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MKMadesh Kumar TiwariFollow5 Nov 2024, 12:26 pm
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बुराड़ी में RWA का चक्का जाम, सड़क, स्वास्थ्य और शिक्षा के समाधान की मांग

New Delhi, Delhi:उत्तरी दिल्ली के बुराड़ी में जनसमस्याओं को लेकर दर्जनों RWA और स्थानीय लोगों ने सड़क पर उतरकर जोरदार प्रदर्शन किया। कौशिक हॉस्पिटल से बुराड़ी मेट्रो स्टेशन तक पैदल मार्च निकाला गया, जिसके बाद चक्का जाम कर दिल्ली सरकार और स्थानीय जनप्रतिनिधियों से समस्याओं के समाधान की मांग की गई। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि बुराड़ी की 100 फुटा रोड लंबे समय से बदहाल है। जगह-जगह गड्ढे, टूटी गलियां, जलभराव और गंदगी के अंबार ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। आरोप है कि खराब सड़क व्यवस्था के चलते यातायात प्रभावित हो रहा है और स्थानीय दुकानदारों तथा व्यापारियों को भी भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों की शिकायत सिर्फ सड़क तक सीमित नहीं है। स्वास्थ्य सेवाओं से लेकर शिक्षा व्यवस्था और सफाई जैसे बुनियादी मुद्दों को लेकर भी लोग सवाल उठा रहे हैं। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि लंबे समय से समस्याएं सामने रखे जाने के बावजूद उनका स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। दरअसल, बुराड़ी की जनसमस्याओं को लेकर कांग्रेस की ओर से फेडरेशन ऑफ बुराड़ी RWA का गठन किया गया है। कांग्रेस जिला अध्यक्ष मंगेश त्यागी के नेतृत्व में बुराड़ी की छोटी-बड़ी RWA को एक मंच पर लाने की कोशिश की गई है। इससे पहले बुराड़ी बंद का आह्वान किया गया था और अब चक्का जाम आंदोलन के जरिए लोगों की आवाज बुलंद करने का दावा किया गया है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि 100 फुटा रोड की बदहाली के कारण यातायात व्यवस्था चरमरा रही है। वहीं बाजार और व्यापार पर भी इसका असर पड़ रहा है। कुछ व्यापारियों के व्यापार प्रभावित होने और पलायन की स्थिति बनने का दावा किया गया है। सड़क पर उतरे लोगों ने दिल्ली सरकार, सांसद, विधायक और स्थानीय पार्षदों से मांग की कि बुराड़ी की मूलभूत समस्याओं का तत्काल समाधान कराया जाए। प्रदर्शनकारियों ने साफ कहा कि जब तक उनकी समस्याओं पर ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन को और तेज किया जा सकता है। अब देखना होगा कि बुराड़ी की जनता के इस विरोध प्रदर्शन के बाद जिम्मेदार विभाग और स्थानीय जनप्रतिनिधि कब तक सड़क, सफाई, स्वास्थ्य और शिक्षा से जुड़े इन मुद्दों पर ठोस कदम उठाते हैं।
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रोहतक में सफाई कर्मचारियों की हड़ताल से शहर गंदा, सरकार के वादे पूरे नहीं

