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Amir KhanAmir KhanFollow31 Jan 2025, 05:35 am

Hardoi: SP ने परेड का निरीक्षण किया, पुलिसकर्मियों को फिटनेस का संदेश

Hardoi, Uttar Pradesh:

हरदोई के पुलिस अधीक्षक नीरज कुमार जादौन ने शुक्रवार को पुलिस लाइन स्थित परेड ग्राउंड में साप्ताहिक परेड का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने क्वार्टर गार्ड, मेस और अन्य महत्वपूर्ण स्थानों का जायजा लेकर अधिकारियों को आवश्यक  निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान क्षेत्राधिकारी नगर और प्रतिसार निरीक्षक भी मौजूद रहे। SP नीरज कुमार जादौन ने परेड के दौरान पुलिसकर्मियों के साथ दौड़ लगाकर फिटनेस का संदेश दिया। उन्होंने पुलिस बल को अनुशासन और शारीरिक दक्षता बनाए रखने की सलाह दी और कहा कि एक स्वस्थ और फिट पुलिस बल ही जनता की बेहतर सेवा कर सकता है। 

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GMCH पूर्णिया ट्रॉमा सेंटर सीमांचल के लिए बड़ी राहत बना रहा है

Purnia, Bihar:राष्ट्रीय और राज्य राजमार्गों पर बढ़ते सड़क हादसों के बीच राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल (GMCH) पूर्णिया का ट्रॉमा सेंटर सीमांचल के लोगों के लिए बड़ी राहत साबित हो रहा है। पूर्णिया जिले का यह प्रमुख ट्रॉमा सेंटर सड़क दुर्घटना में घायल मरीजों को तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने का केंद्र बना हुआ है। लाइन बाजार स्थित GMCH पूर्णिया मुख्य सड़क से जुड़ा हुआ है, जिससे दुर्घटना के बाद मरीजों को अस्पताल तक पहुंचाने में अपेक्षाकृत कम समय लगता है। अस्पताल परिसर में 24 घंटे आपातकालीन सेवाएं उपलब्ध हैं और एंबुलेंस की व्यवस्था भी लगातार सक्रिय रहती है। आपात स्थिति में 102 एंबुलेंस सेवा के माध्यम से मरीजों को अस्पताल पहुंचाया जाता है। अस्पताल प्रशासन के अनुसार इमरजेंसी मेडिसिन, सर्जरी, ऑर्थोपेडिक्स, रेडियोलॉजी और अन्य आवश्यक विभाग ट्रॉमा मरीजों के उपचार में समन्वित रूप से काम करते हैं। GMCH पूर्णिया में इमरजेंसी विभाग, आईसीयू, ऑपरेशन थिएटर तथा गंभीर मरीजों के लिए आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध हैं। अस्पताल में इमरजेंसी मेडिसिन विभाग भी संचालित है, जहां सड़क हादसों सहित अन्य आपात मामलों का इलाज किया जाता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पहले गंभीर मरीजों को भागलपुर, पटना या दूसरे बड़े शहरों में रेफर करना पड़ता था, लेकिन GMCH पूर्णिया शुरू होने के बाद सीमांचल के हजारों मरीजों को स्थानीय स्तर पर बेहतर उपचार मिलने लगा है। हालांकि स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि भविष्य में ट्रॉमा सेंटर को और अधिक अत्याधुनिक उपकरणों, विशेषज्ञ डॉक्टरों तथा उन्नत जीवनरक्षक सुविधाओं से सुसज्जित किए जाने की जरूरत है। इससे सड़क दुर्घटना में घायल मरीजों को ‘गोल्डन ऑवर’ के भीतर और बेहतर उपचार मिल सकेगा। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि राज्य सरकार और स्वास्थ्य विभाग द्वारा चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार की दिशा में लगातार काम किया जा रहा है। आने वाले समय में ट्रॉमा केयर सेवाओं को और मजबूत बनाने की योजना है, ताकि सीमांचल के लोगों को अपने क्षेत्र में ही बेहतर आपातकालीन स्वास्थ्य सुविधाएं मिल सकें। ट्रामा सेंटर में एडमिट मरीज सत्यम कुमार ने बताया कि GMCH पूर्णिया का ट्रॉमा सेंटर सड़क दुर्घटना और अन्य आपात स्थितियों में मरीजों को त्वरित उपचार उपलब्ध करा रहा है। इमरजेंसी, सर्जरी, ऑर्थोपेडिक्स और अन्य विभाग समन्वय के साथ कार्य कर रहे हैं। उपलब्ध संसाधनों को लगातार बढ़ाया जा रहा है और भविष्य में सुविधाओं का और विस्तार होगा, ताकि सीमांचल के लोगों को बेहतर ट्रॉमा केयर मिल सके।
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झारखंड जेटेट: भाषा-समावेशन पर मंत्रियों की सहमति नहीं

