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Amit ShuklaAmit ShuklaFollow4 Feb 2025, 04:49 pm

औरैयाः ऐरवा कटरा पुलिस ने चोरी करने वाले गिरोह के पांचवे सदस्य को किया गिरफ्तार

Airwa Katra, Uttar Pradesh:

ऐरवा कटरा थानाक्षेत्र के दोबामाफी स्थित दुर्वासा ऋषि की तपोभूमि पर लगने वाले एक माह के मेले के प्रथम दिन पर मंदिर में दर्शन करने उमड़ी भीड़ के बीच सक्रिय गिरोह द्वारा एक महिला की चेन स्केचिंग और युवक का मोबाइल फोन चोरी करने के मामले में ऐरवा कटरा पुलिस द्वारा चोरी करने वाले गैंग के चार लोगों को पूर्व में जेल भेज चुकी है। उमरैन चौकी इंचार्ज हरिकेश कुमार द्वारा गिरोह के पांचवे सदस्य को आगरा लखनऊ एक्सप्रेस वे से गिरफ्तार किया। थाना प्रभारी जीतमल चौधरी ने बताया कि दोबामाफी मंदिर में चैन स्केचिंग और मोबाइल चोरी के मामले में वांछित चल रहे गिरोह के पांचवे सदस्य को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।

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राजस्थान हाईकोर्ट ने मुख्य मुकदमे और अंतरिम स्टे के क्षेत्राधिकार स्पष्ट किए

Jodhpur, Rajasthan:​जोधपुर। राजस्थान हाईकोर्ट ने दीवानी मामलों की प्रक्रिया को लेकर एक महत्वपूर्ण कानूनी सिद्धांत स्पष्ट किया है। कोर्ट ने कहा है कि यदि उच्च अदालत द्वारा मुख्य दीवानी मुकदमे की कार्यवाही पर रोक लगाई जाती है, तो इसका यह अर्थ नहीं है कि अधीनस्थ न्यायालय में लंबित अंतरिम स्थगन याचिका की सुनवाई भी स्वतः रुक जाएगी। जस्टिस संजीत पुरोहित की एकल पीठ ने याचिकाकर्ता बद्रीलाल की याचिका को खारिज करते हुए आदेश पारित किया। मामले के अनुसार याचिकाकर्ता बद्रीलाल ने संपत्ति विभाजन का एक मुकदमा और उसके साथ अंतरिम स्टे आवेदन दाखिल किया था। मुकदमे के दौरान एफएसएल जांच से जुड़ा एक आवेदन खारिज होने पर याचिकाकर्ता ने हाईकोर्ट से मुख्य मुकदमे की कार्यवाही पर रोक प्राप्त कर ली थी। इसके बाद उन्होंने ट्रायल कोर्ट में तर्क दिया कि मुख्य मुकदमे पर स्टे होने के कारण अंतरिम स्थगन अर्जी की सुनवाई भी रोकी जाए। ट्रायल कोर्ट द्वारा इस Demand को खारिज किए जाने पर याचिकाकर्ता ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। ​हाईकोर्ट ने याचिका को खारिज करते हुए स्पष्ट किया कि मुख्य मुकदमे और अंतरिम राहत की अर्जी के क्षेत्राधिकार व उद्देश्य अलग-अलग होते हैं। मुख्य मुकदमे का मकसद अधिकारों का अंतिम निर्णय करना है, जबकि अंतरिम अर्जी का उद्देश्य मुकदमे के लंबित रहने के दौरान विवादित संपत्ति को सुरक्षित रखना है। कोर्ट ने कहा कि जब तक उच्च अदालत अपने आदेश में अंतरिम आवेदनों की सुनवाई पर स्पष्ट रोक न लगाए, तब तक सामान्य 'स्टे' के आधार पर अधीनस्थ अदालत अंतरिम अर्जी पर सुनवाई जारी रख सकती है।
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राजस्थान हाईकोर्ट: प्रोबेशन नियम सुधार पर जोर, सजा पर नयी टिप्पणी

