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रेनवाल में नवजात शव मिलने से इलाके में हड़कंप मचा

Dudu, Rajasthan:रेनवाल (जयपुर) राजधानी जयपुर के रेनवाल शहर से इस वक्त की बड़ी खबर, सबसे पहले जी मीडिया पर एक्सक्लूसिव तस्वीरें, रेनवाल थाना क्षेत्र में 7 महीने के नवजात का शव मिलने से सनसनी फैल गई। स्थानीय ग्रामीणों ने शव देखकर तुरंत पुलिस को सूचना दी。 सूचना मिलते ही रेनवाल थाना पुलिस मौके पर पहुंची。 पुलिस ने नवजात के शव को अपने कब्जे में लिया。 शव को रेनवाल उप जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया。 घटना के बाद इलाके में लोगों की भीड़ जमा हो गई। नवजात को यहाँ किसने छोड़ा, यह अब तक रहस्य बना हुआ है। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ और जांच में जुटी है。 माता-पिता की पहचान और घटना के कारणों का पता लगाने का प्रयास जारी है。 पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है。 बाइट: नवनीत सिंह बकरियां चराने वाला।
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खंडार मोक्षधाम की बदहाली पर लोगों का आक्रोश, बारिश में अंतिम संस्कार बिना टीनशेड

मोक्षधाम की बदहाली पर फूटा लोगों का गुस्सा, बारिश में तिरपाल की ओट में हुआ अंतिम संस्कार; नगरपालिका की व्यवस्थाओं पर उठे सवाल। सवाई माधोपुर जिले में खण्डार नगरपालिका मुख्यालय की शर्मनाक और लापरवाही की तस्वीरें लोगों के सामने उजागर हुई है। शहर के खेड़ा खूंटी मोक्षधाम में मूलभूत सुविधाओं के अभाव के कारण अंतिम संस्कार जैसे संवेदनशील कार्य में भी शोक ग्रस्त परिवारों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मंगलवार को बारिश के दौरान तिरपाल की आड़ में अंतिम संस्कार करने का मार्मिक दृश्य सामने आया, जिसने नगरपालिका प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए। दरअसल खण्डार कस्बे के खेड़ा खूंटी मोक्षधाम की बदहाल स्थिति वर्षों से लोगों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है। नगरपालिका क्षेत्र में तीन मोक्षधाम होने के बावजूद इस श्मशान घाट पर न तो स्थायी टीन शेड है, न ही पेयजल, बैठने की समुचित व्यवस्था और न ही नियमित साफ-सफाई की सुविधा। चारों ओर फैली गंदगी और अव्यवस्थाओं के बीच स्थानीय लोगों ने जनसहयोग से एक चबूतरे पर टीन शेड बनवाया, लेकिन मुख्य दाह संस्कार स्थल आज भी खुले आसमान के नीचे है। मंगलवार को बारिश शुरू होने पर परिजनों को शव को तिरपाल से ढककर अंतिम संस्कार करना पड़ा। यह दृश्य कैमरे में कैद होने के बाद नगरपालिका की संवेदनहीनता पर सवाल उठने लगे। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मोक्षधाम में स्थायी टीन शेड, स्वच्छता, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था और अन्य आवश्यक सुविधाएं तत्काल उपलब्ध कराने की मांग की है, ताकि अंतिम विदाई के समय किसी परिवार को ऐसी पीड़ा और असुविधा का सामना न करना पड़े।
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दिल्ली के ईस्ट ऑफ कैलाश में भारी बारिश, पेड़ गिरा, दो कारें चपेट में

