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Raj Kumar YadavRaj Kumar YadavFollow28 Jan 2025, 05:29 pm
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राजकोट में झारखंड के चार मजदूर बंधुआ मजदूरी का आरोप, घर वापसी की गुहार

Chaibasa, Jharkhand:इस वक्त की बड़ी खबर गुजरात के राजकोट से आ रही है, राजकोट में फंसे पश्चिम सिंहभूम के चार मजदूर, बंधक बनाकर मारते पीटते कराया जाता है काम, वापस घर लौटने की लगा रहे गुहार गुजरात के राजकोट से झारखंड के लिए एक बेहद चिंताजनक मामला सामने आया है। कोल्हान क्षेत्र के चार प्रवासी मजदूरों ने आरोप लगाया है कि उन्हें पिछले एक वर्ष से एक निजी कंपनी में बिना वेतन के काम कराया जा रहा था। मजदूरों का कहना है कि जब भी उन्होंने अपनी मजदूरी मांगी, उनके साथ मारपीट की गई और बंधुआ मजदूरों की तरह जबरन काम कराया गया। पीड़ित मजदूरों में चक्रधरपुर के कार्तिक लोहार, गोइलकेरा की राधे लोहार, तथा हाटगम्हरिया के लक्ष्मण पूर्ति और गोविंदा पूर्ति शामिल हैं। इन मजदूरों का आरोप है कि कंपनी ने उन्हें बंधक बनाकर रखा था और बाहर निकलने की भी अनुमति नहीं दी जाती थी। इनमें एक महिला मजदूर भी शामिल है। मजदूरों ने किसी तरह कंपनी से भाग कर गुरूवार रात राजकोट रेलवे स्टेशन पहुंचने में सफलता हासिल की। फिलहाल वे स्टेशन परिसर में ही फंसे हुए हैं। उनके पास न खाने के लिए पैसे हैं और न ही झारखंड लौटने के लिए ट्रेन का टिकट खरीदने की क्षमता। आर्थिक तंगी और असुरक्षा के बीच वे बेहद दयनीय स्थिति में मदद का इंतजार कर रहे हैं। पीड़ितों ने झारखंड सरकार, जिला प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से भावुक अपील करते हुए कहा है कि उन्हें सुरक्षित राजकोट से निकालकर उनके घर पहुंचाया जाए। मजदूरों का कहना है कि वे भय के साये में जी रहे हैं और अपनी जान को खतरा महसूस कर रहे हैं। मजदूरों ने यह भी दावा किया है कि उनके कई अन्य मजदुर साथी अब भी उसी कंपनी में फंसे हुए हैं। आरोप है कि उनसे भी जबरन काम कराया जा रहा है, विरोध करने पर मारपीट की जाती है और उन्हें बाहर नहीं निकलने दिया जाता। यदि मजदूरों के आरोप सही पाए जाते हैं तो यह मामला बंधुआ मजदूरी, अवैध बंधक बनाकर रखने, मजदूरों का शोषण और श्रम कानूनों के गंभीर उल्लंघन का हो सकता है। ऐसे में झारखण्ड सरकार के श्रम विभाग, पुलिस प्रशासन और झारखंड सरकार के लिए यह गंभीर विषय बन गया है। पीड़ित मजदूरों ने तत्काल हस्तक्षेप कर सुरक्षित घर वापसी और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
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नामकुम में अवैध अफीम तस्करी के आरोप में दो गिरफ्तार, 2.836 किलोग्राम जब्त