Jodhpur, Rajasthan:राजस्थान हाईकोर्ट ने प्रोबेशन के सवाल पर ट्रायल कोर्ट को दी अहम नसीहत जोधपुर। राजस्थान हाईकोर्ट ने सजा के सवाल पर महत्वपूर्ण टिप्पणी करते हुए कहा कि दोषसिद्धि के बाद कारावास देना उसका स्वतः या स्वाभाविक परिणाम नहीं माना जा सकता। कोर्ट को अपराध की प्रकृति के साथ आरोपी की परिस्थितियों, चरित्र, पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड तथा सुधार और पुनर्वास की संभावना पर भी विचार करना चाहिए। प्रोबेशन की मांग को बिना विशेष और ठोस कारण के खारिज करना उचित नहीं है। जस्टिस फरजंद अली की एकलपीठ ने रामस्वरूप बनाम राजस्थान राज्य मामले में यह टिप्पणी की। अपीलार्थी की ओर से अधिवक्ता प्रियंका बोराणा और राज्य की ओर से लोक अभियोजन नरेंद्र गहलोत ने पैरवी की। मामले में ट्रायल कोर्ट ने अपीलार्थी को भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के गंभीर आरोपों से बरी कर दिया था, लेकिन आर्म्स एक्ट की धारा 3/25 के तहत दोषी ठहराया था। हाईकोर्ट में दोषसिद्धि को चुनौती नहीं देते हुए मुख्य रूप से सजा के प्रश्न को उठाया गया। हाईकोर्ट ने रिकॉर्ड का परीक्षण करने के बाद दोषसिद्धि बरकरार रखी। अपीलार्थी की ओर से प्रोबेशन का लाभ देने की मांग की गई। कोर्ट ने पाया कि यह उसकी पहली दोषसिद्धि थी, उसका कोई पूर्व आपराधिक रिकॉर्ड नहीं था और वह करीब नौ वर्षों तक आपराधिक कार्यवाही का सामना कर चुका था। इसके बावजूद ट्रायल कोर्ट ने प्रोबेशन की मांग खारिज करते समय कोई विशिष्ट कारण दर्ज नहीं किया। हाईकोर्ट ने कहा कि प्रोबेशन के प्रावधान आपराधिक न्याय व्यवस्था के सुधारात्मक पहलू को दर्शाते हैं। उचित मामले में अपराधी को जेल भेजने के बजाय सुधार का अवसर देना भी न्याय के उद्देश्य को पूरा कर सकता है। धारा 360 और 361 सीआरपीसी का उल्लेख करते हुए कोर्ट ने कहा कि प्रोबेशन नहीं देने पर विशेष कारण दर्ज करना आवश्यक है। हालांकि, अपीलार्थी अपनी पूरी सजा और जुर्माना नहीं भरने की स्थिति में निर्धारित अतिरिक्त सजा भी भुगत चुका था। इसलिए सजा के संबंध में कोई और आदेश आवश्यक नहीं रहा। कोर्ट ने दोषसिद्धि बरकरार रखते हुए अपील आंशिक रूप से स्वीकार की और अन्य मामले में वांछित नहीं होने पर अपीलार्थी को तत्काल रिहा करने का निर्देश दिया।
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नागौर के एसपी पद रिक्त, निष्पक्षता पर राजस्थान हाईकोर्ट में सुनवाई

Jodhpur, Rajasthan:जोधपुर। राजस्थान हाईकोर्ट में नागौर जिले में आईपीएस कैडर के पुलिस अधीक्षक की नियुक्ति और चुनाव के दौरान पुलिस प्रशासन की निष्पक्षता सुनिश्चित करने की मांग को लेकर आरएलपी की जनहित याचिका पर सुनवाई हुई। जस्टिस विनीत कुमार माथुर और जस्टिस चन्द्रशेखर शर्मा की डिवीजन बेंच ने राज्य सरकार को जवाब के लिए 6 अक्टूबर तक का समय दिया है। सुनवाई के दौरान अतिरिक्त महाधिवक्ता बीएल भाटी ने कोर्ट को बताया कि राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से मुख्य सचिव को 3 सितंबर 2026 को भेजे गए पत्र पर सक्षम अधिकारियों द्वारा विचार किया जाएगा। इसके लिए सरकार को निर्देश प्राप्त करने हेतु समय चाहिए। याचीकार की ओर से अधिवक्ता मोती सिंह उपस्थित हुए। पूर्व में कोर्ट ने राज्य निर्वाचन आयोग को नोटिस जारी कर जवाब मांगा था। याचिका के अनुसार नागौर के तत्कालीन एसपी रोशन मीणा का 19 मई 2026 को तबादला हुआ था, जिसके बाद एसपी पद रिक्त है और आरपीएस कैडर के अधिकारी के पास एसपी का चार्ज है.
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राजस्थान हाईकोर्ट ने POCSO मामलों में जमानत नोटिस तामील के निर्देशों की उल्लंघना पर नाराज़

