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बारदाने के अभाव में चार दिन से तौल बंद, आक्रोशित किसानों ने नगलिया मुंशी में किया प्रदर्शन

JAYDEV SINGHJAYDEV SINGHFollow4m ago
Amroha, Uttar Pradesh:हसनपुर। सरकारी मंशा के विपरीत धरातल पर जिम्मेदारों के गैर जिम्मेदाराना रवैए के चलते किसानों का सब्र अब जवाब देने लगा है। जनपद के हसनपुर क्षेत्र के ग्रामीण क्षेत्रों के अंतर्गत आने वाले विभिन्न क्रय केंद्रों पर पिछले चार दिनों से बारदाने की भारी किल्लत बनी हुई है। बारदाने न होने के कारण केंद्रों पर गेहूं की तौल पूरी तरह ठप हो गई है, जिससे नाराज किसानों ने शनिवार को ग्राम नगलिया मुंशी में एकत्रित होकर जोरदार प्रदर्शन किया और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन कर रहे किसानों का कहना है कि गेहूं की औसत पैदावार कम है,कार्यकेंद्रो पर तौल न होने के कारण किसान अपनी उपज को ओने पौने दामों पर बेचने को विवश हैं ।किसान अपनी खून-पसीने की कमाई (गेहूं की फसल) लेकर पिछले कई दिनों से केंद्रों पर चक्कर लगा रहे हैं । कुछ किसानो ने अपनी उपज को वाहनों पर लाद रखा है। क्रय केंद्रों पर बारदाना बोरे आदि न होने के कारण तौल बंद है, । किसानों को डर है कि यदि अचानक मौसम बिगड़ता है या बारिश होती है, तो उनकी मेहनत की फसल बर्बाद हो जाएगी। साथ ही, खुले में रखी फसल की सुरक्षा को लेकर भी किसान रात-भर जागने को मजबूर हैं। प्रदर्शन के दौरान *राष्ट्र सेवी संगठन के संयोजक कृष्ण कुमार शर्मा ने कहा कि सरकार का लक्ष्य किसानों की आय दोगुनी करना है, लेकिन विभागीय अधिकारी बुनियादी सुविधाएं जैसे 'बोरे' तक उपलब्ध नहीं करा पा रहे है। सहकारी संघ कुंदरकी भूड़ के सभापति करण सिंह ने चेतावनी दी कि यदि अगले 24 घंटों के भीतर तौल प्रक्रिया सुचारू नहीं की गई, तो क्षेत्र का किसान तहसील मुख्यालय पर बड़ा आंदोलन करने को विवश होगा। इस अवसर पर मुख्य रूप से नरेंद्र सिंह, खड़क सिंह, होशियार सिंह, रघुवीर सिंह, राजेंद्र सिंह, वीर पाल, रूपचंद सिंह, डालचंद, टेकचंद सिंह और विजेंद्र सिंह सहित दर्जनों किसान उपस्थित रहे।
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ऑपरेशन नकेल: सादुलपुर में हेरोइन-ट्रामाडोल कैप्सूल के साथ आरोपी गिरफ्तार

Churu, Rajasthan:ऑपरेशन ‘नकेल’ के तहत पुलिस ने शातिर आरोपी को गिरफ्तार किया है। सादुलपुर मादक पदार्थों की तस्करी पर शिकंजा कसने के लिए चलाए जा रहे इस अभियान में 5.84 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) और 100 नशीले ट्रामाडोल कैप्सूल बरामद हुए। थानां अधिकारी राजेश सिंहाग ने बताया कि जिला पुलिस अधीक्षक चूरू के निर्देशानुसार विशेष टीम ने दिनांक 17 अप्रैल 2026 को सांयकालीन गश्त के दौरान गुलपुरा रोड, कस्बा पर संदिग्ध गतिविधियों के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपी रखमान उर्फ रुस्तम पुत्र नवाब, उम्र 35 वर्ष, निवासी वार्ड नंबर 26, राजगढ़ को दबोच लिया। तलाशी लेने पर उनके कब्जे से 5.84 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) एवं 100 नशीले ट्रामाडोल कैप्सूल बरामद हुए। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस अधिनियम के अंतर्गत मामला दर्ज कर आगे की जांच जारी है।
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चमोली में बद्रीविशाल कपाट खुलने से पूर्व तिमुण्डा मेला खूब उत्साह के साथ संपन्न

