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सेवराई तहसील में नायब तहसीलदार पर घूसखोरी का आरोप पीड़ितों ने काटा हंगामा

SSSumant SinghFollow4m ago
Seorai, Uttar Pradesh:सेवराई (गाजीपुर)। स्थानीय तहसील परिसर में गुरुवार को उस समय अफरा-तफरी का माहौल बन गया जब दो महिलाओं ने नायब तहसीलदार कोर्ट के सामने जमकर हंगामा काटा और नायब तहसीलदार पंकज कुमार पर गंभीर आरोप लगाए। महिलाओं का कहना था कि एक लाख रुपये लेने के बावजूद भी उन्होंने विपक्षी पक्ष से दो लाख रुपये लेकर फैसला उनके खिलाफ दे दिया। मौके पर बढ़ते हंगामे को देखते हुए नायब तहसीलदार द्वारा पुलिस बल बुलाया गया। घटना की जानकारी मिलते ही मीडिया भी मौके पर पहुंच गई, जिसके बाद उपजिलाधिकारी संजय यादव ने मामले को संज्ञान में लिया। पीड़ित पक्ष ने उपजिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर निष्पक्ष जांच की मांग की है। प्रार्थना पत्र के अनुसार दिलदारनगर निवासी रविकांत पांडे और शशिकांत पांडे पुत्रगण स्व. रामअवध पांडे का अपने सौतेले भाई लक्ष्मीकांत पांडेय के साथ वाद संख्या 1445/2017, धारा 34 राजस्व संहिता के तहत विवाद चल रहा है। आरोप है कि पिता की मृत्यु के बाद विपक्षी ने कथित रूप से बीमारी की स्थिति का फायदा उठाकर वसीयत तैयार करा ली, जो कानूनी रूप से साबित नहीं हो सकी। पीड़ितों का कहना है कि वे मजदूरी कर जीवन यापन करते हैं, इसलिए मुकदमे की पैरवी उनकी पत्नियां—किरण और देवंती देवी—करती हैं। आरोप है कि नायब तहसीलदार पंकज कुमार ने महिलाओं को अपने आवास पर बुलाकर एक लाख रुपये की मांग की और कहा कि पैसे देने पर फैसला उनके पक्ष में होगा। महिलाओं ने आरोप लगाया कि उन्होंने ‘कैशपार फाइनेंस’ से 50-50 हजार रुपये का कर्ज लेकर कुल एक लाख रुपये नायब तहसीलदार के वाहन चालक दीपु के माध्यम से उनके सामने ही दे दिए और चालक से तुरंत वही पर नायब तहलीदार पंकज ने ले लिया। इसके बावजूद फैसला टालते रहे और बाद में विपक्षी पक्ष से दो लाख रुपये लेकर उनके खिलाफ निर्णय दे दिया। गुरुवार को जब महिलाएं इस संबंध में नायब तहसीलदार दिलदारनगर से मिलने पहुंचीं, तो आरोप है कि उन्होंने अभद्र भाषा का प्रयोग किया, जूते से मारने की धमकी दी और पुलिस बुलाकर कार्रवाई कराने की बात कही। इस दौरान तहसील परिसर में भारी भीड़ जमा हो गई और घटना चर्चा का विषय बन गई। हालांकि, नायब तहसीलदार पंकज कुमार ने सभी आरोपों को निराधार बताया है। वहीं, उपजिलाधिकारी संजय यादव ने कहा कि मामला उनके संज्ञान में है और इसकी निष्पक्ष जांच कराई जाएगी। यदि आरोप सही पाए गए तो संबंधित के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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हनुमान जन्मोत्सव पर निकली विशाल रथ यात्रा

Pratap SinghPratap SinghFollow4m ago
