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बिहार: अनंत सिंह की सदस्यता पर विधानसभा अध्यक्ष का बड़ा बयान

SShyamFollowJust now
Patna, Bihar:

अनंत सिंह की सदस्यता पर विधानसभा अध्यक्ष का बड़ा बयान। अनंत सिंह की विधानसभा सदस्यता को लेकर बिहार की राजनीति में हलचल तेज।  विधानसभा अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने पूरे मामले पर स्थिति स्पष्ट की।  जदयू की ओर से शिकायत के साथ वीडियो फुटेज और अखबारों की कटिंग सौंपी गई शिकायत के साथ अन्य दस्तावेज भी विधानसभा अध्यक्ष को उपलब्ध कराए गए। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा, सभी साक्ष्यों की समीक्षा की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही नियमों के तहत आगे की कार्रवाई पर फैसला होगा। जदयू ने अनंत सिंह की विधानसभा सदस्यता समाप्त करने की मांग की है। अब सबकी नजर जांच के नतीजे और विधानसभा अध्यक्ष के अगले फैसले पर टिकी है। 

 

(पटना से जी न्‍यूज ब्‍यूरो प्रशांत झा की र‍िपोर्ट)

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करवा चौथ पर्व को लेकर महराजगंज कस्बे में बढ़ी रौनक, बाजारों में उमड़ी महिलाओं की भीड़

Maharajganj, Uttar Pradesh:महराजगंज, रायबरेली। पति की लंबी उम्र के लिए मनाए जाने वाले करवा चौथ पर्व को लेकर महराजगंज कस्बे के बाजारों में जबरदस्त रौनक देखने को मिल रही है। पर्व के एक दिन पहले बाजारों में महिलाओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी है और महिलाएं जमकर खरीदारी कर रही हैं। कस्बे के मुख्य बाजार सहित बछरावां मार्ग, रायबरेली मार्ग व हैदरगढ़ मार्ग स्थित श्रृंगार, साड़ी, ज्वेलरी और मिठाई की दुकानों पर सुबह से ही महिलाओं की कतार लगी हुई है।महिलाएं करवा चौथ की पूजा के लिए करवा, छलनी, दीया, सिंदूर, मेंहदी, बिंदी, चूड़ियां, साड़ियां, लहंगे और श्रृंगार का सामान खरीद रही हैं। वहीं मिट्टी के करवों की जगह इस बार डिजाइनर करवों की मांग ज्यादा है।दुकानदार सुधीर साहू व प्रदीप रस्तोगी के अनुसार इस बार बाजार में नई डिजाइन की साड़ियों, लहंगों और आर्टिफिशियल ज्वेलरी की डिमांड काफी बढ़ी है। मेंहदी लगाने वाली दुकानों पर भी महिलाओं की लंबी कतारें देखी जा रही हैं। कई जगह तो मेंहदी के लिए सुबह से ही नंबर लगाना पड़ रहा है।वहीं,लैया,चूरा,लावा व खील-बताशे, मिठाई और फलों की दुकानों पर भी खासी भीड़ है। करवा चौथ पर सरगी और व्रत खोलने के लिए विशेष मिठाइयों की खरीदारी की जा रही है।एक महिला ग्राहक ने बताया कि करवा चौथ सुहागिन महिलाओं के लिए सबसे बड़ा त्योहार है। इस दिन हम सभी सोलह श्रृंगार कर अपने पति की लंबी उम्र के लिए व्रत रखती हैं। इसलिए खरीदारी में कोई कमी नहीं रखना चाहते। करवा चौथ को लेकर कस्बे में उत्साह का माहौल है और बाजार पूरी तरह से गुलजार हैं।
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गाजीपुर: बाइक चोरों के गिरोह का भंडाफोड़, चोरी की 16 बाइक के साथ गिरफ्तार, एसपी ने किया खुलासा

ATAlok TripathiFollow23m ago
Ghazipur, Uttar Pradesh:

गाजीपुर में बाइक चोरी करने वाले गिरोह के खिलाफ स्वाट टीम और जंगीपुर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने तीन शातिर अंतर्जनपदीय बाइक चोरों को गिरफ्तार कर चोरी की 15 मोटरसाइकिलों के साथ एक मोटरसाइकिल का इंजन और अन्य कटे हुए पार्ट्स बरामद किए हैं। साथ ही 3 मोबाइल व 450 रूपये भी बरामद किया है। 

 

इस बात की पुष्टि एसपी विनय कुमार सिंह ने पुलिस लाइन में प्रेस कांफ्रेन्स कर की है। इस दौरान उन्होंने बताया कि स्वाट, सर्विलांस और जंगीपुर थाने की पुलिस टीम की संयुक्त कार्रवाई में बाइक चोर गैंग का खुलासा हुआ है। मामले 3 शातिर बाइक चोर व चोरी की 16 बाइक बरामद की गई है। इस गैंग का खुलासा करने वाली टीम को 25 हजार के पुरस्कार से पुरस्कृत किया गया है। वही उन्होंने बताया कि बरामदगी में कुल 16 दोपहिया वाहनों से संबंधित सामान शामिल है। पुलिस की इस कार्रवाई से वाहन चोरों के नेटवर्क में हड़कंप मच गया है। वहीं उन्होंने बताया कि गिरफ्तार आरोपी भीड़भाड़ वाले स्थानों से मोटरसाइकिलें चोरी करते थे और आर्थिक फायदा कमाने के लिए उनके पार्ट्स अलग-अलग काटकर बेचते थे। 

 

हालांकि, पूछताछ में सामने आए इन तथ्यों की अभी विस्तृत जांच की जा रही है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्रवेश राजभर, अतुल सिंह और नीरज राजभर के रूप में हुई है। तीनों गाजीपुर के सादात थाना क्षेत्र के कटया गांव के निवासी बताए गए हैं। चोरी की बाइकों का कनेक्शन गाजीपुर से वाराणसी तक है। बरामद वाहनों में से छह के संबंध में गाजीपुर के विभिन्न थानों और एक मामले में वाराणसी के चौबेपुर थाने में दर्ज चोरी के मुकदमों की जानकारी मिली है। अन्य मोटरसाइकिलों के संबंध में भी जा

 

नकारी जुटाई जा रही है। बरामद वाहनों में स्प्लेंडर प्लस, सुपर स्प्लेंडर, एचएफ डीलक्स, बजाज एक्ससीडी और सीबीजेड एक्सट्रीम जैसी मोटरसाइकिलें शामिल हैं। एक मोटरसाइकिल का इंजन नंबर और चेचिस नंबर अलग-अलग पाए जाने की बात भी सामने आई है। आरोपियों के खिलाफ जंगीपुर थाने में मुकदमा संख्या 227/2026 के तहत बीएनएस की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर विधिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस रिकॉर्ड में आरोपियों के खिलाफ पूर्व के मुकदमों का भी उल्लेख है। इस पूरी कार्रवाई को स्वाट टीम, सर्विलांस सेल और जंगीपुर पुलिस की संयुक्त कार्रवाई बताया गया है। बरामदगी और गिरफ्तारी की प्रक्रिया की ई-साक्ष्य के माध्यम से वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी भी कराई गई।

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3100 रुपए में धान खरीदी: छत्तीसगढ़ सरकार किसानों को राहत देगी

