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Anil KumarAnil KumarFollow19 Nov 2024, 10:28 am
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सीएम के अनुरोध पर बांकुड़ा के पूजो आयोजक ने अनुदान लेने से इनकार किया

Bankura, West Bengal:মুখ্যমন্ত্রীর আবেদনে সাড়া দিয়ে সরকারি অনুদান না নেওয়ার কথা ঘোষণা করল বাঁকুড়ার অন্যতম বড় একটি পুজোর উদ্যোক্তারা মুখ্যমন্ত্রীর আবেদনে সাড়া দিয়ে এবার সরকারি অনুদান না নেওয়ার কথা ঘোষণা করল বাঁকুড়া শহরের একটি বড় পুজোর উদ্যোক্তারা। ইতিমধ্‍যেই ইঁদারাগোড়া হরেশ্বরমেলা সর্বজনীনের পুজো উদ্যোক্তাদের তরফে এ বিষয়ে বাঁকুড়া সদর থানায় লিখিত আবেদন জানানো হয়েছে। পুজোর উদ্যোক্তারা জানিয়েছেন সরকারি আর্থিক অনুদান না নিলেও বিদ্যুৎ বিল সহ অন্যান্য ঘোষিত সরকারি সুবিধা তাঁরা নেবেন। বাঁকুড়া শহরের অন্যতম বড় পুজো ইঁদারাগোড়‍া হরেশ্বরমেলা সর্বজনীনের পুজо। ফি বছর এই পুজোর চোখ ধাঁধানো মন্ডপ সজ্জা থেকে শুরু করে প্রতিমা ও আলোকসজ্জা নজর কাড়ে দর্শনার্থীদের। গত প্রায় এক দশক ধরে সরকারি বিভিন্ন পুরস্কার থেকে বেসরকারি বিভিন্ন পুরস্কার ঢোকে এই পুজো কমিটির ঝুলিতে। এতদিন পর্যন্ত এই পুজোর উদ্যোক্তারা সরকারি অনুদান নিয়ে এলেও এবারই প্রথম এই পুজোর উদ্যোক্তারা লিখিত ভাবে পুলিশ ও প্রশাসনকে জানিয়ে দিল সরকারি অনুদান তাঁরা নেবেন না। পুজোর উদ্যোক্তাদের দাবি এ রাজ্যের বড় পুজোর উদ্যোক্তাদের সরকারি অনুদান না নেওয়ার জন্য আবেদন জানিয়েছেন রাজ্যের মুখ্যমন্ত্রী শুভেন্দু অধিকারী । মুখ্যমন্ত্রীর সেই আবেদনে সাড়া দিয়েই তাঁরা অনুদান না নেওয়ার সিদ্ধান্ত নিয়েছেন। পুজোর উদ্যোক্তাদের অভিযোগ রাজ্যে তিলোত্তমা কান্ডের পর অতীতে সরকারি অনুদান না নেওয়ার সিদ্ধান্ত নিয়েও শেষ পর্যন্ত প্রশাসনিক চাপে তাঁরা সেই সিদ্ধান্ত বদল করতে বাধ্য হয়েছিলেন । তবে এবার মুখ্যমন্ত্রী নিজেই আবেদন জানানোয় সর্বসম্মতিক্রমে এই সিদ্ধান্ত কার্যকর করার ক্ষেত্রে তাঁদের আর কোনো বাধা ছিল না। বাইট :- রমেশ মুরারকা ( সম্পাদক, ইঁদারাগোড়া হরেশ্বরমেলা সর্বজনীন)
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UCC प्रावधानों पर चर्चा के बाद गठबंधन की ओर से निर्णय होगा

Patna, Bihar:जल संसाधन मंत्री विजय चौधरी प्रेस वार्ता... UCC को लेकर कहाँ की उन्होंने कहाँ है हमलोग सुने है... उनका बयान हम लोगों ने भी पढ़ा है... UCC का क्या प्रावधान किया जा रहे हैं यह सार्वजनिक नहीं हुए हैं... किस रूप में आएगा... हमारे कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष ने बता दिया है प्रावधानों को देखने के बाद उसके संबंध में गृह मंत्री जी से चर्चा होगी... उसके बाद हम लोगों की पार्टी बैठेगी पार्टी में भी विमर्श होगा उसके बाद निर्णय होगा... बिल आने दीजिए उसके बाद ही कुछ कहा जाएगा... गृह मंत्री जी से चर्चा होगी... पार्टी के अंदर अभी कोई निर्णय नहीं हुआ है.... अगर कोई परेशानी होगी तो गृह मंत्री जी से बातचीत होगी अगर कोई परेशानी होगी तो