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Vineet Kumar AgarwalVineet Kumar AgarwalFollow18 Jan 2025, 10:53 am

अमरोहाः नगर पालिका की जमीन पर भू-माफियाओं की नजर, रात के अंधेरे में कब्जाने की कोशिश

Amroha, Uttar Pradesh:

नगर पालिका के मंडी समिति रोड पर करोड़ों की बेशकीमती जमीन पर भू-माफियाओं ने कब्जा करने का प्रयास किया। शुक्रवार रात के अंधेरे में इस जमीन पर कब्जे की कोशिश की गई। सूचना मिलते ही नगर पालिका और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस को देखकर भू-माफिया मौके से फरार हो गए। नगर पालिका और पुलिस की टीम ने तत्परता दिखाते हुए जमीन पर कब्जे की कोशिश को नाकाम किया और बुलडोजर चलाकर भू-माफियाओं द्वारा किए गए अवैध कब्जा पर अपना कब्जा किया। फिलहाल पुलिस इस मामले की जांच कर रही है और भूमाफियाओं की तलाश जारी है।

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अमृतसर-मुंबई एक्सप्रेस के एसी कोच से एक घंटे में पांच मोबाइल चोरी, गिरफ्तार

Kalyan, Maharashtra:धावत्या अमृतसर-मुंबई एक्सप्रेसमधील एसी कोचमधून प्रवाशांचे महागडे मोबाईल चोरणाऱ्या सराईत चोरट्याला कल्याण जीआरपी पोलिसांनी अटक केली आहे. मुजम्मिल रहमान शेख असे अटक करण्यात आलेल्या आरोपीचे नाव असून, तो मालेगाव येथील रहिवासी असल्याची माहिती पोलिसांनी दिली. एका तासात आरोपीने एसी कोचमधील प्रवाशांचे तब्बल पाच मोबाईल चोरले आहेत. कल्याण रेल्वे स्थानकात पोलिसांनी एका संशयित प्रवाशाला थांबवून त्याची चौकशी केली. तो पोलिसांना उलटसुलट उत्तरे देत असल्याने पोलिसांचा संशय बळावला. त्याची झडती घेतली असता त्याच्याकडे पाच महागडे मोबाईल आढळून आले. पोलिसांनी अधिक तपास केला असता या तरुणाची ओळख मुजम्मिल रहमान शेख अशी पटली. तसेच त्याच्याविरोधात परिसरात चोरीचे तब्बल १७ गुन्हे दाखल असल्याची माहिती समोर आली आहे. कल्याण जीआरपी पोलिसांनी आरोपीला अटक केली असून, या प्रकरणाचा पुढील तपास सुरू आहे.
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ANTF का बड़ा एक्शन: 250 किग्रा गांजा बरामद, 5 तस्कर गिरफ्तार

