271503
एसपी विनीत जायसवाल ने यातायात माह के समापन अवसर पर एक दिवसीय कार्यशाला का फीता काटकर किया शुभारंभ
Katra, Uttar Pradesh:गोंडा-कटरा बाजार थाना क्षेत्र के मैजापुर मिल में एक दिवसीय कार्यशाला का पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने फीता काटकर शुभारंभ किया ,कार्यशाला में आये हुए लोंगो को सड़क सुरक्षा के बारे में जानकारी दी गई.इस अवसर पर एसडीएम करनैलगंज भारत भार्गव,एसडीएम न्याययिक नेहा मिश्र,पीटीओ शैलेन्द्र त्रिपाठी,राजेश सिंह,वृजेश गौड़,पीके चतुर्वेदी, मुकेश झुनझुनवाला,अवधेश तिवारी सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
0
0
Report
हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|
नदिया में संस्कार के बाद लौटते समय मोटरबाइक दीवार से टकराई, चार युवकों की मौत
Ranaghat, West Bengal:*মৃতদেহ সৎকার শেষে বাড়ি ফেরার পথে মর্মান্তিক দুর্ঘটনা, মোটরবাইক দেওয়ালে ধাক্কা: মৃত ৪* মৃতদেহ সৎকার করে বাড়ি ফেরার পথে ভয়ावহ পথদুর্ঘটনায় প্রাণ গেল চার যুবকের। বৃহস্পতিবার বিকেলে নদিয়ার রানাঘাট থানার সাহেবডাঙা এলাকায় এই মর্মান্তিক দুর্ঘটনা ঘটে। স্থানীয় সূত্রে জানা যায়, মৃতদেহ সৎকার শেষে চার যুবক মোটরবাইকে করে বাড়ি ফিরছিলেন। সাহেবডাঙা এলাকায় পৌঁছতেই একটি মোটরবাইক নিয়ন্ত্রণ হারিয়ে রাস্তার ধারের একটি বাড়ির দেওয়ালে সজোরে ধাক্কা মারে। দুর্ঘটনায় ঘটনাস্থলেই দুই যুবকের মৃত্যু হয়। গুরুতর আহত অবস্থায় বাকি দু'জনকে দ্রুত উদ্ধার করে রানাঘাট মহকুমা হাসপাতালে নিয়ে যাওয়া হলে চিকিৎসকরা мәғ তাঁদের মৃত বলে घोषणा করেন। ফলে এই দুর্ঘটনায় মোট চারজনের মৃত্যু হয়েছে। মৃতদের নাম সৌমেন হালদার, প্রতাপ প্রামাণিক, অজিত বিশ্বাস এবং সবুজ বিশ্বাস। ঘটনার খবর পেয়ে রানাঘাট থানার পুলিশ ঘটনাস্থলে পৌঁছে দেহগুলি উদ্ধার করে ময়নাতদন্তের জন্য পাঠায়। কী কারণে মোটরবাইকটির নিয়ন্ত্রণ হারিয়েছিল, তা খতিয়ে দেখছে পুলিশ। এই মর্মান্তিক ঘটনায় এলাকাজুড়ে শোকের ছায়া নেমে এসেছে। মৃতেরা হলেন সৌমেন হালদার, প্রতাপ প্রামাণিক, অজিত বিশ্বাস ও সবুজ বিশ্বাস।0
0
Report
महीनों के बाद भी आरोपीयो की गिरफ्तारी नही,डायल112 पुलिस के सामने ही किया था 20 से 25 लोगो ने हमला
Shamli, Uttar Pradesh:श्रवण पंडित शामली स्लग ....पुलिस के आगे हमलावर की गिरफ्तारी कब ..... शामली जनपद के आदर्श मंडी थाना क्षेत्र के मुंडेट गांव के मेंन रोड पर कार सवार चार लोगों के ऊपर गोहरणी निवासी कई दर्जनो लोगो ने जानलेवा हमला किया था। जिसमे पीड़ित 10 दिन आईसीयू में भर्ती रहा था।और पीड़ित व्यक्ति की बहन ने उक्त मामले में जहां पुलिस थानां ओर अधिकरियो के ऑफिस के चक्कर काटे ओर करीब 1महीने बाद मुकदमा दर्ज किया था।वही पुलिस ने महीनो बीत जाने के बाद भी आज तक इस मामले में मुकदमा दर्ज करने के बाद कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। जबकि पीड़ित परिवार आधा दर्जन बार के करीब एसपी ऑफिस और एडीजी लायन आर्डर मेरठ के पास न्याय की गुवार लगा चुका है। पीड़ितों ने करीब 8 नाम दर्ज और 15 ..20 अज्ञात लोगों के खिलाफ गाड़ी में तोड़फोड़ करने जानलेवा हमला करने के मामले में मुकदमा पंजीकृत कराया था।जिसमें पुलिस ने धाराओं में भी खेल किया और उच्च अधिकारियों के आदेश पर घटना के संबधित जानलेवा हमला करने की धाराएं बढ़ाई गई थी। पीड़ित अब अन्य आरोपी की गिरफ्तारी के लिए अधिकारियों के ऑफिस के चक्कर लगा रहा है।पीड़ित ने चेतावनी दी है।कि अब न्याय नही मिला तो एसपी ऑफिस पर आत्महत्या कर लेंगे। ...... आपको बता दे कि मामला शामली जनपद के आदर्श मंडी थाना क्षेत्र के गांव मुंडेट का है जहां पर 25 फरवरी 2026 को समय करीब 9:30 बजे कोर्ट के नोटिस के साथ और डायल 112 पुलिस को लेकर पीड़ित करनाल रोड स्थित मैरिज होम एस फार्म के पास पहुंचा जहां उसकी पुलिस वापस थाने लेकर जा रही थी कि तभी रास्ते में मूंढेत के पास उक्त व्यक्ति की प्रेमिका से पत्नी बनी प्रियंका तोमर के पिता मनोज तोमर भाई प्रीत तोमर, चाचा सनोज तोमर,उज्जवल। तोमर उत्सव तोमर मनोज तोमर के साथ काम करने वाला पप्पू वह अन्य करीब 15 से 20 अज्ञात लोग लाठी डंडे तेज धार दार,हथियार पिस्टल आदि देसी तमंचे के साथ पहुंचे और गाड़ी को घिराव कर रोका और उनके ऊपर गाड़ी में तोड़फोड़ करते हुए मारपीट शुरू कर दी।