Raipur, Chhattisgarh:कृषि मंत्री रामविचार नेताम की प्रेस कॉन्फ्रेंस. बीजेपी कार्यालय एकात्म परिसर में हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस. बीजेपी प्रदेश महामंत्री नवीन मार्कण्डेय भी मौजूद. बीजेपी किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष आलोक सिंह भी मौजूद. प्रेस कॉन्फ्रेंस में कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज के धान खरीदी को लेकर दिए बयान पर पलटवार किया, कहा- बरसाती मेंढकों पर भरोसा करने की जरूरत नहीं, उंगली उठाने से पहले अपने गिरेबान में झांके. किसान उनकी सरकार में काफी परेशान थे. भाजपा सरकार ने आमजनों के हित में निर्णय किए हैं. सीएम साय के निर्णय के चलते गन्ना उत्पादन को फायदा दिया. पूरे देश में सर्वाधिक गन्ने का उपार्जन मूल्य देने वाला छत्तीसगढ़ प्रदेश हो चुका है, किसानों को कहूंगा कि गन्ने का रकबा बढ़ाएं, सरकार आपकी चिंता कर रही है. विष्णुदेव साय कैबिनेट में धान खरीदी को लेकर ऐतिहासिक निर्णय हुआ. 3100 रुपए में किसानों से धान खरीदी की जाएगी. विपक्ष ने धान खरीदी को लेकर तरह-तरह की आलोचना की थी, सरकार ने कमिटमेंट किया था 3100 रुपए से 15 नवंबर से धान खरीदी की शुरुआत करेंगे. किसानों को धान बेचने लंबी लाइनें लगानी पड़ती थीं इसलिए सरकार ने नए 360 उपार्जन केंद्र खोल दिए गए हैं. किसानों को आदान सहायता राशि 15 हजार रूपये प्रति एकड़ दी जाएगी
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लखनऊ हत्या: गोल्ड मेडलिस्ट ऋषभ शुक्ला क्यों बना संदिग्ध?

Noida, Uttar Pradesh:लखनऊ में तीन लोगों की हत्या करने वाला ऋषभ शुक्ला शूटिंग में गोल्ड मेडलिस्ट रह चुका है… वह स्नेक और डॉग लवर भी है ऋषभ के इंस्टाग्राम अकाउंट पर हथियारों के साथ कई तस्वीरें पोस्ट हैं। उसके करीब 34 हजार 500 फॉलोअर्स हैं। वह खुद 69 लोगों को फॉलो करता है। उसकी पोस्ट में अलग-अलग बंदूकों के साथ तस्वीरें नजर आती हैं। बंदूक के अलावा सिगरेट, शराब और पार्टीज़ करने का भी शौकीन था। ऋषभ शुक्ला पूरी तरह से रंगबाजी और फिल्मी जिंदगी जीना पसंद करता था बताया जा रहा है कि उसे हथियार चलाने की ट्रेनिंग भी मिली है। गोली चलाने के उसके अंदाज और निशाने को देखकर लोग हैरान हैं पुलिस अधिकारी से लेकर आम आदमी तक हर कोई यही सोच रहा था कि आखिर एक व्यक्ति कैसे एक साथ तीन लोगों को मौत के घाट उतार सकता है इसकी एक वजह उसकी ट्रेनिंग और शूटिंग का अनुभव बताया जा रहा है। ऋषभ शूटिंग में गोल्ड मेडल जीत चुका है
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पटना में लोकतंत्र बचाओ पदयात्रा: मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर निशाना साधा

Patna, Bihar:पटना – 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' पदयात्रा कार्यक्रम में मुख्यमंत्री शामिल हुये। कारगिल चौक से जे.पी. गोलम्बर तक पैदल मार्च किया गया। लोकतंत्र के साथ खिलवाड़ करेगा जनता उसे माफ नहीं करेगी। लोकतंत्र बचाने के लिए बीजेपी पूरी मजबूती से खड़ी है। हमलोग लोकतंत्र के साथ हैं - मुख्यमंत्री। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में देश विकास के पथ पर अग्रसर है और उनके नेतृत्व में लोकतंत्र मजबूत हुआ है। जनता इसलिए उन्हें बार-बार चुनती है। चुनाव चाहे बैलेट पेपर से हुआ हो या ईवीएम से कांग्रेस पार्टी चुनाव हारती रही है। इस प्रकार लोकतांत्रिक व्यवस्था और संवैधानिक व्यवस्था को ध्वस्त करने की कोशिश कांग्रेस पार्टी के नेतृत्व में विपक्षी दलों द्वारा की जा रही है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि विपक्षी दल लोकतंत्र बचाने के लिए सरकार के साथ है और जनता उनकी मजबूरियों को समझेगी। Ending: जेपी मूर्ति के पास से समाप्त हुआ पदयात्रा कार्यक्रम।
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आमेर के मानसिंह महल में 400 साल पुराना वर्षा जल टांका मिला, पर्यटक देख सकेंगे

