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मानसून आपदा से निपटने के लिए आमेर प्रशासन ने पूरी तैयारी की

Jaipur, Rajasthan:मानसून की आपदा से निपटने के लिए प्रशासन अलर्ट, जिला प्रशासन ने सभी प्रभारियों को अलर्ट रहने के निर्देश. आमेर सहित संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी. भारी बारिश, जलभराव और मिट्टी कटाव से निपटने के लिए व्यापक तैयारी के साथ तैयार रहे, जेसीबी, पोकलेन, ट्रैक्टर, पंपसेट और राहत संसाधन तैयार. मौसम विभाग ने जुलाई माह के शुरुआती दो सप्ताह तक प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में भारी बारिश की चेतावनी दी है. राजधानी के विभिन्न स्थानों पर आपदा केंद्र और कंट्रोल रूम बनाए गए हैं. आमेर में कंट्रोल रूम भी बना और आपदा से निपटने की सारी तैयारियां की गई हैं. जिला कलेक्टर के निर्देश पर सभी उपखंड अधिकारी, तहसीलदार, नगर निकायों और संबंधित विभागों को अपने-अपने क्षेत्रों में संभावित खतरे वाले स्थानों का निरीक्षण कर आवश्यक व्यवस्थाओं के दिशा निर्देश दिए गए हैं. विशेष रूप से आमेर, जमवारामगढ़, चंदवाजी, अचरोल, शाहपुरा और पहाड़ी समेत नदी-नालों से जुड़े क्षेत्रों में अतिरिक्त सतर्कता बरतने के निर्देश हैं. जहां पिछले वर्षों में जलभराव, सड़क धंसने, मिट्टी कटाव या पुलिया क्षतिप्रस्त होनें की घटनाएं सामने आई थीं, वहां विशेष निगरानी रखने और तत्काल कार्रवाई के लिए मशीनरी उपलब्ध रखने के निर्देश हैं. आमेर क्षेत्र में पहाड़ी इलाकों, कच्ची ढलानों और बरसाती नालों के आसपास रहने वाले लोगों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है. तेज बारिश के दौरान पानी के बहाव वाले क्षेत्रों में बैरिकेडिंग, चेतावनी बोर्ड लगाने और पुलिस व प्रशासनिक टीमों की तैनाती की योजना है. पर्यटक स्थलों और अधिक आवाजाही वाले मार्गों पर भी अतिरिक्त निगरानी रखी जाएगी ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके. प्रशासन द्वारा आमेर बाढ़ नियंत्रण केंद्र पर संसाधनों की सूची: आमेर बाढ़ नियंत्रण केंद्र के प्रभारी संजय कुमार मीणा ने बताया कि किसी भी आपदा से निपटने के लिए आमेर क्षेत्र में आपदा प्रबंधन के तहत संसाधन और सामग्री उपलब्ध कराई गई है, जिसमें 1 टैक्टर ट्राली 04, 2 मड पम्प 04, 3 गैस कटर 01, 4 लाइफ जैकेट 3, 5 रस्सा 200 मी., 6 पिकअप 01, 7 श्रमिक 10, 8 मिट्टी के भरे कट्टे 19,990, 9 मिट्टी के खाली कट्टे 12,700, कुल कट्टे 32,690, 10 जीप/बोलेरो नहीं, 11 जे.सी.बी 1, 12 डमपर नहीं, 13 अन्य/पोर्टेबल पम्प 01. मानसून में बारिश जैसी आपदा से निपटने के लिए अन्य आवश्यक राहत उपकरण तैयार रखे गए हैं. इन संसाधनों को जरूरत पड़ने पर तत्काल प्रभावित क्षेत्रों में भेजने के लिए विभागवार जिम्मेदारियां तय की गई हैं. प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार मॉनिटरिंग करने और स्थिति की नियमित रिपोर्ट जिला मुख्यालय को भेजने के निर्देश दिए गए हैं. आपातकालीन स्थिति में राहत और बचाव कार्यों को बिना देरी शुरू करने के निर्देश भी दिए गए हैं. बाइट— संजय कुमार मीणा, सहायक अभियंता आमेर बाढ़ नियंत्रण केंद्र प्रभारी