Mathura, Uttar Pradesh:एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स का बड़ा एक्शन: 1.25 करोड़ का गांजा बरामद, 5 तस्कर गिरफ्तार मथुरा-- एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) आगरा जोन की टीम ने मथुरा के थाना फरह क्षेत्र में नेशनल हाईवे पर घेराबंदी कर एक बड़े अंतरराज्यीय ड्रग्स रैकेट का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने मौके से 250 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद किया है, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत लगभग 1 करोड़ 25 लाख रुपये बताई जा रही है। इस कार्रवाई के दौरान तस्करी में इस्तेमाल की जा रही एक कार को भी जब्त किया गया है और मौके से 5 शातिर तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। उड़ीसा से हाईवे के रास्ते आ रही थी खेप ANTF को मुखबिर से सटीक सूचना मिली थी कि उड़ीसा से गांजे की एक बड़ी खेप मथुरा-आगरा हाईवे के रास्ते लाई जा रही है। इस आधार पर टीम ने दक्षिणी बायपास (NH-2) थाना फरह क्षेत्र में जाल बिछाया। संदिग्ध वाहनों की चेकिंग के दौरान एक ट्रक और उसकी एस्कॉर्ट कर रही बलेनो कार (UP 13 CY 2539) को रोका गया। ट्रक की गहन तलाशी लेने पर छिपाकर रखा गया 250 किग्रा गांजा बरामद हुआ। गिरफ्तार अभियुक्त जयंतो हलधर (27 वर्ष) – निवासी मलकानगिरी, उड़ीसा विद्युत हलधर (27 वर्ष) – निवासी मलकानगिरी, उड़ीसा ललित कुमार उर्फ कालू (27 वर्ष) – निवासी अलीगढ़ हरविंदर कुमार (26 वर्ष) – निवासी अलीगढ़ अभिजीत शर्मा (21 वर्ष) – निवासी अलीगढ़ पायलटिंग और एस्कॉर्ट का अनोखा तरीका पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे 14 अगस्त को अलीगढ़ से कार द्वारा उड़ीसा के लिए निकले थे। उड़ीसा में मुख्य सप्लायर (मोहम्मद सरदार) से गांजा लोड करवाने के बाद वे 20 अगस्त को वापस लौटे। तस्करों का गिरोह काफी शातिराना अंदाज में काम कर रहा था—बलेनो कार आगे-आगे चलकर पुलिस चेकिंग की लोकेशन देखकर ट्रक को रास्ता क्लियर होने का सिग्नल देती थी। रास्ते में अन्य साथी स्विफ्ट कार से एस्कॉर्ट करने भी पहुंचे थे। जब तस्कर हाईवे पर ट्रक से माल निकालकर कारों में शिफ्ट कर रहे थे, तभी ANTF की टीम ने उन्हें रंगे हाथों धर दबोचा। पुलिस अब इस नेटवर्क के मुख्य मास्टरमाइंड (मुकुल व अन्य) और सप्लायरों की तलाश में जगह-जगह दबिश दे रही है। गिरफ्तार अभियुक्ताओं के खिलाफ एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के तहत मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। उमेश पवार-सीओ एंटी नारकोटिक्स
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पाटस टोलनाके पर तेजगति वाहन ने बूम बैरियर तोड़ा, नुकसान

Rui, Maharashtra:पाटस टोलनाक्यावर वाहनांकडून बूम बॅरिअर तोडून नुकसान Anchor : पुणे सोलापूर राष्ट्रीय महामार्गावरील दौंड तालुक्यातील पाटस टोलनाक्यावर भरधाव वाहनांकडून बूम बॅरिअर तोडून नुकसान केल्याचा प्रकार समोर आला आहे. टोल प्रशासनाने याबाबत पाटस पोलीस चौकीत तक्रार दाखल केली आहे. पाटस टोलनाक्यावर सोलापूरकडून पुण्याकडे जाणाऱ्या लेन क्रमांक ५ मधून महिंद्रा बोलेरो पिकअप आणि लेन क्रमांक ४ मधून हायड्रा क्रेनने बूम बॅरिअर तोडून नुकसान केल्याची तक्रार करण्यात आली आहे. सीसीटीव्ही फुटेज तपासल्यानंतर हा प्रकार समोर आल्याचे तक्रारीत नमूद आहे. संबंधित वाहनचालकांनी भरधाव वेगात वाहन चालवत टोलनाक्याच्या बूम बॅरिअरचे नुकसान केल्याचा आरोप आहे. या प्रकरणी महिंद्रा बोलेरो पिकअप आणि हायड्रा क्रेनच्या अज्ञात चालकांविरोधात तक्रार दाखल करण्यात आली आहे. अधिक तपास पोलीस करत आहेत.
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पश्चिमी जिले के स्पेशल स्टाफ ने गांजा सप्लाई नेटवर्क भंडाफोड़, 4 किलो गांजे के साथ तस्कर गिरफ्तार