New Delhi, Delhi: राजधानी दिल्ली में आज मंगलवार दोपहर 12:00 बजे के बाद तेज हवाओं के साथ बारिश शुरू हो गई जहां इस बारिश की वजह से लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिला है तो वहीं अब बारिश के बाद पेड़ गिरने का भी मामला सामने आ गया है इस क्रम में दिल्ली के ईस्ट ऑफ कैलाश स्थित एक विशाल पेड़ से पेड़ की डाल बारिश के दौरान गिर गई जो कि दो गाड़ियों को चपेट में ले गईं. गनीमत रही कि इस हादसे में किसी की जान नहीं गई अन्यथा बड़ा हादसा हो सकता था. राजधानी दिल्ली में गर्मी से लोगों का बुरा हाल था लेकिन मंगलवार दोपहर 12:00 के बाद मौसम में बदलाव देखा गया जहां आसमान में काले बादल छाए थे, ठंडी तेज हवाओं की वजह से मौसम सुहाना हो गया और भीषण गर्मी से राहत मिली थी। इसी बीच झमाझम बारिश शुरू हो गई जिसके कारण उमस भरी गर्मी से राहत मिली. ईस्ट ऑफ कैलाश इलाके में एक विशाल पेड़ से पेड़ की डाल बारिश के दौरान गिर गई और सड़क किनारे खड़ी मर्सिडीज कार तथा सड़क के दूसरी तरफ एक अन्य कार चपेट में आ गईं. सड़क किनारे मर्सिडीज कार पार्क की गई थी और उसका मालिक बैंक में किसी काम से अंदर गए थे तभी हादसा हो गया. दूसरी तरफ सड़क से गुजर रही अन्य कार भी इसकी चपेट में आ गई, इसके बाद कार का ड्राइवर अपनी गाड़ी छोड़कर सुरक्षित स्थान पर निकल गया ताकि उसकी जान बच सके. स्थानीय निवासी करण अग्रवाल ने बताया कि बारिश के समय पेड़ का विशाल डाल नीचे गिर गया और इससे एक कार चपेट में आ गई जबकि दूसरी तरफ से गुजर रही कार भी प्रभावित हुई. हमने पेड़ की छटाई के लिए कई बार पीडब्ल्यूडी को शिकायत की थी लेकिन समय पर कार्रवाई नहीं हो सकी, जिसके कारण बारिश के दौरान यह हादसा हुआ. धर्मपाल सिंह, जो मर्सिडीज कंपनी से आए थे, ने बताया कि पेड़ गिरने से कार को नुकसान हुआ लेकिन भाग्य से अंदर चालक मौजूद नहीं था, अन्यथा बड़ा हादसा हो सकता था.
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NGT के समक्ष सरिस्का रिजर्व के पास रिसोर्ट निर्माण के मामले की जांच के लिए समिति गठित

Jaipur, Rajasthan:जयपुर-सरिस्का टाइगर रिजर्व के पास रिसोर्ट निर्माण का मामला एनजीटी तक पहुंचा है। पर्यावरण नियमों के उल्लंघन की जांच के लिए समिति का गठन किया गया है। NGT ने तथ्यात्मक जांच के लिए 4 सदस्यों की कमेटी गठित की। केंद्र और राज्य सरकार के साथ अन्य पक्षकारों को नोटिस दिया गया है। अलवर का सरिस्का टाइगर रिजर्व इन दिनों बिना सफारी के ही चर्चाओं में है। रिजर्व के निकट स्थित एक निजी रिसॉर्ट के निर्माण पर एनजीटी ने संज्ञान लिया है। रिसॉर्ट के निर्माण और संचालन में पर्यावरणीय नियमों के कथित उल्लंघन से संबंधित मामले में केंद्र, राज्य सरकार सहित संबंधित पक्षों को नोटिस जारी किया गया है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि प्रतापगढ़ तहसील के गांव ग्वाड़ा कुंदाल में स्थित अनंता स्पा एंड रिसॉर्ट,अजबगढ़ का निर्माण आवश्यक पर्यावरणीय स्वीकृतियों के बिना किया गया है। यह भी आरोप है कि रिसॉर्ट सरिस्का टाइगर रिजर्व की सीमा से लगभग एक किलोमीटर के भीतर स्थित है और इसमें 75 से अधिक कमरे, बैंक्वेट हॉल, स्विमिंग पूल एवं अन्य व्यावसायिक संरचनाएं विकसित की गई हैं। छह सप्ताह के भीतर जवाब मांगा गया है। याचिका में कहा गया है कि परियोजना के लिए पर्यावरणीय स्वीकृति राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण मंडल से स्थापना और संचालन की सहमति, राष्ट्रीय वन्यजीव बोर्ड से आवश्यक अनुमति, केंद्रीय भूजल प्राधिकार से भूजल दोहन के लिए अनापत्ति प्रमाण-पत्र प्राप्त नहीं किए गए। आरोप है कि रिसॉर्ट का कुछ निर्माण ऐसे खसरा नंबर पर किया गया है जो राजस्व अभिलेखों में गैर मुमकिन नाला के रूप में दर्ज है। मामले की सुनवाई के दौरान अधिकरण ने माना कि आवेदन में पर्यावरण से संबंधित सवाल उठाए गए हैं। इसके बाद अधिकरण ने सभी प्रतिवादियों को नोटिस जारी करते हुए छह सप्ताह के भीतर अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया। साथ ही, एनजीटी ने मामले की तथ्यात्मक जांच के लिए चार सदस्यीय संयुक्त समिति का गठन किया है, जिसमें प्रधान मुख्य वन संरक्षक, जिला कलेक्टर अलवर, राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण मंडल, केंद्रीय भूजल बोर्ड के प्रतिनिधियों को शामिल किया गया है। समिति को स्थल निरीक्षण कर छह सप्ताह के भीतर तथ्यात्मक कार्रवाई संबंधी रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए। राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण मंडल को इस समिति का नोडल एजेंसी बनाया गया है। मामले की अगली सुनवाई 7 सितंबर को होगी। नोट-एनजीटी का आदेश 2 सी में अटैच है।
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NGT ने सरिस्का के पास रिसॉर्ट निर्माण मामले की जांच शुरू की