Jodhpur, Rajasthan:जोधपुर। राजस्थान हाईकोर्ट जस्टिस संदीप शाह की बेंच ने पॉक्सो मामलों में जमानत अर्जियों की सुनवाई के दौरान पीड़ित बच्चे के माता-पिता या अभिभावक को सूचना देने में बरती जा रही लापरवाही पर नाराजगी जताई है। कोर्ट ने कहा कि पूर्व में जारी स्पष्ट दिशा-निर्देशों के बावजूद नोटिस की तामील निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार नहीं की जा रही है। इससे जमानत अर्जियों के निस्तारण में देरी हो रही है और आरोपियों की व्यक्तिगत स्वतंत्रता प्रभावित हो रही है। सोनू गुर्जर और कालूराम की ओर से दायर जमानत अर्जियों की सुनवाई के दौरान टिप्पणी की गई। कालूराम की जमानत अर्जी में लोक अभियोजक ने 8 सितंबर 2026 का नोटिस पेश किया। इसमें पीड़ित के अभिभावक को जमानत आवेदन की जानकारी देने की बात कही गई थी, लेकिन नोटिस पर केवल हस्ताक्षर थे। हस्ताक्षर करने वाले व्यक्ति का नाम या विवरण दर्ज नहीं था। साथ ही नोटिस प्राप्त करने की तारीख और समय भी अंकित नहीं किया गया था। कोर्ट ने 14 अक्टूबर 2025 को संदीप सिंह उर्फ सोनू बनाम राजस्थान सरकार मामले में जारी दिशा-निर्देशों का हवाला दिया। कोर्ट ने कहा था कि जमानत आवेदन दाखिल होने के बाद लोक अभियोजक को उसकी प्रति संबंधित एसएचओ या जांच अधिकारी को भेजनी होगी और पीड़ित बच्चे के माता-पिता या अभिभावक को जल्द सूचना देनी होगी। हाईकोर्ट ने यह भी निर्देश दिया था कि सूचना लिखित रूप में दी जाए तथा प्राप्तकर्ता का नाम, हस्ताक्षर, तारीख और समय स्पष्ट रूप से दर्ज हो। साथ ही जमानत आवेदन की प्रति जिला विधिक सेवा प्राधिकरण या रालसा को उपलब्ध कराई जाए, ताकि पीड़ित परिवार को कानूनी सहायता मिल सके। कोर्ट ने कहा कि निर्देशों के बावजूद बार-बार इसी तरह की लापरवाही सामने आ रही है। इससे सुनवाई टलती है और जमानत मामलों में अनावश्यक देरी होती है। कोर्ट ने डीजीपी राजस्थान, विधि एवं विधिक कार्य विभाग के प्रमुख सचिव तथा रालसा सदस्य सचिव को पूरे प्रदेश में संबंधित पुलिस थानों, लोक अभियोजकों और अन्य अधिकारियों के लिए इन निर्देशों के अनुरूप दिशा-निर्देश जारी करने को कहा है। वर्तमान मामले में भी नए सिरे से नियमानुसार नोटिस तामील कराने के निर्देश दिए गए।
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धौलपुर में नकली दूध फैक्ट्री पर पुलिस का छापा: 4 हजार लीटर मिलावटी दूध जब्त