आरोपियों ने जहां गाड़ी को क्षतिग्रस्त किया वहीं गाड़ियों के शीशे तोड़कर पीड़ित अरुण मलिक उसके मामा उसका दोस्त और उसके एक चचेरे भाई को बाहर निकाल कर लहूलुहान कर दिया घटना के मामले में जहां डायल हंड्रेड पुलिस मौके पर वीडियो बनाती रही। वहीं घटना के बाद पीड़ितों को सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया जहां से उन्हें हाई सेंटर मेरठ के लिए रेफर कर दिया गया पीड़ित करीब 10 दिन आईसीयू में भर्ती रहा वहीं घटना के करीब 10 दिन बाद पीड़िता की बहन मनीष मलिक अपने परिवार के साथ थाने पहुंची जहां उसके शरीर पर जांच कर कार्रवाई का भरोसा दिलाया जबकि दूसरी ओर पीड़ित अरुण मालिक की कई बार सर्जरी हो चुकी थी जिसके सर में करीब 46 टांके आए तो वहीं हाथ की एक हड्डी टूटी हुई थी और अन्य गंभीर चोटे लगी हुई थी पीड़िता की बहन ने करीब 1 महीने पुलिस थाने से लेकर अधिकारी तक चक्कर लगाने के बाद मुकदमा दर्ज कराया जिसमें 21 मार्च को मुकदमा पंजीकृत किया गया और अब तक मात्र दो आरोपियों की गिरफ्तारी की गई उक्त मामले में गिरफ्तारी को लेकर जहां पीड़ित आज एसपी ऑफिस पहुंचा है जहां उसने अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है और पीड़ित ने अपनी जान माल का भी खतरा बताया है उक्त मामले में पीड़ित अरुण मलिक ने बताया कि उसके साथ हुई घटना के मामले में पुलिस ने कोई मदद नहीं की और जब उच्च अधिकारियों के लखनऊ तक जाने के बाद करीब 1 महीने बाद मुकदमा दर्ज किया और अभी तक भी आरोपियों को गिरफ्तार ने किया मात्र दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है जबकि मुख्य आरोपी अभी भी0
0
Report
जहानाबाद स्कूल के प्रधानाध्यापक पर अश्लील हरकतों के आरोप; जांच बैठी
Jehanabad, Bihar:जहानाबाद में शिक्षा के मंदिर को शर्मसार कर देने वाला मामला सामने आया है। जहां एक सरकारी विद्यालय में पदस्थापित प्रधानाध्यापक पर विद्यालय की कई छात्राओं ने बेहद संगीन और अश्लील हरकतों के आरोप लगाए हैं। इस घटना के उजागर होने के बाद से इलाके में हड़कंप मच गया है और ग्रामीणों ने स्कूल परिसर में प्रधानाध्यापक के खिलाफ जमकर हंगामा किया। मामला सदर प्रखंड क्षेत्र के उत्क्रमित मध्य विद्यालय धनौती का है। पीड़ित छात्राओं ने बताया कि हेडमास्टर पंकज कुमार भारती आए दिन किसी न किसी काम का बहाना बनाकर उन्हें ऑफिस में बुलाते थे। आरोप है कि ऑफिस में अकेला पाकर वे बच्चियों के साथ अश्लील और अमर्यादित हरकतें करते थे। जब छात्राओं ने इस घटिया व्यवहार का विरोध किया, तो उन्हें डराया-धमकाया जाता था और किसी से भी शिकायत न करने की धमकी दी जाती थी। इस पूरे मामले में विद्यालय की एक शिक्षिका नीतू कुमारी की भूमिका भी सवालों के घेरे में आ गई है। पीड़ित परिजनों का आरोप है कि शिक्षिका नीतू कुमारी इस कृत्य में हेडमास्टर का सहयोग करती थीं। परिजनों ने बताया कि जब डर के मारे बच्चियां हेडमास्टर के बुलाने पर ऑफिस जाने से मना करती थीं, तो शिक्षिका नीतू कुमारी उन्हें जबरन और दबाव बनाकर ऑफिस भेजती थीं। स्कूल से लौटने के बाद जब एक सहमी हुई छात्रा ने अपनी माँ को पूरी घटना बताई, तो परिजन सन्न रह गए। इसके बाद जब अन्य अभिभावकों से बात की गई, तो पता चला कि यह घिनौनी करतूत केवल एक बच्ची के साथ नहीं, बल्कि विद्यालय की कई अन्य छात्राओं के साथ भी लगातार की जा रही थी। घटना की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और परिजनों ने स्कूल परिसर का घेराव कर आरोपी हेडमास्टर के खिलाफ जमकर हंगामा किया। ग्रामीणों का कहना है कि स्कूल बच्चों के लिए सबसे सुरक्षित स्थान होना चाहिए, लेकिन इस तरह की घटनाएं बेहद शर्मनाक हैं। ग्रामीणों ने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कठोरतम कानूनी कार्रवाई की मांग की है। हालांकि ग्रामीणों ने बताया कि घटना के बाद जिलाधिकारी से शिकायत की लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नही हुई है। जिससे लेकर ग्रामीणों में आक्रोश है। वही दूसरे ओर, आरोपी प्रधानाध्यापक पंकज कुमार भारती ने अपने ऊपर लगे तमाम आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने कहा कि उनके खिलाफ लगाए गए सभी आरोप पूरी तरह से बेबुनियाद और निराधार हैं। वे पूरी तरह से बेकसूर हैं और उन्हें साजिश के तहत फंसाया जा रहा है। इधर मामले की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी छिरिड वाई भूटिया ने तुरंत संज्ञान लिया है। डीएम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पूरे मामले की जांच के लिए एडीएम के नेतृत्व में चार सदस्यीय जांच टीम का गठन कर दिया है। मामला बेहद संवेदनशील है। एडीएम के नेतृत्व में गठित चार सदस्यीय जांच टीम विद्यालय पहुंचकर पीड़ित छात्राओं, शिक्षकों, परिजनों और स्थानीय लोगों से विस्तृत पूछताछ की है। जांच रिपोर्ट के आधार पर अगर हेडमास्टर या अन्य किसी कर्मी की संलिप्तता पाई जाती है, तो उनके खिलाफ कठोर विभागीय और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने बताया कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल प्रशासनिक जांच टीम की रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। ग्रामीणों और अभिभावकों की नजरें अब जांच रिपोर्ट और उसके बाद होने वाली कार्रवाई पर टिकी हुई हैं.0