Noida, Uttar Pradesh:चमोली में भगवान बद्रीविशाल के कपाट खुलने से पूर्व प्रचलित पौराणिक एवं धार्मिक परंपराओं के तहत शनिवार को तिमुण्डा मेला पूरे उत्साह और श्रद्धा के साथ संपन्न हो गया। देवपुजाई समिति के तत्वाधान में आयोजित इस मेले में इस वर्ष तिमुण्डा बीर के नए पश्वा के अवतरण की विशेष प्रक्रिया भी निर्धारित तिथि पर संपन्न कराई गई। इस धार्मिक अनुष्ठान के दौरान सभी देवी-देवताओं की उपस्थिति में बैजवाड़ी परिवार के दोनों भाइयों को प्रक्रिया में शामिल किया गया। अनुष्ठान के दौरान नवदुर्गा, भुवनेश्वरी, चंडीका और दाणी देवियों के पश्वा अवतरित हुए। इसके पश्चात छोटे भाई कन्हैया बैजवाड़ी पर तिमुण्डा बीर का पश्वा अवतरित हुआ, जिसे देखने के लिए श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। नवअवतरित तिमुण्डा बीर पश्वा ने मठागण में दुर्गा जी के आलम के चारों ओर परिक्रमा करते हुए परंपरा अनुसार बकरे का कच्चा मांस, कच्चे चावल, गुड़ एवं पानी का सेवन किया। इस पूरी धार्मिक प्रक्रिया को नजदीक से देखने के लिए हजारों की संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।
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PMT के लिए ताऊ देवीलाल स्टेडियम में शारीरिक माप परीक्षा शुरू, 60-80 दिन चलेगी प्रक्रिया

Panchkula, Haryana:पंचकूला के ताऊ देवीलाल स्टेडियम में होगी शारीरिक माप परीक्षा (PMT), सुबह 6:30 बजे से शुरू होगा टेस्ट. आधुनिक तकनीकों के साथ सभी अभ्यर्थियों का होगा फिजिकल परीक्षण. पंचकूला हरियाणा स्टाफ सिलेक्शन कमीशन के सदस्य श्री भूपेंद्र चौहान ने आज पंचकूला में प्रेस वार्ता कर शारीरिक माप परीक्षा (PMT) की व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी दी. उन्होंने बताया कि परीक्षा पंचकूला के ताऊ देवीलाल स्टेडियम में आयोजित की जाएगी. श्री चौहान ने कहा कि शारीरिक माप परीक्षा (PMT) सुबह 6:30 बजे से शुरू होगी. प्रारंभ में प्रतिदिन 700 अभ्यर्थियों को बुलाया जाएगा, जिसे बाद में बढ़ाकर 1500 अभ्यर्थी प्रतिदिन तक किया जाएगा. उन्होंने स्पष्ट किया कि आयोग प्रतिदिन 1500 से 2000 अभ्यर्थियों को बुलाएगा और आवश्यकता पड़ने पर यह संख्या 3000 तक बढ़ाई जा सकती है. पूरी प्रक्रिया में लगभग 60 से 80 दिन का समय लगेगा. आयोग की ओर से स्टेडियम के गेट पर अभ्यर्थियों एवं उनके परिजनों के लिए विश्राम क्षेत्र बनाया गया है, जहां वे आराम से बैठ सकें. अभ्यर्थियों के लिए बैगेज जमा करने की व्यवस्था भी की गई है. स्टेडियम में प्रवेश के बाद सख्त जांच के उपरांत दस्तावेजों की पुष्टि की जाएगी. इसके बाद बायोमेट्रिक प्रक्रिया पूरी कर अभ्यर्थी को क्रमांक देकर मुख्य हॉल में भेजा जाएगा. मुख्य हॉल के प्रवेश द्वार पर चेस्ट नंबर दिया जाएगा तथा वहां पुनः बायोमेट्रिक प्रक्रिया की जाएगी. आधुनिक मशीनों से होगा मापन. सभी औपचारिकताएं पूर्ण होने के बाद मुख्य हॉल में 21 आधुनिक डिजिटल मशीनें स्थापित की गई हैं, जिनके माध्यम से अभ्यर्थियों की लंबाई एवं छाती का मापन किया जाएगा. यदि कोई अभ्यर्थी मापन से संतुष्ट नहीं होता है, तो वह तुरंत अपील कर सकता है और उसका पुनः परीक्षण किया जाएगा. इन व्यवस्थाओं के अतिरिक्त आयोग ने सिख अभ्यर्थियों के लिए विशेष प्रबंध किए हैं, जिनके अंतर्गत निर्धारित मशीन पर सिख समाज के प्रतिनिधियों द्वारा धार्मिक मर्यादा के अनुरूप उनका मापन किया जाएगा. इसके अलावा जीरकपुर से प्रातः 5 बजे से विशेष बसों की व्यवस्था की गई है, जो अभ्यर्थियों को स्टेडियम तक पहुंचाएंगी. श्री भूपेंद्र चौहान ने अभ्यर्थियों से अपील की कि वे शारीरिक माप परीक्षा (PMT) से पूर्व किसी भी प्रकार के एनर्जी बूस्टर या दवाइयों का सेवन न करें, क्योंकि यह स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है. गर्भवती महिलाओं एवं अन्य महिला अभ्यर्थियों के लिए भी आयोग की ओर से विशेष व्यवस्थाएं की जा रही हैं. उन्होंने कहा कि आयोग पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी, सुव्यवस्थित एवं अभ्यर्थी-अनुकूल बनाने के लिए प्रतिबद्ध है.
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UP से गेहूँ लाकर MSP पर बेचने का आरोप: करनाल घरौंडा मंडी में हंगामा

