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Mohd Sartaj SiddiquiMohd Sartaj SiddiquiFollow4 Feb 2025, 12:13 pm

Pilibhit : बिलसंडा में हमारा आंगन- हमारे बच्चे कार्यक्रम का आयोजन किया गया

Pilibhit, Uttar Pradesh:

पीलीभीत के बिलसंडा में खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय परिसर में निपुण भारत मिशन के अंतर्गत "हमारा आंगन-हमारे बच्चे" उत्सव कार्यक्रम का आयोजन किया गया. जिसमें मुख्य अतिथि बीजेपी विधायक विवेक कुमार वर्मा ने पहुंच कर कार्यक्रम में भाग लिया. विधायक ने बिलसंडा ब्लॉक क्षेत्र के 50 स्कूली छात्र-छात्राओं सहित शिक्षकों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया, इस मौके पर एबीएसए एस.एस मौर्य,शिक्षा विभाग के अधिकारी,भारी संख्या में आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों,स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों ने कार्यक्रम में पहुंचकर भाग लिया।

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नीट पेपर लीक पर NSUI ने सरकार से इस्तीफा और उच्चस्तरीय जांच की मांग

Delhi, Delhi:नीट परीक्षा रद्द होने पर देशके अलग-अलग राज्यों हो रहे विरोध प्रदर्शन पर एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ ने कहा。 जी बहुत बड़ा मुद्दा है जिस तरीके से 22 लाख छात्र-छात्राओं का भविष्य नेशनल टेस्टिंग एजेंसी के सिर्फ एक लाइन के सॉरी बोल देने से 22 लाख नौजवानों के सपनों पर पानी फेर देने का जो काम किया है एजुकेशन सिस्टम जो है वह पूरी तरीके से कॉलेप्स हो गया है एक परीक्षा भी सही से नहीं कर पा रहे हैं इसकी नैतिक जिम्मेदारी सरकार को लेनी चाहिए बहुत से परिवारों ने कर्ज लिया लोन लिया पैसा और वक्त दोनों खर्च होता है जिन छात्रों ने पूरी ईमानदारी से तैयारी की थी आज उनकी मेंटल हेल्थ पर क्या असर पड़ा होगा उनके परिवार पर क्या असर पड़ रहा होगा उनका सवाल है कि हमारी क्या गलती थी कि हमने तो पूरी ईमानदारी से परीक्षा दी थी और तैयारी की थी सवाल यह खड़ा होता है कि इसमें शामिल कौन है 17 में पेपर लीक होता है 21 में पेपर लीक होता है 24 में पेपर लीक होता है और 26 में पेपर लीक हो गया 10 साल में चार बार नीट का पेपर लीक होना वही नता एक्जाम कर रहा है तो यह सबके सामने है कि उनके भविष्य का क्या होगा। पहले तो एबीवीपी को सोचना चाहिए कि मैं उनको याद दिलाना चाहता हूं संगठन को की 2024 में जी डिग्री की निगरानी में यह पेपर हुआ था जिसके टाइम पर पेपर लीक हुआ था उसको बीजेपी ने सम्मानित करके छत्तीसगढ़ का प्रिंसिपल सेक्रेटरी बना दिया गया है तो इससे साफ जाहिर होता है कि आप किस मुंह से वहां जाकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं उन्होंने अपनी सरकार से कोई सवाल क्यों नहीं पूछा सिर्फ एनडीए से सवाल पूछना कितना सही है यह एजेंसी तो सरकार के इशारे पर काम कर रही है भाजपा सरकार में जितनी बड़ी चोरी करेगा उतना बड़ा सम्मान उनको दिया जाता है। हमें खुशी है कि वह छात्रों के हित के लिए आ रहे हैं लेकिन उनको सरकार की आंखों में आज डालकर भी सवाल पूछना चाहिए कि इसका जिम्मेदार कौन है राजस्थान में कोटा सीकर जयपुर जितने भी बड़े कोचिंग के हब हैं वह सब बीजेपी के बड़े नेताओं के हैं या उनके समर्थ लोगों के हैं सीबीआई ने भी जिस तरीके से लोगों को पकड़ा उसमें भी ज्यादा भाजपा के नेता हैं और कई लोगों को जिनका पकड़ा गया उनके फोटो भाजपा के वरिष्ठ नेताओं के साथ सामने आए हैं वह पूरी दखलअंदाजी इस मामले में कर रहे हैं प्रशासन और पुलिस को कंट्रोल में करते हैं और छोड़ देते हैं भाजपा के लोग ही पेपर लीक कर रहे हैं यह लड़ाई बड़े मगरमच्छों के साथ है सीबीआई उनके कंट्रोल में काम कर रही है पिछली बार क्या नतीजा निकला क्या जांच हुई किसी को नहीं पता उसका कोई खुलासा नहीं हुआ इस पूरे प्रकरण की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना चाहिए। हम मांग करते हैं कि एक उच्च स्तरीय कमेटी बनाई चाहिए या फिर ज्वाइंट पार्लियामेंट्री कमिटी के स्तर पर इसकी जांच करवानी चाहिए। एनएसयूआई कोर्ट से लेकर सड़क से लेकर संसद तक यह लड़ाई लड़ाई की सवाल विनोद जाखड़ के ऊपर दर्ज हुए मामले पर बोले । मुझे ऐसा कोई आईडिया नहीं है कॉलेज में जब हम लोग छात्र राजनीति करते थे लड़ाई करते थे प्रिंसिपल से यह सब फर्जी दस्तावेज है अगर ऐसा कुछ है तो मुझे इसके पूरी जानकारी है मेरा ऐसा कोई मामला था नहीं हम एक आंदोलन कर रहे थे प्रिंसिपल के साथ झड़प हुई जिसके बाद यह फर्जी मुकदमा लिखवाया गया अगर ऐसा कोई मामला मेरे साथ है तो कोर्ट में वह साबित करें अगर ऐसा होता तो मैं चुनाव कैसे लड़ पता मैं यहां तक कैसे पहुंच पाया यह कोई अब की बात नहीं है। यह fir साल 2014 की है और यह शिव राजनीति से प्रेरित है उसे वक्त हम विपक्ष में द प्रिंसिपल से हमारी झड़प हुई थी आंदोलन के बाद यह फर्जी मुकदमा किया गया है टीटी विथ विनोद जाखड़ president NSUI
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संदिग्ध परिस्थितियों में युवती ने लगाई फांसी