Rohtak, Haryana:रोहतक में सफाई कर्मचारियों ने सड़कों पर फैलाई गंदगी मांगे पूरी न किए जाने से नाराज, बोले- सरकार अनदेखी कर रही, आमजन से मांगा सहयोग  रोहतक में नगर पालिका सफाई कर्मचारियों की हड़ताल पिछले 11 दिन से चल रही है, जिस कारण लोग परेशान है। कर्मचारियों ने खुद ही शहर में सड़कों पर गंदगी डालनी शुरू कर दी है, जिसके चलते हर तरफ कचरा नजर आ रहा है। मुख्य चौराहों पर कचरे की गाड़ी को खाली किया जा रहा है। जिससे हर तरफ बदबू का आलम बना हुआ है नगर पालिका सफाई कर्मचारियों ने कहा कि सरकार ने 13 मई को वार्ता के बाद कर्मचारियों की मांगों को मान लिया था, लेकिन सरकार अब अपने वादों से मुकर रही है। 22 मई को हाईकोर्ट में शपथ पत्र देकर कर्मचारियों की मांग मानने से इनकार कर दिया। इससे सरकार का दोहरा चरित्र सामने आया है। कर्मचारियों को उनके अधिकारों से वंचित रखने का प्रयास किया जा रहा है नगर पालिका कर्मचारी संघ के जिला प्रधान शंभू टांक ने कहा कि 17 अगस्त से नगर पालिका कर्मचारी संघ एवं फायर कर्मचारी यूनियन प्रदेश के सभी विधायकों एवं सांसदों, विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रदेश एवं जिला अध्यक्षों, नगर पालिका, नगर परिषद एवं नगर निगमों के सदस्यों, चेयरमैनों एवं मेयरों से समर्थन मांगने जाएंगे। इसके बाद भी मांग पूरी नहीं हुई तो बड़ा आंदोलन करेंगे जिला प्रधान शंभू टांक ने कहा कि सरकार ने 13 मई को 17 सूत्रीय मांगों को मान लिया था, लेकिन उन्हें लागू नहीं कर रही। मानी गई मांगों को लागू करवाने के लिए कर्मचारी हड़ताल कर रहे है, लेकिन सरकार ने अब तक बातचीत नहीं की है। शंभू टांक ने आमजन से सरकार के खिलाफ लड़ाई में कर्मचारियों का साथ देने का आह्वान किया, ताकि कर्मचारियों की मांग पूरी हो सके
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पश्चिमी यूपी में जाट-मुस्लिम वोटबैंक से रालोद की किस्मत तय

Noida, Uttar Pradesh:एंकर—विधानसभा चुनाव की आहट के साथ ही प्रदेश की सियासत गरमाने लगी है। सबसे ज्यादा हलचल पश्चिमी यूपी में है, जहां गठबंधन और जातीय समीकरण चुनाव का नतीजा तय करेंगे। इस बीच राष्ट्रीय लोक दल के सामने अपनी जमीन बचाने की चुनौती है। वीओ— विधानसभा चुनाव रालोद के लिए सिर्फ सीटों का हिसाब नहीं होगा। यह तय करेगा कि भाजपा के साथ गठबंधन के बाद पार्टी का सामाजिक आधार कितना बचा है और कितना बढ़ा है। पहले सपा के साथ गठबंधन में रालोद को जाट मुस्लिम समीकरण का सीधा फायदा मिलता था। पश्चिमी यूपी की कई सीटों पर यही समीकरण पार्टी की जीत की कुंजी था। लेकिन अब रालोद भाजपा के साथ है। ऐसे में मुस्लिम मतदाता का रुख रालोद के साथ रहेगा इसपर अभी संशय है यहां सपा भी अपने पुराने जाट-मुस्लिम आधार को वापस पाने की कोशिश कर रही है कुल मिलाकर 2027 रालोद के लिए एक प्रयोग भी है। उत्तर प्रदेश में पश्चिमी यूपी (जाटलैंड) में जाट समुदाय की संख्या लगभग 15 से 20% के बीच आती है, जो लोकसभा और विधानसभा सीटों पर निर्णायक भूमिका निभाती है. कुछ क्षेत्रों जैसे बागपत, मुजफ्फरनगर, शामली, मथुरा, सहारनपुर जैसे जिलों में जाट वोटर 15 से 2 फीसदी तक पहुंचते हैं. पश्चिमी यूपी में 17-20% के करीब जाट वोटर हैं. जाट वोट बैंक कई सीटों पर हार-जीत फैसला कर सकता है. इसी तरह से मुस्लिम वोट बैंक भी इन्हीं इलाकों में अपना फैक्टर इसी आकंड़े के अनुसार दिखाते है रालोद ने कुल 33 सीटों पर चुनाव लड़ा और 8 सीटों पर जीत दर्ज की जहां मुस्लिम मतदाता अच्छी स्थिति में है वीओ—रालोद के लिए लड़ाई सिर्फ मुस्लिम मतदाता तक सीमित नहीं है। पार्टी को अपने कोर जाट वोट बैंक को बचाने के साथ-साथ गुर्जर, त्यागी, अन्य पिछड़ा वर्ग और छोटे समुदायों में भी पैठ बनानी होगी। अगर मुस्लिम मतदाता इस बार रालोद से दूर जाता है, तो पार्टी सिर्फ जाट वोट के सहारे पश्चिमी यूपी में टिक पाएगी वहीं, अगर रालोद जाट, मुस्लिम, गुर्जर, त्यागी और पिछड़ों का संतुलन साधने में कामयाब होती है, तो भाजपा के साथ उसका गठबंधन दोनों के लिए गेम चेंजर साबित हो सकता है। भाजपा के साथ रहकर पार्टी कितना सामाजिक विस्तार कर पाती है और कितना परंपरागत वोट बचाती है, इसी पर पश्चिमी यूपी का भविष्य और रालोद की प्रासंगिकता दोनों निर्भर करेंगे。
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दूदू में छात्र घेराव चेतावनी, सरकारी कॉलेजों के पक्ष में आवाज तेज

Dudu, Rajasthan:दूदू (जयपुर) युवा करेंगे विधानसभा का घेराव, छात्र संघ चुनाव बहाली को लेकर दूदू में छात्र संवाद आयोजित। छात्र नेता नीरज खिचड़ ने कहा कि हर छात्र आर्थिक रूप से इतना सक्षम नहीं होता कि वह निजी कॉलेजों में शिक्षा प्राप्त कर सके। ऐसे में सरकारी कॉलेज ही आम, किसान और गरीब परिवारों के विद्यार्थियों के लिए शिक्षा का सबसे बड़ा माध्यम हैं। छात्रों ने 21 अगस्त को राजस्थान विधानसभा का घेराव करने की दी चेतावनी। कार्यक्रम में प्रदेश महासचिव तेजकरण चौधरी विधानसभा अध्यक्ष, आरिफ शेख सहित सैकड़ों कार्यकर्ता रहे मौजूद।
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झुंझुनूं वार्ड आरक्षण लॉटरी कल सुबह 11 बजे, पूरी प्रक्रिया पारदर्शी

Jhunjhunu, Rajasthan:झुंझुनूं झुंझुनूं में नगर निकायों के वार्ड आरक्षण की लॉटरी सोमवार को जिले के 19 शहरी निकायों के वार्डों का होगा आरक्षण निर्धारण एक नगर परिषद और 18 नगरपालिकाओं के वार्डों की निकलेगी लॉटरी सुबह 11 बजे शुरू होगी वार्ड आरक्षण की लॉटरी प्रक्रिया एससी, एसटी, ओबीसी और सामान्य महिला वर्ग के लिए होगा आरक्षण जनसंख्या के आधार पर एससी वार्डों का होगा सबसे पहले चयन अवरोही क्रम में अधिक आबादी वाले वार्डों को मिलेगी प्राथमिकता एससी के बाद एसटी और ओबीसी वार्डों का होगा निर्धारण अनारक्षित वार्डों में सामान्य महिला आरक्षण की निकलेगी लॉटरी जिले के सातों विधायकों और राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को दी सूचना सबसे पहले झुंझुनूं नगर परिषद के वार्डों का होगा आरक्षण तय इसके बाद एक—एक कर सभी 18 नगरपालिकाओं के वार्डों का होगा आरक्षण राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में होगी लॉटरी जिला कलेक्टर डॉ. अरुण गर्ग ने दी लॉटरी प्रक्रिया की जानकारी झुंझुनूं जिले में आगामी नगरीय निकाय चुनावों को लेकर नगर परिषद झुंझुनूं सहित 18 नगरपालिकाओं के वार्डों के आरक्षण की लॉटरी कल सोमवार सुबह 11 बजे निकाली जाएगी। जिला कलेक्टर डॉ. अरुण गर्ग ने बताया कि जिले में कुल 19 शहरी निकाय हैं। जिनमें एक नगर परिषद और 18 नगरपालिकाएं शामिल हैं। निकाय अध्यक्षों के आरक्षण की लॉटरी राज्य स्तर पर पहले ही निकाली जा चुकी है, अब सभी वार्डों के आरक्षण का निर्धारण किया जाएगा। जिला कलेक्टर ने बताया कि