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तीजन बाई के निधन पर मालिनी अवस्थी: भारतीय लोक कला ने वैश्विक पहचान पाई

Noida, Uttar Pradesh:लखनऊ: पद्म विभूषण से सम्मानित और मशहूर पंडवानी कलाकार तीजन बाई के निधन पर लोक गायिका मालिनी अवस्थी ने कहा, "आज हमें बहुत दुखद और चौंकाने वाली खबर मिली कि आदरणीय तीजन बाई जी का निधन हो गया है। उन्होंने भारत की सबसे सशक्त परंपराओं में से एक - कहानी कहने और गspatha गायन की कला - को आगे बढ़ाया और हमारी धरती की कहानियों को वैश्विक मंच तक पहुँचाया। यह उस दौर की बात है जब किसी युवा महिला के लिए अपने गाँव और समाज से बाहर निकलकर सार्वजनिक रूप से प्रस्तुति देना बहुत हिम्मत का काम था। आज भले ही कई कलाकार हैं, लेकिन आदरणीय तीजन बाई जी ने 1980 के दशक में 'फेस्टिवल ऑफ़ इंडिया' के ज़रिए फ्रांस और अमेरिका में भारतीय लोक संस्कृति का मान बढ़ाया। पंडवानी के ज़रिए उन्होंने गायन और नाटकीय प्रस्तुति का मेल करके महाभारत की कहानी को जीवंत कर दिया। मेरा मानना ​​है कि बहुत कम लोग ही ऐसी महारत हासिल कर पाते हैं कि वे जीते-जी ही किंवदंती (लेजेंड) बन जाते हैं, जिनकी वजह से किसी कला विधा को वैश्विक पहचान मिलती है, और वे इतने विनम्र और स्नेहपूर्ण स्वभाव के बने रहते हैं। उन्हें जानना मेरे लिए सौभाग्य की बात रही है; मैंने उन्हें पहली बार मंच पर तब देखा था जब मैं बहुत छोटी थी, और बाद के वर्षों में हम रायपुर (छत्तीसगढ़) से लेकर भोपाल और दिल्ली तक कई जगहों पर मिले... मेरी बस यही उम्मीद है कि भारतीय संस्कृति में कहानी कहने की यह परंपरा वैसे ही फलती-फूलती रहे जैसा उन्होंने सपना देखा था…
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अरामबाग में साप के काटने से 16 वर्षीय तमोशी पाल की मौत; डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप

Arambag, West Bengal:আরামবাগঃ০৫ জুলাই ------------------------------------------ সাপে কামড়ের এক রুগীর মৃত্যু। আর এই মৃত্যুর জন্য দায়ी করা হয়েছে চিকিৎসক দেরই।পরিবারের অভিযোগ, কোন রকম চিকিৎসা করেন নি কর্তব্য রত চিকিৎসকদেরা।আর চিকিৎসার অভাবেে তার মৃত্যু হয়েছে।মৃত ঐ রুগীর নাম তমোশি পাল(১৬)।তার বাড়ি আরামবাগ পুরসভার ১০ নং ওয়ার্ড এলাকায়।আর এর জন্য রুগীর পরিবারের পক্ষ থেকে ক্ষোভ দেখানো হয়।আর এর জন্য দায়ী চিকিৎসক ও নার্সদের শাস্তির দাবি করেছেন পরিবারের লোকজন। জানাগেছে,তমোশি পাল নামক ঐ কিশোরীকে সাপের কামড়ের পরেই তারা শনিবার রাত ৯ টা নাগাদ ভর্ত কিরা হয় আরামবাগ মেডিকেল কলেজ ও হাসপাতালে।কিন্তু তার পরে কোন চিকিৎসক ও নার্স আসেন নি। কোন চিকিৎসা করা হয়নি।বিপদ বুঝে বার বার চিকিৎসক ও নার্স দের কাছে যাওয়া হলেও তারা বকাঝকা করেন,দুর্ব্যবহার করেন।