Vinod Kumar GangwarVinod Kumar GangwarFollowJust now
Milak, Uttar Pradesh:Milak: कोतवाली क्षेत्र के ग्राम राठौडा गांव निवासी एक व्यक्ति की 18 वर्षीय पुत्री ने संदिग्ध परिस्थितियों में फांसी लगा कर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। मृतिका की माता की बचपन में ही मौत हो गई थी, जिसके बाद उसके पिता ने दूसरी शादी कर ली थी, उसके दो सौतेले भाई हैं। घटना के दौरान घर पर कोई नहीं था, खाना बनाने के बाद उसने फांसी लगा ली, जब उसका भाई आशीष घर पहुंचा तो देखा वह फांसी पर झूल रही थी। आननं फानन में उसने अपने पिता को सूचना दी, वहीं सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई और परिजनों से पूछताछ की। मृतका ने कक्षा 8 के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी। वह घर पर ही रहकर घरेलू काम करती थी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मिलक से विनोद कुमार गंगवार।
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नीट पेपर लीक पर NSUI अध्यक्ष ने सरकार से नैतिक जिम्मेदारी लेने का आह्वान

Delhi, Delhi:नीट परीक्षा रद्द होने पर देशके अलग-अलग राज्यों हो रहे विरोध प्रदर्शन पर एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ ने कहा। जी बहुत बड़ा मुद्दा है जिस तरीके से 22 लाख छात्र-छात्राओं का भविष्य नेशनल टेस्टिंग एजेेंसी के सिर्फ एक लाइन के सॉरी बोल देने से 22 लाख नौजवानों के सपनों पर पानी फेर देने का जो काम किया है एजुकेशन सिस्टम जो है वह पूरी तरीके से कॉलेप्स हो गया है एक परीक्षा भी सही से नहीं कर पा रहे हैं इसकी नैतिक जिम्मेदारी सरकार को लेनी चाहिए बहूत से परिवारों ने कर्ज लिया लोन लिया पैसा और वक्त दोनों खर्च होता है जिन छात्रों ने पूरी ईमानदारी से तैयारी की थी आज उनकी मेंटल हेल्थ पर क्या असर पड़ा होगा उनके परिवार पर क्या असर पड़ रहा होगा उनका सवाल है कि हमारी क्या गलती थी कि हमने तो पूरी ईमानदारी से परीक्षा दी थी और तैयारी की थी सवाल यह खड़ा होता है कि इसमें शामिल कौन है 17 में पेपर लीक होता है 21 में पेपर लीक होता है 24 में पेपर लीक होता है और 26 में पेपर लीक हो गया 10 साल में चार बार नीट का पेपर लीक होना वही नता एक्जाम कर रहा है तो यह सबके सामने है कि उनके भविष्य का क्या होगा। पहले तो एबीवीपी को सोचना चाहिए कि मैं उनको याद दिलाना चाहता हूं संगठन को की 2024 में जी डिग्री की निगरानी में यह पेपर हुआ था जिसके टाइम पर पेपर लीक हुआ था उसको बीजेपी ने सम्मानित करके छत्तीसगढ़ का प्रिंसिपल सेक्रेटरी बना दिया गया है तो इससे साफ जाहिर होता है कि आप किस मुंह से वहां जाकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं उन्होंने अपनी सरकार से कोई सवाल क्यों नहीं पूछा सिर्फ एनडीए से सवाल पूछना कितना सही है यह एजेंसी तो सरकार के इशारे पर काम कर रही है भाजपा सरकार में जितनी बड़ी चोरी करेगा उतना बड़ा सम्मान उनको दिया जाता है। हमें खुशी है कि वह छात्रों के हित के लिए आ रहे हैं लेकिन उनको सरकार की आंखों में आज डालकर भी सवाल पूछना चाहिए कि इसका जिम्मेदार कौन है राजस्थान में कोटा सीकर जयपुर जितने भी बड़े कोचिंग के हब हैं वह सब बीजेपी के बड़े नेताओं के हैं या उनके समर्थ लोगों के हैं सीबीआई ने भी जिस तरीके से लोगों को पकड़ा उसमें भी ज्यादा भाजपा के नेता हैं और कई लोगों को जिनका पकड़ा गया उनके फोटो भाजपा के वरिष्ठ नेताओं के साथ सामने आए हैं वह पूरी दखलअंदाजी इस मामले में कर रहे हैं प्रशासन और पुलिस को कंट्रोल