Bukharari, Uttar Pradesh:नवयुवक श्री बृज मंडल सेवा समिति छाता के तत्वाधान में हनुमान जी के जन्मोत्सव के उपलब्ध में कस्बा छाता में 36वीं विशाल रथ यात्रा का आयोजन किया गया।सुबह करीब 10 बजे पहले महिलाओं द्वारा भव्य कलश यात्रा निकाली गयी। जिसके बाद शाम करीब 6 बजे से यात्रा हनुमान बगीची से हनुमान जी की आरती उतारकर प्रारंभ होकर सब्जी मंडी, पुराना बस अड्डा, गोवर्धन रोड ,बाईपास, बरसाना रोड, नई तहसील, शिव कॉलोनी , मैन बाजार, कस्बा के प्रमुख मांगों से भम्रण करती हुई पुरानी तहसील चौराहे पर संपन्न हुई। वही विश्व हिन्दू परिषद व बजरंग दल छाता प्रखंड द्वारा भगवान श्री राम की भव्य झांकी सजाई गईं इस झांकी ने क़स्बा वासियों का मन मोह लिया.यात्रा मे शामिल हजारो लोगों ने विभिन्न विभिन्न झाकियों का आनंद लिया और नाचते गाते रामलीला मैदान तक पहुंचे। रथ यात्रा में मशहूर सुधीर बैंड आगरा ने देखने वालों का मनमोह लिया अन्य मनमोहक झांकियों की लोग तारीफ करते नजर आये। वही ललित गुप्ता द्वारा सजाई गई अद्भुत झांकियां लोगों के हृदय में उतर गई लग रही थी जैसे साक्षात् भगवान पृथ्वी पर आ गए हो कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कमल किशोर वार्ष्णेय सहित पूर्व अध्यक्ष जगपाल चौधरी ने हनुमान जी की आरती उतारकर शुरुआत की।रथ यात्रा के दौरान आकर्षक आतिशबाजी भी की गयी।यात्रा के दौरान थाना प्रभारी कमलेश सिंह सहित पुलिस प्रशासन ने बहुत ही अच्छी तरीके से सुरक्षा व्यवस्था को कायम रखा।
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3700 कनाल जमीन लौटाने के साथ कश्मीरी पंडितों को राहत, FIR दर्ज

Chaka, Divisional Commissioner Kashmiri Pandit Land retrieval story. ANSHUL GARG DIVISIONAL COMMISSIONER KASHMIR माइग्रेंट ग्रीवेयंस को काफ़ी हाई प्रायोरिटी के साथ देखा जा रहा है चीफ सेक्रेटरी लगतार इसको रिव्यू करते हैं रिलीफ कमश्नर भी इसको काफ़ी तवजा देते हैं और डेडिकेटेड ग्रीवांस पोर्टल कम कर रहा है आज तक करीब दस हज़ार शिकायतों माइग्रेंट्स की तरफ़ से आई हैं जिस में से आठ हज़ार से ज़्यादा को क्लोज कर दिया गया है। स्टेट्सफ़ैक्शन पर काफ़ी जोर दिया जा रहा है। इसी लिहाज से ग्रीवांस के लिए कैम्पस भी जम्मू में ऑर्गनाइज़ किए जा रहे हैं। जहाँ तक एनवरेजमेंट की बात है वो एक मुद्दा है ग्रीवांस में और रिट्रीवल की प्रोग्रेस की बात करे तो दक्षिणी कश्मीर में जियादा फोकस था वहाँ से शिकायत बहुत आई थी। हर जिले में करवायी की गई है रेगुलर मॉनिटरिंग रहती है मेरे दफ्तर में भी एक डेडिकेटेड सेल है जो काम करता है। जो हम डेटा बता रहे हैं रिट्रीवल का वो हमने वापिस किया है कंसर्न माइग्रेंट को। यहां यह विश्वास जगाने वाला कदम है कि कश्मीरी पंडितों की 3700 कनाल ज़मीन वापस ले ली गई है और ज़मीन पर कब्ज़ा करने वालों को सज़ा दी जा रही है। कश्मीरी पंडितों ने मुख्यमंत्री की इस घोषणा पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उमर को वापस ली गई ज़मीन का ब्योरा सार्वजनिक करना चाहिए। कश्मीरी प्रवासी पंडितों की 3,729 कनाल और 4 मरला (लगभग 188.75 हेक्टेयर) कब्ज़ाई गई ज़मीन को वापस लेना एक ठोस कदम माना जा रहा है, जिससे विस्थापित समुदाय में कुछ हद तक विश्वास फिर से जगाने में मदद मिल सकती है। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने जम्मू-कश्मीर विधानसभा में भाजपा विधायक के एक लिखित सवाल के जवाब में यह घोषणा की। यह ज़मीन कश्मीर घाटी के 10 ज़िलों में 'जम्मू-कश्मीर प्रवासी अचल संपत्ति (संरक्षण, सुरक्षा और संकटग्रस्त बिक्री पर रोक) अधिनियम, 1997' के तहत असली हकदारों को वापस सौंपी गई है। इस कुल ज़मीन में से, नवंबर 2024 से अब तक 844 कनाल और 4 मरला ज़मीन कब्ज़े से मुक्त कराई जा चुकी है। जिलावार ब्योरा देते हुए उमर ने बताया कि शोपियां में 283 कनाल, बारामूला में 225 कनाल, गांदरबल में 146 कनाल, कुलगाम में 73 कनाल, पुलवामा में 63 कनाल, बांदीपोरा में 19 कनाल, अनंतनाग में 15 कनाल, बडगाम में 8 कनाल, कुपवाड़ा में 7 कनाल और श्रीनगर में 3 कनाल ज़मीन वापस ली गई है। इस प्रक्रिया में प्रवासी संपत्तियों के संरक्षक के तौर पर उपायुक्तों की भूमिका रही; एक ऑनलाइन शिकायत पोर्टल पर 10,173 आवेदन मिले, जिनमें से ज़्यादातर का निपटारा कर दिया गया है। जनवरी 2026 में एक संचालन समिति का गठन किया गया था, साथ ही जियो-टैगिंग की योजनाएँ बनाई गईं और नए कब्ज़ों के खिलाफ FIR दर्ज करने के निर्देश भी दिए गए। शिकायतों के निवारण के लिए जम्मू में 1 अप्रैल से 28 अप्रैल, 2026 तक विशेष शिविर भी आयोजित किए जाने हैं। मुख्यमंत्री ने सदन को बताया कि गाँव/तहसील का सटीक स्थान, खसरा/सर्वे नंबर, और बाहर रह रहे प्रवासी पंडित परिवारों की वापस ली गई ज़मीन के असली मालिकों के नाम या विशिष्ट भूखंडों का ब्योरा ही उन्हें असल में रिकॉर्ड की जाँच करने, ज़मीन पर कब्ज़ा लेने, राजस्व रिकॉर्ड को अपडेट करने और सुरक्षित महसूस करने में मदद करेगा। 1990 में कश्मीरी पंडितों के बड़े पलायन के कारण उनकी संपत्तियां/ज़मीनें लावारिस रह गईं और कई जगहों पर अवैध रूप से कब्ज़ा कर लिया गया। न केवल निजी संपत्तियां, बल्कि मंदिरों की विशाल संपत्तियां भी मंदिर ट्रस्ट के लोगों, राजस्व अधिकारियों और खरीदारों के गठजोड़ द्वारा अवैध रूप से हस्तांतरित कर दी गईं। इतनी ज़मीन भी वापस हासिल करना यह दिखाता है कि प्रशासन शिकायतों पर कार्रवाई कर रहा है और 1997 के कानून को सख्ती से लागू कर रहा है। और अब, बिना किसी स्थानीय विरोध के ज़मीनों का सुचारू हस्तांतरण, वापस मिली संपत्तियों की सुरक्षा, और साथ ही रोज़गार, सुरक्षा और ट्रांज़िट हाउस पर समानांतर प्रगति—ये सभी संकेत देते हैं कि पलायन कर चुके पंडितों की वापसी और पुनर्वास संभव है। अधिकांश पंडितों ने UT सरकार की पहल को स्वागत योग्य माना है, जिसे LG और CM प्रशासन ने मिलकर अंजाम दिया है। कश्मीरी पंडित कार्यकर्ता संदीप मावा ने कहा कि यह सराहनीय है कि LG और CM प्रशासन ने कश्मीरी पंडितों की 3700 कनाल ज़मीन वापस हासिल कर ली है। मैं इसके लिए जम्मू-कश्मीर प्रशासन का धन्यवाद करता हूँ, जिसने FIR दर्ज करना शुरू कर दिया है। इस तरह का काम कश्मीरी पंडितों का मनोबल बढ़ाएगा और उनमें आत्मविश्वास पैदा करेगा। मुझे उम्मीद है कि आने वाले समय में बड़ी संख्या में पंडित कश्मीर वापस लौटेंगे—पर्यटक के तौर पर नहीं, बल्कि यहाँ बसने के लिए। अभी भी एक वर्ग है जो इसे पारदर्शी नहीं मानता, सरकार को पूरा विवरण सार्वजनिक करना चाहिए। BJP भी इस मामले में स्पष्टता चाहती है और ज़मीन पर कब्ज़ा करने वालों के ख़िलाफ़ कठोर कार्रवाई की मांग करती है। 