Delhi, Delhi:पश्चिमी जिला स्पेशल स्टाफ ने गैर-कानूनी गांजा सप्लाई नेटवर्क का भंडाफोड़ किया. 4 किग्रा गांजे के साथ एक ड्रग्स तस्कर को गिरफ्तार किया गया. आरोपी पहले NDPS एक्ट के मामलों में शामिल रहा है और हाल ही में जून 2026 में जेल से रिहा हुआ है. पश्चिमी जिला स्पेशल स्टाफ की टीम ने राजौरी गार्डन क्षेत्र में गांजे के गैर-कानूनी स्टोरेज और बिक्री में शामिल एक ड्रग्स तस्कर के बारे में सूचना पाई. सूचना के आधार पर टीम ने उसे टैगोर गार्डन से पकड़ लिया. तलाशी में 4 किग्रा गांजा बरामद हुआ. बरामद पदार्थ कानून के अनुसार ज़ब्त कर लिया गया और PS राजौरी गार्डन में NDPS Act की धारा 20 के तहत मामला दर्ज किया गया. पूछताछ के दौरान, आरोपी ने बताया कि COVID-19 से पहले वह घोड़े वाले मंदिर के पास मीट बेचता था. काम छूटने के बाद उसने ड्रग्स बेचना शुरू कर दिया. उसने बिहार के सावन नाम के एक व्यक्ति से गांजा खरीदा और स्थानीय ग्राहकों को बेचा. सप्लाई के सोर्स और ड्रग सप्लाई नेटवर्क में शामिल दूसरे लोगों की पहचान करने के लिए आगे की जांच जारी है.
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मधेपुरा में छात्र-छात्राओं की मैराथन-2026 का समापन, पप्पू यादव ने विजेताओं को पुरस्कार दिए

Madanpur, Bihar:कांग्रेस के ‘छात्रों की गूँज अभियान-2026’ के तहत मधेपुरा में आयोजित मैराथन दौड़ का रविवार को समापन हुआ। संत अवध कीर्ति खेल मैदान में आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह में पूर्णिया के सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने विभिन्न वर्गों के विजेता प्रतिभागियों को ट्रॉफी, साइकिल, किट बैग और नगद पुरस्कार देकर सम्मानित किया। 12 किलोमीटर पुरुष मैराथन की शुरुआत मठाही रेलवे ढाला के समीप से हुई, जो संत अवध कीर्ति खेल मैदान पहुंचकर संपन्न हुई। पुरुष वर्ग में सोनू राज ने प्रथम, नंदकिशोर कुमार ने द्वितीय और अंगद कुमार ने तृतीय स्थान हासिल किया। प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागी को साइकिल, किट बैग और 31 हजार रुपये का चेक, द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाले को साइकिल, किट बैग और 21 हजार रुपये तथा तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले को साइकिल, किट बैग और 15 हजार रुपये का चेक दिया गया। वहीं 6 किलोमीटर महिला मैराथन में सनुपम कुमारी ने प्रथम, अनोखा कुमारी ने द्वितीय और निधि कुमारी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। मैराथन समेत विभिन्न प्रतियोगिताओं में शामिल प्रतिभागियों को भी सांसद पप्पू यादव ने ट्रैकसूट, बैग एवं अन्य पुरस्कार देकर सम्मानित किया। इस मौके पर पप्पू यादव ने कहा कि मधेपुरा, सहरसा और सुपौल के ये छात्र-छात्राएं कोसी क्षेत्र का भविष्य हैं। इनकी आवाज की गूँज दिल्ली तक जाएगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस युवाओं और छात्रों के अधिकारों के लिए लगातार आवाज उठाएगी। BPSC और SSC जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े छात्रों के हक की लड़ाई भी मजबूती से लड़ी जाएगी। उन्होंने कहा कि खेल केवल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि अनुशासन, एकता और संघर्ष की भावना पैदा करने का माध्यम है। युवाओं को पढ़ाई के साथ खेलकूद में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लेना चाहिए। मैराथन में मधेपुरा, सहरसा और सुपौल समेत आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान कांग्रेस प्रदेश उपाध्यक्ष मृणाल यादव,शैलेंद्र यादव, सहित पार्टी के कई नेता, कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में युवा मौजूद रहे। बाइट : राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव, सांसद पूर्णिया
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झांसी में बारिश के उफान से डिलीवरी बॉय की जान बची, लोगों ने बचाव किया