Karnal, Haryana:करनाल जिले की घरौंडा अनाज मंडी इन दिनों बड़े विवाद के केंद्र में है। आरोप है कि उत्तर प्रदेश से सस्ती दरों पर गेहूं लाकर यहां समर्थन मूल्य (MSP) पर बेचा जा रहा है, जिससे न सिर्फ सरकारी सिस्टम को नुकसान हो रहा है बल्कि स्थानीय किसानों के हक पर भी सीधा प्रहार हो रहा है। सस्ती खरीद, महंगी बिक्री का खेल : सूत्रों के मुताबिक व्यापारी उत्तर प्रदेश से करीब 2300 रुपए प्रति क्विंटल के हिसाब से गेहूं खरीदकर ला रहे हैं और उसे 2585 रुपए प्रति क्विंटल के सरकारी समर्थन मूल्य पर बेच रहे हैं। इस पूरे खेल में भारी मुनाफा कमाया जा रहा है, जबकि असली किसान पीछे छूटता नजर आ रहा है। पोर्टल का दुरुपयोग, लोकल किसानों के नाम पर एंट्री : सबसे गंभीर आरोप यह है कि यूपी से लाई गई गेहूं को स्थानीय किसानों के नाम पर मंडी पोर्टल में दर्ज किया जा रहा है। यानी जो गेहूं हरियाणा के किसानों की नहीं है, उसे भी उनके नाम से दिखाकर सिस्टम को गुमराह किया जा रहा है। मंडी गेट पर हंगामा, ट्रालियां रोकी गईं : मामला तब गरमाया जब मीडिया की मौजूदगी में मंडी गेट पर दो ट्रालियों को रोक लिया गया। जांच में सामने आया कि ट्रालियां उत्तर प्रदेश से आई थीं। इसके बाद मौके पर विवाद खड़ा हो गया और माहौल तनावपूर्ण हो गया। आढ़तियों ने खोली पोल : गुस्साए आढ़ती प्रवीण कुमार ने खुलकर आरोप लगाया कि मंडी में रोजाना दर्जनों ट्रालियां यूपी से लाई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि मार्किट कमेटी के कुछ कर्मचारी पैसे लेकर इन ट्रालियों की एंट्री करवाते हैं, जिससे यह पूरा खेल बेखौफ जारी है। अधिकारियों का पक्ष भी सामने आया : वहीं, मंडी सुपरवाइजर नरेश कुमार ने सफाई देते हुए बताया कि यूपी से आई दो ट्रालियों और एक जीप को रोका गया था। उन्होंने कहा कि दो ड्राइवर मौके से फरार हो गए, जबकि एक ट्राली का प्राइवेट गेटपास काटा गया है और मामले की जांच की जा रही है। स्थानीय किसानों में बढ़ती नाराजगी : इस पूरे घटनाक्रम के बाद स्थानीय किसानों में भारी रोष है। उनका कहना है कि अगर बाहरी राज्यों की गेहूं इस तरह मंडी में बेची जाती रही, तो उन्हें अपनी फसल का सही मूल्य मिलना मुश्किल हो जाएगा। अब सवाल सिस्टम पर : यह मामला सिर्फ अवैध खरीद-फरोख्त तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पूरे सिस्टम की पारदर्शिता पर सवाल खड़ा करता है। अगर आरोप सही साबित होते हों, तो यह साफ है कि बिना मिलीभगत के इतना बड़ा खेल संभव नहीं। अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में क्या सख्त कदम उठाता है।
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