Dholpur, Rajasthan:धौलपुर में नकली दूध की फैक्ट्री पर पुलिस का छापा, 4 हजार लीटर मिलावटी दूध जब्त, 3 हिरासत में धौलपुर जिले की कोतवाली पुलिस ने नकली दूध के बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। जायद ढाबे के पीछे कॉलोनी में चल रही फैक्ट्री पर छापा मारकर पुलिस ने 4 हजार लीटर तैयार नकली दूध, 40 कट्टा स्किम्ड मिल्क पाउडर और 100 पीपा पॉम ऑयल जब्त किया है। मौके से तीन लोगों को हिरासत में लिया गया है, जबकि फैक्ट्री का मुख्य संचालक भागीरथ गुर्जर फरार है। पुलिस को आशंका है कि यहां से रोजाना टैंकरों में भरकर नकली दूध की सप्लाई यूपी सहित अन्य इलाकों में की जा रही थी。 एसपी की सूचना पर कोतवाली पुलिस ने की दबिश: कोतवाली थाना प्रभारी रामकिशन यादव ने बताया कि एसपी विकास सांगवान को सूचना मिली थी कि जायद ढाबे के पीछे एक घर में केमिकल से नकली दूध तैयार कर सप्लाई किया जा रहा है। सूचना पर पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंची। घर के अंदर दूध बनाने का पूरा सेटअप मिला, जिसमें दूध तैयार करने वाली मशीनें, पाउडर घोलने के टैंक और पैकिंग के साधन मौजूद थे। पाउडर और पॉम ऑयल से बनता था केमिकल वाला दूध: प्रारंभिक जांच में सामने आया कि फैक्ट्री में स्किम्ड मिल्क पाउडर और पॉम ऑयल को केमिकल के साथ मिलाकर असली जैसा दिखने वाला दूध तैयार किया जाता था। त्योहारी सीजन को देखते हुए उत्पादन बढ़ा दिया गया था। पुलिस ने मौके से सभी सामग्री और उपकरणों को जब्त कर लिया है। पुलिस को धमकी देकर भागा मुख्य आरोपी भागीरथ गुर्जर तलाश जारी: कार्रवाई के दौरान फैक्ट्री का मुख्य संचालक और मकान मालिक भागीरथ गुर्जर पुलिस को देखकर भाग निकला। पुलिस ने बताया कि भागते समय आरोपी ने पुलिस टीम को धमकी भी दी और मौके से फरार हो गया। कोतवाली पुलिस ने आरोपी की तलाश शुरू कर दी है। कोतवाली पुलिस ने बताया कि आरोपी का आपराधिक रिकॉर्ड भी खंगाला जा रहा है और जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा रोजाना टैंकरों में सप्लाई, यूपी में भी जाता था दूध: पुलिस के अनुसार इस फैक्ट्री से रोजाना टैंकरों में नकली दूध की सप्लाई की जा रही थी। आशंका जताई जा रही है कि इस मिलावटी दूध की सप्लाई धौलपुर के अलावा उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती इलाकों में भी की जा रही थी। पुलिस अब सप्लाई चेन से जुड़े अन्य लोगों की तलाश कर रही है。 स्वास्थ्य विभाग की टीम पहुंची मौके पर: स्वास्थ्य विभाग की टीम भी सूचना मिलते ही मौके पर पहुंच गई। खुद जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. धर्मसिंह मीणा अपनी टीम के साथ फैक्ट्री पर पहुंचे। उन्होंने अलग-अलग जारों और टैंकरों में रखे दूध की सैंपलिंग की। मौके पर मौजूद मिल्क पाउडर और पॉम ऑयल के भी सैंपल लिए गए। डॉ. मीणा ने बताया कि सभी सैंपलों को जांच के लिए लैब भेजा जा रहा है, रिपोर्ट आने के बाद ही पता चलेगा कि दूध में किस प्रकार के केमिकल का उपयोग किया गया था। 3 कर्मचारी पकड़े, सरगना फरार, सैंपल लैब भेजे कार्रवाई के दौरान मौके पर काम कर रहे तीन कर्मचारियों को पकड़ लिया गया है, जबकि मुख्य आरोपी मकान मालिक भागीरथ गुर्जर पुलिस को आता देख फरार हो गया। सूचना पर सीएमएचओ की टीम भी मौके पर पहुंची और नकली दूध के सैंपल लेकर जांच के लिए लैब भेजे हैं। पुलिस ने मामला दर्ज कर फरार आरोपी की तलाश शुरू कर दी है
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गोरखपुर में बिश्नोई गिरोह के असलहे के नेटवर्क पर पुलिस की कार्रवाई बढ़ी: 4 गिरफ्तार, 21 नामजद तलाश