পরে তারা চিকিৎসা করলেও তমোশির মৃত্যু হয়।এমনই অভিযোগ মৃতার পরিবারের লোকজনের।আর এর পরেই তারা ক্ষোভে ফেটে পড়েন। যদিও এক চিকিৎসক জানিয়েছেন, যথা রীতি যাবतীয় চিকিৎসা করা হয়েছে।কিন্তু শেষ রক্ষা হয়নি।তার জন্য ক্ষমা প্রার্থী।এদিকে, কর্তব্যরত চিকিৎসক ও নার্স দের শাস্তির দাবিতে তারা বিক্ষোভ দেখান হাসপাতাল চত্বরেই।পরে পরিস্থিতি নিয়ন্ত্রনে আসে।রোগীর পরিবারের লোকজনই শান্ত হন নিজেরাই।তবে শাস্তি যাতে দেওয়া হয় তার দাবি জানান。
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बीड़ के कपिलधार वाड़ी में 200 परिवार भू-स्खलन डर में जी रहे, प्रशासन मौन

Beed, Maharashtra:बीड: मृत्यूच्या सावटात जगणारे कपिलधार वाडीतील 200 कुटुंब! ANC - चारही बाजूंनी महाकाय डोंगर... आणि पायाखाली भूस्खलनाची वेळोवेळी जाणवणारी चाहूल पाहून बीड जिल्ह्यातील कपिलधार वाडी हे गाव आज जीव मुठीत धरून जगतंय. गेल्या एक वर्षापासून घरांना तडे गेलेत, रस्त्याला भेगा पडल्यात. पण जिल्हा प्रशासन मात्र पूर्णतः उदासीन आहे. यंदा पावसाने जर का रौद्र रूप धारण केलं, तर हे गावही रायगडच्या माळीणसारखं मातीखाली गाडलं जाण्याची भीती ग्रामस्थांना सतावतेय... पाहुयात एक खास ग्राउंड रिपोर्ट! VO 1 चारही बाजूंनी गगनाला भिडणारे महाकाय डोंगर... आणि त्यांच्या कुशीत दोनशे वर्षांपासून वसलेलं कपिलधार वाडी हे गाव. निसर्गाच्या सानिध्यात वाढलेलं हे दोनशे कुटुंबांचं गाव... आज मात्र स्वतःच्याच घरात भीतीच्या सावटाखाली जगतंय. गेल्या वर्षी झालेल्या मुसळधार पावसाने या गावाचं नशीबच बदलून टाकलं. रस्ता तब्बल पाच फूट खचला. अनेकांच्या घरांच्या भिंतींना तडे गेले. आणि एका रात्रीत गावचा संपर्कच तुटला. तेव्हा स्थानिक प्रशासनाने केवळ एका मंदिरात या लोकांना आसरा दिला. पुनर्वसन करू, अशी घोषणा झाली... पण ती घोषणाही आज हवेतच विरून गेली. तब्बल चार महिने वणवण भटकल्यानंतर ग्रामस्थ पुन्हा आपल्या मातीत परतले. पण परत आल्यावरही प्रश्न तेच आहे.. आजही प्रशासनाची एकही हालचाल नाही. ना पाहणी, ना उपाययोजना. त्यामुळे दोनशे कुटुंबं आजही प्रत्येक पावसाचा थेंब मोजतायत... आणि जीव मुठीत धरून दिवस काढतायत. बाईट: दिपाली शिंदे, ग्रामस्थ VO 2 या गावाचं पोट म्हणजे शेती आहे. आणि श्वास म्हणजे पशुधन... कपिलधार वाडीतील प्रत्येक घराचा चरितार्थ आजही शेतीवर आणि गाय-बैलांवरच अवलंबून आहे. प्रशासन पुनर्वसनाचे बोलतंय... पण त्या घरांसोबत शेतीसह आमच्या गाय-गोठ्याचं काय? हाच एक प्रश्न आज प्रत्येक ग्रामस्थाला रात्री झोप येऊ देत नाही. घर हलवता येईल... पण पिढ्यानुपिढ्यांची माती हलवणार कशी? शेती नसेल तर चार्‍यासाठी पोटाला काय लावायचं? आम्हाला फक्त घरं नको, आमच्या शेतीसह आणि गाय गोठ्यासह आमचं पुनर्वसन करा. अशी ग्रामस्थांची एकच आर्त मागणी आहे... बाईट: शांताबाई शिंदे, ग्रामस्थ VO 3 गेल्या वर्षी गावाचा संपर्क तुटला... तेव्हा प्रशासनाने पुनर्वसन करू असं आश्वासन दिलं होतं. त्याला आज तब्बल एक वर्ष झालंय. पण प्रत्यक्षात हालचाल