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अनुराग ठाकुर ने हिमाचल की लॉटरी रोक को बनाए रखने और ई-टेंडर वापस लेने की मांग की

Shimla, Himachal Pradesh:पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सांसद अनुराग सिंह ठाकुर ने हिमाचल प्रदेश में सरकारी लॉटरी दोबारा शुरू करने की तैयारी का विरोध किया है। उन्होंने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू को पत्र लिखकर वित्त विभाग की ओर से जारी ई-टेंडर को तत्काल वापस लेने की मांग की है। यह ई-टेंडर ऑनलाइन और ऑफलाइन लॉटरी सिस्टम के लिए सोल सेलिंग एजेंट नियुक्त करने से संबंधित है। अनुराग ठाकुर ने पत्र में कहा कि हिमाचल प्रदेश में पिछले दो दशक से अधिक समय से लॉटरी पर प्रतिबंध लागू रहा है। उन्होंने बताया कि तत्कालीन मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल की सरकार ने वर्ष 1999 में लॉटरी पर प्रतिबंध लगाया था। इसके बाद वर्ष 2007 में तत्कालीन वीरभद्र सिंह सरकार ने लॉटरी दोबारा शुरू किए जाने के बाद इस पर फिर से रोक लगा दी थी। अनुराग ठाकुर ने कहा कि वीरभद्र सिंह, प्रेम कुमार धूमल और जयराम ठाकुर के नेतृत्व वाली सरकारों ने आर्थिक दबाव और राजस्व की जरूरतों के बावजूद लॉटरी को बढ़ावा देने से परहेज किया और प्रतिबंध बरकरार रखा। सांसद ने विशेष रूप से प्रस्तावित ऑनलाइन लॉटरी व्यवस्था को लेकर चिंता जताई। अनुराग ठाकुर ने कहा कि हिमाचल में लॉटरी दोबारा शुरू करने से पहले इसके सामाजिक और आर्थिक प्रभावों पर गंभीरता से विचार किया जाना चाहिए। उनके अनुसार, प्रदेश में पहले भी कई परिवार लॉटरी के कारण अपनी तनख्वाह, बचत और पेंशन तक गंवा चुके हैं, जिससे अनेक परिवार आर्थिक संकट में फंसे। अनुराग ठाकुर ने कहा कि प्रस्तावित व्यवस्था में रोजाना 12 ड्रॉ और साल में तीन बंपर ड्रॉ का प्रावधान बताया गया है। ऐसे में लॉटरी केवल दुकानों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि मोबाइल फोन के जरिए सीधे लोगों के घरों तक पहुंच सकती है। अनुराग ठाकुर ने