90 के दशक से अब तक सभी सरकारों ने विस्थापित पंडित समुदाय को घाटी में वापस लाने का वादा किया है, पर जमीन पर ठोस कदम नहीं दिखे। LG और CM प्रशासन ने मंदिरों के जीर्णोद्धार और पंडित त्योहारों के आयोजन से सुरक्षा की भावना बढ़ाने की कोशिश की है, लेकिन इस कदम ने शायद सबसे ठोस भरोसा बनाने की दिशा में अधिक मदद की है। पारस अस्पताल की जगह मंदिर ट्रस्ट की जमीन बताने जैसी जानकारी भी सामने आई है।
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बिलासपुर में होटल विवाद पर युवक ने युवती की बेरहमी से पिटाई, CCTV खुलासा

Bilaspur, Chhattisgarh: बिलासपुर से मानवीय संवेदनाओं को झकझोर देने वाला एक मामला सामने आया है, जहाँ सरकंडा थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक युवक ने युवती की बेरहमी से पिटाई कर दी। घटना का एक विचलित करने वाला CCTV वीडियो भी सामने आया है, जिसमें आरोपी युवक युवती पर ताबड़तोड़ लात और मुक्कों की बरसात करता नजर आ रहा है। बताया जा रहा है कि विवाद की मुख्य वजह युवती का किसी दूसरे युवक के साथ होटल में रुकना था, जिससे नाराज होकर आरोपी ने इस हिंसक वारदात को अंजाम दिया। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि युवक किस कदर अपना आपा खो चुका था और युवती खुद को बचाने की गुहार लगाती रही, लेकिन वह उसे पीटता रहा। इस सरेराह हुई मारपीट के बाद पीड़ित युवती ने हिम्मत दिखाते हुए थाने में अपनी आपबीती सुनाई, जिसके आधार पर पुलिस ने आरोपी युवक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। फिलहाल, पुलिस वीडियो और पीड़िता के बयान के आधार पर आरोपी की गिरफ्तारी और आगे की वैधानिक कार्रवाई में जुट गई है।
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बेकाबू ट्रैक्टर ने बाइक भिड़ंत कर एक छात्र की मौत, तीन किशोर घायल

Jhansi, Uttar Pradesh:झांसी बबीना थाना क्षेत्र के ग्राम नया खेड़ा के पास बेकाबू ट्रैक्टर ने एक बाइक में टक्कर मार दी, इस घटना में कक्षा 9 की पढ़ाई कर रहा एक छात्र की दर्दनाक मौके पर मौत हो गई, जबकि बाइक सवार तीन किशोर गंभीर रूप से घायल हो गए, मौके पर पहुंची पुलिस ने घायलों को एंबुलेंस की मदद से मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया, जहाँ उनका इलाज चल रहा है। वहीं मृतक प्रशांत के शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और टक्कर मारने वाले ट्रैक्टर और बाइक को कब्जे में लेकर पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि मृतक छात्र प्रशांत अहिरवार अपने तीन दोस्तों के साथ बाइक पर बैठकर जौनपुर से सुकुंवा-ढुकुंवा बांध की ओर जा रहा था। जैसे ही बाइक ग्राम नया खेड़ा के पास पहुंची तभी ट्रैक्टर ओवरटेक करने लगा, इस दौरान बाइक ट्रैक्टर की चपेट में आ गई। बाइक में टक्कर लगते ही चारों किशोर सड़क पर जा गिरे। वहीं प्रशांत ट्रैक्टर के पहिए के नीचे आ गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायल मनीष, देवेंद्र और आशिक अहिरवार को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत गंभीर होने पर चिकित्सकों ने उन्हें मेडिकल कॉलेज झांसी के लिए रेफर कर दिया। प्रशांत की मौत के बाद परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है और गांव में मातम पसरा है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम भेजने के बाद ट्रैक्टर को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
