icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
न्यूज़ क्रिएटर बनें

आपकी स्थानीय कहानियाँ, आपकी आवाज़

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

भारत ने ओमान तट पर भारतीय नाविकों की हत्या के मामले में ईरानी डिप्लोमेट तलब किया

Noida, Uttar Pradesh:Iran diplomat summoned by India over killing of Indian seafarer off Oman coast New Delhi: India has summoned an Iranian Deputy Ambassador over the killing of an Indian seafarer after Iranian cruise missiles struck two UAE-owned tankers in the Strait of Hormuz. Indian officials have expressed concern over the safety of its large seafaring community. Thousands of Indian nationals work on merchant vessels in the region, often in high-risk areas. The attack, which took place on Monday within Omani territorial waters, marks a serious escalation in tensions across West Asia and threatens vital global oil shipping routes. The UAE Ministry of Defence identified the vessels as the oil tanker Mombasa and the LNG carrier Al Bahiyah. Both were hit by Iranian cruise missiles while navigating the southern shipping lane, UAE said in a statement. One Indian crew member died in the attack on the Mombasa. Eight others were wounded, including six Indian nationals and two Ukrainians, with four of the injured in serious condition. Fires broke out on both vessels but were later brought under control. The UAE strongly condemned the strikes as "a blatant violation of international law" and a threat to regional security. "The UAE reserves its full right to respond to this escalation," it added. The incident comes amid heightened friction between Iran and its neighbours, with the Strait of Hormuz , through which about a fifth of the world's seaborne oil passes, remaining a flashpoint. Shipping experts warn that renewed attacks on commercial vessels could drive up insurance costs and force more ships to take the longer route around Africa, further disrupting global supply chains already strained by previous Red Sea disruptions.
0
0
Report

बाराबंकी में मुस्लिम टोपी वाले होर्डिंग से सियासी संग्राम, सपा कार्यकर्ताओं ने पोस्टर फाड़े

Barabanki, Uttar Pradesh:ब्रेकिंग बाराबंकी – बाराबंकी शहर में एक बार फिर विवादित होर्डिंग सामने आने से सियासी माहौल गरमा गया। होर्डिंग में समाजवादी पार्टी के संस्थापक मुलायम सिंह यादव और राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को मुस्लिम टोपी में दिखाया गया। साथ ही होर्डिंग पर “दिल में बाबर, मुँह में राम” जैसे आपत्तिजनक शब्द लिखे पाए गए। सूचना मिलते ही सपा कार्यकर्ताओं में भारी आक्रोश फैल गया। सपा नेता ताज बाबा राईन समर्थकों के साथ मौके पर पहुंचे। आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने विवादित होर्डिंग और पोस्टर फाड़कर हटा दिए।
0
0
Report
Advertisement
0
0
Report

झाँसी प्रेमनगर वार्ड 12 स्कूलपूरा में गूँजी 'बेहतर झाँसी अभियान' की आवाज, दीपक शिवहरे ने जनता से किय