में करते हैं और छोड़ देते हैं भाजपा के लोग ही पेपर लीक कर रहे हैं यह लड़ाई बड़े मगरमच्छों के साथ है सीबीआई उनके कंट्रोल में काम कर रही है पिछली बार क्या नतीजा निकला क्या जांच हुई किसी को नहीं पता उसका कोई खुलासा नहीं हुआ इस पूरे प्रकरण की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना चाहिए। हम मांग करते हैं कि एक उच्च स्तरीय कमेटी बनाई चाहिए या फिर ज्वाइंट पार्लיאमेंट्री कमिटी के स्तर पर इसकी जांच करवानी चाहिए। एनएसयूआई कोर्ट से लेकर सड़क से लेकर संसद तक यह लड़ाई लड़ाई की सवाल विनोद जाखड़ के ऊपर दर्ज हुए मामलों पर बोले । मुझे ऐसा कोई आईडिया नहीं है कॉलेज में जब हम लोग छात्र राजनीति करते थे लड़ाई करते थे प्रिंसिपल से यह सब फर्जी दस्तावेज है अगर ऐसा कुछ है तो मुझे इसके पूरी जानकारी है मेरा ऐसा कोई मामला था नहीं हम एक आंदोलन कर रहे थे प्रिंसिपल के साथ झड़प हुई जिसके बाद यह फर्जी मुकदमा लिखवाया गया अगर ऐसा कोई मामला मेरे साथ है तो कोर्ट में वह साबित करें अगर ऐसा होता तो मैं चुनाव कैसे लड़ पता मैं यहां तक कैसे पहुंच पाया यह कोई अब की बात नहीं है। यह fir साल 2014 की है और यह शिव राजनीति से प्रेरित है उसे वक्त हम विपक्ष में द प्रिंसिपल से हमारी झड़प हुई थी आंदोलन के बाद यह फर्जी मुकदमा किया गया है टीटी विथ विनोद जाखड़ president NSUI
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झगड़े के बीच बचाव करने वाले युवक पर चाकू हमला, दो हमलावर हिरासत में

Faridabad, Haryana:फरीदाबाद में झगड़े का बीच बचाव कराना महंगा पड़ गया । बदमाशों ने युवक से रंजिश रखते हुए उस पर हमला कर दिया । जिससे उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया । फिलहाल युवक को डॉक्टरों ने इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई है । पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए दो हमलावरों को हिरासत में ले लिया है जबकि तीसरे आरोपी की तलाश जारी है । बादशाह खान सिविल अस्पताल की एमरजेंसी वार्ड के बिस्तर पर लेटा यह राकेश कुमार यादव है जिसने कुछ दिन पहले एक झगड़े का बीच बचाव कराया था । घायल राकेश ने बताया कि उसी बात पर बदमाशों ने उससे रंजिश पाल ली । मंगलवार देर शाम को राकेश अपने घर से ड्यूटी जा रहा था कि तभी बदमाशों ने उसे घेर लिया और चाकू और फरसे से उस पर हमला कर दिया । राकेश की छाती पर दो चाकू लगे जबकि फरसे के हमले को राकेश ने अपने हाथों से रोक लिया , जिसके चलते उसके हाथ की उंगलियों में गंभीर चोटें आई । राकेश ने बताया कि हमलावरों की संख्या तीन थी जो उस पर हमला कर मौके से फरार हो गए । जिसके बाद उसने 112 पर फोन कर पुलिस को इसकी जानकारी दी । घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस की टीम मौके पर पहुंच गई और घायल राकेश को फरीदाबाद के बादशाह खान सिविल अस्पताल में इलाज के लिए लेकर पहुंची जहां पर डॉक्टरों ने उसे प्राथमिक उपचार दिया । मामले में जानकारी देते हैं पुलिस प्रवक्ता यशपाल ने बताय कि देर शाम राकेश नाम के एक युवक पर थाना मुजेसर की संजय कॉलोनी इलाके में तीन बदमाशों द्वारा चाकू से हमला किया गया था । सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने उसे अस्पताल पहुंचाया जो फिलहाल खतरे से बाहर है । घायल के बयान के आधार पर दो हमलावरों को हिरासत में लिया गया है और तीसरे की तलाश जारी है ।
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उत्तराखंड में धामी के निर्देश: नो व्हीकल डे, वर्क फ्रॉम होम और EV नीति