Ranchi, Jharkhand:रांची के नामकुम थाना क्षेत्र में पुलिस ने अवैध अफीम तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। गुप्त सूचना के आधार पर बयानडीह बाजार के पास छापेमारी कर पुलिस ने दोनों आरोपियों को दबोचा। तलाशी के दौरान उनके पास से 2.836 किलोग्राम अवैध अफीम, दो मोटरसाइकिल और दो मोबाइल फोन बरामद किए गए। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गोलगा मुंडा और विजय मुंडा के रूप में हुई है, जो नामकुम थाना क्षेत्र के रहने वाले हैं। पुलिस के अनुसार दोनों जंगल में अफीम की खेती कर उसे बेचने आए थे। मामले में NDPS Act के तहत केस दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश में छापेमारी जारी है。
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हजारीबाग के जंगलों में बदतर सड़क, आमझरी गांव तक नहीं पहुंचती सुविधाएं

Hazaribagh, Jharkhand:हजारीबाग से हमने अपनी यात्रा शुरू की उस क्षेत्र की जहां सड़क नहीं है उचित सड़क की व्यवस्था नहीं हैl चार चक्का वाहन 6 किलोमीटर पहले ही रुक जाती है कारण आगे सड़क की हालात बहुत ही खराब है। हज़ारीबाग़ से मात्र 15 से 20 किलोमीटर की दुरी पर स्थित है सदर विधानसभा और बड़कागांव को जोड़ता हुआ यह पंचायत है। हमारी यात्रा बड़कागांव प्रखंड के चंदौल पंचायत के आमझरी गांव में आ कर रुक जाती है जो जंगलों के बीच बसा है; गांव तक जाने के लिय रास्ता बना है पर इसकी हालात बहुत खराब है। बड़े बड़े बोल्डर आगे जाने के बाद बालू फिर पगडंडी फिर आता है गांव जहां कुर्मी महतो बहुल क्षेत्र है लगभग लोगों के अनुसार 250 से 300 लोग वंहा रहते है। स्थानीय महिलाओं से बात करने के उपरांत हमें पता चला कि इस गांव में कई समस्याएं है जहां सड़क, पानी, शौचालय जैसी मूलभूत सुविधा से लोग वंचित है। लोग कहते है कि हमें अगर किसी काम से बड़कागांव या हजारीबाग जाना होता है तो आधे घंटे का सफर लगभग 2 से तीन घंटा लगता है; कई बार सड़क के लिए हमने पंचायत से लेकर प्रखंड तक शिकायत किया परंतु सिस्टम है कि विकास शायद रास्ता भटक जाता है। इसी गांव से सटा हुआ एक गांव है चौकियां जो 1 किलोमीटर के फासले पर है; इसकी सड़क जंगलों के बीच से होते हुए जाती है। पूरी तरह से ढलान थका देने वाला सफर है। हमने रास्ते में देखा कि एक तालाब नुमा बना गढ़ा जिसमें पानी भरा हुआ है जहां वहां के स्थानीय महिलाएं बर्तन धोए जा रही है; तालाब की दूसरी छोर पर一些 बच्चे नहा रहे थे। महिलाएं बताती है कि पीने के लिए उचित पानी की व्यवस्था नहीं है; पहले झरने का पानी पीते थे अब अपने बनाए कुंआ या तालाब का पानी पीते है। चुनाव के समय नेता और उनके शागिर्द आते है वोट मांगने फिर जितने के बाद 5 साल के लिए सो जाते है; हमें याद नहीं है कब इस क्षेत्र ने पदाधिकारी आए थे। एक ओर जहां सरकार पंचायत स्तर पर कैंप लगा कर लोगों की समस्याओं से रूबरू होती है, हमें आश्चर्य इस बात का लगता है कि ऐसे गांव उनके नजर से कैसे बच जाते है जहां आज भी लोग शौचालय के लिए जंगल जाते है। समाज सेवी सचिदानंद पांडे ने कहा कि جنرل खबर करने से क्या फायदा उन लोगों का दर्द साझा करें जिन्हें विकास की गति को कभी देखा ही नहीं है। हमने सेल्यूट करते है ऐसे समाज सेवी को जिन्होंने हमारे चैनल के माध्यम से उन लोगों का दर्द साझा किया जिन्हें लोग नहीं जानते थे। बहरहाल इस विकास की गति को तीव्र करने के लिए हमने हजारीबाग उपायुक्त से बात की; उन्होंने आश्वासन दिया है कि इस पूरे मामले को संज्ञान में लिया गया है और जल्द ही सारी समस्याओं का समाधान करेंगे ताकि यहां विकास की गति तेज हो सके।
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एक वसूली कर रहे युवक के खिलाफ शिक्षकों ने उपजिलाधिकारी को दिया ज्ञापन,आरोप एक कथित पत्रकार बताता है