Jaipur, Rajasthan:सरिस्का टाइगर रिजर्व के पास रिसॉर्ट निर्माण का मामला एनजीटी तक पहुंचा है. पर्यावरण नियमों के उल्लंघन की जांच के लिए समिति का गठन किया गया है. एनजीटी ने तथ्यात्मक जांच के लिए 4 सदस्यों की कमेटी गठित की. केंद्र और राज्य सरकार के साथ अन्य पक्षकारों को नोटिस दिया गया है. केंद्र और राज्य सरकार को नोटिस- अलवर का सरिस्का टाइगर रिजर्व इन दिनों बिना सफारी के ही चर्चाओं में है. टाइगर रिजर्व के निकट स्थित एक निजी रिसॉर्ट के निर्माण पर एनजीटी ने संज्ञान लिया है. रिसॉर्ट के निर्माण और संचालन में पर्यावरणीय नियमों के कथित उल्लंघन से संबंधित मामले में केंद्र, राज्य सरकार सहित संबंधित पक्षों को नोटिस जारी किया गया है. याचिका में आरोप लगाया गया है कि अलवर जिले की प्रतापगढ़ तहसील के गांव ग्वाड़ा कुंदाल में स्थित अनंता स्पा एंड रिसॉर्ट, आभगढ़ का निर्माण आवश्यक पर्यावरणीय स्वीकृतियों के बिना किया गया है. यह भी आरोप है कि रिसॉर्ट सरिस्का टाइगर रिजर्व की सीमा से लगभग एक किलोमीटर के भीतर स्थित है और इसमें 75 से अधिक कमरे, बैंक्वेट हॉल, स्विमिंग पूल, अन्य व्यावसायिक संरचनाएं विकसित की गई हैं. 6 सप्ताह के भीतर जवाब मांगा- याचिका में कहा गया है कि परियोजना के लिए पर्यावरणीय स्वीकृति राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण मंडल से स्थापना और संचालन की सहमति, राष्ट्रीय वन्यजीव बोर्ड से आवश्यक अनुमति, केंद्रीय भूजल प्राधिकरण से भूजल दोहन के लिए अनापत्ति प्रमाण-पत्र प्राप्त नहीं किए गए. आरोप है कि रिसॉर्ट का कुछ निर्माण ऐसे खसरा नंबर पर किया गया है, जो राजस्व अभिलेखों में 'गैर मुमकिन नाला' के रूप में दर्ज है. मामले की सुनवाई के दौरान अधिकरण ने माना कि आवेदन में पर्यावरण से संबंधित सवाल उठाए गए हैं. इसके बाद अधिकरण ने सभी प्रतिवादियों को नोटिस जारी करते हुए छह सप्ताह के भीतर अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया. चार सदस्यों की कमेटी गठित- साथ ही, एनजीटी ने मामले की तथ्यात्मक जांच के लिए चार सदस्यीय संयुक्त समिति का गठन किया है, जिसमें प्रधान मुख्य वन संरक्षक, जिला कलेक्टर अलवर, राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण मंडल, केंद्रीय भूजल बोर्ड के प्रतिनिधियों को शामिल किया गया है. समिति को स्थल निरीक्षण कर छह सप्ताह के भीतर तथ्यात्मक कार्रवाई संबंधी रिपोर्ट देने के निर्देश दिए. राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण मंडल को इस समिति का नोडल एजेंसी बनाया गया है. मामले की अगली सुनवाई 7 सितंबर को होगी.
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अंबाला DISHA बैठक में विभागों की लापरवाही पर हंगामा, सांसदों ने नाराजगी जताई