Gorakhpur, Uttar Pradesh:रिपोर्ट: नागेन्द्र मणि त्रिपाठी। Date: 01-10-2026 लोकेशन: गोरखपुर。 गोरखपुर में बिश्नोई गिरोह के असलहा-network पर पुलिस ने कसा शिकंजा! 10 हजार का इनामी बीरू साहनी समेत 4 गिरफ्तार, 21 की तलाश गोरखपुर में लॉरेंस बिश्नोई गिरोह से जुड़े बताए जा रहे असलहा तस्करी नेटवर्क पर पुलिस का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। कैंट थाने की पुलिस ने अब इस मामले में चार और आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया है। इनमें 10 हजार रुपये का इनामी बीरू साहनी भी शामिल है। पुलिस के मुताबिक, आरोपितों के कब्जे से दो अवैध ऑटोमैटिक पिस्टल बरामद हुई हैं। अब तक इस मामले में 10 आरोपित जेल भेजे जा चुके हैं, जबकि 21 अन्य नामजद आरोपित पुलिस की रडार पर हैं। खास बात ये है कि पुलिस को एक नामजद पीएसी जवान के लखनऊ में छिपे होने की भी जानकारी मिली है। मोबाइल नंबर बदलने के कारण उसकी तलाश पुलिस के लिए चुनौती बनी हुई है। देखिए गोरखपुर से जी मीडिया संवाददाता नागेन्द्र मणि त्रिपाठी की ये पूरी रिपोर्ट... गोरखपुर में अवैध असलहा तस्करी के कथित नेटवर्क पर पुलिस की कार्रवाई लगातार आगे बढ़ रही है। कैंट थाना पुलिस ने चार और आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपितों में चौरीचौरा के डुमरी खास निवासी मुलायम निषाद उर्फ नितेश, रामगढ़ताल क्षेत्र के लहसड़ी खैरा टोला निवासी शैलेंद्र निषाद, लहसड़ी निवासी बीरू साहनी और डुमरी खास निवासी चंदन जायसवाल उर्फ लकी शामिल हैं। इनमें बीरू साहनी पर पुलिस ने 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। पुलिस के मुताबिक, चारों की गिरफ्तारी के बाद पूछताछ की गई और फिर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से सभी को जेल भेज दिया गया। पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से दो अवैध पिस्टल बरामद करने का दावा किया है। इस कार्रवाई के साथ पुलिस की जांच अब सिर्फ गिरफ्तार आरोपितों तक सीमित नहीं है, बल्कि उस पूरे नेटवर्क तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है, जिसके तार गोरखपुर से बाहर भी जुड़े बताए जा रहे हैं। दरअसल, इस पूरे मामले की शुरुआत सितंबर में हुई थी। एसटीएफ ने गोरखपुर के विंध्यवासिनी पार्क के पास पांच आरोपितों को गिरफ्तार किया था। इनके नाम श्रेयांश यादव उर्फ बबलू, अजीत यादव, अभिषेक गौड़ उर्फ भेली, अभिषेक प्रजापति उर्फ अभी और राहुल गुप्ता बताए गए। पूछताछ के बाद एसटीएफ की तहरीर पर कैंट थाने में मुकदमा दर्ज किया गया। जांच आगे बढ़ी तो नेटवर्क से जुड़े दूसरे नाम सामने आते गए। इसके बाद कैंट पुलिस ने एक-एक कर आरोपितों की तलाश शुरू की। इस मामले में पहले छह आरोपित गिरफ्तार किए जा चुके थे, जबकि दो आरोपितों ने अदालत में आत्मसमर्पण किया था। अब चार और गिरफ्तारियों के बाद पुलिस के मुताबिक 10 आरोपित जेल भेजे जा चुके हैं। लेकिन कहानी अभी खत्म नहीं हुई है। मुकदमे में नामजद 21 अन्य आरोपितों की तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही है। पुलिस के अनुसार, इस नेटवर्क के तार गोरखपुर के साथ-साथ दूसरे जिलों और राज्यों से जुड़े होने की जानकारी भी जांच में सामने आई है। गोरखपुर में असलहा तस्करी के इस मामले ने पुलिस की जांच का दायरा गोरखपुर से बाहर तक पहुंचा दिया है। एक तरफ चार और गिरफ्तारियां हुई हैं, तो दूसरी तरफ 21 नामजद आरोपितों की तलाश जारी है। अब देखना होगा कि पुलिस की अगली कार्रवाई में कौन-कौन से नाम सामने आते हैं और कथित नेटवर्क की कितनी परतें खुलती हैं। मामले में लगाए गए आरोप पुलिस की जांच और दर्ज मुकदमे पर आधारित हैं। आरोपितों को अदालत द्वारा दोषी ठहराए जाने तक निर्दोष माना जाता है。
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बिजली संकट: किसान परेशान, 22 गांवों की लाइनों के अलगाव और नया उपकेंद्र मांग

Raisen, Madhya Pradesh:रायसेन जिले के सिलवानी क्षेत्र में लगातार बनी बिजली समस्या को लेकर गुरुवार को ग्राम कीरतपुर सहित आसपास के किसानों और ग्रामीणों ने पहले तहसील कार्यालय पहुंचकर एसडीएम को ज्ञापन सौंपा। किसानों ने कृषि फीडरों पर बढ़ते विद्युत भार को कम करने, बिजली आपूर्ति व्यवस्था में सुधार करने तथा क्षेत्र की समस्याओं के निराकरण की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन और चक्काजाम किया जाएगा। ज्ञापन में किसानों ने करीब 22 गांवों की अटल ज्योति योजना की विद्युत लाइनों को अलग-अलग करने तथा क्षेत्र में नया विद्युत उपकेंद्र स्थापित करने की मांग रखी। किसानों का कहना है कि अनियमित और कम बिजली आपूर्ति के कारण सिंचाई कार्य प्रभावित हो रहे हैं, जिससे फसलों को नुकसान होने की आशंका बढ़ रही है। इसके बाद किसान एमपीईवी (विद्युत वितरण कंपनी) कार्यालय पहुंचे और अधिकारियों को भी अपनी समस्याओं से अवगत कराया। किसानों ने बताया कि लंबे समय से बिजली संकट बना हुआ है, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं हो सका है। अधिकारियों ने आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया, वहीं किसानों ने स्पष्ट किया कि मांगें पूरी नहीं होने पर वे उग्र आंदोलन और चक्काजाम करने को मजबूर होंगे।
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यूपी में सभी पात्र मतदाताओं के पंजीकरण के लिए विशेष पुनरीक्षण अभियान