Dehradun, Uttarakhand:एंकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के लोगों से आवाहन किया। इस समय ईरान और इजरायल की लड़ाई से पेट्रोलियम पदार्थ के संकट को देखते हुए पेट्रोलियम पदार्थों के कम खर्च का सुझाव दिया है। प्रधानमंत्री ने सभी सरकारों से भी कम से कम वाहनों के प्रयोग का आवाहन किया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य कैबिनेट की बैठक में कैबिनेट के तमाम मंत्रियों और शासन के आल्हा अधिकारियों के साथ पेट्रोलियम पदार्थों के उपयोग को लेकर विस्तृत चर्चा की। बुधुवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में आयोजित मंत्रिमंडल की बैठक में, राज्य में ऊर्जा और ईंधन बचत के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। उन्होंने कहा कि कोविड महामारी के बाद, रूस - यूक्रेन संघर्ष और वर्तमान में जारी पश्चिम एशिया के संकट के कारण वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला विशेष तौर पर ईंधन, खाद्य पदार्थ और उर्वरकों पर दबाव बढ़ा है। इस वैश्विक संकट के कारण भारत भी बढ़ती ईंधन लागत, आयात निर्भरता और आर्थिक दबाव का सामना कर रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने वर्तमान हालात में नागरिकों से छोटे-छोटे व्यवहारिक बदलावों के माध्यम से राष्ट्रीय प्रयासों में सहयोग की अपील की है, जिसका जनसामान्य पर सकारात्मक प्रभाव पड़ने की उम्मीद है। इसी क्रम में उत्तराखंड में भी कई अल्पकालिक और दीर्घकालिक सुधार तत्काल प्रभाव से लागू किए जा रहे हैं। वर्क फ्रॉम होम सरकारी विभागों में वीडियो कॉन्फरेंसिंग आधारित बैठकों को बढ़ावा दिया जाएगा। निजी क्षेत्रों में भी वर्क फ्रॉम होम को प्रोत्साहित किया जाएगा। साथ ही लोगों को सार्वजनिक परिवहन के अधिकतम उपयोग के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। नो व्हीकल डे मुख्यमंत्री एवं मंत्रीगणों के वाहन फ्लीट में वाहनों की संख्या आधी की जाएगी। सप्ताह में एक दिन नो व्हीकल डे घोषित किया जाएगा। वर्क फ्रॉम होम के तहत घर से ही कार्य करेंगे। जन सामान्य को भी सप्ताह में एक दिन No Vehicle Day के लिए प्रेरित किया जाएगा। सरकारी एवं निजी भवनों में AC के प्रयोग को सीमित करने के प्रयास किए जाएंगे। एक अधिकारी, एक वाहन परिवहन विभाग को सार्वजनिक बसों की सेवा और क्षमता बढ़ाने के निर्देश दिए गए। सरकारी कर्मचारियों को सार्वजनिक परिवहन के उपयोग हेतु प्रेरित किया जाएगा। जिन अधिकारियों के पास एक से अधिक विभाग हैं, उनके द्वारा एक दिन में अधिकतम एक वाहन का इस्तेमाल किया जाएगा। EV पॉलिसी इलेक्ट्रिक वाहनों (EVs) के लिए जल्द ही प्रभावी EV पॉलिसी लाई जाएगी, नए सरकारी वाहनों के क्रय में 50 प्रतिशत अनिवार्य तौर पर EV होंगे। इलेक्ट्रिक वाहनों (EVs) के लिए चार्जिंग स्टेशन / नेटवर्क का प्राथमिकता के आधार पर विस्तार किया जाएगा। सरकारी विदेश यात्राएं सीमित होंगी Visit My State अभियान के माध्यम से घरेलू पर्यटन को बढ़ावा दिया जाएगा। राज्य में विरासत, धार्मिक, वेलनेस, ग्रामीण और इको-टूरिज्म सर्किटों के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा। राज्य में Destination Weddings को प्रोत्साहन और Single Window Clearance की व्यवस्था की जाएगी। उत्तराखंड इस दिशा में पहले ही पहल कर चुका है। प्रवासी भारतीयों को उत्तराखंड में छुट्टियां बिताने हेतु प्रेरित किया जाएगा। मेरा भारत, मेरा योगदान जैसे जन-जागरूकता अभियान चलाए जाएंगे। Made in State अभियान के तहत स्थानीय उत्पादों की बिक्री बढ़ाई जाएगी। सरकारी खरीद में Make in India नियमों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा। नागरिकों को एक वर्ष तक सोने की खरीद को सीमित करने के लिए जागरुक किया जाएगा। खाद्य तेल की खपत घटाने के लिए आम जनमानस को कम तेल वाले भोजन से होने वाले स्वास्थ्य लाभों पर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। स्कूलों, अस्पतालों और सरकारी कैंटीनों में तेल उपयोग की समीक्षा करते हुए उसके उपयोग में कमी लाए जाने के प्रयास किए जाएंगे। होटल, ढाबा और स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को Low-Oil Menu अपनाने हेतु प्रेरित किया जाएगा। प्राकृतिक खेती को बढ़ावा किसानों को Natural Farming, Zero Budget Farming और Bio-inputs का प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। उर्वरकों के संतुलित उपयोग और मृदा स्वास्थ्य पर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा PNG (Piped Natural Gas) कनेक्शनों के संयोजनों को मिशन मोड में चलाया जाएगा। होटल, रेस्टोरेंट और सरकारी आवासों में PNG उपयोग को प्राथमिकता दी जाएगी। PM Surya Ghar Yojana के अंतर्गत Rooftop Solar को बढ़ावा दिया जाएगा। गोबर गैस को बढ़ावा देने के लिए पंचायती राज विभाग और ग्राम्य विकास विभाग को निर्देशित किया गया। Mining, Solar और Power Projects की मंजूरी प्रदान करने में तेजी लायी जाएगी। मुख्यसचिव की अध्यक्षता में गठित HPc 60 दिन में प्रस्ताव को अनुमोदन प्रदान करेगी।
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थार की टक्कर से मां-बेटे की मौत: शादी के घर में मातम