Ranchi, Jharkhand:झारखंड में जेटेट परीक्षा में भाषा मामले में अब तक सहमति नहीं बन पाई है। इस मामले को सुलझाने के लिए सीएम के निर्देश पर सात मंत्रियों की कमेटी का गठन किया गया है, मंत्रियों की बैठक में भोजपुरी , मगही और अंगिका को जेटेट परीक्षा के शामिल किए जाने पर बात नहीं बन पाई। सात मंत्रियों की कमेटी में चार मंत्री इन भाषा को शामिल करने के पक्ष में नहीं दिखे। इस मामले को सुलझाने के लिए पहले पांच मंत्रियों की कमेटी गठित हुई थी बाद में इस में दो और मंत्री शामिल किए गए। इस मामले में कांग्रेस के दो और राजद के एक मंत्री इन भाषा को शामिल करने के पक्ष में रहे जबकि कांग्रेस के एक और झामुमो के तीन मंत्री इसको शामिल नहीं करने के पक्ष में दिखे। वहीं इसको लेकर बाहर बयानबाजी का दौर भी शुरू हो गया है। मंत्रियों की बैठक में सहमति नहीं बनने पर कांग्रेस प्रदेश महासचिव आलोक दुबे ने कहा, भाषा मामले को लेकर कांग्रेस पार्टी की प्रदेश पॉलिटिकल एफेयर्स कमेटी की बैठक होगी जिसमें भाषा पर भी चर्चा होगी और पार्टी लाइन तय होगा। भाषा का मामला पार्टी के एजेंडे में है और पार्टी मानती भाषा हमारी संस्कृति और परंपरा को जोड़ती है। पहले भी ये विषय शामिल रहे हैं और परीक्षा होती रही है आगे भी शामिल किया जाए। बाइट ....आलोक दुबे, प्रदेश महासचिव, कांग्रेस जबकि कि बीजेपी प्रदेश महामंत्री मनोज सिंग ने कहा, बीजेपी शुरु से कह रही है राज्य में जो ठगबंधन की सरकार चल रही ये सिर्फ ठगने का काम कर रही है। इनकी मंशा युवाओ को लेकर ठीक नहीं है। बीजेपी शुरु से कहती रही है हम यहां के युवाओं को इस सरकार के द्वारा ठगने नहीं देंगे , हम इनको बाध्य करेंगे और कहेगे जो यहां के युवाओं की मांग है उसे पूरा करें। भाषा के नाम पर उलझा कर नहीं रखें। राज्य में लूट की छूट है पर भाषा के नाम पर सामंजस्य क्यों नहीं बन रहा है。
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अजमेर दरगाह पर 72 घंटे का चिल्ला खुला, उर्स की तैयारी तेज