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सम्बलपुरी नृत्य प्रतियोगिता में बुढ़ाराजा युवक समूह ने धमाकेदार प्रदर्शन किया

Sambalpur, Odisha:ବାଇସ ବର୍ଷ ହେବ ସମ୍ୱଲପୁରୀ ନୃତ୍ୟ ପ୍ରତିଯୋଗିତା କରି ଏକ ମାଇଲ ଖୁଣ୍ଟ ସ୍ଥାପନ କରିଛି ପଣ୍ଡଲୋଇ ର ବୁଢାରଜା ଯୁବକ ସଙ୍ଗ | ପଶ୍ଚିମ ଓଡିଶା ର କଳାକାର ମାନଙ୍କୁ ନେଇ ପ୍ରତ୍ୟେକ ବର୍ଷ ଏପ୍ରିଲ ଏକ ତାରିଖରେ ପଣ୍ଡଲୋଇ ର ବୁଢାରଜା ଯୁବକ ସଂଘ ଆୟୋଜନ କରୁଛି ପଶ୍ଚିମ ଓଡିଶା ସ୍ତରୀୟ ସମ୍ବଲପୁରୀ ନୃତ୍ୟ ପ୍ରତିଯୋଗିତା | ଏହି କାର୍ଯ୍ୟକ୍ରମ ରେ ପଶ୍ଚିମ ଓଡିଶା ର ସମସ୍ତ ଜିଲ୍ଲା ରୁ ପ୍ରତଯୋଗୀ ମାନେ ଭାଗ ନେଇଥିଲେ | ପାଖାପାଖି ଦେଢ଼ ସହ ପ୍ରତିଯୋଗି ଏହି ପ୍ରତିଯୋଗିତା ରେ ଭାଗ ନେଇଥିଲେ | ବିଭିନ୍ନ ବର୍ଗ ରେ ନୃତ୍ୟ କରିଥିବା କଳାକାର ଙ୍କୁ ସମ୍ମାନିତ କରାଯିବା ସହ ବିଜେତା ମାନଙ୍କୁ ଟ୍ରଫି ଓ ନගଦ ଅର୍ଥ ରାଶି ପ୍ରଦାନ କରାଯାଇଥିଲା |
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चूरू के कनवारी कुंड में डूबे 55 वर्षीय की मौत, पुलिस मर्ग जांच में

Churu, Rajasthan:कुंड में डूबने से 55वर्षीय व्यक्ति की मौत चूरू। जिले के रतनगढ़ तहसील के गांव कनवारी में 55 वर्षीय व्यक्ति की कुंड से पानी निकालते समय डूबने से मौत हो गई। इस आशय की रिपोर्ट मृतक के जीजा ने पुलिस में दी है, जिस पर पुलिस ने मर्ग दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया कि रतनगढ़ निवासी 60 वर्षीय महेंद्र पुत्र भगवानाराम जाट ने रिपोर्ट दी कि कनवारी निवासी उसका 55 वर्षीय साला ओमप्रकाश पुत्र बेगाराम जाट हमेशा की तरह मवेशियों लेकर खेत गया था। शाम को जब मवेशी वापिस घर पर आ गए, तो ओमप्रकाश घर नहीं लौटा, जिस पर परिजनों को उसकी चिंता हुई तथा तलाश शुरू की। उसकी सास अपने पड़ौसियों को लेकर खेत पहुंची, तो ओमप्रकाश पानी की कुंड में गिरा हुआ दिखाई दिया, जिसे जिला अस्पताल लेकर आए, जहां पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। गुरुवार को मर्ग दर्ज कर पुलिस ने लाश का पोस्टमार्टम करवाकर शव अंतिम संस्कार के लिए परिजनों के सुपुर्द कर दिया है।
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एटा मेडिकल कॉलेज के सामने सड़क निर्माण के अनियमितताओं पर ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई

Etah, Uttar Pradesh:एटा के मेडिकल कॉलेज की सड़क निर्माण कार्य में गड़बड़ी की शिकायत करने पर दबंग ठेकेदार शिकायकर्ताओं को दे रहा है धमकी, एटा मेडिकल कॉलेज के सामने बन रही सड़क को लेकर विवाद आया सामने, ठेकेदार के खिलाफ स्थानीय लोगों में पनपा आक्रोश, स्थानीय लोगों ने निर्माण में अनियमितताओं को लेकर ठेकेदार पर लगाये गंभीर आरोप, स्थानीय लोगों ने एटा डीएम से की शिकायत, शिकायत मिलते ही R.E.S के अधिकारी पहुंचे मौके पर, जगह जगह रोड की ड्रिलिंग करके कर रहे है गुणवत्ता की जाँच, जांच के दौरान ठेकेदार द्वारा