वार्ड आरक्षण की प्रक्रिया निर्धारित नियमों के अनुसार की जाएगी। सबसे पहले अनुसूचित जाति (एससी) के लिए वार्डों का निर्धारण होगा। एससी आरक्षण के लिए वार्डों का चयन संबंधित वार्डों की जनसंख्या के आधार पर अवरोही क्रम में किया जाएगा। यानी जिन वार्डों में एससी आबादी का प्रतिशत अधिक होगा, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर आरक्षित किया जाएगा। इसके बाद आरक्षित एससी वार्डों में से एससी महिला के लिए वार्ड का निर्धारण किया जाएगा। इसके बाद जहां अनुसूचित जनजाति (एसटी) के लिए आरक्षण लागू होगा, वहाँ संबंधित वार्डों का चयन निर्धारित प्रक्रिया के तहत किया जाएगा और इनमें से एसटी महिला के लिए वार्ड आरक्षित किया जाएगा।एससी और एसटी आरक्षण के बाद शेष वार्डों में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के लिए आरक्षण की प्रक्रिया होगी। ओबीसी के लिए निर्धारित वार्डों में से ओबीसी महिला के लिए वार्ड का चयन किया जाएगा। इसके बाद बचे हुए अनारक्षित वार्डों में से सामान्य महिला वर्ग के लिए लॉटरी निकाली जाएगी।डॉ. अरुण गर्ग ने बताया कि लॉटरी प्रक्रिया में जिले के सातों विधायकों तथा मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के जिला स्तरीय प्रतिनिधियों को सूचना दी गई है। उनकी उपस्थिति में पूरी प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से संपन्न कराई जाएगी।उन्होंने बताया कि नगर परिषद झुंझुनूं के बाद निर्धारित क्रम के अनुसार जिले की 18 नगरपालिकाओं के वार्डों की लॉटरी निकाली जाएगी। सभी निकायों के वार्डों की आरक्षण प्रक्रिया पूरी होने के बाद आरक्षित वार्डों की स्थिति स्पष्ट हो जाएगी। बाइट : डॉ. अरुण गर्ग, जिला कलेक्टर, झुंझुनूं
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हिमाचल में भाजपा भाजयुमो का राष्ट्रगीत के अपमान के विरोध में कैंडल मार्च

Paonta Sahib, Himachal Pradesh:राष्ट्रगीत के अपमान के विरोध में प्रदेश भर में भाजयुमो कैंडल मार्च करेगा. स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम के دوران कांग्रेस मुख्यालय पर राष्ट्रगीत के अपमान के विरोध में हिमाचल प्रदेश में भाजपा प्रदर्शन करेगी. समूचे प्रदेश में भाजयुमो आज शाम 6:00 बजे कैंडल मार्च कर विरोध दर्ज करेगी. भाजपा अध्यक्ष डॉ राजीव बिंदल ने कहा कि कैंडल मार्च के बाद आगामी रणनीति पर विचार किया जाएगा. राजीव बिंदल नाहन विधानसभा क्षेत्र के माजरा में सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कार्यक्रम में पहुंचे थे. उन्होंने कहा कि राष्ट्रगीत का अपमान सहन नहीं किया जाएगा. प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि इस मामले में सबसे पहले जन जागरण शुरू किया जा रहा है. आज शाम 6:00 बजे पूरे हिमाचल प्रदेश में भाजपा राष्ट्रगीत के अपमान के खिलाफ कैंडल मार्च करेगा. इसके बाद आगे की रणनीति तय की जाएगी. प्रदेश अध्यक्ष ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति राहुल गांधी और कांग्रेस नेताओं की अपमानजनक भाषा पर भी कड़ा विरोध जताया. उन्होंने कहा कि राष्ट्र पुरुष के खिलाफ इस तरह की भाषा का प्रयोग कभी सहन नहीं किया जाएगा.
