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Mohd TasleemMohd TasleemFollow18 Jan 2025, 04:59 am

Kanpur Dehat- तीन दिन से पानी को तरसती दो हजार की आबादी

Rajpur, Uttar Pradesh:

राजपुर थाना के सामने जल निगम के नलकूप की मोटर जलने राजपुर कस्बे की आधी आबादी दो दिनों से पेयजल संकट से जूझ रही है। ऐसे में तीन वार्डों के लोग हैंडपंप व निजी सबमर्सिबल से पानी भरने को मजबूर है। कस्बे के थाना के सामने पानी की टंकी के नलकूप की मंगलवार शाम मोटर में तकनीकी खराबी होने से कस्बे के कन्हैया नगर, मुखर्जी नगर व अयोध्या नगर में पेयजल आपूर्ति ठप्प हो गई थी। नगर के लोगों ने नगर पंचायत व जलनिगम के कर्मचारियों से शिकायत करने के बाद गुरुवार को टंकी के आपरेटर ने निजी मैकेनिक को बुलवाकर नलकूप की मोटर की जांच कराई। हालांकि देर शाम तक मोटर की मरम्मत नहीं होने से पेयजल आपूर्ति बहाल नही हो सकी।

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दौसा में ग्राम रथ प्रचार अभियान शुरू, पांचों विधानसभा के लिए रथ रवाना

Dausa, Rajasthan:जिला दौसा में ग्राम रथ अभियान की शुरुआत जिले के पांच विधानसभा क्षेत्रों के लिए है. कलेक्टर डॉ सौम्या झा ने झंडी दिखाकर रथ रवाना किया. पांचों विधानसभा क्षेत्र के लिए पांच रथ रवाना किए गए, जो गांव गांव पहुँचकर प्रचार प्रसार करेंगे और सरकार की योजनाओं की जानकारी देंगे ताकि हर पात्र व्यक्ति योजनाओं से लाभान्वित हो सके. नुक्कड़ नाटक और लोक गीतों के माध्यम से संदेश देंगे तथा एलईडी पर योजनाएं प्रसारित होंगी. रात में रथ के पड़ाव स्थल पर चौपाल आयोजित होगी जहाँ ब्लॉक अधिकारी ग्रामीणों की समस्याएं सुनेंगे.
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उज्जैन की विक्रम यूनिवर्सिटी की नई बिल्डिंग पर धमकी भरी लिखावट—हड़बड़ी, सुरक्षा सवाल

Ujjain, Madhya Pradesh:17 करोड़ की नई यूनिवर्सिटी बिल्डिंग पर धमकी भरी लिखावट, गेट पर मिला संदिग्ध सामान कृषि अध्ययनशाला परिसर में “तुम सब मरोगे” लिखकर मचाई दहशत, छात्रों-स्टाफ में भय का माहौल उज्जैन उज्जैन के विक्रम विश्वविद्यालय में स्थित कृषि अध्ययनशाला की नई बिल्डिंग में अज्ञात शरारती तत्वों की हरकत सामने आई है। करीब 17 करोड़ रुपये की लागत से तैयार इस इमारत के मुख्य द्वार पर धमकी भरे शब्द लिखे मिले, जिससे परिसर में हड़कंप मच गया। जानकारी के अनुसार, बिल्डिंग के गेट पर लाल रंग से “तुम सब मरोगे” लिखा गया था। इसके साथ ही गेट के पास मटकी, लाल कपड़ा और अन्य सामग्री भी रखी मिली, जिसे देखकर तंत्र क्रिया जैसी आशंका जताई जा रही है। घटना का पता चलते ही विश्वविद्यालय प्रशासन हरकत में आया और मौके से सामान हटाकर दीवार पर लिखे शब्दों को मिटा दिया गया। विभागाध्यक्ष ने इसे असामाजिक तत्वों की करतूत बताते हुए मामले की सूचना उच्च अधिकारियों को दे दी है। इस घटना के बाद अध्ययनशाला में पढ़ने वाले करीब 1100 छात्रों और स्टाफ के बीच डर का माहौल बन गया है। खास बात यह है कि हाल ही में इस नई बिल्डिंग में कक्षाओं का संचालन शुरू हुआ है। वहीं, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि परिसर के इस हिस्से में सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे हैं। फिलहाल प्रशासन पूरे मामले की जानकारी जुटाने में लगा है。
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माचाड़ी में तेज रफ्तार बोलेरो की टक्कर से युवक की मौत

