icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
न्यूज़ क्रिएटर बनें

आपकी स्थानीय कहानियाँ, आपकी आवाज़

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back
Pinewz
271801
RSRajiv SharmaFollow10 May 2025, 03:02 pm

Bahraich - खेत में तेंदुए का आतंक, किसान को किया घायल

Bahraich, Uttar Pradesh:

शिकार की फिराक में पहुंचे तेंदुआ को रेस्क्यू टीम ने ट्रेंकुलाइज कर पकड़ा. तेंदुआ सुबह खेत में काम कर रहे एक किसान को घायल कर कमरे में छुपा गया था. खेत में काम करने के दौरान अचानक किसान पर हमला कर उसे घायल कर दिया था. सूचना पाकर मौके पर पहुंचे एक वन कर्मी को भी तेंदुआ घायल कर चुका है. मौके पर पहुंची वन विभाग की बाकी टीम ने घर को जाल लगाकर घेरा और घेराबंदी कर ट्रेंकुलाइज कर हमलवार तेंदुए को कड़ी मसक्कत के बाद पकड़ा गया. कतर्नियाघाट वन विभाग की ट्रेंकुलाइज टीम ने तेंदुए को ट्रेंकुलाइज कर पिंजरे में कैद किया ,बेहोश करने के बाद सुरक्षित स्थान पर तेंदुए को लाया गया। 

0
0
Report

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

बिहार में UCC के खिलाफ NDA-राजनीति तेज, RJD विधायक के विरोध के बीच जदयू-राजद भिड़ंत

Patna, Bihar:UCC को लेकर बिहार में बवाल जारी है जदयू के कई नेता विधायक कह रहे हैं कि इसका समर्थन पार्टी नहीं करेगी तो कई चुप्पी साधे हुए हैं RJD के विधायक भाई वीरेंद्र ने कहा की UCC.को लेकर इसलिए सरकार यह भाषा बोल रही है केंद्र सरकार, क्योंकि बिहार नहीं पूरे देश में महंगाई है, बेरोजगारी है, अपराध पर लगाम नहीं लगा पा रही है सरकार—NDA सरकार। इसलिए ये डाइवर्ट करने के लिए UCC का नाम लाया है। यह देश हिंदुस्तान है, और हिंदुस्तान गुलाम जब था तो हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई सबने अपनी जान की कुर्बानी देकर इस देश को आज़ाद कराया था। और यह देश धर्मनिरपेक्षित राष्ट्र है, यह हिंदू राष्ट्र नहीं है। और यह नागपुर से यह गाइड हो रही है NDA सरकार। नागपुर का नहीं चलेगा, यह बिहार है। बिहार में तो UCC नहीं लागू करने देंगे। नीतीश कुमार जी भी स्टैंड ले चुके हैं। हम माननीय नीतीश कुमार जी से कहूँगा कि आप वैसे लोगों को छोड़िए और आइए इधर! हम लोग मिलकर सरकार बनावें और उनको लात मार के आइए। Bhai Veerendra RJD विधायक एकदम नहीं, UCC लागू नहीं होगा। धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र है, इसमें सब धर्मों को अपना-अपना धर्म मानने का अधिकार है और संविधान जो बना है, संविधान का भी उसमें उल्लेख है। हम तो पहले ही विरोध किया, बाद में जदयू ने विरोध किया है। इसलिए मैं कह रहा हूँ कि जदयू के जो नेता हैं आदरणीय नीतीश कुमार जी, आप आइए। आपके साथ कुछ ऐसे लोग लगे हुए हैं, आपको तो बर्बाद कर ही दिया और बर्बाद करने में लगे हुए हैं। इसलिए आप आइए, हम लोग गठबंधन और जो सामाजिक न्याय के लोग हैं... और जो जिस राजनीति में आप हैं उसी राजनीति में हम लोग भी हैं। आप आइए और बीजेपी को लात मारिए।
0
0
Report
Advertisement

आगरा ADA हाइट कॉन्डो में आवारा कुत्तों के हमले में 10 साल के बच्चे पर हमला; शिकार बना