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झुंझुनूं में रोजगार उत्सव और जल अर्पण: 775 युवाओं को नियुक्ति पत्र मिले

Jhunjhunu, Rajasthan:झुंझुनूं झुंझुनूं में रोजगार उत्सव एवं जल अर्पण कार्यक्रम आयोजित सूचना केंद्र सभागार में हुआ जिला स्तरीय कार्यक्रम राज्य स्तरीय कार्यक्रम का किया गया सीधा प्रसारण झुंझुनूं जिले में करीब 775 युवाओं को मिला नया रोजगार नवनियुक्त कार्मिकों को प्रदान किए गए नियुक्ति पत्र जल अर्पण कार्यक्रम के तहत गांवों में पहुंचा शत-प्रतिशत नल का जल झुंझुनूं जिला मुख्यालय स्थित सूचना केंद्र सभागार में रोजगार उत्सव एवं जल अर्पण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में राज्य स्तरीय कार्यक्रम का सीधा प्रसारण किया गया। जिला कलेक्टर डॉ. अरुण गर्ग ने कार्यक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि प्रदेशभर में रोजगार और पेयजल से जुड़ी महत्वपूर्ण योजनाओं का लोकार्पण एवं समर्पण किया गया। जिला कलेक्टर ने बताया कि झुंझुनूं जिले में करीब 775 युवाओं को नए रोजगार मिले हैं। कार्यक्रम के दौरान नव नियुक्त कार्मिकों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए गए। उन्होंने कहा कि नए राजकीय कार्मिकों के मिलने से जिले में सरकारी सेवाओं और प्रशासनिक व्यवस्था को और मजबूती मिलेगी तथा आमजन को बेहतर सेवाएं उपलब्ध करवाने में मदद मिलेगी। जल अर्पण कार्यक्रम के तहत जिले के गांवों में शत-प्रतिशत घरों तक नल से जल पहुंचाने की उपलब्धि का उल्लेख किया गया।कार्यक्रम से जिला मुख्यालय के साथ-साथ ब्लॉक एवं पंचायत स्तर से भी लोग जुड़े। इस दौरान बड़ी संख्या में मौजूद लोगों में उत्साह और उल्लास देखने को मिला।जिला कलेक्टर डॉ. अरुण गर्ग ने कहा कि सरकार की ओर से रोजगार, पेयजल और सुशासन को लेकर किए जा रहे प्रयासों से आमजन को सीधा लाभ मिलेगा। नए राजकीय कार्मिकों के माध्यम से प्रशासनिक व्यवस्था को और प्रभावी बनाकर लोगों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध करवाने का प्रयास किया जाएगा。
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मुंबई-गोवा राजमार्ग गड्ढों पर पेड़ लगाने से शिवसेना ठाकरे गुट ने सरकार को घेरा

Chendhare, Maharashtra:मुंबई-गोवा महामार्गावर पडलेल्या खड्ड्यांमध्ये चक्क वृक्षारोपण करत शिवसेना ठाकरे गटाने सरकारचा निषेध केला आहे. उपरोधिक पद्धतीने आंदोलन करत सरकारचे लक्ष वेधण्याचा प्रयत्न करण्यात आला. मुंबई-गोवा महामार्गासह सर्व्हिस रोडचीही मोठ्या प्रमाणात दुरवस्था झाली असून, ठिकठिकाणी जीवघेणे खड्डे पडले आहेत. या खड्ड्यांमुळे वाहनचालक आणि प्रवाशांना मोठ्या त्रासाला सामोरं जावं लागत आहे. महामार्गाच्या कामाची पाहणी करण्यासाठी बैठका घेतल्या जातांत, दौरे केले जातात, आश्वासनं दिली जातात; मात्र प्रत्यक्षात रस्त्यांची परिस्थिती जैसे थेच असल्याचा आरोप ठाकरे सेनेने केला आहे. यापुढेदेखील आंदोलनाचा सिलसिला कायम राहणार असल्‍याचं संपर्क प्रमुख संजय कदम यांनी सांगितलं.