आशंका जताई कि ऑनलाइन लॉटरी की आसान उपलब्धता का सबसे ज्यादा असर निम्न और मध्यम आय वर्ग के परिवारों पर पड़ सकता है। बार-बार ड्रॉ होने से लोगों में लगातार पैसा लगाने की प्रवृत्ति बढ़ सकती है और इससे परिवारों की आर्थिक स्थिति प्रभावित होने का खतरा रहेगा। अनुराग ठाकुर ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि वित्त विभाग की ओर से जारी ई-टेंडर को तत्काल वापस लिया जाए और हिमाचल में सरकारी लॉटरी शुरू करने के प्रस्ताव को पूरी तरह समाप्त किया जाए। अनुराग ठाकुर ने कहा कि राजस्व बढ़ाने के लिए ऐसे विकल्प तलाशे जाने चाहिए, जिनका समाज और परिवारों पर प्रतिकूल प्रभाव न पड़े。
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हिमाचल में बारिश के बाद सेवाएं प्रभावित, सड़कें बंद और DTR/पेयजल योजनाएं बाधित

Shimla, Himachal Pradesh:हिमाचल प्रदेश में बारिश के बाद सार्वजनिक सेवाओं पर असर जारी है। राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र (SEOC) की 27 अगस्त सुबह की रिपोर्ट के मुताबिक प्रदेश में कुल 91 सड़कें बंद हैं। इसके अलावा 60 डिस्ट्रीब्यूशन ट्रांसफार्मर (DTR) बाधित हैं, जबकि 4 पेयजल योजनाएं प्रभावित हैं। जिला स्तर पर सबसे ज्यादा सड़कें मंडी और कुल्लू में बंद हैं। मंडी में 33, कुल्लू में 20 और शिमला में 14 सड़कें बंद हैं। कांगड़ा में 7, चंबा में 5, सिरमौर में 7, ऊना में 4 और लाहौल-स्पीति में 1 सड़क बंद है। बिलासपुर, किन्नौर और सोलन में कोई सड़क बंद नहीं है, जबकि हमीरपुर में भी सड़क बंद होने की सूचना नहीं है। बिजली आपूर्ति की बात करें तो मंडी में सबसे ज्यादा 22 DTR बाधित हैं। कुल्लू में 30 और शिमला में 1 DTR बाधित बताया गया है। कांगड़ा में 3 और चंबा में 4 DTR प्रभावित हैं। पेयजल योजनाओं में कांगड़ा की 1 और शिमला की 1 योजना प्रभावित है। रिपोर्ट के अनुसार प्रदेश में कुल 4 पेयजल योजनाएं बाधित हैं。
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पंजाब में लाखों कर्मचारियों-सेवानिवृत्त की सामूहिक हड़ताल, सरकारी दफ्तर प्रभावित

