के तनिष्क ज्वेलर्स शोरूम में 26 जुलाई को दिनदहाड़े हुए लूट के प्रयास और फायरिंग की घटना के आरोपियों की अब तक गिरफ्तारी नहीं होने पर सीकर उद्योग एवं व्यापार महासंघ ने नाराजगी जताई। महासंघ के प्रतिनिधिमंडल ने सीकर पुलिस अधीक्षक प्रवीण नायक नुनावत से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा और शहर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए। व्यापारियों ने जल्द से जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी कर पूरे मामले का खुलासा करने की मांग की। सीकर उद्योग एवं व्यापार महासंघ के प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस अधीक्षक को दिए ज्ञापन में कहा कि तनिष्क ज्वेलर्स पर हुई लूट के प्रयास की घटना से व्यापारियों और आमजन में असुरक्षा का माहौल बना है। महासंघ ने विश्वास जताया कि पुलिस जल्द ही अपराधियों को गिरफ्तार करेगी, लेकिन भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए स्थायी और प्रभावी कदम उठाना जरूरी है। इसके साथ ही महासंघ ने शहर के प्रमुख बाजारों और प्रवेश मार्गों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की कम से कम 90 दिन की रिकॉर्डिंग सुरक्षित रखने, उनकी नियमित मॉनिटरिंग, मुख्य बाजारों में पैदल गश्त और मोबाइल पेट्रोलिंग बढ़ाने, बिना नंबर प्लेट और ब्लैक फिल्म लगे वाहनों के खिलाफ विशेष अभियान चलाने, ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने, अपराध संभावित क्षेत्रों में पुलिस चौकसी बढ़ाने तथा बीट कांस्टेबल व्यवस्था को मजबूत कर किरायेदारों और संदिग्ध व्यक्तियों का नियमित सत्यापन कराने की मांग की। वहीं व्यापार मंडल और पुलिस प्रशासन के बीच नियमित संवाद और समन्वय की व्यवस्था विकसित करने का भी सुझाव दिया गया। महासंघ के अध्यक्ष संजीव नेहरा ने कहा कि पुलिस इस मामले में लगातार काम कर रही है और उन्हें उम्मीद है कि जल्द ही घटना का खुलासा होगा। उन्होंने कहा कि व्यापारी हर समय पुलिस प्रशासन के साथ खड़े हैं, लेकिन शहर में बने भय और आक्रोश के माहौल को खत्म करने के लिए पुलिस की सक्रिय मौजूदगी, मजबूत बीट व्यवस्था और पारदर्शी कार्रवाई जरूरी है। संस्थागत अध्यक्ष अरुण फागलवा ने बताया कि प्रतिनिधिमंडल ने एसपी के साथ विस्तृत चर्चा की। उन्होंने कहा कि व्यापारियों ने शहर में सीसीटीवी निगरानी, ट्रैफिक व्यवस्था, पार्किंग प्रबंधन और बीट कांस्टेबल प्रणाली को और प्रभावी बनाने के सुझाव दिए हैं। एसपी ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि पुलिस जल्द ही लूट प्रयास के मामले का खुलासा करेगी और अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर शहर में सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित किया जाएगा। व्यापार महासंघ ने पुलिस की त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग दोहराई।0
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हरिद्वार से चंडीगढ़ तक कांवड़िये ने कहा, नायब सिंह सैनी को देश का पीएम बनवाने की मन्नत
Kurukshetra, Haryana:कुरुक्षेत्र: मैं हरिद्वार से आया हूँ, और चंडीगढ़ जा रहा हूँ. मैं 23 जुलाई को चला था हरिद्वार से चंडीगढ़ में सीएम हाउस, में मन्नत मांग के आया हूँ भोले बाबा से कांवड़ उठाई है हमारे जो नायब सिंह सैनी हरियाणा के मुख्यमंत्री है इस को प्रधानमंत्री बनाने की मन्नत मांग के चला हूँ पहले भी गया था, पिछली साल भी और इस साल भी उठाई है कावड़ अगली साल भी उठाऊँगा. जब तक मैं जिंदा हूँ, तब तक उठाऊँगा, जब तक मेरे में जान है मैं दिहाड़ी करता हूँ परिवार में पापा है, मम्मी है, दो बच्चे हैं, बीवी है, मेरे पापा भी दिहाड़ी करते हैं हरिद्वार से पहले पानीपत गया हूं पानीपत क्योंकि मेरा परिवार है, बच्चे हैं, मिलने के लिए बोल रहे थे. दस दिन हो गए, मैं गया हूँ घर से. तो बच्चे बोल रहे थे एक बार मिल के जाना, हम पानीपत आ जाएँगे. गाँव से पानीपत आए, वो मिल के गए मेरे से. फिर बच्चे से मिल के फिर अभी चंडीगड़ के लिए निकला हु पहली कांवड़ उठाई थी उसमें 44 लीटर जल था मुख्यमंत्री मिले थे, जल भोले बाबा चढ़वाया था cm ने हरियाणा में, इससे अच्छा मुख्यमंत्री मैंने आज तक ना देखा ना कोई आएगा. मेरे को कोई नौकरी नही चाहिए। दिहाड़ी करते हैं, पापा भी दिहाड़ी करते हैं, मैं भी दिहाड़ी करता हूँ. फिर भी मैं आश लेके चला हूँ कि जो हमारे हरियाणा में इतने अच्छे काम हो रहे हैं तो हमारे देश में हो. तो मैं पूरे देश का भी इच्छा लेके चल रहा हूँ. ऐसा नहीं कि मैं अपना अपना, कुछ लोग बोल रहे हैं कि अपने 아이डी लिखा हुआ है, कुछ लोग बोल रहे हैं कि नौकरी के लिए जा रहा है. नहीं मेरे को किसी चीज की ज़रूरत है. मैं देश में इच्छा में एक बार नायब सिंह सैनी को देश का प्रधानमंत्री देखना चाहता हूँ. बस यही मन्नत लेके मैं चला हूँ.0
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