RavindraRavindraFollow2m ago
Sisolar, Uttar Pradesh:फर्जी पत्रकार बताकर कथित अवैध वसूली और धमकियों से परेशान शिक्षकों ने उपजिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की है। शिक्षकों का आरोप है कि मोहम्मद दानिस खुद को News 24 फास्ट का पत्रकार बताकर क्षेत्र के विद्यालयों में पहुंचता है, बिना अनुमति स्कूल परिसर में प्रवेश करता है और छात्राओं के वीडियो बनाता है। विरोध करने पर शिक्षकों से अभद्र व्यवहार करता है और दबाव बनाने की कोशिश करता है। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि कथित पत्रकार ने 5 हजार रुपये की मांग की और रकम न देने पर झूठी खबरें चलाकर तथा अन्य तरीकों से परेशान करने की धमकी दी। यह मामला रोहरी, सिजनौडा और छिमौली सहित कई विद्यालयों से जुड़ा बताया जा रहा है। शिक्षकों ने उपजिलाधिकारी को ज्ञापन देकर पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर आरोपी के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
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कानपुर के महाराजपुर में किसान की बेरहमी से हत्या, सुराग तलाशे जा रहे

Kanpur, Uttar Pradesh:कानपुर किसान की बेरहमी से धारदार हथियार से गर्दन काटकर हत्या - महाराजपुर के हाथीगांव का मामला, देर रात की घटना - दूसरे के ट्यूबवेल में रहकर खेतों की करता था देखरेख कानपुर : महाराजपुर थाना क्षेत्र के हाथीगांव में किसान की धारदार हथियार से गर्दन काटकर हत्या कर दी गई। मृतक खेत में ट्यूबवेल पर अकेले रहता था। हत्यारों ने पहले शराब पी है। उसके बाद बेरहमी से किसान की हत्या कर फरार हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मौके पर पहुँची फोरेंसिक टीम साक्ष्य जुटाए। दरसल महाराजपुर थाना क्षेत्र के हाथीगांव के रहने वाले 52 साल के हरिमोहन यादव गांव के ही अनिल सिंह के खेतों में ट्यूबवेल पर रहते थे। वो वहां खेतों के साथ ट्यूबवेल की देखरेख का काम करते थे। गुरुवार सुबह उनका रक्तरंजित शव ट्यूबवेल के बाहर पड़ा था। धारदार हथियार से गर्दन काटकर उनकी हत्या कर दी गई। घटनास्थल के पास शराब की बोतल व डिस्पोजल मिला है। उससे कयास लगाए जा रहे हैं कि हत्यारों ने पहले शराब पी और उसके बाद बेरहमी से हत्या की। घटना के बाद ग्रामीणों की भीड़ मौके पर एकत्रित हो गई। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव ले जाने लगी, लेकिन ग्रामीणों ने विरोध कर दिया। ग्रामीणों ने कहा कि फोरेंसिक टीम घटनास्थल पर आकर जांच करे, उसी के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। डीपी पूर्वी सत्यजीत गुप्ता ने बताया कि धारदार हथियार से किसान की हत्या की गई है; परिजनों ने गांव की तीन लोगों पर हत्या का आरोप लगाया है; परिजनों की तहरीर पर फिलहाल फिर दर्ज की जा रही है। आगे पूरे मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी。
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सिद्धार्थ नगर: डूबने के हादसे में दो बच्चों की मौत, तीन शिक्षक निलंबित

