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यूथ कांग्रेस का 40 दिन का राष्ट्रव्यापी कैंपेन: एग्जाम पेपर लीक के खिलाफ जोर

Srinagar, Uttarakhand:PC: Uday Bhanu Chib is the National President of the Indian Youth Congress (IYC). यूथ कांग्रेस ने स्टूडेंट्स की दिक्कतों, खासकर एग्जाम पेपर लीक और रिक्रूटमेंट और एंट्रेंस एग्जाम में गड़बड़ियों को सामने लाने के लिए छात्रों की गूंज" नाम से 40 दिन का देशव्यापी कैंपेन शुरू करने की घोषणा की है। श्रीनगर में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए, यूथ कांग्रेस के नेशनल प्रेसिडेंट उदय भानु चिब ने कहा कि यह कैंपेन देश भर के 28 शहरों में जाएगा और हाल ही में हुए NEET एग्जाम विवाद सहित अलग-अलग एग्जाम में कथित पेपर लीक के बारे में जागरूकता बढ़ाने पर फोकस करेगा। उन्होंने कहा कि यूथ कांग्रेस के लीडर और वॉलंटियर कैंपेन के दौरान स्टूडेंट्स, कोचिंग सेंटर और स्टूडेंट ऑर्गनाइज़ेशन से बातचीत करेंगे ताकि उनकी चिंताओं को समझा सके और फेयर और ट्रांसपेरेंट एग्जाम के लिए सपोर्ट जुटाया जा सके। चिब ने आरोप लगाया कि पेपर लीक की बार-बार होने वाली घटनाओं के कारण देश में एग्जाम सिस्टम से कॉम्प्रोमाइज़ किया गया है। उन्होंने यूनियन एजुकेशन मिनिस्ट्री से अकाउंटेबिलिटी की मांग की और इस मुद्दे पर यूनियन एजुकेशन मिनिस्टर के खिलाफ एक्शन लेने की मांग की, और उनका इस्तीफा मांगा। उन्होंने आगे कहा कि 30 जून से, यूथ कांग्रेस के वर्कर कैंपेन और इसके मकसद के बारे में जागरूकता फैलाने के लिए अलग-अलग शहरों में स्टूडेंट्स के बीच पैम्फलेट बांटेंगे। इस बीच, प्रोग्राम में शामिल हुए कई NEET कैंडिडेट्स ने भी हाल ही में पेपर लीक के आरोपों पर चिंता जताई। उन्होंने ज़ोर दिया कि सभी के लिए बराबर मौके पक्का करने के लिए परीक्षाएं फेयर और ट्रांसपेरेंट तरीके से होनी चाहिए।
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सुरनकोट में मोहर्रम ताजिया मातमी जुलूस ने करबला के शहीदों को श्रद्धांजलि दी

Chikri Ban, सीमावर्ती तहसील सुरनकोट में शिया समुदाय द्वारा मोहर्रम के अवसर पर पारंपरिक ताजिया मातमी जुलूस निकाला गया। जुलूस में हजारों की संख्या में लोगों ने भाग लेकर करबला के शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की और इमाम हुसैन की कुर्बानी को याद किया। सुरनकोट तहसील मुख्यालय में शिया समुदाय द्वारा हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी मोहर्रम के अवसर पर भव्य ताजिया मातमी जुलूस निकाला गया। यह जुलूस करबला के मैदान में इमाम हुसैन और उनके साथ शहीद हुए 72 साथियों की याद में आयोजित किया गया। जुलूस इमाम बारगाह सुरनकोट से कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच शुरू हुआ, जिसमें बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों सहित हजारों श्रद्धालुओं ने हिस्सा लिया। मातमी जुलूस कस्बे के