0
Report
Advertisement
Gen Z पर अरुण चतुर्वेदी: राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष की टिप्पणी
Jaipur, Rajasthan:gen z पर अरुण चतुर्वेदी, अध्यक्ष राज्य वित्त आयोग0
0
Report
गुरु पूर्णिमा पर बाबा बागेश्वर धाम में आस्था का कुंभ, ड्रोन-तैनाती दिखी
Chhatarpur, Madhya Pradesh:एंकर:बागेश्वर धाम में आज गुरु पूर्णिमा महोत्सव आस्था का कुंभ उमड़ पडा ,बाबा बागेश्वर ने बालाजी और अपने गुरु सन्यासी बाबा की समाधि का पूजन कर महोत्सव का आगाज किया।आज बाबा बागेश्वर पंडित धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री ने बागेश्वर बालाजी और पूज्य गुरु सन्यासी बाबा की समाधि स्थल पर पादुका पूजन और आरती की। गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर हनुमान जी के अष्ट वीरों की तांत्रिक शिला की भी स्थापना की गई।,अष्ट वीरों की ये शिला प्रेतराज के पेड़ के नजदीक स्थापित की गई है। मान्यता है कि नकारात्मक ऊर्जा से ग्रसित श्रद्धालुओं को इस शिला के दर्शन से आराम मिलेगा। आज से श्रद्धालुओं के लिए इसके दर्शन शुरू कर दिए गए हैं। ,गुरु पूर्णिमा पर देश-विदेश से बाबा बागेश्वर के चेले बागेश्वर धाम पहुंचे हैं। सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें बालाजी दर्शन और गुरु पादुका पूजन के लिए लगी हैं। ,भक्तों की भारी भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। एडिशनल एसपी सहित भारी पुलिस बल तैनात है। पूरे धाम की निगरानी ड्रोन कैमरों से की जा रही है।0
0
Report
मैनपुरी-करहल कनकपुर किशनी रोड पर दो दिनों से पड़ी मृत गाय,कुत्तों ने नोचा,सफाई व्यवस्था पर सवाल...
Kanakpur, Uttar Pradesh:करहल/मैनपुरी मैनपुरी करहल के किशनी रोड पर प्रशासनिक लापरवाही की एक तस्वीर सामने आई है,कनकपुर-किशनी रोड पर दो दिनों से एक मृत गाय सड़क किनारे पड़ी है,उसे कुत्ते नोच रहे हैं वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। यह तस्वीरें कनकपुर से किशनी जाने वाले मुख्य मार्ग की हैं,कुत्ते उसे नोच-नोच कर खा रहे हैं। राहगीरों का कहना है कि यह स्थिति दो दिनों से है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि मृत पशु के निस्तारण की जिम्मेदारी किसकी है ? नगर पंचायत और पशुपालन विभाग दोनों की अनदेखी के कारण यह शव सड़क पर पड़ा है,इससे न सिर्फ गंदगी फैल रही है बल्कि बीमारी फैलने का खतरा भी बढ़ गया है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि मृत पशुओं के निस्तारण के लिए ठोस व्यवस्था बनाई जाए,ताकि सड़क पर इस तरह की अमानवीय तस्वीरें दोबारा न दिखें।0
0
Report
Advertisement
ACB की झारखंड शराब घोटाले की जांच तेज, टेंडर और राजस्व सभी पहलुओं में
Ranchi, Jharkhand:झारखंड शराब प्रकरण में ACB की जांच तेज टेंडर, बैंक गारंटी और सरकारी राजस्व तक—हर कड़ी की पड़ताल ======================== रांची :- भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB), झारखंड द्वारा राज्य की उत्पाद नीति, शराब आपूर्ति व्यवस्था, JSBCL से संबंधित प्रक्रियाओं तथा उनसे जुड़ी कथित वित्तीय एवं प्रशासनिक अनियमितताओं की जांच जारी है। जांच को आगे बढ़ाते हुए भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के मुताबिक महत्वपूर्ण अधिकारियों एवं संबंधित व्यक्तियों से पूछताछ की जा रही है。 ब्यूरो के अनुसार जांच के दौरान पूर्व में दर्ज बयानों, उपलब्ध साक्ष्यों का आपस में मिलान किया जा रहा है। आवश्यकता के अनुसार संबंधित व्यक्तियों को पुनः बुलाकर स्पष्टीकरण लिया जा रहा है。 