Jhansi, Uttar Pradesh:एंकर- झांसी के कोतवाली थाना क्षेत्र के लक्ष्मणगंज में एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। बारिश से ओवरफ्लो हो रहे नाले में एक डिलीवरी बॉय बाइक समेत गिरकर बहने लगा। गनीमत रही कि आसपास खड़े लोगों ने हाथ पकड़कर उसे खींचकर बाहर निकाल लिया। जिससे उसकी जान बच गई, इस घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल है। वी/ओ.1- झांसी में बारिश के पानी से शहर के नाले ओवरफ्लो हो रहे हैं। शहर के लक्ष्मणगंज स्थित नाला भी बारिश के पानी से उफान पर था। इसी दौरान एक डिलीवरी बॉय अपनी बाइक से वहां से गुजर रहा था। अचानक बाइक का संतुलन बिगड़ा और वह बाइक समेत नाले में गिर गया। तेज बहाव के कारण वह बाइक के साथ बहने लगा। यह नजारा देखकर आसपास खड़े लोगों में अफरा-तफरी मच गई। कुछ लोगों ने हिम्मत दिखाई और बहते युवक को हाथ पकड़कर पानी से बाहर खींच लिया। इस तरह डिलीवरी बॉय की जान बाल-बाल बच गई। लेकिन उसकी बाइक तेज बहाव में बहकर नाले में फंस गई। कड़ी मशक्कत के बाद स्थानीय लोगों ने बाइक को भी किसी तरह खींचकर नाले से बाहर निकाला। तब जाकर डिलीवरी बॉय और इलाके के लोगों ने राहत की सांस ली।
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आगरा: आजाद समाज पार्टी के चंद्रशेखर रावण ने सरकार पर तीखा हमला

Agra, Uttar Pradesh:कार्यकर्ताओं से संवाद करने आगरा पहुंचे आजाद समाज पार्टी अध्यक्ष चंद्रशेखर रावण मीडिया से हुए चंद्रशेखर ने सरकार और व्यवस्था पर बोला जमकर हमला छात्र आंदोलन को देख डरी सरकार ने छात्रों को बांटने के लिए आरक्षण आंदोलन में छात्रों को बांट दिया सरकारी स्कूलों की हालत बहुत खराब,कहीं बिल्डिंग नहीं है तो कहीं शिक्षक ही नहीं है,इसलिए हमने बहुजन पाठशाला चलाईं सरकार ने मीडिया को स्कूलों में जाने से रोकने का दिया आदेश,ताकि सचाई न दिखा सके मीडिया स्वास्थ्य सेवा,कानून व्यवस्था ठप्प,रोजगार नहीं,महंगाई बहुत है चीनी के दाम बढ़ाने से सरकार ने पूंजीपतियों और व्यापारियों को दिलाया लाभ चीनी के दाम बढ़ने से किसानों के गन्ना मूल्य में नहीं हुई बढ़ोतरी,आज भी किसान गन्ना भुगतान के लिए कर रहा संघर्ष कांग्रेस के वंदेमातरम मामले को उठा रहे,खुद के लखनऊ में शीर्ष पर बैठे नेता जी राष्ट्रगान को बीच में छोड़कर जा रहे,उस पर नहीं बोलेंगे अखिलेश यादव के चवन्नी वाले बयान पर बोले,जिम्मेदार नेता भूल रहे मर्यादा,संसद में भी मर्यादा नहीं योगी सरकार के महिलाओं को 50 हजार देने वाले बयान पर बोले,अगर देना है तो पूरे 10 साल का हिसाब दो,ये नहीं चलेगा कि वोट के लिए नोट दो अगर भाजपा 50 हजार देगी तो हम एक लाख महिलाओं को देंगे विधानसभा चुनावों में कानून व्यवस्था,स्वास्थ्य सेवाएं,रोजगार और विकास के मुद्दों को लेकर जाएंगे जनता के बीच
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दिव्या-मानस हत्या केस: स्त्रीधन और अलिमनी पर सच की तलाश