हम लोग अनुरोध करेंगे कि उसको दूर किया जाए... प्रावधान की जानकारी नहीं है इसलिए अभी स्टैंड हम लोगों का कुछ नहीं है .... हम लोग चाहेंगे कि बिल ऐसा हो कि हमारे लिए भी उसमें बात हो... गठबंधन दलों की सोच क्या है हम लोगों की सोच क्या है बिल अगर केंद्र सरकार या राज्य सरकार लाती है तो सबसे पहले उसके प्रावधानों का अध्ययन होगा... उसमें अगर विवाद का नहीं होगा तो विरोध क्यों होगा... अगर होगा तो गृह मंत्री जी से कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष बात करेंगे... भाई वीरेंद्र के बयान पर कहा कि यह उनकी बात है हम लोगों के यहां ऐसी बात नहीं है... JDU के नाम बदलने को लेकर कहा कि कार्यकारी अध्यक्ष जी का सुझाव है... राष्ट्रीय कार्यकारिणी में राष्ट्रीय परिषद में उनके सुझाव पर अंतिम निर्णय होगा.... केंद्रीय टीम बाढ़ को लेकर निरीक्षण करेगी हम लोग केंद्र को लेकर आस में है.. टीम आ रही है वह स्वयं देख लेंगे.. हम लोगों का जितना क्षति हुआ है उस हिसाब से मदद मिले... हमारे अभियंताओं ने ने आकलन किया है... अभी तक के इतिहास में गंगा नदी में पानी सबसे ऊपर गया है... मुख्यमंत्री जी ने कहा है सबको राहत दी जाएगी लगभग 8.5 लाख परिवार को DBT के माध्यम से सहायता ₹7000 प्रति परिवार दिया गया है.. आगे भी जितने परिवार प्रभावित होंगे उन सबको सहायता की जाएगी...
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SC ने बलजीत यादव को जमानत नहीं दी; मनी लॉन्ड्रिंग केस में नया मोड़

Noida, Uttar Pradesh:दिल्ली – सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान के पूर्व विधायक बलजीत यादव को मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में जमानत देने से इनकार किया है.... यह मामला 32 सरकारी स्कूलों के लिए खेल का सामान खरीदने में कथित गड़बड़ी से जुड़ा है। आरोप है कि यह खरीद MLA-LAD फंड से की गई थी। हाई कोर्ट से ज़मानत अर्जी खारिज होने के आदेश को बलजीत यादव ने SC में चुनौती दी थी लेकिन SC ने हाई कोर्ट के आदेश में दखल देने से इंकार कर दिया.... बलजीत यादव की ओर से पेश वकील ने दलील दी कि ED की शिकायत पर अभी तक कोर्ट ने संज्ञान नहीं लिया है। मामला निचली अदालत में बार बार टल रहा है। इसलिए अब उन्हें हिरासत में रखने का औचित्य नहीं है... ED ने ज़मानत याचिका का विरोध लगाया। ED ने आरोप लगाया कि सरकारी पैसा टेंडर पाने वाली संस्थाओं से यादव के नेटवर्क से जुड़े लोगों तक पहुंचा। ED ने बलजीत पर गवाहों को धमकाने, WhatsApp संदेश मिटाने और सबूत प्रभावित करने के आरोप भी लगाए।
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पुरानी रंजिश से कार टक्कर, तीन युवकों की हत्या; 6 गिरफ्तार