Alwar, Rajasthan:माचाड़ी के पास दर्दनाक सड़क हादसा: तेज रफ्तार बोलेरो की टक्कर से युवक की मौत अलवर जिले के राजगढ़ थाना क्षेत्र के मचाड़ी गांव के समीप सोमवार शाम एक भीषण सड़क हादसे में 32 वर्षीय युवक की दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान ईशवाना गांव निवासी लक्ष्मण मीणा पुत्र लाल जी मीणा के रूप में हुई है。 जानकारी के अनुसार लक्ष्मण मीणा रोज की तरह राजगढ़ स्थित एक फैक्ट्री से मजदूरी कर बाइक से अपने घर लौट रहा था। इसी दौरान माचाड़ी के पास तेज रफ्तार बोलेरो गाड़ी ने उसकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के तुरंत बाद मौके पर मौजूद लोगों ने घायल लक्ष्मण को राजगढ़ अस्पताल पहुंचाया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद हालत नाजुक होने पर उसे जिला अस्पताल अलवर रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। हादसे के बाद मृतक के परिजनों में कोहराम मच गया। लक्ष्मण मीणा अपने परिवार का एकमात्र कमाने वाला सदस्य था। उसके परिवार में पत्नी और दो छोटे बच्चे हैं, जिन पर इस हादसे के बाद दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है。
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खूंटी में थाना के सामने चलती बाइक में आग लगने से चालक और भाभी बाल बाल बचे

Khunti, Jharkhand:खूँटी शहर के बीच थाना के सामने चलती बाईक में आग लगने से उसके चालक और एक महिला बाल बाल बच गये। घटना 10.40 मिनट में ठीक थाना के सामने हुई है। जहां बेतहाशा गर्मी के बीच चलती बाईक में अचानक धुआं फेंकने लगा और देखते ही देखते आग लग गयी। वाहन में सवार देवर भाभी मुरहू थाना क्षेत्र के जोबे गाँव के निवासी हैं। जो भाभी का ईलाज कराने वैद्य के पास गये थे। जहां से लौटने के क्रम में शहर के भीड़-भाड़ इलाके में पहुंचे और हाईस्पीड बाईक एनएस 200 बजाज पल्सर बाइक में धुआं उठा और आग लग गयी। जिसे तुरंत खड़ा करके दोनों किनारे भागे। वहीं धधकता बाइक को लोगों ने बुझाने का भी प्रयास किया लेकिन आग बुझ नहीं पाया। और पूरी तरह जलकर राख हो गया। थाना के निकट राँची रोड में यह काफी भीड़ भाड़ स्थान है। जहाँ पर बस और छोटे पैसेंजर वाहन पैसेंजर को बैठाने के लिए रोकते हैं। वही धड़कते बाईक के आग को देखकर अफ़रा-तफरी मच गई। हालांकि लोग बुझाने का प्रयास किया लेकिन आग बुझ न पाया। मुरहू थाना क्षेत्र के जॉब गांव निवासी भुक्तभोगी अनिल कच्छप मैं बताया कि हम लोग मुर थाना क्षेत्र के जॉब गांव निवासी हैं। और मेरी भाभी को वैद्य के पास से इलाज कराकर घर वापस लौट रहे थे और शहर पहुंचे तो थाना के सामने बाईक में धुआं फेकने लगा उसको देखकर हम लोग उतरे और उतरते ही गाड़ी में आग लग गयी जिससे हम लोग बाल-बाल बच गए। वहां का टोकन काटने वाले स्थानीय प्रत्यक्षदर्शी ने बताया कि आज में धुआं फेंका तो हम लोगों ने वाहन मालिक को बताया फिर उसमें धूल फेंक कर बुझाने का प्रयास किया लेकिन आज नहीं बुझा और जल कर राख हो गया।
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दिल्ली-जयपुर हाईवे पर ट्रैक्टर-ट्रॉली के ब्रेक से कार टकराई, कोई जनहानि नहीं