शून्य आहे. हो, काही दिवसांपूर्वी पुनर्वसनासाठी 19 कोटी रुपये मंजूर झाल्याची फक्त घोषणा झाली. पण जमिनीवर एकही वीट हलली नाही. किंवा एकही अधिकारी दिसला नाही. गेल्या वर्षभरापासून इथली एसटी बंद आहे. गावची शाळा दुसऱ्या गावात हद्दपार झाली आहे. आणि इथले ग्रामस्थ फक्त जगण्याची याचना करतायत. आम्हाला कायमचं घर नको... निदान पावसाळ्यापुरतं पत्र्याचं शेड तरी बांधून द्या,अशी आर्त मागणी आता ते करत आहेत. रात्री पावसाचे थेंब पडले की या लोकांची झोप उडते. कारण उद्या घर अंगावर कोसळेल ही भीती त्यांच्या सोबतच झोपते. सगळ्यात संतापाची गोष्ट म्हणजे... पावसाळा सुरू झाल्यावरच प्रशासनाला निधी मंजूर झाल्याचं आठवलं. मग वर्षभर प्रशासन काय करत होतं? हा संतप्त सवाल आज प्रत्येक ग्रामस्थ विचारतोय. बाईट: हनुमंत शिंदे, ग्रामस्थ बाईट: योगेश सवासे, ग्रामस्थ END END PTC :- महेंद्रकुमार मुधोळकर झी 24 तास बीड..
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UP NEWS : सपा के विधानसभा अध्यक्ष शैलेश शर्मा के नेतृत्व में किया गया वृक्षारोपण

Pilibhit, Uttar Pradesh:समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष पीडीए के जननायक अखिलेश यादव के जन्म दिवस के अवसर पर पीलीभीत की तहसील बीसलपुर क्षेत्र में सपा कार्यकर्ताओं ने "पीडीए पेड़ लगाओ,पर्यावरण बचाओ अभियान,, चलाया यह अभियान 1 जुलाई से 07 जुलाई तक चलेगा। 130-विधानसभा क्षेत्र बीसलपुर के ग्राम -फिरसाह चुर्राह,ढकरिया, पुरवा, करनैया सहित कई बूथों पर वृक्षारोपण एवं गोष्ठी का आयोजन किया गया। इस मौके पर समाजवादी पार्टी के विधानसभा अध्यक्ष शैलेश शर्मा एडवोकेट,पूर्व ब्लाक प्रमुख वीरेंद्र सिंह यादव,विधानसभा उपाध्यक्ष मीनाक्षी गंगवार,अवनीश यादव, उमेश यादव,हिमांशु मिश्रा,अविनाश गंगवार सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
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दिल्ली में मानसून के तेज़ बारिश से जलभराव, यातायात प्रभावित

New Delhi, Delhi:जुलाई की शुरुआत के साथ ही राजधानी दिल्ली में मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है। पिछले दो दिनों से कहीं झमाझम तो कहीं हल्की बारिश का दौर जारी है। मूसलाधार बारिश ने मौसम को सुहाना जरूर बनाया है, लेकिन कई इलाकों में जलभराव ने लोगों की मुश्किलें भी बढ़ा दी हैं. उत्तरी दिल्ली के कई इलाकों में तेज बारिश के चलते सड़कों पर पानी भर गया। कई प्रमुख मार्गों और कॉलोनियों में जलभराव के कारण वाहनों की रफ्तार थم गई और लोगों को आवाजाही में भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। बारिश के चलते राजधानी के तापमान में गिरावट दर्ज की गई, जिससे भीषण गर्मी से कुछ राहत जरूर मिली। हालांकि हवा में नमी बढ़ने के कारण उमस अब भी लोगों को परेशान कर रही है। बारिश के बाद कई जगहों पर जलभराव और ट्रैफिक जाम की स्थिति देखने को मिली। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में भी दिल्ली-एनसीआर में बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है। ऐसे में निचले इलाकों में जलभराव और यातायात प्रभावित होने की आशंका बनी हुई है। प्रशासन लोगों से सावधानी बरतने और जलभराव वाले रास्तों से बचने की अपील कर रहा है।