Naugarh, Uttar Pradesh:सिद्धार्थ नगर, दो बच्चों के डूबने से मौत के मामले में बेसिक शिक्षा अधिकारी ने तीन शिक्षकों को किया निलंबित, पढ़ाई के समय दोनों बच्चे अन्य बच्चों के साथ स्कूल के पास से गुजरने वाले नाले में गए थे नहाने, घटना के समय तीनों शिक्षक चाय की दुकान पर पी रहे थे चाय, खंड शिक्षा अधिकारी की जांच में रमेश कुमार गुप्ता मानवेंद्र सिंह व रविंद्र प्रताप को पाया गया दोषी, बेसिक शिक्षा अधिकारी शैलेश कुमार ने जांच रिपोर्ट के आधार पर तीनों शिक्षकों की किया निलंबित, खेसरहा थाना क्षेत्र के मिरवापुर गांव का है मामला
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रांची में अतिक्रमण हटाकर ट्रैफिक सुधारेगी नगर निगम: मेगा कॉरिडोर योजना शुरू

Ranchi, Jharkhand:रांची को जाम, अतिक्रमण और अव्यवस्था से राहत दिलाने की दिशा में रांची नगर निगम ने बड़ी तैयारी शुरू कर दी है। नगर आयुक्त सुशांत गौरव लगातार वरीय अधिकारियों के साथ मिल कर म्युनिसिपल कमिश्नर सुशांत गौरव काम कर रहे हैं। साथ शहर के प्रमुख मार्गों का औचक निरीक्षण भी किया गया है। कांके रोड से कैलाशपति मिश्र चौक तक मॉडल कॉरिडोर और सिरमटोली से चुटिया होते हुए बहु बाजार तक मेगा कॉरिडोर विकसित करने की योजना पर काम शुरू हो गया है। इस परियोजना के तहत फुटपाथ, पार्किंग, हरित क्षेत्र, सौंदर्यीकरण और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाया जाएगा। लेकिन इन सब के बीच शहर के सड़कों पर हो रहे अतिक्रमण बाधा बन रही है। रांची नगर निगम के नगर आयुक्त ने बताया कि शहर के विभिन्न इलाकों से अतिक्रमण हटाया जा रहा है लेकिन अतिक्रमण हटाए जाने के बाद फिर से वह लोग सड़क किनारे ठेला खोमचा लगा देते हैं। जिस वजह से परेशानी बढ़ रही है। सुशांत गौरव ने जनता से व्यवस्था में साथ देने की अपीलकी है。
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क्या ऋषिकेश के पुराने रेलवे स्टेशन के बदले गंगा कॉरिडोर का भविष्य बन पाएगा?

Rishikesh, Uttarakhand:सलग : गंगा कॉरिडोर परियोजना के तहत शहर में एक ऐतिहासिक बदलाव अस रहा है। अंग्रेजों के जमाने से शान से चल रहा पुराना ऋषिकेश रेलवे स्टेशन अब इतिहास के पन्नों में दर्ज हो सकता है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की दिल्ली में केंद्रीय रेल मंत्री के साथ हुई बैठक के बाद यह संकेत मिले हैं कि इस ऐतिहासिक स्टेशन पर ट्रेनों के पहिए हमेशा के लिए थम सकते हैं। ऋषिकेश को नई भव्यता देने के लिए तैयार किए जा रहे 'ऋषिकेश गंगा कॉरिडोर' की राह में अब अंग्रेजों के जमाने का रेलवे स्टेशन आने वाला है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के मुताबिक, इस कॉरिडोर के विकास के लिए पुराने रेलवे स्टेशन की बेशकीमती भूमि का उपयोग किया जाएगा। उत्तराखंड सरकार और रेल विकास निगम (RVNL) के बीच इसे लेकर सहमति बनती दिख रही है। योजना है कि इस जगह को उत्तराखंड की समृद्ध सांस्कृतिक पहचान और कला को दर्शाने वाली भव्य इमारतों के रूप में विकसित किया जाए। यानी साफ है कि इस स्टेशन का इस्तेमाल अब पूरी तरह से गैर-रेलवे गतिविधियों के लिए होगा।
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सुभाष समेत चार की चोरी की साजिश का बड़ा खुलासा