विभिन्न बाजारों और मार्गों से होता हुआ हाड़ी मोहल्ला पहुंचा तथा वहां से वापस इमाम बारगाह में आकर संपन्न हुआ। जुलूस के दौरान श्रद्धालुओं ने मातम कर करबला के शहीदों को याद किया और उनकी कुर्बानियों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर आयोजित मजलिस में शिया उलेमाओं और वक्ताओं ने करबला की घटना पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इमाम हुसैन की शहादत सत्य, न्याय और इंसानियत की रक्षा के लिए दी गई एक महान कुर्बानी है। उन्होंने कहा कि करबला का संदेश आज भी पूरी दुनिया को अन्याय और अत्याचार के खिलाफ डटकर खड़े रहने की प्रेरणा देता है। इमाम हुसैन और उनके साथियों की शहादत को याद करते हुए श्रद्धालुओं की आंखें नम हो गईं और पूरे क्षेत्र में गम व अकीदत का माहौल देखने को मिला।
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यमुनानगर के रादौर में प्रशासनिक कार्रवाई के बाद विमुक्त घुमंतू बोर्ड चेयरमैन का दौरा

Yamuna Nagar, Haryana:एंकर : यमुनानगर के रादौर के छोटाबांस क्षेत्र में हाल ही में हुई प्रशासनिक कार्रवाई के बाद हालात का जायजा लेने हरियाणा विमुक्त घुमंतू जाति विकास बोर्ड के चेयरमैन जसमेर सिंह डेहा बस्ती पहुंचे। इस दौरान उन्होंने स्थानीय निवासियों, गणमान्य लोगों, नगरपालिका चेयरमैन और पार्षदों के साथ बैठक कर क्षेत्र की स्थिति पर चर्चा की। बैठक के बाद उन्होंने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कई अहम बातें कही। वीओ: हरियाणा विमुक्त घुमंतू जाति विकास बोर्ड के चेयरमैन जसमेर सिंह ने कहा कि उनका दौरा किसी औपचारिक बैठक का हिस्सा नहीं था, बल्कि प्रशासनिक कार्रवाई के बाद जमीनी हालात को समझने और प्रभावित लोगों की समस्याएं जानने के उद्देश्य से किया गया था। उन्होंने बताया कि बोर्ड प्रदेश की विमुक्त, घुमंतू और अर्ध-घुमन्तू जातियों के उत्थान के लिए लगातार कार्य कर रहा है। सरकार की योजनाओं के तहत इन समुदायों का डाटा एकत्रित कर उन्हें मुख्यधारा से जोड़ने और पुनर्वास की दिशा में प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि नशा पूरे समाज और देश के लिए सबसे बड़ा खतरा है। नशे के कारोबार या उससे जुड़े लोगों के खिलाफ प्रशासन द्वारा की जा रही कार्रवाई जारी रहेगी और इसमें आम जनता का सहयोग बेहद जरूरी है। जसमेर सिंह ने बताया कि बैठक के दौरान दोनों पक्षों, स्थानीय आढ़तियों, शिक्षकों और जनप्रतिनिधियों ने शांतिपूर्ण और सभ्य तरीके से अपनी बात रखी। बैठक में सामने आए सभी सुझावों और तथ्यों की रिपोर्ट सरकार और प्रशासन को भेजी जाएगी। बाइट: जसमेर सिंह, चेयरमैन, हरियाणा विमुक्त घुमंतू जाति विकास बोर्ड Last वीओ : स्थानीय निवासियों ने संतोष जताते हुए कहा कि स्थानीय लोगों ने अपनी गलती स्वीकार की है और भविष्य में अपराधियों तथा नशा तस्करों की जानकारी छिपाने के बजाय पुलिस और प्रशासन का पूरा सहयोग करने का भरोसा दिलाया है.
