Become a News Creator

Your local stories, Your voice

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back
Mainpuri205001

Mainpuri: राशि ग्लोबल स्कूल में खेल सप्ताह का शुभारंभ

Dec 22, 2024 16:34:34
Mainpuri, Uttar Pradesh

शहर के सिंधिया तिराहा स्थित राशि ग्लोबल सीनियर सेकेंडरी स्कूल में शनिवार को खेल सप्ताह की शुरुआत हुई।

0
comment0
Report

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

Advertisement
PKPrakash Kumar Sinha
Feb 04, 2026 12:35:43
0
comment0
Report
AKAtul Kumar Yadav
Feb 04, 2026 12:35:06
Gonda, Uttar Pradesh:गोंडा जिले में कटरा बाजार थाने की पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए हिन्दू समुदाय की 16 वर्षीय नाबालिग बालिका के घर में रात्रि में घुसकर दुष्कर्म करने उनके प्रयास करने वाले आरोपी मोहम्मद गोलू उर्फ सद्दाम हुसैन को दुष्कर्म और पोक्सो एक्ट में गिरफ्तार करके जेल भेज दिया है। वहीं आरोपी के पकड़े जाने के बाद नाबालिग बालिका के घर में घुसकर असलहा लेकर परिजनों के साथ मारपीट करने वाले चार आरोपी अकबर अली, अब्बास अली, शब्बीर अली और मेराज की भी कटरा बाजार थाने की पुलिस ने तलाश तेज कर दी है। दरअसल कटरा बाजार थाना क्षेत्र अंतर्गत एक गांव के रहने वाले पीड़ित पिता ने कटरा बाजार थाने में लिखित रूप में शिकायत दी थी। कि 2 फरवरी को रात्रि 11:00 बजे मेरी 16 वर्षीय पुत्री घर में अकेली थी मेरे घर के लोग सभी रिश्तेदारी में गए हुए थे। इसी दौरान मोहम्मद गोलू उर्फ सद्दाम हुसैन मेरे घर के दरवाजे पर पहुंच दरवाजा खटखटाया मेरी बेटी ने पापा समझ कर दरवाजा खोल दिया। तभी मोहम्मद गोलू उर्फ सद्दाम हुसैन मेरे घर में घुस गए और मेरी पुत्री को जमीन पर पटक कर उसके कपड़े फाड़ दिए और प्राइवेट पार्ट के साथ छेड़छाड़ करने लगा और बलात्कार करने का प्रयास किया। मेरी पुत्री किसी तरीके से चिल्लाई तो पड़ोस के रहने वाले लोग पहुंचे और दौड़ा करके आरोपी को पकड़ लिया। आरोपी के पकड़े जाने पर आरोपी के घर वाले अकबर अली, अब्बास अली, शब्बीर अली और मेराज असलहा लेकर के आए और मेरे घर में घुस गए और मोहम्मद गोलू को ले जाने लगे। जब तक पूरे मोहल्ले के लोग इकट्ठा हो गए और इस दौरान इन लोगों ने मेरे साथ मारपीट भी किया है। कटरा बाजार थाने की पुलिस द्वारा 16 वर्षीय नाबालिग बालिका का मेडिकल परीक्षण भी कराया गया है।
0
comment0
Report
NPNavratan Prajapat
Feb 04, 2026 12:32:58
Churu, Rajasthan:सवर्ण संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने यूजीसी कानून को हटाने की मांग को लेकर राष्ट्रपति व प्रधानमंत्री के नाम कलक्टर को ज्ञापन सौंपा। इससे पूर्व सवर्ण समाज के लोगों ने इस कानून को हटाने की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। समिति के योगेश गौड़ ने बताया कि 24 घंटे में समिति को भेजना आरोपी को तत्काल नोटिस का प्रावधान नहीं है, 15 दिनों में रिपोर्ट झूठी शिकायतों की जांच का समय कम, पीड़ित की पहचान गोपनीय लेकिन आरोपी की नहीं आदि बिंदुओं को गंभीरता से देखते हुए ये कानून हटाया जाए। विनियम 2026 के विरुद्ध देशभर में विभिन्न वर्गों द्वारा आपत्ति जताई गई है तथा इन प्रावधानों की वैधता एवं निष्पक्षता को सर्वोच्च न्यायालय में भी चुनौती