Noida, Uttar Pradesh:सूत्रों के मुताबिक, सुभाष ने बताया कि चोरी की पूरी साजिश टिन्नू, अनुकल्प और लवकुश ने रची थी यही सब तय करते थे कि कब और कैसे रकम पार करनी है इसमें टिन्नू की भूमिका बेहद अहम रही सुभाष ने कहा कि टिन्नू के पास वे सभी अधिकार थे, जो ट्रस्ट के पदाधिकारियों के पास थे उसकी मौजूदगी में कोई भी कुछ नहीं बोलता था। इसलिए रकम पार होती रही सुभाष भी वही करता रहा, जो टिन्नू व अन्य लोग कर रहे थे। बाद में वह भी उसी में शामिल हो गया। सुभाष ने पुलिस को बताया कि जिस दिन केवल सिक्कों की गणना होती थी, उस दिन इन सभी की ड्यूटी नहीं लगाई जाती थी, क्योंकि पता था कि सिक्कों की गिनती में फायदा नहीं होगा। इतने सिक্কे वे नहीं ले जा सकते थे, जितने के नोट पार करते थे। इसलिए उस दौरन दूसरे कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई जाती थी।
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ED की बड़ी कार्रवाई: रोहिंग्या‑बांग्लादेशी घुसपैठ नेटवर्क के 13 ठिकानों पर छापेमारी

Noida, Uttar Pradesh:रोहिंग्या और बांग्लादेशी घुसपैठ नेटवर्क पर ED की बड़ी कार्रवाई, 13 ठिकानों पर छापेमारी... ED के लखनऊ जोनल कार्यालय ने 16 जुलाई 2026 को मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम (PMLA), 2002 के तहत 13 ठिकानों पर छापेमारी की। यह कार्रवाई कथित आतंकी फंडिंग और अवैध घुसपैठ नेटवर्क से जुड़े मामले में की गई। यह मामला उत्तर प्रदेश एंटी टेररिज्म स्क्वॉड (ATS) द्वारा दर्ज एफआईआर पर आधारित है। जांच एजेंसियों के मुताबिक, एक संगठित गिरोह रोहिंग्या और बांग्लादेशी नागरिकों की भारत में अवैध घुसपैठ कराने, उनके लिए फर्जी भारतीय पहचान पत्र तैयार कराने और देश के अलग-अलग हिस्सों में उन्हें बसाने का काम कर रहा था。 ED के अनुसार, प्रारंभिक जांच में एक मजबूत वित्तीय नेटवर्क का भी खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया है कि कुछ चैरिटेबल ट्रस्ट और अन्य संस्थाओं को विदेशों से बड़ी मात्रा में फंडिंग मिली, जिसे कई बैंक खातों, म्यूूल (डमी) खातों और जटिल लेन-देन के जरिए घुमाकर कथित तौर पर अवैध गतिविधियों में इस्तेमाल किया गया। जांच एजेंसियों का यह भी दावा है कि संदिग्ध लाभार्थियों तक पैसा पहुंचाने के लिए नकद निकासी और छोटी-छोटी रकम के कई ट्रांजैक्शन किए गए, ताकि लेन-देन पर आसानी से संदेह न हो। फिलहाल, ED की जांच जारी है और एजेंसी इस पूरे नेटवर्क से जुड़े लोगों, फंडिंग के स्रोत और धन के इस्तेमाल की विस्तृत पड़ताल कर रही है।
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झारखंड में भाजपा बनाम गठबंधन: कांग्रेस-राजद पर उठे तीखे आरोप