Nuh, Haryana:शादी की शहनाइयां गूंज रही थीं, वहां देर रात चीख-पुकार और मातम छा गया। लहरवाड़ी-सिंगलहेड़ी मार्ग पर तेज रफ्तार थार और बाइक की आमने-सामने की भिड़ंत में मां-बेटे की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। हादसा इतना भीषण था कि बाइक पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। सूचना मिलने पर डायल-112 व सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मांडीखेड़ा अस्पताल भिजवाया। मृतकों की पहचान वकील (27) और उसकी मां रिहाना (45) निवासी गांव आलमपुर पहाड़ी राजस्थान के रूप में हुई है। हादसे के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिजन रिजवान ने बताया कि सोमवार को ही मृतक वकील के छोटे भाई मुज्जमिल की शादी थी। घर में खुशी का माहौल था। रिश्तेदारों और मेहमानों की आवाजाही लगी हुई थी। शादी के बाद परिवार अभी खुशियों से उबर भी नहीं पाया था कि मंगलवार रात यह दर्दनाक हादसा हो गया। बताया गया कि मां-बेटे मंगलवार दिन में किसी काम से अपने मामा के घर मलाई गांव गए थे। देर शाम दोनों बाइक से वापस अपने गांव आलमपुर लौट रहे थे। जैसे ही वे लहरवाड़ी गांव के पास पहुंचे, सामने से तेज गति में आ रही थार गाड़ी ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार टक्कर इतनी भयानक थी कि दोनों कई फीट दूर जा गिरे और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। हादसे के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। राहगीरों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना पर डायल-112 और सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर मांडीखेड़ा अस्पताल पहुंचाया। वहीं दुर्घटना के बाद थार चालक मौके से फरार बताया जा रहा है। जांच अधिकारी ने बताया कि परिजनों की शिकायत के आधार पर मामला दर्ज किया जा रहा है। साक्ष्यों के आधार पर आरोपी चालक की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। दोनों मृतकों के शवों के पोस्टमार्टम कराया जा रहा है।
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बूंदी में विशेष स्वच्छता अभियान की समीक्षा, वार्डवार प्रगति पर चर्चा

Noida, Uttar Pradesh:बूंदी- शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे विशेष स्वच्छता अभियान की समीक्षा को लेकर आज बुधवार को जिला कलेक्ट्रेट सभागार में बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला कलक्टर हर फूल सिंह यादव ने की। बैठक में अभियान की प्रगति, वार्डवार किए जा रहे कार्यों तथा आगामी कार्ययोजना पर विस्तार से चर्चा की गई। जिला कलक्टर यादव ने बताया कि अभियान के प्रभावी संचालन के लिए प्रत्येक वार्ड में प्रभारी अधिकारियों की नियुक्ति की गई है, जो नियमित मॉनिटरिंग कर रहे हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शहर में सफाई व्यवस्था, कचरा निस्तारण और सौंदर्यीकरण कार्यों को प्राथमिकता के साथ समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए, ताकि आमजन को स्वच्छ वातावरण मिल सके। बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
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शाहपुरा में देर रात चोर ने ताला तोड़कर LED टीवी चुरा लिया