Jaipur, Rajasthan:आमेर के मानसिंह महल में मिला 400 साल पुराना वर्षा जल संग्रहण टांका, पहली बार देख सकेंगे पर्यटक जयपुर। राजस्थान की ऐतिहासिक विरासत में जल संरक्षण की अनूठी तकनीक का उदाहरण सामने आया है। आमेर किले में मानसिंह महल की बारादरी के नीचे वर्षा जल संग्रहण का प्राचीन टांका मिला है। करीब 400 साल पुरानी यह संरचना बताती है कि उस दौर में भी वर्षा जल को सहेजने और पानी की बर्बादी रोकने के लिए व्यवस्थित इंतजाम किए जाते थे। संरक्षण कार्य के दौरान सामने आई इस संरचना को अब पहली बार पर्यटक देख सकेंगे। छतों और गलियारों का पानी टांके में होता था जमा महाराजा मानसिंह प्रथम (1589–1614 ई.) द्वारा निर्मित मानसिंह महल आमेर महल का प्राचीन हिस्सा है। महल की बारादरी के नीचे बने टांके में छतों, खुले गलियारों और चौक का पानी एकत्रित होता था। पूर्व दिशा में ऊपर बनी मोरी के माध्यम से बारिश का पानी टांके तक पहुंचता था। टांके के बीच करीब 4 फीट 3 इंच का वर्गाकार कुंड बना हुआ है, जिसकी गहराई लगभग 2 फीट 6 इंच है। बारिश के पानी के साथ आने वाली मिट्टी और कचरा इस कुंड में बैठ जाता था। इससे पानी के संग्रहण की व्यवस्था को बेहतर बनाने में मदद मिलती थी। सफाई और अतिरिक्त पानी की निकासी का भी इंतजाम इस ऐतिहासिक संरचना में पानी की निकासी और सफाई के लिए भी विशेष व्यवस्था की गई थी। छोटे कुंड के ऊपरी हिस्से में बनी मोरी सफाई के दौरान पानी निकालने के काम आती थी। वहीं, टांके के तल से करीब 6 फीट ऊपर बनी दूसरी मोरी का उपयोग टांका भरने पर अतिरिक्त पानी की निकासी के लिए किया जाता था।यह व्यवस्था दर्शाती है कि उस समय जल संग्रहण के साथ पानी की सफाई और अतिरिक्त पानी की निकासी पर भी ध्यान दिया जाता था। संरक्षण कार्य के दौरान सामने आई संरचना मानसिंह महल में संरक्षण कार्य के दौरान बारादरी के नीचे बने इस टांके के बारे में जानकारी मिली। अब तक आमेर आने वाले पर्यटक, गाइड और विशेषज्ञ भी इस संरचना से अनजान थे। संरक्षण कार्य के जरिए इस ऐतिहासिक जल संरचना को सामने लाया जा रहा है, जिससे पर्यटक महल की स्थापत्य कला के साथ उस दौर की जल प्रबंधन प्रणाली को भी समझ सकेंगे. आमेर महल के अधीक्षक डॉ. राकेश छोलक, आमेर विकास एवं प्रबंधन प्राधिकरण के अभियंताओं और मानसिंह महल में संरक्षण कार्य कर रही फर्म मेसर्स विपांशु एंटरप्राइजेज की इस संरचना को उजागर करने में प्रमुख भूमिका रही। 16वीं शताब्दी में भी जल संरक्षण के प्रति सजग थे पूर्वज कवि रहीम ने अपने दोहों में पानी के महत्व को रेखांकित किया था। उसी दौर में राजस्थान के शासकों ने महलों में जल संग्रहण की ऐसी व्यवस्थाएं विकसित कीं, जो आज भी प्रासंगिक हैं। मानसिंह महल का यह प्राचीन टांका जल संरक्षण की पारंपरिक तकनीक और ऐतिहासिक स्थापत्य का महत्वपूर्ण उदाहरण है। वर्तमान समय में पानी की बढ़ती जरूरतों के बीच यह संरचना वर्षा जल संग्रहण के महत्व और अपनी पारंपरिक जल प्रबंधन प्रणालियों को सहेजने की आवश्यकता का संदेश देती है।
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