Noida, Uttar Pradesh:झूठ प्रचारित किया जा रहा है कि दिव्या ने हत्यारे मानस से डेढ़ करोड़ की Alimony मांगी थी…Alimony और स्त्रीधन में अंतर होता है…स्त्रीधन वो होता है जो महिला को उसकी शादी से पहले, शादी के समय या शादी के बाद प्राप्त होता है..जिसपर महिला का अपना अधिकार होता है.. Alimony कानूनी तौर पर पति पत्नी के अलग हो जाने के बाद Divorce Decree के बाद Permanent Alimony धारा 25 के तहत मांगी जा सकती है.. दिव्या का केस कोर्ट में दाखिल हुए एक साल का भी समय नहीं हुआ है…तलाक के केस में मुकदमे को 8 चरणों से होकर गुजरना पड़ता है.. 1- नोटिस और जवाब 2- मध्यस्थता 3- काउंसलिंग/सुलह का प्रयास 4- दोनों पक्षों की बातों को सुनना 5- समझौते का अवसर 6- समझौता न होने पर आगे प्रोसीडिंग 7- फाइनल डिवोस 8 - परमानेंट एलिमनी/भरण पोषण/ गुजारा भत्ता दिव्या का केस लेवल 2 या 3 यानी मध्यस्तता और काउंसलिंग तक तक ही पहुंचा था..काउंसलिंग में भी 6 राउंड होते हैं..दिव्या के केस में केवल एक राउंड हुआ था..जब पति पत्नी आमने सामने बैठते हैं...और कोर्ट ये देखता है कि जोड़ा साथ रह सकता है या नहीं…तो Permanent Alimony या जिसे इलीमनी कहा जा रहा है वो केवल एक दुष्प्रचार है… अब आते हैं स्त्रीधन पर..स्त्रीधन शादी में दुल्हन को मिला उपहार या उसे मिले जेवरात होते हैं…स्त्रीधन ऐसे ही नहीं मिल जाता है..कोर्ट में उसके फोटो सबूत लगाने पड़ते हैं..साबित करना पड़ता है कि आमुक वस्तु स्त्री की है..शादी की फोटो में जो स्त्रीधन दिखाई देता है जज उसे ही कंसीडर करते हैं…या फिर अगर कोई बिल मौजूद हो तो उसे कंसीडर किया जाता है. दिव्या ने बिल लगाए थे..फोटो लगाए थे..मुझे इस बात की जानकारी नहीं है कि कितनी राशि के स्त्रीधन की मांग की गई है..अगर डेढ़ करोड़ के स्त्रीधन की डिमांड की गई है तो आप अंदाजा लगा सकते हैं कि दिव्या की शादी में कितना स्त्रीधन उसके मां बाप ने दिया होगा.. स्त्री से वैवाहिक संबंध विच्छेद की स्थिति में कोई पुरुष स्त्रीधन का भोग नहीं कर सकता…अगर पत्नी आर्थिक तौर पर सक्षम है तो इस स्थिति में पत्नी को Alimony यानी गुजारा भत्ता मांगने का अधिकार नहीं है…कोई मांगता भी है तो मिलता नहीं है..दुनिया जानती है कि दिव्या..हत्यारे मानस से ज्यादा ऊंचे ओहदे पर थी..आर्थिक तौर पर उससे ज्यादा मजबूत थी..तो एलिमनी शब्द का इस्तेमाल केवल कीचड़ उछालने के लिए किया जा रहा है… ————————————— घर में माहौल ऐसा नहीं है कि वीडियो बना पाऊं..इसलिए समय मिलने पर अपनी बात लिखकर आपसे संवाद करती हूं..अब आती हूं असली बात पर 1- अब असली बात ये नहीं है कि हत्यारा मानस सनकी, साइको, डुअल पर्सनालिटी, घरेलू हिंसा प्रेमी था..असली बात ये है कि जिस व्यक्ति के घर पर एक बांस की मजबूत लाठी भी नहीं थी…उसके घर पर दो पिस्टल..और एक देसी तमंचा कहां से आया ? 2- कौन उसे इस हत्याकांड के लिए मोटीवेट कर रहा था ? 3- वो बाजार से पकाने के लिए एक बार में सारी जरूरी सब्जियां नहीं ला सकता था…उसे रेयर पिस्टल कैसे मिले? कौन से हथियार किसकी हत्या में इस्तेमाल हुए ? 4- किसने उसे इस जघन्य अपराध के लिए तैयार किया ? 5- कौन था हत्यारे मानस का कोच ? 6- व्यक्ति इतना ट्रिगर तभी होता है जब उसे कोई रोज भड़काए ? डिवोस केस तो लंबे समय से चल रहा था..अंतिम स्टेटस में हत्यारे ने चीट शब्द लिखा..अगर मानस को मालूम था कि दिव्या उसे चीट कर रही है.. तो तलाक के केस में उसे अपनी पत्नी को चरित्रहीन साबित करके अपरहैंड मिल जाता…क्या ‘चीट’ शब्द पुलिस को भटकाने के लिए लिखा गया ? 7- क्या हत्यारे मानस की मानसिक स्थिति का किसी ने इस्तेमाल किया है? 8- क्या किसी की नजर मानस के घर में मौजूद कथित ‘डेढ़ करोड़’ के स्त्रीधन पर थी ? 9- मानस साइको था..घरेलू हिंसा का आदी था..लेकिन समाज में सभ्यता दर्शाता था..वो चींटी नहीं मार सकता था.. 10- हत्यारा घर में पिस्टल और तमंचे नहीं उगाया होगा कहीं से तो लाया होगा..? 11- अगर बैंक के सामान्य बाबू की पहुंच पिस्टल गिरोह तक है तो फिर लखनऊ को सतर्क रहने की जरूरत है 12- मानस ने तीन में से किसी को दूर से शूट नहीं किया सबको सटाकर सिर में गोली मारी..क्या ये प्लान था…या फिर दिव्या को मानस ने मारा मानस और शीबा को किसी और ने मार दिया ? 14- ये ओपन शट केस नहीं है…बहुत ज्यादा मिस्टीरियस केस है ? 15- बैंक और घर की दूरी 10-15 मिनट की थी..दिव्या की हत्या के बाद 35-45 मिनट मानस कहां था ? 16- क्या मानस के फोन में स्टेटस किसी और ने अपडेट किया..क्योंकि मानस हिंग्लिश में लिखता था..स्टेटस अपडेट इंग्लिश में था ? 17- क्या हत्याकांड और घर के रास्ते के बीच हत्यारा मानस कहीं और भी रुका था ? 18 - अगर रुका था तो किसके पास..क्या अपने कोच के पास ? 19- क्या मानस के घर के भीतर कोई तीसरा भी मौजूद था जिसने मानस और उसकी बहन को मारा ? 20- क्या मानस के घर के भीतर घुसने और निकलने का कोई और रास्ता भी था ? 21- पुलिस को इन पहलुओं पर जांच करनी चाहिए…अगर इन सब सवालों के जवाब नहीं मिलते हैं.. 22- पिस्टल कहां से आईं नहीं मालूम चलता है तो केस किसी और एजेंसी को दिया जाना चाहिए.. 23- सच्चाई का बाहर आना बहुत जरूरी है..ये ओपन एंड शट केस नहीं है, मेरी बहन और उस मानसिक बीमार लड़की शीाबा को न्याय मिलना चाहिए 24- लखनऊ में तीन हथियारों के साथ बैंक कर्मचारी मर्डर प्लान कर रहा है..असलहे ला रहे है 25- ऐसी पुलिसिंग से बेहतर माफिया काल था..कम से कम लोगों को मालूम तो होता था किससे सावधान रहना है..
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जयपुर में संत रविदास के 650वें प्राकट्य वर्ष पर मेधावी छात्रों का सम्मान