जांच के क्रम में निम्नलिखित अधिकारियों को 04 अगस्त 2026 को ACB के समक्ष उपस्थित होने हेतु समन जारी किया गया है— श्री गजेन्द्र सिंह, तत्कालीन संयुक्त आयुक्त, उत्पाद विभाग श्री सुधीर कुमार दास, तत्कालीन महाप्रबंधक (वित्त), JSBCL श्री अमित प्रकाश, तत्कालीन उत्पाद आयुक्त इन अधिकारियों से पूर्व में दर्ज बयानों एवं उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर आवश्यक स्पष्टीकरण लिया जाएगा。 ACB टेंडर प्रक्रिया से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रहा है। इसमें टेंडर की शर्तें, उनमें किए गए बदलाव, संबंधित अधिकारियों/संस्थाओं की भूमिका और टेंडर में भाग लेने वाली कंपनियों की प्रक्रिया शामिल है。 बैंक गारंटी, भुगतान, राजस्व वसूली और अन्य वित्तीय दायित्वों से जुड़े रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है। ACB यह भी जांच कर रहा है कि प्रक्रिया में किसी कमी के कारण सरकारी राजस्व को नुकसान तो नहीं हुआ。 शराब की आपूर्ति, दुकानों का हिसाब-किताब, नकद संग्रह, बैंक में राशि जमा कराने, ऑडिट और राजस्व वसूली से जुड़े मामलों की जांच की जा रही है। संबंधित बैठकों, दिए गए निर्देशों और उनके अनुपालन के रिकॉर्ड का भी परीक्षण किया जा रहा है。 ACB द्वारा पहले दर्ज बयानों का पत्राचार, टेंडर दस्तावेजों, बैठक रिकॉर्ड, वित्तीय अभिलेखों और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों से मिलान किया जा रहा है। जहां किसी तथ्य की पुष्टि या स्पष्टीकरण आवश्यक पाया जा रहा है, संबंधित व्यक्ति को पुनः पूछताछ के लिए बुलाया जा रहा है。 ACB द्वारा जांच को निष्पक्ष, तथ्यपरक और साक्ष्य-आधारित रखने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। किसी व्यक्ति की भूमिका के संबंध में कोई निष्कर्ष केवल उपलब्ध दस्तावेजों, बयानों और अन्य साक्ष्यों के समग्र परीक्षण के आधार पर ही निकाला जाएगा। ब्यूरो का उद्देश्य पूरे प्रकरण की प्रत्येक कड़ी की स्वतंत्र रूप से जांच कर तथ्यों को स्पष्ट रूप से सामने लाना तथा जांच की शुचिता और विश्वसनीयता बनाए रखना है。0
0
Report
रांची में JEPSC-JSSSC अनियमितताओं के खिलाफ लाखों छात्रों का उग्र प्रदर्शन
Ranchi, Jharkhand:राजधानी रांची में जेपीएससी और जेएसएससी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर आज हजारों की संख्या में छात्र सड़कों पर उतर आए। जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से शुरू हुआ छात्रों का विरोध मार्च अल्बर्ट एक्का चौक तक पहुंचा, जहां छात्रों ने सरकार, जेपीएससी और जेएसएससी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान छात्र 'वंदे मातरम्' और अन्य नारों के साथ परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता की मांग करते नजर आए। छात्रों का कहना है कि जब से जेएसएससी और जेपीएससी की परीक्षाएं नई एजेंसी के माध्यम से कराई जा रही हैं, तब से लगातार अनियमितताओं के आरोप सामने आ रहे हैं। उनका आरोप है कि परीक्षा प्रक्रिया में देरी और कथित गड़बड़ियों के कारण अभ्यर्थियों की आयु सीमा प्रभावित हो रही है और कई उम्मीदवार भविष्य में परीक्षा देने से भी वंचित हो सकते हैं। प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने एजेंसी के अध्यक्ष पर भी गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना है कि हर परीक्षा में शीर्ष स्थान हासिल करना कई सवाल खड़े करता है और पूरे मामले की निष्पक्ष जाँच होनी चाहिए। छात्रों ने कहा कि फिलहाल मामले की जाँच CID कर रही है, लेकिन चूंकि CID राज्य सरकार के अधीन कार्य करती है, इसलिए उन्हें निष्पक्ष जाँच पर संदेह है। इसी वजह से वे पूरे मामले की CB I जाँच की माँग कर रहे हैं। छात्रों का कहना है कि 14वीं JP S C परीक्षा में भी कथित अनियमितताएं सामने आई थीं, जिसके बाद JP S C के अध्यक्ष ने इस्तीफा दिया। अब वे शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की भी मांग कर रहे हैं। साथ ही भविष्य में परीक्षा प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाने और इस परीक्षा को दोबारा कराने की मांग कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें जल्द नहीं मानी गईं, तो राज्यव्यापी आंदोलन किया जाएगा और यह आंदोलन और भी उग्र रूप ले सकता है। आपको बता दें कि अल्बर्ट एक्का चौक पर हजारों की संख्या में छात्र जुटे थे और सरकार, जेपीएससी तथा जेएसएससी के खिलाफ लगातार नारेबाजी कर रहे थे। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए मौके पर बड़ी संख्या में पुलिस बल और सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की गई थी。0
0
Report