Adil AhmadAdil AhmadFollowJust now
Jhansi, Uttar Pradesh:झाँसी के प्रेमनगर वार्ड नंबर 12 स्कूलपूरा (नगरा) क्षेत्र में प्रदेश अध्यक्ष युवा कांग्रेस दीपक शिवहरे जी द्वारा चलाए जा रहे "बेहतर झाँसी अभियान" के अंतर्गत शहर अध्यक्ष युवा कांग्रेस मोहम्मद आसिफ द्वारा नुक्कड़ सभा का आयोजन किया गया। इस दौरान क्षेत्रवासियों को अभियान के उद्देश्यों और इसके 9 प्रमुख संकल्पों की विस्तार से जानकारी दी गई। जनसंपर्क के दौरान स्थानीय नागरिकों ने महंगी शिक्षा, पेयजल संकट, सफाई व्यवस्था, जर्जर सड़कें, बिजली, स्वास्थ्य सेवाओं, रसोई गैस सिलेंडर की बढ़ती कीमतों सहित अन्य मूलभूत समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। नागरिकों ने इन मुद्दों के शीघ्र समाधान की मांग भी की। प्रदेश अध्यक्ष दीपक शिवहरे ने कहा कि "बेहतर झाँसी अभियान" का उद्देश्य केवल लोगों की समस्याएँ सुनना नहीं, बल्कि उन्हें संगठित जनसंघर्ष के माध्यम से संबंधित विभागों तक पहुँचाकर समाधान सुनिश्चित कराना है। शहर अध्यक्ष मोहम्मद आसिफ ने क्षेत्रवासियों से अधिक से अधिक संख्या में अभियान से जुड़ने और अपनी समस्याओं को खुलकर रखने की अपील की ओर सभी समस्याओं का समाधान कराने का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी उपस्थित रहे और अभियान को अपना भरपूर समर्थन दिया। साथ में आए युवा साथियों में पूर्व प्रदेश अध्यक्ष NSUI नफीस मकरानी, प्रदेश महासचिव शेखर नलवंशी, प्रदेश सचिव दीपक अग्रवाल, प्रदेश सचिव हुमाम खान, पूर्व महानगर अध्यक्ष विशाल वर्मा, महानगर महासचिव सागिल अली, महानगर सचिव अयान खान, शाहरुख मंसूरी, मयंक शर्मा, खालिद अली, मेहताब आलम, ललित कोरी, खेमचंद्र गौतम, जितेंद्र कुमार, विष्णु सेन, आसिफ मंसूरी आदि उपस्थित रहे।
0
0
Report

फरीदाबाद में डेंगू-मलेरिया के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग का अलर्ट

Faridabad, Haryana:फ़रीदाबाद- बरसाती मौसम में डेंगू-मलेरिया के खतरे को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग हुआ अलर्ट। जिलेभर में डेंगू-मलेरिया की रोकथाम के लिए 40 टीमें फील्ड में उतारी गईं। घर-घर जाकर डेंगू के लार्वा की जांच कर रही हैं स्वास्थ्य विभाग की टीमें। लार्वा मिलने पर अब तक 180 लोगों को स्वास्थ्य विभाग ने जारी किए नोटिस। सभी सरकारी अस्पतालों में डेंगू-मलेरिया के लिए अलग वार्ड किए गए तैयार। सिविल सर्जन डॉ. जयंत आहूजा ने लोगों से साफ-सफाई रखने की अपील की। जिले में फिलहाल मलेरिया के 3 और डेंगू के 2 मरीजों का इलाज जारी। कूलर, गमले, टायर और गड्ढों में पानी जमा न होने देने की दी सलाह। बुखार या बदन दर्द होने पर तुरंत सरकारी अस्पताल में जांच कराने की अपील। बिना डॉक्टर की सलाह के मेडिकल स्टोर से दवा न लेने की हिदायत। समय पर जांच और इलाज से डेंगू-मलेरिया से बचाव संभव, स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की.
0
0
Report
Advertisement

नर्मदापुरम ट्रैफिक पुलिस ने मुफ्त हेलमेट बैंक शुरू कर दिया, यातायात सुरक्षा का मॉडल

Narmadapuram, Madhya Pradesh:नर्मदापुरम यातायात पुलिस ने सड़क सुरक्षा के लिए फ्री हेलमेट बैंक शुरू करने की घोषणा की है। छतरपुर के बाद अब नर्मदापुरम प्रदेश का दूसरा जिला है जहां यह अनोखी सुविधा शुरू होगी। हेलमेट मिलने के लिए सिर्फ मोबाइल नंबर दर्ज करना होगा और तीन दिनों के भीतर वापस करना होगा; वापस लेने पर जरूरत पड़ने पर फिर से हेलमेट दिया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य चालान नहीं बल्कि लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। भोपाल तिराहे पर नई यातायात पुलिस चौकी के साथ हेलमेट बैंक और पर्यटन-info सेंटर भी बनेगा, जिससे पर्यटकों को जिले के प्रमुख स्थलों की जानकारी मिलेगी। शुरुआत में 250 हेलमेट उपलब्ध रहेंगे और जरूरत बढ़ने पर संख्या बढ़ाई जाएगी। अगर यह सफल रहती है, तो शहर के अन्य चौकों पर भी हेलमेट बैंक शुरू किए जाएंगे ताकि सड़क हादसों में हेलमेट नहीं पहनने से होने वाली मौतों व चोटों को कम किया जा सके।
0
0
Report