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जमशेदपुर के परसुडीह में चोरों ने बंद घर से लाखों के आभूषण व नकद चुरा लिए

Jamshedpur, Jharkhand:जमशेदपुर परसुडीह थाना क्षेत्र के गदड़ा स्थित अंबेडकर नगर में चोरों ने एक बंद घर को निशाना बनाते हुए लाखों रुपये की चोरी की घटना को अंजाम दिया। चोर घर से करीब 65 हजार रुपये नकद और 7 से 8 लाख रुपये मूल्य के जेवरात लेकर फरार हो गए। जानकारी के अनुसार, परिवार के सदस्य करीब तीन घंटे के लिए बाजार गए थे। वापस लौटने पर उन्होंने देखा कि घर का ताला टूटा हुआ है और अंदर सामान बिखरा पड़ा है। घर की जांच करने पर नकदी और जेवरात गायब मिले। घटना की जानकारी तत्काल पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही परसुडीह पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने के साथ चोरों का पता लगाने में जुटी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि परसुडीह क्षेत्र में चोरी की घटनाएं लगातार चिंता का विषय बनी हुई हैं। इससे पहले भी इलाके में 20 से 30 लाख रुपये की चोरी की बड़ी घटना सामने आ चुकी है। ताजा घटना के बाद स्थानीय लोगों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
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अमेठी में भव्य तिरंगा यात्रा ने राष्ट्रभक्ति का जोश जगाया

Noida, Uttar Pradesh:राजेश कुमार अग्रहरि के आह्वान पर अमेठी में भव्य तिरंगा यात्रा ने जगाया राष्ट्रभक्ति का जोश, हजारों कदमों के साथ गूंजा ‘भारत माता की जय’ 14th August'26 ka karykram hai अमेठी में आयोजित भव्य तिरंगा यात्रा में जिला पंचायत अध्यक्ष राजेश कुमार अग्रहरि के आह्वान पर हजारों की संख्या में लोगों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। राजेश मसाला फैक्ट्री से शाम 5 बजे शुरू हुई इस यात्रा में युवाओं, महिलाओं, कार्यकर्ताओं और आम नागरिकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। हाथों में तिरंगा और दिल में देशभक्ति का जज्बा लिए हजारों लोग यात्रा में शामिल हुए। पूरे मार्ग पर ‘भारत माता की जय’, ‘वंदे मातरम्’ और ‘जय हिन्द’ के नारों से वातावरण गूंज उठा। लहराते तिरंगों और देशभक्ति के नारों ने अमेठी को राष्ट्रभक्ति के रंग में रंग दिया। तिरंगा यात्रा का उद्देश्य देश की एकता, अखंडता और स्वाभिमान का संदेश जन-जन तक पहुंचाना रहा। यात्रा में शामिल लोगों का उत्साह और जनसैलाब इस बात का प्रतीक रहा कि राष्ट्रप्रेम की भावना आज भी लोगों के दिलों में उतनी ही मजबूत है। इस अवसर पर काशी क्षेत्र के तिरंगा यात्रा संयोजक श्री नागेश्वर देव पाण्डेय जी, उत्तर प्रदेश सरकार की राज्यमंत्री श्रीमती प्रतिभा शुक्ला जी एवं भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष श्री शंकर गिरी जी सहित अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे। भव्य तिरंगा यात्रा के सफल आयोजन ने अमेठी में राष्ट्रभक्ति, एकता और सामाजिक सहभागिता की एक शानदार मिसाल पेश की। आयोजन को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी नागरिकों और कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त किया गया। वंदे मातरम्! | भारत माता की जय! | जय हिन्द!
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अमेठी में बिना ड्राइवर ट्रक चालू हालत में बाइकों को रौंदा; सीसीटीवी वायरल