Alwar, Rajasthan:पुरानी रंजिश में कार से टक्कर मारकर तीन दोस्तों की हत्या का मामला , 6 आरोपी गिरफ्तार, एक नाबालिग निरुद्ध अलवर। काली मोरी के मोती नगर के पास कार की टक्कर से तीन युवकों की मौत के मामले में पुलिस ने इस मामले में छ आरोपियों को अब तक हिरासत में लिया है , मामले को महज सड़क हादसा नहीं, बल्कि पुरानी रंजिश के चलते की गई हत्या मानते हुए अब तक छह बालिग आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक नाबालिग को भी निरुद्ध किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों में तीन नामजद आरोपी भी शामिल हैं। सभी आरोपियों से पुलिस गहनता से पूछताछ कर रही है और घटना में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। शनिवार रात हुए इस हादसे में जितेंद्र उर्फ छोटू राजपूत, युवराज उर्फ युवी सैनी और हिमांशु शर्मा की मौत हो गई थी। शुरुआत में पुलिस ने इसे सड़क दुर्घटना माना था, लेकिन अगले दिन मृतकों के परिजनों ने अस्पताल परिसर में प्रदर्शन करते हुए घटना को हादसा नहीं बल्कि हत्या बताया। परिजनों ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर करीब आठ घंटे तक धरना और प्रदर्शन किया। इसके बाद पुलिस ने तीन नामजद सहित अन्य आरोपियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी , पुलिस ने आरोपियों की तलाश के लिए तीन आर पी एस और पांच थाना अधिकारियों की निगरानी में आठ विशेष टीमों का गठन किया । जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल और आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज के साथ ही अन्य इलेक्ट्रॉनिक और तकनीकी साक्ष्यों को खंगाला। परिजनों के बयान और सामने आए तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस को घटना में साजिश और पुरानी रंजिश के संकेत मिले। इसके बाद पुलिस ने मामले को हत्या के एंगल से जांचते हुए आरोपियों की धरपकड़ शुरू की। इसी बीच घटना से जुड़े आरोपियों का एक वीडियो भी सामने आया है। वीडियो में दोनों आरोपी अस्पताल से इलाज कराने के बाद पुलिस जाब्ते के साथ वापस लौटते नजर आ रहे हैं। वीडियो में अरावली विहार थाना प्रभारी सुनील टांक भी पुलिस जाब्ते के साथ आरोपियों को अस्पताल लेकर जाते और वापस लाते दिखाई दे रहे हैं। दरअसल सड़क दुर्घटना के बाद कार चालक आरोपी भी घायल हो गए थे जिन्हें पुलिस इलाज के लिए अस्पताल लेकर पहुंची थी । अलवर एसपी सुधीर चौधरी के अनुसार, प्रारंभिक जांच में मामला सड़क हादसा प्रतीत हुआ था, लेकिन CCTV फुटेज, परिजनों के बयान और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की जांच के बाद पुलिस इस निष्कर्ष पर पहुंची कि यह दुर्घटना नहीं बल्कि हत्या का मामला है। एसपी ने बताया कि मृतकों और आरोपियों के बीच पुरानी रंजिश थी और इसी रंजिश के चलते वारदात को अंजाम दिए जाने की बात सामने आई है। एसपी ने कहा कि FIR में नामजद सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। साथ ही हत्या के पीछे की वजह, पूरी साजिश और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका का खुलासा जांच पूरी होने के बाद किया जाएगा। मामले को केस ऑफिसर स्कीम में शामिल कर जल्द से जल्द आरोपियों को सजा दिलाने का प्रयास किया जाएगा। पुलिस के अनुसार, नाबालिग आरोपी का नाम FIR में नहीं था, लेकिन जांच के दौरान उसकी भूमिका सामने आने पर उसे निरुद्ध किया गया है। पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर घटना की पूरी कड़ी जोड़ने में जुटी है।
