icon-pinewzicon-zee
PINEWZ
become creator
न्यूज़ क्रिएटर बनें

आपकी स्थानीय कहानियाँ, आपकी आवाज़

Follow us on
Download App fromplay-storeapp-store
Advertisement
Back
Pinewz
233001
ATAlok TripathiFollow27 Nov 2024, 03:56 pm

गाजीपुरःमैसूर शहर से योग और पर्यावरण संरक्षण की चेतना लेकर निकले योग प्रशिक्षक कृष्णा गाजीपुर पहुंचे

Ghazipur, Uttar Pradesh:

कर्नाटक के मैसूर शहर से योग अपनाने और पर्यावरण संरक्षण की चेतना को लेकर योग प्रशिक्षक कृष्णा नायक नेपाल, भूटान सहित सम्पूर्ण भारत की पैदल यात्रा पर हैं। इस यात्रा को 16 अक्टूबर 2022 को पू्र्व क्रिकेटर जे श्रीनाथ ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। कृष्णा नायक दो वर्षों से नेपाल, भूटान तथा भारत के पं बंगाल ,केरला, आंध्र प्रदेश, छत्तीसगढ़, बिहार आदि 20 राज्यों की रोज मौसम परिस्थितियों से मुकाबला कर रहे हैं। मंगलवार की देर शाम बिहार के बक्सर के रास्ते उत्तर प्रदेश में प्रवेश कर गाजीपुर पहुंचे ।

0
0
Report

हमें फेसबुक पर लाइक करें, ट्विटर पर फॉलो और यूट्यूब पर सब्सक्राइब्ड करें ताकि आप ताजा खबरें और लाइव अपडेट्स प्राप्त कर सकें| और यदि आप विस्तार से पढ़ना चाहते हैं तो https://pinewz.com/hindi से जुड़े और पाए अपने इलाके की हर छोटी सी छोटी खबर|

भिलाई में सरयूपारीय ब्राह्मण समाज का प्रतिभा सम्मान समारोह, 80 मेधावी छात्र सम्मानित

Durg, Chhattisgarh:भिलाई में सरयूपारीय ब्राह्मण समाज द्वारा आयोजित प्रतिभा सम्मान समारोह में शिक्षा, खेल और कला में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले बच्चों को सम्मानित किया गया। 80% से अधिक अंक लाने वाले 80 मेधावी विद्यार्थियों समेत राज्य व राष्ट्रीय स्तर की प्रतिभाओं का उत्साहवर्धन हुआ। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि आईआईटी भिलाई के निदेशक प्रो. राजीव प्रकाश और अति विशिष्ट अतिथि पूर्व विधानसभा अध्यक्ष प्रेम प्रकाश पांडेय रहे। पदाधिकारियों की मौजूदगी में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को भविष्य में बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करना रहा।
0
0
Report