शिकायतकर्ताओं को धमकाने का मामला आया सामने, आक्रोशित स्थानीय लोगों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर ठेकेदार पर कड़ी कार्यवाही की कर रहे है मांग, सड़क निर्माण विवाद के बाद R.E.S के अधिशासी अभियंता (XEN) ने कहा मानकों के अनुसार ही किया जाएगा कार्य, किसी भी स्तर पर नहीं होगा निर्माण कार्य में समझौता,अनियमितता मिलने पर होगी ठेकेदार के खिलाफ कड़ी कार्यवाही, XEN आलोक श्रीवास्तव बोले शिकायतकर्ताओं को धमकी देने के मामले में भी संबंधित ठेकेदार के खिलाफ होगी कार्यवाही, थाना कोतवाली नगर क्षेत्र के एटा मेडिकल कॉलेज के सामने का है पूरा मामला।
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आमेर के बालाजी मंदिर में अंजनी-माता और गणेश के साथ विराजमान हैं? जानें चमत्कार

Jaipur, Rajasthan:आमेर/जयपुर पवनपुत्र हनुमान के मंदिर के बारे में ऐसी जानकारी दी जा रही है जहाँ माता अंजनी के साथ पवनपुत्र हनुमान विराजमान हैं। राजधानी जयपुर के आमेर में देश का ऐसा प्राचीन मंदिर माना जाता है जहां बालाजी के साथ माता अंजनी और भगवान गणेश की प्रतिमाएं एक साथ हैं। प्राचीन बालाजी मंदिर से जुड़ी चमत्कारी घटनाओं का वर्णन मिलता है और आमेर के राजा युद्ध से पहले इसी मंदिर में आशीर्वाद लेते थे ताकि जीत मिल सके। वाराही दरवाजा के पास स्थित इस मंदिर का इतिहास हजारों वर्ष पुराना बताया गया है; 1548 में राजा भारमल ने मंदिर का जीर्णोद्धार करवाया था और आमेर नगर के चारों तरफ परकोटा बनवाया गया। प्रवेश करते ही दायें तरफ यह बालाजी मंदिर है, जहां बालाजी के साथ मां अंजनी और भगवान गणेश की प्रतिमा विराजमान हैं, और यह देश का पहला मंदिर माना जाता है जिसमें बालाजी के साथ मां अंजनी की प्रतिमा साथ-साथ है। मंदिर परिसर में भगवान महादेव का मंदिर भी है जिसमें शिव परिवार विराजमान है। वरिष्ठ पर्यटक गाइड महेश कुमार शर्मा ने कहा कि राजा भारमल समेत आमेर के सभी राजा युद्ध लड़ने से पहले बालाजी के धोक लगाकर आशीर्वाद लेते थे; मान्यता है कि बालाजी की कृपा से युद्ध में विजय होती थी। नगर द्वार से महल तक नेत्रगोल के जुलूस के साथ राजा बालाजी के धोक लगाते थे और आज भी राज परिवार की ओर से विशेष तौर पर बालाजी को भोग देकर आशीर्वाद लिया जाता है। हनुमान जन्मोत्सव के अवसर पर इस प्राचीन बालाजी मंदिर में सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ, सुंदरकांड पाठ और भजन होते हैं; बालाजी का विशेष श्रृंगार कर नवीन पोशाक पहनवाई जाती है।
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डॉ. रश्मि शर्मा ने समग्र शिक्षा राजस्थान के SPD के रूप में पदभार संभाला

Jaipur, Rajasthan:भारतीय प्रशासनिक सेवा की वरिष्ठ अधिकारी डॉ. रश्मि शर्मा ने गुरुवार को समग्र शिक्षा राजस्थान में राज्य परियोजना निदेशक एवं आयुक्त (SPD) के रूप में कार्यभार संभाल लिया। पदभार ग्रहण करने के तुरंत बाद उन्होंने विभागीय अधिकारियों की बैठक लेकर विभिन्न योजनाओं और कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में प्रेजेंटेशन के माध्यम से राजस्थान स्कूल शिक्षा परिषद की प्रशासनिक