Ambala, Haryana:एंकर :- अंबाला में प्रशासनिक सुस्ती और अधिकारियों की घोर लापरवाही का मामला सामने आया है। जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति यानी DISHA की बैठक में उस समय हंगामा हो गया, जब सरकारी विभागों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हुए। बैठक में 83 एजेंडों पर चर्चा की जानी थी, लेकिन अधिकारियों की गैर-मौजूदगी और अधूरी तैयारी ने बैठक के मकसद पर ही सवालिया निशान लगा दिए। स्थिति तब और बिगड़ गई जब विकास कार्यों में हो रही देरी और अधिकारियों के रवैये से नाराज होकर राज्यसभा संसद كار्तिकेय शर्मा बीच बैठक से ही उठकर चले गए। VO :- अंबाला में सरकारी विभागों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (DISHA) की एक अहम बैठक में सरकारी विभागों के 83 एजेंडों पर चर्चा की जानी थी, लेकिन अधिकारियों की लापरवाही ने इस बैठक के उद्देश्य को ही बेअसर कर दिया। बैठक की अध्यक्षता अंबाला के लोकसभा सांसद वरुण चौधरी और राज्यसभा सांसद कार्तिकेय शर्मा कर रहे थे। चर्चा के दौरान यह सामने आया कि कई विभागों के अधिकारी या तो बैठक में पहुंचे ही नहीं या फिर वे बेहद अधूरी जानकारी लेकर आए थे। सांसद वरुण चौधरी ने नाराजगी जताते हुए कहा कि सरकारी योजनाओं के लिए करोड़ों का बजट आवंटित होने के बावजूद जमीनी स्तर पर काम नहीं दिख रहा है। उन्होंने कहा कि 30 करोड़ रुपये सालाना खर्च करने के बावजूद, अंबाला में जलभराव की समस्या बरकरार है और सफाई व्यवस्था बदहाल है। उन्होंने स्पष्ट किया कि आगे से किसी भी फील्ड विजिट की जानकारी पहले डीसी ऑफिस में दी जाएगी और सुनिश्चित किया जाएगा कि संबंधित अधिकारी वहां मौजूद रहें ताकि कार्यों की हकीकत सामने आ सके। बाइट :- वरुण चौधरी - सांसद अंबाला। VO :- अंबाला में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (DISHA) की बैठक में उस समय स्थिति तनावपूर्ण हो गई जब एमपी लैंड फंड से जुड़े कार्यों के पूरे न होने और अधिकारियों की सुस्त कार्यप्रणाली पर सांसदों ने कड़ी नाराजगी जताई। बैठक की अध्यक्षता कर रहे राज्यसभा सांसद कार्तिकेय शर्मा ने कार्यों में देरी पर अपना विरोध दर्ज कराते हुए बैठक छोड़ दी। इस घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए अंबाला के लोकसभा सांसद वरुण चौधरी ने कहा कि प्रावधानों के अनुसार कार्यों को तय समय सीमा में पूरा होना चाहिए, लेकिन यहां हालात यह हैं कि एक साल में कई जगह एस्टिमेट तक नहीं बन पाए हैं। उन्होंने कहा कि बैठक में अधिकारियों के साथ इस मुद्दे को मजबूती से उठाया गया है। वरुण चौधरी ने स्पष्ट किया कि बैठक में अधिकारियों का रवैया लापरवाही भरा रहा, जिससे विकास कार्यों की गति प्रभावित हो रही है। उन्होंने जोर दिया कि जनता की समस्याओं के समाधान और पारदर्शिता के लिए हर विभाग को अपने काम में जवाबदेही सुनिश्चित करनी होगी। बाइट :- वरुण चौधरी - सांसद अंबाला。
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चरखी दादरी में IGपी ने कहा अपराधियों को माफी नहीं, जवाबी कार्रवाई जारी