Ajmer, Rajasthan:अजमेर। आलमी मशहूर ओ मारूफ़ सुल्तानुल हिन्द हज़रत ख्वाजा मोईनुद्दीन हसन चिश्ती रहमतुल्लाह अलैहि की दरगाह, जहाँ मौहर्रम की 4 तारीख से हज़रत बाबा फरीद गंजशकर मसूद रहमतुल्लाह अलैहि का उर्स मनाया जाएगा। जिसमे शिरकत करने मुल्क भर से कसीर तादाद में ज़ायरीन अजमेर पहुंचेंगे। इसी लिए दरगाह कमेटी और जिला इंतजामिया मिनी उर्स के हवाले से तमाम तैयारियां करती है। दरगाह कमेटी और खुद्दामें ख्वाजा की जानिब से दरगाह में ज़ायरीन की सोहलियात का भी ख़ास ख़्याल रखा जाता है। चिल्ला शरीफ तक़रीबन 15 फ़ीट जमीन के नीचे वाला है, जहाँ अक़ीदत मंद लाइन लगा कर ज़ियारत करते हैं। बाबा साहब की इस चिल्लागाह को साल में एक मर्तबा ही 72 घंटे के लिए खोला जाता है। हज़रत बाबा फ़रीद का मज़ार मुबारक़ पाकिस्तान के पाकपट्टन शरीफ में है जहाँ हर साल 5 मौहर्रम को उर्स मनाया जाता है। ऐसे में जो अक़ीदतमंद वहां नहीं जा पाते, तो वो अजमेर शरीफ मिनी उर्स में शिरकत करते हैं। खुद्दामें ख्वाजा के मुताबिक़ हज़रत बाबा फ़रीद ने अपने दादा पीर हज़रत ख्वाजा मोईनुद्दीन हसन चिश्ती रहमतुल्लाह अलैहि के दामन में रहते हुए इसी जगह चिल्ला कशी की थी। यही वजह है कि अजमेर दरगाह में हज़रत बाबा फ़रीद साहब का चिल्ला 72 घंटों के लिए ख़ास ओ आम ज़ायरीन के लिए खोला जाता है। देखते हैं अजमेर से हमारे नुमाइंदा मोहम्मद रईस खान की ये खास रिपोर्ट,
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सरकारी अवकाश के दिनों में ड्यूटी के खिलाफ तीन संगठनों ने सीएम के नाम ज्ञापन दिया

Dungarpur, Rajasthan:जिला डूंगरपुर विधानसभा चौरासी लोकेशन चौरासी हेडलाइन- अवकाश के दिनों में सरकारी कार्यों के विरोध में उतरे तीन कर्मचारी संगठन, एसडीएम को सौंपा सीएम के नाम सामूहिक ज्ञापन एंकर इंट्रो- डूंगरपुर जिले में सरकारी अवकाश के दिनों में लगातार अतिरिक्त कार्य और बैठकों के आयोजन से नाराज कर्मचारियों ने अब मुखर होकर विरोध शुरू कर दिया है। इसी के तहत सीमलवाड़ा में कृषि पर्यवेक्षक, पटवारी और ग्राम विकास अधिकारी संगठनों ने संयुक्त रूप से मोर्चा खोलते हुए उपखंड कार्यालय पर प्रदर्शन किया और उपखंड अधिकारी को सीएम के नाम एक सामूहिक ज्ञापन सौंपा। बॉडी- राजस्थान कृषि पर्यवेक्षक, पटवारी एवं ग्राम विकास अधिकारी संयुक्त समन्वय समिति के प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि राज्य सरकार ने कर्मचारियों की कार्यक्षमता बढ़ाने और उन्हें मानसिक-शारीरिक विश्राम देने के उद्देश्य से पांच दिवसीय कार्य व्यवस्था लागू की थी। इसके बावजूद पिछले कुछ वर्षों से शनिवार, रविवार और अन्य राजकीय अवकाश के दिनों में लगातार ग्राम सभाएं, चौपाल, शिविर, बैठकें और निरीक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इस निरंतर अतिरिक्त कार्यभार के कारण कर्मचारी भारी मानसिक तनाव से गुजर रहे हैं। समिति के पदाधिकारियों ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं को धरातल पर उतारने की मुख्य जिम्मेदारी कृषि पर्यवेक्षक, पटवारी और ग्राम विकास अधिकारियों पर होती है। लेकिन लगातार अवकाश के दिनों में भी ड्यूटी लगाए जाने से कर्मचारियों का पारिवारिक, सामाजिक और व्यक्तिगत जीवन पूरी तरह से प्रभावित हो रहा है। तीनो संगठन ने सरकार से आपातकालीन परिस्थितियों को छोड़कर शनिवार, रविवार और अन्य सरकारी अवकाशों पर किसी भी तरह की बैठक, ग्राम सभा, शिविर या निरीक्षण आयोजित नहीं करने की मांग की है | बाईट- जयदीप सिंह चौहान, अध्यक्ष कृषि पर्यवेक्षक संघ सीमलवाड़ा
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वाराणसी में BRICS संस्कृति समूह की दूसरी बैठक, 2026 अध्यक्षता भारत के नेतृत्व में

