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Amir SohailAmir SohailFollow19 Jul 2024, 12:14 pm

लोगों के सहारे ही रेलों का सञ्चालन किया जाना संभव, मिले गए सुझाव पर मिशन पर कार्यवाही सुनिश्चित

Jhansi, Uttar Pradesh:

झांसी के वीरांगना लक्ष्मीबाई स्टेशन पुर्नाविक्सित होने जा रहा है। उद्योग नगरी एक्सप्रेस के कोच में बैठे यात्रियों से फीड बैक लिया। रिजर्व लाउन्ज में वीरांगना लक्ष्मीबाई स्टेशन के पुनर्विकास का अवलोकन किया तथा पॉवर पोइंट प्रेसेंटेशन के माध्यम से विसुअल देखा। स्टेशन पर मौजूद प्रेस और मीडिया कर्मियों से बात किया और CRB महोदया व महाप्रबंधक महोदय RRI केबिन पहुंचे। उन्होनें पिछला फैलियर के बारे की जानकारी लिया और उनकी पुनरावृत्ति न हो सके इसलिए उन्होनें सम्पूर्ण व्यवस्था रखने की हिदायत दीI

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बहराइच में अलग-अलग हादसों में 3 की मौत, 1 घायल; बाइक दुर्घटना में दो की मौत

Bahraich, Uttar Pradesh:बहराइच. अलग अलग हादसों में 03 की मौत 01 घायल, बहराइच से बड़ी ख़बर, बहराइच में अलग अलग हादसों में 3 की हुई मौत,01 घायल, पहली घटना थाना मोतीपुर इलाके की है, जहाँ तेज रफ़्तार दो बाइकों की आमने सामने भिंड़त हो गयी, जिसमें दो की दर्दनाक मौत हो गयी जबकि एक की हालत गम्भीर बनी हुई है, घटना गायघाट पुल के पास की है, जहाँ देर रात गाड़ी नम्बर up40BM8542 हीरो होंडा स्प्लेंडर दो पहिया वाहन जो रायबोझा की तरफ से गायघाट की तरफ आ रहा था व दूसरी गाड़ी नम्बर up 40 AV 9167 थाना मोतीपुर जो गायघाट से रायबोझा की तरफ जा रहा था दोनों आपस में गायघाट पुल के पास टकरा गए जिसमें प्रथम गाड़ी चालक महेश पुत्र रामचंद्र निवासी पिपरिया थाना खैरीघाट की सर में चोट के कारण मौके पर ही मृत्यु हो गयी व द्वितीय गाड़ी चालक हिमांशु सोनी पुत्र गुड्डू सोनी निवासी गायघाट थाना मोतीपुर को गंभीर चोटें आई जिसको एंबुलेंस के माध्यम से जिला अस्पताल बहराइच रेफर किया गया जिसकी मृत्यु जिला अस्पताल बहराइच में हो चुकी है pm की कार्यवाही की जा रही है तथा मृतक महेश की गाड़ी पर सवार रवि पुत्र पप्पू उम्र करीब 12 साल निवासी कुरसहा थाना खैरिघाट जो सामान्य स्थिति में है दवा इलाज चल रहा है , वहीं दूसरी घटना, कोतवाली देहात इलाके की है, जहां ट्रक की टक्कर से साईकिल सवार श्रमिक की मौत हो गयी, बहराइच - बलरामपुर हाइवे पर बहादुर चक के पास तेज रफ्तार ट्रक ने साईकिल सवार श्रमिक को रौंद दिया। जिसके चलते कुसौर के मजरे छिलौरा गांव निवासी राम तीरथ (50) पुत्र सीताराम गंभीर रूप से घायल हो गया। दुर्घटना होते ही चालक वाहन सहित फरार हो गया । मृतक मजदूर शहर से मजदूरी कर साईकिल से अपने घर जा रहा था। तभी रास्ते में बहादुर चक गांव के पास तेज रफ्तार ट्रक ने श्रमिक को कुचल दिया। इस हादसे में घायल को मेडिकल कालेज लाया गया , जहां चिकिस्तक ने परीक्षण कर उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम की कार्रवाई के लिये मृतक के शव को मार्च्युरी में रखवा कर मामले की तफ्तीश में जुटी हुई है,
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मजबूत रिश्ता: महँगाई की आग में मजदूरों की रसोई कैसे बचेगी? गैस दरों में उछाल से गरीब कैसे जिएँ?