Jaipur, Rajasthan:शाहपुरा, जयपुर ग्रामीण देर रात मकान का ताला तोड़कर घुसा चोर, नकाबपोश बदमाश CCTV की LED लेकर फरार, सबूत मिटाने को टूटे ताले भी साथ ले गया आरोपी, CCTV में कैद हुई चोरी की पूरी वारदात, सफेद कलर की कार में सवार होकर आया बदमाश, पीड़ित चंद्रशेखर शर्मा ने चोरी की रिपोर्ट कराई दर्ज, शाहपुरा स्थित बिदारा गांव की है घटना。 शाहपुरा(जयपुर ग्रामीण)- जयपुर ग्रामीण के शाहपुरा क्षेत्र के ग्राम बिदारा में देर रात अज्ञात चोर ने एक मकान को निशाना बनाते हुए मुख्य दरवाजे का ताला तोड़कर चोरी की वारदात को अंजाम दिया। आरोपी चेहरे को कपड़े से ढके हुए था और पूरी घटना पास में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। पीड़ित चंद्रशेखर शर्मा निवासी बिदारा ने शाहपुरा पुलिस थाने में दर्ज रिपोर्ट में बताया कि रात करीब 12 बजे एक अज्ञात व्यक्ति सफेद रंग की कार से उनके मकान पर पहुंचा। आरोपी ने पहले मकान के दक्षिण दिशा वाले दरवाजे की बाहरी कुंडी बंद की और बाद में मुख्य दरवाजे का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश कर गया। बताया गया कि आरोपी ने मकान के कमरों के ताले भी तोड़ दिए और वहां लगी एलईडी टीवी चोरी कर ले गया, जो सीसीटीवी कैमरों से जुड़ी हुई थी। खास बात यह रही कि आरोपी जाते समय टूटे हुए सभी ताले भी अपने साथ ले गया। पीड़ित के अनुसार उनके भूखंड पर गाय-भैंस बंधी रहती हैं तथा पशुओं के लिए चारा भी रखा हुआ था। उन्होंने आशंका जताई कि आरोपी शाहपुरा की ओर से आया था और वारदात के बाद बिदारा फ्लैटों की तरफ फरार हो गया। पीड़ित ने बताया कि इससे पहले भी उनके मकान में कई बार तोड़फोड़ और घुसपैठ की घटनाएं हो चुकी हैं, जिनकी शिकायत शाहपुरा थाने में दर्ज करवाई जा चुकी है। लगातार हो रही घटनाओं से परिवार में भय और दहशत का माहौल बना हुआ है। फिलहाल शाहपुरा पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है तथा सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी की तलाश की जा रही है。
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दिल्ली HC ने पोर्नोग्राफी ऐप हटाने को कहा, युवाओं की सुरक्षा पर जोर