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जयपुर में Gen Z का उछाल: तीन युवाओं ने पार्षद बनकर राजनीति बदली

Jaipur, Rajasthan:जयपुर में Gen Z की सियासी एंट्री, 21 साल के फाईज से लेकर 22 साल की सुमन और पलक तक... युवाओं ने लिखी नई सियासी कहानी राजस्थान की सियासत में अब Gen Z की एंट्री सिर्फ नारों तक सीमित नहीं रही, बल्कि चुनावी नतीजों में भी दिखाई देने लगी है। नगरीय निकाय चुनाव से पहले भाजपा और कांग्रेस ने युवा पीढ़ी को बड़ी संख्या में टिकट देने का ऐलान किया था। दोनों दलों ने 21 से 29 साल की उम्र के युवाओं को चुनाव मैदान में उतारा और अब नतीजों में भी युवा चेहरों ने अपनी मौजूदगी दर्ज करा दी है। राजधानी जयपुर में Gen Z के तीन युवा चेहरे पहली बार चुनावी मैदान में उतरे और जीतकर पार्षद बन गए। इनमें कांग्रेस के 21 वर्षीय फाईज हसन, 22 वर्षीय सुमन भाटी और भाजपा की 21 वर्षीय पलक यादव शामिल हैं। तीनों की जीत ने जयपुर की स्थानीय राजनीति में नई पीढ़ी के प्रवेश की तस्वीर साफ कर दी है। 21 साल के फाईज ने जीता वार्ड 71 सबसे ज्यादा चर्चा वार्ड 71 के 21 वर्षीय फाईज हसन की हो रही है। कांग्रेस ने फाईज को टिकट दिया था। उन्होंने भाजपा और निर्दलीय प्रत्याशी को पीछे छोड़ते हुए चुनाव में जीत हासिल की। फाईज की जीत के बाद उनके घर पर जश्न का माहौल है। फाईज का कहना है कि राजनीति में Gen Z को आगे आना चाहिए। युवा सिर्फ सोशल मीडिया तक सीमित न रहें, बल्कि देश और समाज की समस्याओं को समझें और उनके समाधान के लिए राजनीति में भागीदारी करें। इसी सोच के साथ फाईज ने चुनाव लड़ने का फैसला किया। वार्ड 72 में 22 साल की सुमन भाटी की जीत Gen Z की दूसरी बड़ी जीत वार्ड 72 में कांग्रेस की 22 वर्षीय सुमन भाटी की रही। सुमन ने भी अपना पहला चुनाव जीतकर नगर निगम में जगह बनाई है। रिपोर्ट के मुताबिक उन्होंने निर्दलीय प्रत्याशी को 2,364 वोटों के अंतर से हराया। जीत के बाद सुमन ने युवाओं के लिए काम करने के साथ वार्ड में लाइब्रेरी और CCTV कैमरे लगाने जैसे मुद्दों पर काम करने की बात कही। भाजपा की 21 साल की पलक यादव भी जीतीं Gen Z की इस नई सियासी तस्वीर में भाजपा का चेहरा भी शामिल है। वार्ड 10 से 21 वर्षीय पलक यादव ने कांग्रेस प्रत्याशी को 925 वोटों से हराकर जीत दर्ज की। पलक ने चुनाव जीतने के बाद युवाओं के साथ-साथ बुजुर्गों और बच्चों के लिए काम करने की बात कही। 