संरचना, संचालित योजनाओं, गतिविधियों तथा अन्य महत्वपूर्ण बिंदुओं की जानकारी दी गई। डॉ. शर्मा ने सभी कॉम्पोनेंट्स के कार्यों की गहन समीक्षा करते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए। उन्होंने योजनाओं के प्रभावी और समयबद्ध क्रियान्वयन पर विशेष जोर दिया। इस दौरान उन्होंने स्पष्ट कहा कि उनका मुख्य फोकस राज्य सरकार की प्राथमिकताओं के अनुरूप शिक्षा व्यवस्था को और अधिक सशक्त, समावेशी एवं परिणामोन्मुख बनाना रहेगा। उन्होंने अधिकारियों से अपेक्षा जताई कि वे नवाचारों को बढ़ावा दें और विद्यार्थियों तक योजनाओं का वास्तविक लाभ सुनिश्चित करें। डॉ. शर्मा ने यह भी कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में गुणवत्ता सुधार के साथ-साथ पारदर्शिता और जवाबदेही को प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने विभागीय कार्यों में समन्वय बढ़ाने और जमीनी स्तर पर बेहतर परिणाम लाने के निर्देश दिए। गौरतलब है कि डॉ. रश्मि शर्मा के पास प्रशासनिक क्षेत्र का व्यापक अनुभव है। वे पूर्व में कई महत्वपूर्ण पदों पर रहकर शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक विकास से जुड़े विषयों पर उल्लेखनीय कार्य कर चुकी हैं। उनके नेतृत्व में समग्र शिक्षा अभियान को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
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SI भर्ती में गड़बड़ी की सूचना देने पर 1 लाख रुपये इनाम

Jaipur, Rajasthan:राजस्थान पुलिस का बड़ा फैसला: SI भर्ती परीक्षा में गड़बड़ी की सूचना देने पर मिलेगा 1 लाख का इनाम राजस्थान में होने वाली उप निरीक्षक (SI) भर्ती परीक्षा 2025 को लेकर पुलिस ने सख्त कदम उठाए हैं। ADG एसओजी (स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप) की ओर से जारी आदेश के अनुसार, परीक्षा की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए किसी भी प्रकार की गड़बड़ी, नकल या पेपर लीक जैसी गतिविधियों की सूचना देने वालों को 1 लाख रुपये का इनाम दिया जाएगा।आदेश में बताया गया है कि SI भर्ती परीक्षा का आयोजन 5 और 6 अप्रैल 2026 को पूरे राज्य में किया जाएगा। परीक्षा के दौरान आपराधिक तत्वों द्वारा पेपर लीक, ब्लूटूथ या अन्य इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के जरिए नकल कराने, सॉल्वर बैठाने या अन्य अवैध गतिविधियों की आशंका को देखते हुए यह कदम उठाया गया है।पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई व्यक्ति परीक्षा में अनियमितता, धोखाधड़ी या किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि की सटीक और प्रमाणिक सूचना देता है, तो उसे ₹1,00,000 का पुरस्कार दिया जाएगा। साथ ही सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।इसके लिए स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने एक हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया है। कोई भी व्यक्ति संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी व्हाट्सएप हेल्पलाइन नंबर 9530429258 पर भेज सकता है।
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