दी गई है। सर्वोच्च न्यायालय द्वारा इन विनियमों के क्रियान्वयन पर रोक लगाते हुए पूर्ववर्ती 2012 के यूजीसी नियमों को अंतरिम रूप से पुनः लागू रखने के आदेश भी दिए गए हैं, जिससे यह स्पष्ट है कि स्वयं न्यायपालिका ने भी इन नियमों की निष्पक्षता पर गंभीर प्रश्न उठाए हैं। समानता, न्याय और अवसर की अवधारणा का अर्थ किसी भी वर्ग चाहे आरक्षित हो अथवा सामान्य के साथ उल्टा भेदभाव करना नहीं है। संविधान सभी नागरिकों को समान संरक्षण देता है, ऐसे में किसी भी वर्ग विशेष को अपराधी की तरह ट्रीट करने वाला या केवल एकतरफा संरक्षण देने वाला कोई भी विनियम संविधान की मूल भावना के विपरीत है। इन प्रावधानों के वर्तमान स्वरूप के कारण सामान्य वर्ग के विद्यार्थी एवं शिक्षक मानसिक दबाव, असुरक्षा और निरंतर आरोपों के भय में रहेंगे, जिससे शैक्षिक वातावरण विषाक्त होने, पारस्परिक अविश्वास बढ़ने और वास्तविक सामाजिक सौहार्द नष्ट होने का खतरा है। उपरोक्त तथ्यों के संदर्भ में सवर्ण संघर्ष समिति जिला चूरू के पदाधिकारी एवं सदस्यगण, जिला प्रशासन के माध्यम से माननीय राष्ट्रपति महोदय, प्रधानमंत्री महोदय एवं माननीय यूजीसी चेयरमैन से मांग कि है। उन्हें बताया कियूजीसी कानून 2026 के उन सभी प्रावधानों को, जो किसी भी प्रकार से सवर्ण सामान्य वर्ग के प्रति भेदभावपूर्ण हैं या एकतरफा संरक्षण की व्यवस्था करते हैं, तत्काल प्रभाव से वापस लिया जाए निरस्त किया जाए। यदि यूजीसी को नए विनियम बनाने ही हों तो ये पूर्णतः कास्ट न्यूट्रल, संतुलित और सभी वर्गों एससी, एसटी व ओबीसी एवं सामान्य वर्ग के लिए समान रूप से न्यायसंगत हों तथा झूठी शिकायतों के दुरुपयोग पर भी स्पष्ट एवं कठोर दंडात्मक प्रावधान शामिल किए जाएं। इस अवसर पर स्वर्ण समाज के लोग दर्जनों लोग मौजूद रहे。
0
comment0
Report
DBDURGESH BISEN
Feb 04, 2026 12:32:26
Pendra, Chhattisgarh:छत्तीसगढ़ सरकार ने खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में समर्थन मूल्य के अंतर्गत धान खरीदी के लिए दो दिनों की अतिरिक्त वृद्धि की है, जिसके तहत 5 और 6 फरवरी को किसान अपने धान खरीदी केंद्रों में धान बेच सकेंगे। धान खरीदी केंद्र प्रभारी तैयार हैं। गौरेला पेंड्रा मरवाही जिले के 20 धान खरीदी केंद्रों में लगभग 40000 क्विंटल धान की खरीदी की तैयारी है। धान खरीदी की तिथि बढ़ाए जाने संबंधी सरकार के निर्णय के बाद अब पूर्व निर्धारित 31 जनवरी की अंतिम तिथि के बाद भी 5 और 6 फरवरी को धान खरीदी के लिए किसान अपने धान बेच पाएंगे, किन्तु वे किसान जिनके 10 जनवरी 2026 के पश्चात टोकन हेतु आवेदन किया गया था और सत्यापन पूरा नहीं हुआ था, या जिनके द्वारा 10 जनवरी 2026 के बाद आवेदन किया गया पर सत्यापन के पश्चात धन नहीं भेज पाए, या 28-30 जनवरी के बीच टोकन प्राप्त कर भी बिक्री नहीं कर पाए, ऐसे सभी किसानों के टोकन सत्यापित कर दिए गए हैं और उन्हें धान बेचने की अनुमति मिली है। गौरेला पेंड्रा मरवाही जिले के लगभग 20 धान खरीदी केंद्रों में 40000 क्विंटल धान की आवक की उम्मीद है। इस निर्णय से किसान खुश हैं; कुछ इसे सरकार की उदार नीति का हिस्सा मान रहे हैं, तो कुछ इसे उनकी निरंतर संघर्ष की जीत बता रहे हैं। धान खरीदी केंद्र प्रभारी सरकार की नीति अनुसार खरीदी के लिए पूर्ण तैयारी में हैं.