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बृजभूषण शरण सिंह का अयोध्या सुरक्षा पर बड़ा बयान: संसद-राष्ट्रपति भवन जैसी सुरक्षा की मांग

Gonda, Uttar Pradesh:खबर गोंडा से है। गोंडा जिले के कैसरगंज से पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने श्री राम मंदिर चंदा चोरी को लेकर एक बार फिर बड़ा बयान देते हुए अयोध्या में की गई सुरक्षा और अयोध्या से राम मंदिर सुरक्षा को लेकर भी सवाल उठाते हुए राष्ट्रपति प्रधानमंत्री और संसद की तरह सुरक्षा किए जाने की मांग की है। 3 अगस्त को आने वाले यौन शोषण मामले में रिजर्व फैसले पर भी बड़ा बयान दिया है। बृजभूषण ने कहा कि अब इतने बैरियर लगे थे वो क्यों लगे, क्या लाभ मिला, अयोध्या को एकदम ऐसे तर्ज पर जैसे पीएम हाउस की सिक्योरिटी होती है। जैसे राष्ट्रपति भवन की सिक्योरिटी होती है, उस तर्ज पर इसकी सिक्योरिटी करना चाहिए थी। सुरक्षा के बहाने क्या किए गए, इसका khamiyाजा यह हुआ कि राम मंदिर से आम जनमानस कट गया, गरीब अयोध्या से कट गया। बृजभूषण ने कहा कि भ्रष्टाचार के बारे में भी कहा था; अयोध्या के अंदर बैरियर लगे हैं और रंग महल के आगे बैरियर है, जबकि उसे दूसरी जगह पर लगाया जा सकता था। अब बातें दूर तक जा चुकी हैं, पर यह सब किसी के इशारे पर हो रहा था। जाँच हो रही है, अपना काम लोग करेंगे, जब जाँच पूरी हो जाएगी तब मैं बोलूँगा कि जाँच सही हुई है या गलत हुई है। पारदर्शिता के लिए कैसी व्यवस्थाएं होनी चाहिए, इसके बारे में भी उन्होंने कहा: संसद की सुरक्षा जैसी, राष्ट्रपति भवन की सुरक्षा जैसी, पीएम हाउस की सुरक्षा जैसी सुरक्षा होनी चाहिए, और सड़कें केवल रूट के लिए ही बंद हों, बजाय पूरे शहर के; लेकिन अभी भी सुरक्षा को लेकर कई बातें सामने आ रही हैं। 3 अगस्त वाले फैसले पर—पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने कहा कि 3 अगस्त को मेरा जजमेंट रिज़र्व रहा, सारी प्रक्रियाएं पूरी हो चुकीं। मैंने पहले कहा था कि अगर प्रकरण सत्य पाया जाएगा तो फाँसी पर लटकूँगा, मैं आज भी उस बात पर कायम हूँ। समय, स्थान और तारीख के बारे में स्पष्टता नहीं है; इसलिए अब बोलना संभव नहीं है।
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सांडेराव हाईवे पर ट्रक-टक्कर में गुजरात व्यापारी और चालक की मौत

