Back
राजस्थान में दफ्तर चलेगा मोबाइल! व्हाट्सएप पर सब कुछ, बिना कतार
DGDeepak Goyal
Feb 08, 2026 08:04:13
Jaipur, Rajasthan
एंकर-अब सरकार दफ्तर नहीं, आपकी उंगलियों तक आ रही है.....यह सिर्फ एक मोबाइल ऐप का अपडेट नहीं है यह उस सिस्टम को बदलने की कोशिश है जो सालों से लाइन, काउंटर और दलालों पर टिका रहा है....सरकारी सेवा का मतलब अब फाइल नहीं, फीडबैक है....काउंटर नहीं, कनेक्टिविटी है....और सिफारिश नहीं, सिस्टम है....राज्य सरकार ने ई-मित्र को मोबाइल और व्हाट्सएप पर लाकर असल में प्रशासन और नागरिक के बीच का हर आदमी हटाने की तैयारी कर ली है। अब बिजली का बिल भरने, पानी का भुगतान करने या प्रमाण पत्र निकालने के लिए न तो ई-मित्र की लाइन में लगना पड़ेगा और न ही दफ्तरों के चक्कर काटने होंगे। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के डिजिटल गवर्नेंस विजन से डीओआईटी विभाग जल्द ही ई-मित्र की अधिकांश सेवाएं सीधे आपके मोबाइल और व्हाट्सएप पर लाने जा रहा हैं....हाल ही में ई-मित्र मोबाइल ऐप का नया अपग्रेडेड वर्जन लॉन्च किया है। इसमें अब वही काम हो सकेंगे जो पहले ई-मित्र कियोस्क पर जाकर कराए जाते थे। फर्क सिर्फ इतना है कि अब ये काम सोफे पर बैठे-बैठे मोबाइल से हो जाएंगे। नया ऐप ऐसा बनाया गया है कि जिसे स्मार्टफोन चलाना आता है, वह बिना किसी एजेंट के खुद ही बिजली-पानी के बिल भर सके, मोबाइल या डीटीएच रिचार्ज कर सके और जरूरी सरकारी सेवाओं के लिए सब्सक्राइब कर सके। सरकार अगले चरण में इसमें जन्म प्रमाण पत्र, मृत्यु प्रमाण प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण प्रमाण पत्र और जन आधार से जुड़ी सेवाओं सहित 100 से अधिक अतिरिक्त सेवाएं जोड़ने जा रही है। यानी बच्चे का जन्म प्रमाण पत्र हो या छात्रवृत्ति के लिए जाति प्रमाण पत्र सब कुछ एक ही ऐप से निकल सकेगा। वर्तमान में राज्य में ई-मित्र के जरिए पहले ही 600 से ज्यादा सेवाएं दी जा रही हैं। अब इन सेवाओं को मोबाइल ऐप और व्हाट्सएप से जोड़कर सरकार आम आदमी की परेशानी कम करना चाहती है। सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग के अधिकारियों के मुताबिक सबसे बड़ा बदलाव व्हाट्सएप से आने वाला है। सूचना प्रौद्योगिकी विभाग व्हाट्सएप बिजनेस अकाउंट (WABA) नंबर जारी करेगा। इस नंबर पर 'हाय' लिखते ही चैटबॉट एक्टिव हो जाएगा और आप उससे पूछ सकेंगे मेरा बिजली बिल कितना है, मेरा आवेदन कहां तक पहुंचा या मेरा जाति प्रमाण पत्र डाउनलोड कर दो। शुरुआत में बिजली-पानी के बिल का भुगतान और प्रमाण पत्र डाउनलोड की सुविधा व्हाट्सएप पर मिलेगी। इसके बाद धीरे-धीरे ई-मित्र की पूरी दुनिया व्हाट्सएप पर आ जाएगी......आवेदन से लेकर भुगतान तक सब कुछ चैट के जरिए। सरकार इसे 24 घंटे चलने वाली सेवा बना रही है। आगे चलकर इसमें बोलकर काम करने की सुविधा भी जोड़ी जाएगी। यानी मोबाइल पर टाइप करने की भी जरूरत नहीं होगी, सिर्फ बोलकर काम हो जाएगा....वो भी हिंदी, अंग्रेजी और राजस्थानी में........ इस बदलाव का सबसे बड़ा फायदा उन लोगों को मिलेगा जो गांवों या छोटे कस्बों में रहते हैं, जहां दफ्तर दूर होते हैं........