18 Gen-Z उम्मीदवार मैदान में थे जयपुर नगर निगम चुनाव में भाजपा और कांग्रेस ने कुल 18 Gen-Z उम्मीदवारों को मैदान में उतारा था। भाजपा के छह और कांग्रेस के 12 उम्मीदवार 21 से 29 वर्ष की उम्र के थे। अब इनमें से फाईज हसन, सुमन भाटी और पलक यादव की जीत ने यह सवाल जरूर खड़ा कर दिया है कि क्या आने वाले दिनों में राजस्थान की राजनीति में युवा नेतृत्व की भूमिका और मजबूत होने वाली है.. फाईज, सुमन और पलक की जीत सिर्फ तीन वार्डों का चुनाव परिणाम नहीं है। यह उस राजनीतिक बदलाव की तस्वीर है, जहां अब युवा मतदाता के साथ-साथ युवा उम्मीदवार भी सत्ता और सियासत में अपनी जगह बनाने लगे हैं। राजस्थान की स्थानीय राजनीति में Gen Z का यह पहला बड़ा इम्तिहान था और जयपुर के इन तीन युवा चेहरों ने इसमें कामयाबी हासिल कर नई कहानी लिख दी है।
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स्वर्ण महापंचायत में सवर्णों ने सरकार पर हमला; SC-ST एक्ट और यूजीसी नियमों पर सवाल

Aligarh, Uttar Pradesh:स्वर्ण महापंचायत में सरकार पर सवर्णों का हमला: बोले- सत्ता तक पहुंचाया, अब हमारी अनदेखी क्यों अलीगढ़ जुपिटर लॉज में मंगलवार को आयोजित स्वर्ण महापंचायत में सवर्ण समाज से जुड़े मुद्दों को लेकर सरकार और प्रशासन पर तीखे सवाल उठाए गए। राज शेखावत, राष्ट्रीय अध्यक्ष, राष्ट्रीय करणी सेना, अर्जुन उपाध्याय एडवोकेट, सचिन राघव, तन्नू जी महाराज समेत बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। वक्ताओं ने कहा कि भाजपा को सत्ता तक पहुंचाने में सवर्ण समाज की महत्वपूर्ण भूमिका रही, लेकिन अब इसी वर्ग की समस्याओं की अनदेखी की जा रही है। एससी-एसटी एक्ट के कथित दुरुपयोग और यूजीसी से जुड़े नियमों को लेकर भी सवाल उठाए गए। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि इन व्यवस्थाओं से सामान्य वर्ग के छात्र-छात्राओं और युवाओं को परेशानी हो रही है, प्रशासन पर कार्यक्रम को लेकर दबाव बनाने का आरोप लगाते हुए शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखने की अपील की गई।
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JPSC-JSSC परीक्षा रद्द मामले में हाईकोर्ट के आदेश: नियुक्तियाँ रुकने की रोक अभी برقرار

Ranchi, Jharkhand:JPSC-JSSC परीक्षा रद्द मामले में हाईकोर्ट में सुनवाई झारखंड हाई कोर्ट के द्वारा नियुक्तियाँ रद्द करने पर लगाई गई रोक बरकरार सरकार ने स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करने के लिए मांगा चार सप्ताह का समय हाईकोर्ट ने चार सप्ताह का समय देने से किया इनकार कोर्ट ने अधिकतम 48 घंटे का समय देने की बात कही शुक्रवार सुबह 10:30 बजे होगी मामले की अगली सुनवाई सरकार सीलबंद कवर में दाखिल करेगी जांच की स्टेटस रिपोर्ट जांच सार्वजनिक होने से प्रभावित होने की आशंका, सरकार ने कोर्ट में दी जानकारी सरकार की ओर से वरीय महाधिवक्ता रोहितश्य रॉय ने रखा पक्ष वरीय अधिवक्ता मीनाक्षी अरोड़ा ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से सरकार का पक्ष रखा प्रार्थियों की ओर से पूर्व महाधिवक्ता राजीव रंजन, अधिवक्ता इंद्रजीत सिन्हा अधिवक्ता अमृतांश वत्स ने रखा पक्ष हस्तक्षेपकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता कुमार हर्ष और सुभाशीष रसिक सोरेन ने रखा पक्ष JPSC और JSSC की ओर से अधिवक्ता संजय पिपरवाल ने रखा पक्ष सुनवाई के दौरान CID की SIT टीम भी रही अदालत में मौजूद