Chandigarh, Chandigarh:ਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਅੱਜ ਲੱਖਾਂ ਮੁਲਾਜ਼ਮ-ਪੈਨਸ਼ਨਰਾਂ ਦੀ ਹੜਤਾਲ, ਸਰਕਾਰੀ ਕੰਮਕਾਜ ਰਹੇਗਾ ਠੱਪ - ਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਅੱਜ 65 ਤੋਂ ਵੱਧ ਮੁਲਾਜ਼ਮ ਜਥੇਬੰਦੀਆਂ ਵੱਲੋਂ ਸਮੂਹਿਕ ਹੜਤਾਲ ਦਾ ਐਲਾਨ ਕੀਤਾ ਗਿਆ ਹੈ。 - ਹੜਤਾਲ ਵਿੱਚ ਲੱਖਾਂ ਦੀ ਗਿਣਤੀ ਦੇ ਵਿੱਚ ਮੁਲਾਜ਼ਮ ਅਤੇ ਪੈਨਸ਼ਨਰ ਸ਼ਾਮਲ ਹੋਣ ਦਾ ਦਾਅਵਾ ਹੈ。 - ਹੜਤਾਲ ਕਾਰਨ ਸਰਕਾਰੀ ਦਫ਼ਤਰਾਂ ਵਿੱਚ ਕੰਮਕਾਜ ਪ੍ਰਭਾਵਿਤ ਰਹੇਗਾ。 - ਹਸਪਤਾਲਾਂ ਵਿੱਚ ਓਪੀਡੀ ਸੇਵਾਵਾਂ ਬੰਦ ਰਹਿਣਗੀਆਂ, ਜਦਕਿ ਐਮਰਜੈਂਸੀ ਸੇਵਾਵਾਂ ਚਾਲੂ ਰਹਿਣਗੀਆਂ。 - ਦੁਪਹਿਰ 1 ਵਜੇ ਮੁੱਖ ਮੰਤਰੀ ਨਾਲ ਜਲੰਧਰ ਵਿੱਚ ਮੁਲਾਜ਼ਮ ਜਥੇਬੰਦੀਆਂ ਦੀ ਮੀਟਿੰਗ ਹੋਵੇਗੀ。 - ਮੁਲਾਜ਼ਮਾਂ ਦੀ ਮੁੱਖ ਮੰਗ ਪੰਜਾਬ ਵੇਤਨਮਾਨ ਦੀ ਬਹਾਲੀ ਹੈ。 - ਪੁਰਾਣੀ ਪੈਨਸ਼ਨ ਸਕੀਮ (OPS) ਮੁੜ ਲਾਗੂ ਕਰਨ ਦੀ ਮੰਗ ਕੀਤੀ ਜਾ ਰਹੀ ਹੈ。 - ਮਹਿੰਗਾਈ ਭੱਤੇ ਦੀਆਂ ਲੰਬਿਤ 18 ਫੀਸਦੀ ਕਿਸ਼ਤਾਂ ਏਰੀਅਰ ਸਮੇਤ ਤੁਰੰਤ ਜਾਰੀ ਕਰਨ ਦੀ ਮੰਗ ਹੈ。 - ਸਾਰੇ ਕੱਚੇ ਮੁਲਾਜ਼ਮਾਂ ਨੂੰ ਰੈਗੂਲਰ ਕਰਨ ਦੀ ਮੰਗ ਵੀ ਅੰਦੋਲਨ ਦਾ ਅਹਿਮ ਹਿੱਸਾ ਹੈ。 - ਹੜਤਾਲ ਵਿੱਚ ਮੁਲਾਜ਼ਮ ਮੰਚ ਪੰਜਾਬ, ਪੰਜਾਬ ਸਟੇਟ ਐਂਟਰੀਜ਼ ਯੂਨੀਅਨ, ਅਧਿਆਪਕ ਜਥੇਬੰਦੀਆਂ, ਡਾਕਟਰ, ਨਰਸਾਂ, ਪੈਰਾ-ਮੈਡੀਕਲ ਸਟਾਫ ਅਤੇ ਆਊਟਸੋਰਸ ਮੁਲਾਜ਼ਮਾਂ ਸਮੇਤ ਕਈ ਜਥੇਬੰਦੀਆਂ ਸ਼ਾਮਲ ਹਨ。 - ਪੈਨਸ਼ਨਭੋਗੀ ਫਰੰਟ ਮੁਤਾਬਕ ਕਰੀਬ ਲੱਖਾਂ ਦੀ ਗਿਣਤੀ ਦੇ ਵਿੱਚ ਪੈਨਸ਼ਨਰ ਵੀ ਹੜਤਾਲ ਦਾ ਹਿੱਸਾ । - ਇਹ ਹੜਤਾਲ ਪੂਰੇ ਪੰਜਾਬ ਬੰਦ ਦੀ ਕਾਲ ਨਹੀਂ ਹੈ। ਚੱਕਾ ਜਾਮ ਨਹੀਂ ਹੋਵੇਗਾ ਅਤੇ ਜ਼ਬਰਦਸਤੀ ਦੁਕਾਨਾਂ ਬੰਦ ਨਹੀਂ ਕਰਵਾਈਆਂ ਜਾਣਗੀਆਂ。 - ਮੁਲਾਜ਼ਮ ਆਗੂਆਂ ਮੁਤਾਬਕ ਲੋਕਾਂ ਦੀ ਆਵਾਜਾਈ ਆਮ ਰੱਖਣ ਦੀ ਕੋਸ਼ਿਸ਼ ਕੀਤੀ ਜਾਵੇਗੀ。 ਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਅੱਜ ਸਰਕਾਰੀ ਮੁਲਾਜ਼ਮਾਂ ਅਤੇ ਪੈਨਸ਼ਨਰਾਂ ਵੱਲੋਂ ਆਪਣੀਆਂ ਲੰਬਿਤ ਮੰਗਾਂ ਨੂੰ ਲੈ ਕੇ ਸਮੂਹਿਕ ਹੜਤਾਲ ਕੀਤੀ ਜਾ ਰਹੀ ਹੈ। 65 ਤੋਂ ਵੱਧ ਮੁਲਾਜ਼ਮ ਜਥੇਬੰਦੀਆਂ ਦੇ ਸਾਂਝੇ ਮੰਚ ਵੱਲੋਂ ਕੀਤੀ ਗਈ ਇਸ ਹੜਤਾਲ ਵਿੱਚ ਕਰੀਬ 7 ਲੱਖ ਮੁਲਾਜ਼ਮ ਅਤੇ ਪੈਨਸ਼ਨਰ ਸ਼ਾਮਲ ਹੋਣ ਦਾ ਦਾਅਵਾ ਕੀਤਾ ਗਿਆ ਹੈ। ਇਸ ਕਾਰਨ ਸਰਕਾਰੀ ਦਫ਼ਤਰਾਂ ਦਾ ਕੰਮਕਾਜ ਵੱਡੇ ਪੱਧਰ ’ਤੇ ਪ੍ਰਭਾਵਿਤ ਹੋਣ ਦੀ ਸੰਭਾਵਨਾ ਹੈ。 