Ranchi, Jharkhand:1607ZBJ_RNC_POLITICAL_R बीजेपी के निशाने पर राज्य की गठबन्धन सरकार है... बीजेपी ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए दूसरे दर्जे की बिना वजूद वाली पार्टी बताया तो वहीं राजद को अस्तित्व विहीन करार दिया... वहीं बीजेपी के आरोप पर विरोधी हुए आक्रामक झारखंड में सत्तापक्ष और विपक्ष आमने सामने है। बीजेपी से राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, इस सरकार में कांग्रेसियों की कोई हैसियत नहीं , नीतिगत निर्णयों में सीएम कांग्रेस कोटे के मंत्रियों को तबज्जों नहीं देते । बीजेपी ने राज्य की सरकार को झारखंड मुक्ति मोर्चा की सरकार बताया और कांग्रेस के मंत्रियों को सिर्फ सायरन बनाने के लिए मंत्री पद पर काबिज बताया तो वहीं कांग्रेस ने बीजेपी बीजेपी पर जोरदार हमला बोला भारतीय जनता पार्टी के मुख्य प्रवक्ता ने इंडिया गठबंधन यहां जो गठबंधन है उसमें झारखंड मुक्ति मोर्चा की सरकार है और कांग्रेस दूसरे दर्जे की पार्टी है कांग्रेस और रजत का कोई वजूद नहीं है। कांग्रेसियों की हालत यह है कि उनके मंत्री दूल्हे के फूफा की तरह रूसे लेकिन खुद फिर बारात में शामिल हो गया। झारखंड मुक्ति मोर्चा इन्हें हर बार जलील करती है सिर्फ सायरन बजाने के लिए कांग्रेस के नेता मंत्री पद पर बने हुए हैं。 बाइट ....प्रतुल शाह देव,मुख्य प्रवक्ता बीजेपी भारतीय जनता पार्टी के द्वारा लगाए गए आरोप पर पलटवार करते हुए कांग्रेस ने कहा कि सरकार को अपदस्थ करने के लिए भारतीय जनता पार्टी ने सारे हथकंडे अपना लिए ,मुख्यमंत्री को जेल तक भेज दिया लेकिन कामयाब नहीं हुए ।आलोक दुबे ने कहा कि यहाँ सरकार हमारी है उनका पेट में क्यों दर्द हो रहा है।उन्होंने कहा कि बिहार में बीजेपी ने सरकार को धोखा दिया चुने हुए मुख्यमंत्री के साथ विश्वास घात किया लेकिन उसपर कुछ नहीं बोलेंगे। झारखंड में गठबंधन की सरकार से खौफ है और आने वाले कई दशकों तक झारखंड में बीजेपी का नामो निशान नहीं होगा।बीजेपी सिर्फ प्रिडिक्ट करते रहें किसकी सरकार है किसकी सरकार नहीं है लेकिन उन्हें कुछ हासिल नहीं होगा। यह सरकार मजबूत है कोई आंख दिखाएगा तो राज की जनता उन्हें बाहर का रास्ता दिखाएंगे। बाइट....आलोक दुबे,कांग्रेस बीजेपी के आरोपों पर पलटवार करते हुए झारखंड मुक्ति मोर्चा ने कहा कि झारखंड में हेमंत सोरेन के नेतृत्व में एक मजबूत सरकार चल रही है। मजबूर सरकार का उदाहरण देखना है तो वह केंद्र की एनडीए सरकार में देखें। जीतन राम माँझी,चिराग़ पासवान सरीखे नेताओं की क्या स्थिति है किसी से छुपी नहीं। झारखंड सरकार बेहतर तरीके से कम कर रही है इसीलिए बीजेपी के पेट में दर्द हो रहा है।वैसे भी बीजेपी के नेता हेमंत फोबिया से ग्रसित है。 बाइट.....मनोज पांडेय,जेएमएम
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