अलवर के टहला के खोह-दरीबा गांव में बंदरों का आतंक: 50 बंदर पकड़े

Alwar, Rajasthan:टहला के खोह-दरीबा गांव में बंदरों का आतंक, ग्रामीणों ने खुद संभाला मोर्चा; 50 बंदर पकड़े अलवर जिले के टहला क्षेत्र के खोह-दरीबा गांव में बंदरों के बढ़ते आतंक से परेशान ग्रामीणों ने अब खुद ही मोर्चा संभाल लिया है। लंबे समय से बंदरों की बढ़ती संख्या और उनके उत्पात से परेशान ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत स्तर पर बंदर पकड़ने का अभियान शुरू कराया। अभियान के तहत शुक्रवार को करीब 50 बंदरों को पकड़कर गांव से दूर सुरक्षित स्थानों पर छोड़ा गया। ग्रामीणों का कहना है कि बाकी बंदरों को पकड़ने का अभियान भी जारी रहेगा। ग्रामीणों के मुताबिक, गांव में बंदरों का आतंक इस कदर बढ़ गया था कि वे बेखौफ होकर घरों में घुस जाते थे और खाद्य सामग्री के साथ-साथ घरेलू सामान भी उठाकर ले जाते थे। कई बार बंदरों के बच्चों पर हमला करने और काटने की घटनाएं सामने आने की बात भी ग्रामीणों ने कही। बंदरों के झुंड के चलते लोगों को घरों से बाहर निकलने में परेशानी हो रही थी, वहीं अभिभावक बच्चों को अकेले बाहर भेजने से भी डरने लगे थे। बंदरों के आतंक से निजात पाने के लिए ग्रामीणों ने अपने स्तर पर बंदर पकड़ने वाले दल को ठेका दिया। इसके बाद दल ने गांव में पिंजरे लगाए और जाल की मदद से बंदरों को पकड़ना शुरू किया। पकड़े गए बंदरों को पिंजरों में सुरक्षित रखा गया और बाद में उन्हें गांव से दूर दूसरे स्थानों पर ले जाकर छोड़ दिया गया। एक ही दिन में करीब 50 बंदरों के पकड़े जाने के बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। प्रशासन से गुहार के बाद ग्रामीणों ने उठाया कदम ग्रामीणों का कहना है कि बंदरों के आतंक से निजात दिलाने के लिए उन्होंने कई बार जिला प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की थी। लेकिन अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने के बाद ग्रामीणों ने आपसी स्तर पर बंदर पकड़ने का अभियान शुरू कराने का निर्णय लिया। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में अभी भी बड़ी संख्या में बंदर मौजूद हैं, जिन्हें पकड़ने का अभियान आगे भी जारी रखा जाएगा।
0
0
Report
Advertisement

कापरेन में पंकज मीणा हत्या: पांच आरोपी गिरफ्तार

Jaipur, Rajasthan:कापरेन में पंकज मीणा हत्याकांड का खुलासा, पांच आरोपी गिरफ्तार बूंदी के कापरेन में पंकज मीणा हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कापरेन बायपास पर मामूली कहासुनी के बाद चाकूबाजी की वारदात हुई थी, जिसमें पंकज मीणा गंभीर घायल हो गया था। उपचार के दौरान कोटा में उसकी मौत हो गई थी। मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर मृतक के परिजनों और ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन भी किया था। पुलिस ने तकनीकी आधार और आसूचना तंत्र की मदद से आरोपियों को गिरफ्तार किया। एसपी अवनीश कुमार शर्मा के निर्देशन और एएसपी संजय सिंह चंपावत के मार्गदर्शन में कार्रवाई की गई। कापरेन थानाधिकारी राजाराम जाट की भी अहम भूमिका रही।
0
0
Report
Advertisement