ਹੜਤਾਲ ਦੌਰਾਨ ਹਸਪਤਾਲਾਂ ਦੀਆਂ ਓਪੀਡੀ ਸੇਵਾਵਾਂ ਬੰਦ ਰਹਿਣਗੀਆਂ, ਹਾਲਾਂਕਿ ਐਮਰਜੈਂਸੀ ਸੇਵਾਵਾਂ ਜਾਰੀ ਰਹਿਣਗੀਆਂ। ਇਸ ਤੋਂ ਇਲਾਵਾ ਸਿਵਲ ਸਕੱਤਰੇਤ, ਮਿੰਨੀ ਸਕੱਤਰੇਤ, ਤਹਿਸੀਲ ਦਫਤਰਾਂ, ਅਧਿਆਪਕ ਵਰਗ, ਡਾਕਟਰਾਂ, ਨਰਸਾਂ, ਪੈਰਾ-ਮੈਡੀਕਲ ਅਤੇ ਹੋਰ ਸਰਕਾਰੀ ਵਿਭਾਗਾਂ ਦੇ ਕਰਮਚਾਰੀ ਵੀ ਹੜਤਾਲ ਵਿੱਚ ਸ਼ਾਮਲ ਹਨ। ਮੁਲਾਜ਼ਮਾਂ ਦੀਆਂ ਮੁੱਖ ਮੰਗਾਂ ਵਿੱਚ ਪੰਜਾਬ ਵੇਤਨਮਾਨ ਦੀ ਬਹਾਲੀ, ਪੁਰਾਣੀ ਪੈਨਸ਼ਨ ਸਕੀਮ ਲਾਗੂ ਕਰਨਾ, ਮਹਿੰਗਾਈ ਭੱਤੇ ਦੀਆਂ ਲੰਬਿਤ 18 ਫੀਸਦੀ ਕਿਸ਼ਤਾਂ ਏਰੀਅਰ ਸਮੇਤ ਜਾਰੀ ਕਰਨਾ ਅਤੇ ਕੱਚੇ ਮੁਲਾਜ਼ਮਾਂ ਨੂੰ ਪੱਕਾ ਕਰਨਾ ਸ਼ਾਮਲ ਹੈ。 ਇਸੇ ਦੌਰਾਨ ਦੁਪਹਿਰ 1 ਵਜੇ ਮੁੱਖ ਮੰਤਰੀ ਨਾਲ ਜਲੰਧਰ ਵਿੱਚ ਮੁਲਾਜ਼ਮ ਜਥੇਬੰਦੀਆਂ ਦੀ ਮੀਟਿੰਗ ਹੋਣੀ ਹੈ। ਹੁਣ ਨਜ਼ਰ ਇਸ ਗੱਲ ’ਤੇ ਰਹੇਗੀ ਕਿ ਸਰਕਾਰ ਅਤੇ ਮੁਲਾਜ਼ਮ ਆਗੂਆਂ ਵਿਚਾਲੇ ਹੋਣ ਵਾਲੀ ਗੱਲਬਾਤ ਨਾਲ ਮੰਗਾਂ ਦਾ ਕੋਈ ਹੱਲ ਨਿਕਲਦਾ ਹੈ ਜਾਂ ਹੜਤਾਲ ਅੱਗੇ ਵੀ ਜਾਰੀ ਰਹਿੰਦੀ ਹੈ。 ਮੁਲਾਜ਼ਮ ਆਗੂਆਂ ਨੇ ਸਪੱਸ਼ਟ ਕੀਤਾ ਹੈ ਕਿ ਇਹ ਪੂਰੇ پنجاب ਨੂੰ ਬੰਦ ਕਰਨ ਦੀ ਕਾਲ ਨਹੀਂ ਹੈ। ਨਾ ਚੱਕਾ ਜਾਮ ਕੀਤਾ ਜਾਵੇਗਾ ਅਤੇ ਨਾ ਹੀ ਦੁਕਾਨਾਂ ਜ਼ਬਰਦਸਤੀ ਬੰਦ ਕਰਵਾਈਆਂ ਜਾਣਗੀਆਂ。
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शामली में हरियाणी स्टार अंकित बालियान की गोली से हत्या, परिवार ने एनकाउंटर की मांग

Noida, Uttar Pradesh:शामली बेकिंग न्यूज हरियाणी एक्टर व सिंगर अंकित बालियान की शामली में गोलियों से भूनकर हत्या. शामली के गांव बंतीखेडा के मूल निवासी थे अंकित बालियान. हरियाणा के रोहतक व सोनीपत में रहकर बतौर सिंगर एक्टर काम करते थे अंकित. उनका सबसे हिट गाना .....भरी कोर्ट में गोली मारेंगे मेरी जान, जज के भी आवेंगे पसीने देखिये काफी हिट हुआ था. शामली सदर कोतवाली क्षेत्र के सिटी में दिन में अज्ञात दर्जन बदमाशों ने गोली मारकर हत्या की. अंकित शामली के आर्यपुरी नालापाठी स्थित जिम से वर्कआउट करके वापस अपने घर लौट रहे थे। घटना के बाद परिजनों ने शव को बाजार के सामने रखकर जाम लगा दिया और पुलिस पर लापरवाही के आरोप लगाए। परिजनों ने आरोपियों के एनकाउंटर और बुलडोजर चलाने की मांग की है। घटना से शामली में दहशत कुलगुल हो गई है। पुलिस मौके पर पहुंची और जांच पड़ताल शुरू कर दी गई है। मृतक के परिवार के अनुसार अंकित के खिलाफ किसी प्रकार का अभी खुलासा नहीं हुआ है; कार से होकर जाते समय