हाईकोर्ट ने ऑक्सीटोसिन के अवैध इस्तेमाल रोकने के लिए सरकार से ठोस कदम मांगे
Morena, Madhya Pradesh:ग्वालियर में फल, सब्ज़ियों और पोल्ट्री उत्पादों के आकार बढ़ाने के लिए ऑक्सीटोसिन इंजेक्शन के अवैध इस्तेमाल के मामले में मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की ग्वालियर खंडपीठ ने एक बार फिर सख्ती दिखाई है। कोर्ट ने राज्य सरकार के स्वास्थ्य विभाग के प्रमुख सचिव से पूछा है कि इस दुरुपयोग को रोकने के लिए अब तक क्या ठोस कदम उठाए गए हैं। मामले में प्रमुख सचिव से विस्तृत जवाब तलब किया गया है। हाईकोर्ट ने अगली सुनवाई 4 सप्ताह बाद निर्धारित की है। यह याचिका मिलेनियम प्लाज़ा निवासी बीपी सिंह राजावत द्वारा अधिवक्ता अवधेश सिंह भदौरिया के माध्यम से दायर अवमानना याचिका के जरिए सामने आई है। याचिकाकर्ता का कहना है कि साल 2013 में हाईकोर्ट ने जनहित याचिका के निपटारे के दौरान सरकार और स्थानीय प्रशासन को निर्देश दिए थे कि फल, सब्ज़ी और मुर्गियों का आकार बढ़ाने के लिए ऑक्सीटोसिन के इस्तेमाल पर पूरी तरह रोक लगाई जाए। कोर्ट ने कहा था कि ऑक्सीटोसिन की बिक्री खुले बाजार में बंद हो और यह सिर्फ डॉक्टर के प्रिस्क्रिप्शन पर ही मिले, लेकिन आदेश के बाद कुछ समय कार्रवाई हुई, पर अब प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में आदेश का पालन नहीं हो रहा। ऑक्सीटोसिन इंजेक्शन आज भी खुले बाजार और परचून की दुकानों पर आसानी से मिल रहा है। याचिका में कहा गया कि किसान, पोल्ट्री और डेयरी संचालक उत्पादन बढ़ाने के लिए इसका इस्तेमाल कर रहे हैं। बाजार में सामान्य से बड़ी लौकी, तोरई और अन्य सब्जियां बिक रही हैं, जिनमें ऑक्सीटोसिन के उपयोग की आशंका है। ऐसे उत्पादों के सेवन से लोगों की सेहत पर बुरा असर पड़ रहा है और बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है। सुनवाई के दौरान शासकीय अधिवक्ता ने कहा कि इस संबंध में कलेक्टर ग्वालियर का जवाब पेश किया जा रहा है। इस पर कोर्ट ने स्पष्ट किया कि सिर्फ जिला प्रशासन का जवाब काफी नहीं है। पूरे प्रदेश में ऑक्सीटोसिन के दुरुपयोग और अवैध बिक्री रोकने के लिए सरकार ने अब तक क्या कार्रवाई की, इस पर स्वास्थ्य सचिव को स्थिति स्पष्ट करनी होगी। बाइट- अवधेश सिंह भदौरिया- अधिवक्ता0
0
Report
Advertisement
बीजापुर: आईईडी ब्लास्ट में युवक घायल, इलाके में अभी भी आईईडी मौजूद
Vijayapura, Karnataka:बीजापुर ब्रेकिंग आईईडी ब्लास्ट की चपेट में आने से युवक घायल। नीलम सरई वॉटरफॉल के देखने जा रहे युवक आए बम की चपेट में। 8 लड़कों का दल सुबह निकला था नीलम सराई वाटरफॉल देखने। वाटरफॉल से 1 Km दूर हुआ ब्लास्ट, घायल युवक देवा सोढ़ी के दाहिने पैर की एड़ी हुई क्षतिग्रस्त। कर्रेगुटा ऑपरेशन के दौरान नक्सलियों ने लगाए थे सैकड़ों बम ज्यादातर आईईडी को पुलिस ने किया था निष्क्रिय। इलाके में अभी भी मौजूद हैं आईईडी。0
0
Report
बिहार में निर्माण श्रमिकों के लिए श्रमिक अतिथिशाला और भोजशाला योजनाएं शुरू
Patna, Bihar:बिहार के निर्माण श्रमिकों के लिए शुरू हो रही ‘श्रमिक अतिथिशाला’ और 'भोजशाला' योजना: मंत्री अरुण शंकर प्रसाद प्रदेश के पंजीकृत निर्माण श्रमिकों को अब ₹5 (पाँच) में मिलेगा पौष्टिक भोजन : मंत्री - पहले चरण में पटना के नौ प्रमुख स्थानों पर होगा श्रमिक अतिथिशाला’ का संचालन, बाद में होगा विस्तार - बिहार सरकार की 'भोजशाला' योजना से कार्यस्थल के पास मिलेगी सस्ती और गुणवत्तापूर्ण भोजन सुविधा बिहार सरकार के श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण विभाग द्वारा निर्माण श्रमिकों के सामाजिक सुरक्षा दायरे को और मजबूत करने की दिशा में नई पहल शुरू की जा रही है। इसके तहत बिहार भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के द्वारा 'भोजनशाला योजना' और ‘श्रमिक अतिथिशाला योजना’ की शुरुआत की जा रही है। इसकी जानकारी विभाग के माननीय मंत्री श्री अरुण शंकर प्रसाद ने दी। उन्होंने बताया कि दोनों योजना बिहार सरकार श्रमिकों के सम्मानजनक जीवन, बेहतर स्वास्थ्य और सुरक्षित भविष्य के लिए संचालित की जाएगी। उन्होंने बताया कि रोजगार की तलाश में शहरों में आने वाले निर्माण श्रमिकों तथा दूसरे राज्यों से लौटने वाले बिहार के श्रमिकों को सुरक्षित और सम्मानजनक अस्थायी आवास उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार 'श्रमिक अतिथिशाला' योजना शुरू कर रही है। उन्होंने बताया कि प्रथम चरण में पटना के नौ (9) प्रमुख