Jaipur, Rajasthan:मजदूर दिवस… एक ऐसा दिन जब मेहनतकश हाथों के सम्मान की बात होती है। इस बार कहानी कुछ और ही है। यहां श्रमिकों को सम्मान नहीं, बल्कि महँगाई का ऐसा झटका मिला है, जिसने उनकी रोज़मर्रा की ज़िंदगी को और मुश्किल बना दिया है। शहर की गलियों, निर्माण स्थलों और छोटे-छोटे किराए के कमरों में रहने वाले मजदूरों और प्रवासी परिवारों के लिए 5 किलो का FTL सिलेंडर एक बड़ा सहारा था। छोटा, सस्ता और मैनेजेबल... यही वजह थी कि इसे खास तौर पर उनकी जरूरतों को ध्यान में रखकर उपलब्ध कराया गया था ताकि वे शहर में टिक सकें और पलायन कम हो। लेकिन अब इसी सिलेंडर की कीमत में 241 रुपये की बढ़ोतरी ने पूरा गणित बिगाड़ दिया है। अब 833 से 857 रुपये तक पहुँच चुकी कीमत ने इस सहारे को भी महंगा बना दिया है। प्रति किलो के हिसाब से यही छोटा सिलेंडर सबसे महंगा पड़ रहा है। घरेलू गैस करीब 64 रुपये प्रति किलो के आसपास बैठती है, वहीं 5 किलो वाले सिलेंडर की कीमत लगभग 166 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है। यानी जिनके पास कम साधन हैं, उन्हें ही सबसे महंगी गैस खरीदनी पड़ रही है। जयपुर की झुग्गियों और मजदूर बस्तियों में रहने वाले परिवारों के लिए यह बढ़ोतरी सीधी चोट है। दिन भर मजदूरी करके 400-500 रुपये कमाते हैं, उसमें से अगर गैस ही इतनी महंगी हो जाए तो बच्चों का पेट कैसे भरें। एक प्रवासी मजदूर की यह बात हालात बयां करने के लिए काफी है। कमाई जस की तस है, लेकिन खर्च लगातार बढ़ता जा रहा है। ऐसे में कई परिवार अब फिर से लकड़ी और कोयले की ओर लौटने को मजबूर हो रहे हैं। वही पुराना धुआँ, वही सेहत का खतरा। एलपीजी की कमी के कारण पहले ही कई मजदूर शहर छोड़ने को मजबूर हो रहे थे। तब सरकार और कंपनियों ने छोटे सिलेंडर की उपलब्धता बढ़ाकर राहत देने की कोशिश की थी, लेकिन अब कीमतों में उछाल ने उसी राहत को खत्म कर दिया है। मजदूर फिर से उसी मोड़ पर खड़े हैं—रुकें या लौट जाएं गाँव? सबसे महंगी गैस गरीबों के हिस्से। विडंबना यह कि जो सिलेंडर गरीबों और श्रमिकों के लिए बना था, वही अब सबसे महंगा पड़ रहा है। 5 किलो FTL सिलेंडर की कीमत 833 रुपये है, यानि 166 रुपये प्रति किलो। घरेलू सिलेंडर की कीमत 916 रुपये, यानी 64 रुपये प्रति किलो गैस। कॉमर्शियल सिलेंडर के दाम 3099 रुपये, यानी लगभग 163 रुपये प्रति किलो गैस। गरीब मजदूरों को ही गैस सबसे महंगी खरीदनी पड़ रही है। घरेलू गैस सिलेंडर और कॉमर्शियल सिलेंडर के दाम में 100 रुपये किलो का अंतर हो गया है। अब इस अंतर से कालाबाज़ारी की संभावना बढ़ेगी। कॉमर्शियल गैस सिलेंडर के दाम पहली बार 3000 रुपये के पार। एलपीजी संकट के बीच महँगाई ने आम आदमी की रसोई और बाजार दोनों पर सीधा असर डाला है। जयपुर में कॉमर्शियल गैस सिलेंडर के दाम पहली बार 3000 रुपये के पार पहुँच गए हैं, जिससे होटल, ढाबा और रेस्टोरेंट कारोबार पर बड़ा दबाव बना है। 19 किलो का कॉमर्शियल सिलेंडर अब 2106 रुपये से बढ़कर 3099 रुपये तक पहुंच गया है, यानी एक झटके में 993 रुपये की रिकॉर्ड बढ़ोतरी। पिछले चार महीनों में कुल 1490 रुपये की बढ़ोतरी ने कारोबारियों की कमर तोड़ दी है। जनवरी में 111 रुपये, फरवरी में 49.50 रुपये, मार्च में 141.50 रुपये और अप्रैल में 195 रुपये की बढ़ोतरी के बाद यह बड़ा उछाल आया है। कीमतों में बढ़ोतरी का असर होटल उद्योग, चाय-नाश्ता, थाली और फास्ट फूड जैसी चीजों के दाम पर पड़ेगा। शादी-ब्याह, कैटरिंग और बड़े आयोजनों का बजट भी अब बढ़ेगा। ऐसे में महँगाई की आग में आम आदमी कितनी देर तक झुलेगा, यह बड़ा सवाल है। छोटे और बड़े दोनों प्रकार के सिलेंडरों की कीमतों के इस सफर से रसोई और व्यवसाय पर दबाव बढ़ रहा है, और सवाल है कि क्या अब स्वाद भी महंगा होगा।
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आपसी विवाद के दौरान बोलेरो ने राहचलती महिलाओं को कुचला, एक की मौत