Jaipur, Rajasthan:जयपुर आदर्श विद्या मंदिर अंबाबाड़ी में श्रीहनुमान भक्त मंडल, जयपुर की ओर से सामाजिक समरसता गतिविधि के तहत संत शिरोमणि गुरु रविदास जी के 650वें प्राकट्य वर्ष के अवसर पर मेधावी विद्यार्थी सम्मान समारोह आयोजित किया गया। समारोह में शैक्षणिक क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को स्मृति चिह्न, दुपट्टा एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी झोटवाड़ा ने की। मुख्य वक्ता गेंदा लाल जी भाई साहब ने संत रविदास जी के विचारों और उनके सामाजिक समरसता के संदेश पर प्रकाश डाला। उन्होंने विद्यार्थियों से राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने और भारतीय संस्कार एवं संस्कृति पर गर्व करने का आह्वान किया। साथ ही युवाओं को नकारात्मक प्रभावों से दूर रहकर जिम्मेदार और सदनागरिक बनने के लिए प्रेरित किया। मुख्य अतिथि गजानंद खंडेलवाल ने सम्मानित विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि सफलता के लिए निरंतर मेहनत और अनुशासन जरूरी है। उन्होंने विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
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छत्रपति संभाजीनगर में 18 वर्षीय युवक की आत्महत्या: माता-पिता के लिए संकेत और उपाय