दतिया उपचुनाव में अवधेश नायक के घर बना सियासी केंद्र

Datia, Madhya Pradesh:अवधेश नायक के घर पर टिकी दतिया उपचुनाव की सबसे बड़ी सियासी नजर दतिया विधानसभा उपचुनाव में इस समय यदि किसी एक नेता के आवास पर सबसे अधिक राजनीतिक गतिविधियां दिखाई दे रही हैं, तो वह कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व राज्यमंत्री अवधेश नायक का निवास है। भले ही अवधेश नायक इस उपचुनाव में प्रत्याशी नहीं हैं, लेकिन उनकी राजनीतिक भूमिका और अगला कदम दोनों ही प्रमुख दलों—भाजपा और कांग्रेस—के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हाल ही में भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी की अवधेश नायक से हुई सौजन्य मुलाकात के बाद राजनीतिक चर्चाओं का दौर और तेज हो गया है। इस मुलाकात ने दतिया की राजनीति में नए समीकरणों को लेकर अटकलों को हवा दे दी है। अवधेश नायक लंबे समय तक भारतीय जनता पार्टी से जुड़े रहे। वर्ष 2003 के विधानसभा चुनाव में वे भाजपा के उम्मीदवार थे। उस समय तत्कालीन मुख्यमंत्री उमा भारती ने अपने चुनाव अभियान की शुरुआत दतिया स्थित मां पीतांबरा पीठ से की थी। बाद में उमा भारती द्वारा भारतीय जनशक्ति पार्टी के गठन पर अवधेश नायक भी उनके साथ चले गए। मध्य प्रदेश में परिसीमन के बाद दतिया की राजनीति में डॉ. नरोत्तम मिश्रा का प्रभाव बढ़ा। इस दौरान अवधेश नायक मध्य प्रदेश पथ्य पुस्तक निगम के उपाध्यक्ष रहे और उन्हें राज्यमंत्री का दर्जा भी प्राप्त था। भाजपा में लगातार उपेक्षा महसूस होने के बाद उन्होंने कांग्रेस का दामन थाम लिया। पिछले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने पहले उन्हें उम्मीदवार बनाया, लेकिन अंतिम समय में टिकट बदल दिया गया। बताया गया कि उन्हें भरोसा दिलाया गया था कि अगली बार पार्टी उन्हें अवसर देगी। इसी विश्वास के साथ उन्होंने इस उपचुनाव के लिए नामांकन पत्र भी खरीदा, लेकिन कांग्रेस ने अंततः कुंवर घनश्याम सिंह को अपना प्रत्याशी घोषित कर दिया। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अवधेश नायक का ब्राह्मण समाज और अपने समर्थकों के बीच अच्छा प्रभाव है। यही वजह है कि कांग्रेस उनकी नाराजगी को लेकर सतर्क बताई जा रही है, जबकि भाजपा भी उन्हें अपने पक्ष में लाने के प्रयासों में जुटी होने की चर्चा है। सूत्रों के अनुसार कई भाजपा नेताओं ने उनसे संपर्क किया है और भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी भी उनसे मुलाकात कर चुके हैं। इसी बीच कांग्रेस द्वारा जारी स्टार प्रचारकों की सूची में अवधेश नायक का नाम शामिल नहीं है। राजनीतिक गलियारों में इसे लेकर अलग-अलग तरह की चर्चाएं हैं। हालांकि, कांग्रेस की ओर से इसे लेकर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की गई है। वहीं, भाजपा की ओर से भी अवधेश नायक की संभावित वापसी को लेकर कोई औपचारिक बयान सामने नहीं आया है। फिलहाल अवधेश नायक ने अपने राजनीतिक रुख का सार्वजनिक रूप से खुलासा नहीं किया है। उन्होंने किसी भी दल के समर्थन या चुनाव प्रचार को लेकर स्पष्ट घोषणा नहीं की। ऐसे में दतिया उपचुनाव में उनकी अगली रणनीति पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यदि अवधेश नायक खुलकर किसी एक पक्ष के समर्थन में आते हैं, तो इसका असर चुनावी समीकरणों पर पड़ सकता है। BYTE
0
0
Report
Advertisement