Pali, Rajasthan:सांडेराव थाना क्षेत्र में भीषण सड़क हादसा, दो ट्रोलों के बीच फंसी कार, गुजरात के कारोबारी व चालक की मौत सांडेराव थाना क्षेत्र में नेशनल हाईवे पर शनिवार देर रात हुए भीषण सड़क हादसे में गुजरात के एक मार्बल व्यवसायी और उनके चालक की दर्दनाक मौत हो गई। थाना अधिकारी श्यामराज सिंह ने बताया कि हादसा थाना क्षेत्र स्थित ढोला ब्रिज के पास हुआ। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि गुजरात के कच्छ निवासी मार्बल व्यवसायी डिम्पल कुमार जैन (49) अपने चालक जेताराम (24) के साथ जयपुर से कार द्वारा वापस کच्छ लौट रहे थे। इसी दौरान पीछे से तेज गति से आए एक ट्रोले ने उनकी कार को टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही कार आगे चल रहे दूसरे ट्रोले में जा घुसी और दोनों ट्रोलों के बीच बुरी तरह फंस गई। हादसा इतना भीषण था कि कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। पुलिस व स्थानीय लोगों ने काफी मशक्कत के बाद शवों को कार से बाहर निकालकर सांडेराव अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया तथा परिजनों को सूचना दी। दुर्घटना के बाद कुछ समय तक हाईवे पर यातायात प्रभावित रहा, जिसे क्षतिग्रस्त वाहनों को हटाकर सुचारु कराया गया। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।
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जयपुर से प्रेमी के साथ आई युवती खेड़ली में पकड़ाकर हंगामा

Alwar, Rajasthan:जयपुर से प्रेमी संग आई युवती को परिजनों ने खेड़ली में पकड़ा, बाजार में हाई वोल्टेज ड्रामा खेड़ली। जयपुर से तीन दिन पहले अपने प्रेमी के साथ घर से निकली एक युवती को उसके परिजनों ने शुक्रवार शाम खेड़ली कस्बे में पकड़ लिया। युवती अपने प्रेमी के साथ कार में मौजूद थी। जैसे ही परिजन उसे जबरन साथ ले जाने लगे, युवती विरोध में उतर आई और मौके पर जमकर हंगामा हो गया। जानकारी के अनुसार, जयपुर निवासी युवती का भरतपुर जिले के भुसावर निवासी युवक के साथ प्रेम प्रसंग चल रहा है। तीन दिन पहले दोनों बिना परिजनों को बताए घर से निकल गए थे। शुक्रवार शाम किसी व्यक्ति ने उन्हें खेड़ली रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-2 के पास देख लिया, जिसकी सूचना युवती के परिजनों को दी गई। सूचना मिलते ही परिजन कार लेकर मौके पर पहुंचे। युवती ने अपने पिता की कार को पहचान लिया और वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इस दौरान दोनों पक्षों की कारों में हल्की टक्कर भी हो गई। परिजनों ने जैसे ही युवक को पकड़ने की कोशिश की, युवती ने उसका बचाव करते हुए पिता और भाई से भिड़ गई। युवक और युवती एक-दूसरे से लिपट गए और अलग होने से इनकार कर दिया। युवती ने साफ कहा कि दोनों बालिग हैं और एक ही समाज से संबंध रखते हैं, जबकि परिवार उन्हें अलग करना चाहता है। बाजार में इस घटनाक्रम को देखने के लिए लोगों की भीड़ जुट गई और माहौल तनावपूर्ण हो गया। हंगामे की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को थाने ले गई। परिजनों ने बताया कि उन्होंने जयपुर के खो नागोरिया थाने में युवती की गुमशुदगी का मामला दर्ज कराया हुआ है। इसके बाद खेड़ली पुलिस ने संबंधित थाना पुलिस को बुलाया और युवती को उनके सुपुर्द कर दिया।
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