बुजुर्ग, महिलाएं और मजदूर अब काम छोड़कर लाइन में नहीं खड़े होंगे.......मोबाइल से ही सरकारी काम हो जाएगा........ई-मित्र कियोस्क भी बंद नहीं होंगे, बल्कि वहां भी यही नई सुविधाएं मिलेंगी.........जिनके पास स्मार्टफोन नहीं है, वे वहां जाकर भी यही डिजिटल सेवाएं ले सकेंगे। सरकार का मकसद साफ है सरकारी काम बिना कागज, बिना दलाल और बिना लाइन के........अगर यह सिस्टम ठीक से चला, तो राजस्थान देश के उन राज्यों में होगा, जहां सरकारी दफ्तरों से ज्यादा काम व्हाट्सएप पर होता है। अगर यह सिस्टम ठीक से चला, तो राजस्थान देश के उन राज्यों में होगा, जहां सरकारी दफ्तरों से ज्यादा काम व्हाट्सएप पर होता है। अगर यह सिस्टम ठीक से चला, तो राजस्थान देश के उन राज्यों में होगा, जहां सरकारी दफ्तरों से ज्यादा काम व्हाट्सएप पर होता है। अगर यह सिस्टम ठीक से चला, तो राजस्थान देश के उन राज्यों में होगा, जहां सरकारी दफ्तरों से ज्यादा काम व्हाट्सएप पर होता है। अगर यह सिस्टम ठीक से चला, तो राजस्थान देश के उन राज्यों में होगा, जहां सरकारी दफ्तरों से ज्यादा काम व्हाट्सएप पर होता है। अगर यह सिस्टम ठीक से चला, तो राजस्थान देश के उन राज्यों में होगा, जहां सरकारी दफ्तरों से ज्यादा काम व्हाट्सएप पर होता है। अगर यह सिस्टम ठीक से चला, तो राजस्थान देश के उन राज्यों में होगा, जहां सरकारी दफ्तरों से ज्यादा काम व्हाट्सएप पर होता है। अगर यह सिस्टम ठीक से चला, तो राजस्थान देश के उन राज्यों में होगा, जहां सरकारी दफ्तरों से ज्यादा काम व्हाट्सएप पर होता है। अगर यह सिस्टम ठीक से चला, तो Rajasthan देश के उन राज्यों में होगा, जहां सरकारी दफ्तरों से ज्यादा काम व्हाट्सएप पर होता है। अगर यह सिस्टम ठीक से चला, तो राजस्थान देश के उन राज्यों में होगा, जहां सरकारी दफ्तरों से ज्यादा काम व्हाट्सएप पर होता है। अगर यह सिस्टम ठीक से चला, तो राजस्थान देश के उन राज्यों में होगा, जहां सरकारी दफ्तरों से ज्यादा काम व्हाट्सएप पर होता है।
0
Report
हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|
Advertisement
KCKumar Chandan
FollowFeb 08, 2026 09:46:510
Report
STSumit Tharan
FollowFeb 08, 2026 09:46:400
Report
RKRajesh Kumar Sharma
FollowFeb 08, 2026 09:46:180
Report
JPJai Prakash
FollowFeb 08, 2026 09:45:570
Report
MGMOHIT Gomat
FollowFeb 08, 2026 09:45:45Bulandshahr, Uttar Pradesh:जनपद पुलिस को मिली बड़ी सफलता।
माह जनवरी में खोए हुए 164 मोबाइल फोन किये बरामद।
बरामद फ़ोन की कीमत बताई जा रही है लगभग 45 लाख रुपए।
मोबाइल स्वामियों ने पुलिस का जताया आभार।
0
Report
SKSATISH KUMAR
FollowFeb 08, 2026 09:45:330
Report
ATAMIT TRIPATHI
FollowFeb 08, 2026 09:45:150
Report
1
Report
0
Report
MGMohd Gufran
FollowFeb 08, 2026 09:36:050
Report
KLKANHAIYA LAL SHARMA
FollowFeb 08, 2026 09:35:510
Report
BSBIRENDRA SINHA
FollowFeb 08, 2026 09:35:310
Report
DCDhruv Chaudhary
FollowFeb 08, 2026 09:35:170
Report
UMUJJWAL MISHRA
FollowFeb 08, 2026 09:35:090
Report
NMNitesh Mishra
FollowFeb 08, 2026 09:34:100
Report