Agra, Uttar Pradesh:आगरा ब्रेकिंग आगरा में आवारा कुत्तों का आतंक गेट बंद हाई प्रोफाइल कॉलोनियों में भी सुरक्षित नहीं लोग आगरा की ADA हाइट सोसाइटी के पार्क में खेल रहे 10 साल के मासूम पर कुत्तों का हमला कुत्तों ने मासूम को शिकार बनाकर 10 जगह काटा मौके पर मौजूद लोगों ने बमुश्किल बच्चे को कुत्तों से छुड़ाया गंभीर हालत में बच्चे को इलाज के लिए करता गया भर्ती ताजनगरी में लगातार आवारा कुत्तों बना रहे बड़े और बच्चों को शिकार नगर निगम जिम्मेदारी छोड़ आल इज वेल की बजा रहे डुगडुगी आखिर कब तक यों ही शिकार होते रहेंगे लोग आखिर कब जागेंगे नगर निगम के अधिकारी आगरा के फतेहाबाद रोड स्थित ADA हाइट का मामला
0
0
Report

आकाशीय बिजली गिरने से बलिया में दो की मौत, दो घायल

Noida, Uttar Pradesh:बलिया, उत्तर प्रदेश: जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह ने कहा, "कल अपराह्न में आकाशीय बिजली गिरने से दो लोगों की दुखद मृत्यु हुई और दो लोग घायल हुए। जो लोग घायल हुए उनकी स्थिति सामान्य बताई गई है, लेकिन दुखद दो लोगों की मृत्यु हुई है। तथ्य है कि वो लोग कसेसर गांव के हैं और कहीं खरीदारी के लिए जा रहे थे। अचानक बीच रास्ते में बारिश हुई और बारिश होने के नाते वो एक पेड़ के नीचे खड़े हुए, पेड़ पर बिजली गिरी और अचानक बिजली गिरने की वजह से उनकी दुखद मृत्यु हुई। हम उनका पोस्टमार्टम करा रहे हैं और पोस्टमार्टम कराने के बाद अनुग्रह धन जो शासन द्वारा मान्य है, उनके परिवार को आज ही उपलब्ध करा देंगे।"
0
0
Report
Advertisement

बारिश नहीं, बिजली कटौती से किसान परेशान; चांधन-132 केवी पर धरना की चेतावनी

Jaisalmer, Rajasthan:जिला-जैसलमेर विधानसभा -पोकरण लोकेशन- लाठी बारिश का इंतजार और बिजली कटौती ने बढ़ाई किसानों की चिंता, फसलें खराब होने का खतरा निर्धारित छह घंटे के बजाय करीब तीन घंटे ही मिल रही बिजली, 132 केवी चांधन पर धरने की चेतावनी लाठीस, जैसलमेर सरहदी जिले के चांधन व लाठी क्षेत्र में बारिश के अभाव के साथ लगातार हो रही बिजली कटौती ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। खेतों में बोई गई मूंग, मूंगफली, कपास सहित अन्य फसलों को समय पर सिंचाई नहीं मिलने से फसलें खराब होने का खतरा मंडरा रहा है। बिजली समस्या को लेकर किसानों द्वारा जैसलमेर कलेक्ट्रेट और चांधन 132 केवी जीएसएस पर प्रदर्शन किए जाने के बावजूद हालात में सुधार नहीं होने से किसानों में रोष है। किसानों का कहना है कि कृषि कार्यों के लिए निर्धारित छह घंटे की बिजली के बजाय करीब तीन घंटे ही आपूर्ति हो रही है। इसके अलावा बार-बार ट्रिपिंग के कारण उपलब्ध बिजली भी निर्बाध रूप से नहीं मिल पा रही है। इससे खेतों में सिंचाई कार्य प्रभावित हो रहे हैं। किसान कुंदननाथ ने बताया कि निर्धारित समय के अनुसार बिजली नहीं मिलने से किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बिजली की कमी के कारण सिंचाई कार्य समय पर पूरा नहीं हो पा रहा है। किसान कान सिंह भाटी ने कहा कि क्षेत्र में पर्याप्त बारिश नहीं होने से किसानों को फसलों के लिए बिजली से होने वाली सिंचाई पर निर्भर रहना पड़ रहा है। ऐसे में बिजली कटौती किसानों की परेशानी और बढ़ा रही है। किसान रणवीर सिंह भाटी ने बताया कि बारिश नहीं होने और बिजली आपूर्ति प्रभावित रहने से किसानों के सामने फसल बचाने का संकट खड़ा हो गया है। खेतों में फसलें खड़ी हैं, लेकिन सिंचाई के लिए पर्याप्त बिजली नहीं मिलने से किसानों के चेहरे पर चिंता की लकीरें साफ दिखाई दे रही हैं। किसान संघर्ष समिति के सचिव जेतमाल सिंह भैरवा ने आरोप लगाया कि डिस्कॉम के कनिष्ठ एवं सहायक अभियंताओं द्वारा किसानों की समस्याओं पर अपेक्षित ध्यान नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में किसानों ने मूंग, मूंगफली, कपास सहित विभिन्न फसलों की बुवाई कर रखी है। बारिश के अभाव में इन फसलों को सिंचाई की आवश्यकता है, लेकिन बिजली आपूर्ति बाधित रहने से किसान समय पर पानी नहीं दे पा रहे हैं। यदि हालात में सुधार नहीं हुआ तो फसलें खराब होने के साथ किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। किसानों ने ग्रामीण क्षेत्रों में तैनात डिस्कॉम के फील्ड अभियंताओं पर भी समस्याओं के समाधान के प्रति उदासीनता बरतने का आरोप लगाया। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि बिजली आपूर्ति में शीघ्र सुधार नहीं किया गया तो 132 केवी चांधन जीएसएस पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। बाईट - कुन्दन नाथ किसान
0
0
Report