Jaipur, Rajasthan:बहरोड़ क्षेत्र में दिल्ली-जयपुर नेशनल हाईवे-48 पर कांकर दोपा फ्लाईओवर पर एक सड़क हादसा सामने आया। जानकारी के अनुसार आगे चल रहे डस्ट से भरे ट्रैक्टर-ट्रॉली ने अचानक ब्रेक लगा दिए, जिसके चलते पीछे आ रही अर्टिका कार उससे टकरा गई। टक्कर के दौरान कार में लगे एयरबैग खुल गए, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया और कार सवारों को गंभीर चोट नहीं आई। हादसे के बाद मौके पर कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। घटना की सूचना मिलते ही हाईवे पेट्रोलिंग टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। NHAI के पेट्रोलिंग स्टाफ देवेंद्र कुमार ने बताया कि ट्रैक्टर चालक के अचानक ब्रेक लगाने के कारण यह हादसा हुआ। फिलहाल पुलिस और पेट्रोलिंग टीम ने यातायात को सुचारू कराया और दोनों वाहनों को सड़क से हटवाया गया। हादसे में जनहानि नहीं होने से बड़ी राहत रही।
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पूर्णिया में ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप से शहर का नया मॉडल बनेगा

Purnia, Bihar:पूर्णिया अब एक बड़े बदलाव की दहलीज पर खड़ा है। शहर का बेतरतीब फैलाव रोकने और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए बिहार सरकार ने यहां एक आधुनिक ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप बसाने की तैयारी शुरू कर दी है। यह सिर्फ एक नई बस्ती नहीं होगी, बल्कि सुनियोजित शहरीकरण का ऐसा मॉडल होगा जो आने वाले वर्षों में पूरे सीमांचल की तस्वीर बदल सकता है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए प्रशासन ने बड़े पैमाने पर जमीन चिन्हित कर ली है और मास्टर प्लान तैयार करने की प्रक्रिया तेजी से चल रही है। सरकार ने साफ कर दिया है कि विकास अब बिना योजना के नहीं, बल्कि तय ब्लूप्रिंट के अनुसार ही होगा। यही वजह है कि टाउनशिप क्षेत्र में 30 मार्च 2027 तक जमीन की खरीद-बिक्री, रजिस्ट्री, हस्तांतरण और किसी भी तरह के निर्माण कार्य पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। प्रशासन को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि इस अवधि में किसी भी तरह की अनुमति न दी जाए, ताकि भविष्य का शहर एक व्यवस्थित तरीके से खड़ा हो सके। यह सैटेलाइट टाउनशिप करीब 26 से 27 हजार एकड़ क्षेत्र में फैलेगा, जिसमें कृत्यानंद नगर (केनगर) और पूर्णिया पूर्व प्रखंड के कुल 49 से अधिक राजस्व गांव शामिल होंगे। सरकार ने पूरे इलाके को दो हिस्सों कोर