Jhunjhunu, Rajasthan:झुंझुनूं जिले के चिड़ावा में शुक्रवार रात को एक नाटकीय घटनाक्रम में राह चलती महिला की मौत हो गई व उसकी बेटी गंभीर घायल हो गई जिसे झुंझुनूं रेफर कर दिया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार पैसों के लेन-देन को लेकर हुए आपसी विवाद के बाद तेज गति से भगाकर लेजाई जा रही बोलेरो की चपेट में आने से राह चलती पुहानिया निवासी संतोष पत्नी सुरेश कुमार उम्र 55 व मोनिका पत्नी विकाश उम्र 29 गंभीर रूप से घायल हो गईं। दोनों घायल महिलाओं को चिड़ावा उप जिला अस्पताल पहुंचाया गया जहां चिकित्सको ने संतोष को मृत घोषित कर दिया जबकि मोनिका की हालत गंभीर होने पर उसे प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। खेतड़ी रोड स्थित पावर हाउस के नजदीक स्थित मेहरिया बर्तन भंडार के संचालक महावीर ने आरोप लगाया की टीवी टावर के नजदीक रहने वाले अमित पुत्र मनफूल योगी से उसका पैसे के लेन-देन को लेकर विवाद चल रहा था। इस बाबत महावीर को कई बार धमकियां भी मिल चुकी थीं। आज दोपहर में भी अमित ने उसे दुकान पर आकर धमकाया था। आरोप है कि रात को जब वह दुकान बंद कर के सेहीकलां स्थित अपने घर लौट रहा था तब पहले से सेही रोड़ पर घात लगाकर बैठे अमित व उसके 7-8 साथियों ने उसकी पिकअप के आगे बोलेरो गाड़ी लगा दी। इस दौरान महावीर की पिकअप पर हमलावरों ने पत्थरों से भी हमला किया व छीना झपटी की कोशिश की। इस पूरे घटनाक्रम के दौरान महावीर ने अपने वाहन से नियंत्रण खो दिया और पिकअप वाहन सड़क किनारे स्थित एक मकान की चारदीवारी से जा टकराई। इस टक्कर से चारदीवारी का कुछ हिस्सा व उसके साथ लगा मुख्य दरवाजा धराशाई हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हमला कर भागते वक्त बदमाशों ने बोलेरो गाड़ी से राह चलती दोनों महिलाओं को टक्कर मार दी। घटना की जानकारी मिलते ही चिड़ावा थाने से एएसआई किशनलाल व विकास डारा घटनास्थल पर पहुंचे व मामले की जानकारी जुटाई। फिलहाल पिकअप वाहन को पुलिस थाने ले जाया गया है।
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राजमार्ग पर टैंकर से भिड़ंत, ब्रॉयलर मुर्गी मरने से हड़कंप, 10 रुपये में बिकी मुर्गियाँ