Noida, Uttar Pradesh:पूरी पीढ़ी को बर्बाद नहीं होने दे सकतें पोर्नग्राफी वाले मोबाइल ऐप्स को दिल्ली HC ने हटाने का दिया निर्देश दिल्ली हाई कोर्ट ने गूगल और एप्पल से कहा है कि वे अपने प्लेटफॉर्म पर मौजूद उन तमाम मोबाइल ऐप्स को हटाएं जिनका इस्तेमाल पोर्नोग्राफी, वेश्यावृत्ति, ड्रग्स और दूसरे गैरकानूनी कामों के लिए हो रहा है। ये ऐप्स गूगल प्ले स्टोर और एप्पल ऐप स्टोर उपलब्ध हैं। chiefs जस्टिस देवेंद्र कुमार उपाध्याय और जस्टिस तेजस कारिया की बेंच ने कहा कि हम देश की पूरी पीढ़ी को बर्बाद होते नहीं देख सकते।गूगल और एप्पल की जिम्मेदारी बनती है कि वो ऐसे तमाम ऐप्स को हटाए। कोर्ट ने कहा कि इन ऐप्स की पहुंच बहुत बड़ी है और इनका असर सीधे समाज पर खासतौर पर युवाओं पर पड़ता है। इसलिए कंपनियों को पूरी सावधानी और निगरानी बरतनी होगी। गूगल और एप्पल अपनी जिम्मेदारी समझें कोर्ट ने साफ कहा कि Google और Apple जैसे इंटरमीडियरी प्लेटफॉर्म सिर्फ शिकायत मिलने के बाद कार्रवाई करके अपनी जिम्मेदारी से बच नहीं सकते। उन्हें यह भी सुनिश्चित करना होगा कि ऐसे गैरकानूनी ऐप्स गूगल प्ले स्टोर और एप्पल एप स्टोर पर अपलोड ही न हो। हाईकोर्ट ने कहा कि IT Rules, 2021 के तहत इन कंपनियों की जिम्मेदारी है कि वे अपने प्लेटफॉर्म पर गैरकानूनी और आपत्तिजनक कंटेंट को फैलने से रोकें। कोर्ट में मामला क्या था दिल्ली हाई कोर्ट ने यह आदेश रुबिका थापा नाम की महिला की ओर से दायर जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया। याचिका में दावा किया गया कि गूगल प्ले स्टोर और एप्पल ऐप स्टोर पर कई ऐसे ऐप मौजूद हैं जो पोर्नोग्राफी, वेश्यावृत्ति, मानव तस्करी, ड्रग्स जैसी गतिविधियों को बढ़ावा दे रहे हैं。 याचिकाकर्ता की ओर से वकील तन्मय मेहता पेश हुए।उन्होंने कोर्ट को बताया कि ऐसे ऐप्स गैरकानूनी गतिविधियों के जरिए करोड़ों डॉलर कमाते हैं। इन प्लेटफॉर्म्स पर मॉनिटरिंग की कमी के कारण आपत्तिजनक और खतरनाक कंटेंट आसानी से लोगों तक पहुंच रहा है। सरकार भी ऐप्स पर लगाम के पक्ष में सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार की ओर से अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल चेतन शर्मा पेश हुए। उन्होंने याचिका कर्ता की दलीलों का समर्थन करते हुए कहा कि ऐसे ऐप्स के खिलाफ सख्त कार्रवाई जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार अकेले दुनिया भर की हर चीज़ को ब्लॉक नहीं कर सकती, इसलिए गूगल और एप्पल जैसे प्लेटफॉर्म की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है। गूगल, एप्पल और सरकार से जवाब मांगा कोर्ट ने गूगल, एप्पल और केंद्र सरकार को जुलाई तक कार्रवाई रिपोर्ट दाखिल करने का आदेश दिया है। कोर्ट अगली सुनवाई में इसकी समीक्षा करेगा कि उसके आदेश के मुताबिक कंपनियों और सरकार ने इस मामले में क्या कदम उठाए।
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महाराष्ट्र ATS का बड़ा ऑपरेशन: शहजाद भट्टी के नेटवर्क पर गहन जांच शुरू

Mumbai, Maharashtra:महाराष्ट्र ATS की राज्यभर में बड़ी कार्रवाई, पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी से जुड़े नेटवर्क की जांच तेज महाराष्ट्र एंटी टेररिज्म स्क्वॉड ने बुधवार 13 मई 2026 को राज्यभर में एक बड़ा ऑपरेशन चलाते हुए पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी और उसके नेटवर्क से कथित तौर पर जुड़े लोगों के खिलाफ व्यापक जांच शुरू की। ATS अधिकारियों के मुताबिक सुबह करीब 8 बजे से मुंबई समेत कई जिलों में एक साथ छापेमारी और पूछताछ की कार्रवाई शुरू की गई। सूत्रों के अनुसार मुंबई, पुणे, नागपुर, नासिक, जलगांव, अकोला, नांदेड़, मीरा रोड और नालासोपारा समेत राज्य के कई हिस्सों में ATS की टीमें सक्रिय रहीं। अधिकारियों ने बताया कि करीब 57 लोगों को जांच के दायरे में लिया गया है, जबकि कई संदिग्धों के मोबाइल फोन, लैपटॉप और सोशल मीडिया अकाउंट्स की भी जांच की जा रही है। ATS का कहना है कि जांच का मुख्य उद्देश्य उन लोगों की पहचान करना है जो सोशल मीडिया या अन्य डिजिटल माध्यमों से विदेश में बैठे गैंगस्टर नेटवर्क के संपर्क में थे। शुरुआती जांच में यह भी सामने आया है कि कुछ संदिग्ध युवाओं को सोशल मीडिया के जरिए प्रभावित करने और अवैध गतिविधियों में शामिल करने की कोशिश की जा रही थी। जांच एजेंसीों के अनुसार शहजाद भट्टी का नाम हाल के महीनों में कई आतंकी और संगठित अपराध मामलों में सामने आया है। उत्तर प्रदेश ATS ने भी हाल ही में ऐसे संदिग्धों को गिरफ्तार किया.
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NGT takes cognizance of illegal ropeway, seeks action from forest department