अज्ञात हमलावरों ने उनकी स्कॉर्पियो गाड़ी पर हमला किया। जांच अधिकारी भी मौके पर मौजूद हैं। एंकर बाइट: शामली से स्पोर्ट बाइट: परिजन एनपी सिंह एसपी शामली ने बताया कि घटना की सूचना शाम 7:00 बजे मिली थी; मौके पर पुलिस जांच कर रही है, सीसीटीवी फुटेज देखी जा रही है और जल्दी आरोपियों की गिरफ्तारी की जाएगी।
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हाईकोर्ट ने मोहन लाल बडौली गैंगरेप केस में याचिका पर फैसला सुरक्षित रखा

Shimla, Himachal Pradesh:हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने मोहन लाल बडौली गैंगरेप मामले में पीड़िता की ओर से दायर याचिका पर फैसला सुरक्षित रख लिया है। पीड़िता ने कसौली कोर्ट के उस फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी थी, जिसमें मामले को दोबारा खोलने से इनकार किया गया था। याचिका पर प्रारंभिक सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने निचली अदालत से मामले से जुड़े सभी दस्तावेज और रिकॉर्ड तलब किए थे। इसके साथ ही राज्य सरकार से भी जवाब मांगा गया था। गौरतलब है कि दिल्ली की रहने वाली और सोनीपत में नौकरी कर रही महिला ने मोहन लाल बडौली पर कसौली में दुष्कर्म के आरोप लगाए हैं। बडौली ने अपने ऊपर लगे आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि आरोपों में कोई सच्चाई नहीं है। हिमाचल प्रदेश के सोलन जिले के कसौली में मोहन लाल बडौली के खिलाफ दुष्कर्म की एफआईआर दर्ज की गई थी। हरियाणा भाजपा के तत्कालीन प्रदेश अध्यक्ष मोहन लाल बडौली और रॉकी मित्तल के खिलाफ 13 दिसंबर 2024 को कसौली थाने में मामला दर्ज हुआ था। महिला ने आरोप लगाया था कि 3 जुलाई 2023 को कसौली के एक होटल में उसे जबरन शराब पिलाकर दुष्क्रम किया गया। मामले की जांच हिमाचल पुलिस ने की थी। ठोस साक्ष्यों के अभाव में पुलिस ने कसौली कोर्ट में कैंसिलेशन रिपोर्ट दाखिल की थी, जिसे अदालत ने स्वीकार कर लिया था। इसके बाद मामले को दोबारा खोलने के लिए आवेदन दायर किया गया, लेकिन कसौली कोर्ट ने उसे भी खारिज कर दिया। इसी आदेश के खिलाफ पीड़िता ने हाईकोर्ट का रुख किया था, जिस पर अब हाईकोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है。