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चानौत जल विवाद: मुख्यमंत्री से मुलाकात के बाद टी-कनेक्शन पर चर्चा

Hansi, Haryana:हांसी चानौत जल विवाद ग्रामीणों की मुख्यमंत्री से मुलाकात अलग पाइपलाइन से पानी देने का आश्वासन, टी से मना किया हांसी के चानौत गांव के प्रतिनिधिमंडल की हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी से मुलाकात हुई। ग्रामीणों के मुताबिक मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि गांव को पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराया जाएगा और इसके लिए अलग पाइपलाइन की व्यवस्था की जाएगी। टी से पानी नहीं दिया जा जा सकता है。 हालांकि, ग्रामीणों का कहना है कि वे इस मुद्दे पर आसपास के गांवों के साथ बैठक करेंगे और आगे की रणनीति तय करेंगे। ग्रामीणों की अब तक की प्रमुख मांग रही है कि उन्हें भाखड़ा पाइपलाइन पर लगाए गए टी-कनेक्शन से ही पानी दिया जाए。 चानौत में भाखड़ा जल आपूर्ति को लेकर पिछले कई दिनों से विवाद और आंदोलन जारी है। प्रशासन जहां अलग लाइन के माध्यम से पानी उपलब्ध कराने की बात कर रहा है, वहीं आंदोलनकारी ग्रामीण टी-कनेक्शन बहाल करने की मांग पर अड़े हुए हैं। अब मुख्यमंत्री से हुई वार्ता के बाद ग्रामीणों की अगली बैठक और निर्णय पर सभी की नजरें टिकी हैं。 ग्रामीणों के अनुसार, मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया कि चानौत गांव को पेयजल की कोई कमी नहीं रहने दी जाएगी तथा गांव के विकास कार्यों को भी प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने कहा कि गांव में जल्द विकास संबंधी कार्य शुरू करवाए जाएंगे। ग्रामीणों ने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री ने निकट भविष्य में चानौत गांव का दौरा करने की बात कही है, ताकि गांव की समस्याओं और विकास कार्यों का स्वयं जायजा लिया जा सके। हालांकि जल आपूर्ति के मुद्दे पर ग्रामीणों की मांग अब भी टी-कनेक्शन से पानी लेने की रही है। मुख्यमंत्री से मुलाकात के बाद ग्रामीणों ने कहा कि वे गांव और आसपास के क्षेत्रों में बैठक कर आगे की रणनीति तय करेंगे।
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पटना: श्वेता गुप्ता ने आंगनबाड़ी केंद्रों की सक्रियता पर कड़ी कार्रवाई का संकेत दिया

Patna, Bihar:लोकेशन— पटना जनसुनवाई कार्यक्रम में पहुंची समाज कल्याण की मंत्री श्वेता गुप्ता ने कहा कि हमारे पास हमारे विभाग से जुड़े हुए समस्याओं को लेकर लोग पहुंचते हैं जिसमें हम यह देखते हैं कि जो आंगनबाड़ी से जुड़ी हुई बच्चों के पोषण के लिए जो सामग्री मिलनी है राशन की जो सामान मिलने हैं वह उन तक मुहैया हो पा रहे हैं या नहीं। मुझे इस बात की जानकारी मिली है कि आंगनबाड़ी में उपस्थिति बहुत कम होती है हम इस पर अब ध्यान देने का काम कर रहे हैं कि जो भी आंगनबाड़ी केंद्र है वह सक्रिय है या नहीं और अगर वहां पर जो अनुपस्थित पाए जाएंगे उन पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी। राबड़ी देवी के आवास खाली करने को लेकर एक बार