Chhatrapati Sambhajinagar, Maharashtra:छत्रपती संभाजीनगर मध्ये 18 वर्षे तरुणाच्या आत्महत्या प्रकरणात त्याच्या आई-वडिलांनी ही नाहक जीव गमावला, मात्र काही लक्षणांवर लक्ष दिलं असतं मुलाशी बोलणं झालं असतं तर कदाचित ही वेळ आलीच नसती.. त्यामुळे मुलांमध्ये काही बदल दिसल्यास तात्काळ सतर्क होण्याची गरज आहे. छत्रपती संभाजीनगर मध्ये कौटुंबिक कलाहातून एका तरुणानं आपलं जीवन संपवलं, दुर्दैवानं त्याला वाचवायला गेलेले आई-वडीलांचा सुद्धा त्यात नाहक मृत्यू झाला, मात्र या घटनेने पुन्हा एकदा कुटुंबातील वाद, तरुणांचा पालकाशी नसलेला संवाद आणि त्यातून होणाऱ्या घटनाआयरणीवर आल्या आहेत, नक्की मुलाच्या मनात काय चाललंय कसं ओळखावं एखादा मुलगा आत्महत्येचा विचार करतोय तर काय लक्षण असतात या सगळ्यांचाच विचार आता पालकांनी करणे गरजेचे आहे.. मुलं नक्की कुठल्या मानसिकतेतून आत्महत्या करतात यावर ही लक्ष देणे गरजेचे आहे... तरुणांना वाटत असते की ते ज्या मानसिक किंवा भावनिक वेदनेतून जात आहेत, ती इतकी प्रचंड आहे की ती सहन करणे अशक्य आहे बऱ्याचदा त्यांना जीवन संपवायचे नसून, फक्त त्यांच्या मनातील त्रास, भीती किंवा वेदना थांबवायच्या असतात. भविष्यात परिस्थिती कधीच सुधारणार नाही आणि आपण या संकटातून कधीच बाहेर पडू शकणार नाही, असा तीव्र गैरसमज निर्माण होतो. आपल्या भावना कोणालाच समजणार नाहीत किंवा कोणीही मदत करू शकणार नाही, अशी एकाकीपणाची भावना तीव्र होते. माझ्या असण्याने कुटुंबाला, आई वडिलांना किंवा मित्रांना त्रास होत आहे, मी गेल्यास त्यांचे आयुष्य सोपे होईल, असा विचार मनात घर करतो. शिक्षण, नोकरी, प्रेम किंवा नातेसंबंधांमधील अपयशामुळे "माझं काहीच होऊ शकत नाही" अशी भावना निर्माण होते. अशा वेळी मेंदूची विचार करण्याची क्षमता सीमित होते. समस्येवर इतर काही मार्ग किंवा उपाय असू शकतात, हे त्यांना दिसणे बंद होते. केवळ 'आत्महत्या' हाच एकमेव पर्याय उरला आहे, असे त्यांना वाटू लागते. डॉ संदीप शिसोदे, मानसोपचार तज्ञ आत्महत्यांचा विचार मनात असणाऱ्या तरुणां मध्ये काही लक्षण स्पष्टपणे दिसून येतात पाहूयात कुठली ती लक्षण.. मुले अचानक अतिशय गप्प राहणे, सतत दुःखी दिसणे किंवा प्रत्येक गोष्टीतून उत्साह निघून जाणे बारीक-सारिक गोष्टींवरून खूप राग येणे, हिंसक होणे किंवा टोकाची अस्वस्थता दाखवणे. "मी सगळ्यांवर ओझे आहे", "माझ्यामुळेच घरात अडचणी आहेत" असा विचार करणे. मला आता जगायचं नाहीये, "सगळं संपवून टाकावसं वाटतंय", "मी नसलो तर सगळे खूश राहतील" अशा प्रकारची वाक्ये बोलणे. मृत्यू किंवा आत्महत्येविषयी वारंवार विचारणे किंवा बोलण मित्र-मैत्रिणी, नातेवाईक किंवा पालकांपासून दूर राहणे आणि स्वतःला खोलीत बंद करून घेणे. आपल्या अत्यंत आवडत्या वस्तू खेळणी, पुस्तके, गॅजेट्स इतरांना भेट म्हणून देणे. अभ्यासातील गुण अचानक घसरणे किंवा आवडत्या खेळांमध्ये अजिबात रस न दाखवणे. स्वतःला दुखापत करून घेणे किंवा स्वतःच्या जीवाशी खेळणारे धाडस करणे. खूप जास्त झोपणे किंवा अजिबात झोप न येणे (अनिद्रा). भूक पूर्णपणे मरणे किंवा अचानक खूप जास्त खाणे. कपडे, स्वच्छता किंवा दिसण्याकडे अजिबात लक्ष न देणे. ही लक्षणे दिसल्यास धोकादायक परिस्थिती आहे असे समजावे यावर मानसोपचार तज्ज्ञांनी काही उपाय ही सुचवले आहेत.. पालकांनी काय करावे? मुलावर रागवण्याऐवजी किंवा त्याला उपदेश देण्याऐवजी त्याचे म्हणणे शांतपणे आणि प्रेमाने ऐकून घ्या. तू असा कसा विचार करू शकतोस?" असे म्हणून त्याला दोष देऊ नका. लक्षणे दिसल्यास अजिबात वेळ न घालवता मानसोपचारतज्ज्ञ किंवा समुपदेशकाची मदत घ्या. राष्ट्रीय गुन्हे नोंदणी विभागाच्या अहवालानुसार, भारतातील एकूण आत्महत्यांपैकी 40% पेक्षा जास्त प्रमाण हे 30 वर्षांपेक्षा कमी वयाच्या तरुणांचे आहे. म्हणजे तरुणांच्या मनात आत्मह्या विचार सारखे घोंगावत असतात आणि याकडे पालकांनी लक्ष देण्याची गरज आहे. छत्रपती संभाजीनगरच्या घटनेत अवघ कुटुंब संपलंय मात्र काही गोष्टींकडे लक्ष दिल्यास असली संकट टाळता येणे ही शक्य आहे..
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सीवान के खोदाई बारी में गहरे गड्ढे में डूबे तीन किशोर