0
comment0
Report
DVDinesh Vishwakarma
Feb 04, 2026 12:32:10
Narsinghpur, Madhya Pradesh:नरसिंहपुर जिले के चिचली ब्लॉक की ग्राम पंचायत सीरेगांव में सरपंच ने पंचायत भवन में खुद को ताला लगाकर बंद कर लिया। सरपंच का आरोप है—वोट तो मिल गया, कुर्सी मिल गई… लेकिन विकास करने का अधिकार नहीं। दरअसल मामला पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल के गृह जिले नरसिंहपुर का है। चिचली ब्लॉक की सीरेगांव ग्राम पंचायत में बीए पास सरपंच महेंद्र सिंह कुशवाहा ने अपनी ही पंचायत के कार्यालय में खुद को बंद कर लिया। सरपंच का कहना है कि पंचायत चुनाव जीतने के बाद से वे लगातार दफ्तरों और अधिकारियों के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन उनकी पंचायत में एक भी विकास कार्य को सेक्शन नहीं मिल रहा। कई बार लिखित शिकायतें दी गईं, लेकिन नतीजा शून्य रहा। अब सरपंच ने ऐलान किया है कि जब तक पंचायत की समस्याओं का समाधान नहीं होगा, तब तक वे पंचायत भवन से बाहर नहीं आएंगे और अंत में आत्म दाह करने की बात कह रहे हैं। बही अभी 24 घण्टे बीत जाने के बाद भी राजस्व विभाग का हमला नहीं पहुंचा, हालाँकि जैसे ही मामला प्रशासन तक पहुंचा, पुलिस विभाग हरकत में आया। पंचायत भवन के बाहर सुरक्षा के तौर पर ग्राम कोटवार की ड्यूटी लगाई गई है। बरहाल देखना होगा कि कब राजस्व विभाग पहुचेगा और पंचायत की समस्याओं का निदान निकलता है। बाइट — महेंद्र सिंह कुशवाहा, सरपंच – सीरेगांव
0
comment0
Report
JPJitendra Panwar
Feb 04, 2026 12:31:17
Karnaprayag, Uttarakhand:गर्मियो का सीजन शुरू होने से पहले की जंगलों में आग की घटनाएं सामने आने लगी है । केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग के नागनाथ रेंज के जंगल मे आज अचानक आग लग जाने से चारो ओर धुंआ ही धुंवा फैल गया । जानकारी मिलते ही गिरसा गांव की महिलाओं ने मामले में तेजी दिखाते हुए जंगल मे भड़की आग को बुझाया । बीओ 1 / फायर सीजन शुरू होने से पहले ही जंगल आग से धधकने लगे है । नागनाथ रेंज के जंगल मे आज किसी ब्यक्ति ने आग लगा दी , जिससे जंगल धू धू कर जलने लगा , दावानल से चारो ओर धुंवा ही धुंवा फैल गया , धुंवे को देखते हुए गिरसा गांव की महिलाएं अलर्ट हो गयी । महिलाओ ने बिना समय गंवाए जंगल मे कूच किया और खतरनाक रास्ते को पार कर पेड़ की टहनियों से आग को बुझाना शुरू , काफी देर की मेहनत के बाद महिलाओं ने आग को बुझाने में सफलता पायी । ग्रामीणों ने कहा कि जो कोई भी जंगलों में आग लगता है वन विभाग को ऐसे लोगो के खिलाफ सख्त कार्यवाही करनी चाहिए ।
0
comment0
Report
ASABDUL SATTAR
Feb 04, 2026 12:31:05