Charkhi, Haryana:चरखी दादरी में पहुंचे आईजीपी सिमरदीप सिंह हरियाणा में पुलिस द्वारा किया जा रहे एनकाउंटर को लेकर बोले पुलिस पर हमला करने वाले अपराधियों को माफी नहीं जवाबी कार्रवाई पुलिस करती है आईजीपी बोले हरियाणा में दो-तीन साल से क्राइम बढ़ा है लेकिन इसके साथ-साथ हरियाणा पुलिस ने कदम उठाए हैं जिससे क्राइम कम भी हुआ है विदेशी नंबरों से रंगदारी मांगने को लेकर बोले आईजीपी सिमरदीप सिंह मामले ज्यादा बढ़े हैं लेकिन पुलिस लगातार प्रयास कर रही है और यह बहुत कम भी हुए हैं आईजीपी सिमरदीप सिंह बोले चरखी दादरी के थानों का क्या है निरीक्षण रखरखाव और SHO डीएसपी को दिए हैं विशेष निर्देश
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बीसलपुर मे हुई जनसता दल की अहम बैठक रोहित गंगबार बने जिला अध्यक्ष नितिन वर्मा बने युवा जिला अध्यक्ष

NTNitin TrivediFollow15m ago
Kanpari, Uttar Pradesh:पीलीभीत में जनसत्ता दल लोकतांत्रिक की युवा एवं किसान प्रकोष्ठ की समीक्षा बैठक संपन्न, संगठन विस्तार पर हुआ मंथन पीलीभीत। जनसत्ता दल लोकतांत्रिक के राष्ट्रीय अध्यक्ष के निर्देशानुसार जनपद पीलीभीत में युवा प्रकोष्ठ एवं किसान प्रकोष्ठ की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक सर्किट हाउस/पी.डब्ल्यू.डी. गेस्ट हाउस में सफलतापूर्वक आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य संगठन को और अधिक मजबूत बनाना, आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार करना, जनसंपर्क अभियान को प्रभावी बनाना तथा बूथ स्तर तक पार्टी की पहुंच सुनिश्चित करना रहा। बैठक में संगठनात्मक गतिविधियों की विस्तार से समीक्षा की गई। पदाधिकारियों ने कार्यकर्ताओं से क्षेत्र में सक्रिय रहकर आम जनता की समस्याओं को सुनने और उन्हें पार्टी के माध्यम से संबंधित अधिकारियों तक पहुंचाने का आह्वान किया। साथ ही आगामी राजनीतिक एवं संगठनात्मक कार्यक्रमों को सफल बनाने के लिए सभी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारियां सौंपने पर भी चर्चा हुई। इस अवसर पर प्रदेश अध्यक्ष युवा प्रकोष्ठ बलबीर सिंह "शिवाजी", प्रदेश अध्यक्ष किसान प्रकोष्ठ बलबीर सिंह चौहान, जनसत्ता दल लोकतांत्रिक के जिला अध्यक्ष पीलीभीत रोहित कुमार गंगवार, युवा जिला अध्यक्ष पीलीभीत नितिन वर्मा और प्रधान संगठन के अध्यक्ष सचिन गंगवार भी शामिल हुए सहित बड़ी संख्या में युवा कार्यकर्ता एवं पार्टी पदाधिकारी उपस्थित रहे। सभी ने संगठन को मजबूत करने और गांव-गांव तक पार्टी की नीतियों एवं विचारधारा को पहुंचाने का संकल्प लिया। बैठक में वक्ताओं ने कहा कि संगठन की वास्तविक शक्ति उसके समर्पित कार्यकर्ता होते हैं। यदि प्रत्येक कार्यकर्ता पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ जनता के बीच कार्य करेगा तो पार्टी निश्चित रूप से और अधिक सशक्त होगी। बैठक का समापन संगठन की एकजुटता, अनुशासन और आगामी कार्यक्रमों को सफल बनाने के संकल्प के साथ हुआ। कार्यकर्ताओं में विशेष उत्साह देखने को मिला और सभी ने एक स्वर में कहा कि "संगठन ही शक्ति है, कार्यकर्ता ही पार्टी की पहचान है।"
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राम मंदिर चंदे गड़बड़ी पर ब्रजेश पाठक का कड़ा बयान, SIT-जाँच जारी

