Back
स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26: नागरिक फीडबैक और थर्ड-पार्टी चेकिंग से शहरों की रैंकिंग बदलेगी
DGDeepak Goyal
Mar 30, 2026 10:32:34
Jaipur, Rajasthan
एंकर- स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 को लेकर काउंटडाउन शुरू हो चुका है और नगर निकायों के पास डेटा अपलोड करने के लिए बचे हैं सिर्फ छह दिन। केंद्र सरकार ने साफ कर दिया है कि 5 अप्रैल के बाद कोई डेडलाइन नहीं बढ़ेगी। इस बार सर्वे में बड़ा बदलाव किया गया है सिटीजन फीडबैक के अंक दोगुने कर दिए गए हैं, एयर क्वालिटी इंडेक्स को भी शामिल किया गया है, और 15 अप्रैल से थर्ड पार्टी एजेंसीज मैदान में उतरकर रियलिटी चेक करेंगी। इस बार स्वच्छ सर्वेक्षण का 10वां संस्करण आयोजित किया जा रहा है और थीम स्वच्छता की नई पहल, बढ़ाए हाथ, करें सफाई साथ रखी गई है। नए टूलकिट में शहरों को MIS, GMIS और सिटी प्रोफाइल से संबंधित डेटा पोर्टल पर अपलोड करना अनिवार्य किया गया है ताकि जमीनी हकीकत का सटीक आकलन हो सके। सर्वेक्षण के तहत इस बार 10 चैप्टर में 174 बिंदुओं पर मूल्यांकन किया जाएगा, जिनमें कचरा पृथक्करण, सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट, स्वच्छता सुविधाओं तक पहुंच, प्रयुक्त जल प्रबंधन, जनजागरूकता अभियान, स्वच्छता कर्मचारियों का कल्याण, शिकायत निवारण और नागरिक सहभागिता जैसे महत्वपूर्ण पहलू शामिल हैं। खास बात यह है कि इस बार सिटीजन फीडबैक का महत्व बढ़ाते हुए इसके अंक 500 से बढ़ाकर 1000 कर दिए गए हैं। बाइट-डॉ.गौरव सैनी, आयुक्त, नगर निगम जयपुर GMIS से निगरानी-डेटा अब मैन्युअली दिखाने के बजाय प्रोजेक्ट की स्थिति सीधे ट्रैक होगा। मायने- कागजों में प्रोग्रेस दिखाना इससे मुश्किल हो जाएगा। असली काम ही गिना जाएगा। पोर्टल पर नए फील्ड जोड़े गए- सर्वे में अब हर गतिविधि का ज्यादा डिटेल डेटा देना होगा। इससे सर्वे के टीम को फर्जी या अधूरी जानकारी पकड़ सकेगी। मायने-डेटा और ग्राउंड रियलिटी में अंतर तुरंत सामने आएगा ऐसे में सर्वे में गड़बड़ी नहीं हो सकेगी। थर्ड पार्टी फील्ड असेसमेंट सख्तः अलग-अलग लोकेशन पर स्पॉट वेरिफिकेशन होगा। मायने-सिर्फ क्लीन जोन दिखाकर रैंक नहीं बचेगी। सिटिजन फीडबैकः जनता की राय को ज्यादा वेटेज मायने-लोगों की संतुष्टि के आधार पर रैंक तय होगी। अब तक की रैकिंग का ग्राफ वर्ष-हैरिटेज-ग्रेटर 2021-32-36 2022-26-33 2023-171-173 2024-20वीं रैंक--16वीं रैंक। वीओ-2-स्वच्छ सर्वेक्षण की नई टूलकिट में एयर क्वालिटी इंडेक्स को भी शामिल किया गया है, वहीं पान के दाग (रेड स्पॉट) और खुले में शौच (येलो स्पॉट) जैसी समस्याओं पर रोक को अनिवार्य बनाया गया है। इसके अलावा पर्यटन और विरासत स्थलों की सफाई व्यवस्था, स्कूलों में स्वच्छता व्यवहार परिवर्तन कार्यक्रम और स्वच्छ जोड़ी जैसी नई पुरस्कार श्रेणियां भी जोड़ी गई हैं, जिसमें बड़े शहर छोटे शहरों को स्वच्छता में सहयोग करेंगे। स्वच्छ सर्वेक्षण के तहत 15 अप्रैल से थर्ड पार्टी एजेंसियां फील्ड में उतरेंगी, ये एजेंसियां शहर द्वारा पोर्टल पर अपलोड किए गए डेटा की जमीनी हकीकत जांचेंगी और विभिन्न क्षेत्रों में फील्ड असेसमेंट करेंगी। यदि किसी शहर या निकाय को तकनीकी समस्या आती है, तो वे सीधे अपने राज्य समन्वयक या मंत्रालय की ईमेल आईडी पर संपर्क कर सकते हैं। यहां मौजूद अधिकारी ट्र समस्या का समाधान करेंगे। बहरहाल, इस बार स्वच्छ सर्वेक्षण में केवल कागजी दावे नहीं, बल्कि जमीनी सच्चाई ही शहरों की असली रैंक तय करेगी। सिटीजन फीडबैक से लेकर थर्ड पार्टी रियलिटी चेक तक हर स्तर पर पारदर्शिता और जवाबदेही को मजबूत किया गया है। ऐसे में नगर निकायों के लिए यह आखिरी दौर बेहद अहम है, जहां हर छोटी-बड़ी तैयारी सीधे रैंकिंग पर असर डालेगी। दीपक गोयल जी मीडिया जयपुर
0
Report
हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|
Advertisement
0
Report
0
Report
0
Report
NSNeeraj Sharma
FollowMar 30, 2026 11:51:320
Report
NSNITIN SRIVASTAVA
FollowMar 30, 2026 11:50:180
Report
RJRahul Joshi
FollowMar 30, 2026 11:50:090
Report
ASAshok Singh Shekhawat
FollowMar 30, 2026 11:49:510
Report
KCKashiram Choudhary
FollowMar 30, 2026 11:49:310
Report
HDHARSH DWIVEDI
FollowMar 30, 2026 11:49:220
Report
AMATUL MISHRA
FollowMar 30, 2026 11:48:580
Report
SKSanjay Kumar Verma
FollowMar 30, 2026 11:48:390
Report
RJRahul Joshi
FollowMar 30, 2026 11:46:510
Report
RKRAJESH KUMAR
FollowMar 30, 2026 11:46:310
Report
NSNAVEEN SHARMA
FollowMar 30, 2026 11:46:150
Report
MGManoj Goswami
FollowMar 30, 2026 11:46:030
Report