समस्तीपुर: दरवा गांव में बेटे ने पिता की हत्या की साजिश रची, गिरफ्तार

Samastipur, Bihar:समस्तीपुर में पुलिस के खुलासा ने सबको चौंकाया।फिल्म देखकर बेटा ने रची पिता की हत्या की साजिश, मोबाइल बंद कर सूरत में छोड़ा सुराग ।समस्तीपुर जिले के हलई थाना क्षेत्र के दरवा गांव में बीते दो महीने पूर्व 26 जुलाई की रात दरवाजे पर सो रहे किसान रघुवीर सहनी की हत्या का पुलिस ने खुलासा कर लिया है ।पुलिस के मुताबिक रघुवीर की हत्या उसके ही बेटे शिव शंकर सहनी ने की थी। पुलिस ने आरोपी को सूरत से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।पूछताछ में पुलिस के अनुसार, शिव शंकर ने हत्या की योजना एक पुरानी अजय देवगन की फिल्म से प्रेरित होकर बनाई थी। फिल्म में पुलिस को गुमराह करने के लिए मोबाइल फोन को दूसरी जगह भेजने का तरीका दिखाया गया था। इसी तर्ज पर आरोपी ने अपना मोबाइल सूरत से निकलने से पहले बंद कर दिया, ताकि पुलिस को उसकी आखिरी लोकेशन सूरत में मिले। लेकिन हत्या के बाद पत्नी से फोन पर बात करना उसकी सबसे बड़ी गलती साबित हुई। इसी कॉल के जरिए पुलिस को उसके मूवमेंट पर शक हुआ और जांच आगे बढ़ी।पुलिस के अनुसार, शिव शंकर सूरत से ट्रेन के जरिए पटना पहुंचा। वहां से हाजीपुर और फिर पटोरी स्टेशन गया। रात करीब 8 बजे पटोरी उतरने के बाद वह टोटो से जोरपुरा चौक पहुंचा। इसके बाद करीब 4 किलोमीटर खेत के रास्ते पैदल चलकर अपने घर पहुंचा।रात करीब 12 बजे घर के सामने का दरवाजा बंद मिला। इसके बाद वह पीछे के दरवाजे से घर में दाखिल हुआ। पुलिस के मुताबिक, घर की एक कोठरी में उसे कुल्हाड़ी मिली। वह कुल्हाड़ी लेकर दरवाजे पर पहुंचा, जहां उसके पिता सो रहे थे।आरोप है कि शिव शंकर ने सो रहे रघुवीर सहनी के सिर पर कुल्हाड़ी से चार वार किए। हत्या के बाद उसने कुल्हाड़ी वहीं फेंक दी और उसी रास्ते से वापस निकल गया।इसके बाद वह लगुनिया स्टेशन पहुंचा और वहां से पटोरी होते हुए पटना गया। सुबह पटना पहुंचने के बाद वह पुणे-पटना एक्सप्रेस से वापस सूरत चला गया।शिव शंकर ने सूरत से निकलने से पहले अपना मोबाइल फोन बंद कर दिया था। उसका मकसद पुलिस को उसकी लोकेशन से गुमराह करना था।हत्या के बाद भी मोबाइल बंद रहा। लेकिन सूरत लौटते समय उसने मोबाइल चालू किया और पत्नी से बातचीत की। इसी दौरान पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिला।पुलिस ने जब कॉल डिटेल और टावर लोकेशन की जांच की तो 26 जुलाई की रात पत्नी से बातचीत का रिकॉर्ड मिला। इस दौरान मोबाइल की लोकेशन पटोरी में मिली थी। इसके बाद फोन बंद हो गया। करीब 36 घंटे बाद मोबाइल दोबारा ऑन हुआ तो उसकी लोकेशन सूरत मिली।रघुवीर सहनी की हत्या के बाद शिव शंकर लगातार कई दिनों तक परिवार से दूर रहा। पिता की मौत के बावजूद उसके अंतिम संस्कार में शामिल नहीं होने पर गांव और परिवार में चर्चा शुरू हो गई ।शिव शंकर की मां ने भी उस पर हत्या का शक जताया था। जांच के दौरान पुलिस को कई ऐसे साक्ष्य मिले, जिनसे शक शिव शंकर पर गहराता गया।इसके बाद पुलिस की एक टीम सूरत पहुंची और शिव शंकर को गिरफ्तार कर समस्तीपुर ले आई।पटोरी के डीएसपी बीके मेधावी ने बताया कि पूछताछ में शिव शंकर ने घटना में अपनी संलिप्ता स्वीकार की और वारदात से जुड़ी जानकारी दी ।आरोपी ने बताया कि उसका अपने पिता और पत्नी से अक्सर विवाद होता था। इसी विवाद से परेशान होकर उसने पिता की हत्या की योजना बनाई। पूछताछ में यह बात भी सामने आई कि वह कुछ जमीन बेचना चाहता था, लेकिन ऐसा नहीं कर पा रहा था।दरवा गांव में 26 जुलाई की रात रघुवीर सहनी घर के दरवाजे पर सो रहे थे। इसी दौरान उनकी कुल्हाड़ी से काटकर हत्या कर दी गई थी। कुल्हाड़ी घर में ही रखी थी।कुल्हाड़ी घर की होने और वारदात के तरीके को देखते हुए पुलिस को शुरुआत से ही शक था कि हत्या में किसी नजदीकी व्यक्ति की भूमिका हो सकती है। जांच आगे बढ़ने पर बेटे शिव शंकर का नाम सामने आया। आरोपी के बयान, कॉल डिटेल, टावर लोकेशन और अन्य साक्ष्यों के आधार पर मामले की आगे की जांच की ।बात : बीके मेधावी, डीएसपी पटोरी
0
0
Report
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Back to top