Siwan, Bihar:सीवान के हुसैनगंज थाना क्षेत्र के खोदाई बारी गांव में दर्दनाक हादसा हो गया। शाइनिंग स्टार पब्लिक स्कूल के समीप जेसीबी से खोदे गए गहरे गड्ढे में जमा पानी में नहाने के दौरान तीन किशोर डूब गए। हादसे में तीनों की मौत हो गई। मृतकों की पहचान खोदाई बारी गांव निवासी फहीमुद्दीन अंसारी के 12 वर्षीय बेटे इमरान अंसारी, मोनू हुसैन के 11 वर्षीय बेटे तौफीक अहमद और मुफस्सिल थाना क्षेत्र के छाप गांव निवासी इंसाद अंसारी के 12 वर्षीय बेटे आदिल अंसारी के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि शनिवार की शाम करीब आठ से दस बच्चे स्कूल के पास बने गड्ढे में नहा रहे थे। इसी दौरान तीन किशोर गहरे पानी में चले गए और डूबने लगे। बच्चों को डूबता देख वहां मौजूद अन्य बच्चों ने शोर मचाया। शोर सुनकर ग्रामीण और परिजन मौके पर पहुंचे और पानी में उतरकर तीनों की तलाश शुरू की। काफी मशक्कत के बाद तीनों को बाहर निकाला गया और आनन-फानन में सीवान सदर अस्पताल ले जाया गया। हालांकि, डॉक्टरों ने जांच के बाद तीनों को मृत घोषित कर दिया। एक साथ तीन किशोरों की मौत की खबर मिलते ही परिवारों में कोहराम मच गया। पूरे गांव में मातमी सन्नाटा पसर गया। परिजन पोस्टमार्टम नहीं कराना चाहते थे और शवों को अस्पताल से अपने साथ घर ले गए। रविवार को जनाजे की नमाज के बाद तीनों किशोरों को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया। बताया गया कि आदिल अंसारी शनिवार की सुबह ही अपने नाना के घर खोदाई बारी आया था। कुछ ही घंटों बाद हुए इस हादसे में उसकी भी जान चली गई। एक ही हादसे में तीन मासूम जिंदगियों के खत्म होने से पूरे इलाके में शोक की लहर है। वहीं, स्कूल के समीप खुले और गहरे गड्ढे में जमा पानी को लेकर अब सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं।
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