स्थानों—1. पाटलिपुत्र इंडस्ट्रियल एरिया, 2. पाटलिपुत्र स्टेशन, 3. बैरिया जीरोमाइल, 4. आईएसबीटी-कंकड़बाग, 5. दानापुर जंक्शन, 6. सगुना मोड़, 7. बिहटा कॉरिडोर, 8. नौबतपुर और 9. दीदारगंज में अतिथिशालाओं का संचालन किया जाएगा। बाद में इस सुविधा का विस्तार राज्य के अन्य जिलों तक किया जाएगा। मंत्री ने बताया कि अतिथिशालाओं में महिला एवं पुरुष श्रमिकों के लिए अलग-अलग डॉरमेट्री होगी, जिनमें क्रमशः 50 और 100 बेड की व्यवस्था रहेगी। श्रमिक यहां सामान्यतः 7 से 10 दिनों तक ठहर सकेंगे और विशेष परिस्थितियों में अवधि बढ़ाई भी जा सकेगी। अतिथिशालाएं 24 घंटे संचालित होंगी, जहां आधुनिक सुविधाओं के साथ अनुदानित दर पर भोजन और नाममात्र शुल्क पर आवास उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि पीपीपी मॉडल पर संचालित होने वाली इस योजना के लिए एजेंसी चयन की प्रक्रिया शुरुआत की जा चुकि है और इसके शुरू होने से निर्माण श्रमिकों को सुरक्षित, सम्मानजनक और सुविधाजनक आवास उपलब्ध हो सकेगा। वहीं, 'भोजशाला (कैंटीन) योजना' को लेकर विभाग के मंत्री श्री अरुण शंकर प्रसाद ने बताया कि बिहार भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड द्वारा पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के लिए 'भोजशाला (कैंटीन) योजना' के तहत निर्माण स्थलों पर कार्यरत श्रमिकों को उनके कार्यस्थल के निकट मात्र ₹5 (पाँच रुपये) में स्वच्छ, ताज़ा और पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जाएगा। प्रथम चरण में पटना के प्रमुख श्रमिक एवं निर्माण क्षेत्रों में 10 भोजशालाओं का संचालन स्थायी कैंटीन और मोबाइल फूड वैन के माध्यम से किया जाएगा। प्रत्येक भोजशाला में प्रतिदिन 300 नाश्ता और 300 दोपहर के भोजन सहित कुल 600 भोजन उपलब्ध होंगे, जबकि भोजन की शेष लागत का वहन बोर्ड करेगा। मंत्री, श्री अरुण शंकर प्रसाद ने कहा कि निर्माण श्रमिकों से जुड़ी इन कल्याणकारी योजनाओं की शुरुआत माननीय मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी जी के कुशल मार्गदर्शन में किया जा रहा है जिससे समृद्घ बिहार की संकल्पना को बल मिलेगा तथा देश के यशस्वी प्रधानमंत्री आदरणीय नरेंद्र मोदी जी के विकसित भारत के संकल्प को भी सिद्धि तक पहुंचाने में मदद भी मिलेगी। मंत्री ने कहा कि निर्माण श्रमिक राज्य के विकास की मजबूत नींव हैं और उनके स्वास्थ्य, सम्मान तथा कार्यक्षमता को बेहतर बनाना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि भोजन अर्ध-स्वचालित केंद्रीकृत रसोईघर में खाद्य सुरक्षा एवं गुणवत्ता के मानकों के अनुरूप तैयार होगा तथा इसकी नियमित निगरानी की जाएगी। प्रथम चरण में पटना जंक्शन, पाटलिपुत्र जंक्शन, एम्स, फुलवारीशरीफ, बिहटा, सगुना मोड़, नौबतपुर, दानापुर सहित श्रमिक बहुल क्षेत्रों को योजना में शामिल किया गया है। उन्होंने कहा कि योजना की सफलता के आधार पर इसे भविष्य में राज्य के अन्य जिलों तक विस्तारित किया जाएगा और इसके संचालन के लिए योग्य संस्थाओं एवं एजेंसियों से प्रस्ताव आमंत्रित किए गए हैं। श्रमिकों का राज्य और राष्ट्र के निर्माण में अतुलनीय भागीदारी है, जिसको भुलाया नहीं जा सकता, श्रमिकों के उत्थान से ही प्रदेश और देश का विकास संभव है। जिसके लिए केंद्र और राज्य सरकार बेहतर समन्वय के साथ कार्य कर रही है। श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण विभाग हर स्तर पर श्रमिकों के सामाजिक और आर्थिक विकास हेतु प्रतिबद्ध है。0
0
Report
करनाल शिक्षा बिल पर राहुल गांधी के सवालों पर श्याम सिंह राणा ने हमला
Karnal, Haryana:हरियाणा के कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा करनाल पहुंचे कष्ट निवारण समिति की बैठक ली इस में 13 मामले रखे गए थे जिसमें से 9 का हल कर दिया गया वहीं ,उन्होंने मीडिया से बातचीत करते हुए विपक्ष पर साधा निशान करनाल शिक्षा बिल अमेडमेंट पर राहुल गांधी द्वारा निशाना साधे जाने के सवाल पर हरियाणा के कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने जुबानी हमला बोला। उन्होंने कहा कि मैने देखा है उनका ब्यान टीवी पर। वो तो अजीब से नेता है ना तो वो देसी है और न ही पूरे विलायती है, बीच से का माल है वो। हरियाणा के कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि उस मामले में सीएम नायब सैनी का आदेश हुआ था कि शंभू बॉर्डर जाओ और किसानों के मांग पत्र काे ले लो। किसानों से हमने बात भी की थी, किसानों