JPJai Pal12m ago
Varanasi, Uttar Pradesh:• 4 और 5 जून को वाराणसी में ब्रिक्स संस्कृति कार्य समूह की दूसरी बैठक. • ​काशी में जुटे 11 ब्रिक्स देशों के प्रतिनिधि और बड़े राजनयिक. • भारत की 2026 ब्रिक्स अध्यक्षता के तहत संस्कृति मंत्रालय कर रहा मेजबानी. • ​लचीलापन, नवाचार, सहयोग और स्थिरता पर हो रही है खास चर्चा. • सांस्कृतिक उद्योगों में एआई के इस्तेमाल पर होगा बड़ा मंथन. • कॉपीराइट और नैतिक उपयोग को लेकर ब्रिक्स देश बनाएंगे रणनीति. • ​अवैध रूप से ले जाई गई सांस्कृतिक धरोहरों की वापसी पर बड़ी चर्चा. • ​जलवायु परिवर्तन और संस्कृति के अंतर्संबंधों पर मंथन जारी. • कल शाम देखेंगे विश्व प्रसिद्ध गंगा आरती. • 6 जून को सारनाथ में भगवान बुद्ध के उपदेश स्थल और म्युजियम का करेंगे दौरा.
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जालौन: निजी अस्पताल में चार वर्षीय की मौत, लापरवाही से अस्पताल संचालक फरार

Jalaun, Uttar Pradesh:जालौन के उरई कोतवाली क्षेत्र में मच्छर चौराहा के पास संचालित अनिका हॉस्पिटल पर एक चार वर्षीय मासूम की मौत के बाद गंभीर लापरवाही के आरोप लगे हैं। मृतक बच्चे के परिजनों ने अस्पताल संचालक और स्टाफ पर इलाज में लापरवाही बरतने तथा बच्चे की मौत के बाद अस्पताल छोड़कर फरार होने का आरोप लगाया है। जानकारी के मुताबिक कोंच क्षेत्र के ग्राम भेड़ निवासी अमजद खान अपने चार वर्षीय पुत्र रियाज खान को गुरुवार सुबह करीब चार बजे पेट में तेज दर्द की शिकायत होने पर अनिका हॉस्पिटल लेकर पहुंचे थे। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल में भर्ती करते समय उनसे पांच हजार रुपये जमा कराए गए और बच्चे को ग्लूकोज चढ़ाया गया। इसके बाद डॉक्टर और स्टाफ द्वारा समुचित उपचार नहीं कराई गई। परिजनों का कहना है कि बच्चे की हालत लगातार बिगड़ती रही, लेकिन आवश्यक जांचें नहीं कराई गईं। आरोप है कि कुछ समय बाद बच्चे की मौत हो गई। इसके बावजूद अस्पताल प्रबंधन परिजनों को विभिन्न जांचें कराने की बात कहता रहा। जब परिजनों ने बच्चे की स्थिति को लेकर सवाल उठाए तो उन्हें बताया गया कि अस्पताल में वेंटिलेटर की सुविधा उपलब्ध नहीं है और बच्चे को दूसरे अस्पताल ले जाना होगा। मृतक के पिता अमजद खान ने जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक को दिए गए शिकायती पत्र में आरोप लगाया है कि उनके पुत्र की मौत के बाद अस्पताल संचालक डॉ. देवेन्द्र कुमार कौशल और स्टाफ अस्पताल छोड़कर चले गए। परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि बच्चे का शव अस्पताल परिसर में बंद ताले के भीतर छोड़ दिया गया, जबकि बाहर परिजन रोते-बिलखते रहे। घटना की जानकारी मिलने पर क्षेत्र में लोगों की भीड़ जमा हो गई और अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ आक्रोश देखने को मिला। परिजनों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराते हुए अस्पताल संचालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने और कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
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