नौगांवां सादात में मदन चौहान के ग्रामीण अंदाज से चुनावी चर्चाएं तेज, वीडियो वायरल

Amroha, Uttar Pradesh:एंकर अमरोहा जनपद की नौगावां सादात विधानसभा क्षेत्र में आगामी चुनाव को लेकर धान की गठरी उठाते पूर्व मंत्री एवं भाजपा नेता मदन चौहान का वीडियो वायरल, चुनावी तैयारी के बीच ग्रामीणों के बीच दिखा अलग अंदाज अमरोहा जनपद की नौगावां सादात विधानसभा क्षेत्र में आगामी चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज होती नजर आ रही हैं। विधानसभा से टिकट की दावेदारी कर रहे पूर्व कैबिनेट मंत्री मदन चौहान का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो में मदन चौहान ग्रामीणों के बीच पहुंचकर धान की गठरी उठाते नजर आ रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद राजनीतिक गलियारों में इसे लेकर तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। ग्रामीणों के बीच पहुंचकर उनके काम में हाथ बंटाने के इस अंदाज को कुछ लोग चुनावी संपर्क से जोड़कर देख रहे हैं। वहीं, वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है। नौगावां सादात विधानसभा क्षेत्र में टिकट को लेकर संभावित दावेदारों की सक्रियता बढ़ने के बीच मदन चौहान की ग्रामीणों के बीच मौजूदगी को राजनीतिक नजरिए से भी देखा जा रहा है。
0
0
Report
Advertisement

ट्रैक्टर-ट्रॉली में प्रसव: चकराना में प्रसूता ने बच्चे को जन्म दिया, केंद्र बंद

Sheopur, Madhya Pradesh:श्योपुर ट्रैक्टर ट्राली में हुआ प्रसव , कब जागेंगे जिम्मेदार कराहल ब्लॉक के चकराना निवासी काजल आदिवासी को मंगलवार सुबह प्रसव पीड़ा होने पर परिजन ट्रैक्टर-ट्रॉली से सेसईपुरा प्रसव केंद्र पहुंचे, लेकिन केंद्र पर ताला लगा मिला। इसी दौरान महिला ने ट्रॉली में ही बच्चे को जन्म दे दिया। बाद में एंबुलेंस से प्रसूता और नवजात को कराहल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। ग्रामीणों ने केंद्र के लंबे समय से बंद रहने का आरोप लगाते हुए स्वास्थ्य विभाग की व्यवस्थाओं पर सवाल उठाए हैं।
0
0
Report
Advertisement

टिहरी झील के जलस्तर बढ़ने से किनारे गांवों में बीमारी का खतरा बढ़ा

New Tehri, Uttarakhand:टिहरी झील का जलस्तर बढ़ने के साथ ही झील से सटे गांवों में बीमारियों का खतरा। बरसात के चलते टिहरी झील का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है जिसके चलते झील के किनारे झाड़ियों और गंदगी से बैक्टीरिया और दूषित पानी के चलते संक्रामक बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है, बरसात के चलते गंदगी के साथ ही मवेशियों के शव भी झील में आ रहा है और घुमेटीधार के पास इकट्ठा हो गया है जिससे आसपास के गांवों में बीमारियों का भी खतरा बढ़ गया है, पहले टीएचडीसी द्वारा इसके लिए अलग से बजट मुहैया कराया जाता था जिससे झील की सफाई के साथ ही झील किनारे दवाइयों का छिड़काव कराया जाता था और झील से सटे गांवों में भी दवाइयां दी जाती थी लेकिन अब टीएचडीसी द्वारा इसके लिए बजट दें बंद कर दिया गया है वही मामले में सी एम ओ के कहना है कि विभाग द्वारा अपने स्तर से दवाइयों का छिड़काव कराया जा रहा है और गांवों में जाकर कैंप लगाकर लोगों को जागरूक करने के साथ ही हेल्थ कैंप भी लगाए जाते है।
0
0
Report