एरिया और स्पेशल एरिया में बांटा है। कोर एरिया पूर्णिया एयरपोर्ट के आसपास करीब 1374 एकड़ में विकसित होगा, जहां शहर का मुख्य ढांचा तैयार किया जाएगा। गोआसी, परोरा, देवीनगर और बनभाग जैसे इलाके इस कोर जोन में आएंगे। यही वह जगह होगी जहां सबसे पहले आधुनिक शहर की नींव रखी जाएगी। इसके अलावा बड़े हिस्से को स्पेशल एरिया के रूप में रखा गया है, जहां भविष्य में शहर का विस्तार होगा। इस पूरे टाउनशिप को इस तरह डिजाइन किया जाएगा कि यहां चौड़ी सड़कें, मजबूत ड्रेनेज और सीवेज सिस्टम, हरित पार्क, रिहायशी और कमर्शियल जोन के साथ-साथ शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार से जुड़े संस्थान विकसित किए जा सकें। साथ ही इसे रेलवे नेटवर्क और एयरपोर्ट से जोड़ने की भी योजना है, ताकि कनेक्टिविटी मजबूत हो और निवेश को बढ़ावा मिले। इस प्रोजेक्ट की खास बात यह है कि इसमें किसानों को भी साझेदार बनाया गया है। सरकार लैंड पुलिंग मॉडल पर काम करेगी, जिसमें जमीन देने वाले किसानों को विकसित जमीन का 55 प्रतिशत हिस्सा वापस मिलेगा, जबकि 45 प्रतिशत जमीन पर सरकार बुनियादी ढांचा तैयार करेगी। इसका सीधा फायदा यह होगा कि किसानों की जमीन की कीमत कई गुना बढ़ सकती है और उन्हें आर्थिक रूप से मजबूती मिलेगी। नगर आयुक्त कुमार मंगलम के मुताबिक, इस टाउनशिप के बनने से पूर्णिया नगर निगम का दायरा भी काफी बढ़ जाएगा। अभी जहां नगर निगम का क्षेत्रफल करीब 90 वर्ग किलोमीटर है, वहीं टाउनशिप के बाद यह बढ़कर करीब 650 वर्ग किलोमीटर तक पहुंच सकता है। नए शहर में सड़क, पानी, बिजली, पार्क, स्टेडियम जैसी सभी आधुनिक सुविधाएं होंगी, साथ ही औद्योगिक जोन भी विकसित किया जाएगा, जिससे लाखों लोगों के लिए रोजगार के अवसर पैदा होंगे। सब रजिस्ट्रार उमाशंकर मिश्रा ने बताया कि इस परियोजना के तहत दर्जनों मौजा की जमीन पर फिलहाल निबंधन और खरीद-बिक्री पर रोक लगा दी गई है, ताकि भविष्य का विकास पूरी तरह मास्टर प्लान के तहत हो सके। ये ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप पूर्णिया के लिए गेमचेंजर साबित हो सकता है। इससे न सिर्फ शहर पर बढ़ते दबाव को कम किया जा सकेगा, बल्कि एक नया आर्थिक हब तैयार होगा। योजनाबद्ध शहरीकरण, बढ़ते निवेश और रोजगार के नए अवसर ये तीनों मिलकर पूर्णिया को एक आधुनिक और विकसित शहर की दिशा में तेजी से आगे बढ़ा सकते हैं।
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राजस्थान के 19 जिलों में पानी में फ्लोराइड का खौफ: 450 गांवों में स्वास्थ्य खतरा