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पंजाब की शिक्षा सुधार: चार साल में 20,000 सरकारी स्कूलों में बड़ा बदलाव

Noida, Uttar Pradesh:पंजाब के सरकारी स्कूलों पर सवाल उठाने वालों से सिर्फ़ इतना कहना है- अगर सच में निष्पक्ष बात या निष्पक्ष पत्रकारिता करनी है तो एक बार पुरानी तस्वीर और आज का हिसाब साथ रखकर बताइए। 2022 में जब भगवंत मान CM बने थे तो ज़्यादातर स्कूलों में toilets नहीं थे, 4 लाख बच्चे फर्श पर बैठते थे और हज़ारों स्कूलों में पीने का पानी तक नहीं था। मात्र 4.5 साल में पंजाब के लगभग 20,000 सरकारी स्कूलों में बदलाव की इतनी बड़ी यात्रा हुई है- ▪️ 9,000 से अधिक नए classrooms और labs ▪️ 13,920 नए toilets ▪️ 2 लाख नए डेस्क ▪️ 10,000 से अधिक interactive panels ▪️ 5,012 स्कूलों में advanced computer labs ▪️ हर स्कूल में Wi-Fi ▪️ 99% स्कूलों में boundary wall दो विनाशकारी बाढ़ों से 7,000 से अधिक स्कूल प्रभावित हुए। गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त 500 स्कूलों का restoration अभी जारी है। काम अभी और भी बहुत से जारी हैं - लेकिन दिशा, रफ़्तार और नीयत बिल्कुल साफ़ है। बाक़ी बीजेपी या कांग्रेस का स्कोर बनाने के लिए गोदी मीडिया या पप्पू मीडिया की बातों का तो मैं जवाब ही क्या दूँ। वो तो उसी एंगल से तस्वीर दिखाने की कोशिश करेंगे जहाँ से AAP के बारे में नेगेटिव माहौल फैलाया जा सके। और कुछ निष्पक्ष पत्रकारों की, जिनकी मैं व्यक्तिगत कद्र भी करता हूँ, उनसे निवेदन है कि अगर हो सके तो पूरा सच दिखायें कि 4.5 साल में पंजाब में इतना काम हुआ है और इतना नहीं हुआ है। और कांग्रेस बीजेपी के 15-20 साल के काम से हमारे 4.5 साल के काम की ईमानदारी से तुलना भी अपने फॉलोअर्स के सामने रखें। दोनों बातें करें। किसी गोदी या पप्पू मीडिया के एंगल से की जा रही कवरेज