Jalalpura, Uttar Pradesh:झांसी रेलवे अस्पताल के मेडिसन मेल वार्ड में आवारा कुत्ता घुसा; सुरक्षा वस्तु पर सवाल उठे. झांसी के रेलवे अस्पताल से एक चौकाने वाली तस्वीर सामने आई है, यह तस्वीर रेलवे अस्पताल के मेडिसन मेल वार्ड की है, जहां आवारा कुत्ता रात के समय गेट के अंदर घुसता है और पूरे वार्ड घूम रहा है। इस दौरान किसी तीमारदार ने अपने मोबाइल से वीडियो बनाया और उसे वायरल कर दिया, वायरल हो रही तस्वीर रेलवे अस्पताल के सिस्टम पर बड़ा सवाल खड़ा कर रही है। तस्वीर में साफ दिख रहा है कि वार्ड में कुत्ता बेखौफ घूमता हुआ नजर आ रहा है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा वीडियो ने रेलवे अस्पताल प्रशासन की व्यवस्था की पोल खोल कर रख दी है। इससे देखकर लगता है कि अस्पताल में निगरानी की कोई ठोस व्यवस्था है, न सुरक्षा के लिए कोई प्रभावी सिस्टम, जहां मरीजों के वार्ड में कुत्ते बेखौफ घूम रहे हो, इससे संक्रमण का खतरा खुलेआम मंडरा रहा। सवाल यह है क्या यह वीडियो वायरल होने के बाद कोई जिम्मेदारी तय होगी, क्या मरीज को सुरक्षा की प्राथमिकता मिलेगी, या यह वीडियो भी फाइलों में दबकर रह जायेगा, अस्पताल प्रशासन ने दावों और जमीनी हकीकत के बीच यह वीडियो एक आइना है जो सिस्टम की असल सूरत दिखा रहा है।
0
comment0
Report
OBOrin Basu
Feb 04, 2026 12:30:49
Noida, Uttar Pradesh:6PM SHOW - चरखारी विधानसभा से बीजेपी विधायक ब्रजभूषण राजपूत ने फिर दिया विवादित बयान, इनका इंटरव्यू कराये , बीजेपी , कांग्रेस , सपा का रिएक्शन ले महोबा ब्रेकिंग चरखारी विधानसभा से बीजेपी विधायक ब्रजभूषण राजपूत ने फिर दिया विवादित बयान, किसी को बंधक बनाना मेरे लिए मामूली बात, कांग्रेस सरकार में तत्कालीन केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन को बनाया था बंधक : विधायक अधिकारियों को पहनाई थी चूड़ियां और पेटीकोट : ब्रजभूषण राजपूत विकास की बात में कमरे में क्यों करू : ब्रजभूषण राजपूत पहले वाला रूप आपने नही देखा मेरा, बीजेपी में आने के बाद हुआ अनुशाषित : ब्रजभूषण राजपूत ब्रजभूषण राजपूत के जलसक्ति मंत्री स्वतन्त्र देव सिंह के खिलाफ जारी है बगावती सुर, विवादित बयान का वीडियो सोशल मीडिया में हो रहा जमकर वायरल, चरखारी विधानसभा से भाजपा विधायक हैं ब्रजभूषण राजपूत उर्फ़ गुड्डू भैया।
0
comment0
Report
Feb 04, 2026 12:29:27
Bareilly, Uttar Pradesh:बरेली। थाना कैंट क्षेत्र के जल्लापुर निवासी 26 वर्षीय अनुज की सड़क हादसे में दर्दनाक मौत हो गई। मृतक के भाई अजय ने पोस्टमार्टम हाउस पर जानकारी देते हुए बताया कि अनुज आज सुबह घर से खाना खाकर रिक्शा लेकर निकला था। वह बुखारा मोड़ के पास एक ग्रिल की दुकान के नजदीक कच्चे में रिक्शा खड़ा कर खड़ा था, तभी अचानक तेज रफ्तार ट्रक ने उसे टक्कर मार दी।हादसे में अनुज की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि ट्रक चालक वाहन सहित फरार हो गया। आसपास मौजूद लोगों ने जब अनुज को खून से लथपथ हालत में जमीन पर पड़ा देखा तो तुरंत इसकी सूचना परिजनों को दी। सूचना मिलते ही परिवार के लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस को अवगत कराया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। अचानक हुई इस मौत से परिवार में कोहराम मच गया है। मृतक की पत्नी सीमा का रो-रोकर बुरा हाल है। अनुज रिक्शा चलाकर परिवार का भरण-पोषण करता था और उसका एक छोटा बेटा भी है। पुलिस अज्ञात ट्रक चालक की तलाश में जुटी हुई है।