Lucknow, Uttar Pradesh:लखनऊ "कोई मतदाता न छूटे (No voter to be left behind)" के ध्येय वाक्य को साकार कर पात्र नागरिकों को मतदाता सूची में करें शामिल छूटे हुए एवं युवा/प्रथम बार पात्र हो रहे मतदाताओं को शामिल कर ईपी रेशियो एवं जेण्डर रेशियो में सुधार करने के निर्देश लखनऊः 01 अक्टूबर, 2026 | उत्तर प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी श्री नवदीप रिणवा ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के कम में उत्तर प्रदेश में ईपी रेशियो एवं जेण्डर रेशियो में बढ़ोत्तरी के लिए निरन्तर पुनरीक्षण अवधि में विभिन्न विभागों के सहयोग से विशेष अभियान चलाया जाएगा। "कोई मतदाता न छूटे (No voter to be left behind)" के उद्देश्य को साकार करने के लिए पात्र नागरिकों को शतप्रतिशत मतदाता सूची में सम्मिलित किए जाने के संदर्भ में समस्त जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देशित किया गया है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि प्रदेश के विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की निर्वाचक नामावलियों के विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण कार्यकम-2026 के पश्चात् सम्प्रति चल रहे निरन्तर पुनरीक्षण के अन्तर्गत अर्ह युवा, छूटे हुए मतदाता, प्रथम बार मतदाता बनने की अर्हता रखने वाले, बेघर मतदाता, दिव्यांग मतदाता तथा महिला मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में विशेष रूप से सम्मिलित किए जाने के निर्देश समस्त जिला निर्वाचन अधिकारियों को दिए गए हैं। उन्होनें बताया कि विशेष अभियान में विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों, स्वयंसेवी सहायता समूहों, स्वास्थ्य कर्मियों आदि का सहयोग लेते हुए अधिक से अधिक संख्या में पात्र नागरिकों का पंजीकरण कराया जाएगा। अभियान के दौरान पर्याप्त संख्या में फार्म-6 की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि कोई भी पात्र नागरिक भारत निर्वाचन आयोग के Citizen Service Portal (voters.eci.gov.in) अथवा ECINET Mobile App के माध्यम से ऑनलाइन फार्म-6 भरकर आवेदन कर सकते है। ऑफलाइन भी फार्म-6 भरकर आवश्यक अभिलेखों के साथ अपने बी०एल०ओ० / सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी/ निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी को प्राप्त करा सकते हैं। पात्र नागरिकों को अपनी सभी प्रविष्टियां शुद्ध एवं त्रुटिरहित भरना आवश्यक है। उन्होनें यह भी बताया कि विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण को छोड़कर अन्य पुनरीक्षणों में भरे जाने वाले फार्म-6 के साथ घोषणा पत्र की अनिवार्यता समाप्त कर दी गयी है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि प्रदेश के समस्त जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि इस संबंध में जनपद स्तर पर भी जन सामान्य हेतु विभिन्न माध्यमों से व्यापक प्रचार-प्रसार कराया जाय, जिससे अधिक से अधिक नागरिकों को जानकारी प्राप्त हो सके। इस कार्य में विभिन्न विभागों यथा-महिला कल्याण, उच्च शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा, चिकित्सा विभाग, दिव्यांगजन, ग्राम्य विकास, युवा कल्याण आदि का सहयोग लेने के निर्देश दिए गए हैं, जिससे कोई भी पात्र नागरिक मतदाता सूची में शामिल होने से वंचित न रहें।
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इटावा की नाबालिग छात्रा ने परीक्षा से बचने के लिए साजिश रची, पुलिस ने किए खुलासे