फर्रुखाबाद रामगंगा पुल के पिलरों में पेड़, बड़ा हादसा टलने की आशंका

Farrukhabad, Uttar Pradesh:फर्रुखाबाद पुल के पिलर में उगने लगे पेड़ ब्रिज के पिलर में पेड़ उगना बहुत खतरनाक हो सकता है। दिखने में छोटा सा पौधा लगता है, पर धीरे-धीरे पूरा ब्रिज कमजोर कर देता है। अपनी उम्र पूरा कर चूका ब्रिज,नेशनल हाइवे 730C की लाइफ लाइन ब्रिज अगर N.A.H.I के अधिकारी नहीं जागे तो बड़ी दुर्घटना पर किसकी जिम्मेदारी फर्रुखाबाद में रामगंगा पुल की तस्वीरें चिंता बढ़ाने वाली हैं। पुल के पिलरों में पेड़-पौधे उग आए हैं। देखने में यह मामूली लग सकता है, लेकिन इंजीनियरिंग के लिहाज से यह किसी भी पुल के लिए खतरे की घंटी माना जाता है। सवाल यह है कि क्या समय रहते इनकी सफाई और मरम्मत होगी या फिर किसी बड़े हादसे का इंतजार किया जाएगा? फर्रुखाबाद के रामगंगा पुल के पिलरों में उग आए पेड़ अब पुल की सेहत पर सवाल खड़े कर रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, पौधों की जड़ें कंक्रीट की महीन दरारों में प्रवेश कर धीरे-धीरे उन्हें चौड़ा कर देती हैं। समय के साथ यही जड़ें कंक्रीट को अंदर से कमजोर करने लगती हैं। जड़ों के साथ नमी भी पिलर के भीतर पहुंचती है, जिससे सरिया में जंग लगने का खतरा बढ़ जाता है। इसका सीधा असर पुल की मजबूती और उसकी उम्र पर पड़ता है। इसी वजह से लोक निर्माण विभाग और संबंधित एजेंसीजियाँ पुलों पर उगने वाली घास, झाड़ियों और पौधों को तुरंत हटाने तथा दरारों की मरम्मत करने की सलाह देती हैं। क्योंकि शुरुआत में कुछ रुपये खर्च कर हटाया जा सकने वाला पौधा, अगर पेड़ बन जाए तो करोड़ों रुपये की मरम्मत की नौबत ला सकता है। रामगंगा पुल की वर्तमान स्थिति को देखते हुए स्थानीय लोगों ने भी समय रहते निरीक्षण, पौधों की सफाई और आवश्यक मरम्मत कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी तरह के खतरे से बचा जा सके। रामगंगा पुल सिर्फ एक पुल नहीं, बल्कि हजारों लोगों की रोजमर्रा की आवाजाही की जीवनरेखा है। ऐसे में पिलरों में उगते पेड़ महज हरियाली नहीं, बल्कि संभावित खतरे का संकेत भी हो सकते हैं। अब देखना होगा कि जिम्मेदार विभाग इस ओर कितनी तेजी से कार्रवाई करता है।
0
0
Report
Advertisement

दिल्ली दंगों में ताहिर हुसैन दोषी, अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया

Noida, Uttar Pradesh:पूर्व AAP नेता और AIMIM चुनाव प्रत्याशी ताहिर हुसैन को दिल्ली दंगा मामले में कड़कड़डूमा कोर्ट द्वारा दोषी करार दिए जाने पर एक प्रेस कॉन्फ्रंस करते हुए दिल्ली सरकार में मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा: कल न्यायालय का एक निर्णय आया 6 साल से इसकी हम प्रतीक्षा कर रहे थे 2020 दिल्ली दंगों के दौरान एक नौजवान IB अफसर अंकित शर्मा जिसको खींच कर ताहिर हुसैन के घर ले जाया गया पोस्टमार्टम रिपोर्ट बताती है उसको 51 बार चाकुओं से गोदा गया मृत शरीर पर भी चाकुओं से कई वार किए उस शरीर को नाले में फेंक दिया गया दो दिन बाद नाले से वह शव nikalaa सबकी आँखों में आंसू थे ताहिर हुसैन इस हत्या में शामिल है कोर्ट ने उसे दोषी करार दिया ताहिर हुसैन के साथियों द्वारा यह साजिश रची गई थी वह केवल एक्टर है इस घटना का डायरेक्टर कोई और है उसके हाथ में खंजर देने वाले लोग अभी भी बचे हुए हैं ऐसे लोगों ने भड़काने का काम किया जिन लोगों से सड़कें बंद की थी उन्हीं लोगों ने आग लगाई, देंगे किए वहीं बस्तियों से वह लोग निकले उसी में से एक ताहिर हुसैन थे यह एक बड़ी साजिश है पहले गालियों को बंद कर दो उसके बाद चुन चुन के हिंदुओं को मारो ताहिर के घर बम मिले, बंदूकें, गुलेल लगे मिले जिन्हें निशाने पर हिंदुओं के घर और मंदिर थे जिन दुकानों पर CAA विरोध के नारे थे उन्हें छोड़ दिया गया बाकी सभी को जला दिया गया हिंदुओं को पलायन के लिए मजबूर करने की साजिश थी इस मामले में और भी लोग शामिल हैं जो उमर खालिद और ताहिर हुसैन को बचाने की कोशिश कर रहे थे अभी केवल एक्टर पकड़ा गया है इस दंगे में मास्टरमाइंड के साथ न्याय होना बाकी है कुछ न्याय कोर्ट में होंगे कुछ ईश्वर के पास आज मैं सवाल पूछना चाहता हूं जो आज कल सनातनी बनने का ढोंग कर रहे उस समय आपकी सरकार थी केजरीवाल जी तब आपने क्यों ताहिर हुसैन का समर्थन किया क्या जब ताहिर हुसैन अंकित शर्मा को चाकू से मार रहा था तब क्या वह संजय सिंह से फोन पर था क्या केजरीवाल सिसोदिया जैसे लोग भी इस साजिश में शामिल हैं क्यों उनके मुंह से अंकित शर्मा के लिए एक शब्द नहीं निकला किसी भी हिंदू के घर वह मिलने नहीं गए जिनके बच्चे मारे गए, जिनके घर जला दिए गए आम आदमी पार्टी का एक नेता भी क्यों नहीं आया इस अपराध को रोकने के लिए 2 शब्द आप नहीं बोल पाए इस दंगे के खिलाफ कहां गायब हो गए थे यह सब जनता के बीच राहत देने क्यों नहीं आए केवल कुछ मुस्लिम बस्तियों के बीच राहत कैम्प लगाए गए सरकारी अस्पतालों में धर्म पूछ कर इलाज हो रहा था केजरीवाल के हाथों में हिंदुओं का खून लगा है सत्ता में उस वक्त बैठे लोग भी ताहिर हुसैन के साथ शामिल थे।
0
0
Report

राम मंदिर दान मामले में UP सरकार सख्त, SIT व FIR के बाद कदम कड़े

Noida, Uttar Pradesh:लखनऊ | उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री नरेंद्र कुमार कश्यप ने राम मंदिर चंदे के विवाद पर कहा, "सर्वोच्च न्यायालय के किसी भी फैसले के साथ हम सभी लोग खड़े रहते हैं, उनका सम्मान है लेकिन उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अयोध्या के दान चोरी मामले को लेकर बहुत गंभीर हैं। इसलिए SIT भी बनी, FIR भी हुई और गिरफ्तारियां भी हुईं। मुख्यमंत्री निश्चित ही इस बात के लिए संकल्पित हैं कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को अंजाम देने का अवसर किसी को न मिले। इसके लिए सख्त से सख्त कदम उठाने की दिशा में सरकार आगे बढ़ रही है... रिपोर्ट के आधार पर सरकार को जो लगेगा, उसके तहत कठोरतम कार्रवाई के लिए सरकार आगे बढ़ेगी।
0
0
Report
Advertisement
Advertisement
Back to top