पाँचवीं अनुसूची परिसीमन पर आदिवासी संगठनों की चिंता, राज्यपाल से ज्ञापन

Ranchi, Jharkhand:झारखंड के पाँचवीं अनुसूची क्षेत्रों में प्रस्तावित परिसीमन को लेकर आदिवासी संगठनों ने चिंता जताई है। इसी मुद्दे को लेकर पूर्व मंत्री बंधु तिर्की के नेतृत्व में विभिन्न आदिवासी संगठनों और समाजसेवियों का एक प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार से मिला और उन्हें ज्ञापन सौंपा। संगठनों ने परिसीमन में केवल जनसंख्या को आधार नहीं बनाने और पाँचवीं अनुसूची की संवैधानिक भावना को ध्यान में रखने की मांग की है। प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल को परिसीमन से जुड़ी आशंकाओं और आदिवासी समुदाय से जुड़े विभिन्न मुद्दों की जानकारी दी। हालांकि अभी परिसीमन को लेकर कोई आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी नहीं हुआ है, लेकिन संभावित बदलावों को लेकर आदिवासी संगठनों में चिंता है。 परिसीमन होना तो तय है, लेकिन परिसीमन से संबंधित जो आशंकाएं हैं, हालांकि अभी नोटिफिकेशन नहीं हुआ है, उन आशंकाओं से महामहिम stateपाल को अवगत कराया गया है。 इसके साथ ही आदिवासियों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। इसमें डेमोग्राफी का मामला है, क्योंकि यहां की डेमोग्राफी में बदलाव आया है। ट्राइबल सब-प्लान, सीएनटी एक्ट और पेसा कानून जैसे महत्वपूर्ण विषय भी हैं。 हम लोगों ने दो अलग-अलग पहलुओं पर अपनी बात रखी। पहला संवैधानिक पहलू कि कानूनन क्या व्यवस्था होनी चाहिए और दूसरा यहां की जमीनी स्थिति। हमने बताया कि जनसंख्या में कमी, पलायन और विस्थापन जैसे मामलों का भी यहां असर पड़ा है। अगर परिसीमन में सिर्फ पॉपुलेशन को आधार बनाया गया और इन तमाम पहलुओं पर राज्य सरकार ने ध्यान नहीं दिया, तो आने वाले दिनों में आदिवालियों के लिए बहुत बड़ा खतरा पैदा हो सकता है。 इसलिए सरकार से भी हम लोग मिलेंगे और इन संवैधानिक पहलुओं को सामने रखेंगे। इसके साथ ही राज्य के सांसदों से भी मिलेंगे और सभी राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से इस मुद्दे पर बात करेंगे。 आज आदिवासियों के बीच इस विषय को लेकर चिंता है। हमने महामहिम राज्यपाल से भी इस पर बात की है और उन्होंने भी इस विषय की गंभीरता को महसूस किया है। अगर समय रहते सभी राजनीतिक दलों और संबंधित लोगों ने इस पर कदम नहीं उठाया, तो आने वाले दिनों में गंभीर संकट पैदा हो सकता है।”
0
0
Report

12 हाथियों के दल से ग्रामीण दहशत, फसल नुकसान के बाद मुआवजा योजना

Muju, Jeonbuk State:कोरिया ब्रेक बैकुंठपुर वन मंडल में 12 हाथियों का दल, ग्रामीणों में दहशत बैकुंठनपुर वन परिक्षेत्र में 12 हाथियों के दल की मौजूदगी से ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है。 हाथियों का दल दामुज क्षेत्र में दिनभर आराम करने के बाद रात में नगर और दुर्गापुर गांव के इलाके से होते हुए भंडारपारा के रास्ते सलका गांव की कांदाबाड़ी पहुंचा。 पूरी रात हाथियों की मौजूदगी से आसपास के गांवों में दहशत का माहौल बना रहा। इस दौरान हाथियों के दल ने खेतों में लगी धान की फसल को नुकसान पहुंचाया है。 वन विभाग की टीम आज फसल नुकसान का जायजा लेगी। प्रभावित किसानों को नियमानुसार मुआवजा दिलाने की कार्रवाई की जाएगी。 12 हाथियों की मौजूदगी से ग्रामीणों में बढ़ी चिंता。 वन विभाग की टीम हाथियों की गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए है। ग्रामीणों और स्थानीय लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है。
0
0
Report
Advertisement
Advertisement
Back to top