Etawah, Uttar Pradesh:इटावा में एक छात्रा ने अपने ही साथ लूटपाट और घायल करने की सूचना पर पुलिस को देने पर पुलिस ने किया खुलासा परीक्षा देने से बचने को लेकर छात्रा ने खुद रची थी साजिश. इटावा जनपद के बसरेहर इलाके उस वक्त सनसनी फैल गई जब एक छात्रा के द्वारा पुलिस को सूचना दी गई कि उसके साथ में कुछ लोगों ने उसकी कान की बाली को छीन लिया है और उसको चाकू मार कर घायल कर दिया है तभी इस पूरे मामले को लेकर पुलिस सक्रिय हुई और पूरे मामले की जांच पड़ताल में जुटी, वहीं नहर पर मौजूद लोगों के द्वारा छात्रा के बैग को नहर से निकाला वही दूसरी तरफ पुलिस की जांच पड़ताल में चौंकाने वाली बात सामने आई है बताया जा रहा है कि क्षेत्र की रहने वाली एक नाबालिक छात्रा के साथ कोई घटना नहीं घटी थी बल्कि उसने खुद यह साजिश रची थी दरअसल छात्रा ने पुलिस पूछताछ में बताया कि वह परीक्षा की तैयारी नहीं कर पाई थी और वह परीक्षा नहीं देना चाहती थी जिसके चलते छात्रा ने यह सूचना अपने परिजनों को भी दी थी वहीं पुलिस ने छात्रा की काउंसलिंग करने के बाद परिजनों को सौंप दिया है।
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ज्वालापुरी में जर्जर इमारत गिरने से पिता की मौत, बेटा घायल

New Delhi, Delhi:दिल्ली के बाहरी इलाके ज्वालापुरी में गुरुवार शाम एक जर्जर इमारत अचानक भरभराकर गिर गई. इमारत गिरने से इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया. हादसे के वक्त इमारत के पास मौजूद दो लोग मलबे की चपेट में आ गए. मिली जानकारी के मुताबिक, यह इमारत काफी पुरानी और जर्जर हालत में थी. बताया जा रहा है कि इमारत को तोड़कर दोबारा निर्माण का काम किया जा रहा था. इसी दौरान अचानक पूरी इमारत भरभराकर गिर गई. हादसे के वक्त पिता-पुत्र दोनों मौके पर मौजूद थे और मलबे की चपेट में आ गए. घटना की सूचना मिलते ही राहत और बचाव एजेंसियों की टीम मौके पर पहुंची. टीम ने तत्काल रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया और दोनों घायलों को मलबे से बाहर निकालकर नजदीकी अस्पताल पहुंचाया. इलाज के दौरान पिता शमशुल की मौत हो गई. वहीं, उनके 25 वर्षीय बेटे शोएब का अस्पताल में इलाज जारी है. हादसे की सूचना मिलने के बाद मौके पर तमाम सिविक एजेंसियां भी पहुंचीं. इमारत की जर्जर हालत को देखते हुए MCD की टीम ने भी मौके का निरीक्षण किया. आसपास के इलाके में किसी और हादसे की आशंका को देखते हुए सुरक्षा के जरूरी इंतजाम किए जा रहे हैं. फिलहाल पुलिस और संबंधित एजेंसियां हादसे की परिस्थितियों की जांच कर रही हैं. यह भी जांच का विषय है कि पुनर्निर्माण के दौरान सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा था या नहीं.
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बुजुर्गों के सम्मान में दिल्ली पुलिस का संगम: वृद्धजन दिवस पर खेल, जागरूकता और सुरक्षा

New Delhi, Delhi:बुजुर्गों के सम्मान में दिल्ली पुलिस का अनूठा संगम, खेल और जागरूकता के साथ मनाया वृद्धजन दिवस एंकर: अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के अवसर पर दिल्ली पुलिस नॉर्थ-वेस्ट जिला और ट्वेंटी फोर इनटू सेवन केयर फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य संदेश रहा - ओल्ड बट नॉट अलोन, यानी बुजुर्ग अकेले नहीं हैं। कार्यक्रम में जिले के बड़ी संख्या में सीनियर सिटिजन्स ने हिस्सा लिया। माहौल को खुशनुमा बनाए रखने के लिए बुजुर्गों के लिए कई तरह के मनोरंजक खेलों का आयोजन किया गया। खेलों में उत्साह के साथ भाग लेने वाले बुजुर्गों में अलग ही जोश देखने को मिला। प्रतियोगिता में जीत हासिल करने वाले प्रतिभागियों को नॉर्थ-वेस्ट जिले की डीसीपी आकांक्षा यादव ने गिफ्ट देकर सम्मानित किया। इस मौके पर डीसीपी आकांक्षा यादव ने सभी वरिष्ठ नागरिकों से सीधा संवाद किया। उन्होंने कहा कि दिल्ली पुलिस हर समय उनके साथ है और उन्हें कभी भी खुद को अकेला नहीं समझना चाहिए। साथ ही डीसीपी ने बढ़ते साइबर अपराध को लेकर बुजुर्गों को विशेष रूप से जागरूक किया। उन्होंने बताया कि आजकल साइबर ठग किस तरह बुजुर्गों को निशाना बनाते हैं और अनजान कॉल, लिंक और ओटीपी शेयर करने से कैसे बचा जा सकता है। उन्होंने सीनियर सिटीजन हेल्पलाइन बारह इक्यानवे के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी और किसी भी तरह की समस्या होने पर तुरंत पुलिस से संपर्क करने की अपील की ! कार्यक्रम में मौजूद बुजुर्गों ने दिल्ली पुलिस और फाउंडेशन की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से उन्हें परिवार जैसा माहौल मिलता है।
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हरदोई में जातिसूचक टिप्पणी पर FIR, शराफत अली पर कार्रवाई की मांग