की जो मांग थी वह सीएम के आदेशों पर मान ली गई थी और वह धरना समाप्त हो गया। मक्के की बंपर आवक के सवाल पर कृषि मंत्री ने कहा कि मक्का ग्रीष्मकालीन फसल है और यह फसल अबकी बार बहुत कामयाब रही है और किसान को भी फायदा हुआ है और सरकार को भी फायदा हुआ है और साल में तीसरी फसल आई है। पहली जीरी थी, उसके बाद किसी ने आलू लगाया, किसी ने सरसो लगाई और किसी ने मक्का लगाया। मक्के का पैसा अब किसानों के लिए अगली फसल में काम आएगा। यूरिया की डिमांड बढ़ सकती है, इस सवाल पर कृषि मंत्री ने कहा कि यूरिया के जो रिजल्ट आए है, जितना हमने यूरिया को जमीन में प्रयोग किया और यूरिया से नाइट्रोजन मिलती है। लेकिन यूरिया की नाइट्रोजन को पौधे तक कौन पहुंचाएगा, ये एक बारीकी का सवाल है। उन्होंने रसोई का उदाहरण देते हुए बताया कि रसोई के अंदर खाना बनाने का पूरा सामान है लेकिन खाना बनाने वाला रसोईया ही नहीं है, तो खाना नहीं बनेगा। अगर इस बात को किसान बारीकी से समझे, खेत का रसोईयां जीवाणु है अौर वे जीवाणु यूरिया खाद, डीएपी, पेस्टीसाइड खाद के कारण मर रहा है। देसी भाषा में कहे तो वह पेस्टीसाइड जीवाणु रूपी रसोईयों को मारता है। खेत में जो जीवाणु पौधे के लिए जो भोजन बनाते थे, वो मर गए है। जैसे जैसे खाद का प्रयोग हुआ वैसे वैसे सांप, मेंढक, बिच्छु मर गया, जिसके कारण जमीन सख्त हो गई और उसमें जहरीलापन आ गया। उसमें जो अनाज पैदा हुआ वो आदमी ने खाया और आदमी बीमार होने लगा। जितना हम यूरिया यूज करेंगे, उतना ही जहरीला हमारा अनाज होगा। किसान कह रहे है कि ट्रेड डील में ये ही नुकसान होगा, क्योंकि हमारा अनाज पेस्टीसाइड की मात्रा के कारण मानको से बाहर हो जाएगा, इस सवाल पर मंत्री ने पत्रकार को ही सवालों में ले लिया और कहा कि आपको किसने कहा कि अनाज का एग्रीमेंट हुआ है? आपको किसने कहा? आप एक जिम्मेदार नागरिक हो। मंत्री ने कहा कि जो चीजे किसान को नुकसान पहुंचाएगी वो एग्रीमेंट तो हम किसी से भी नहीं करेंगे। हम अपने किसान के साथ है। कृषि मंत्री ने پेस्टीसाइड वाली बात को पूरा करते हुए कहा कि पेस्टीसाइड का इस्तेमाल कम करे और हमें अब प्राकृतिक खेती की तरफ बढ़ना चाहिए और देसी गाय के गोबर का इस्तेमाल खेती में करे। उसके एक ग्राम गोबर में 300 करोड़ बैक्टिरिया है और वो बैक्टिरिया है खेत का। अगर वो खेत में जाएगा तो पौधे का भोजन तैयार हो जाएगा। इसलिए सीएम हरियाणा ने देसी गाय पर तीस हजार की सब्सिड़ी दी है। इस सब्सिड़ी से गोबर गैस प्लांट भी चलेगा और खेती भी होगी। एक गाय से 40 एकड़ की खेती हो जाती है। यह कर्जा मुक्त खेती है और जो प्राकृतिक खेती है उसमें आपको कोई भी चीजबाजार से नहीं लानी पड़ेगी। मैं राष्ट्र हित में बात कह रहा हूं। विकसित भारत की बात कह रहा हूं, आत्मनिर्भरता की बात है। इसलिए आप सभी भी प्राकृतिक खेती का प्रचार करे। बाइट कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा0
0
Report
Advertisement
इटावा में लव मैरिज के बाद पति ने फांसी लगाई, पत्नी की धमकी मौत का कारण
Etawah, Uttar Pradesh:इटावा में लव मैरिज के बाद भी युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या की, पत्नी मायके में रहकर फोन पर मरवाने (हत्या) करने की धमकी दे रही थी जिसके चलते दो बच्चे के पिता ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली पुलिस जांच में जुटी हुई है। इटावा जनपद के थाना शहर कोतवाली इलाके के अंतर्गत आनंद नगर मोहाली के रहने वाले एक युवक विनय घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली बताया गया कि विनय ने 10 वर्ष पूर्व पत्नी रंजना से लव मैरिज शादी की थी और वह एक ट्रक ड्राइवर था और अक्सर ड्राइविंग के कार्य से बाहर रहता था इनके दो बच्चे भी हुए लेकिन लव मैरिज होने के बाद कुछ वर्षों तक ठीक ठाक चली फिर एक दूसरे को देखना पसंद नहीं करते थे और इसी के चलते आए दिन झगड़ा होता रहता था । मृतक विनय के पिता और परिजन की माने तो पत्नी रंजना से बीते दिन फोन पर बात हुई थी और मार देने को धमकी भी दी गई थे क्योंकि उसका कई लड़कों से प्रेम प्रसंग चल रहा था यह तक की लड़की किसी और प्रेमी के साथ फरार हो चुकी थी नौकरी लग जाने के बाद अब वह अपने पैर पर खड़ी हो गई थी इसी के चलते उसके रहन सहन में बदलाव भी आ गया लेकिन पति विनय उसको अभी भी पहले की तरह प्यार करता था। जब बीते दिन फोन पर कहासुनी हुई और पत्नी के द्वारा धमकी मार देने की मिली तो पति विनय सहन नहीं कर पाया और घर के अंदर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली फांसी लगाने के बाद परिजनों में कोहराम मच गया पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम करा मामले की जांच पड़ताल में जुटी हुई है। बाइट:अनिल - मृतक के पिता बाइट:- विजय - मृतक का बहनोई0