EGE GOPI7m ago
Kharagpur, West Bengal:ট্যাংকারে সজোরে ধাক্কা, রাস্তায় ছড়াল মৃত মুরগি, ১০ টাকায় কিনতে হুড়োহুড়ি ই गোপी: ভয়াবহ পথদুর্ঘটনায় চাঞ্চল্য ছড়াল পশ্চিম মেদিনীপুর জেলার ডেবরা ব্লকের দ্বারিকাপুর এলাকায় ১৬ নম্বর জাতীয় সড়কে। একটি ব্রয়লার মুরগি বোঝাই পিকআপ ভ্যান নিয়ন্ত্রণ হারিয়ে রাস্তার ওপর দাঁড়িয়ে থাকা একটি ট্যাংকারের পেছনে সজোরে ধাক্কা মারলে ঘটনাস্থলেই শতাধিক মুরগির মৃত্যু হয়। দুর্ঘটনার অভিঘাতে পিকআপ ভ্যানটির সামনের অংশ দুমড়ে-মুচড়ে যায়, যদিও অল্পের জন্য প্রাণে বেঁচে যান চালক ও খালাসি। স্থানীয় সূত্রে জানা গেছে, গভীর রাতে জাতীয় সড়কের ওই অংশে একটি ট্যাংকার দীর্ঘক্ষণ ধরে দাঁড়িয়ে ছিল। অন্ধকারে এবং সম্ভবত দৃশ্যমানতার অভাবে দ্রুতগতিতে আসা পিকআপ ভ্যানটি ট্যাংকারটিকে দেখতে না পেয়ে সজোরে ধাক্কা মারে। দুর্ঘটনার অভিঘাতে ভ্যানে থাকা খাঁচাগুলি ভেঙে যায় এবং রাস্তায় ছড়িয়ে পড়ে বহু ব্রয়লার মুরগি। এর মধ্যে ঘটনাস্থলেই শতাধিক মুরগির মৃত্যু হয় বলে দাবি স্থানীয়দের। তবে দুর্ঘটনার পর যে দৃশ্য সামনে আসে, তা ঘিরেই তৈরি হয়েছে বিতর্ক ও চাঞ্চল্য। মৃত মুরগিগুলি স্থানীয়দের মধ্যে মাত্র ১০ টাকা দরে বিক্রি করা শুরু হয়। খবর ছড়িয়ে পড়তেই আশপাশের গ্রাম থেকে বহু মানুষ ঘটনাস্থলে ভিড় জমান। কম দামে মাংস পাওয়ার লোভে অনেকেই সেই মুরগি কিনতে এগিয়ে আসেন। ফলে কিছুক্ষণের মধ্যেই জাতীয় সড়কের একাংশে ভিড় ও বিশৃঙ্খলার সৃষ্টি হয়। ঘটনার খবর পেয়ে দ্রুত ঘটনাস্থলে পৌঁছায় জাতীয় সড়ক কর্তৃপক্ষের (এনএইচ) টিম এবং ডেবরা থানার পুলিশ। পুলিশ পরিস্থিতি নিয়ন্ত্রণে আনে এবং ভিড় সরিয়ে দেয়। পরে ক্ষতিগ্রস্ত পিকআপ ভ্যানটিকে রাস্তা থেকে সরিয়ে নিয়ে যাওয়া হয়। দুর্ঘটনাগ্রস্ত ট্যাংকারটিকেও নিরাপদ স্থানে সরানো হয় বলে জানা গেছে। প্রশাসন সূত্রে জানা গিয়েছে, এই ঘটনায় কোনো প্রাণহানি না ঘটলেও বিপুল পরিমাণ আর্থিক ক্ষতি হয়েছে। একই সঙ্গে মৃত মুরগি বিক্রির বিষয়টি নিয়েও প্রশ্ন উঠেছে স্বাস্থ্যবিধি ও জনস্বাস্থ্য নিয়ে। যদিও এ বিষয়ে প্রশাসনের পক্ষ থেকে এখনও পর্যন্ত আনুষ্ঠানিকভাবে কোনো মন্তব্য করা হয়নি। বর্তমানে ওই জাতীয় সড়কে যান চলাচল সম্পূর্ণ স্বাভাবিক রয়েছে বলে জানা গিয়েছে। পুলিশ পুরো ঘটনার তদন্ত শুরু করেছে এবং দুর্ঘটনার প্রকৃত কারণ খতিয়ে দেখা হচ্ছে। বাইট: সাধন সিং - স্থানীয়
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पुलवामा के चार साल के बच्चे की नदी में डूबने से मौत, शव बरामद