फिर से भवन निर्माण विभाग की तरफ से नोटिस भेजा गया है जिसको लेकर मंत्री श्वेता गुप्ता ने कहा कि सरकार की जो नियम है वह सभी के लिए बराबर है। उन्हें जल्द से जल्द की आवाज खाली कर देना चाहिए और जो उनको आवंटित किया गया है उसमें स्विफ्ट हो जाए। भरत तिवारी एनकाउंटर मामले को लेकर मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी जीरो टॉलरेंस की नीति पर कार्य कर रहे हैं जो भी इसमें तुलसी पाए जाएंगे उन पर निश्चित रूप से कार्रवाई की जाएगी।
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गोंडा जिले के घाघरा नदी किनारे मजदूर पर मगरमच्छ हमला, अस्पताल में भर्ती

Gonda, Uttar Pradesh:एंकर- खबर गोंडा से है। जहां गोंडा में इन दोनों बाढ़ से बचाव को लेकर के भिखारीपुर सकरौर तटबंध के किनारे बाढ़ खंड विभाग के माध्यम से मजदूरों द्वारा कार्य किया जा रहा है। तो वहीं दूसरी तरफ घाघरा नदी में कई मगरमच्छ भी आ गए हैं सोनौली मोहम्मदपुर गांव के पास भिखारीपुर सकरौर बंधे पर नीचे बोल्डर लगाने का कार्य कर रहे भानु उर्फ भोलू नाम के एक मजदूर पर घाघरा नदी से निकलकर के मगरमच्छ ने हमला कर दिया। इस पूरे हमले का लाइव वीडियो भी सामने आया है जहां बंधे पर कार्य कर रहे मजदूर को जबड़े में दबोच करके मगरमच्छ उसके पैर को नदी में खींचने का प्रयास कर रहा है। इस पूरी घटना के दौरान मजदूर का एक साथी उसे बचाने में लगा हुआ है उसके हाथ को पकड़ करके खींच रहा लेकिन फिर भी मगरमच्छ उसे अपनी तरफ खींचने का प्रयास कर रहा है। मजदूर के चिल्लाने की आवाज सुनकर सारे मजदूर मौके पर इकट्ठा हो गए इसी दौरान एक मजदूर ने हथौड़े से मगरमच्छ के मुंह पर वार किया। हथौड़े से चोट खाकर के मगरमच्छ मजदूर का पैर छोड़कर के नदी में चला गया मगरमच्छ के हमले में मजदूर के एक पैर का कुछ हिस्सा मगरमच्छ ने खा लिया है। मगरमच्छ के हमले से मजदूर का पर पूरी तरीके से जख्मी हो गया जिसे तत्काल ले जाकर के गोंडा मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। इस पूरी घटना के बाद भिखारीपुर सकरौर और तटबंध पर काम कर रहे मजदूरों में हड़कंप बचा हुआ है और मजदूर अब तटबंध के एकदम किनारे नदी के पास जाकर के काम करने से डर रहे हैं। यह पूरी घटना कल बुधवार देर शाम की बताई जा रही है जिसका वीडियो आज सामने आया है।
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रामबन में अमरनाथ यात्रा सुरक्षा: मॉक ड्रिल से बलों ने तैयारियों को परखा

Jammu, रामबन वार्षिक अमरनाथ यात्रा को लेकर सुरक्षा व्यवस्था लगातार मजबूत की जा रही है। इसी कड़ी में जम्मू-कश्मीर के रामबन जिले स्थित अमरनाथ यात्री निवास में सुरक्षा एजेंसियों ने व्यापक मॉक ड्रिल का आयोजन किया। ड्रिल का उद्देश्य किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सुरक्षा बलों और राहत एजेंसियों की तैयारियों को परखना था。 