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विकासनगर में सड़क किनारे युवक के शव से हड़कंप, पुलिस CCTV से जांच

Dehradun, Uttarakhand:विकासनगर में सड़क किनारे एक युवक का शव मिलने से इलाके मे हड़कंप मच गया... सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने भीड़ को मौके से हटाते हुए शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है... मृतक युवक की पहचान मलूकावाला निवासी इसम सिंह के रूप में हुई है... जो विकासनगर में मौजूद महिंद्रा वर्कशॉप में रात को चौकीदारी का काम किया करता था... एटनबाग स्थित चाय बागान में सड़क किनारे मिले इस युवक के शव की पड़ताल करते हुए पुलिस ने आसपास के सीसीटीवी कैमरो को खंगालना शुरू कर दिया है... CCTV केमरे में युवक वर्कशॉप से निकलता दिखाई दे रहा है... अंदेशा लगाया जा रहा है की चाय बागान से गुजरते वक्त किसी अज्ञात वाहन ने युवक को टक्कर मारी... जिससे युवक की मौत हो गई, फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुट चुकी है...
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UCC लागू पर NDA राज्यों में राजभर का बयान; ओवैसी-धर्मगुरु विपक्ष, पांडेय-निशाद बैठक

Noida, Uttar Pradesh:Lucknow (Uttar Pradesh): Om Prakash Rajbhar (Up Minister) On Ucc Implementation In 21 NDA-Ruled States / Owaisi And Clerics Opposing UCC / Sanjay Nishad-Mata Prasad Pandey Meeting देश के गृह मंत्री जी हैं, प्रधानमंत्री के मशवीरे पर, राजनाथ सिंह जी के मशवीरे पर, पूरी कैबिनेट के मशवीरे से और वो लोग जो चाहते हैं। अब वो उनका विषय है, हम लोग प्रदेश स्तर पे हैं। हम लोग प्रदेश में जो चीजें हैं उसको देखते हैं। क बार मैंने देखा है कि सीए एनआरसी जब आया तो पूरे विपक्ष के लोग एकजुट हो के विरोध किए और भ्रामक प्रचार किए कि यह कानून मुसलमानों को देश से निकालने के लिए है। जबकि सीए एनआरसी नागरिकता देने का कानून था और 3 साल लागू हुए हो गया। एक भी मुसलमान देश से नहीं निकला। अब उस पर कोई नेता विपक्ष का सीए एनआरसी पर चर्चा नहीं करता। उसके बाद आपने देखा वक्व बोर्ड की संपत्ति पर तमाम विरोध हुआ। ये सपा कांग्रेस के लोग कि किसी गरीब को जमीन दिए हों या उसको बसने के लिए आवास दिए हों या किसी गरीब के मुस्लिम सिख ईसाई जैन फारसी के बच्चों को किसी को पढ़ने के लिए फीस की व्यवस्था कराए हों ये लोग वक्त की संपत्ति को हड़पने का काम किए हैं ये लोग सोच रहे हैं कहीं कलई हमारी ना खुल जाए इस ना तो ये लोग विरोध करते हैं माता प्रसाद पांडे जी बीमार हैं उनको देखने के लिए लोग जा रहे हैं। अब उसका अर्थ लोग अलग अलग निकालें। समाजवादी पार्टी डूबती हुई नैया है। तो मन जाई बैठ के मरे। के जाई ओ मन।आज के तारीख में पश्चिम उसका हालत खराब है, पूर्वांचल में हम इनको ठीक किए हुए हैं। ये चुनउआ कहां जीतेंगे?
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