Amethi, Uttar Pradesh:अमेठी - बिना ड्राइवर के चलती हुई ट्रक का वीडियो आया सामने। एक बाइक और बोलेरो को साइड मारने के बाद चलती हुई ट्रक को न्यूट्रल करके कूद कर भाग गया ड्राइवर。 इसके बाद बाजार में अपने आप चलती हुई ट्रक में कई बाइकों को रौंदा。 लोग बचने के लिए ट्रक से दूर भागते रहे。 बिना ड्राइवर के चलती हुई ट्रक को देखकर लोगों में मची अफरा तफरी。 चलती हुई ट्रक बाइक पर चढ़ते हुए सड़क के किनारे जाकर रुकी。 तब स्थानीय लोगों ने ली राहत की सांस。 अपने आप चलती हुई ट्रक का सीसीटीवी फुटेज सोशल मीडिया पर हो रहा है जमकर वायरल。 एक दिन पहले का बताया जा रहा है वीडियो。 जनपद मुख्यालय गौरीगंज स्थित पुलिस अधीक्षक कार्यालय के पास की है घटना。
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कांग्रेस का दलित वोट पक्का करने का दांव, यूपी में बसपा सावधान

Noida, Uttar Pradesh:दलित वोट पर कांग्रेस का दांव, बसपा हुई सावधान एंकर---उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनावों को देखते हुए इस वक़्त कांग्रेस लगातार दलित वोट बैंक पर नज़र बनाये हुए। आजादी के बाद से लंबे समय तक कांग्रेस का कोर वोटबैंक दलित समुदाय हुआ करता था, लेकिन अस्सी के दशक में बसपा के सियासी उदय के बाद से दलित समाज उत्तर प्रदेश में कांग्रेस से दूर होता चला गया।ऐसे में कांग्रेस अपने पुराने वोट बैंक को पाने के लिए यूपी मेंबसपा की तरफ रुख किया लेकिन जब बसपा से निराशा हाथ लगी तो अब कांग्रेस चंद्रशेखर की तरफ रुख कर रही है।इसको लेकर बसपा भी सावधान नज़र आ रही है वीओ---कांशीराम ने अपनी सियासी पारी का आगाज कांग्रेस के विरोध में शुरू किया और दलित समाज में राजनीतिक और सामाजिक चेतना ऐसी जगाई जगाई कि कांग्रेस हाशिए पर पहुंची।बसपा की क्या पहचान, 'नीला झंडा और हाथी निशान'… यह नारा दलित गांव में गूंजने लगा था. दलित समाज के बीच बसपा की यही पहचान थी और सियासी ताकत।दलित समुदाय बसपा का मुख्य वोटबैंक बन गया, जिसके सहारे मायावती चार बार यूपी की मुख्यमंत्री बनीं और कांग्रेस सियासी वनवास पर चली गई।ऐसे में अब कांग्रेस यूपी में दुबारा से इस वोट बैंक को पाने की कवायद में जुट गई है और इसके संकेत भी दिखाई पड़ने लगे है।कांग्रेस ने पहले बसपा से यूपी में हाथ मिलाने की कोशिश की लेकिन बसपा के इनकार के बाद अब कांग्रेस चंद्रशेखर की तरफ रुख कर गयी है ताकि दलित वोट फिर से कांग्रेस के पास आ सके।कांग्रेस ने एक बार फिर दलित समाज के विश्वास को हासिल करने के लिए कांशीराम को अपना सियासी हथियार बनाने का दांव चला है और मायावती की जगह चंद्रशेखर को चुना है बाईट-- पुनीत पाठक प्रवक्ता कांग्रेस ग्राफ़िक्स इन--- दलित मतदाता लगभग 21% से 22 % हैं और राज्य की 85 आरक्षित विधानसभा सीटें चुनाव में निर्णायक भूमिका निभाती हैं यूपी में कुल दलित आबादी में करीब 11% जाटव और करीब 10% से 11% अन्य गैर-जाटव (जैसे पासी, कोरी, धोबी, वाल्मीकि आदि) जातियां शामिल हैं। दलित आबादी राज्य की 140 से अधिक सामान्य सीटों के नतीजों को सीधे प्रभावित करती है कुल दलित आबादी में लगभग 11% आबादी जाटव समाज की है, जो परंपरागत रूप से बहुजन समाज पार्टी का कोर वोटर माना जाता है बुंदेलखंड (झांसी, जालौन, चित्रकूट) के जिलों में दलित आबादी 25% से अधिक है इसके अलावा पश्चिमी यूपी (बिजनौर, आगरा, सहारनपुर, बुलंदशहर) और पूर्वी यूपी (आजमगढ़, जौनपुर, चंदौली) में भी दलित वोटर्स का भारी दबदबा है ग्राफ़िक्स आउट--- वीओ--कांग्रेस को लगता है कि पार्टी अपने पुराने दलित वोट बैंक को फिर अपनी ओर खींच सकती है. कांग्रेस को लगता है कि दलित मतदाता अब किसी अन्य विकल्प की तलाश मे और अब इसी वजह से बसपा अपने कोर वोट बैंक को लेकर अलर्ट हो गयी है।मायावती दलित समाज को इस बात के लिए लगातार आगाह करती रहती हैं कि कांग्रेस से दूर रहें. मायावती जानती हैं कि अगर मुस्लिम वोटों की तरह दलित समुदाय भी कांग्रेस की तरफ गया तो उनका राजनीतिक ग्राफ फिर कभी उठ नही पायेगा वाक थ्रू
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