मॉक ड्रिल के दौरान सुरक्षा एजेंसियों ने आतंकी हमले, आग लगने और अन्य आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने का अभ्यास किया। इस दौरान पुलिस, सीआरपीएफ, एसडीआरएफ, फायर एंड इमरजेंसी सर्विस और स्वास्थ्य विभाग की टीमें संयुक्त रूप से शामिल रहीं। अभ्यास के दौरान यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने, घायलों को प्राथमिक उपचार देने और मौके पर तुरंत प्रतिक्रिया देने की पूरी प्रक्रिया का प्रदर्शन किया गया। प्रशासन का कहना है कि अमरनाथ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से यात्रा मार्ग और बेस कैंपों पर लगातार मॉक ड्रिल और सुरक्षा अभ्यास किए जा रहे हैं, ताकि किसी भी चुनौतीपूर्ण स्थिति में सभी एजेंसियां बेहतर समन्वय के साथ तुरंत कार्रवाई कर सकें।
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जोखिम रूप से हटके: जोधपुर हाईकोर्ट ने तबादला नीति पर निर्णय कर स्क्वाड्रन लीडर की याचिका खारिज की

Jodhpur, Rajasthan:जोधपुर। राजस्थान हाईकोर्ट ने भारतीय वायुसेना के एक स्क्वाड्रन लीडर के तबादले को चुनौती देने वाली याचिका पर अहम फैसला सुनाते हुए स्पष्ट किया है कि सशस्त्र बलों में तबादला सेवा का हिस्सा है और केवल व्यक्तिगत या मानवीय परिस्थितियों के आधार पर उसमें न्यायिक हस्तक्षेप नहीं किया जा सकता। जस्टिस डॉ पुष्पेन्द्रसिंह भाटी व जस्टिस डॉ नुपूर भाटी की डिवीजन बेंच ने केंद्र सरकार और वायुसेना अधिकारियों की विशेष अपील स्वीकार करते हुए एकलपीठ के आदेश को निरस्त कर दिया और अधिकारी की याचिका खारिज कर दी। मामले के अनुसार स्क्वाड्रन लीडर दीपक संधु की पहले असम के जोरहाट में पोस्टिंग हुई थी और बाद में मार्च 2025 में उन्हें जोधपुर एयरफोर्स स्टेशन भेजा गया। इसके बाद फरवरी 2026 में उनका स्थानांतरण तेजपुर एयरफोर्स स्टेशन कर दिया गया। अधिकारी ने इस तबादले को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। उन्होंने दलील दी कि उनके पिता गंभीर बीमारी से जूझ रहे हैं और एक किडनी हटाई जा चुकी है, जबकि उनकी माता 50 प्रतिशत बर्न सर्वाइवर हैं और उन्हें निरंतर देखभाल की जरूरत है। याचिकाकर्ता का यह भी कहना था कि वायुसेना की पोस्टिंग नीति के अनुसार सामान्य कार्यकाल दो से चार वर्ष का होना चाहिए और उन्हें जोधपुर में न्यूनतम अवधि पूरी किए बिना ही स्थानांतरित कर दिया गया। वहीं केंद्र सरकार और वायुसेना की ओर से कहा गया कि पोस्टिंग नीति केवल प्रशासनिक दिशा-निर्देश है, इसे कानूनी अधिकार की तरह लागू नहीं किया जा सकता और संगठनात्मक आवश्यकता सर्वोपरि होती है। हाईकोर्ट ने अपने निर्णय में माना कि अधिकारी के पारिवारिक हालात सहानुभूति योग्य हैं, लेकिन केवल इसी आधार पर तबादला आदेश रद्द नहीं किया जा सकता। कोर्ट ने कहा कि सशस्त्र बलों की कार्यप्रणाली राष्ट्रीय सुरक्षा, संचालन क्षमता और प्रशासनिक जरूरतों पर आधारित होती है। यदि हर व्यक्तिगत कठिनाई के आधार पर राहत दी जाए तो इससे सैन्य अनुशासन और संचालन क्षमता प्रभावित हो सकती है। कोर्ट ने अंततः कहा कि पोस्टिंग नीति बाध्यकारी कानून नहीं बल्कि प्रशासनिक मार्गदर्शिका है और तबादले में दुर्भावना, मनमानी या किसी वैधानिक प्रावधान के उल्लंघन का प्रमाण नहीं मिला। इसी आधार पर विशेष अपील स्वीकार करते हुए पहले का आदेश रद्द कर दिया गया।