Jaipur, Rajasthan:राजस्थान के पानी में फ्लोराइड का जहर-19 जिलों के 450 गांवों में सेहत का खतरा,ग्राउंड जीरो की पडताल जयपुर-राजस्थान के पानी में फ्लोराइड का जहर घुला है.प्रदेश के आधे जिलों में WHO के गाइडलाइन के मुताबिक पीने का पानी नहीं है.सैकड़ों गांवों में पीने के पानी से गंभीर बीमारियों ने लोगों को घेर लिया है. खारे पानी से स्वाद बिगडा- ये है जयपुर के फागी में मांदी गांव की तस्वीर,जहां गांव में हैंडपंप ही पीने के पानी का मुख्य स्त्रोत है.बच्चे,युवा,महिलाएं,बुर्जुग इसी हैंडपंप के जरिए ही पानी पी रहे है.जी मीडिया संवाददाता आशीष चौहान ने भी इसी हैंडपंप से ही पानी पिया मुंह का स्वाद ही बिगड़ गया.जलदाय विभाग के जेईएन सचिन यादव ने भी पानी का स्वाद लिया.इसके बाद पानी में फ्लोराइड की मात्रा जांचने के लिए सैंपल लिया,जिसे अब लैब में भेजा है.स्थानीय लोगों ने कहा कि ये खारा पानी पीने लायक नहीं है,क्योंकि इसमें फ्लोराइड की मात्रा ज्यादा है.इस पानी से जिनके जोड़ो में दर्द रहता है.घुटनों में सूजन रहती है.बीमारियों ने घेर लिया है. फ्लोराइड के पानी से ये गंभीर बीमारियां- फ़ागी के उप ज़िला चिकित्सालय के वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ यशवंत कुमार वर्मा का कहना है कि अस्पताल में बहुत से मरीज ऐसे आते है,जिनके जोड़ो में दर्द रहता है.घुटनों में सूजन रहती है.रीड की हड्डी में दर्द रहता है.ये सभी लक्षण उन मरीजों में रहते है,जिनके पानी में फ्लोराइड की मात्रा ज्यादा होती है.पानी में फ्लोराइड की मात्रा से हार्ट,किडनी पर भी बुरा पड़ता है.लंबे समय से फ्लोराइड युक्त पानी पीने से इसका असर देखा जाता है.बच्चों के मानसिक और शारीरिक विकास पर भी इसका दुष्प्रभाव देखने को मिलता है. 19 जिलों के 450 गांवों में फ्लोराइड का जहर- हैंडपंप के पानी में ही फ्लोराइड की मात्रा ज्यादा नहीं है,बल्कि जल जीवन मिशन के तहत लगे ट्यूबवेल के पानी की भी यही कहानी है. राजस्थान के 19 जिलों में पेयजल में फ्लोराइड का जहर घुला हुआ है.पीने के पानी में फ्लोराइड की आदर्श मात्रा 0.5 से 1.0 मिलीग्राम प्रति लीटर (mg/L या ppm) के बीच होनी चाहिए.स्वास्थ्य विशेषज्ञों और WHO के अनुसार 1.5 mg/L से अधिक फ्लोराइड का स्तर स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है.राजस्थान के 19 जिलों की 450 से ज्यादा गांवों में फ्लोराइड का जहर घुला हुआ है.जल जीवन मिशन की स्कीम्स में ट्यूबवेल के जरिए इन गांवों में सैंपल लिए गए,जहां पीने के पानी में फ्लोराइड की WHO के मानकों के मुताबिक ज्यादा पाया गया. सबसे ज्यादा फ्लोराइड मकराना में- जिला ........ गांव .......... फ्लोराइड की मात्रा(mg/L) डीडवाना-कुचामन.... मकराना ............ 9.6 दौसा ........... महुखेडा ............ 8.6 जयपुर .......... सिनोदिया ........... 6.3 बालोतरा .......... सिंधारी ............ 7.8 नागौर ........... कोडिया ............ 4.6 सीकर ........... बेरी ........... 4.01 19 जिलों में फ्लोराइड,सबसे ज्यादा सीकर में- बालोतरा के 12 गांव,बाड़मेर के 40,भीलवाड़ा के 2,बीकानेर के 6,दौसा के 48,डीडवाना कुचामन के 49,जयपुर के 30,झुंझुनू के 15,जोधपुर के 4,कोटा के 3,कोटपूतली बहरोड के 2,नागौर के 50,राजसमंद के 15,सवाई माधोपुर के 21,सीकर के 63,सिरोही के 53,टोक के 1,उदयपुर के 7 गांवों के पानी में फ्लोराइड की मात्रा ज्यादा है.
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