Noida, Uttar Pradesh:लखनऊ: राम मंदिर चंदे में गड़बड़ी के मामले पर उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा, "पूरे मामले की SIT और पुलिस जांच चल रही है। दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा और सरकार सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। ट्रस्ट ने अपनी तरफ से बड़ी कार्रवाई की है... समाजवादी पार्टी, कांग्रेस या विपक्षी दलों द्वारा उठाए गए सवालों पर हमारा जवाब है: क्या उन मुस्लिम संस्थानों से कभी कांग्रेस या समाजवादी पार्टी ने चंदे या गड़बड़ी को लेकर सवाल किए हैं?... कई मदरसों की हालत ऐसी है कि वे गड़बड़ी के केंद्र बन गए हैं, लेकिन वे इस पर कुछ नहीं करेंगे क्योंकि वे तुष्टिकरण की राजनीति में लगे हुए हैं...
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NH-32 पर भीषण हादसा: शादी से लौटते तीन युवकों की मौत

Bokaro Steel City, Jharkhand:बोकारो में NH-32 पर बीती देर रात भीषण सड़क हादसा। शादी से घर लौट रहे 3 युवकों की अज्ञात वाहन की चपेट में आने से मौत, अज्ञात वाहन ने मारी टक्कर, परिजनों में कोहराम। बोकारो के पिंडरा जोड़ा थाना क्षेत्र की है घटना。 बताते चले कि बोकारो के पिंड्राजोरा थाना क्षेत्र में बीती रात्रि रात करीब 1:30 बजे NH-32 पर हुए भीषण सड़क हादसे में 3 युवकों की मौत हो गई। मृतक बोराडीह गांव में शादी समारोह से घर लौट रहे थे। पिंड्राजोरा थाना प्रभारी रवि कुमार ने बताया कि बेडानी मोड़ के पास किसी अज्ञात वाहन ने मोटर साइकिल को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि तीनों की मौत घटनास्थल पर ही हो गई。 मृतकों की पहचान भंड्रो गांव निवासी 18 वर्षीय आर्यन महतो पिता हीरालाल महतो, 19 वर्षीय अमर कुमार महतो पिता अमृत महतो और संथालाडीह निवासी 20 वर्षीय सुमित गोरांई पिता दुलाल महतो के रूप में हुई है। सुमित भवानीपुर साइड सांगजोरी का रहने वाला था。 थाना प्रभारी ने बताया कि शव को देर रात अनुमंडल अस्पताल में रखवाया गया। सुबह पहचान के बाद पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया गया। जानकारी के अनुसार तीनों युवक सोमवार रात 8 बजे बोराडीह में शादी समारोह में शामिल होने गए थे। वापस लौटते समय ये हादसा हुआ。 इस घटना में आर्यन महतो अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। तीनों की मौत से गांव में मातम पसर गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है。 पुलिस अज्ञात वाहन की तलाश में जुटी है। NH-32 पर लगे CCTV खंगाले जा रहे हैं।
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मानसून से पहले जलमग्न सड़कों पर ग्रामीणों का प्रदर्शन

Dehradun, Uttarakhand:रिपोर्ट : मोंo मुजम्मिल ( विकासनगर ) स्लग : मानसून से पहले ही सड़के पानी से लबालब...! मानसून की दस्तक से पहले ही हल्की सी बारिश में सड़के पानी से लबालब दिखाई दे रही है। तस्वीरे विकासनगर के धर्मावाला चौक की हैं, जहां प्रतीतपुर जाने वाले रास्ते पर लंबे समय से सड़क बदहाल है... रोजाना यहां से गुजरने वाले राहगीर अपनी जान को जोखिम में डालकर इस रास्ते को पार करने को मजबूर हैं... यहाँ सबसे ज्यादा परेशानी स्कूली बच्चों को हो रही है... बारिश होते ही इस सड़क ये बड़े गड्ढे तालाब में तब्दील हो जाते हैं और स्कूली बच्चे इसी बदहाल रास्ते से गुजरने को मजबूर हैं... ग्रामीण इस सड़क को बनवाने के लिए कई बार जिम्मेदार लोक निर्माण विभाग और स्थानीय प्रतिनिधियों से गुहार लगा चुके हैं... यही नहीं स्थानीय लोगों ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी इस मामले की शिकायत की है... लेकिन सहसपुर और विकासनगर दो विधानसभाओं से जुड़ी तकरीबन 1 किलोमीटर की ये बदहाल सड़क जिम्मेदार महकमों की कार्यशाली पर सवालिया निशान खड़ा कर रही है... अब ग्रामीण अपनी सड़क की मांग को लेकर प्रदर्शन करते नजर आ रहे हैं…
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