0
comment0
Report
Feb 04, 2026 12:27:36
Kunda, Uttar Pradesh:मानिकपुर थाना क्षेत्र के साहूमई गांव में जो कुछ हुआ, वह अब सिर्फ एक पुलिस कार्रवाई का मामला नहीं रह गया है। यह घटना एक ऐसे गांव की कहानी बन चुकी है, जहां न्याय की गुहार डर में बदल गई और जहां आज भी लोग अपने ही घरों में सहमे हुए हैं। घटना की शुरुआत उस समय हुई, जब गांव के कुछ लोग अपनी शिकायत लेकर थाने की चौखट तक पहुंचे। गांव का कहना है कि उनकी फरियाद नहीं सुनी गई और मुकदमा दर्ज नहीं हुआ। समय रहते सुनवाई होती तो हालात शायद यहां तक न पहुंचते—यह सवाल अब पूरे इलाके में उठ रहा है। इसके बाद आई वह रात, जिसने साहूमई को भीतर से तोड़ दिया। रात के अंधेरे में पुलिस की दबिश हुई। गांव के लोग बताते हैं कि उस समय घरों में बच्चे सो रहे थे, बुजुर्ग चारपाइयों पर थे और महिलाएं घर के काम समेट रही थीं। अचानक हुई कार्रवाई में महिलाओं, पुरुषों और यहां तक कि छोटे बच्चों को भी उठाया गया। किसी को कपड़े बदलने का मौका नहीं मिला, किसी को बच्चों को संभालने का। सुबह जब गांव जागा तो हालात बदले हुए थे। गलियों में सन्नाटा था। चूल्हे नहीं जले। स्कूल जाने वाले बच्चे घरों से नहीं निकले। सबसे ज्यादा पीड़ा उस समय सामने आई जब महिलाओं और बच्चों पर भी थाना जलाने जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमे दर्ज होने की बात सामने आई। गांव के बुजुर्ग आज भी यह कहते नहीं थकते कि उन्होंने अपने जीवन में बहुत कुछ देखा, लेकिन ऐसा आरोप और ऐसा डर कभी नहीं देखा। घटना के बाद से साहूमई में भय का माहौल है। बच्चे अब खेलते नहीं, हर आवाज पर चौंक जाते हैं। मांएं उन्हें घर से बाहर भेजने से डरती हैं। कई परिवारों ने अपने बच्चों को रिश्तेदारों के यहां भेज दिया है। गांव के बुजुर्ग दरवाजों पर बैठकर सूनी गलियों को देखते रहते हैं—उनकी आंखें बहुत कुछ कहती हैं, लेकिन जुबान खामोश है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पुलिस की इस कार्यशैली ने भरोसे को गहरा आघात पहुंचाया है। जिस पुलिस को सुरक्षा का प्रतीक माना जाता है, उसी से आज लोग डरने लगे हैं। गांव में लोग खुलकर बोलने से कतराते हैं और रात होते ही घरों के दरवाजे जल्दी बंद हो जाते हैं। साहूमई की यह कहानी सिर्फ एक गांव की नहीं है। यह उस सवाल को जन्म देती है कि क्या फरियाद करना अब भी सुरक्षित है? और क्या कानून का डर, अपराध से बड़ा हो सकता है? आज साहूमई शांत है—लेकिन यह शांति सामान्य नहीं। यह एक ऐसे गांव की खामोशी है, जो अब भी अंदर-ही-अंदर रो रहा है।
1
comment0
Report
Advertisement
Back to top