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हाईकोर्ट ने गौशालाओं में पेयजल व्यवस्था पर सरकार के रवैये पर नाराजगी जताई

Jodhpur, Rajasthan:जोधपुर। राजस्थान हाईकोर्ट ने राज्य की गौशालाओं में पेयजल व्यवस्था को लेकर राज्य सरकार के रवैये पर कड़ी नाराजगी जताई है। कोर्ट ने पाया कि सरकार की ओर से बजट स्वीकृत होने के बावजूद बड़ी संख्या में गौशालाओं में अब तक ट्यूबवेल नहीं लगाए गए हैं, न्यायाधीश कुलदीप माथुर व न्यायाधीश चन्द्रशेखर शर्मा की खंडपीठ में गो ग्राम सेवा संघ की ओर से दायर अवमानना याचिका की सुनवाई के दौरान विभाग की ओर से अनुपालना रिपोर्ट पेश की गई। रिपोर्ट में बताया गया कि राज्य सरकार की बजट घोषणा के अनुरूप गौशालाओं तक पानी पहुंचाने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए हैं। हालांकि रिपोर्ट का अवलोकन करने के बाद कोर्ट ने पाया कि अब तक 700 से अधिक गौशालाओं में निर्बाध जलापूर्ति सुनिश्चित करने के लिए ट्यूबवेल स्थापित नहीं किए गए हैं। कोर्ट ने इस पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब इस उद्देश्य के लिए 75 करोड़ रुपए से अधिक की राशि स्वीकृत की जा चुकी है, तो कम से कम गंभीर जल संकट झेल रही कुछ गौशालाओं में तो कार्य शुरू किया जाना चाहिए था। विभाग की ओर से यह तर्क दिया गया कि पूरे प्रोजेक्ट को पूरा करने के लिए 444 करोड़ रुपए से अधिक खर्च की आवश्यकता होगी। इस पर कोर्ट ने टिप्पणी करते हुए कहा कि उपलब्ध बजट का भी उपयोग नहीं होना समझ से परे है। मामले को गंभीर मानते हुए हाईकोर्ट ने पशुपालन विभाग के सचिव और गोपालन विभाग के निदेशक को 6 जुलाई 2026 को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने के निर्देश दिए हैं। साथ ही पूछा है कि पूर्व में पारित आदेशों की जानबूझकर अवहेलना के लिए उनके खिलाफ अवमानना की कार्रवाई क्यों नहीं शुरू की जाए। अब इस मामले की अगली सुनवाई 6 जुलाई 2026 को होगी।
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NCERT ने भाषाओं की पाठ्यपुस्तकों के नाम नदियों के नाम पर रखे

Noida, Uttar Pradesh:NCERT ने अपनी भाषा की पाठ्यपुस्तकों के नाम भारत की नदियों के नाम पर रखे हैं। कृष्णा नाम कृष्णा नदी के नाम पर रखा गया है। हिंदी पाठ्यपुस्तक का नाम गंगा अंग्रेज़ी पाठ्यपुस्तक का नाम कावेरी और उर्दू पाठ्यपुस्तक का नाम जमुना (यमुना) रखा गया है। इसी तरह कन्नड़ पाठ्यपुस्तक का नाम कृष्णा रखा गया है क्योंकि यह कर्नाटक में बहने वाली प्रमुख नदियों में से एक है। इस पाठ्यपुस्तक के अध्याय 6 में संतुलित आहार के बारे में बताया गया है। इसे पृष्ठ 63 पर 'संतुलित आहार' शीर्षक के तहत भी शामिल किया गया है। पृष्ठ 63 पर दी गई तस्वीर में शाकाहारी और मांसाहारी, दोनों तरह के खाद्य पदार्थ दिखाए गए हैं। पाठ्यपुस्तक में कहीं भी शाकाहार को सही या गलत नहीं ठहराया गया है, और न ही मांसाहारी भोजन का विरोध किया गया है।
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