Hardoi, Uttar Pradesh:जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमावती पर जातिसूचक टिप्पणी, शराफत अली पर FIR दर्ज़, सियासत से अब मामला पहुंचा थाने तक हरदोई में जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमावती पीके वर्मा को लेकर सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष शराफत अली की कथित जातिसूचक और अपमानजनक टिप्पणी का विवाद अब थाने तक पहुंच गया है। शहर कोतवाली में अनुसूचित जाति मोर्चा के जिला संयोजक रवि बाल्मीकि की तहरीर पर शराफत अली समेत संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है। तहरीर में आरोप लगाया गया है कि गोपामऊ विधानसभा क्षेत्र में आयोजित पीडीए बैठक के दौरान शराफत अली ने प्रेमावती के संबंध में जातिसूचक टिप्पणी करते हुए कहा कि अगर आरक्षण व्यवस्था में संशोधन न हुआ होता तो आज जिला पंचायत अध्यक्ष बनी बैठी महिला कपड़े धो रही होती। तहरीर में कहा गया है कि इस टिप्पणी से महिला जनप्रतिनिधि की सामाजिक प्रतिष्ठा और महिला गरिमा को ठेस पहुंची, जबकि वायरल वीडियो सामने आने के बाद मामले ने और तूल पकड़ लिया। शिकायतकर्ता ने इसे संपूर्ण दलित समाज की भावनाओं को आहत करने वाला बताते हुए वायरल वीडियो के आधार पर जांच और वैधानिक कार्रवाई की मांग की है। मामले में अनुसूचित जाति उत्पीड़न और आईटी एक्ट की धाराओं में मुकदमा दर्ज किए जाने की जानकारी सामने आई है। वायरल बयान के बाद हरदोई में सियासी घमासान पहले ही तेज हो चुका है। भाजपा महिला मोर्चा समेत कई संगठनों ने विरोध प्रदर्शन कर शराफत अली के खिलाफ कार्रवाई की मांग की थी। अब FIR दर्ज होने के बाद पूरे मामले में पुलिस जांच और आगे की कानूनी कार्रवाई पर निगाहें टिक गई हैं।
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किसानों के करोड़ों की कमाई का नुकसान,, मुआवजा बनेगा नाममात्र का पर नुकसान हुआ ज्यादा,,

Avinash Babu PatelAvinash Babu PatelFollow41m ago
Upani, Chhattisgarh:महानदी में आए बाढ़ के बाद पानी उतरने के साथ किसान अपने नुकसान हुए फसल को देखकर दुखी हैं,, 48 घंटे से ज्यादा पानी में डूबे रहने के कारण सभी फसल पूरी तरह से खराब हो गए हैं,,किसानों का कहना है कि अब नया फसल भी नहीं लगाया जा सकता वहीं मुआवजा तो नाम मात्र का मिलेगा लेकिन नुकसान लाखों करोड़ों का हुआ है,, डभरा क्षेत्र के नवापारा, उपनी,बसंतपुर और सकराली कछार में हजारों एकड़ में सब्जी फसल लगाया गया था जो की पानी में डूबने के कारण पूरी तरह से नुकसान हो गया है,,किसान नेतराम पटेल एवं सुशील पटेल के अनुसार खेत में लगाए गए ड्रिप सिस्टम सोलर पैनल और ट्रैक्टर भी डूबने से नुकसान हो गया है पाइन न्यूज की खास खास ग्राउंड रिपोर्ट,,
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