0
Report
बुहाना के सामुदायिक अस्पताल में अव्यवस्थाओं के विरोध में ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन
Jhunjhunu, Rajasthan:बुहाना अस्पताल की अव्यवस्थाओं पर ग्रामीणों का प्रदर्शन सामुदायिक अस्पताल के बाहर जमकर नारेबाजी दवाइयों की कमी और निजी लैब भेजने का आरोप मरीजों को इलाज की जगह रेफर करने का आरोप अस्पताल स्टाफ के व्यवहार पर भी उठे सवाल स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार की मांग को लेकर प्रदर्शन झुंझुनूं जिले के बुहाना स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में व्याप्त कथित अव्यवस्थाओं के विरोध में ग्रामीणों ने अस्पताल के मुख्य द्वार पर प्रदर्शन कर जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने अस्पताल प्रशासन पर मरीजों को समुचित उपचार नहीं देने, आवश्यक दवाइयों की कमी और जांच सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराने के आरोप लगाए। साथ ही चेतावनी दी कि यदि जल्द सुधार नहीं हुआ तो सात दिन बाद बड़ा आंदोलन किया जाएगा। ग्रामीणों का आरोप है कि अस्पताल में कई आवश्यक दवाइयां उपलब्ध नहीं रहतीं। जांच की सुविधाएं होने के बावजूद मरीजों को निजी लैब में जांच कराने के लिए भेजा जाता है। इसके अलावा अस्पताल स्टाफ के व्यवहार को लेकर भी लोगों ने नाराजगी जताई। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि बुहाना का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र इलाज का केंद्र बनने के बजाय केवल रेफर अस्पताल बनकर रह गया है। उनका आरोप है कि अधिकांश मरीजों को प्राथमिक उपचार दिए बिना ही रेफर कर दिया जाता है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि हाल ही में सिर में चोट लगने से घायल एक बच्चे का भी समुचित उपचार नहीं किया गया। उनका कहना है कि बच्चे के घाव की ठीक से सफाई किए बिना केवल पट्टी बांधकर उसे घर भेज दिया गया। प्रदर्शनकारियों ने यह भी कहा कि सरकारी अस्पताल में मिलने वाली कई जांच और दवाइयों की सुविधा मरीजों को नहीं दी जा रही है। गरीब मरीजों को बाहर से दवाइयां खरीदने और निजी लैब में जांच कराने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जिससे उन पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है। ग्रामीणों ने अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं में तत्काल सुधार की मांग करते हुए उपखंड अधिकारी को ज्ञापन देने की बात कही। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सात दिनों के भीतर व्यवस्थाओं में सुधार नहीं किया गया तो व्यापक जन आंदोलन शुरू किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी स्वास्थ्य विभाग की होगी। बाइट : ग्रामीण0
0
Report
कांग्रेस निकाय-पंचायत चुनाव के लिए बूथ स्तर तक कड़ा मिशन शुरू
Jaipur, Rajasthan:जयपुर में कांग्रेस ने निकाय और पंचायत चुनावों की तैयारी तेज कर दी है। प्रदेशभर में नेता और कार्यकर्ता चुनावी रणनीति पर बैठक कर रहे हैं, बूथ स्तर तक सक्रियता और फीडबैक जुटाने का प्रयास शुरू किया गया है। जिला-स्तर के प्रभारी और कोऑर्डिनेटर क्षेत्रवार रिपोर्ट PCC को सौंपेंगे, जिसके आधार पर संभावित उम्मीदवारों की चयन प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। प्रदेश में निकाय और पंचायत चुनाव की तैयारी मुख्यतः विधानसभा-लोकसभा चुनाव की नींव मानकर की जा रही है। युवाओं, एससी-एसटी, ओबीसी और आदिवासियों पर कांग्रेस का फोकस है और सभी वर्गों को भागीदारी देने की रणनीति पर काम चल रहा है। ब्लॉक से लेकर जिला स्तर तक कर्मियों को सक्रिय रहने के निर्देश दिए गए हैं। कांग्रेस के नेता कह रहे हैं कि निकाय और पंचायत चुनाव से पार्टी अगले विधानसभा और लोकसभा चुनाव तक मजबूती बनाए रखना चाहती है, सभी वर्गों को साथ लेकर चुनाव मैदान में उतरना उनका उद्देश्य है। पार्टी के अनुसार इस बार सभी वर्गों को भागीदारी दी जाएगी और एकजुट होकर चुनाव लड़ना प्राथमिक योजना है। बाइट — गोविंद सिंह डोटासरा, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष, बाइट — स्वर्णिम चतुर्वेदी, पीसीसी महासचिव।0
0
Report
Advertisement