Jaipur, Rajasthan:जी मीडिया की खबर का बड़ा असर हुआ. खोले के hanuman मंदिर अवैध रोपवे निर्माण पर NGT ने संज्ञान लिया है. NGT ने प्रधान मुख्य वन संरक्षक से पूछा कि अब तक संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई क्यों नहीं की. रोपवे की आड़ में वन अधिनियमों का खुला उल्लंघन कैसे हुआ..देखे इस खास रिपोर्ट में! NGT ने संज्ञान लिया- करीब दो साल पहले श्रद्धा और पर्यटन को जोड़ने के नाम पर खोले के hanumanji मंदिर में मां अन्नपूर्णा मंदिर से वैष्णो देवी मंदिर तक रोप-वे शुरू हुआ. लेकिन धीरे-धीरे ये रोपवे अब रेस्टोरां की आड़ में नियमों की रस्सियों को तोड़ने का रास्ता बन गया. श्रद्धा की ऊंचाइयों तक पहुंचाने वाला रोपवे अब सवालों की गहराइयों में फंसा है. अवैध खोले के hanuman मंदिर रोपवे में वन अधिनियमों की धज्जियां उड़ाने पर एनजीटी ने संज्ञान लिया है. जी मीडिया ने प्रमुखता से इस मुद्दे को उठाया, जिसके बाद अब एनजीटी ने प्रधान मुख्य वन संरक्षक कडे सवाल पूछे. एनजीटी ने पूछा कि धारा 34A के अंतर्गत कार्रवाई क्यों नहीं हुई? इसका स्पष्टीकरण वन विभाग दे. संबन्धित अधिकारियों द्वारा कथित अतिक्रमण की अनुमति कैसे दी गई, इसकी जांच करें. जिन अधिकारियों के कार्यकाल में यह अतिक्रमण हुआ, उनके विरुद्ध विभागीय कार्रवाई की जाए. एनजीटी ने 30 दिनों के भीतर कार्रवाई कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए. अगली सुनवाई 6 जुलाई को होगी. जानिए रोपवे फर्म का कैसे चला अनियमितताओं का खुला खेल- 1. रोपवे के अपर स्टेशन पर स्थाई निर्माण कर अवैध रेस्टोरेंट का संचालन किया. 2. गर्म पेय पदार्थ, खाद्य पदार्थ नियम विरुद्ध प्लास्टिक के कपों में बेची जा रही थी. 3. रोपवे के लिए 0.8735 हेक्टेयर वन भूमि को डायवर्ट किया, लेकिन इससे ज्यादा वन क्षेत्र उपयोग में लिया. 4. 360 डिग्री पर साइकिल चलाने जैसा खुला खेल खेला जा रहा था. 5. प्लास्टिक पैक सामान, पानी की बोतले महंगी दरों पर बेची जा रही थी. 6. अपर स्टेशन पर व्यावसायिक दुकाने बनाने के लिए भवन निर्माण सामग्री मिली. 7. प्लास्टिक कचरा जंगल में उडता, गिरता पाया गया. BCF ने 10 दिन फाइल क्यों रोकी? 30 जून को निरीक्षण के बाद 7 जुलाई को वन विभाग के एसीएफ देवेन्द्र सिंह राठौड ने 15 बिंदुओं की निरीक्षण रिपोर्ट डीसीएफ विजयपाल सिंह को पूरी रिपोर्ट भेज दी कि रोपवे की आड़ में रेस्टोरेंट, जिपलाइन, प्लास्टिक पैक सामान की बिक्री, फिश स्पा है, बॉडी मसाज है, और यहां तक कि तंबाकू तक खुलेआम बिक रहा है, जो वन अधिनियम, वन्यजीव अधिनियम और पर्यावरण संरक्षण कानून का खुला उल्लंघन है. लेकिन इस पूरी फाइल को टेबल पर रखे-रखे दस दिन बीत गए थे.. कार्रवाई रुकी रही, और नियम ताक पर रखे जाते रहे. दरअसल खोले के hanumanji में मां अन्नपूर्णा मंदिर से लेकर वैष्णो देवी मंदिर तक चलने वाला यह रोक इनोवेशन प्राइवेट लिमिटेड द्वारा संचालित रोपवे अब विवादों के जाल में उलझ चुका है. धीरे-धीरे बढ़ते पर्यटकों की संख्या के साथ यहां रेस्त्रां की आड़ में अवैध वन भूमि पर गैर-वानिकी गतिविधियां शुरू हो गईं. अब एनजीटी ने मामले पर संज्ञान लिया है, लेकिन सबसे बड़ा सवाल यही है जब वन विभाग के डीसीएफ को 7 जुलाई को जानकारी मिल गई थी, तो कार्रवाई की फाइल डीसीएफ विजयपाल की टेबल पर 10 दिन तक क्यों अटकी रही? सवाल सिर्फ फर्म पर नहीं, सिस्टम पर भी है.. क्या डीसीएफ जानबूझकर फाइल को रोकते रहे? क्या किसी तरह का दबाव काम कर रहा था? रोक इनोवेशन प्राइवेट लिमिटेड फर्म के खिलाफ क्या विभाग ने निर्णायक कार्रवाई की? अगर नियम तोड़े गए तो अफसर कैसे बच सकते हैं? नोट-इस खबर की फीड 2 सी में अटैच है।
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