Chaka, आज पुलवामा के टिकेन गाँवों में हज़ारों लोग इकट्ठे हुए और 4 साल के मोहम्मद हंज़ाला को आंसू भरी विदाई दी, जिसकी मौत पानी में डूबने के कारण हुई. दक्षिण कश्मीर के शोपियां जिले में एक नदी में फिसलने के बाद लापता हुए पुलवामा के चार साल के बच्चे का शव आज हिरपोरा इलाके के रणबियारा नाले से बरामद किया गया. पांच दिनों के बाद आंसुओं और सिसकियों के बीच उसे सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया. जैसे ही इस मासूम बच्चे का शव मिला, पूरे इलाके में मातम पसरा; हजारों की संख्या में लोग सड़कों, मकानों और दुकानों की छत पर मातम करते हुए नज़र आए...हर एक की आँखों में नमी थी. हजारों की संख्या में लोग उनके जनाज़े में शामिल हुए और आखिरी रस्म पूरी की. इस दुखद मौत से पूरा इलाका गहरे दुख में है. मरने वाले की पहचान पुलवामा के टिकेन गाँव के मोहम्मद हंज़ाला के रूप में हुई है, जो 27 अप्रैल को दुबजान ब्रिज के पास गलती से तेज़ बहती नदी में गिर गया था. इस बच्चे की खोज में पिछले 5 दिनों से दिन और रात, सेना, जम्मू और कश्मीर पुलिस और राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF) की टीमों ने घटना के तुरंत बाद बचाव अभियान शुरू किया था. इस बीच, नाले के गहरे हिस्सों में खोजबीन के लिए खास उपकरणों का इस्तेमाल किया गया, जबकि ऑपरेशन को तेज़ करने के लिए और लोगों को लगाया गया. रिकवरी की कोशिशों को बेहतर बनाने के लिए डोडा के एक जाने-माने वॉलंटियर समेत एक्सपर्ट सिविलियन बॉडी रिट्रीवर्स को भी लगाया गया।
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सांसद ने गेहूं-चना खरीदी केंद्र पर व्यवस्थाओं की समीक्षा कर भुगतान समय पर निर्देश दिए

Narmadapuram, Madhya Pradesh:सांसद दर्शन सिंह चौधरी ने स्थानीय कृषि उपज मंडी में समर्थन मूल्य पर चल रहे गेहूं और चना खरीदी केंद्रों का दौरा कर व्यवस्थाओं की विस्तृत समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि खरीदी प्रक्रिया में किसानों को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि एफएक्यू मानकों के नाम पर किसानों को अनावश्यक रूप से परेशान करना उचित नहीं है। साथ ही तुलाई समय पर कराने, पेयजल और बैठने की समुचित व्यवस्था उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। इस दौरान सांसद ने मौजूद किसानों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं और अधिकारियों को तत्काल समाधान के निर्देश भी दिए। निरीक्षण के दौरान सहकारी संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने शिकायत की कि भारतीय खाद्य निगम (FCI) द्वारा बड़ी मात्रा में गेहूं अस्वीकार किया जा रहा है, जिससे किसानों के भुगतान में देरी हो रही है। कई ट्रक गोदामों से वापस लौटाए जाने की स्थिति भी सामने आई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए सांसद ने तुरंत संबंधित अधिकारियों को मंडी कार्यालय में बुलाकर पूरे मामले की जानकारी ली। इस दौरान अधिकारियों ने बताया कि गेहूं एफएक्यू मानकों पर खरा नहीं उतरने के कारण रिजेक्ट किया गया है। इस पर सांसद ने आपत्ति जताते हुए कहा कि आधुनिक कटाई प्रक्रिया में हल्की मिट्टी या कण का आ जाना सामान्य बात है, ऐसे में इन्हीं कारणों से पूरी उपज को अस्वीकार करना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि प्राथमिकता यह होनी चाहिए कि आवश्यक प्रक्रिया अपनाकर अधिक से अधिक गेहूं की खरीदी सुनिश्चित की जाए। सांसद ने निर्देश दिए कि सफाई और छनाई जैसी प्रक्रियाओं को मजबूत कर अनाज को मानक के अनुसार बनाया जाए, ताकि किसानों की उपज का अधिकतम हिस्सा खरीदा जा सके और भुगतान समय पर हो सके.
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नामली फोरलेन दुर्घटना के बाद ग्रामीणों का प्रदर्शन, 1 करोड़ मुआवजे की मांग

Ratlam, Madhya Pradesh:रतलाम जिले के नामली में सड़क हादसे में घायल 50 वर्षीय मुकेश की इंदौर में इलाज के दौरान मौत के बाद हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं। शुक्रवार को पूरे दिन ग्रामीणों ने नामली फोरलेन पर प्रदर्शन किया और देर रात तक धरना जारी रखा। प्रदर्शनकारी मृतक परिवार को 1 करोड़ रुपये मुआवजा देने की मांग पर अड़े रहे। मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि स्थिति नियंत्रण में रहे। ग्रामीणों का आक्रोश इतना बढ़ गया कि वे फोरलेन पर ही दाह संस्कार करने की मांग पर डटे हुए हैं। प्रशासन लगातार समझाइश में जुटा है, लेकिन अब शनिवार सुबह शव गांव पहुंचने के बाद माहौल और गरमाने के आसार हैं। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पुलिस ने अतिरिक्त बल तैनात कर दिया है।
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