को आधार बनाकर, उस अधूरे सच को अपना या पूरा सच बतायेंगे तो उसको correct करने का काम तो हम भी करेंगे। भले ही फिर आप उसे “बौखلाना” या अपने ऊपर “व्यক্তिगत हमलावर” होने संज्ञा दें। यह आपके अपने विवेक पर है। और स्कूल केवल नई इमारतों से अच्छे नहीं होते- उनकी असली पहचान बच्चों के नतीजों और माता-पिता के भरोसे से होती है। ▪️ 3.64 लाख बच्चे private स्कूल छोड़कर सरकारी स्कूलों में आए ▪️ NEET qualifiers 80 से बढ़कर 882 हुए ▪️ चार वर्षों में 2,166 बच्चों ने NEET और 786 ने JEE qualify किया। ये पहले कभी हुआ ही नहीं। ▪️ 2.30 लाख बच्चों ने Business Blasters में अपना business चलाना सीखा ▪️ कक्षा 1 से 12 तक AI पढ़ाने वाला पंजाब देश का पहला राज्य बना ▪️ 40 Skill Education Schools शुरू हुए पंजाब में शिक्षा का काम पूरा होने का दावा नहीं है- लेकिन दशकों की बदहाली को चार साल में बदल देने का प्रमाण ज़रूर है। सरकारी स्कूल बजट से सुधरते हैं, लेकिन उनमें जनता का भरोसा केवल ईमानदार मेहनत से लौटता है। भगवंत मान सरकार ने वह भरोसा लौटाकर दिखाया है।
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मेरी-पीरी खालसा मार्च अगले चरण के लिए रवाना, मलेरकोटला में संगत का श्रद्धापूर्ण स्वागत

Malerkotla, Punjab:ਟਾਹਲੀਆਣਾ ਸਾਹਿਬ ਤੋਂ ਅਗਲੇ ਪੜਾਅ ਲਈ ਰਵਾਨਾ ਹੋਇਆ ਮੀਰੀ-ਪੀਰੀ ਖਾਲਸਾ ਮਾਰਚ ਸੰਗਤਾਂ ਦੇ ਠਾਠਾਂ ਮਾਰਦੇ ਇਕੱਠ ਨੇ ਭਰਿਆ ਧਾਰਮਿਕ ਜੋਸ਼ ਮਾਲੇਰਕੋਟਲਾ ਸ੍ਰੀ ਗੁਰੂ ਹਰਿਗੋਬਿੰਦ ਸਾਹਿਬ ਜੀ ਦੀ ਪਾਵਨ ਯਾਦ ਨੂੰ ਸਮਰਪਿਟ ਮੀਰੀ-ਪੀਰੀ ਖਾਲਸਾ ਮਾਰਚ ਮਾਲੇਰਕੋਟਲਾ ਵਿਖੇ ਪੁੱਜਿਆ, ਜਿੱਥੇ ਸੰਗਤਾਂ ਵੱਲੋਂ ਮਾਰਚ ਦਾ ਸ਼ਰਧਾ ਅਤੇ ਸਤਿਕਾਰ ਨਾਲ ਸਵਾਗਤ ਕੀਤਾ ਗਿਆ। ਸ਼ਹਿਰਾਂ ਤੋਂ ਵੱਡੀ ਗਿਣਤੀ ਵਿੱਚ ਸੰਗਤਾਂ ਪੁੱਜੀਆਂ। ਸੰਗਤਾਂ ਨੇ ਸ੍ਰੀ ਗੁਰੂ ਹਰਿਗੋਬਿੰਦ ਸਾਹਿਬ ਜੀ ਨੂੰ ਸਿਜਦਾ ਕਰਦਿਆਂ ਮੀਰੀ-ਪੀਰੀ ਦੇ ਸਿਧਾਂਤ ਪ੍ਰਤੀ ਆਪਣੀ ਸ਼ਰਧਾ ਪ੍ਰਗਟਾ ਰਾਏਕੋਟ ਤੋਂ ਮਲੇਰਕੋਟਲਾ ਰੋਡ ਤੇ ਪਿੰਡਾਂ ਤੇ ਸ਼হਿਰ ਦੀਆਂ ਲੋਕਾਂ ਵੱਲੋਂ ਇੱਕ ਮਿਸਾਲ ਇਕੱਠ ਕਰਕੇ ਜਿੱਥੇ ਲੰਗਰ ਲਾਇਆ ਗਿਆ ਉੱਥੇ ਹੀ ਸਵਾਗਤ ਕੀਤਾ ਗਿਆ ਮਲੇਰਕੋਟਲਾ ਤੋਂ ਜਮੀਲ ਖੇੜੀਵਾਲਾ ਦੀ ਰਿਪੋਰਟ
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